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- नयी दिल्ली. भारतीय नौसेना ने एक अभियान में सोमालिया के 35 समुद्री डाकुओं को पकड़ने और उनके द्वारा बंधक बनाए गए 17 बंधकों को मुक्त कराने के एक दिन बाद रविवार को कहा कि यह कार्रवाई हिंद महासागर में शांति और स्थिरता को मजबूत करने और क्षेत्र में समुद्री डकैती के फिर से सिर उठाने को विफल करने के उसके संकल्प को दर्शाती है। नौसेना ने शनिवार को एक सुव्यवस्थित अभियान के तहत भारतीय तट से लगभग 2,600 किलोमीटर दूर पूर्व में माल्टा के ध्वजांकित व्यापारिक जहाज (एमवी) रुएन को अपने कब्जे में ले लिया। इस अभियान के बारे में विशेषज्ञों ने कहा कि पिछले लगभग सात वर्ष में सोमालिया के समुद्री डाकुओं से किसी जहाज को इस तरह से छुड़ाने का यह पहला सफल अभियान है। नौसेना ने करीब 40 घंटे के अभियान के दौरान आईएनएस कोलकाता और आईएनएस सुभद्रा और सी गार्जियन ड्रोन को तैनात किया। अभियान के लिए सी-17 विमान से विशिष्ट मार्कोस कमांडो को उतारा गया। रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने 'एक्स' पर कहा, ''मैं भारतीय नौसेना और मार्कोस सहित जहाजों और विमानों पर सवार बहादुर चालक दल को उनके दृढ़ और निर्णायक कार्यों के लिए बधाई देता हूं।'' बुल्गारिया की विदेश मंत्री मारिया गेब्रियल ने अपहृत जहाज और उनके देश के सात नागरिकों सहित चालक दल के सदस्यों को बचाने के सफल अभियान के लिए भारतीय नौसेना का आभार व्यक्त किया। गेब्रियल की पोस्ट पर प्रतिक्रिया देते हुए विदेश मंत्री एस जयशंकर ने 'एक्स' पर कहा, ''दोस्त इसी के लिए होते हैं।'' नौसेना ने बताया कि एमवी रुएन का सोमालिया के जलदस्युओं ने 14 दिसंबर को अपहरण कर लिया था।एक बयान में, नौसेना ने कहा कि एमवी रुएन की समुद्री यात्रा की क्षमता का आकलन किया जा रहा है और पोत पर लगभग 37,800 टन माल लदा है जिसकी कीमत करीब 10 लाख अमेरिकी डॉलर है। इसे सुरक्षित भारत लाया जाएगा। बयान में कहा गया है कि दक्षिणी हिंद महासागर क्षेत्र में समुद्री डाकुओं द्वारा अपहृत जहाज रुएन से जुड़ा समुद्री डकैती विरोधी अभियान शांति और स्थिरता को मजबूत करने और क्षेत्र में समुद्री डकैती के फिर से सिर उठाने की कोशिश को विफल करने की दिशा में भारतीय नौसेना की प्रतिबद्धता को उजागर करता है। यमन के हूती विद्रोहियों द्वारा लाल सागर में मालवाहक जहाजों पर बढ़ते हमलों के बाद रणनीतिक जलमार्गों पर निगरानी रखने के लिए नौसेना ने 10 से अधिक युद्धपोत तैनात किए हैं। नौसेना ने बताया कि आईएनएस कोलकाता ने बुधवार सुबह रुएन को रोका और ड्रोन के जरिए सशस्त्र समुद्री डाकुओं की मौजूदगी की उस पर पुष्टि हुई। उसने बताया कि डाकुओं ने ड्रोन को मार गिराया और भारतीय नौसेना के युद्धपोत पर गोलीबारी की। आईएनएस कोलकाता ने जहाज के स्टीयरिंग सिस्टम और नेविगेशनल सहायता को अक्षम कर दिया, जिससे उसे नौकायन बंद करना पड़ा। इसके बाद सी-17 विमान से मार्कोस कमांडो उतारे गए जिन्होंने जहाज को जब्त कर लिया, समुद्री डाकुओं को पकड़ लिया और रुएन के चालक दल के 17 सदस्यों को रिहा करा लिया। बयान में कहा गया है कि पिछले 40 घंटों में भारतीय नौसेना के लगातार दबाव और सुनियोजित कार्रवाई के कारण सोमालिया के सभी 35 समुद्री डाकुओं ने आत्मसमर्पण कर दिया।
- सीधी. मध्य प्रदेश के सीधी जिले में रविवार को दो अलग-अलग सड़क दुर्घटनाओं में दो महिलाओं सहित पांच लोगों की मौत हो गई और तीन अन्य लोग घायल हो गए। पुलिस ने यह जानकारी दी। चुरहट थाना प्रभारी निरीक्षक पुष्पेंद्र मिश्रा ने बताया कि पहली घटना चंदनिया चौराहे के निकट हुई। उन्होंने बताया कि एक स्पोर्ट्स यूटिलिटी व्हीकल (एसयूवी) ने एक मोटरसाइकिल को टक्कर मार दी, जिससे अभिषेक पांडे, आशीष तिवारी और सुमित जयसवाल घायल हो गए। अधिकारी ने बताया, ''तीनों को अस्पताल ले जाया गया, जहां चिकित्सकों ने अभिषेक और आशीष को मृत घोषित कर दिया जबकि सुमित का उपचार किया जा रहा है।'' वहीं दूसरी दुर्घटना में एक जीप चालक ने वाहन पर से नियंत्रण खो दिया और बाइक सवार मुन्नी सिंह, आरती सिंह और रामकृपाल कुशवाहा को टक्कर मार दी। निरीक्षक रोशनी ठाकुर ने बताया, ''शाम साढ़े सात बजे मंझौली में हुई इस दुर्घटना में तीनों लोगों की मौत हो गई। जीप के पलटने से पहले दो अन्य लोग भी उसकी चपेट में आकर घायल हो गए।'' पुलिस ने बताया कि दोनों दुर्घटनाओं के संबंध में मुकदमे दर्ज कर लिये गये हैं।
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नयी दिल्ली. दिल्ली विश्वविद्यालय के कैंपस लॉ सेंटर में आयोजित 20वीं ‘के.के. लूथरा मेमोरियल मूट कोर्ट' प्रतियोगिता में देश और विदेश के 155 विधि संस्थानों की 72 टीम ने हिस्सा लिया। तीन दिवसीय प्रतियोगिता में उच्चतम न्यायालय के न्यायाधीश विक्रम नाथ बतौर मुख्य अतिथि शामिल हुए। यह प्रतियोगिता रविवार को संपन्न हुई। न्यायमूर्ति नाथ ने छात्रों के साथ अपने अनुभव साझा करते हुए कहा कि ‘मूट कोर्ट' प्रतियोगिता ने छात्रों के आत्मविश्वास को बढ़ाने और तर्कों को धार देने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। शीर्ष अदालत के न्यायाधीश ने कहा कि कानून का अभ्यास करना एक शाश्वत प्रक्रिया है और व्यक्ति को अपने करियर के अंत तक सीखना जारी रखना चाहिए। दिल्ली उच्च न्यायालय की न्यायाधीश रेखा पल्ली, न्यायमूर्ति नीना बंसल कृष्णा और न्यायमूर्ति सुधीर कुमार जैन बतौर सम्मानित अतिथि कार्यक्रम में शामिल हुए। न्यायमूर्ति पल्ली ने छात्रों को सलाह दी कि एक वकील को अदालत में आधी-अधूरी तैयारी के साथ नहीं आना चाहिए और जब कोई न्यायाधीश सीधा सवाल पूछता है तो उसे आत्मविश्वास के साथ जवाब देना चाहिए। इससे पहले शुक्रवार को उद्घाटन सत्र को संबोधित करते हुए उच्चतम न्यायालय की न्यायाधीश हिमा कोहली ने कहा कि उन्हें 1980 के दशक में भी कानूनी पेशे में आने से कोई परहेज नहीं था, जबकि तब इस क्षेत्र में बहुत कम महिलाएं थीं।
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कोलकाता. वर्ष 1774 में बंगाल के तत्कालीन गवर्नर जनरल वॉरेन हेस्टिंग्स द्वारा स्थापित कोलकाता जीपीओ को भारत का पहला सामान्य डाकघर होने का गौरव प्राप्त है। अपने 250 साल के इतिहास में, इसने देश में डाक सेवाओं के विकास के लिए एक प्रमाण के रूप में कार्य किया है। भारत के डाक परिदृश्य को आकार देने में कोलकाता जीपीओ की महत्वपूर्ण भूमिका का जश्न इस महीने मनाया जा रहा है। पश्चिम बंगाल सर्किल के मुख्य पोस्टमास्टर जनरल नीरज कुमार ने कहा कि कोलकाता जीपीओ पूरे देश में व्यापक डाक सेवाओं की आधारशिला रहा है। कुमार ने कहा कि कोलकाता जीपीओ की 250वीं वर्षगांठ का जश्न ‘‘लोगों की सेवा के लिए इसकी स्थायी विरासत और अटूट प्रतिबद्धता का प्रमाण है, जो लगातार बदलती दुनिया में इसकी कालातीत प्रासंगिकता को दर्शाता है।'' शहर के डलहौजी स्क्वायर क्षेत्र में हुगली नदी, 'लालदीघी' जल निकाय और ब्रिटिश काल की कई इमारतों के बीच स्थित जीपीओ कोलकाता की सफेद इमारत को वर्षगांठ समारोह के दौरान रोशनी से जगमग किया गया है। पुराने जीपीओ को 1774 से 1868 तक कई बार विभिन्न स्थानों पर स्थानांतरित किया गया था, और वर्तमान जीपीओ भवन 2 अक्टूबर 1868 को जनता के लिए खोल दिया गया था। 250वीं वर्षगांठ पर एक विशेष डाक टिकट कवर जारी करके जीपीओ को सम्मानित किया गया। कुमार ने कहा, “जीपीओ कोलकाता एक ऐसी संस्था है जो साम्राज्यों और सरकारों से लेकर शासन व्यवस्था व अर्थव्यवस्था तक विभिन्न क्षेत्रों में बदलावों के बावजूद दो शताब्दियों से भी अधिक समय से मजबूती के साथ खड़ा है। डाक सेवाएं और कोलकाता जीपीओ समय के साथ बदलते हुए परिवहन, प्रौद्योगिकियों और विविधीकरण के नए तरीकों को अपना रहे हैं।
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नयी दिल्ली. असम के गुवाहाटी में स्थित भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थान (आईआईटी-गुवाहाटी) के अनुसंधानकर्ताओं ने अंतरराष्ट्रीय वैज्ञानिकों के साथ मिलकर ब्रह्मांड में पदार्थ-प्रतिपदार्थ (मैटर-एंटीमैटर) असंतुलन को समझाने के लिए एक विशेष परिदृश्य पेश किया है। अनुसंधानकर्ताओं का अध्ययन ब्रह्मांड विज्ञान के क्षेत्र में ‘डार्क मैटर' और ब्रह्मांड की बेरियोन एसिमेट्री (बीएयू) को लेकर लंबे समय से चले आ रहे रहस्यों में से एक पर प्रकाश डालता है। विज्ञान और इंजीनियरिंग अनुसंधान बोर्ड (एसईआरबी) द्वारा वित्त पोषित अनुसंधान को ‘फिजिकल रिव्यू डी' में प्रकाशित किया गया है। अधिकारियों ने बताया कि ब्रह्मांड का केवल पांच प्रतिशत हिस्सा तारे और आकाशगंगा जैसे दिखने वाले या बेरियोनिक ‘मैटर' से बने हैं। शेष इस दृश्य ‘मैटर' का लगभग पांच गुना ‘डार्क मैटर' से बना है, एक ऐसा पदार्थ जो प्रकाश उत्सर्जित नहीं करता है। उन्होंने बताया कि ‘डार्क मैटर' की उत्पत्ति रहस्यमयी बनी हुई है, दिखाई देने वाले मैटर बेरियोन (मैटर) और न्यूनतम मात्रा में एंटीबेरियोन (एंटीमैटर) के बने होते हैं। आईआईटी, गुवाहाटी में भौतिकशास्त्र विभाग में एसोसिएट प्रोफेसर देबाशीष बोरा ने बताया, ‘‘ शुरुआत में ब्रह्मांड में मैटर और एंटीमैटर के समान मात्रा में होने की उम्मीद की जाती थी। किसी भी प्रारंभिक असंतुलन को तीव्र विस्तार चरण के दौरान ठीक किया जाना चाहिए था। लेकिन आज हम अधिशेष मैटर देखते हैं। यह रहस्य है, जिसे ब्रह्मांड के बेरियोन एसिमेट्री (बीएयू) के रूप में जाना जाता है। यह हमारी भविष्यवाणियों का खंडन करता है और अनसुलझा बना हुआ है, जो प्रारंभिक ब्रह्मांड की हमारी समझ को चुनौती देता है।'' अनुसंधान का नेतृत्व करने वाले बोरा ने बताया कि न तो डार्क मैटर का रहस्य और न ही बीएयू पहेली को कण भौतिकी के मानक मॉडल का उपयोग करके हल किया जा सकता है जिसने अनुसंधानकर्ताओं को मानक मॉडल से आगे जाने की चुनौती दी। उन्होंने कहा, ‘‘हमने एक ऐसा परिदृश्य प्रस्तावित किया है जहां डार्क मैटर के क्षय से बेरियोन विषमता उत्पन्न होती है, जो एक सामान्य उत्पत्ति का संकेत देती है। जबकि डार्क मैटर को पारंपरिक रूप से ब्रह्मांड संबंधी समय के पैमाने पर स्थिर माना जाता है। हम इसके द्रव्यमान में विशिष्ट तापमान-प्रेरित सुधारों के कारण प्रारंभिक ब्रह्मांड में इसके क्षय की संभावना का प्रस्ताव कर रहे हैं, जिससे इसका क्षय ऊर्जावान रूप से व्यवहार्य होगा।'' अंतरराष्ट्रीय अनुसंधानकर्ताओं में अमेरिका स्थित पिट्सबर्ग विश्वविद्यालय के अर्नब दासगुप्ता, विलियम एंड मैरी विश्वविद्यालय में ‘हाई एनर्जी थ्योरी ग्रुप' के मैथ्यू नोज और दक्षिण कोरिया में क्यूंगपुक नेशनल यूनिवर्सिटी के रिशव रोशन शामिल हैं। बोरा ने कहा, ‘‘ हमारे मॉडल के अनुसार प्रारंभिक ब्रह्मांड में, तापमान के प्रभाव के कारण डार्क मैटर नियमित मैटर में बदल जाता है, जिससे मैटर और एंटीमैटर के बीच असंतुलन पैदा होता है। हम पहले एक अद्वितीय प्रकार के डार्क मैटर का प्रस्ताव करते हैं, जो एक अदिश क्षेत्र से प्रभावित होता है। संबद्ध अदिश क्षेत्र ब्रह्मांड के प्रारंभिक विस्तार के दौरान फुलाव के रूप में कार्य कर सकता है या एक मजबूत प्रथम क्रम चरण के परितर्वन का कारण बन सकता है।'' उन्होंने कहा, ‘‘ प्रारंभिक ब्रह्मांड में ऊर्जावान रूप से व्यवहार्य क्षय के कारण, डार्क मैटर आंशिक रूप से क्षय के कारण साधारण मैटर बनकर बीएयू बनाता है। जैसे ही ब्रह्मांड ठंडा होता है, डार्क मैटर स्थिर हो जाता है, जिससे आज डार्क मैटर के अवशेष के रूप देखा जाता है। यह प्रक्रिया न केवल डार्क मैटर की व्याख्या करती है बल्कि दिखने वाले मैटर के निर्माण में भी योगदान देती है, जो मैटर- एंटीमैटर असममित (एसेमेट्री)को प्रभावित करती है।
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नयी दिल्ली. देश में दुनिया के सबसे बड़े चुनावी उत्सव की तैयारियां शुरू होने के साथ ही राजनीतिक दल मतदाताओं के मनोविज्ञान पर असर डालने के लिए व्हाट्सऐप जैसे ‘मैसेजिंग' मंच और सोशल मीडिया ‘इन्फ्लूएंसर्स' का सहारा ले रहे हैं। विज्ञापन गुरुओं और राजनीतिक विश्लेषकों ने यह जानकारी दी। राजनीतिक दल 2024 के लोकसभा चुनाव से पहले अपनी उपलब्धियों का प्रचार करने तथा मतदाताओं से समर्थन मांगने के लिए व्यापक पैमाने पर सोशल मीडिया का इस्तेमाल कर रहे हैं। भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) व्हाट्सऐप पर ‘‘प्रधानमंत्री की ओर से पत्र'' भेजकर मतदाताओं से जुड़ने का प्रयास कर रही है और नरेन्द्र मोदी सरकार की उपलब्धियों का उल्लेख करते हुए मतदाताओं से ‘फीडबैक' ले रही है। व्हाट्सऐप के भारत में हर महीने 50 करोड़ से अधिक सक्रिय उपयोगकर्ता होते हैं।
भाजपा ने ‘माय फर्स्ट वोट फॉर मोदी' वेबसाइट शुरू की है जिसमें मतदाता मोदी के लिए वोट करने का संकल्प ले सकते हैं और अपनी पसंद की वजह बताते हुए एक वीडियो अपलोड कर सकते हैं। वेबसाइट पर राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (राजग) सरकार में किए गए विकास कार्यों को दिखाते कई लघु वीडियो भी हैं। वहीं, कांग्रेस ‘राहुल गांधी व्हाट्सऐप समूह' चलाती है जिसमें राहुल लोगों से संवाद करते हैं और उनके सवालों का जवाब देते हैं। व्हाट्सऐप पर सूचनाओं के प्रसार की निगरानी जिला स्तर पर की जाती है ताकि यह सुनिश्चित किया जा सके कि यह जनता तक पहुंचे और पार्टी के मतदाता आधार को मजबूत करे। चुनावी विश्लेषक और समीक्षक अमिताभ तिवारी ने कहा, ‘‘जिस भी राजनीतिक दल के अधिक व्हाट्सऐप समूह हैं, वह मतदाताओं से तेजी से और बेहतर तरीके से संवाद कर सकता है। इससे उन्हें तेजी से अपनी उपलब्धियों का प्रचार करने और मतदाताओं को प्रभावित करने में मदद मिलती है।'' तिवारी के अनुसार, एक समय सोशल मीडिया पर प्रचार के लिए सबसे पसंदीदा मंच रहा फेसबुक अब राजनीतिक पेज पर विज्ञापनों संबंधी कई पाबंदियों के कारण राजनीतिक दलों को पसंद नहीं रहा है। उन्होंने कहा, ‘‘पार्टियां ऐसे सोशल मीडिया मंच को चुनती है जो उन्हें बगैर ज्यादा पाबंदियों के और बड़े उपयोगकर्ता आधार के साथ तेजी से जनता से जोड़ने में मदद करते हैं। इंस्टाग्राम और ट्विटर (अब एक्स) जैसे कई अन्य मंच हैं जो जनता के एक खास वर्ग की आवश्यकताओं को पूरी करते हैं और उनके अलग-अलग प्रारूप हैं।'' निर्वाचन आयोग के आंकड़ों के अनुसार, भाजपा ने 2019 के लोकसभा चुनाव के दौरान मीडिया विज्ञापनों (प्रिंट और इलेक्ट्रॉनिक, ‘बल्क' एसएमएस, केबल वेबसाइट, टीवी चैनल आदि) पर 325 करोड़ रुपये खर्च किए थे, जबकि कांग्रेस ने 356 करोड़ रुपये खर्च किए। ‘पॉलिटिक एडवाइजर' के संस्थापक और आम आदमी पार्टी (आप) के आईटी प्रकोष्ठ के पूर्व प्रमुख अंकित लाल ने बताया कि कोविड-19 महामारी के बाद सूचना के एक माध्यम के रूप में सोशल मीडिया के प्रति दृष्टिकोण में काफी बदलाव आया है। उन्होंने कहा, ‘‘कई राजनीतिक दल मतदाताओं से जुड़ने के लिए अपने चुनाव प्रचार अभियान में पहले डिजिटल माध्यम को चुनते हैं क्योंकि मतदाता सूचना पाने के लिए काफी हद तक सोशल मीडिया पर निर्भर हैं। सोशल मीडिया इन्फ्लूएंसर्स एक और महत्वपूर्ण माध्यम बन गए हैं जिनके जरिए पार्टियां उन लोगों का प्रभावित करने की कोशिश करती हैं जो वोट नहीं करते लेकिन धारणा बनाने में भूमिका निभाते हैं।'' पिछले कुछ महीनों में कई नेता युवा दर्शकों से जुड़ने के लिए मशहूर सोशल मीडिया ‘इन्फ्लूएंसर्स' (सोशल मीडिया पर लोगों पर प्रभाव डालने वाले लोग) के यूट्यूब चैनलों पर दिखायी दिए हैं। एस. जयशंकर, स्मृति ईरानी, पीयूष गोयल और राजीव चंद्रशेखर जैसे भाजपा नेताओं ने पॉडकास्टर रणवीर इलाहाबादिया को साक्षात्कार दिए हैं जिनके यूट्यूब पर 70 लाख से अधिक फॉलोअर हैं। कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने भी यात्रा और भोजन के वीडियो पॉडकास्ट ‘कर्ली टेल्स' की संस्थापक कामिया जानी से भोजन पर बातचीत की थी। चुनावी नतीजों पर सोशल मीडिया प्रचार की महत्ता बताते हुए लाल ने कहा, ‘‘औसतन दो लाख की आबादी वाले किसी विधानसभा क्षेत्र में 40 फीसदी तक इंटरनेट पहुंच के साथ डिजिटल माध्यमों के जरिए 75,000 से 80,000 लोगों को प्रभावित करना संभव है। किसी भी विधानसभा चुनाव में 5,000 वोटों का अंतर भी किसी भी जीत-हार का अच्छा अंतर होता है।'' इस बीच, राजनीतिक दलों द्वारा सोशल मीडिया पर प्रचार को विनियमित करने की आवश्यकता पर जोर देते हुए पूर्व मुख्य निर्वाचन आयुक्त एसवाई कुरैशी ने कहा कि निर्वाचन आयोग को प्रौद्योगिकी कंपनियों से चुनावी निकाय के नियमों का उल्लंघन करने वाले पोस्ट हटाने के लिए उनके तंत्र को मजबूत करने पर बात करनी चाहिए।
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नयी दिल्ली. दिल्ली में कथित तौर पर अपनी भाभी की चाकू मारकर हत्या करने के आरोप में शनिवार को 35 वर्षीय व्यक्ति को गिरफ्तार किया गया है। पुलिस ने यह जानकारी दी। पुलिस ने बताया कि बाहरी दिल्ली के अलीपुर में शुक्रवार शाम आरोपी पूरन का किसी मुद्दे पर अपनी पत्नी मोनी से झगड़ा हो गया था। पुलिस के एक अधिकारी ने बताया कि आरोपी पूरन ने मोनी पर चाकू से हमला किया, लेकिन उसकी भाभी रितु बीच में आ गई, जिससे उसकी गर्दन पर चाकू लग गया। पुलिस ने कहा कि रितु को अस्पताल ले जाया गया, जहां चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया। पुलिस के मुताबिक, एक फैक्टरी में काम करने वाले आरोपी पूरन को शनिवार सुबह गिरफ्तार किया गया।
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गाजियाबाद . उत्तर प्रदेश के गाजियाबाद में बाइक सवार दो हमलावरों ने शनिवार को एक महिला पर उस समय तेजाब फेंक दिया जब वह अपने घर वापस जा रही थी। पुलिस ने यह जानकारी दी। नंदग्राम के सहायक पुलिस आयुक्त (एसीपी) रवि कुमार सिंह ने बताया कि नंदग्राम थाना इलाके में रहने वाली सुमन (40) पर बाइक सवार दो हमलावरों ने उस समय तेजाब फेंक दिया जब वह नंदग्राम इलाके में स्थित अपने घर वापस जा रही थी। अधिकारी ने बताया कि महिला दोपहर में पंचवटी से राशन लेकर घर लौट रही थी और जैसे ही वह एक गैस एजेंसी के पास पहुंची कि तभी मोटरसाइकिल पर सवार दो युवकों ने उस पर तेजाब फेंक दिया, जिससे वह गंभीर रूप से झुलस गई। उन्होंने बताया कि महिला को इलाज के लिए तुरंत एक निजी अस्पताल ले जाया गया, जहां से उसे सफदरजंग अस्पताल स्थानांतरित कर दिया गया। अधिकारी ने बताया कि इस संबंध में पीड़िता के पुत्र शिवम की शिकायत पर प्राथमिकी दर्ज की गयी है।
प्राथमिकी के मुताबिक, शिवम का आरोप है कि तीन मई 2022 को कविनगर औद्योगिक क्षेत्र में बदमाशों ने उसके पिता अखिलेश कुमार की हत्या कर दी। प्राथमिकी में बताया गया कि मामले की सुनवाई जिला न्यायालय में जारी है और कुछ लोग उसकी मां पर मुकदमा वापस लेने के लिए दबाव बनाने की कोशिश कर रहे हैं। अधिकारी ने बताया कि शिकायत के आधार पर पुलिस ने एक नामजद आरोपी को पूछताछ के लिए हिरासत में लिया है। -
नयी दिल्ली. निर्वाचन आयोग इस लोकसभा चुनाव में ‘बाहुबल, धनबल, भ्रामक सूचना के प्रसार और आचार संहिता के उल्लंघन' से सख्ती से निपटने की तैयारी में जुट गया है। आयोग ने सीमाओं पर ड्रोन आधारित जांच, गैर-चार्टर्ड उड़ानों द्वारा निगरानी, भ्रामक विज्ञापनों और फर्जी खबरों को लेकर कार्रवाई और चुनावी हिंसा के खिलाफ कठोर कार्रवाई सुनिश्चित करेगा। आम चुनाव के कार्यक्रम की घोषणा करते हुए मुख्य चुनाव आयुक्त (सीईसी) राजीव कुमार ने कहा कि निर्वाचन आयोग चुनौतियों से निपटने के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है। उन्होंने संवाददाताओं से कहा, ‘‘स्वतंत्र और निष्पक्ष चुनाव कराने में कठिन चुनौती चार तरह की हैं- बाहुबल, धनबल, भ्रामक सूचना और आदर्श आचार संहिता का उल्लंघन। चुनाव आयोग इनसे निपटने के लिए प्रतिबद्ध है तथा उसने उपाय किए हैं।'' बाहुबल से निपटने के लिए चुनाव आयोग ने कुछ दिशानिर्देश और नियम जारी किए हैं ताकि चुनाव स्वतंत्र और निष्पक्ष तरीके से हों। सीईसी ने कहा, ‘‘हमने समान अवसर सुनिश्चित करने के लिए जिला अधिकारी और पुलिस अधीक्षक को सख्त निर्देश जारी किए हैं। इसके अतिरिक्त, सीएपीएफ (अर्धसैनिक बल) को पर्याप्त संख्या में तैनात किया जाएगा और प्रत्येक जिले में एकीकृत नियंत्रण कक्ष द्वारा सहायता प्रदान की जाएगी। सीमाओं पर ड्रोन आधारित जांच भी होगी।
उनका कहना था कि चुनाव में हिंसा अस्वीकार्य है और अगर चुनाव के दौरान कोई हिंसा होती है तो चुनाव आयोग कठोर कार्रवाई करेगा। कुमार ने कहा, ‘‘2022-23 के चुनावी साल में 11 राज्यों में पांच साल पहले की तुलना में नकदी की जब्ती 800 प्रतिशत से अधिक बढ़कर 3,400 करोड़ रुपये हो गई। (कानून) प्रवर्तन एजेंसियों को अवैध धन, शराब, ड्रग्स और मुफ्त वस्तुओं पर नकेल कसने और सतर्क रहने का निर्देश दिया गया है।'' उन्होंने कहा, ‘‘सूर्यास्त के बाद बैंक वाहनों की आवाजाही की अनुमति नहीं दी जाएगी और गैर-अनुसूचित चार्टर्ड उड़ानों द्वारा निगरानी और निरीक्षण किया जाएगा। अवैध ऑनलाइन नकद हस्तांतरण पर कड़ी निगरानी रखी जाएगी।'' मुख्य चुनाव आयुक्त ने कहा, ‘‘मैं पार्टियों से आग्रह करता हूं कि वे व्यक्तिगत हमलों और अभद्र भाषा से बचें...भाषणों में गरिमा बनाये रखने के लिए लक्ष्मण रेखा को परिभाषित किया गया है। आइए अपनी प्रतिद्वंद्विता में सीमाओं को पार न करें। -
नयी दिल्ली. मुख्य चुनाव आयुक्त राजीव कुमार ने इलेक्ट्रॉनिक वोटिंग मशीन (ईवीएम) से जुड़े तमाम सवालों एवं दावों को खारिज करते हुए शनिवार को कहा कि वोटिंग मशीनें शत प्रतिशत सुरक्षित हैं। उन्होंने यह भी कहा कि देश की अदालतों ने 40 बार ईवीएम को लेकर दी गई चुनौतियों को खारिज किया है और अब तो अदालतें जुर्माना भी लगाने लगी हैं। सीईसी के अनुसार, ‘‘40 बार इस देश की संवैधानिक अदालतों ने ईवीएम से जुड़ी चुनौतियों को देखा है...कहा गया था कि ईवीएम हैक हो सकती है, चोरी हो जाती है, खराब हो सकती हैं, नतीजे बदल सकते हैं...हर बार संवैधानिक अदालतों ने इसे खारिज कर दिया।'' उन्होंने कहा, ‘‘अदालतों ने कहा कि इसमें वायरस नहीं हो सकता, छेड़छाड़ नहीं हो सकती...अब तो अदालत ने जुर्माना लगाना शुरू कर दिया है। उच्चतम न्यायालय ने 50 हजार रुपये का जुर्माना लगाया है।'' कुमार ने एक किताब दिखाते हुए कहा, ‘‘थोड़ा पढ़ने की कोशिश करिये। हमारी वेबसाइट पर है...कोई भी विशेषज्ञ बन जाता है।'' उन्होंने कहा कि ईवीएम के युग में कई छोटे राजनीतिक दल अस्तित्व में आए, जबकि मतपत्रों के दौर में ऐसा नहीं था। कुमार का कहना था कि उम्मीदवारों के सामने ‘मॉक पोल' होता है। उन्होंने कटाक्ष करते हुए कहा, अधूरी हसरतों का इल्जाम हर बार हम पर लगाना ठीक नहीं, वफा खुद से नहीं होती खता ईवीएम की कहते हो। बाद में गोया परिणाम आता है तो उस पर कायम नहीं रहते।'' मुख्य चुनाव आयुक्त ने कहा, ‘‘यह मैं नहीं, ईवीएम कह रही है।''
उन्होंने कहा, ‘‘ईवीएम 100 प्रतिशत सुरक्षित हैं। हमने बहुत सारे सुधार किए हैं। एक-एक ईवीएम का नंबर उम्मीदवारों को दिया जाएगा।'' मुख्य चुनाव आयुक्त ने कहा कि कई ईवीएम को जोड़ने और बूथ-वार ‘वोटिंग पैटर्न' को छिपाने की एक तकनीक भारतीय चुनाव आयोग के पास तैयार है, लेकिन इस पर अमल करने का समय अभी नहीं आया है। कुमार ने यह भी उल्लेख किया कि आयोग ‘ब्लॉकचेन' जैसी रिमोट वोटिंग तकनीक पर काम कर रहा है। कई इवीएम को जोड़ने और परिणामों को संयोजित करने वाली तकनीक ‘टोटलाइज़र' है।
कुमार ने कहा, ‘‘लेकिन, यहां लोगों को एक मशीन के नतीजे पर भरोसा नहीं है।'' उन्होंने कहा, ‘‘राजनीतिक व्यवस्था को खुद परिपक्व होने दीजिए, जरूरत समग्रता लाने की है। हम तैयार हैं, तकनीक तैयार है लेकिन पूरे परिदृश्य में काम करना होगा। इसे और परिपक्व होने दीजिए।'' इलेक्ट्रॉनिक वोटिंग मशीनों (ईवीएम) में वोटों की गिनती मतदान केंद्रों के अनुसार की जाती है, जिससे ऐसी स्थितियां पैदा होती हैं जिनमें विभिन्न इलाकों या इलाकों में मतदान के पैटर्न का पता चल जाता है। इस मुद्दे को हल करने के लिए, सरकारी उपक्रम ‘इलेक्ट्रॉनिक्स कॉरपोरेशन ऑफ इंडिया लिमिटेड' और ‘भारत इलेक्ट्रॉनिक्स लिमिटेड' ने ‘टोटलाइज़र' तकनीक विकसित की, जिसका उपयोग विभिन्न ईवीएम में अलग-अलग मतों को उजागर किए बिना 14 ईवीएम के समूह के परिणाम एकसाथ हासिल करने के लिए किया जा सकता है। -
नयी दिल्ली. मुख्य निर्वाचन आयुक्त राजीव कुमार द्वारा लोकसभा चुनाव कार्यक्रम की घोषणा के साथ ही शनिवार को देश में आदर्श आचार संहिता लागू हो गई है। कुमार ने चुनाव की तारीखों का ऐलान करते हुए राजनीतिक दलों से प्रचार के दौरान मर्यादा बनाकर रखने का अनुरोध किया। देश में 543 लोकसभा सीटों के लिए 19 अप्रैल से एक जून के बीच सात चरणों में मतदान होगा। मतगणना चार जून को होगी। उन्होंने कहा, ‘‘मैं पार्टियों से व्यक्तिगत हमलों और अभद्र भाषा से परहेज करने का आग्रह करता हूं। भाषणों में किन सीमाओं का ध्यान रखना है यह परिभाषित है। आइए हम अपनी प्रतिद्वंद्विता में सीमाएं न लांघें। हमने राजनीतिक दलों के लिए एक परामर्श जारी किया है, उन्हें ऐसे राजनीतिक विमर्श को बढ़ावा देने के लिए प्रोत्साहित किया जाता है जो विभाजन करने के बजाय प्रेरित करता हो।'' पिछले चुनावों में आदर्श आचार संहिता के उल्लंघन से निपटने में पक्षपात के आरोपों पर एक सवाल के जवाब में मुख्य निर्वाचन आयुक्त ने कहा, ‘‘किसी के भी खिलाफ आचार संहिता उल्लंघन का यदि कोई मामला होगा, भले ही कोई प्रख्यात राजनेता हो, हम चुप नहीं बैठेंगे। हम कार्रवाई करेंगे।'' उन्होंने कहा, ‘‘पहले हम निंदा करते थे लेकिन अब हम कार्रवाई करेंगे।''
आचार संहिता का उद्देश्य चुनाव प्रचार, मतदान और मतगणना प्रक्रिया को व्यवस्थित, स्वच्छ और शांतिपूर्ण बनाए रखना और सत्तारूढ़ पार्टी द्वारा राज्य मशीनरी और वित्त के किसी भी दुरुपयोग को रोकना है। निर्वाचन आयोग को आचार संहिता के किसी भी उल्लंघन की जांच करने और सजा सुनाने समेत कार्रवाई करने का पूरा अधिकार है। -
नई दिल्ली। केंद्र सरकार ने जेल में बंद आतंकवाद के आरोपी यासीन मलिक के नेतृत्व वाले जम्मू-कश्मीर लिबरेशन फ्रंट, जम्मू-कश्मीर पीपुल्स फ्रीडम लीग और जम्मू-कश्मीर पीपुल्स लीग (जेकेपीएल) के चार गुटों पर केंद्र शासित प्रदेश में आतंक व अलगाववाद को बढ़ावा देने के आरोप में प्रतिबंध लगा दिया है।
फैसलों की घोषणा करते हुए केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने कहा कि देश की सुरक्षा, संप्रभुता और अखंडता को चुनौती देने वाले किसी भी व्यक्ति को कठोर कानूनी परिणाम भुगतने होंगे।एक अलग अधिसूचना के अनुसार, केंद्रीय गृह मंत्रालय ने जेके पीपुल्स लीग के चार गुटों – जेकेपीएल (मुख्तार अहमद वाजा), जेकेपीएल (बशीर अहमद तोता), जेकेपीएल (गुलाम मोहम्मद खान) और याकूब शेख के नेतृत्व वाली जेकेपीएल (अजीज) पर भी प्रतिबंध लगा दिया।शाह ने ‘एक्स’ पर लिखा, “मोदी सरकार ने ‘जम्मू-कश्मीर लिबरेशन फ्रंट (मोहम्मद यासीन मलिक गुट)’ को अगले पांच साल के लिए ‘गैरकानूनी संगठन’ घोषित कर दिया है।” उन्होंने कहा पांच साल के लिए प्रतिबंधित घोषित किए गए जम्मू-कश्मीर पीपुल्स फ्रीडम लीग ने आतंकवाद के जरिए जम्मू-कश्मीर में अलगाववाद को बढ़ावा व सहायता देकर भारत की अखंडता को खतरे में डाला। उन्होंने एक अन्य पोस्ट में कहा, “मोदी सरकार आतंकी गतिविधियों में शामिल लोगों और संगठनों को नहीं बख्शेगी।” - पटना. बिहार के राजभवन में शुक्रवार शाम एक समारोह के दौरान राज्यपाल राजेंद्र विश्वनाथ अर्लेकर ने 21 नए मंत्रियों को शपथ दिलाई, इसमें जेडीयू से 9 और बीजेपी से 12 मंत्री बनाए गए हैं. अब सीएम समेत 30 मंत्री सरकार में हैं. यह विस्तार 46 दिन बाद हुआ. पहले 9 मंत्रियों ने ही शपथ लिया था. मंत्रिमंडल में 6 नए चेहरों को भी शामिल किया गया है. इससे पहले डिप्टी सीएम सम्राट चौधरी ने मुख्यमंत्री नीतीश कुमार से उनके आवास में मुलाकात की थी. इसके बाद सीएम के प्रधान सचिव राजभवन पहुंचे और संभावित मंत्रियों की लिस्ट राज्यपाल को सौंपी थी.नए मंत्रियों में नीरज कुमार बबलू, मंगल पांडे, रेणु देवी, संतोष सिंह, सुरेंद्र मेहता, केदार गुप्ता, रत्नेश सदा, जमा खान, जयंत राज, कृष्णनंदन पासवान ने मंत्रिपद की शपथ ली है. इसके साथ ही हरि सहनी, जनक राम, सुनील कुमार, शीला मंडल, महेश्वर हजारी, दिलीप जायसवाल, नितिन नवीन, नीतीश मिश्रा, मदन सहनी, लेसी सिंह और अशोक चौधरी ने भी मंत्रिपद की शपथ ली है.जय श्री राम का नारा लगाया, शपथ ग्रहण समारोह में उत्साह में दिखे भाजपा नेतामंत्रिमंडल में 6 नए चेहरों को भी शामिल किया गया है. शपथ ग्रहण समारोह के दौरान भाजपा नेताओं ने ‘‘जय श्री राम’’ का नारा लगाया. बता दें कि 243 सदस्यीय बिहार विधानसभा में सरकार में मुख्यमंत्री सहित कुल 30 मंत्री बन गए हैं. बिहार में मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के साथ भाजपा के सम्राट चौधरी, विजय कुमार सिन्हा डिप्टी सीएम हैं.भाजपा और जेडीयू के प्रमुख चेहरों को मिली कमानभारतीय जनता पार्टी (भाजपा) की ओर से शपथ लेने अन्य प्रमुख चेहरों में पार्टी की बिहार इकाई के पूर्व अध्यक्ष मंगल पांडेय, नीरज कुमार सिंह, नीतीश मिश्रा, नितिन नवीन, दिलीप कुमार जयसवाल और जनक राम शामिल हैं. मुख्यमंत्री की पार्टी जनता दल यूनाइटेड (जदयू) से आज मंत्री के तौर पर शपथ लेने वाले पुराने प्रमुख चहरों में महेश्वर हजारी, शीला मंडल, पूर्व वरिष्ठ आईपीएस अधिकारी सुनील कुमार, जयंत राज, जमा खान, रत्नेश सदा शामिल हैं.
- नई दिल्ली। शनिवार को प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान चुनाव आयोग लोकसभा चुनाव के लिए तारीखों का ऐलान कर देगा. एक दिन पहले पीएम नरेंद्र मोदी ने एक पत्र के माध्यम से देश के नाम भावुक संदेश जारी किया. पीएम ने इस दौरान कहा कि हमारे और आपके संबंधों को एक दशक पूरा हो गया है. पीएम ने लिखा, ‘आपका समर्थन हमें लगातार मिलता रहेगा ऐसा हमें विश्वास है. राष्ट्र निर्माण के लिए हम लगातार मेहनत करते रहेंगे, ये मोदी की गारंटी है.’पीएम ने अपने पत्र में संबोधन की शुरुआत मेरे परिवारजनों शब्द से की. उन्होंने लिखा, ‘हमारी साझेदारी एक दशक पूरा करने की दहलीज पर है. 140 करोड़ भारतीयों का विश्वास और समर्थन मुझे प्रेरित और प्रेरित करता है. लोगों के जीवन में जो परिवर्तन आया है, वह पिछले 10 वर्षों में हमारी सरकार की सबसे बड़ी उपलब्धि है. ये परिवर्तनकारी परिणाम गरीबों, किसानों, युवाओं और महिलाओं के जीवन की गुणवत्ता में सुधार के लिए एक दृढ़ सरकार द्वारा किए गए ईमानदार प्रयासों का परिणाम हैं.’पीएम आवास योजना से लोगों को पहुंचा फायदापीएम ने आगे कहा, ‘प्रधानमंत्री आवास योजना के माध्यम से पक्के मकान, सभी के लिए बिजली, पानी और एलपीजी की पहुंच, आयुष्मान भारत के माध्यम से मुफ्त चिकित्सा उपचार, किसानों को वित्तीय सहायता, मातृ वंदना योजना के माध्यम से महिलाओं को सहायता और कई अन्य प्रयासों की सफलता केवल उस भरोसे के कारण संभव हो पाई जो आपने मुझ पर रखा है’पीएम ने अनुछेद-370, तीन तलाक का किया जिक्रपीएम नरेंद्र मोदी ने आगे कहा, ‘हमारा देश परंपरा और आधुनिकता दोनों को साथ लेकर आगे बढ़ रहा है. पिछले दशक में जहां अगली पीढ़ी के बुनियादी ढांचे का अभूतपूर्व निर्माण हुआ, वहीं हमारी समृद्ध राष्ट्रीय और सांस्कृतिक विरासत का भी कायाकल्प हुआ है. आज हर नागरिक को इस बात का गर्व है कि देश आगे बढ़ने के साथ-साथ अपनी समृद्ध संस्कृति का भी जश्न मना रहा है. यह आपके विश्वास और समर्थन का ही नतीजा है कि हम जीएसटी लागू करना, अनुच्छेद 370 को हटाना, तीन तलाक पर नया कानून, संसद में महिलाओं की भागीदारी बढ़ाने के लिए नारी शक्ति वंदन कानून, संसद भवन का उद्घाटन जैसे कई ऐतिहासिक और बड़े फैसले ले सके. नया संसद भवन और आतंकवाद और वामपंथी उग्रवाद के खिलाफ मजबूत कदम.’
- कन्याकुमारी। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने शुक्रवार को दावा किया कि तमिलनाडु की धरती पर उन्हें 'बहुत बड़े परिवर्तन' की आहट महसूस हो रही है और आगामी लोकसभा चुनाव में भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) का प्रदर्शन विपक्षी गठबंधन 'इंडिया' का 'सारा घमंड' तोड़कर रख देगा।. यहां एक रैली को संबोधित करते हुए मोदी ने संयुक्त प्रगतिशील गठबंधन (संप्रग) की पूर्ववर्ती सरकार के दौरान हुए कथित घोटालों का उल्लेख किया और कहा कि दूसरी तरफ केंद्र में आज एक ऐसी सरकार है जो विभिन्न कल्याणकारी योजनाओं के माध्यम से लोगों का जीवन आसान बना रही है।रैली में उपस्थित जनसमूह की ओर इशारा करते हुए उन्होंने कहा, 'देश के इस दक्षिणी छोर से जो लहर उठी है, यह बहुत दूर तक जाने वाली है.। ' मोदी ने वर्ष 1991 में हुई भाजपा की 'एकता यात्रा' को याद करते हुए कहा कि उस समय उन्होंने कन्याकुमारी से कश्मीर तक की यात्रा की थी , लेकिन इस बार वह कश्मीर से कन्याकुमारी आए हैं।. उन्होंने कहा, 'देश को तोड़ने का जो सपना देखते हैं, जम्मू कश्मीर के लोगों ने ऐसे लोगों को नकार दिया है। अब तमिलनाडु के लोग भी ऐसा ही करने जा रहे हैं.। 'उन्होंने कहा, 'मैं तमिलनाडु की धरती पर बहुत बड़े परिवर्तन की आहट महसूस कर रहा हूं। तमिलनाडु में भाजपा का प्रदर्शन इस बार द्रमुक और कांग्रेस के 'इंडी' गठबंधन का सारा घमंड तोड़कर रख देगा।.' प्रधानमंत्री मोदी और भाजपा के नेता अक्सर विपक्षी दलों के 'इंडियन नेशनल डेवलपमेंटल इनक्लूसिव अलायंस' यानी 'इंडिया' गठबंधन को 'इंडी' और 'घमंडिया' गठबंधन कहकर उस पर निशाना साधते रहे हैं। तमिलनाडु में द्रविड़ मुनेत्र कषगम (द्रमुक) और कांग्रेस के बीच गठबंधन है और दोनों 'इंडिया' गठबंधन के प्रमुख घटक दल हैं।मोदी ने द्रमुक को तमिलनाडु के भविष्य के साथ ही अतीत की विरासत की भी दुश्मन करार दिया और कहा कि 'इंडिया' गठबंधन के ये घटक दल कभी भी तमिलनाडु को विकसित नहीं बना सकते क्योंकि इनका इतिहास घोटालों का रहा है। उन्होंने कहा कि लोगों को लूटने के लिए सत्ता में आना ही इनकी राजनीति का आधार है। प्रधानमंत्री ने कहा कि एक तरफ भाजपा की कल्याणकारी योजनाएं होती हैं। दूसरी तरफ इनके करोड़ों के घोटाले होते हैं.।उन्होंने कहा, 'हमने ऑप्टिकल फाइबर और 5जी दिया, हमारे नाम पर डिजिटल इंडिया स्कीम है। इंडी अलायंस के नाम पर लाखों करोड़ों रुपये का 2जी घोटाला है और द्रमुक उस लूट की सबसे बड़ी हिस्सेदार थी।' मोदी ने कहा कि भाजपा ने बड़ी संख्या में हवाईअड्डे बनाए और उसके नाम पर उड़ान स्कीम है तो 'इंडी' गठबंधन के नाम देश की सुरक्षा के साथ खिलवाड़ करने वाला हेलीकॉप्टर घोटाला है।उन्होंने कहा, 'हमारी खेलो इंडिया और अन्य योजनाओं से देश ने खेलों में ऊंचा मुकाम हासिल किया तो उनके नाम पर सीडब्ल्यूजी घोटाला है। हमने खनिज क्षेत्र में सुधार किए तो इंडी गठबंधन के नाम पर कोयला घोटाले की कालिख लगी है। यह सूची बहुत लंबी है। यही इंडी गठबंधन की सच्चाई है।.' प्रधानमंत्री ने अपने संबोधन के दौरान अयोध्या में राम मंदिर में राम लला के विग्रह की प्राण प्रतिष्ठा और नए संसद भवन में राजदंड (सेंगोल) स्थापित किए जाने का जिक्र किया और द्रमुक पर निशाना साधा।उन्होंने कहा कि अयोध्या में राम मंदिर प्राण प्रतिष्ठा कार्यक्रम से पहले उन्होंने दक्षिण के राज्यों के प्राचीन तीर्थ स्थलों के दर्शन किए लेकिन द्रमुक ने प्राण प्रतिष्ठा कार्यक्रम को टीवी पर दिखाए जाने से रोकने का प्रयास किया।. उन्होंने कहा कि इसके लिए उच्चतम न्यायालय तक से उसे कड़ी फटकार लगी.। मोदी ने कहा, 'इनके (द्रमुक के) मन में देश के महापुरुषों, परंपराओं और संस्कृति के लिए कितनी नफरत है... संसद की नयी इमारत बनी तो पवित्र सेंगोल को स्थापित किया गया लेकिन द्रमुक ने इसका भी बहिष्कार किया। सेंगोल की स्थापना भी उसे पसंद नहीं आई.'।प्रधानमंत्री के संबोधन के दौरान वहां मौजूद लोगों ने 'मोदी-मोदी' के नारे लगाए तो उन्होंने उसका संज्ञान लेते हुए कहा कि 'यहां का नजारा और मोदी-मोदी के नारे... दिल्ली में बैठे कुछ लोगों की नींद उड़ रही होगी.।'
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नई दिल्ली। प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने धन शोधन मामले में शुक्रवार को भारत राष्ट्र समिति (बीआरएस) की नेता के. कविता को हिरासत में ले लिया। इससे पहले ईडी अधिकारियों ने हैदराबाद में कविता के परिसरों पर छापेमारी की। वरिष्ठ बीआरएस नेता और पूर्व मंत्री प्रशांत रेड्डी ने ईडी अधिकारियों के हवाले से बताया कि पार्टी की एमएलसी कविता को आज रात दिल्ली ले जाया जाएगा।
रेड्डी ने यहां कविता के आवास पर संवाददाताओं से कहा, ‘‘उन्होंने (ईडी अधिकारी) हमें बताया है कि हम उनको (कविता) रात 8:45 बजे की उड़ान से दिल्ली ले जाएंगे। ऐसा प्रतीत होता है कि उन्होंने कविता को हिरासत में लेने का फैसला कर लिया था और यहां आने से पहले ही उनके लिए विमान की टिकट भी बुक कर ली थी।’’बीआरएस के कार्यकारी अध्यक्ष के टी रामाराव, पूर्व मंत्री हरीश राव तथा बड़ी संख्या में कार्यकर्ता कविता के आवास पर जुट गए थे और उन्होंने नारेबाजी की। फिलहाल यह स्पष्ट नहीं है कि क्या यह कार्रवाई अब रद्द की जा चुकी दिल्ली आबकारी नीति से जुड़े मामले के संबंध में की गई है या नहीं?ईडी ने उपरोक्त मामले में तेलंगाना के पूर्व मुख्यमंत्री चंद्रशेखर राव की बेटी कविता से पूछताछ की थी। ईडी ने दावा किया था कि कविता शराब कारोबारियों की लॉबी ‘साउथ ग्रुप’ से जुड़ी हुई थीं, जो 2021-22 के लिये दिल्ली आबकारी नीति में एक बड़ी भूमिका निभाने की कोशिश कर रही थी। यह नीति अब रद्द की जा चुकी है। ईडी की कार्रवाई पर प्रतिक्रिया देते हुए बीआरएस प्रवक्ता श्रवण दासोजू ने आरोप लगाया कि छापे राजनीति से प्रेरित हैं और के. चंद्रशेखर राव के नेतृत्व वाली पार्टी के नेताओं को परेशान करने के लिए भाजपा और कांग्रेस दोनों एक-दूसरे से मिले हुए हैं। -
नई दिल्ली। नव नियुक्त निर्वाचन आयुक्तों.. ज्ञानेश कुमार और सुखबीर सिंह संधू ने शुक्रवार को अपना प्रभार संभाल लिया। दोनों पूर्व नौकरशाहों को बृहस्पतिवार को निर्वाचन आयुक्त नियुक्त किया गया था।
वे मुख्य निर्वाचन आयुक्त (सीईसी) और निर्वाचन आयुक्तों की नियुक्ति के संबंध में हाल में एक नया कानून लागू होने के बाद, निर्वाचन आयोग में नियुक्त किए गए पहले सदस्य हैं।एक प्रवक्ता ने बताया कि ज्ञानेश कुमार और सुखबीर सिंह संधू का स्वागत करते हुए मुख्य निर्वाचन आयुक्त राजीव कुमार ने ऐसे ऐतिहासिक समय पर उनकी नियुक्ति के महत्व के बारे में बात की जब निर्वाचन आयोग लोकसभा चुनाव कराने की तैयारियां कर रहा है।अनूप चंद्र पांडे के 14 फरवरी को सेवानिवृत्त होने और आठ मार्च को अरुण गोयल के अचानक इस्तीफे के बाद निर्वाचन आयोग में ये पद खाली हो गए थे। ज्ञानेश कुमार और सुखबीर सिंह संधू दोनों वर्ष 1988 बैच के भारतीय प्रशासनिक सेवा (आईएएस) के अधिकारी हैं। ज्ञानेश कुमार केरल कैडर से और सुखबीर सिंह संधू उत्तराखंड कैडर से आते हैं। - नोएडा. उत्तर प्रदेश के नोएडा इलाके में किचन से निकलने वाले चिकनाई युक्त पानी को बिना शोधित किए सीधे नाले में डालने के आरोप में कार्रवाई करते हुये नोएडा प्राधिकरण 35 संस्थानों पर करीब 70 लाख रुपये का जुर्माना लगाया है। एक अधिकारी ने इसकी जानकारी दी। नोएडा प्राधिकरण के वरिष्ठ अधिकारी आर पी सिंह ने बताया इन सभी संस्थानों को चेतावनी जारी करते हुए 15 दिन का समय दिया गया था, लेकिन इन्होंने अपने यहां ग्रीस ट्रेप-ईटीपी नहीं लगाए। सिंह ने बताया कि वहीं नोटिस के बाद पांच संस्थानों ने अपने यहां ग्रीस ट्रेप और इटीपी लगवाये ।उन्होंने बताया कि लंबे समय से नोएडा प्राधिकरण में शिकायत की जा रही थी कि, नोएडा के रेस्त्रां, होटल और वाणिज्यिक संस्थानों की ओर से निकलने वाला चिकनाई युक्त पानी सीधे नाली में बहाया जा रहा है। अधिकारी ने बताया कि शिकायत का संज्ञान लेकर प्राधिकरण की ओर से करीब 105 संस्थानों को नोटिस जारी किया गया। इनकी समयावधि पूरी होने के बाद प्राधिकरण की टीम ने निरीक्षण किया, जिसके बाद पहले चरण में करीब 35 संस्थानों पर जुर्माना लगाया गया है और सभी को सात दिनों के अंदर पैसा जमा कराने के लिये कहा गया है।
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मथुरा . भारतीय जनता पार्टी के लोकसभा उम्मीदवारों की सूची में एक बार फिर शामिल किए जाने के बाद स्थानीय सांसद हेमा मालिनी के मथुरा पहुंचने पर कार्यकर्ताओं ने उनका बड़े उत्साह के साथ स्वागत किया । हेमा मालिनी ने खुद को कार्यकर्ताओं के प्रति समर्पित बताते हुये ब्रजवासियों की इच्छा के अनुसार मथुरा में हर अपेक्षित विकास कार्य कराने का वादा किया। इसके लिए उन्होंने कार्यकर्ता सम्मेलन के दौरान उन्हें हर क्षेत्र से लिखित प्रस्ताव देने के लिये भी कहा। इस अवसर पर उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के विकसित भारत संकल्प पत्र के लिए सुझाव अभियान की भी शुरूआत की। उन्होंने कहा कि आप सभी के सुझावों के आधार पर ही भाजपा का संकल्प पत्र तैयार किया जाएगा।
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नयी दिल्ली.प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने बृहस्पतिवार को विपक्षी कहा कि वह भ्रष्टाचार और तुष्टिकरण को जड़ से उखाड़ फेंकने के पक्ष में हैं। ‘पीएम स्ट्री वेंडर आत्मनिर्भर निधि योजना' के लाभार्थियों की मौजूदगी में आयोजित एक कार्यक्रम में मोदी ने कहा कि उनकी विचारधारा लोगों के कल्याण के जरिए देश का कल्याण सुनिश्चित करना है। इस योजना के तहत ऋण की सुविधा उपलब्ध कराने का प्रावधान है। लोकसभा चुनाव में भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) से मुकाबले के लिए राष्ट्रीय राजधानी में एकजुट हुए विपक्षी गठबंधन पर निशाना साधते हुए उन्होंने कहा कि वे दिन-रात उन्हें ‘गाली' देने के एजेंडे पर साथ आए हैं। आगामी लोकसभा चुनाव के लिए दिल्ली में आम आदमी पार्टी और कांग्रेस के बीच गठबंधन हुआ है। वर्तमान में यहां की सात सीट भाजपा के पास है। मोदी ने कहा कि ‘पीएम स्वनिधि योजना' रेहड़ी पटरीवालों के उन लाखों परिवारों के लिए एक बड़ा प्रोत्साहन रही है, जिन पर पिछली सरकारों ने कभी ध्यान नहीं दिया। उन्होंने कहा कि वे अपमान सहते थे और इधर-उधर भागते थे क्योंकि उन्हें बैंकों से मुश्किल से ऋण मिलता था और उन्हें अत्यधिक ब्याज दरों पर पूंजी प्राप्त करनी पड़ती थी। उन्होंने कहा कि ‘मोदी की गारंटी' से यह सुनिश्चित हुआ कि उन्हें बैंकों से सरल दरों पर कर्ज मिल सकेगा। उन्होंने कहा कि 62 लाख से अधिक लोगों को लगभग 11,000 करोड़ रुपये का ऋण दिया गया है।
उन्होंने कहा कि केंद्र की भाजपा सरकार राष्ट्रीय राजधानी में गरीबों और मध्यम वर्ग के जीवन को बेहतर बनाने के लिए काम कर रही है। प्रधानमंत्री ने कहा कि वह भारतीय शहरों में यातायात को कम करने और प्रदूषण पर अंकुश लगाने के लिए ईमानदार प्रयास कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि दिल्ली में 1,000 से अधिक इलेक्ट्रिक बसें चल रहीं हैं और शहर की परिधि के आसपास एक्सप्रेस-वे के विस्तार और इसके मेट्रो नेटवर्क में वृद्धि पर जोर दिया गया है। प्रधानमंत्री ने कार्यक्रम के दौरान दिल्ली मेट्रो के चौथे चरण के दो अतिरिक्त गलियारों की आधारशिला भी रखी। -
नयी दिल्ली. भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने शिक्षा, स्वास्थ्य, संचार और स्टार्ट-अप सहित विभिन्न क्षेत्रों में प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की अगुवाई वाली सरकार की पहलों के इर्द-गिर्द केंद्रित लघु वीडियो के जरिये युवा और पहली बार मतदान करने जा रहे मतदाताओं को साधने का प्रयास शुरू किया है। सत्तारूढ़ पार्टी युवा मतदाताओं तक पहुंचने के लिए सोशल मीडिया का व्यापक रूप से उपयोग कर रही है और हाल ही में उनके साथ जुड़ने तथा चुनाव के दौरान उनका समर्थन हासिल करने के लिए अपने अभियान के हिस्से के रूप में एक वेबसाइट ‘पहलावोटमोदीको डॉट बीजेपी डॉट ओआरजी' शुरू की है। लोकसभा चुनाव की घोषणा जल्द होने की उम्मीद है। पार्टी के एक नेता ने कहा कि यह अभियान इस संदेश पर जोर देता है कि प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व वाली सरकार के 10 वर्षों के दौरान भारतीय युवाओं के जीवन में सुधार हुआ है। अभियान के मुख्य आकर्षण में ‘स्टार्ट-अप इंडिया' जैसी नीतियां शामिल हैं, जिसके कारण देश में अब एक लाख से अधिक स्टार्ट-अप और 100 से अधिक यूनिकॉर्न हैं। इसके अलावा शैक्षिक परिदृश्य को नया रूप देने का प्रयास करती राष्ट्रीय शिक्षा नीति और पिछले 10 वर्षों में 390 नये विश्वविद्यालयों, सात आईआईएम, सात आईआईटी और 15 एम्स की स्थापना को भी इसमें रेखांकित किया गया है।। इसमें दावा किया गया है कि ‘खेलो इंडिया' और ‘टारगेट ओलंपिक पोडियम स्कीम' (टॉप्स) जैसी पहलों से भारत के खेल क्षेत्र में व्यापक बदलाव आया है, जबकि एक्सप्रेस-वे, वंदे भारत ट्रेन, ट्रांस-हार्बर लिंक देश के बुनियादी ढांचे को नया आकार दे रहे हैं। भाजपा का कहना है कि पिछले 10 वर्षों में सौर ऊर्जा क्षमता में 2,300 प्रतिशत की वृद्धि हुई है, जबकि जी20 शिखर सम्मेलन की सफल मेजबानी वैश्विक मामलों में भारत के बढ़ते धाक का एक उदाहरण है। पार्टी नेताओं ने कहा कि अभियान में ‘चंद्रयान 3', 'मंगलयान' और 'आदित्य एल1' अंतरिक्ष मिशन की सफलता, यूपीआई और 5जी तकनीक के आगमन के अलावा देश की अंतरिक्ष-प्रौद्योगिकी उपलब्धियों को रेखांकित करने का भी उल्लेख किया गया है, जिसने भारत के डिजिटल परिदृश्य को बदल दिया है। छह महीने का सवेतन मातृत्व अवकाश, संसद में महिलाओं को 33 प्रतिशत आरक्षण और 'बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ' जैसी पहलों को लैंगिक समानता और महिला सशक्तीकरण के प्रति सरकार की प्रतिबद्धता के उदाहरण के रूप में उद्धृत किया गया है।
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भोपाल. मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री मोहन यादव ने बृहस्पतिवार को राज्य में पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए विशेष रूप से धार्मिक गलियारों पर ध्यान देने को दो हवाई सेवाओं की शुरुआत की। यादव ने स्टेट हैंगर में एक समारोह के दौरान 'पीएम श्री पर्यटन वायु सेवा' और 'पीएम श्री धार्मिक पर्यटन हेली सेवा' सेवाओं की शुरुआत की। स्टेट हैंगर यहां हवाई अड्डे का सरकार-नियंत्रित हिस्सा है। मुख्यमंत्री ने समारोह को संबोधित करते हुए कहा कि हम शुरुआत में जबलपुर और ग्वालियर को पीएम श्री पर्यटन सेवा से जोड़ रहे हैं और आने वाले दिनों में इसे खजुराहो, रीवा, शहडोल जैसी जगहों और जहां भी हवाई पट्टियां उपलब्ध कराई जाएंगी तक बढ़ाया जाएगा। उन्होंने कहा कि सरकार हर जिले में हवाई पट्टियां बनाकर राज्य के अंदर हवाई संपर्क का विस्तार करने का प्रयास कर रही है। यादव ने कहा, धार्मिक दृष्टिकोण से, राज्य में उज्जैन और ओंकारेश्वर में ज्योतिर्लिंग हैं। उन्होंने कहा कि यदि कोई व्यक्ति व्यापार के उद्देश्य से इंदौर या उज्जैन आता है, तो उसे कम से कम समय में इन स्थानों की यात्रा करने की सुविधा मिलनी चाहिए और इन (हवाई) सेवाओं का उद्देश्य वही प्रदान करना है। उन्होंने कहा कि इसी तरह यदि कोई दतिया, मैहर या ओरछा (राम राजा मंदिर के लिए जाना जाता है) जाना चाहता है, तो उस व्यक्ति को कम से कम समय में इन स्थानों के दर्शन के लिए हेलिकॉप्टर सेवा उपलब्ध होनी चाहिए। उन्होंने कहा कि कान्हा राष्ट्रीय उद्यान और बांधवगढ़ टाइगर रिजर्व जैसे स्थानों के लिए हेलिकॉप्टर सेवाएं भी शुरू की जाएंगी। एक अधिकारी ने कहा, निजी ऑपरेटर फ्लाई ओला ग्रुप द्वारा इन सेवाओं के तहत दो आठ सीटों वाले जुड़वां इंजन वाले विमान पेश किए गए हैं। उन्होंने कहा कि ऑपरेटर राज्य के अन्य स्थानों के अलावा इंदौर, भोपाल, जबलपुर, ग्वालियर और खजुराहो जैसे मुख्य हवाई अड्डों से मार्ग का चयन करेगा।
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नयी दिल्ली. दिल्ली के शाहदरा के शास्त्री नगर इलाके में स्थित एक रिहायशी इमारत में बृहस्पतिवार तड़के भीषण आग लगने के बाद दो बच्चियों और एक दंपति की दम घुटने से मौत हो गई। पुलिस ने यह जानकारी दी। पुलिस ने बताया कि मृतकों की पहचान मनोज (30), उसकी पत्नी सुमन (28), पांच और तीन साल की दो बच्चियों के तौर पर हुई है। पुलिस के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया, ‘‘हमें अस्पताल से सूचना मिली कि चार लोगों- दो बच्चियों और एक दंपति की दम घुटने से मौत हो गई है। मामले की जांच जारी है।'' पुलिस ने बताया कि सुबह पांच बजकर करीब 20 मिनट पर गीता कॉलोनी के पास शास्त्री नगर में भीषण आग लगने की सूचना मिली जिसके बाद तुरंत दिल्ली अग्निशमन सेवा को सूचित किया गया। अधिकारी ने बताया कि स्थानीय पुलिस की एक टीम, दमकल की चार गाड़ियां, एम्बुलेंस और पीसीआर वैन को घटनास्थल पर भेजा गया। पुलिस ने बताया कि जिस इमारत में आग लगी, उसमें चार मंजिल हैं और भूतल पर कार पार्किंग है।
उन्होंने बताया कि आग पार्किंग स्थल से शुरू हुई और धुआं पूरी इमारत में फैल गया।
अधिकारी ने बताया, ‘‘गली संकरी होने के बावजूद अग्निशमन अधिकारी मौके पर पहुंचने और आग पर काबू पाने में कामयाब रहे। हरेक मंजिल की तलाशी ली गई। तीन पुरुषों, चार महिलाओं और दो बच्चियों को वहां से निकालकर हेडगेवार अस्पताल भेजा गया।'' - नई दिल्ली। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने आज यानी 14 मार्च को रेहड़ी-पटरी पर रहने वाले कारोबारियों (street vendors) को 1 लाख रुपये के लोन बांटे, जिसमें 5,000 कारोबारी दिल्ली के हैं। उन्होंने यह लोन पीएम स्वनिधि योजना (PM SVANidhi scheme) के तहत बांटे और साथ ही साथ इस योजना के तहत लाभार्थियों से बातचीत भी की।प्रधानमंत्री मोदी ने बातचीत के दौरान कहा, ‘पिछली सरकारों को रेहड़ी-पटरी वालों की कभी चिंता नहीं थी, उन्हें अपमान सहना पड़ा, बैंक से लोन नहीं मिल सका। मैंने सुनिश्चित किया कि रेहड़ी-पटरी वालों को ‘मोदी की गारंटी’ पर बैंक लोन मिले और स्वनिधि योजना के तहत लाखों परिवारों को इससे काफी मदद मिली।उन्होंने कहा कि केंद्र की भाजपा सरकार दिल्ली में गरीबों, मध्यम वर्ग के जीवन को बेहतर बनाने के लिए दिन-रात काम कर रही है।’अब तक इस योजना के तहत 87 लाख से ज्यादा लोगों को 10,978 करोड़ रुपये से ज्यादा का लोन दिया जा चुका है। इनमें से 62 लाख से ज्यादा लोग रेहड़ी-पटरी पर काम करने वालों में हैं। पीएम मोदी ने इसे लेकर कहा कि 62 लाख से ज्यादा लोगों को लगभग 11,000 करोड़ रुपये का लोन दिया गया है।पीएम स्ट्रीट वेंडर आत्मनिर्भर निधि योजना’ के लाभार्थियों की मौजूदगी में आयोजित एक कार्यक्रम में मोदी ने कहा कि उनकी विचारधारा लोगों के कल्याण के जरिए देश का कल्याण सुनिश्चित करना है। इस योजना के तहत ऋण की सुविधा उपलब्ध कराने का प्रावधान है।क्या है पीएम स्वनिधि योजना?बता दें कि यह योजना केंद्र सरकार की तरफ से कोविड महामारी के दौरान 1 जून 2020 को लाई गई थी। इसका उद्देश्य उन कारोबारियों की मदद करना था, जो कि रेहड़ी-पटरी पर काम करने वाले लोग थे और उन्हें पैसे कमाने में महामारी के चलते लॉकडाउन की वजह से दिक्कत हो रही थी।इस योजना के तहत सरकार ऐसे कारोबारियों को अपना बिजनेस फिर से शुरू करने के लिए तीन किश्तों में लोन देती है। पहली बार में 10 हजार रुपये का लोन, दूसरी बार में 20 हजार रुपये का लोन औऱ तीसरी बार में 50 हजार तक का लोन बैंक की तरफ से दिया जाता है।सरकार इस योजना के तहत लिए गए लोन पर 7 फीसदी की सब्सिडी देती है। इसका मतलब यह है कि आपको बैंक जिस ब्याज दर पर लोन दे रहा है, उसमें से 7 फीसदी का ब्याज सरकार की तरफ से अदा किया जाएगा। साधारण भाषा में कहें तो सरकार 7 फीसदी का लोन माफ कर देती है। यह रकम सरकार की तरफ से आपके अकाउंट में सीधे हर तीन महीने में ट्रांसफर कर दी जाती है।कैसे करना होगा अप्लाई? क्या है पात्रता?अगर आप भी पीएम स्वनिधि योजना का लाभ उठाना चाहते हैं तो सबसे पहले आपको अपने नजदीक के बैंक जाना होगा। वहां से सारी जानकारी आपको मिल जाएगी। इसके अलावा, सूक्ष्म वित्त संस्थाएं भी लोन दे सकती हैं। ऐसे में आपको वहां जाना होगा और वहां मौजूद एजेंट आपको आवेदन करने और मोबाइल या वेब पोर्टल पर डॉक्यूमेंट्स अपलोड करने में मदद करेंगे।पात्रता की बात की जाए तो जरूरी यह है कि जो भी वेंडर अप्लाई कर रहे हैं, वो 24 मार्च, 2020 या उससे पहले उस शहर में फेरी का काम कर रहे हों।जरूरी डॉक्यूमेंटजरूरी डॉक्यूमेंट के तौर पर आवेदक को आधार कार्ड, मतदाता प्रमाण पत्र (वोटर आईडी), ड्राइविंग लाइसेंस, मनरेगा कार्ड या पैन कार्ड में से किसी भी आईडी की जरूरत पड़ सकती है।
- नयी दिल्ली।मीडिया फाउंडेशन ने स्वतंत्र पत्रकार ग्रीष्मा कुठार और इंडियन एक्सप्रेस की रितिका चोपड़ा को संयुक्त रूप से 2024 के चमेली देवी जैन पत्रकारिता पुरस्कार से सम्मानित किया है। मीडिया फाउंडेशन ने एक बयान में कहा कि एक स्वतंत्र निर्णायक मंडल ने महिला पत्रकारों की 65 से अधिक प्रविष्टियों में से विजेताओं का चयन किया। निर्णायक मंडल में वरिष्ठ पत्रकार और स्तंभकार राधिका रामासेशन (अध्यक्ष), पत्रकार और लेखिका मरियम अलावी और डाउन टू अर्थ पत्रिका के प्रबंध संपादक रिचर्ड महापात्रा शामिल थे। बयान में कहा गया है कि कुठार को मणिपुर जैसे संघर्ष वाले क्षेत्रों से खोजी रिपोर्टिंग के लिए सम्मानित किया गया है। इसमें कहा गया है, ‘‘उनकी रिपोर्ट में भारत के हाशिए पर रहने वाले समुदायों पर राष्ट्रीय राजनीतिक विमर्श के सामाजिक और सांस्कृतिक प्रभाव पर ध्यान केंद्रित रहता है।" चोपड़ा को शिक्षा और सरकारी नीति के क्षेत्र में उनकी खोजी खबरों के लिए सम्मानित किया गया है।यह पुरस्कार 15 मार्च को शाम छह बजे इंडिया इंटरनेशनल सेंटर के सीडी देशमुख हॉल में दिय जाएगा। इसके बाद बीजी वर्गीज मेमोरियल व्याख्यान होगा और संपादक एवं लेखक टीएन निनान 'कार्य एवं मजदूरी' विषय पर व्याख्यान देंगे। इस पुरस्कार का नाम स्वतंत्रता सेनानी और समाज सुधारक चमेली देवी जैन के नाम पर रखा गया है, जिन्हें स्वतंत्रता आंदोलन के दौरान गिरफ्तार कर जेल में बंद कर दिया गया था।

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