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- - प्रत्येक मृतक सदस्य के परिजनों को 5-5 लाख रुपए देने की घोषणारायपुर / दुर्ग जिले के कुम्हारी थाना क्षेत्र अंतर्गत वार्ड क्रमांक 04 खपरी में गैस सिलेंडर ब्लास्ट की दर्दनाक घटना में एक ही परिवार के चार सदस्यों होमदास वैष्णव (40 वर्ष), लक्ष्मी वैष्णव (18 वर्ष), चांदनी वैष्णव (17 वर्ष) एवं मासूम गोपिका वैष्णव (2 वर्ष) की मौके पर ही दुखद मृत्यु हो गई।दुर्ग प्रवास के दौरान घटना की जानकारी मिलते ही छत्तीसगढ़ के स्वास्थ्य मंत्री श्री श्याम बिहारी जायसवाल और स्कूल शिक्षा मंत्री श्री गजेन्द्र यादव तत्काल घटनास्थल पर पहुंचे और मौके का निरीक्षण कर स्थिति की विस्तृत जानकारी ली। उन्होंने आसपास के लोगों से चर्चा कर राहत एवं बचाव कार्यों की समीक्षा भी की।मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय को घटना की जानकारी मिलने पर उनके निर्देशानुसार स्वास्थ्य मंत्री श्री जायसवाल ने मृतकों के परिजनों के लिए आर्थिक सहायता की घोषणा की। उन्होंने प्रत्येक चार मृतक को 5-5 लाख रुपये की सहायता राशि देने की घोषणा की। इसके अतिरिक्त जिला प्रशासन द्वारा आरबीसी 6-4 के तहत प्रत्येक चार मृतक के परिजन को 4-4 लाख रुपये की सहायता राशि प्रदान की जाएगी।मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय एवं स्वास्थ्य मंत्री श्री जायसवाल ने इस घटना पर गहरी शोक संवेदना व्यक्त करते हुए दिवंगत आत्माओं की शांति प्रदान करने की प्रार्थना की।इस दौरान दुर्ग लोकसभा सांसद श्री विजय बघेल जी, विधायक श्री रिकेश सेन, श्री डोमनलाल कोरसेवाड़ा, श्री ईश्वर साहू, खादी ग्रामोद्योग बोर्ड के अध्यक्ष श्री राकेश पांडेय, तेलघानी बोर्ड के अध्यक्ष श्री जितेंद्र साहू, दुर्ग कलेक्टर श्री अभिजीत सिंह समेत जिला प्रशासन की टीम एवं अन्य जनप्रतिनिधि उपथित रहे।
- -मुचाकी देवे की मुस्कान ने बयां की बदलाव की कहानी, तत्काल मिला राशन कार्ड-सुकमा में अब मिनटों में हाथ में आ रहे शासकीय दस्तावेजरायपुर / जिला प्रशासन की एक संवेदनशील पहल ने सुकमा के दूरस्थ अंचलों में रहने वाले ग्रामीणों के जीवन में खुशहाली की नई रोशनी बिखेरी है। कलेक्ट्रेट परिसर में नवनिर्मित 'सिंगल विंडो कक्ष' केवल एक सरकारी व्यवस्था नहीं, बल्कि आमजन के भरोसे का केंद्र बन गया है। प्रभारी मंत्री श्री केदार कश्यप द्वारा उद्घाटित इस व्यवस्था ने प्रशासनिक पेचीदगियों को खत्म कर दिया है, जिससे अब ग्रामीणों को अपने जरूरी दस्तावेजों के लिए अलग-अलग दफ्तरों की खाक नहीं छाननी पड़ रही है।प्रशासनिक संवेदनशीलता का सबसे भावुक दृश्य तब देखने को मिला जब पुनर्वास केंद्र से आईं मुचाकी देवे जैसे हितग्राहियों के हाथों में तुरंत राशन कार्ड थमाया गया। मुचाकी देवे की आंखों में खुशी की चमक साफ देखी जा सकती थी। उन्होंने बताया कि पहले राशन कार्ड या सरकारी पहचान पत्रों के लिए महीनों इंतजार करना पड़ता था, लेकिन यहाँ एक ही छत के नीचे उनका काम मिनटों में हो गया। उनके साथ आए 11 अन्य पुनर्वासित नागरिकों को भी आधार कार्ड, वोटर आईडी और आयुष्मान कार्ड जैसी सेवाएं तुरंत उपलब्ध कराई गईं।कलेक्टर श्री अमित कुमार के नेतृत्व में जिला प्रशासन ने इस नवाचार के जरिए पारदर्शिता और गति का नया मानक स्थापित किया है। जिला मुख्यालय से 41 किमी दूर मेकावाया जैसे सुदूर गांव से आईं कवासी रेशमा इस बदलाव की प्रत्यक्ष गवाह हैं। रेशमा ने बताया कि अपने परिवार का नाम राशन कार्ड में जुड़वाने के लिए उन्हें किसी भी प्रकार की असुविधा नहीं हुई। वहाँ मौजूद स्टाफ न केवल फॉर्म भरने में मदद करता है, बल्कि दस्तावेज तैयार होने तक पूरी आत्मीयता से मार्गदर्शन भी देता है।कलेक्टर श्री अमित कुमार ने बताया कि हमारा मुख्य उद्देश्य जिले की प्रशासनिक कार्यप्रणाली को अधिक सरल, पारदर्शी और जनोन्मुखी बनाना है। 'सिंगल विंडो' की यह पहल इसी दिशा में एक बड़ा कदम है, ताकि सुदूर वनांचलों से आने वाले ग्रामीणों को अपने बुनियादी दस्तावेजों जैसे आधार कार्ड, राशन कार्ड, ड्राइविंग लाइसेंस और आयुष्मान कार्ड के लिए अलग-अलग दफ्तरों के चक्कर न काटने पड़ें। अब एक ही छत के नीचे सभी महत्वपूर्ण हितग्राहीमूलक सेवाएं उपलब्ध होने से न केवल ग्रामीणों के समय की बचत हो रही है, बल्कि उन्हें त्वरित न्याय और सुविधा भी मिल रही है।यह 'सिंगल विंडो' सिस्टम मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय के सुशासन के संकल्प को धरातल पर उतार रहा है। आंकड़े बताते हैं कि मंगलवार को ही लगभग 67 आवेदनों का निराकरण किया गया, जबकि 16 मार्च से अब तक 3620 नागरिक इस सुविधा का लाभ उठा चुके हैं। ड्राइविंग लाइसेंस से लेकर जन्म प्रमाणपत्र और श्रम कार्ड से लेकर निवास प्रमाण पत्र तक, एक ही कक्ष में मिल रही इन सुविधाओं ने ग्रामीणों के समय और पैसे, दोनों की बचत की है। सुकमा का यह सिंगल विंडो मॉडल राज्य के लिए जनसेवा की एक मिसाल बन गया है। जहाँ पहले कलेक्ट्रेट के चक्कर काटना ग्रामीणों के लिए थकान और निराशा का सबब होता था, वहीं अब चेहरे पर मुस्कान और हाथ में जरूरी दस्तावेज लेकर लौटते हितग्राही इस पहल की सफलता की कहानी खुद बयां कर रहे हैं।
- - मृतकों के परिजनों को 9-9 लाख रुपये सहायता राशि देने की घोषणारायपुर / दुर्ग जिले के कुम्हारी थाना क्षेत्र में शॉर्ट सर्किट और सिलेंडर विस्फोट से एक ही परिवार के चार सदस्यों की दर्दनाक मौत पर मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय ने गहरा शोक व्यक्त किया है।मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि यह घटना अत्यंत हृदयविदारक है। इससे मन अत्यंत व्यथित है। उन्होंने शोकाकुल परिजनों के प्रति गहरी संवेदनाएं व्यक्त कीं और दिवंगत आत्माओं की शांति के लिए ईश्वर से प्रार्थना की। मुख्यमंत्री ने कहा कि इस कठिन समय में राज्य सरकार पूरी संवेदनशीलता के साथ प्रभावित परिवार के साथ खड़ी है। उन्होंने अधिकारियों को परिजनों को हर संभव मदद उपलब्ध कराने के निर्देश दिए हैं।मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय ने मृतकों के परिजनों को 5-5 लाख रुपये की विशेष सहायता राशि देने की घोषणा की है। यह राशि शासन के नियमानुसार दी जाने वाली 4-4 लाख रुपये की सहायता के अतिरिक्त होगी। मुख्यमंत्री ने जिला प्रशासन को परिजनों के ठहरने, भोजन और अन्य आवश्यक व्यवस्थाएं सुनिश्चित करने तथा घटना के कारणों की विस्तृत जांच कराने के निर्देश दिए हैं।
- -रोजगारोन्मुखी नीतियों का असर: पीएलएफएस 2025 में छत्तीसगढ़ की बेरोजगारी दर केवल 2.3 प्रतिशत-रोजगार, स्वरोजगार और कौशल विकास से बदल रही छत्तीसगढ़ की आर्थिक तस्वीर-युवाओं को अवसर, गांवों को मजबूती: रोजगार सृजन में छत्तीसगढ़ बना सकारात्मक मॉडल-सुशासन और जनकल्याणकारी योजनाओं से मजबूत हुआ रोजगार का आधार : मुख्यमंत्री श्री सायरायपुर / भारत सरकार के सांख्यिकी एवं कार्यक्रम कार्यान्वयन मंत्रालय द्वारा जारी पीरियॉडिक लेबर फोर्स सर्वे (पीएलएफएस) 2025 के आंकड़ों में छत्तीसगढ़ की बेरोजगारी दर राष्ट्रीय औसत की तुलना में काफी कम होकर 2.3 प्रतिशत दर्ज की गई है। यह आंकड़ा प्रदेश की मजबूत ग्रामीण अर्थव्यवस्था, रोजगारोन्मुखी नीतियों और जनकल्याणकारी योजनाओं की प्रभावशीलता को दर्शाता है।राज्य सरकार की प्राथमिकता केवल रोजगार उपलब्ध कराना नहीं, बल्कि लोगों को सम्मानजनक आजीविका, स्थायी आय और आत्मनिर्भरता से जोड़ना रही है। यही कारण है कि खेती, वनोपज, स्वरोजगार और लघु उद्यमों पर आधारित आर्थिक गतिविधियों ने प्रदेश में रोजगार के अवसरों को लगातार मजबूत किया है।प्रदेश में कृषि और उससे जुड़े क्षेत्रों को आर्थिक विकास की धुरी बनाते हुए किसानों, ग्रामीणों और वनांचल क्षेत्रों में रहने वाले लोगों को आजीविका से जोड़ने के लिए व्यापक स्तर पर कार्य किया गया है। समर्थन मूल्य पर वनोपज खरीदी, ग्रामीण क्षेत्रों में स्व-सहायता समूहों को बढ़ावा, लघु एवं कुटीर उद्योगों के विस्तार, कौशल विकास कार्यक्रमों तथा स्थानीय स्तर पर रोजगार सृजन की योजनाओं ने युवाओं और महिलाओं को आर्थिक रूप से सशक्त बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। राज्य सरकार द्वारा संचालित विभिन्न योजनाओं के माध्यम से गांवों में आर्थिक गतिविधियों का दायरा बढ़ा है, जिससे पलायन में कमी आने के साथ-साथ स्थानीय स्तर पर रोजगार और स्वरोजगार के अवसर भी बढ़े हैं।राज्य सरकार का मानना है कि केवल बेरोजगारी के आंकड़े कम होना पर्याप्त नहीं है, बल्कि युवाओं को उनकी क्षमता और कौशल के अनुरूप बेहतर अवसर उपलब्ध कराना अधिक महत्वपूर्ण है। इसी सोच के अनुरूप कौशल उन्नयन, उद्यमिता विकास, रोजगारोन्मुखी प्रशिक्षण और निवेश आधारित औद्योगिक विस्तार पर विशेष जोर दिया जा रहा है। नई औद्योगिक नीति के सकारात्मक परिणाम अब धरातल पर दिखाई देने लगे हैं, जहां प्रदेश में लगातार नए उद्योग स्थापित हो रहे हैं और युवाओं के लिए रोजगार के नए अवसर सृजित हो रहे हैं। सरकार ग्रामीण और शहरी अर्थव्यवस्था के बीच संतुलन स्थापित करते हुए विकास को अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाने के लक्ष्य के साथ कार्य कर रही है।मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय ने कहा है कि राज्य सरकार का संकल्प छत्तीसगढ़ के प्रत्येक युवा, किसान, महिला और श्रमिक को आत्मविश्वास, सम्मान और आत्मनिर्भरता के साथ आगे बढ़ाने का है। उन्होंने कहा कि प्रदेश में विकास और रोजगार के नए अवसरों का निरंतर विस्तार किया जा रहा है, ताकि आर्थिक प्रगति का लाभ समाज के हर वर्ग तक पहुंचे। मुख्यमंत्री ने विश्वास जताया कि जनहितकारी योजनाओं, सुशासन और रोजगारोन्मुखी नीतियों के माध्यम से छत्तीसगढ़ आने वाले समय में देश के अग्रणी विकासशील राज्यों में अपनी मजबूत पहचान और अधिक सुदृढ़ करेगा।
- -25 उद्योगों पर 79 लाख रुपये से अधिक की पर्यावरणीय क्षतिपूर्ति अधिरोपितरायपुर /रायगढ़ जिले में वायु गुणवत्ता और पर्यावरण संरक्षण सुनिश्चित करने के लिए छत्तीसगढ़ पर्यावरण संरक्षण मंडल द्वारा लगातार सघन निगरानी और प्रभावी कार्रवाई की जा रही है। मंडल ने स्पष्ट किया है कि जिले की वायु गुणवत्ता सूचकांक (AQI) ‘संतोषजनक’ से ‘मध्यम’ श्रेणी के बीच स्थिर बनी हुई है। पर्यावरणीय मानकों का उल्लंघन करने वाले उद्योगों के विरुद्ध कठोर कार्रवाई करते हुए इस वर्ष अब तक 25 उद्योगों पर 79 लाख रुपये से अधिक की पर्यावरणीय क्षतिपूर्ति राशि अधिरोपित की गई है।रायगढ़ जिले में वायु गुणवत्ता की सटीक निगरानी के लिए 4 सतत परिवेशीय वायु गुणवत्ता निगरानी प्रणाली (CAAQMS) स्थापित की गई हैं। ये केंद्र खनन प्रभावित क्षेत्रों—कुंजेमुरा, मिलुपारा (तमनार), छाल (धरमजयगढ़) तथा औद्योगिक क्षेत्र पूंजीपथरा में संचालित हैं। इसके अतिरिक्त, नेशनल क्लीन एयर प्रोग्राम (NCAP) के अंतर्गत रायगढ़ शहर और ओ.पी. जिंदल औद्योगिक पार्क क्षेत्र में नियमित रूप से मैन्युअल मॉनिटरिंग भी की जा रही है।मंडल द्वारा पर्यावरणीय मानकों के उल्लंघन के मामलों में जीरो टॉलरेंस नीति अपनाई जा रही है। जनवरी 2026 से मई 2026 तक प्रदूषण मानकों का उल्लंघन करने वाले 8 उद्योगों पर 3 लाख 22 हजार रुपये का जुर्माना लगाया गया है। इसी प्रकार, फ्लाई ऐश प्रबंधन एवं परिवहन संबंधी दिशा-निर्देशों का पालन नहीं करने वाले 17 उद्योगों पर 76 लाख 20 हजार 255 रुपये की पर्यावरणीय क्षतिपूर्ति अधिरोपित की गई है। इस प्रकार कुल 25 उद्योगों पर 79 लाख रुपये से अधिक की कार्रवाई की गई है।सड़कों पर उड़ने वाली धूल एवं राखड़ की समस्या को नियंत्रित करने के लिए मंडल द्वारा विस्तृत मानक संचालन प्रक्रिया (SOP) लागू की गई है। इसके तहत कच्चे माल और औद्योगिक उत्पादों के परिवहन के दौरान डस्ट कंट्रोल उपायों का पालन अनिवार्य किया गया है। फ्लाई ऐश के पारदर्शी और वैज्ञानिक निपटान के लिए IWMMS पोर्टल का उपयोग किया जा रहा है, जिसके माध्यम से राखड़ के उठाव से लेकर अंतिम निपटान तक की प्रत्येक गतिविधि की डिजिटल निगरानी की जा रही है।क्षेत्रीय कार्यालय, छत्तीसगढ़ पर्यावरण संरक्षण मंडल के अनुसार रायगढ़ जिले में प्रदूषण स्तर में लगातार वृद्धि होने की आशंकाएं तथ्यों पर आधारित नहीं हैं। उपलब्ध आंकड़ों के अनुसार जिले की वायु गुणवत्ता नियंत्रित और स्थिर बनी हुई है। मंडल द्वारा उद्योगों का नियमित निरीक्षण किया जा रहा है और पर्यावरणीय मानकों का उल्लंघन करने वालों के विरुद्ध दंडात्मक कार्रवाई आगे भी निरंतर जारी रहेगी।
- - पद्मश्री फूलबासन यादव की सुरक्षा के लिए कलेक्टर एवं पुलिस अधीक्षक को दिए आवश्यक दिशा-निर्देश- पुलिस विभाग द्वारा तत्परता एवं सक्रियता से की गई कार्रवाई की प्रशंसा कीराजनांदगांव । विधानसभा अध्यक्ष डॉ. रमन सिंह ने आज ग्राम चवेली पहुंचकर पद्मश्री फूलबासन यादव से चर्चा कर उनका कुशलक्षेम जाना तथा उनके साथ घटित दुखद एवं अप्रिय घटना के संबंध में जानकारी ली। विधानसभा अध्यक्ष ने कहा कि पद्मश्री फूलबासन यादव के साथ हुई यह अप्रिय घटना चिंताजनक है। पुलिस की सक्रियता से उनका जीवन सुरक्षित हो सका। उन्होंने उनकी सुरक्षा के लिए कलेक्टर एवं पुलिस अधीक्षक को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। डॉ. रमन सिंह ने पद्मश्री फूलबासन यादव से आत्मीय बातचीत के दौरान उनसे इस दुखद घटना की पूरी जानकारी ली। उन्होंने कहा कि वे छत्तीसगढ़ में महिला स्वसहायता समूह की लाखों महिलाओं को संगठित कर रोजगार से जोडऩे का कार्य कर रही हंै। नि:स्वार्थ भाव से कार्य करने वाली पद्मश्री फूलबासन यादव के साथ हुई यह अप्रिय घटना टल गई। आगे भी समर्पित भाव से कार्य करते रहें। उन्होंने कहा कि हम सभी हिम्मत बढ़ाने के लिए आपके साथ हैं। जब भी जरूरत होगी सरकार की ओर से मदद मिलेगी। उन्होंने इस घटना के बाद पुलिस विभाग द्वारा तत्परता एवं सक्रियता से की गई कार्रवाई की प्रशंसा की।पद्मश्री फूलबासन यादव ने विधानसभा अध्यक्ष डॉ. रमन सिंह को धन्यवाद दिया। उन्होंने इस घटना के बाद पुलिस द्वारा की गई त्वरित कार्रवाई पर संतोष जाहिर करते हुए कहा कि पुलिस विभाग को धन्यवाद दिया। उन्होंने कहा कि आगे भी वे ग्राम के आर्थिक एवं सामाजिक विकास के लिए कार्य करती रहेंगी। इस अवसर पर श्री कोमल सिंह राजपूत, श्री भावेश बैद, श्री सुमीत उपाध्याय, पुलिस अधीक्षक अंकिता शर्मा, एसडीएम राजनांदगांव श्री गौतम पाटिल सहित अन्य जनप्रतिनिधि एवं अधिकारी तथा समूह की महिलाएं उपस्थित रहे।
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- मौके से दो ट्रैक्टर-ट्रॉली एवं एक लोडर जप्त
राजनांदगांव । कलेक्टर श्री जितेन्द्र यादव के निर्देशानुसार जिले में खनिजों के अवैध उत्खनन, भण्डारण एवं परिवहन के विरुद्ध लगातार कार्रवाई की जा रही है। इसी कड़ी में आज राजस्व एवं खनिज विभाग की संयुक्त टीम ने राजनांदगांव विकासखंड अंतर्गत ऑक्सीजन जोन भंवरमरा में अवैध रेत भण्डारण के मामले में बड़ी कार्रवाई की।
संयुक्त टीम द्वारा मौके पर जांच के दौरान पाया गया कि अविनाश सोनी द्वारा शिवनाथ नदी से अवैध रूप से रेत निकालकर भण्डारित किया गया था। जांच में बड़ी मात्रा में रेत का अवैध भण्डारण पाए जाने पर टीम ने तत्काल कार्रवाई करते हुए रेत को जप्त कर लिया। मौके पर लगभग 40 से 50 ट्रिप ट्रैक्टर-ट्रॉली के बराबर रेत भण्डारित पाई गई। कार्रवाई के दौरान संयुक्त टीम ने मौके से दो ट्रैक्टर-ट्रॉली एवं एक लोडर मशीन को भी जप्त किया। जप्त वाहनों को आवश्यक वैधानिक कार्रवाई हेतु पुलिस थाना सुरगी में सुरक्षित रखा गया है। जिला प्रशासन ने कहा है कि जिले में खनिजों के अवैध उत्खनन, भण्डारण एवं परिवहन में संलिप्त व्यक्तियों के विरूद्ध सख्त कार्रवाई निरंतर जारी रहेगी। किसी भी प्रकार की अवैध गतिविधि पाए जाने पर नियमानुसार कठोर दंडात्मक कार्रवाई की जाएगी। -
- स्वास्थ्य सुविधाओं में होगी बढ़ोत्तरी
राजनांदगांव । विधानसभा अध्यक्ष डॉ. रमन सिंह ने सीएसआर मद अंतर्गत लगभग 8 लाख रूपए की लागत से शासकीय मेडिकल कॉलेज पेण्ड्री को उन्नत चिकित्सा उपकरण प्रदान किया। विधानसभा अध्यक्ष डॉ. रमन सिंह ने हरी झंडी दिखाकर उपकरण से भरे वाहन को रवाना किया। शासकीय मेडिकल कॉलेज पेण्ड्री में जनमानस को अच्छी स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध कराने की दिशा में उन्नत चिकित्सा उपकरण महत्वपूर्ण साबित होगा। जिसमें ब्लड डोनर काउच, पोर्टेबल ब्लड डोनर चेयर, आरओ विथ वॉटर कूलर 120 लीटर, आरओ डोमेस्टिक एण्ड कमर्शियल 25 लीटर, व्हीलचेयर, स्ट्रेचर, क्रैश कार्ट ट्राली, पोर्टेबल ईसीजी मशीन, एमरजेंसी पेशेंट ट्राली, हॉस्पिटल क्यू मैनेजमेंट सिस्टम, लैब्रोटरी सर्टिफ्यूज, सेमीऑटोमेटेड बॉयो कैमेस्ट्री एनालाईजर, कोग्लूमिटर, हॉट एयर ओवन दिया गया। इस अवसर पर महापौर श्री मधुसूदन यादव, राजगामी संपदा न्यास की अध्यक्ष श्रीमती पूर्णिमा साहू, जिला पंचायत सदस्य श्रीमती देवकुमारी साहू, श्री कोमल सिंह राजपूत, कलेक्टर श्री जितेन्द्र यादव, आईडीबीआई बैंक के ब्रांच मैनेजर श्री मयंक मित्तल, एजीएम भिलाई क्षेत्र श्री जसमीत सिंह भाटिया, डीजीएम भिलाई श्री अनुप विश्वकर्मा, चिकित्सक डॉ. चंद्रकिशोर इंदौरिया, लीड बैंक मैनेजर श्री मोनिष शर्मा एवं अन्य जनप्रतिनिधि तथा अधिकारी उपस्थित रहे। -
- अंतर्राष्ट्रीय वेटलिफ्टिंग खिलाड़ी ज्ञानेश्वरी यादव को 5 लाख रूपए की मुख्यमंत्री आर्थिक सहायता राशि का चेक किया प्रदान
राजनांदगांव । विधानसभा अध्यक्ष डॉ. रमन सिंह द्वारा आज अपने निवास कार्यालय में विभिन्न हितग्राहियों को मुख्यमंत्री आर्थिक सहायता राशि के चेक वितरित किया गया तथा क्षेत्र के विकास कार्यों के लिए प्रशासकीय स्वीकृति प्रदान की। विधानसभा अध्यक्ष डॉ. सिंह ने डोंगरगांव विकासखंड के ग्राम नादिया में कबीर साहेब द्वार कार्य हेतु मुख्यमंत्री घोषणा अंतर्गत 40 लाख रूपए की प्रशासकीय स्वीकृति प्रदान की तथा कबीर साहेब मठ ट्रस्ट नादिया विकासखंड डोंगरगांव को मुख्यमंत्री आर्थिक सहायता राशि के तहत 11 लाख रूपए की स्वीकृति दी।
विधानसभा अध्यक्ष डॉ. सिंह ने खेल प्रतिभाओं को प्रोत्साहित करते हुए राजनांदगांव की अंतर्राष्ट्रीय वेटलिफ्टिंग खिलाड़ी ज्ञानेश्वरी यादव को अंतर्राष्ट्रीय खेल प्रतियोगिता में शामिल होने की तैयारी के लिए 5 लाख रूपए की मुख्यमंत्री आर्थिक सहायता राशि का चेक प्रदान किया। इसी प्रकार अन्य हितग्राहियों को भी मुख्यमंत्री आर्थिक सहायता राशि स्वीकृत कर चेक वितरण किया गया। जिसमें ग्राम आलीखुंटा निवासी नोमेश कुमार साहू, गोदावरी बाई, नम्मूलाल साहू को 30-30 हजार रूपए की सहायता राशि का चेक प्रदान किया गया। किलापारा राजनांदगांव पूनम सोनी को शिक्षा हेतु 10 हजार रूपए तथा राजनांदगांव निवासी संतोष सोनी को इलाज हेतु 10 हजार रूपए की मुख्यमंत्री आर्थिक सहायता राशि का चेक प्रदान किया गया। इस अवसर पर महापौर श्री मधुसूदन यादव, जिला पंचायत सदस्य श्रीमती देवकुमारी साहू, अध्यक्ष राजगामी संपदा न्यास श्रीमती पुर्णिमा साहू, श्री कोमल सिंह राजपूत, कलेक्टर श्री जितेन्द्र यादव, अपर कलेक्टर श्री सीएल मारकण्डेय सहित अन्य जनप्रतिनिधिगण उपस्थित थे। - - रिटेल पेट्रोल पंपों की सीसीटीवी फुटेज जांच कर औद्योगिक उपयोग एवं अवैध विक्रय पर कार्रवाई करने के दिए निर्देश- सभी विभागों को ई-ऑफिस के माध्यम से कार्य करने के दिए निर्देश- सुशासन तिहार में प्राप्त आवेदनों का गुणवत्तापूर्ण एवं समयबद्ध निराकरण सुनिश्चित करने के दिए निर्देश- तीन दिवस में शेष हितग्राहियों को राशन वितरण पूर्ण करने के दिए निर्देशराजनांदगांव । कलेक्टर श्री जितेन्द्र यादव ने आज कलेक्टोरेट सभाकक्ष में आयोजित साप्ताहिक समय-सीमा बैठक में विभिन्न विभागों की प्रगति की समीक्षा की। उन्होंने अधिकारियों को शासन की योजनाओं का प्रभावी क्रियान्वयन सुनिश्चित करने तथा लंबित प्रकरणों के समयबद्ध निराकरण के निर्देश दिए। उन्होंने जिले में संचालित योजनाओं, निर्माण कार्यों, खाद्यान्न वितरण, राजस्व प्रकरणों एवं स्वास्थ्य सेवाओं की विभागवार समीक्षा की। कलेक्टर ने जिले के सभी रिटेल पेट्रोल पंपों से औद्योगिक उपयोग के लिए पेट्रोल एवं डीजल विक्रय नहीं करने के संबंध में सूचना जारी करने जिला खाद्य अधिकारी को निर्देशित किया। उन्होंने पेट्रोल पंपों में लगे सीसीटीवी कैमरों की नियमित जांच एवं उन्हें दुरूस्त रखने कहा। सीसीटीवी फुटेज जांच के दौरान पेट्रोल एवं डीजल का औद्योगिक कार्यों एवं अवैध विक्रय पाए जाने पर संबंधित पेट्रोल पंप संचालकों के विरूद्ध सख्त कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि जिले में सुशासन तिहार 2026 के अंतर्गत जनसमस्या निवारण शिविर आयोजित किए जा रहे हैं। शिविरों में प्राप्त मांग एवं शिकायतों के आवेदनों की विभाग प्रमुख स्वयं मॉनिटरिंग करें तथा गुणवत्तापूर्ण एवं समयबद्ध निराकरण सुनिश्चित करें। उन्होंने कहा कि निराकरण में किसी प्रकार की शिकायत प्राप्त नहीं होनी चाहिए।कलेक्टर ने जिले के सभी विभागों में ई-ऑफिस प्रणाली के प्रभावी क्रियान्वयन की समीक्षा की। उन्होंने कहा कि कार्यालयीन पत्राचार अब अनिवार्य रूप से ई-ऑफिस के माध्यम से किया जाए, जिससे कार्यों में पारदर्शिता एवं गति सुनिश्चित हो सके। उन्होंने कहा कि इसकी लगातार मॉनिटरिंग की जाएगी। कलेक्टर ने जमीन अधिग्रहण के मुआवजा भुगतान की समीक्षा करते हुए संबंधित अधिकारियों को हितग्राहियों की मुआवजा राशि प्राथमिकता के साथ शीघ्र भुगतान करने के निर्देश दिए। उन्होंने भूमि अधिग्रहण से संबंधित रिकॉर्ड का दुरूस्तीकरण सुनिश्चित करने के लिए कहा। उन्होंने जिला खाद्य अधिकारी को आगामी तीन दिवस के भीतर सभी शेष हितग्राहियों को तीन माह का राशन वितरण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। कलेक्टर ने खाद्य दुकानों एवं प्रतिष्ठानों की नियमित जांच सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि मिलावटी एवं एक्सपायरी खाद्य सामग्री पाए जाने पर संबंधित संचालकों के विरूद्ध तत्काल सख्त कार्रवाई की जाए, जिससे आमजन के स्वास्थ्य की सुरक्षा सुनिश्चित हो सके। उन्होंने पेयजल सप्लाई और बर्फ फैक्ट्रियों में लगातार जांच करने के निर्देश दिए।कलेक्टर ने पीएम-आशा योजना के अंतर्गत किसानों से दलहन एवं तिलहन खरीदी की जानकारी लेते हुए कहा कि पंजीकृत किसानों से शत-प्रतिशत खरीदी सुनिश्चित की जाए। उन्होंने ग्रीष्मकालीन मौसम में धान के स्थान पर अन्य फसल लेने वाले किसानों के लिए पर्याप्त बाजार उपलब्ध कराने तथा खाद-बीज का पर्याप्त भंडारण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। कलेक्टर ने राजस्व अधिकारियों को निर्देशित किया कि राजस्व संबंधी आवेदनों का नियमानुसार समय-सीमा में निराकरण किया जाए। उन्होंने लंबित राजस्व प्रकरणों का एक माह के भीतर निराकरण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। ग्राम पंचायतों में प्राप्त राजस्व प्रकरणों की समीक्षा करते हुए उन्होंने जनपद पंचायत सीईओ को नियमित मॉनिटरिंग करने कहा। कलेक्टर ने नगरीय निकायों के अधिकारियों को बारिश पूर्व नालों की सफाई पूर्ण कराने के निर्देश दिए, ताकि जलभराव की स्थिति निर्मित न हो। उन्होंने प्रधानमंत्री आवास योजना, प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना, निर्माणाधीन स्कूल एवं आंगनबाड़ी भवनों सहित अन्य निर्माण कार्यों को गुणवत्ता के साथ बारिश से पहले पूर्ण करने कहा। उन्होंने जिले में अग्निवीर भर्ती के लिए 2700 युवाओं द्वारा पंजीयन की जानकारी लेते हुए युवाओं को आवश्यक मार्गदर्शन उपलब्ध कराने कहा। स्वास्थ्य विभाग की समीक्षा करते हुए संस्थागत प्रसव बढ़ाने, सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्रों में बेहतर सुविधाएं सुनिश्चित करने तथा मरीजों को दिए जाने वाले भोजन एवं नाश्ते की गुणवत्ता और स्वच्छता बनाए रखने के निर्देश दिए।कलेक्टर ने प्रधानमंत्री सूर्यघर मुफ्त बिजली योजना के अंतर्गत लगाए जा रहे सोलर पैनलों की समीक्षा करते हुए अधिक से अधिक नागरिकों को योजना से लाभान्वित करने तथा जागरूकता शिविर आयोजित करने के निर्देश दिए। उन्होंने अमृत योजना 2.0 के अंतर्गत चल रहे कार्यों को समय-सीमा में गुणवत्तापूर्वक पूर्ण करने कहा। कलेक्टर ने मुख्यमंत्री जनदर्शन, कलेक्टर जनदर्शन, पीजीएन पोर्टल एवं टीएल के लंबित प्रकरणों की समीक्षा करते हुए सभी विभागों को आमजन की समस्याओं का संवेदनशीलता के साथ शीघ्र निराकरण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। बैठक में मुख्य कार्यपालन अधिकारी जिला पंचायत सुश्री सुरूचि सिंह, अपर कलेक्टर श्री सीएल मारकण्डेय, अपर कलेक्टर श्री प्रेम प्रकाश शर्मा, नगर निगम आयुक्त श्री अतुल विश्वकर्मा सहित अन्य जिला स्तरीय अधिकारी उपस्थित थे।
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- जनदर्शन में प्राप्त आवेदनों का प्राथमिकता के साथ निराकरण करने के दिए निर्देश
राजनांदगांव । कलेक्टर श्री जितेन्द्र यादव ने कलेक्टोरेट सभाकक्ष में आयोजित साप्ताहिक जनदर्शन में जिले के विभिन्न स्थानों से आए जनसामान्य की शिकायत एवं समस्याओं को सुना। कलेक्टर ने संबंधित विभागीय अधिकारियों को प्राप्त सभी आवेदनों को प्राथमिकता के साथ त्वरित निराकरण करने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने नागरिकों की समस्याओं का नियमानुसार निराकरण करते हुए उन्हें शासन की विभिन्न योजनाओं से लाभान्वित करने कहा। आवेदनों का अवलोकन कर नियमानुसार पात्र हितग्राहियों को शासकीय योजनाओं से लाभान्वित करने के लिए निर्देश दिए। कलेक्टर ने अधिकारियों से कहा कि जनमानस उम्मीद लेकर जनदर्शन में आते है। उनकी समस्याओं को प्राथमिकता देते हुए समाधान शीघ्र करें। जनदर्शन में सीमांकन, नामांतरण, प्रधानमंत्री आवास योजना से लाभान्वित करने, भू-अर्जन, अवैध अतिक्रमण हटाने, नजूल से संबंधित, पेंशन, राजस्व रिकार्ड दुरूस्त कराने सहित विभिन्न शासकीय योजनाओं से लाभ दिलाने जैसे आवेदन प्राप्त हुए। कलेक्टर ने जनदर्शन में प्राप्त आवेदनों का प्राथमिकता के साथ निराकरण के लिए निर्देश दिए। इस अवसर पर जिला पंचायत सीईओ सुश्री सुरूचि सिंह, अपर कलेक्टर श्री सीएल मारकण्डेय, अपर कलेक्टर श्री प्रेमप्रकाश शर्मा सहित अन्य अधिकारी उपस्थित थे। -
नारायणपुर । "माड़ बचाओ अभियान" के तहत नारायणपुर पुलिस को मिली बड़ी सफलता है। पुलिस, डीआरजी और केंद्रीय सुरक्षा बलों की संयुक्त कार्रवाई में 1.01 करोड़ रुपए से अधिक कैश एवं हथियार, गोला-बारूद, विस्फोटक सामग्री एवं दैनिक उपयोग की वस्तुएं बरामद हुई हैं।
पुलिस अधीक्षक नारायणपुर रोबिनसन गुडिय़ा ने जानकारी दी कि आज की कार्रवाई के बाद वर्ष 2025-26 में जिले में कुल 270 हथियारों की रिकवरी हुई है। यह आँकड़ा बताता है कि क्षेत्र में विश्वास, शांति और विकास की प्रक्रिया लगातार गति पकड़ रही है।भारत सरकार एवं छत्तीसगढ़ शासन की मंशानुसार 31 मार्च 2026 तक सम्पूर्ण राज्य को नक्सल मुक्त घोषित करने के लक्ष्य के अनुरूप, जिला नारायणपुर में पुलिस द्वारा "माड़ बचाओ अभियान" के तहत विशेष नक्सल उन्मूलन अभियान निरंतर संचालित किया गया। इसी परिप्रेक्ष्य में विगत एक महीने तक जिला नारायणपुर पुलिस, डीआरजी, आईटीबीपी एवं बीएसएफ़ के संयुक्त दलों द्वारा सुदूर एवं संवेदनशील क्षेत्रों में सघन सर्चिंग एवं एरिया डोमिनेशन अभियान चलाया गया। ग्रामीणों के सक्रिय सहयोग एवं सुदृढ़ आसूचना तंत्र के माध्यम से विभिन्न स्थानों पर नक्सलियों द्वारा छिपाकर रखे गए डम्प का पता लगाकर कार्यवाही की गई।जिला नारायणपुर में तैनात सुरक्षा बलों को ग्रामीणों के सहयोग एवं सुदृढ़ आसूचना तंत्र के आधार पर संचालित संयुक्त कार्यवाही में आज उल्लेखनीय और निर्णायक सफलता प्राप्त हुई है। इस अभियान के दौरान विभिन्न प्रकार के 28 हथियार बरामद किए गए, साथ ही जिंदा राउंड (गोला-बारूद) जब्त किए गए। यह कार्यवाही नारायणपुर पुलिस, डीआरजी, आईटीबीपी एवं बीएसएफ़ के संयुक्त प्रयासों से सफलतापूर्वक संपन्न की गई, जो क्षेत्र में सुरक्षा व्यवस्था सुदृढ़ करने और नक्सल गतिविधियों पर प्रभावी नियंत्रण की दिशा में एक महत्वपूर्ण उपलब्धि है।संयुक्त कार्यवाही में 1.01 करोड़ रुपए से अधिक कैश 47, स्रुक्र, इंसास, 303 रायफल एवं इनके कारतूस ,क्चत्ररु सेल ,इलेक्ट्रॉन डेटोनेटर, कॉर्डेक्स वायर, नक्सल वर्दी, बैटरी एवं अन्य इलेक्ट्रॉनिक उपकरण बरामद किया गया है।उक्त कार्यवाही से नक्सलियों की लॉजिस्टिक, हथियार आपूर्ति एवं आईईडी निर्माण क्षमता को गंभीर आघात पहुंचा है। यह सफलता नक्सल उन्मूलन अभियान में एक महत्वपूर्ण उपलब्धि है। जिला नारायणपुर पुलिस द्वारा भविष्य में भी इसी प्रकार के अभियान लगातार जारी रखे जाएंगे।पुलिस, डीआरजी और केंद्रीय सुरक्षा बलों की संयुक्त कार्रवाई, मुस्तैदी और बलिदान के फलस्वरूप जिला नारायणपुर नक्सलमुक्त हो रही है। मारे गए नक्सलियों के द्वारा अबूझमाड की जंगलों में छिपाए गए हथियार, विस्फोटक पदार्थ और दैनिक उपयोग की वस्तुएं मिलने की संभावना है। अत: आम जनता एवं ग्रामीणों से अपील है कि वे सुरक्षा बलों का सहयोग करते हुए संदिग्ध सामग्रियों की सूचना पुलिस एवं केन्द्रीय बल को अवश्य दें।संयुक्त कार्यवाही में कुल ₹1,01,64,000/- कैश एवं AK-47, SLR, इंसास, 303 रायफल एवं इनके कारतूस ,BGL सेल ,इलेक्ट्रॉन डेटोनेटर, कॉर्डेक्स वायर, नक्सल वर्दी, बैटरी एवं अन्य इलेक्ट्रॉनिक उपकरण बरामद किया गया है।उक्त कार्यवाही से नक्सलियों की लॉजिस्टिक, हथियार आपूर्ति एवं आईईडी निर्माण क्षमता को गंभीर आघात पहुंचा है। यह सफलता नक्सल उन्मूलन अभियान में एक महत्वपूर्ण उपलब्धि है। जिला नारायणपुर पुलिस द्वारा भविष्य में भी इसी प्रकार के अभियान लगातार जारी रखे जाएंगे।पुलिस, डीआरजी और केंद्रीय सुरक्षा बलों की संयुक्त कार्रवाई, मुस्तैदी और बलिदान के फलस्वरूप जिला नारायणपुर नक्सलमुक्त हो रही है। मारे गए नक्सलियों के द्वारा अबूझमाड की जंगलों में छिपाए गए हथियार, विस्फोटक पदार्थ और दैनिक उपयोग की वस्तुएं मिलने की संभावना है। अतः आम जनता एवं ग्रामीणों से अपील है कि वे सुरक्षा बलों का सहयोग करते हुए संदिग्ध सामग्रियों की सूचना पुलिस एवं केन्द्रीय बल को अवश्य दें।विगत एक महिना में जनसहयोग से रिकवर किये गए हथियार, गोला-बारूद, इलेक्ट्रॉनिक्स, आईईडी के पुर्ज़े, लॉन्चर एवं अन्य सामग्रियों की संक्षिप्त जानकारी :1. AK47 रायफल - 03 नग2. SLR रायफल - 03 नग3. 303 रायफल - 02 नग4. 315 रायफल - 01 नग5. AK47 रायफल का मैग्जीन - 05 नग6. AK47 रायफल का जिंदा कारतूस - 113 नग7. SLR रायफल का जिंदा कारतूस - 182 नग8. SLR रायफल का मैग्जीन - 13 नग9. इंसास रायफल का मैग्जीन - 01 नग10. 303 रायफल रायफल का मैग्जीन - 02 नग11. 303 रायफल का जिंदा कारतूस - 45 नग12. 315 रायफल का मैग्जीन - 01 नग13. 315 रायफल का जिंदा कारतूस - 41 नग14. 12 बोर बंदूक - 02 नग15. देशी कट्टा - 02 नग16. 12 बोर का जिंदा कारतूस - 19 नग17. एयर गन - 01 नग18. बीजीएल सेल - 132 नग19. इलेक्ट्रानिक डेटोनेटर - 08 नग20. कॉर्डेक्स वायर - 06 बंडल21. मोटोरोला सेट MODEL NO- M33GMO29C2AA - 01 नग22. वॉकीटॉकी बॉओफेंग - 06 नग23.SMG कार्टेज - 1224.BGL - 0225.BGL कार्टेज - 1426.सोरा -5KG लगभग27.व्हाईट पाउडर -3KG28.रेडियो सेल - 4 सेट29.बिजली वायर - 02 बंडल30.अन्य दैनिक सामग्री - रायपुर /छत्तीसगढ़ में औद्योगिक विकास के साथ पर्यावरणीय संतुलन बनाए रखने की दिशा में छत्तीसगढ़ पर्यावरण संरक्षण मंडल प्रभावी और सक्रिय भूमिका निभा रहा है। मंडल द्वारा विभिन्न औद्योगिक क्षेत्रों में नियमित निरीक्षण, वैज्ञानिक परीक्षण और सतत निगरानी के माध्यम से यह सुनिश्चित किया जा रहा है कि पर्यावरणीय मानकों का कड़ाई से पालन हो।मंडल की सतर्कता के परिणामस्वरूप जांजगीर-चांपा सहित राज्य के विभिन्न औद्योगिक क्षेत्रों में फ्लाई ऐश (राखड़) का प्रबंधन निर्धारित वैज्ञानिक दिशा-निर्देशों के अनुरूप किया जा रहा है। हाल ही में विभागीय अधिकारियों ने ग्राम पंचायत प्रतिनिधियों की उपस्थिति में संबंधित स्थलों का निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान राखड़ के परिवहन, भंडारण और निस्तारण की प्रक्रियाएं सुव्यवस्थित एवं मानकों के अनुरूप पाई गईं।छत्तीसगढ़ पर्यावरण संरक्षण मंडल ने अपनी कार्यप्रणाली में पारदर्शिता और जनसहभागिता को विशेष महत्व दिया है। निरीक्षण के दौरान यह सुनिश्चित किया गया कि राखड़ परिवहन में सुरक्षा मानकों का पालन हो तथा धूल या अन्य कणों का अनियंत्रित प्रसार न हो। वैज्ञानिक डंपिंग तकनीकों के उपयोग से आसपास के जल स्रोतों और कृषि भूमि की गुणवत्ता सुरक्षित बनी हुई है। स्थानीय निकायों और ग्रामीणों के साथ सतत संवाद के माध्यम से मंडल विकास और पर्यावरण संरक्षण के बीच संतुलन स्थापित कर रहा है। मंडल आधुनिक तकनीकों का उपयोग करते हुए उद्योगों की रियल-टाइम मॉनिटरिंग कर रहा है। इस सतत निगरानी व्यवस्था से न केवल पर्यावरणीय अनुपालन को मजबूती मिली है, बल्कि आम नागरिकों में स्वास्थ्य और पर्यावरण सुरक्षा के प्रति विश्वास भी बढ़ा है।छत्तीसगढ़ पर्यावरण संरक्षण मंडल का उद्देश्य राज्य की प्राकृतिक संपदा का संरक्षण करते हुए स्वच्छ, सुरक्षित और हरित भविष्य का निर्माण करना है। नियमित समीक्षा, उन्नत तकनीकों और प्रभावी क्रियान्वयन के माध्यम से मंडल पर्यावरण संरक्षण के उच्चतम मानकों को स्थापित करने की दिशा में निरंतर कार्य कर रहा है।
- -स्टाफ नर्स का नाम होगा नर्सिंग ऑफिसर-स्वास्थ्य मंत्री श्याम बिहारी जायसवाल ने अंतर्राष्ट्रीय नर्सेस दिवस पर नर्सों के सम्मान में नर्सिंग संवर्ग के पदनाम परिवर्तन की घोषणा की-स्वास्थ्य सेवाओं को सुदृढ़ करने के लिए मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय का आभारः श्याम बिहारी जायसवालरायपुर / स्वास्थ्य मंत्री श्याम बिहारी जायसवाल ने अंतर्राष्ट्रीय नर्सेस दिवस पर राज्य की नर्सों के सम्मान में नर्सिंग संवर्ग के पदनाम परिवर्तन की बड़ी घोषणा की है। इस घोषणा के अनुसार "नर्सिंग सिस्टर" अब "सीनियर नर्सिंग ऑफिसर" कहलाएंगी जबकि स्टाफ नर्स का नाम नर्सिंग ऑफिसर होगा।डॉ. भीमराव अम्बेडकर स्मृति चिकित्सालय रायपुर में अंतर्राष्ट्रीय नर्सेस दिवस के अवसर पर विशेष कार्यक्रम के अवसर पर स्वास्थ्य मंत्री श्याम बिहारी जायसवाल ने ये घोषणा की है। इस कार्यक्रम में बड़ी संख्या में नर्सिंग अधिकारी व नर्सिंग छात्र-छात्राओं के साथ अस्पताल के अन्य अधिकारी एवं कर्मचारियों ने भाग लिया।कार्यक्रम को संबोधित करते हुए स्वास्थ्य मंत्री ने कहा कि मरीजों की सेवा में नर्सों की भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण होती है। नर्सें स्वास्थ्य व्यवस्था की रीढ़ हैं, जो दिन-रात समर्पण भाव से मरीजों की देखभाल कर उन्हें नया जीवन देने का कार्य करती हैं। उन्होंने कहा कि चिकित्सा सेवा में मानवीय संवेदनाओं और सेवा भाव का सबसे बड़ा उदाहरण नर्सिंग स्टाफ प्रस्तुत करता है। उन्होंने कोविड काल में नर्सिंग स्टाफ की सेवाओं को याद करते हुए कहा कि कठिन परिस्थितियों में भी नर्सों ने समर्पण और सेवा भाव के साथ कार्य किया। चिकित्सा सेवा में नर्स माँ के समान होती है। उनका दर्जा माँ के समान उच्च है क्योंकि वे मरीजों की देखभाल परिवार की तरह करती हैं। स्वास्थ्य मंत्री ने मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहा कि राज्य सरकार स्वास्थ्य सेवाओं को मजबूत करने के लिए निरंतर कार्य कर रही है। वर्षों से लंबित कई सुविधाओं और व्यवस्थाओं को पूरा किया जा रहा है। इस मौके पर स्वास्थ्य मंत्री ने सीनियर नर्सिंग ऑफिसर डॉ. रीना राजपूत, नीलिमा शर्मा, रंजना सिंह ठाकुर, सुमन देवांगन, कोमेश्वरी नवरंगे, प्रगति सतपुते, शीतल सोनी और नमिता डेनियल सहित पूरे नर्सिंग ऑफिसर को बधाई देते हुए उनके कार्यों की सराहना की।
- भिलाईनगर । दुर्ग जिले के कुम्हारी थाना क्षेत्र अंतर्गत खपरी रोड पर मंगलवार को भीषण आग और सिलेंडर ब्लास्ट की घटना में एक ही परिवार के चार लोगों की दर्दनाक मौत हो गई। मृतकों में डेढ़ साल की मासूम बच्ची भी शामिल है। घटना के बाद इलाके में हड़कंप मच गया।जानकारी के अनुसार खपरी रोड स्थित एक झोपड़ीनुमा मकान में शॉर्ट सर्किट के कारण आग लग गई। देखते ही देखते आग ने विकराल रूप ले लिया और अचानक तेज धमाके के साथ घरेलू गैस सिलेंडर फट गया। धमाका इतना जबरदस्त था कि पूरा मकान आग की चपेट में आ गया।अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक शहर सुखनंदन राठौर ने बताया कि आग तेजी से फैलने के कारण घर के अंदर मौजूद परिवार के सदस्य बाहर नहीं निकल सके और जिंदा जल गए।धमाके की आवाज सुनकर आसपास के लोग मौके पर पहुंचे और आग बुझाने का प्रयास किया, लेकिन तब तक आग काफी फैल चुकी थी। घटना की सूचना मिलते ही अग्निशमन एवं आपातकालीन सेवा दुर्ग तथा पुलिस की टीम मौके पर पहुंची और राहत-बचाव कार्य शुरू किया गया।जिला सेनानी अग्निशमन एवं आपातकालीन सेवा दुर्ग प्रभारी नागेंद्र कुमार सिंह ने बताया कि रेस्क्यू ऑपरेशन जारी है। फिलहाल मौके से चार शव बरामद किए गए हैं। पुलिस मामले की जांच में जुटी हुई है।
- -उप निर्वाचन वाले क्षेत्रों को सुशासन तिहार से किया गया मुक्तबालोद। छत्तीसगढ़ राज्य निर्वाचन आयोग द्वारा नगरीय निकायों और त्रिस्तरीय पंचायत उप निर्वाचन के संबंध में 08 मई को अधिसूचना जारी करने के पश्चात् संपूर्ण राज्य के साथ-साथ बालोद जिले के नगर पचंायत पलारी एवं जिले के उप निर्वाचन वाले ग्राम पंचायतों में आदर्श आचरण संहिता प्रभावशील हो गई है। अपर कलेक्टर एवं उप जिला निर्वाचन अधिकारी श्री चंद्रकांत कौशिक ने बताया कि जिले के नगर पंचायत पलारी एवं बालोद विकासखण्ड के ग्राम पंचायत हथौद, डेंगरापार, लाटाबोड़, गुरूर विकासखण्ड के ग्राम पंचायत कंवर, धनेली, कोलिहामार, बालोदगहन, डढारी, गुण्डरदेही विकासखण्ड के ग्राम पंचायत डुड़िया, सियनमरा, साजा, बोरगहना, सांकरी, हलदी, कसौंदा, मचैद, जेवरतला, देवरी ख. बोरगहन फु, खपरी ब, परना, डौण्डीलोहारा विकासखण्ड के ग्राम पंचायत कापसी, कोरगुड़ा, करेंगांव, डेंगरापार, भण्डेरा, टटेंगा, बैहाकुआं, कसही लो एवं डौण्डी विकासखण्ड के ग्राम पंचायत ठेमाबुजुर्ग, अवारी में पंच एवं सरपंच पद का निर्वाचन मई 2026 में संपन्न होना है। उन्होंने बताया कि निर्वाचन की घोषणा की तिथि से निर्वाचन कार्यवाहियां संपन्न होने तक आदर्श आचरण संहिता लागू रहेगी। उक्त नगरीय क्षेत्र एवं ग्राम पंचायतों को सुशासन तिहार 2026 से मुक्त रखा जा रहा है। इसके साथ ही जिले के शेष नगरीय निकायों एवं ग्राम पंचायतों में सुशासन तिहार 2026 यथावत रहेगी।
- -शासकीय घनश्याम सिंह गुप्त महाविद्यालय में 14 मई को आयोजित होगी पीईटी परीक्षा-बालोद।जिले में परीक्षा के सफल आयोजन हेतु सभी तैयारियां पूर्णबालोद। जिला प्रशासन द्वारा छत्तीसगढ़ व्यावसायिक परीक्षा मण्डल, रायपुर द्वारा जारी किए गए दिशा-निर्देशों के आधार पर जिले के परीक्षा केन्द्रों में आयोजित होने वाली पीईटी प्रवेश परीक्षा में शामिल होने वाले अभयर्थियों के लिए आवश्यक दिशा-निर्देश जारी कर दिया गया है। जिससे की प्रवेश परीक्षा में शामिल होेने वाले विद्यार्थियों को परीक्षा केन्द्र में प्रवेश करने के लिए किसी भी प्रकार की परेशानियों का सामना न करने पड़े। अपर कलेक्टर एवं नोडल अधिकारी श्री अजय किशोर लकरा ने बताया कि छत्तीसगढ़ व्यावसायिक परीक्षा मण्डल रायपुर के माध्यम से 14 मई को जिला मुख्यालय बालोद स्थित शासकीय घनश्याम गुप्त महाविद्यालय बालोद में पीईटी प्रवेश परीक्षा आयोजित की जाएगी। इस परीक्षा में शामिल होने वाले अभ्यर्थियों की संख्या 319 है। परीक्षा सुबह 10 बजे से दोपर 1.15 बजे तक संपन्न होगी। श्री लकरा ने प्रवेश परीक्षा के संबंध में जारी किए गए दिशा-निर्देशों के संबंध में बताया कि जिला प्रशासन द्वारा परीक्षा में शामिल होने वाले अभ्यर्थियों को परीक्षा के एक दिन पूर्व अपने परीक्षा केन्द्र का अनिवार्य रूप से अवलोकन करने को कहा गया है। जिससे कि उन्हें परीक्षा दिवस के दिन कोई असुविधा न हो। इसके साथ ही परीक्षार्थी परीक्षा प्रारंभ होने के कम से कम 02 घंटा पूर्व परीक्षा केन्द्र में पहुंचे जिससे उनका फ्रिस्किंग तथा फोटोयुक्त मूल पहचान पत्र से सत्यापन किया जा सकें। परीक्षा प्रारंभ होने के आधे घंटे पूर्व परीक्षा केन्द्र का मुख्य द्वार बंद कर दिया जाएगा। उदाहरण के लिए यदि कोई परीक्षा प्रातः 10 बजे से प्रारंभ हो रहा है। तो मुख्य द्वार प्रातः 9.30 बजे बंद कर दिया जाएगा। इसलिए समय का विशेष ध्यान रखने को कहा गया है। परीक्षा में शामिल होने वाले अभ्यर्थियों को हल्के रंग के आधी बांह वाले कपड़े परीक्षा देने आए काले, गहरे नीले, गहरे हरे, जामुनी, मैरून, बैंगनी रंग व गहरे चॉकलेटी रंग का कपड़े पहनना वर्जित होगा। धार्मिक एवं सांस्कृतिक पोशाक वाले अभ्यर्थियों को परीक्षा केन्द्र पर सामान्य समय से पहले रिपोर्ट करना होगा उन्हें अतिरिक्त सुरक्षा जांच से गुजरने उपरांत ही ऐसे पोशाक की अनुमति होगी। परीक्षार्थी फुटवियर के रूप चप्पल पहने, कान में किसी भी प्रकार का आभूषण धारण करना वर्जित होगा। परीक्षा प्रारंभ होने के पहले आधा घण्टा में एवं परीक्षा समाप्ति आखिरी आधा में परीक्षा कक्ष से बाहर जाना वर्जित है। परीक्षा कक्ष में किसी प्रकार का संचार उपकरण, इलेक्ट्रानिक उपकरण, इलेक्ट्रानिक घड़ी, पर्स पाउच, स्कार्प, बेल्ट, टोपी आदि ले जाना पूर्णतः वर्जित है। प्रवेश पत्र के सभी पेज का प्रिंटआउट ले और पेज के केवल एक तरफ प्रिंट करें क्योकि प्रत्येक परीक्षा हेतु व्यापम की प्रति परीक्षा केन्द्र में जमा हो जाएगी। परीक्षार्थी को परीक्षा हेतु प्रवेश पत्र के साथ पहचान पत्र के रूप में मतदाता पहचान पत्र, ड्राईविंग लाइसेंस, पेनकार्ड, आधारकार्ड जिसमें अभ्यर्थी का फोटों का एक मूल पहचान पत्र परीक्षा दिवस में परीक्षा केन्द्र में लाना अनिवार्य होगा। मूल पहचान पत्र प्रस्तुत नहीं करने पर परीक्षा केन्द्र में प्रवेश नहीं दिया जाएगा जिसके लिए अभ्यर्थी स्वयं जिम्मेदार होंगें। परीक्षार्थी परीक्षा कक्ष में केवल काले व नीले बालपाइंट पेन को ही उत्तर अंकित करने हेतु उपयोग में लाए। चयन प्रवेश के समय प्रवेश पत्र मांगा जाता है अतः इसे सुरक्षित रखें व्यापम द्वारा दोबारा प्रवेश पत्र जारी नहीं किया जाएगा। निर्देशों का पालन न करने पर अभ्यर्थी को परीक्षा देने से वंचित किया जाएगा, परीक्षा में अनुचित साधनों का प्रयोग करने पर कठोर कार्रवाई की जाएगी तथा अभ्यर्थिता समाप्त की जाएगी।
- - पावर कंपनी में अध्यक्ष डॉ. रोहित यादव को विदाई, वित्त एवं जनसंपर्क सचिव के रूप में रहेंगे पावर कंपनी के निदेशकरायपुर । छत्तीसगढ़ स्टेट पॉवर कंपनीज मुख्यालय के सेवाभवन में आयोजित समारोह में अध्यक्ष डॉ. रोहित यादव को वित्त विभाग के सचिव बनाए जाने पर शुभकामनाएं दी गईं एवं छत्तीसगढ़ स्टेट पावर जनरेशन एवं डिस्ट्रीब्यूशन कंपनी के अध्यक्ष पद से विदाई दी गई। पावर कंपनी की ओर से प्रबंध निदेशकों ने डॉ. यादव को स्मृति चिन्ह भेंट किया।पावर कंपनीज के डंगनिया मुख्यालय स्थित सेवाभवन में आयोजित कार्यक्रम में डॉ. यादव ने कहा कि भारतीय प्रशासनिक सेवा में होने से राज्य शासन एवं केंद्र सरकार के मंत्रालयों में विभिन्न दायित्वों का निर्वहन करने का अवसर मिला, परन्तु पावर कंपनीज में कार्य करने का अनुभव अलग ही रहा। यहां के अधिकारी-कर्मचारियों की लगन, समर्पण और निष्ठा सराहनीय है। किसी भी लक्ष्य को पूरा करने के लिए अधिकारी-कर्मचारी पूरी तन्मयता से टीम वर्क के साथ कार्य करते हैं। उनके अनुभव, तथ्यों की समझ और स्पष्ट कार्यसंस्कृति सीखने योग्य है।पावर कंपनीज के प्रबंध निदेशकगण श्री एस.के. कटियार (जनरेशन), श्री राजेश कुमार शुक्ला (ट्रांसमिशन) एवं श्री भीमसिंह कंवर (डिस्ट्रीब्यूशन) ने कहा कि पावर कंपनी ने डॉ. यादव के मार्गदर्शन में उपलब्धियां हासिल की हैं। प्रधानमंत्री सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना, स्मार्ट मीटर सहित सभी योजनाओं में उल्लेखनीय प्रगति हुई। कार्यालय में ई-ऑफिस, बायोमेट्रिक अटेंडेंस को त्वरित गति से लागू किया गया। विभिन्न योजनाओं की मैदानी कठिनाइयों को समझते हुए प्रावधान किए गए, जिससे निर्बाध और गुणवत्तापूर्ण विद्युत आपूर्ति के लक्ष्य को पूरा करने में सफलता मिली। केंद्रीय विद्युत प्राधिकरण ने जनरेशन कंपनी को 76.44 प्रतिशत पीएलएफ के साथ विद्युत उत्पादन के लिए देशभर में तृतीय स्थान प्रदान किया। उपभोक्ता सेवा में सुधार के उपायों के कारण डिस्ट्रीब्यूशन कंपनी की रैंकिंग बी से ए हो सकी। ट्रांसमिशन कंपनी के वर्षों से लंबित प्रकरणों पर त्वरित निर्णय लेते हुए उनका निराकरण किया जा सका।कार्यक्रम में कार्यपालक निदेशक श्री वी.के. साय, श्री के.एस. मनोठिया, श्री संजय पटेल, श्री एम.एस. चौहान, श्री संदीप मोदी, श्री एस.के. ठाकुर, श्री एम.एस. कंवर, श्री सी.एल. नेताम, श्री संजय खंडेलवाल, श्री एम. जामुलकर, श्री संजीव सिंह, श्रीमती रश्मि वर्मा सहित अन्य अधिकारी उपस्थित थे। संचालन प्रबंधक (जनसंपर्क) श्री गोविंद पटेल ने किया।
- -महाराष्ट्र मंडल की आध्यात्मिक समिति की ओर से साप्ताहिक सामूहिक पाठ अभियान को मिली गतिरायपुर। महाराष्ट्र मंडल की आध्यात्मिक समिति की पहल पर हर शनिवार को होने वाला राम रक्षा स्तोत्र और हनुमान चालीसा पाठ इस शनिवार भी उत्साह के साथ जारी रहा। मंडल के आठ महिला केंद्रों सहित बाल संस्कार शिविर, महाराष्ट्र मंडल कार्यालय, सियान गुड़ी में भी हनुमान चालीसा पाठ को लेकर उत्साह देखा गया।आध्यात्मिक समिति की समन्वयक आस्था काले ने बताया कि मंडल के डंगनिया, चौबे कॉलोनी, सरोना, रोहिणीपुरम, अमलीडीह, वल्लभ नगर, बूढ़ापारा, अवंती विहार महिला केंद्रों के साथ महाराष्ट्र मंडल कार्यालय में मंडल स्टाफ और मेस के कर्मचारियों ने भी हनुमान चालीसा का पाठ किया। इसके साथ शनिवार दोपहर को सियान गुड़ी में आने वाले बुजुर्गों और सुबह बाल संस्कार शिविर में आने वाले बच्चों ने उत्साह के साथ हनुमान चालीसा का पाठ किया।आध्यात्मिक समिति की प्रमुख सृष्टि दंडवते के अनुसार डंगनिया महिला केंद्र की ओर से हनुमान चालीसा का सामूहिक पाठ चौबे कॉलोनी स्थित मंडल परिसर में किया गया। इसमें केंद्र की ज्योति डोलस, रश्मि डांगे, अनुभा जाऊलकर, प्रीति रणदिवे, प्रियंका राजपूत, माधवी गिरहे, मीनाक्षी तारे, श्रद्धा मरधडे, चित्रा जावलेकर, अनुजा महाडिक, शैला गायधनी, अदिति पेंढारकर, रजनी भिसे उपस्थित थीं। सरोना केंद्र की महिलाओं ने केंद्र की सदस्या वैशाली जोशी के घर पर पाठ किया। इस दौरान जयश्री ढेकणे, शुभा गोवर्धन, सविता रैच, मीना नवरे, अलका मोडक, प्रियंका बोरवणकर, वैशाली जोशी, संध्या इंगले, शांति महाजन, शिखा चोरनेले, विभा पांडे, प्रवीणा बापट, मीना परदेशी, रमा धारवाडकर, आरती ठोंबरे, दीपा वैद्य, डॉ अलका गोळे और सुरेखा पाठक उपस्थित थीं।आध्यात्मिक समिति की आकांक्षा गद्रे ने बताया कि अवंती विहार केंद्र की महिलाओं ने विरासत अपार्टमेंट स्थित हनुमंतेश्वर महादेव मंदिर में राम रक्षा स्तोत्र, हनुमान चालीसा, हनुमान अष्टक, श्रीराम स्तुति की। इस दौरान जागृती भाकरे, शुभदा चौधरी, निधि पटेल, चंद्रा जैन, कल्पना हरचंदानी, ऋतु सिन्हा उपस्थित थीं। इसी तरह वल्लभ नगर केंद्र ने संत ज्ञानेश्वर स्कूल प्रांगण में पाठ किया। इस दौरान मंडल की महिला प्रमुख विशाखा तोपखानेवाले, अपर्णा देशमुख, वंदना पाटिल, माधुरी गाडगिल, प्राजक्ता पुसदकर, कांचन पुसदकर, मानसी विठालकर, अपर्णा आठले, प्रीति केसकर, सुवर्णा कस्तूरे, मेघा ऋषि व चित्रा कोलहे उपस्थित थीं।आध्यात्मिक समिति की आकांक्षा गद्रे ने बताया कि रोहिणीपुरम केंद्र की साधना बहिरट, मंगला कुलकर्णी, अपर्णा जोशी ने सेक्टर-1 स्थित शिवधाम मंदिर में पाठ किया। वहीं अमलीडीह केंद्र की अर्चना भाकरे, अक्षरा भगाडे, पुष्पलता देवांगन और कौशल्या देवांगन ने भी पाठ में अपनी सहभागिता निभाई। इसी तरह चौबे कॉलोनी केंद्र द्वारा हनुमान चालीसा पाठ महाराष्ट्र मंडल में किया गया। इस दौरान अपर्णा कालेले, रोहिणी नेणे, अक्षता पंडित, प्राची डोणगांवकर, स्वाती डबली, संगीता निमोणकर, अनुपमा बोधनकर, अवंती अग्निहोत्री, अलका मराठे, गौरी क्षीरसागर, राजश्री बर्वे और संध्या पांडे उपस्थित रहींआकांक्षा के मुताबिक बुढ़ापारा केंद्र की टीम ने माला ताई करकशे के निवास पर हनुमान चालीसा पाठ कर हनुमान जी की आरती की। इस दौरान सविता मोघे, अपर्णा मोघे, माला करकशे, दीपाली करकशे, दीपाली बर्वे, साधना गायकवाड, सुचिता देशपांडे, साधना चौधरी, दमयंती देशपांडे, डॉ सुहासिनी पट्टलवार, शिवानी पट्टलवार, सुनीता साठे, जयश्री केलकर, गीता दलाल, आस्था काले उपस्थित रहीं।आध्यात्मिक समिति की संध्या खंगन ने बताया कि हाराष्ट्र मंडल कार्यालय में भी सभी ने मिलकर हनुमान चालीसा का पाठ किया। सखी निवास मैनेजर कमेश्वरी साहू, जनसंपर्क सहायक प्रफुल्ल बडवाईक, कार्यालय सहायक श्रद्धा जोशी, एकाउंट सहायक हुल्लास देवांगन, प्रकाश गुरव, तेज नारायण साहू, मंडल मेस की मुख्य रसोइया जामबाई यदु, वैशाली टांगले, लोकेश्वरी, सीमा कमाविसदार, सुनीता तांडी शामिल हुईं। इसी तरह समाज कल्याण विभाग द्वारा अनुदानित और मंडल द्वारा संचालित सियान गुड़ी में. डॉ ओपी सोनी, लखन लाल साहू, डॉ ओसी बिसेन, रामा राव सेंद्रे, अनिल पांडे, केके पाठक और हीराधर पटेल ने चालीसा पाठ किया। बाल संस्कार शिविर की ऑफलाइन क्लास के दौरान शनिवार को शिविर में शामिल बच्चों ने भी हनुमान चालीसा का पाठ किया। समिति की सदस्या मंजूषा वैशंपायन और संध्या खंगन ने बच्चों को हनुमान चालीसा का पाठ करवाया। इस दौरान 30 से अधिक बच्चे उपस्थित थे।
- - सियान गुड़ी में टीवी के सामने बैठकर राजनीतिक बहस के साथ कैरम खेलने के मजे भी ले रहींरायपुर। टीवी के सामने बैठे वरिष्ठ जनों को पश्चिम बंगाल के चुनाव परिणाम, नव निर्वाचित भाजपा सरकार और वहां के भविष्य के बारे में सियान गुड़ी में बहस करते देखो, तो वाकई मजा आता है। ऐसी चर्चा करने से पहले ये बुजुर्ग यहां अच्छी तरह एक- एक अखबार छान मारते हैं और फिर सम सामयिक विषय पर दो- दो हाथ करने के लिए तैयार होते हैं।समाज कल्याण विभाग की ओर से अनुदानित और महाराष्ट्र मंडल द्वारा संचालित ‘सियान गुड़ी’ में वरिष्ठ नागरिक इन दिनों कुछ ज्यादा ही व्यस्त हैं। भले ही ये बुजुर्ग आपस में कितना भी उलझे, लेकिन आपसी तालमेल से इनकी ओर से राम रक्षा स्त्रोत और हनुमान चालीसा का सस्वर पाठ करते देखो, तो तसल्ली भी होती है। सियान गुड़ी में एक से एक किताबें- समाचार पत्र- पढ़ते, कैरम- शतरंज खेलते, टीवी देखते और आपस में बतियाते ये लोग बिजी तो हैं, लेकिन फ्रस्टेड नहीं।मंडल के मुख्य समन्वयक श्याम सुंदर खंगन, सियान गुड़ी प्रभारी मालती मिश्रा, स्वास्थ्य सलाहकार डॉ. कमला वर्मा, विधि सलाहकार प्रशांत देशपांडे, उद्यानिकी क्षेत्र से डॉ. जेएस उरकुरकर सहित विविध विषयों के विशेषज्ञों के साथ डॉ. ओपी सोनी, लखन लाल साहू, डॉ. ओसी बिसेन, रामा राव सेंद्रे, अनिल पांडे, केके पाठक, हीराधर पटेल सहित अनेक वरिष्ठ जन पारिवारिक वातावरण में अपनी दिनभर की गतिविधियों को हमउम्र साथियों के साथ सार्थक बना रहे हैं। खंगन ने कहा कि ऐसे वरिष्ठ जन जो अपने घरों में दिनभर लगभग अकेले रहते हैं, वे भी महाराष्ट्र मंडल के समता कॉलोनी स्थित सियान गुड़ी में प्रतिदिन आकर अपने समान उम्र वाले साथियों के विभिन्न गतिविधियों में एंजॉय कर सकते हैं।
- -महाराष्ट्र मंडल के सभासद डॉ. अतुल सुरेंद्रप्रभु का सुझाव- तीन लक्षणों सीने में दर्द, बेहोशी, धड़कन तेज होने को नजरअंदाज न करेंरायपुर। कम उम्र में हार्ट अटैक का खतरा अब बढ़ता जा रहा है। कुछ दिनों पहले तक 40 साल की उम्र के आसपास के युवा इसकी चपेट में ज्यादा आ रहे थे, लेकिन बीते नौ मई को राजस्थान के दौसा जिले से एक खबर सामने आई। इसमें 14 वर्षीय बालक की हार्ट अटैक से मौत हो गई। इतनी छोटी उम्र में हार्ट अटैक काफी चिंता का विषय है। ऐसे में महाराष्ट्र मंडल के आजीवन सभासद और नारायणा हेल्थ सिटी हाॅस्पिटल, बेंगलुरु में पीडियाट्रिक/कॉन्जेनिटल कार्डियोलॉजिस्ट और इलेक्ट्रोफिजियोलॉजिस्ट डॉ. अतुल सुरेंद्रप्रभु ने कहा इस घटना के संदर्भ सुझाव दिया कि सीने में दर्द, बेहोशी, धड़कन तेज होने पर गूगल पर सर्च करने बजाए तुरंत डॉक्टर के पास जाना चाहिए। आमतौर पर लोग इसे सामान्य मान लेते हैं, लेकिन कभी भी खतरे को कम नहीं आंकना चाहिए।डॉ. अतुल ने कहा कि व्यस्कों में हार्ट अटैक आमतौर पर कोलेस्ट्रॉल के कारण कोरोनरी आर्टरीज में रुकावट से होता है। बच्चों में इस वजह से हार्ट अटैक आने के मामले असामान्य है। बच्चों में हार्ट अटैक, कॉन्जेनिटल हार्ट डिफेक्ट, कोरोनरी आर्टरीज की एब्नॉर्मेलिटी, कार्डियोमायोपैथी, लॉन्ग क्यूटी (Long QT) सिंड्रोम जैसे दिल की अनियमित की धड़कन (arrhythmias) या मायोकार्डिटिस के कारण अचानक होने वाला कार्डियक अरेस्ट होता है।उन्होंने जोर देकर बताया कि बीमारी की सही समय में पहचान जरूरी है। जागरूकता और स्क्रीनिंग इन मामलों को पकड़ लेती है, जो पहले छूट जाते थे। बच्चों में जेनेटिक बीमारी जैसे हाइपरट्रॉफिक कार्डियोमायोपैथी या असामान्य कोरोनरी आर्टरीज खेल या तनाव के दौरान सामने आती हैं। कोविड के बाद मायोकार्डिटिस भी एक दुर्लभ लेकिन वास्तविक कारक रहा है। डॉ. अतुल के मुताबिक स्ट्रक्चरल हार्ट डिफेक्ट, अब्नॉर्मल कोरोनरी हार्ट डिजीज, मारफन सिंड्रोम या जेनेटिक बीमारी, क्यूटी सिंड्रोम आदि प्रमुख कारक होते है। 20- 40 साल के युवाओं में, डायबिटीज, धूम्रपान, मोटापा, फैमिली हिस्ट्री और तनाव के कारण समय से पहले कोरोनरी आर्टरी डिजीज अब पहले की तुलना में ज्यादा आम है। इनसे बचने के लिए अपनी सेहत को लेकर अधिक सावधान रहने की और छोटी-मोटी परेशानी पर भी डॉक्टर से तत्काल परामर्श लेने की जरूरत है।
- रायपुर -आज रायपुर नगर पालिक निगम के नवपदस्थ आयुक्त श्री संबित मिश्रा का रायपुर नगर पालिक निगम के आयुक्त पद का प्रशासनिक कार्यभार सम्हालने पर उन्हें रायपुर नगर पालिक निगम अधिकारी कर्मचारी एकता संघ के अध्यक्ष श्री प्रमोद राव जाधव के नेतृत्व में रायपुर नगर पालिक निगम अधिकारी कर्मचारी एकता संघ के सभी पदाधिकारियों और कार्यकारिणी सदस्पों ने आत्मीय स्वागत किया. संघ के अध्यक्ष श्री प्रमोद राव जाधव ने नवपदस्थ आयुक्त का श्रीफल प्रदत्त कर आत्मीय स्वागत किया, वहीं संघ की महिला विंग पदाधिकारियों ने उनका बुके प्रदत्त कर आत्मीय स्वागत किया.
- भिलाईनगर। नगर पालिक निगम भिलाई के जोन-1 नेहरू नगर अंतर्गत स्थित भेलवा तालाब में जलभराव कार्य के दौरान पानी निकासी स्थल पर कचरा जमा होने से पानी का प्रवाह बाधित हो गया है। स्थिति को देखते हुए निगम अधिकारियों द्वारा स्थल का निरीक्षण किया गया तथा तालाब की सफाई कराने के निर्देश दिये गये।अधिकारियों ने बताया कि पानी निकासी वाले स्थान पर कचरा जाम होने के कारण पानी का बहाव प्रभावित हो रहा है। तालाब की समुचित सफाई के लिए पहले पानी की दिशा परिवर्तित कर सफाई कार्य कराया जायेगा, इसके बाद पुनः तालाब में जलभराव का कार्य प्रारंभ किया जायेगा, जिससे भविष्य में जल निकासी की समस्या उत्पन्न न हो। निरीक्षण के दौरान भेलवा तालाब के समीप नवनिर्मित नाला निर्माण कार्य का भी अवलोकन किया गया। अधिकारियों ने नाला निर्माण की गुणवत्ता एवं जल निकासी व्यवस्था का जायजा लेते हुए संबंधित कर्मचारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिये। निगम द्वारा क्षेत्र में जलभराव एवं सफाई व्यवस्था को बेहतर बनाने लगातार कार्य किया जा रहा है, जिससे नागरिकों को सुविधा मिल सके। निरीक्षण के दौरान जोन आयुक्त येशा लहरे, उप अभियंता बसंत साहू, रीमा जामुलकर, जोन स्वच्छता निरीक्षक अंकित सक्सेना उपस्थित रहे।
- -अधिकारियों को दिए त्वरित निराकरण के निर्देशबिलासपुर /जिला कार्यालय के मंथन सभा कक्ष में आयोजित साप्ताहिक जनदर्शन में कलेक्टर श्री संजय अग्रवाल ने आज जिलेभर से पहुंचे लोगों की समस्याएं गंभीरता से सुनीं और संबंधित अधिकारियों को त्वरित निराकरण के निर्देश दिए। नगर निगम आयुक्त श्री प्रकाश कुमार सर्वे एवं जिला पंचायत सीईओ श्री संदीप अग्रवाल ने भी लोगों की समस्याओं को सुना। जनदर्शन में आज अवैध कब्जा, सीमांकन, महतारी वंदन योजना, दीनदयाल उपाध्याय भूमिहीन कृषि मजदूर कल्याण योजना से संबंधित प्रकरण ज्यादा प्राप्त हुए।जनदर्शन में आज मस्तुरी विकासखण्ड के बेलपान गांव के ग्रामीणों ने आवेदन देकर बताया कि गांव में स्थापित कालिन्दी इस्पात कंपनी द्वारा भूजल का अत्यधिक दोहन किए जाने से गांव में जल संकट गहरा गया है। ग्रामीणों ने बताया कि कंपनी ने पूर्व में शिवनाथ नदी से पानी उठाने की बात कहीं थी लेकिन वर्तमान में बोरवेल और पाइपलाइन के माध्यम से भूजल का अंधाधंुध दोहन औद्योगिक कामों के लिए किया जा रहा है। ग्रामीणों ने मामले की जांच कर कार्रवाई की मांग की। मस्तुरी विकासखण्ड के ग्राम पोड़ी के किसानों ने बांधा जलाशय चौड़ीकरण कार्य में अधिग्रहित निजी भूमि की मुआवजा डेढ़ दशक बाद भी नहीं मिलने की शिकायत की। पोड़ी के लगभग 40 किसानों का मुआवजा अभी तक प्राप्त नहीं हुआ है। कलेक्टर ने भू अभिलेख शाखा को उनका आवेदन भेजते हुए त्वरित कार्यवाही के निर्देश दिए है। जरहाभाठा निवासी अमीना बेगम ने निराश्रित पेंशन की राशि पुनः चालू करने की मांग करते हुए आवेदन दिया। उन्होंने कलेक्टर को बताया कि वह अभी जीवित है लेकिन नगर निगम द्वारा उन्हें मृत बताकर पेंशन बंद कर दिया है। कलेक्टर ने समाज कल्याण विभाग के संयुक्त संचालक को इसी जांच कर आवश्यक कार्यवाही करने के निर्देश दिए है। वहीं जिले की विभिन्न शराब दुकानों में कार्यरत करीब 150 सुरक्षा गार्डों ने जनदर्शन में पहुंचकर पिछले दो माह से वेतन नहीं मिलने की शिकायत की। गार्डों ने बताया कि निर्धारित समय से अधिक ड्यूटी लेने के बावजूद उन्हें समय पर वेतन और ओवरटाइम भुगतान नहीं मिला है। इस पर कलेक्टर ने आबकारी अधिकारी को जांच कर आवश्यक कार्रवाई के निर्देश दिए। ग्राम लमेर के एक युवा किसान भाग्योदय ने कृषि क्षेत्र में आधुनिक तकनीक अपनाने की इच्छा जताते हुए कलेक्टर से कृषि ड्रोन पायलट प्रशिक्षण और ड्रोन खरीदी में सब्सिडी प्रदान करने का आग्रह किया, ताकि वे गांव में ही स्वरोजगार शुरू कर सकें। वहीं दूसरी ओर ग्राम पंचायत पाली (नवाडीह) के निवासी बड़ी संख्या में मोहल्ले के बीचों-बीच लगाए गए 6 बिजली खंभों के विरोध में नजर आए। ग्रामीणों का आरोप है कि गांव के एक व्यक्ति द्वारा अपने निजी उपयोग के लिए सुरक्षा नियमों को ताक पर रखकर ये खंभे लगवाए गए हैं, जिससे बस्ती में हादसे का खतरा बढ़ गया है। कलेक्टर ने इसे टीएल पंजी में दर्ज करते हुए बिजली विभाग को अगली बैठक में जवाब देने को कहा है। पेंशन संबंधी समस्या को लेकर ग्राम खैरखुड़ी से आईं संयोगिता भारद्वाज ने आवेदन सौंपते हुए बताया कि पिछले एक साल से उनकी विधवा पेंशन रोक दी गई है और महतारी वंदन योजना का लाभ भी उन्हें नहीं मिल पा रहा है, जिसके कारण उनके सामने आर्थिक संकट खड़ा हो गया है। गढ़वट के एवसराम कश्यप ने मोटराइज्ड ट्रायसायकल दिलाने कलेक्टर को आवेदन प्रस्तुत किया। कलेक्टर ने सभी आवेदनों को गंभीरता से लेते हुए संबंधित विभाग के अधिकारियों को निर्देशित किया कि वे त्वरित निराकरण सुनिश्चित करें।
- रायपुर । छत्तीसगढ़ के वित्तमंत्री श्री ओ.पी. चौधरी जी से कुशाभाऊ ठाकरे पत्रकारिता एवं जनसंचार विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. मनोज दयाल ने आज सौजन्य मुलाकात की।वित्तमंत्री माननीय श्री ओ.पी. चौधरी जी ने पत्रकारिता विश्वविद्यालय को यथा संभव वित्तीय व शासकीय सहयोग का आश्वासन दिया।साथ ही स्ववित्त पोषित व स्व संचालित प्रणाली अपनाने का भी सुझाव दिया।कुलपति प्रो दयाल ने वित्त मंत्री को जानकारी दी कि विश्वविद्यालय में संचालित मीडिया सहित विविध पाठ्यक्रमों में शिक्षण एवं छात्रावास शुल्क बेहद किफायती है। जिससे छत्तीसगढ़ के सुदूर अंचल के अनुसूचित जाति, अनुसूचित जनजाति और पिछड़ा वर्ग सहित सभी वर्गों के विद्यार्थियों को न्युनतम शुल्क में बेहतरीन शिक्षा मिल रही है तथा कमजोर एवं निर्धन वर्ग के विद्यार्थियों को छत्तीसगढ़ सरकार की कल्याणकारी नीतियों का सीधा लाभ ज्ञानार्जन में हो रहा है।




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