ब्रेकिंग न्यूज़

अयोध्या: रामलला के प्राण प्रतिष्ठा समारोह में 10 करोड़ परिवारों को आमंत्रित करेगी विहिप

नयी दिल्ली. विश्व हिन्दू परिषद (विहिप) ने सोमवार को कहा कि वह 22 जनवरी को अयोध्या में राम मंदिर में होने वाले रामलला के प्राण प्रतिष्ठा समारोह में भाग लेने के लिए देश-विदेश के 10 करोड़ से अधिक परिवारों को आमंत्रित करेगी। विहिप के केंद्रीय कार्यकारी अध्यक्ष आलोक कुमार ने यहां संवाददाता सम्मेलन को संबोधित करते हुए कहा कि पांच नवंबर को श्रीराम जन्मभूमि मंदिर में पवित्र किया गया ‘अक्षत कलश' पहले ही देशभर में भेजा जा चुका है। उन्होंने संवाददाताओं से कहा, ‘‘विश्व हिंदू परिषद के कार्यकर्ता अन्य हिंदू संगठनों के साथ मिलकर एक जनवरी से 15 जनवरी 2024 तक देश के शहरों और गांवों में हिंदू परिवारों से मिलेंगे और उन्हें आमंत्रित करेंगे।'' उन्होंने कहा कि ‘विदेश में रहने वाले हिंदुओं' को आमंत्रित करने के लिए भी इसी तरह का एक कार्यक्रम आयोजित किया गया है। उन्होंने कहा, ‘‘निमंत्रण के अलावा हम प्रत्येक परिवार को अन्य आवश्यक जानकारी के साथ ही भगवान राम और उनके मंदिर की एक तस्वीर देंगे।'' उन्होंने कहा कि श्री राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट ने इस संबंध में आह्वान किया है।
 कुमार ने कहा कि इस काम में लगी विहिप की टीम और कार्यकर्ता श्रद्धालुओं से ‘कोई उपहार, दान या अन्य सामग्री' स्वीकार नहीं करेंगे। उन्होंने कहा, ‘‘इस बार हम समाज से कुछ भी मांगने के लिए नहीं पहुंच रहे हैं।''
 यह देखते हुए कि भगवान राम के सभी भक्तों को समारोह में शामिल होने के लिए अयोध्या नहीं बुलाया जा सकता है, विहिप नेता ने दुनिया भर के हिंदुओं से अपने निकटतम मंदिर में इकट्ठा होने और 22 जनवरी को पूजा करने की अपील की। उन्होंने लोगों से 22 जनवरी को अयोध्या में राम मंदिर में होने वाले ‘भव्य' समारोह का सीधा प्रसारण देखने और ‘इस ऐतिहासिक घटना का आनंद लेने' का भी आग्रह किया। उन्होंने कहा, ‘‘अब तक हमारा आकलन है कि यह कार्यक्रम निश्चित रूप से दुनिया भर के पांच लाख से अधिक मंदिरों में होगा और लाखों हिंदू इसमें भाग लेंगे।'' प्राण प्रतिष्ठा समारोह के लिए प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी, मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ और देश भर के हजारों संतों को आमंत्रित किया गया है। विहिप नेता ने कहा, ‘‘हम भगवान श्रीराम के 14 साल के वनवास के बाद अयोध्या लौटने के उपलक्ष्य में दिवाली मनाते हैं, लेकिन 22 जनवरी, 2024 को दुनिया दूसरी दिवाली मना रही होगी, जब भारत की आजादी के ‘अमृत काल' के दौरान राम जी 500 साल बाद अपनी जन्मभूमि लौटेंगे। उन्होंने कहा, ‘‘इसलिए यह जरूरी है कि दुनिया भर का पूरा हिंदू समाज इस ‘प्राण प्रतिष्ठा' समारोह में भाग ले।'' विहिप नेता ने कहा कि राम जन्मभूमि आंदोलन के दौरान अपने जीवन का बलिदान देने वालों के परिवार के सदस्यों के राम मंदिर जाने के लिए व्यवस्था की गई है। उन्होंने कहा कि ऐसे भक्तों को अगले साल 27 जनवरी से 22 फरवरी तक छोटे समूहों में ‘दर्शन' के लिए अयोध्या में राम मंदिर ले जाया जाएगा। उन्होंने कहा, ‘‘ऐसे करीब एक लाख लोगों के लिए व्यवस्था की गई है।''
 कुमार ने हिंदू परिवारों से 22 जनवरी, 2024 की रात को कम से कम पांच दीपक जलाने और उसके बाद किसी भी दिन परिवार और दोस्तों के साथ अयोध्या जाने का आग्रह किया। उन्होंने कहा, ‘‘विश्व हिंदू परिषद को विश्वास है कि अयोध्या में राम मंदिर दुनिया भर के हिंदुओं के बीच सद्भाव, एकता और स्वाभिमान फैलाएगा और भारत को उसके परम वैभव की ओर ले जाने के लिए एक राष्ट्रीय मंदिर के रूप में उभरेगा।''

Related Post

Leave A Comment

Don’t worry ! Your email address will not be published. Required fields are marked (*).

Chhattisgarh Aaj

Chhattisgarh Aaj News

Today News

Today News Hindi

Latest News India

Today Breaking News Headlines News
the news in hindi
Latest News, Breaking News Today
breaking news in india today live, latest news today, india news, breaking news in india today in english