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दुर्ग। घरेलू गैस सिलेंडरों की आपूर्ति एवं वितरण को निर्बाध रूप से बनाये रखने के लिए जिले में निरंतर छापेमारी की कार्यवाही की जा रही है। जांच के क्रम में ग्राम पंचायत रसमड़ा के बोरई इंडस्ट्रीयल ग्रोथ सेंटर में स्थित पापुशा गैसेस प्रा.लि. की आकस्मिक जांच जिला खाद्य कार्यालय के अधिकारियों के द्वारा की गई। उक्त सेंटर में कान्फिडेंस पेट्रोलियम इंडिया लिमिटेड के द्वारा 02 विभिन्न ब्रांडों गो गैस एवं गैस प्वाइंट के नाम से गैस सिलेंडरों की सप्लाई डीलर के माध्यम से उपभोक्ताओं को की जाती है। सार्वजनिक वितरण प्रणाली से भिन्न समानांतर विपणन प्रणाली के रूप में पापुशा गैसेस प्रा.लि. तथा कान्फिडेंस पेट्रोलियम इंडिया लिमिटेड के द्वारा कार्य किया जाना पाया गया।
खाद्य नियंत्रक श्री अनुराग भदौरिया से मिली जानकारी अनुसार फर्म की जांच में कुल 599 गैस सिलेंडर पाये गये। गैस सिलेंडरों में रिफिलिंग के लिए 03 बुलेट भी पाये गये जिसमें 2841 कि.ग्रा. एलपीजी भंडारित होना पाया गया। जांच के समय फर्म में विभिन्न सिलेंडरों में पेंटिंग का काम किया जा रहा था तथा सिलेंडरों के नेट वेट, टेयर वेट तथा सिलेंडरों की एक्सपायरी डेट अंकित की जा रही थी। मांगे जाने पर उक्त कार्य से संबंधित कोई भी दस्तावेज प्रस्तुत नही किया गया। फर्म के द्वारा प्रस्तुत स्टाक पंजी तथा भौतिक सत्यापन में अंतर पाया गया। फर्म के मैनेजर द्वारा जानकारी दी गई कि अतुल रबर को डीलर के रूप में उनके द्वारा सप्लाई की जाती है किन्तु उक्त डीलर के वैधता अथवा करार किये जाने आदि के संबंध में कोई भी दस्तावेज नही दिया गया। इस प्रकार उक्त फर्म का समानांतर विपणनकर्ता के रूप में कार्य करना पाया गया किन्तु फर्म के द्वारा इस संबंध में कोई जानकारी नही दी गई और न ही रेटिंग प्रमाण पत्र प्रस्तुत किया गया। फर्म के द्वारा कलेक्टर दुर्ग को किसी प्रकार की जानकारी नही दी जा रही है। इस प्रकार पापुशा गैस प्रा.लि. रसमड़ा तथा कान्फिडेंस पेट्रोलियम इंडिया लिमिटेड के द्वारा द्रवीकृत पेट्रोलियम गैस (प्रदाय और वितरण विनियमन) आदेश 2000 की विभिन्न कंडिकाओं जैसे- एलपीजी के विक्रय का अप्राधिकृत कारोबार करने, द्रवीकृत पेट्रोलियम गैस उपस्करों के कब्जा, कार्यस्थल पर स्टाक और कीमत को प्रदर्शित नही करने, रजिस्टर का सही लेखा नही रखने, रेटिंग प्रमाण पत्र प्रस्तुत नही करना आदि का उल्लंघन पाये जाने पर 599 नग गैस सिलेंडर तथा 2841 किग्रा एलपीजी जप्त किया गया। -
- 05 अस्पतालों का लायसेंस निरस्त
दुर्ग। कलेक्टर एवं जिला दण्डाधिकारी श्री अभिजीत के निर्देशानुसार नर्सिंग होम अधिनियम के अंतर्गत पंजीकृत तथा आयुष्मान योजना के अंतर्गत एम्पेनल्ड दुर्ग जिले के सभी निजी अस्पतालों का एक माह के भीतर भौतिक निरीक्षण कर यथा निर्धारित चेक लिस्ट अनुसार निरीक्षण कर प्रतिवेदन प्रस्तुत करने हेतु 04 निरीक्षण टीम का गठन किया गया था। प्रत्येक टीम में स्थानीय नगरीय निकाय, जिला आयुष कार्यालय, स्वास्थ्य विभाग के प्रतिनिधि एवं अन्य सदस्य शामिल थे। सीएमएचओ डॉ. मनोज दानी से मिली जानकारी अनुसार जिले में संचालित 124 निजी अस्पतालों के निरीक्षण उपरांत टीम द्वारा प्रस्तुत रिपोर्ट अनुरूप 48 अस्पतालों में कमी पाई गई, जिसके लिए 48 अस्पतालों को छत्तीसगढ़ राज्य उपचर्यागृह तथा रोगोपचार संबंधी अनुज्ञापन अधिनियम 2010 एवं नियम 2013 के तहत स्पष्टीकरण 30 दिवस के भीतर प्रस्तुत किये जाने हेतु कलेक्टर द्वारा नोटिस जारी किया गया है।
मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. दानी के अनुसार अस्पतालों से प्राप्त जवाब की जॉच हेतु गठित टीम द्वारा 48 अस्पतालों का पुनः निरीक्षण किया गया। निरीक्षण उपरांत 05 निजी अस्पतालों में पाई गई कमियों की पूर्ति किया जाना नहीं पाया गया जो छत्तीसगढ़ राज्य उपचर्यागृह तथा रोगोपचार संबंधी अनुज्ञापन अधिनियम 2010 एवं नियम 2013 की अनुसूची 1 का भाग ङ (अस्पताल एवं नर्सिंग होम) में विहित मानकों का स्पष्ट उल्लंघन होना पाया गया, नर्सिंग होम एक्ट के प्रावधानों का उल्लंघन किया जाना पाये जाने पर 05 निजी अस्पतालों क्रमशः दाउजी मेमोरियल हॉस्पिटल जामगाँव आर पाटन, प्राची हॉस्पिटल, पुलगाँव, जीवन ज्योति हॉस्पिटल, वार्ड नं 05 जामुल भिलाई, आई. एम. आई. हॉस्पिटल, न्यू खुर्सीपार भिलाई, आर्शीवाद नर्सिंग होम, जी.ई. रोड, भिलाई को नर्सिंग होम एक्ट के तहत प्रदत्त लायसेंस तत्काल प्रभाव से निरस्त कर दिया गया है। -
भिलाईनगर। नगर पालिक निगम भिलाई के आयुक्त राजीव कुमार पाण्डेय ने जोन-3 मदर टेरेसा नगर क्षेत्र अंतर्गत सेक्टर - 2 में स्थित फुटबाल ग्राउण्ड और विवेकानंद स्कूल के पास ओपन जिम के निर्माण कार्य का निरीक्षण किए। निरीक्षण के दौरान आयुक्त ने कार्य की प्रगति की समीक्षा करते हुए अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।
निगम आयुक्त ने फुटबाल ग्राउण्ड निरीक्षण करते हुए कहा कि खिलाड़ियों की सुविधाओं को विशेष ध्यान रखा जाए, ताकि प्रतिभागियों को अपनी प्रतिभा दिखाने में किसी भी प्रकार की परेशानी न हो। वहीं ओपन जिम के निरीक्षण के दौरान आयुक्त ने इसे नागरिकों के स्वास्थ्य लाभ के लिए महत्वपूर्ण बताया और कहा कि इसे जल्द से जल्द पूर्ण किया जाए। उन्होने नागरिकों की मूलभूत सुविधाओं की सुनिश्चितता और निर्माण कार्य में गति लाने पर जोर दिया। नगर निगम भिलाई के इस प्रयास से नागरिकों को बेहतर खेल और स्वास्थ्य सुविधाओं का लाभ मिलेगा और क्षेत्र में खेल और फिटनेस को बढ़ावा मिलेगा।
निरीक्षण के दौरान जोन आयुक्त कुलदीप गुप्ता, कार्यपालन अभियंता अनिल सिंह, सहायक अभियंता नितेश मेश्राम, उप अभियंता दीपक देवांगन, सहायक राजस्व अधिकारी बसंत देवांगन, जोन स्वास्थ्य अधिकारी बीरेन्द्र बंजारे सहित अन्य कर्मचारी उपस्थित रहे।
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यातायात व्यवस्था सुधारने अधिकारियों को दिए स्पष्ट निर्देश
बालोद। जिले में बढ़ती सड़क दुर्घटनाओं पर प्रभावी नियंत्रण और यातायात व्यवस्था को सुदृढ़ बनाने के उद्देश्य से कलेक्टर श्रीमती दिव्या उमेश मिश्रा ने आज संयुक्त जिला कार्यालय में एक महत्वपूर्ण बैठक ली। बैठक में उन्होंने सभी संबंधित विभागों को आपसी समन्वय के साथ कार्य करते हुए सड़क सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता देने के निर्देश दिए। कलेक्टर श्रीमती मिश्रा ने स्पष्ट रूप से कहा कि शहर में यातायात व्यवस्था को सुव्यवस्थित बनाने के लिए ठोस और सतत कार्रवाई आवश्यक है। उन्होंने वाहनों के अव्यवस्थित पार्किंग, शराब पीकर वाहन चलाने तथा बिना हेलमेट दोपहिया वाहन चलाने वालों पर सख्त कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश संबंधित अधिकारियों को दिए। उन्होंने कहा कि नियमों का उल्लंघन करने वालों के विरुद्ध निरंतर अभियान चलाकर नियमानुसार कड़ी कार्रवाई की जाए, ताकि लोगों में नियमों के प्रति जागरूकता और अनुशासन दोनों बढ़े। कलेक्टर श्रीमती मिश्रा ने दुर्घटनाओं में कमी लाने के लिए अधिकारियों से विस्तृत चर्चा कर सुझाव भी लिए। उन्होंने शहर के प्रमुख स्थानों पर सड़क सुरक्षा से संबंधित जागरूकता होर्डिंग्स लगाने, दुर्घटना संभावित क्षेत्रों की पहचान कर आवश्यक स्थानों पर स्पीड ब्रेकर निर्माण कराने तथा अन्य जरूरी व्यवस्थाओं को दुरुस्त करने के निर्देश दिए। कलेक्टर श्रीमती मिश्रा ने सभी संबंधित विभागों को गंभीरता और जिम्मेदारी के साथ कार्य करते हुए सड़क सुरक्षा अभियान में सक्रिय भूमिका निभाने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि नागरिकों की सुरक्षा सर्वोपरि है और इसमें किसी भी प्रकार की लापरवाही स्वीकार नहीं की जाएगी।
यातायात प्रभारी ने बैठक में जानकारी दी कि शहर में यातायात व्यवस्था को बेहतर बनाने के लिए लगातार अभियान चलाया जा रहा है। इसके तहत बिना हेलमेट वाहन चलाने, शराब सेवन कर ड्राइविंग करने और अव्यवस्थित पार्किंग करने वालों पर नियमानुसार चालानी कार्रवाई की जा रही है। उन्होंने बताया कि इस अभियान को और अधिक प्रभावी बनाने के लिए पुलिस और प्रशासन संयुक्त रूप से कार्य कर रहे हैं। बैठक में अपर कलेक्टर श्री चंद्रकांत कौशिक, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक श्रीमती मोनिका ठाकुर, सहित लोक निर्माण विभाग, नगर पालिका, विद्युत विभाग, यातायात पुलिस एवं अन्य संबंधित विभागों के अधिकारी उपस्थित थे। -
लगभग 2325 उपभोक्ताओं को मिलेगा बेहतर वोल्टेज और निर्बाध बिजली आपूर्ति
बालोद/ छत्तीसगढ़ स्टेट पॉवर डिस्ट्रीब्यूशन कंपनी लिमिटेड दुर्ग क्षेत्र (सीएसपीडीसीएल) के अंतर्गत बालोद विद्युत संभाग के खपरी वितरण केंद्र अंतर्गत 33/11 केवी कोचेरा उपकेंद्र की क्षमता बढ़ाने का कार्य सफलतापूर्वक संपन्न किया गया। सीएसपीडीसीएल दुर्ग क्षेत्र के मुख्य अभियंता श्री संजय खंडेलवाल ने कहा कि उपकेंद्र में पहले से स्थापित 3.15 एमवीए के दो ट्रांसफार्मरों में से एक को बदलकर 05 एमवीए का नया पावर ट्रांसफार्मर लगाया गया है जिसे 10 मार्च 2026 को ऊर्जीकृत किया जा चुका है। उन्होंने कहा कि उक्त कार्य के पश्चात् सबस्टेशन की कुल क्षमता बढ़कर 8.15 एमवीए हो गई है। इस कार्य को लगभग 46.63 लाख रुपये की लागत से पूर्ण किया गया है।
उल्लेखनीय है कि विद्युत उपकेंद्र की क्षमता बढ़ने से खपरी वितरण केंद्र के अंतर्गत आने वाले ग्राम रायपुरा, बिजोरा, नारगी, डारागांव, खरथुली, देवरी, पार्री, कोचेरा, सेमहरडीह, कोसमी और पारसाडीह के लगभग 2325 घरेलू एवं कृषि उपभोक्ताओं को सीधा लाभ मिलेगा। अब क्षेत्र में ओवरलोडिंग की समस्या समाप्त होगी और उपभोक्ताओं को बेहतर विद्युत व्यवस्था सुनिश्चित की जा सकेगी।
उक्त कार्य को निर्धारित समय पर सफलतापूर्वक पूर्ण करने के लिए मुख्य अभियंता ने अधीक्षण अभियंता श्री आर.के.मिश्रा, कार्यपालन अभियंता श्री एस.के. राय, श्री एस.के. बंड, श्री सहायक अभियंता अजय विश्वकर्मा, श्री एच.के. हिरवानी, श्री डी.के. साहू एवं कनिष्ठ अभियंता श्रीमती नेहा साहू सहित तकनीकी टीम की सराहना की। -
बालोद पुलिस द्वारा विशेष अभियान
शराब सेवन कर वाहन नहीं चलाने और हेलमेट पहनकर दोपहिया वाहन चलाने की जा रही अपील
बालोद। पुलिस अधीक्षक श्री योगेश कुमार पटेल के निर्देशन पर, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक श्रीमती मोनिका ठाकुर के मार्गदर्शन में, अनुविभागीय अधिकारी (पुलिस) बालोद श्री बोनीफॅास एक्का एवं यातायात प्रभारी निरीक्षक श्री रविशंकर पाण्डेय के नेतृत्व में यातायात बालोद एवं सभी थाना, चैकी प्रभारियों द्वारा जिले में सड़क दुर्घटनाओं में कमी लाने एवं आम जनों में यातायात नियमों के प्रति जागरूकता लाने के उद्देश्य से शराब सेवन कर वाहन चलाने वाले एवं दोपहिया वाहन में बिना हेलमेट वाहन चलाने पर विशेष अभियान चलाकर लगातार जागरूकता अभियान एवं कार्यवाही की जा रही है।
इस विशेष अभियान के दौरान विगत ढ़ाई माह में यातायात नियमों का उल्लंघन कर वाहन चलाने वाले 8009 वाहन चालकों से 34,81,800 रूपए चालानी कार्यवाही की गई है। जिसमें मुख्य रूप से शराब सेवन कर वाहन चलाने वाले 186 वाहन चालकों पर कार्यवाही कर माननीय न्यायालय में पेश किया गया जहां शराब सेवन कर वाहन चलाने वाले वाहन चालकों पर 20,13,500 का अर्थदण्ड से दण्डित किया गया है। बिना हेलमेट के वाहन चलाने वाले 275 वाहन चालकों पर 1,40,500 रूपए की चालानी कार्यवाही की गई है। ज्ञातव्य हो कि शराब सेवन कर वाहन चलाने पर प्रथम अपराध में 10,000 रूपए जुर्माना एवं 06 माह की कारावास एवं द्वितीय अपराध पर 15,000 रूपए जुर्माना एवं 02 साल तक की सजा का प्रावधान है।
बालोद पुलिस द्वारा शहर यातायात व्यवस्था के सुचारू रूप से संचालन हेतु बालोद शहर में नेशनल हाईवे में खतरनाक ढंग से जीवन सकंट उत्पन्न करने के लायक अवैधानिक रूप खड़े वाहनों पर सख्ती से कार्यवाही की जा रही है, इन वाहन चालकों के विरूद्व धारा 285 बीएनएस के तहत् अपराध दर्ज कर प्रकरण तैयार कर माननीय न्यायालय में पेश किया जाना है। साथ ही नो पर्किंग में खड़े वाहनों पर भी लगातार लॉक लगाकर मोटरयान अधिनियम के धाराओं के तहत् सख्त से सख्त कार्यवाही की गयी है। नो पर्किंग में खडे 145 वाहनों पर कार्यवाही कर 45,500 रूपए की कार्यवाही की गयी है।
यातायात पुलिस बालोद के द्वारा लगातार वाहन चालको से अपील किया जा रहा है की नेशनल हाईवे में बड़ी वाहनों को अवैधानिक रूप संकटापन्न स्थिति में खड़ी न करे, शहर में व्यस्तम मार्ग में सड़क किनारे अवैधानिक रूप से नो पार्किंग में वाहन खड़ी न करे, शराब सेवन कर खतरनाक तरीके से वाहन चलाते हुए अपने तथा अन्य व्यक्तियों की जान जोखिम में न डाले हमेशा यातायात नियमों का पालन करे आम जनो एवं वाहन चालकों की सुरक्षा के लिए बालोद पुलिस सदैव तत्पर है। यातायात पुलिस बालोद आम नागरिकों से अपील करता है कि मालवाहक वाहन में सवारी भरकर परिवहन न करे, यातायात नियमों का पालन करे, रात्रि में वाहन चलाते समय अपर डिपर का प्रयोग करे, शराब सेवन कर वाहन न चलाएं, वाहन चलाते समय मोबाईल का उपयोग न करे, नाबालिक बच्चों को वाहन चलाने न देवे, संयमित गति से वाहन चलाएं। -
कोरबा। कोरबा जिले में अलग-अलग हादसों में पांच लोगों की मौत हो गई। पुलिस अधिकारियों ने बुधवार को यह जानकारी दी। उन्होंने बताया कि जिले के पाली थाना क्षेत्र में सड़क हादसे में तीन लोगों की तथा जटगा चौकी क्षेत्र में दो लोगों की मौत हो गई। अधिकारियों ने बताया कि बुधवार सुबह लगभग नौ बजे जिले के पाली थाना क्षेत्र के अंतर्गत नुनेरा-दीपका मार्ग पर कोयले से लदा एक ट्रेलर मोटरसाइकिल के उपर पलट गया, जिसकी वजह से पोटापानी गांव के निवासी तीन युवक बृजपाल सिंह कंवर (26), मंगल सिंह (28) और ओमप्रकाश (24) की मौके पर ही मौत हो गई। अधिकारियों ने बताया कि दीपका खदान की ओर से कोयला लेकर एक ट्रेलर बिलासपुर के लिए रवाना हुआ था, जब वह नुनेरा गांव के करीब पहुंचा तो वाहन चालक को झपकी आ गई और ट्रेलर अनियंत्रित होकर एक मोटरसाइकिल के उपर पलट गया। इस घटना में मोटरसाइकिल सवार तीनों युवक नीचे दब गए और घटनास्थल पर ही उनकी मौत हो गई। उन्होंने बताया कि घटना के बाद पुलिस को घटनास्थल के लिए रवाना किया गया तथा शवों को बाहर निकाला गया। अधिकारियों ने बताया कि पुलिस ने ट्रेलर को जब्त करके वाहन चालक को गिरफ्तार कर लिया है। उन्होंने बताया कि हादसे के बाद परिजनो और ग्रामीणों ने चक्काजाम कर दिया और प्रशासन की ओर से प्रत्येक मृतक के परिजन को सवा-सवा लाख रुपये मुआवजा देने की घोषणा किए जाने के बाद लोग शांत हुए। घटना के बाद इस मार्ग पर करीब चार घंटे तक आवागमन बंद रहा।
उन्होंने बताया कि एक अन्य घटना में जिला मुख्यालय से लगभग 75 किलोमीटर दूर जटगा चौकी क्षेत्र में जामपानी पहाड़ के करीब सड़क हादसे में खरंजी गांव की निवासी ननकी बाई (60) और उनकी नातिन मनीषा कुमारी (नौ) की मौत हो गई। अधिकारियों ने बताया कि ननकी बाई मनीषा को लेकर किसी रिश्तेदार के विवाह में शामिल होने गई थी। जब वह अपने एक रिश्तेदार जयसिंह टेकाम के साथ मोटर साइकल से अपने घर लौट रही थीं तभी जामपानी पहाड़ के पास एक अज्ञात वाहन ने उन्हें टक्कर मार दी, जिसकी वजह से ननकी बाई और मनीषा की घटनास्थल पर ही मौत हो गई। उन्होंने बताया कि घटना के बाद पुलिस ने शवों को अस्पताल पहुंचाया। इस घटना में जयसिंह को भी चोट पहुंची है। अधिकारियों ने बताया कि पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया है। -
-रिंग रोड 01 एवं 02 से शहर में आने वाले 18 मार्गों पर सुबह 5 बजे से रात 12 बजे तक रोक
रायपुर । रायपुर एवं बीरगांव नगर निगम क्षेत्र में सुगम यातायात व्यवस्था एवं लोक सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए पुलिस प्रशासन द्वारा महत्वपूर्ण निर्णय लिया गया है। पुलिस कमिश्नर, रायपुर द्वारा मोटरयान अधिनियम 1988 की धारा 115 के तहत प्रदत्त शक्तियों का उपयोग करते हुए रिंग रोड 01 एवं रिंग रोड 02 से शहर के भीतर आने वाले 18 प्रमुख प्रवेश मार्गों पर मध्यम एवं भारी मालवाहक वाहनों के आवागमन पर समयबद्ध प्रतिबंध लगाया गया है। यह प्रतिबंध प्रतिदिन प्रातः 05:00 बजे से रात्रि 12:00 बजे तक प्रभावी रहेगा तथा आदेश जारी होने की तिथि से आगामी 01 माह तक लागू रहेगा।प्रशासन द्वारा जारी आदेश के अनुसार, शहर में दिनभर जन सामान्य का आवागमन बना रहने के कारण यातायात का दबाव अधिक रहता है। ऐसे में भारी वाहनों के प्रवेश को नियंत्रित करना आवश्यक है, ताकि दुर्घटनाओं की संभावना कम हो और यातायात व्यवस्था सुचारू बनी रहे।प्रतिबंध जिन प्रमुख मार्गों पर लागू किया गया है, उनमें तेलीबांधा चौक, केनाल रोड, महावीर नगर चौक, राजेंद्र नगर चौक, पचपेड़ीनाका चौक, संतोषीनगर चौक, भाठागांव चौक, कुशालपुर चौक, रायपुरा चौक, डीडी नगर, अरिहंत नगर, टाटीबंध, हीरापुर टर्निंग, गोगांव तिराहा, गोंदवारा तिराहा, भनपुरी (पाटीदार भवन के सामने तक), विधानसभा रोड (व्हीआईपी तिराहा) तथा एक्सप्रेस-वे ब्रिज के नीचे रिंग रोड-01 शामिल हैं। पुलिस प्रशासन ने वाहन चालकों एवं परिवहन व्यवसायियों से अपील की है कि वे निर्धारित समय के दौरान वैकल्पिक मार्गों का उपयोग करें तथा यातायात नियमों का पालन करते हुए प्रशासन का सहयोग करें। -
रायपुर - आज रायपुर उत्तर विधायक श्री पुरंदर मिश्रा ने रायपुर उत्तर विधानसभा क्षेत्र अंतर्गत रायपुर नगर पालिक निगम जोन क्रमांक 3 अंतर्गत गुरू घासीदास वार्ड क्रमांक 48 क्षेत्र अंतर्गत विभिन्न 4 स्थानों वार्ड 48 में जिला खनिज संस्थान न्यास मद अंतर्गत शताब्दी नगर उत्कल भवन शिव मन्दिर के पास 11 लाख 69 हजार रूपये की लागत से आंगनबाड़ी भवन निर्माण कार्य , 5 लाख रूपये की लागत से काशीराम नगर में सामुदायिक भवन निर्माण कार्य, रायपुर उतर विधायक निधि से 3 लाख रूपये में काशीराम नगर शिव मन्दिर के पास सामुदायिक भवन में अतिरिक्त कक्ष निर्माण कार्य, राज्य प्रवर्तित योजना निधि से 12 लाख 55 हजार रूपये की लागत से तेलीबाँधा में श्मशानघाट निर्माण कार्य शीघ्र करने गुरू घासीदास वार्ड क्रमांक 48 के पार्षद श्री महेश ध्रुव सहित नगर निगम जोन 3 जोन कमिश्नर श्रीमती प्रीति सिंह, कार्यपालन अभियंता श्री ईश्वर लाल टावरे, उपअभियंता श्री अक्षय भारद्वाज सहित गणमान्यजनों, सामाजिक कार्यकर्त्ताओं, महिलाओं, आमजनों, नवयुवकों की बड़ी संख्या में उपस्थिति के मध्य श्रीफल फोड़कर और कुदाल चलाकर नए विकास कार्यों का भूमिपूजन करते हुए नगरवासियों को शानदार सौगात दी.
- रायपुर ।छत्तीसगढ़ स्टेट पाॅवर कंपनीज के केन्द्रीय क्रीडा एवं कला परिषद के तत्वाधान में आयोजित अंतरक्षेत्रीय ब्रिज प्रतियोगिता 2025-26 के समापन समारोह में ट्रांसमिशन कंपनी के प्रबंध निदेशक श्री आर.के.शुक्ला ने विजेता खिलाड़ियों को पुरस्कृत किये। उन्होंने अपने उद्बोधन में कहा कि ब्रिज प्रतियोगिता मानसिक चेतन्य और एकाग्रता का खेल है। हमारे खिलाड़ी ब्रिज प्रतियोगिता में राष्ट्रीय स्तर पर कंपनी का नाम रौशन कर रहे है। हमे उम्मीद है आगे भी पाॅवर कंपनी के खिलाड़ी बेहतर प्रदर्शन करते हुए विजेता बनेंगे।इस अवसर पर रायपुर सेंट्रल 42 अंक के साथ विजेता का खिताब अपने नाम करने में कामयाब हुये एवं रायपुर रीजन 29 अंकों के साथ उपविजेता रहे। सांत्वना पुरस्कार दुर्ग क्षेत्र को दिया गया। मास्टर पेयर में पूर्व-पश्चिम से 05 टीमों ने खेल का प्रदर्शन किया, जिसमें प्रथम स्थान पर श्री डी.एल.साहू एवं श्री पंकज चैधरी रहे। द्वितीय स्थान पर श्री हरीश चैहान एवं श्री रेखराज साहू रहे। इसी प्रकार उत्तर-दक्षिण से 04 टीमों ने इस स्पर्धा में प्रतिनिधित्व किया, जिसमें प्रथम स्थान पर श्री प्रशांत उराव एवं श्री हितेश महानंद रहे। द्वितीय स्थान पर श्री दिनेश देवांगन और श्री कृष्णा कुमार यादव की जोड़ी उपविजेता रही।केन्द्रीय कार्यालय खेल क्षेत्र रायपुर के मेजबानी में इस 2 दिवसीय प्रतियोगिता में 3 रीजन के कुल 18 खिलाड़ियों ने भाग लिया। रायपुर सेंट्रल से श्री डी.एल. साहू, श्री पंकज चैधरी, श्री अमित देवांगन, श्री कमलेश ठाकुर, श्री शीवेश मिश्रा, श्री जीतेन्द्र चैधरी ने भाग लिये। रायपुर रीजन से श्री रेखराज साहू, श्री प्रशांत उराव, श्री दिनेश देवांगन, श्री हितेश महानंद, श्री कृष्णा कुमार यादव, श्री एच.के.चैहान ने भाग लिये। दुर्ग रीजन से श्री डी.के.डूमरे, श्री लालजी चैधरी, श्री डी. श्रीवास्तव, श्री बी.एस.राजपूत, श्री राजेश देशमुख, श्री जयंत देशमुख ने अपने क्षेत्र का प्रतिनिधित्व किया।इस अवसर पर कार्यपालक निदेशक (वित्त) श्री एम.एस. चैहान, कार्यपालक निदेशक (पी.सी एण्ड आर.ए.) श्री के.एस. मनोठिया, मुख्य अभियंता (मानव संसाधन) श्री ए.एम.परियल, उपमहाप्रबंधक श्री पंकज सिंह परमार, अधीक्षण अभियंता श्री पंकज चैधरी एवं सहायक अभियंता श्री रजनीश चैबे उपस्थित थे। कार्यक्रम का संचालन प्रकाशन अधिकारी श्रीमती अनामिका मंडावी द्वारा किया गया।
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- महापौर मीनल चौबे के निर्देश पर होटलों में मांस- मटन विक्रय करने पर जप्ती की कार्यवाही कर सम्बंधित व्यक्ति के विरुद्ध यथोचित कार्यवाही भी की जाएगी
रायपुर - रायपुर नगर पालिक निगम की महापौर श्रीमती मीनल चौबे के निर्देश पर नगर पालिक निगम रायपुर के सम्पूर्ण परिक्षेत्र में चेट्रीचंड पर्व 20 मार्च 2026 को मांस - मटन का विक्रय पूर्ण रूप से प्रतिबंधित रहेगा।इस संबंध में छत्तीसगढ़ शासन के नगरीय प्रशासन एवं विकास विभाग के आदेश के परिपालन में रायपुर नगर पालिक निगम के स्वास्थ्य विभाग की ओर से नगर पालिक निगम स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. तृप्ति पाणीग्रही ने चेट्रीचंड पर्व 20 मार्च 2026 को रायपुर नगर पालिक निगम के सम्पूर्ण परिक्षेत्र में स्थित पशुवध गृह एवं समस्त मांस - मटन विक्रय की दुकानों को बंद रखे जाने का आदेश जारी किया है।चेट्रीचंड पर्व 20 मार्च 2026 को नगर पालिक निगम रायपुर के जोन स्वास्थ्य अधिकारीगण, जोन स्वच्छता निरीक्षकगण मांस -मटन के विक्रय पर प्रतिबन्ध के आदेश का व्यवहारिक पालन सुनिश्चित करवाएंगे और इस हेतु अपने अपने सम्बंधित जोन क्षेत्रों में मांस -मटन विक्रय की दुकानों का सतत पर्यवेक्षण करेंगे।रायपुर नगर पालिक निगम की महापौर श्रीमती मीनल चौबे के निर्देश पर प्रतिबंध आदेश का व्यवहारिक पालन करवाने होटलों में उक्त पावन पर्व दिवसों पर मांस-मटन विक्रय करने पर जप्ती की कार्यवाही कर सम्बंधित व्यक्ति के विरूद्ध यथोचित कार्यवाही भी की जाएगी। - -बुलडोजर चलाकर मलबा हटाया, संयुक्त टीम की कार्रवाईरायपुर । कलेक्टर डॉ. गौरव सिंह के निर्देशानुसार जिले में अतिक्रमण के विरुद्ध लगातार कार्रवाई की जा रही है। इसी क्रम में टिकरापारा पचपेड़ी नाका क्षेत्र में शासकीय तालाब पर किए जा रहे अतिक्रमण को हटाया गया।तालाब में मलबा डालकर अवैध रूप से अतिक्रमण किया जा रहा था। मामले की जानकारी मिलते ही प्रशासन की टीम मौके पर पहुंची और बुलडोजर की सहायता से तालाब में डाले गए मलबे को हटवाकर अतिक्रमण को समाप्त किया गया।इस कार्रवाई में नायब तहसीलदार सुश्री ज्योति सिंह की उपस्थिति में राजस्व एवं नगर निगम की संयुक्त टीम ने कार्यवाही की। प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि शासकीय भूमि एवं जलस्रोतों पर अतिक्रमण करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई आगे भी जारी रहेगी।
- रायपुर । कलेक्टर डॉ. गौरव सिंह के निर्देशानुसार जिले में अवैध निर्माण एवं अवैध प्लॉटिंग के खिलाफ लगातार कार्रवाई की जा रही है। इसी कड़ी में धरसीवां तहसील के ग्राम परसुलीडीह में प्रशासन ने सख्त कदम उठाए हैं।जानकारी के अनुसार, खसरा नंबर 54 के एक हिस्से में 17 मार्च 2026 को अवैध प्लॉटिंग पर कार्रवाई की गई थी। इसके बावजूद 18 मार्च को उसी स्थान पर बोरिंग का कार्य किया जा रहा था।मौके पर धरसीवां तहसीलदार श्री बाबूलाल कुर्रे सहित राजस्व व नगर निगम की संयुक्त टीम ने कार्रवाई करते हुए दो बोरिंग मशीन और चार वाहन (KA 01 MN 9866, KA 01 MN 9776, KA 01 MK 6333, KA 01 MK 6355) जब्त किए। जब्त वाहनों को थाना विधानसभा, रायपुर को सुपुर्द कर दिया गया है। प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि अवैध प्लाटिंग के विरुद्ध इस प्रकार की कार्रवाई आगे भी लगातार जारी रहेगी।
- -मतदाता सूची तैयार करने रजिस्ट्रीकरण अधिकारी नियुक्तबिलासपुर /छत्तीसगढ़ राज्य निर्वाचन आयोग द्वारा नगरीय निकाय बिलासपुर के वार्ड क्र. 29 संजय गांधी नगर में रिक्त पार्षद पद के चुनाव की तैयारियां शुरू कर दी गई है। कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी ने मतदाता सूची तैयार करने के लिए अनुविभागीय अधिकारी राजस्व बिलासपुर को रजिस्ट्रीकरण अधिकारी नियुक्त किया गया है। तहसीलदार बिलासपुर सहायक रजिस्ट्रीकरण अधिकारी होंगे। अपर कलेक्टर बिलासपुर को पदाभिहित अपीलीय अधिकारी बनाया गया है।जिला निर्वाचन कार्यालय से प्राप्त जानकारी के अनुसार 13 अप्रैल को मतदाता सूची का प्रारंभिक प्रकाशन किया जाएगा। इस दिन से ही सूची पर दावे एवं आपत्तियां भेजने का काम होगा। मान्यता प्राप्त राजनैतिक दलों को निर्वाचक नामावली उपलब्ध कराया जाएगा। 20 अप्रैल को दोपहर 3 बजे तक दावा-आपत्तियां प्राप्त की जाएगी। दावा-आपत्तियों के निपटारे की अंतिम तिथि 23 अप्रैल होगी। 24 अप्रैल तक प्रारूप 1 में रजिस्ट्रीकरण अधिकारी, सहायक रजिस्ट्रीरकण अधिकारी को दावा प्रस्तुत करने की अंतिम तिथि होगी। प्रारूप 1 में दावा का निराकरण करने की अंतिम तारीख 27 अप्रैल होगी। निराकरण आदेश पारित होने के पांच दिवस के भीतर दावा आपत्तियों के निराकरण आदेश के विरूद्ध अपील करना होगा। 29 अप्रैल तक परिवर्धन, संशोधन, विलोपन के प्रकरणों की सॉफ्टवेयर में प्रविष्टि करनी होगी। 2 मई तक चेक लिस्ट का निर्वाचन रजिस्ट्रीकरण अधिकारी द्वारा जांच करवाना एवं पीडीएफ मुद्रण हेतु जिला कार्यालय को सौंपना होगा। 4 मई तक अनुपूरक सूची का मुद्रण कराना और अनुपूरक सूची को मूल सूची के साथ संलग्न करना होगा। निर्वाचक नामावली का अंतिम प्रकाशन 5 मई 2026 को होगा।
- -एलपीजी की जिले में पर्याप्त उपलब्धता, खाद्य विभाग द्वारा नियमानुसार बुकिंग की अपीलबिलासपुर / जिले में एलपीजी सिलेंडरों की कालाबाजारी और अवैध भंडारण के विरुद्ध खाद्य विभाग द्वारा चलाए जा रहे विशेष अभियान के तहत आज एक बड़ी कार्रवाई की गई। शहर के मधुबन, दयालबंद क्षेत्र में मुक्तिधाम के पास की गई इस छापामार कार्रवाई में भारी मात्रा में घरेलू गैस सिलेंडर एवं संबंधित उपकरण जप्त किए गए। खाद्य नियंत्रक ने कहा कि अवैध भंडारण के खिलाफ कार्यवाही जारी रहेगी, उन्होंने लोगों से अपील की है कि जिले में एलपीजी की पर्याप्त उपलब्धता है और बुकिंग नियमानुसार करें।आज खाद्य विभाग की टीम द्वारा की गई कार्यवाही में मौके पर पहुंचकर जांच के दौरान 14.2 किलोग्राम के 100 घरेलू गैस सिलेंडर , 5 किलोग्राम के 263 गैस सिलेंडर,चूल्हा बर्नर,8 बोरियों में रेगुलेटर,6 कार्टून एवं 25 नग खुले में, प्रेशर वॉल 25 नग (5-5 के बंडल में) जप्त किए गए। यह पूरी सामग्री अवैध रूप से भंडारित कर कालाबाजारी के उद्देश्य से रखी गई थी। विभाग द्वारा मौके पर ही सभी वस्तुओं को जप्त कर आवश्यक वैधानिक कार्रवाई की गई। विशेष अभियान के तहत लगातार कार्रवाई जारी रहेगी।खाद्य विभाग द्वारा जिले में एलपीजी वितरण व्यवस्था को पारदर्शी एवं सुचारु बनाए रखने के लिए विशेष अभियान चलाया जा रहा है। इसी अभियान के अंतर्गत अब तक 8 प्रकरणों में 310 से अधिक सिलेंडर जप्त किए जा चुके हैं। लगातार हो रही इन कार्रवाइयों से अवैध कारोबारियों में हड़कंप है। खाद्य नियंत्रक श्री अमृत कुजूर ने जानकारी देते हुए बताया कि जिले के सभी 35 गैस एजेंसी में एलपीजी की पर्याप्त उपलब्धता है,उन्होंने नागरिकों से अपील की कि वे घबराएं नहीं और नियमानुसार बुकिंग कर निर्धारित दरों पर ही गैस सिलेंडर प्राप्त करें। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि कालाबाजारी या अवैध भंडारण करने वालों के विरुद्ध कड़ी से कड़ी कार्रवाई की जाएगी। विभाग की टीमें लगातार निगरानी एवं जांच कर रही हैं। शिकायत मिलने पर तत्काल छापामार कार्रवाई की जाएगी। खाद्य विभाग के नियंत्रक द्वारा आम नागरिकों से अपील की है कि यदि कहीं एलपीजी सिलेंडर की कालाबाजारी,अधिक मूल्य पर बिक्री या अवैध भंडारण की जानकारी मिलने पर प्रशासन को इसकी सूचना दें।
- रायपुर । मनेन्द्रगढ़-चिरमिरी-भरतपुर जिले के ग्राम खड़गवां की निवासी लीलावती आज आत्मनिर्भरता और संघर्ष से सफलता की एक प्रेरक मिसाल बनकर उभरी हैं। कभी एक साधारण गृहिणी के रूप में सीमित संसाधनों में जीवन यापन करने वाली लीलावती ने अपने दृढ़ संकल्प, मेहनत और सही मार्गदर्शन के बल पर खुद को एक सफल उद्यमी के रूप में स्थापित किया है।लीलावती का शुरुआती जीवन आर्थिक चुनौतियों से भरा रहा। उनके पति श्री गजराज सिंह नेटी पेंटिंग का कार्य करते थे, जिनकी मासिक आय 30 से 40 हजार रुपए के बीच थी। सीमित आय में परिवार की आवश्यकताओं को पूरा करना कठिन होता था, जिससे उन्हें कई बार आर्थिक संकटों का सामना करना पड़ता था। लेकिन विपरीत परिस्थितियों में भी लीलावती ने हार नहीं मानी।लीलावती के जीवन में सकारात्मक मोड़ तब आया, जब गांव में सीआरपी दीदी के माध्यम से स्व-सहायता समूह का गठन हुआ। उनके मार्गदर्शन में लीलावती ‘गुलाबी स्व सहायता समूह’ से जुड़ीं, जो कल्पना महिला संकुल संगठन बरदर के अंतर्गत कार्यरत है। समूह से जुड़ने के बाद उन्हें बैंक लिंकेज के माध्यम से 40 हजार रुपए की पहली आर्थिक सहायता प्राप्त हुई, जिसने उनके लिए आत्मनिर्भरता की राह खोल दी।प्राप्त राशि का उपयोग करते हुए लीलावती ने चार बकरियों से अपने व्यवसाय की शुरुआत की। मेहनत और लगन से उन्होंने इस कार्य को आगे बढ़ाया और बाद में अतिरिक्त सहायता मिलने पर बकरियों की संख्या बढ़ाकर आठ कर ली। इस छोटे से प्रयास ने उन्हें नियमित आय का स्रोत प्रदान किया और उनके आत्मविश्वास को नई ऊंचाई दी।अपने उद्यम को और सशक्त बनाने के लिए लीलावती ने बैंक लिंकेज के माध्यम से मिक्सचर मशीन भी खरीदी। इस पहल से उनकी आय में उल्लेखनीय वृद्धि हुई और आज वे प्रतिवर्ष लगभग 1 लाख से 1.8 लाख रुपए तक की आय अर्जित कर रही हैं। अब उनका परिवार आर्थिक रूप से सुदृढ़ हो चुका है और वे आत्मसम्मान के साथ जीवन यापन कर रही हैं।लीलावती की सफलता के पीछे उनकी नियमित समूह बैठकों में भागीदारी, वीओ स्तर पर सक्रियता और बिहान कार्यालय से प्राप्त निरंतर मार्गदर्शन की महत्वपूर्ण भूमिका रही है। उनकी कहानी यह दर्शाती है कि यदि महिलाओं को सही अवसर, सहयोग और प्रेरणा मिले, तो वे न केवल अपने जीवन को बदल सकती हैं, बल्कि समाज के लिए भी प्रेरणा बन सकती हैं। लीलावती की यह यात्रा केवल एक व्यक्ति की सफलता नहीं, बल्कि ग्रामीण महिला सशक्तिकरण की एक सशक्त तस्वीर है, जो यह संदेश देती है कि हौसले और मेहनत से हर मुश्किल को पार किया जा सकता है।
- रायपुर । मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने प्रदेशवासियों को चैत्र नवरात्रि, हिंदू नववर्ष (नव संवत्सर) एवं गुड़ी पड़वा के पावन अवसर पर हार्दिक शुभकामनाएं और बधाई दी है। उन्होंने इस मंगल अवसर पर प्रदेश के प्रत्येक नागरिक के जीवन में सुख, समृद्धि, उत्तम स्वास्थ्य और शांति की कामना की है।मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि चैत्र मास के प्रथम दिन से प्रारंभ होने वाला हिंदू नववर्ष नव ऊर्जा, नव संकल्प और नव चेतना का प्रतीक है। इसी पावन अवसर से शक्ति उपासना के महापर्व चैत्र नवरात्रि का भी शुभारंभ होता है, जो श्रद्धा, भक्ति और आध्यात्मिक आस्था के साथ पूरे देश में मनाया जाता है।उन्होंने कहा कि गुड़ी पड़वा विशेष रूप से महाराष्ट्र सहित देश के विभिन्न हिस्सों में नववर्ष के स्वागत का उत्सव है, जो आशा, उत्साह और समृद्ध सांस्कृतिक परंपराओं का प्रतीक है। यह पर्व समाज में सकारात्मक ऊर्जा, नव शुरुआत और उत्सवधर्मिता का संदेश देता है।मुख्यमंत्री श्री साय ने छत्तीसगढ़ की समृद्ध देवी परंपरा का उल्लेख करते हुए कहा कि मां शीतला, मां दंतेश्वरी, महामाया, बम्लेश्वरी, कंकाली, बिलईमाता और चंद्रहासिनी देवी जैसे विविध स्वरूपों में प्रदेश की आस्था और संस्कृति गहराई से रची-बसी है। यह आध्यात्मिक विरासत प्रदेश की पहचान को सशक्त बनाती है।उन्होंने कहा कि नवरात्रि के इन पावन दिनों में छत्तीसगढ़ की धरती भक्ति, साधना और शक्ति आराधना से आलोकित हो उठती है। देवी उपासना केवल आध्यात्मिक ऊर्जा ही नहीं देती, बल्कि सामाजिक समरसता, सकारात्मक सोच और आंतरिक चेतना का भी संचार करती है। मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि सुशासन सरकार प्रदेश की समृद्ध सांस्कृतिक विरासत को सहेजते हुए विकास और विश्वास के नए आयाम स्थापित करने के लिए प्रतिबद्ध है। उन्होंने मां भगवती से प्रार्थना करते हुए कहा कि उनकी कृपा से छत्तीसगढ़ निरंतर विकास के पथ पर अग्रसर रहे और प्रदेश के प्रत्येक परिवार में सुख, शांति और समृद्धि का वास बना रहे।
- -उप मुख्यमंत्री अरुण साव ने वरिष्ठ विभागीय अधिकारियों की बैठक लेकर तैयारियों की समीक्षा की-अंतरराष्ट्रीय मानकों के अनुरूप सभी व्यवस्थाएं सुनिश्चित करने के दिए निर्देशरायपुर ।छत्तीसगढ़ की मेजबानी में देश में पहली बार हो रहे खेलो इंडिया नेशनल ट्राइबल गेम्स की तैयारियां जोरों पर है। राज्य के तीन शहरों रायपुर, जगदलपुर और अंबिकापुर में आगामी 25 मार्च से 3 अप्रैल तक इसका आयोजन किया जा रहा है। सभी व्यवस्थाओं को अंतरराष्ट्रीय स्तर का स्वरूप देने तीनों शहरों में युद्धस्तर पर तैयारियां चल रही हैं। उप मुख्यमंत्री तथा खेल एवं युवा कल्याण मंत्री श्री अरुण साव ने आज वरिष्ठ विभागीय अधिकारियों की बैठक लेकर आयोजन की तैयारियों की समीक्षा की।उप मुख्यमंत्री श्री साव ने बैठक में खेलो इंडिया नेशनल ट्रायबल गेम्स में शामिल खेलों एथलेटिक्स, तीरंदाजी, हाॅकी, फुटबाॅल, तैराकी, वेटलिफ्टिंग, कुश्ती एवं दो डेमो गेम्स मलखंब एवं कबड्डी के मैदानों में सभी इंतजामों की विस्तृत समीक्षा की। उन्होंने आयोजन में भाग लेने विभिन्न राज्यों से आने वाले खिलाड़ियों के आवास, परिवहन एवं भोजन संबंधी तैयारियों की भी समीक्षा कर आवश्यक निर्देश दिए। उन्होंने मानकों के अनुरूप आवास व्यवस्था और गुणवत्तापूर्ण भोजन सुनिश्चित करने को कहा।श्री साव ने सभी खिलाड़ियों को अच्छी स्वास्थ्य सुविधाएं, इन्जरी मैनेजमेंट, वेन्यू पर मेडिकल किट तथा पर्याप्त संख्या में डॉक्टरों की व्यवस्था के निर्देश दिए। उन्होंने सभी खेल स्थलों पर स्पोर्ट्स इक्विपमेंट्स के इंस्टालेशन, शुभारंभ एवं समापन समारोह तथा संपूर्ण आयोजन के प्रचार-प्रसार व जन सहभागिता संबंधी गतिविधियों की समीक्षा कर आवश्यक निर्देश दिए।उप मुख्यमंत्री श्री साव ने आयोजन से जुड़े सभी अधिकारियों को अपने दायित्वों का निर्वहन सक्रियता, गंभीरता तथा निष्ठा के साथ करने को कहा। उन्होंने ट्राइबल गेम्स में भागीदारी के लिए देशभर से आने वाले खिलाड़ियों के लिए सभी आवश्यक व्यवस्थाओं के साथ ही आयोजन से जुड़ी सभी तैयारियां समय पर पूर्ण करने के निर्देश दिए। दस दिनों तक चलने वाले खेलो इंडिया नेशनल ट्राइबल गेम्स में 32 राज्यों के 3000 खिलाड़ी हिस्सेदारी करेंगे। खेल एवं युवा कल्याण विभाग के सचिव श्री यशवंत कुमार, संचालक श्रीमती तनूजा सलाम और उप संचालक श्रीमती रश्मि ठाकुर सहित आयोजन से जुड़ी विभिन्न एजेंसियां एवं विभागीय अधिकारी बैठक में मौजूद थे।
- -प्रदेशवासियों को बेहतर और सुलभ स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराने के लिए सरकार निरंतर प्रयासरत: स्वास्थ्य मंत्री श्याम बिहारी जायसवालरायपुर। स्वास्थ्य मंत्री श्री श्याम बिहारी जायसवाल आज विकासखंड धरसींवा अंतर्गत सरोना, रायपुर में 100 बिस्तर वाले नवीन अस्पताल भवन के निर्माण हेतु भूमिपूजन कार्यक्रम में शामिल हुए।इस अस्पताल के स्थापित होने से क्षेत्र के नागरिकों को सुलभ, गुणवत्तापूर्ण एवं समयबद्ध स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध होंगी। अस्पताल के निर्माण से आसपास के ग्रामीण एवं शहरी क्षेत्रों के लोगों को बेहतर इलाज की सुविधा अपने ही क्षेत्र में उपलब्ध हो सकेगी, जिससे उन्हें दूरस्थ स्थानों पर जाने की आवश्यकता नहीं पड़ेगी।मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय जी के नेतृत्व में प्रदेश में स्वास्थ्य अधोसंरचना को मजबूत करना सरकार की प्राथमिकता है। इसी दिशा में लगातार नए स्वास्थ्य संस्थानों की स्थापना और सुविधाओं का विस्तार किया जा रहा है, ताकि प्रत्येक नागरिक को बेहतर चिकित्सा सुविधाएं सहज रूप से मिल सकें।स्वास्थ्य मंत्री श्री श्याम बिहारी जायसवाल ने इस मौके पर कहा कि राज्य सरकार प्रदेशवासियों को बेहतर और सुलभ स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराने के लिए निरंतर प्रयासरत है। उन्होंने कहा कि नए अस्पतालों के निर्माण एवं सुविधाओं के विस्तार से आमजन को अपने ही क्षेत्र में गुणवत्तापूर्ण इलाज मिल सकेगा, जिससे स्वास्थ्य सेवाओं में व्यापक सुधार होगा। इस अवसर पर विधायक श्री राजेश मूणत, श्री सुनील सोनी, श्री पुरंदर मिश्रा तथा रायपुर महापौर श्रीमती मीनल चौबे, सीजीएमएससी के अध्यक्ष श्री दीपक म्हस्के सहित अन्य जनप्रतिनिधि एवं गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे।
- -प्रदेशभर में 9,763 न्योता भोज आयोजित, 1.83 लाख से अधिक बच्चे हुए लाभान्वितरायपुर ।आंगनबाड़ी केन्द्रों में संचालित ‘न्योता भोज’ कार्यक्रम प्रदेश में पोषण, शिक्षा और सामुदायिक सहभागिता का प्रभावी माध्यम बनकर उभरा है। मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय की मंशानुरूप शुरू की गई इस पहल के तहत अब समाज के विभिन्न वर्गों की सक्रिय भागीदारी देखने को मिल रही है।राज्य स्तर पर जनवरी से फरवरी 2026 तक कुल 9,763 न्योता भोज आयोजनों के माध्यम से 1,83,927 बच्चों को लाभान्वित किया गया है, जो इस योजना की व्यापक सफलता को दर्शाता है।जिलेवार आंकड़ों पर नजर डालें तो बिलासपुर जिले में सर्वाधिक 884 आयोजन हुए, जिनमें 18,703 बच्चे लाभान्वित हुए। वहीं कोरबा में 720 आयोजनों के माध्यम से 13,944 बच्चों, रायगढ़ में 690 आयोजनों से 9,835 बच्चों तथा कांकेर में 636 आयोजनों से 7,915 बच्चों को पौष्टिक भोजन उपलब्ध कराया गया।इसी प्रकार धमतरी में 606 आयोजन कर 11,228 बच्चों, महासमुंद में 415 आयोजनों के माध्यम से 7,302 बच्चों तथा जांजगीर-चांपा में 439 आयोजनों से 10,518 बच्चों को लाभ पहुंचाया गया।कार्यक्रम के अंतर्गत समाज के नागरिक, जनप्रतिनिधि, दानदाता एवं पालक अपने विशेष अवसरों—जैसे जन्मदिन, वर्षगांठ या अन्य पारिवारिक खुशियों—पर आंगनबाड़ी केन्द्रों में बच्चों के साथ भोजन साझा कर रहे हैं। इससे बच्चों को अतिरिक्त पौष्टिक आहार मिल रहा है, साथ ही समाज में उनके प्रति जिम्मेदारी और संवेदनशीलता भी बढ़ रही है।महिला एवं बाल विकास विभाग के अधिकारियों के अनुसार, आंगनबाड़ी केन्द्रों में आने वाले अधिकांश बच्चे ग्रामीण एवं आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग से होते हैं। ऐसे में ‘न्योता भोज’ जैसे प्रयास उनके शारीरिक और मानसिक विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे हैं।यह पहल न केवल कुपोषण को कम करने की दिशा में कारगर साबित हो रही है, बल्कि आंगनबाड़ी केन्द्रों के प्रति बच्चों और अभिभावकों का आकर्षण भी बढ़ा रही है। शासन ने प्रदेशवासियों से अपील की है कि वे अपने सामाजिक एवं पारिवारिक अवसरों को आंगनबाड़ी के बच्चों के साथ साझा कर इस अभियान को और मजबूत बनाएं।
- -वन विभाग की बड़ी कार्रवाईरायपुर। छत्तीसगढ़ में वन एवं वन्यजीव संरक्षण के तहत वन विभाग ने बड़ी कार्रवाई करते हुए बाघ और तेंदुए के अवैध शिकार में शामिल एक डिप्टी रेंजर सहित कुल 9 आरोपियों को गिरफ्तार किया है। यह कार्रवाई दंतेवाड़ा और बीजापुर क्षेत्र के जंगलों में की गई।वन विभाग को सूचना मिली थी कि कुछ लोग जंगल में फंदे लगाकर वन्यजीवों का शिकार कर रहे हैं। इसके बाद विभाग और राज्य उड़नदस्ता टीम ने संयुक्त रूप से जांच शुरू की। लगातार निगरानी और जांच के दौरान एक संगठित शिकार गिरोह का खुलासा हुआ। जांच में यह चौंकाने वाली बात सामने आई कि इस अवैध गतिविधि में वन विभाग का ही एक कर्मचारी, डिप्टी रेंजर देवी प्रसाद ओयाम भी शामिल था।डिप्टी रेंजर श्री पोयाम की मिलीभगत के कारण शिकारियों को जंगल में प्रवेश और शिकार करने में मदद मिली। आरोपियों ने शिकार के लिए लोहे के तार के फंदों का उपयोग किया, जिनमें मांस लगाकर बाघ और तेंदुए को फंसाया गया। फंदे में फंसने के कारण दोनों वन्यप्राणियों की मौत हो गई।बरामद बाघ की उम्र लगभग 3 वर्ष बताई गई है। आरोपी इनकी खाल को रायपुर ले जाकर बेचने की योजना बना रहे थे। इस पूरे मामले में वन मंत्री श्री केदार कश्यप के निर्देश पर त्वरित कार्रवाई की गई। प्रधान मुख्य वन संरक्षक एवं वन बल प्रमुख श्री व्ही. श्रीनिवास राव तथा प्रधान मुख्य वन संरक्षक (वन्यप्राणी) श्री अरुण कुमार पाण्डेय के मार्गदर्शन में टीम ने इस गिरोह का भंडाफोड़ किया।आरोपियों में शिकार के मुख्य आरोपियों में लक्ष्मण तेलाम, देवीराम ओयाम, रमेश कुड़ियाम, फरसोन पोयामी, सेमला रमेश, सुखराम पोडियाम और छत्रू कुड़ियाम शामिल हैं। पूछताछ के आधार पर ग्राम केशापुर में दबिश देकर तेंदुए की खाल बरामद की गई तथा मासो ओयाम और अर्जुन भोगामी को भी गिरफ्तार किया गया।वनमंडलाधिकारी दंतेवाड़ा श्री रामकृष्णा ने बताया कि बाघ और तेंदुआ दोनों ही अनुसूची-1 के तहत संरक्षित वन्यजीव हैं। आरोपियों के खिलाफ वन्यजीव संरक्षण अधिनियम, 1972 की विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज कर उन्हें न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया गया है। इस सफलता पर विभाग के वरिष्ठ अधिकारियों ने टीम को बधाई दी है और संबंधित अधिकारियों- कर्मचारियों को सम्मानित करने के निर्देश दिए गए हैं। साथ ही मामले की विस्तृत जांच कर शीघ्र न्यायालय में चालान प्रस्तुत करने के निर्देश भी दिए गए हैं।वन मंत्री श्री केदार कश्यप ने स्पष्ट किया है कि राज्य में वन एवं वन्यजीवों की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता है। उन्होंने कहा कि वन्यजीवों का शिकार गंभीर अपराध है और इसमें शामिल किसी भी व्यक्ति को बख्शा नहीं जाएगा, चाहे वह किसी भी पद पर क्यों न हो। वन विभाग की इस कार्रवाई से स्पष्ट संदेश गया है कि वन एवं वन्यजीवों के संरक्षण में किसी भी प्रकार की लापरवाही या अवैध गतिविधि पर सख्ती से कार्यवाही की जाएगी।
- रायपुर। भारत निर्वाचन आयोग (ECI) ने 15 मार्च, 2026 को असम, केरल, पुडुचेरी, तमिलनाडु एवं पश्चिम बंगाल की विधानसभाओं के आम चुनाव तथा 6 राज्यों में उपचुनावों के कार्यक्रम की घोषणा की है।इन पांच राज्यों/केंद्र शासित प्रदेशों में चुनाव प्रक्रिया के विभिन्न चरणों को सुचारू एवं व्यवस्थित ढंग से संपन्न कराने के लिए 25 लाख से अधिक चुनाव अधिकारियों की तैनाती की गई है। इन चुनावों में 17.4 करोड़ से अधिक मतदाता मतदान के पात्र हैं,यह लगभग प्रत्येक 70 मतदाताओं पर 1 चुनाव अधिकारी के बराबर है।मुख्य चुनाव आयुक्त श्री ज्ञानेश कुमार ने चुनाव कार्यक्रम की घोषणा के दौरान अधिकारियों को पूर्ण निष्पक्षता के साथ कार्य करने के निर्देश दिए हैं, ताकि चुनाव हिंसा मुक्त एवं प्रलोभन मुक्त वातावरण में संपन्न हो सकें और प्रत्येक मतदाता बिना किसी भय या पक्षपात के अपने मताधिकार का प्रयोग कर सके।तैनात कर्मियों में लगभग 15 लाख मतदान कर्मी, 8.5 लाख सुरक्षा कर्मी, 40 हजार गणना कर्मी, 49 हजार माइक्रो ऑब्जर्वर, 21 हजार सेक्टर अधिकारी तथा गणना हेतु 15 हजार माइक्रो-ऑब्जर्वर सहित अन्य अधिकारी शामिल हैं।क्षेत्रीय स्तर की चुनावी मशीनरी, जिसमें 2.18 लाख से अधिक बीएलओ (BLO) शामिल हैं, मतदाताओं को फोन कॉल तथा ECINet ऐप पर ‘बुक-ए-कॉल टू बीएलओ’ सुविधा के माध्यम से सेवाएं प्रदान कर रही है। वहीं, डीईओ/आरओ स्तर पर किसी भी शिकायत या जानकारी के लिए कॉल सेंटर नंबर +91 (एसटीडी कोड) 1950 उपलब्ध है।तैनात सभी कर्मी जनप्रतिनिधित्व अधिनियम, 1951 की धारा 28ए के तहत निर्वाचन आयोग में प्रतिनियुक्ति पर माने जाएंगे।आयोग द्वारा 832 विधानसभा निर्वाचन क्षेत्रों में 1,111 केंद्रीय पर्यवेक्षकों की तैनाती की गई है, जो आम चुनाव एवं उपचुनावों के दौरान आयोग की ‘आंख और कान’ के रूप में कार्य करेंगे। इनमें 557 सामान्य पर्यवेक्षक, 188 पुलिस पर्यवेक्षक एवं 366 व्यय पर्यवेक्षक शामिल हैं। अधिकांश केंद्रीय पर्यवेक्षक अपने-अपने आवंटित निर्वाचन क्षेत्रों में पहुंच चुके हैं।ये पर्यवेक्षक अपना संपर्क विवरण साझा करेंगे तथा प्रतिदिन निर्धारित समय पर उम्मीदवारों, राजनीतिक दलों/उनके प्रतिनिधियों एवं आम नागरिकों से मुलाकात कर उनकी चुनाव संबंधी शिकायतों एवं सुझावों को सुनेंगे।
- -संकल्प से संवरेगा विकसित छत्तीसगढ़: वित्त मंत्री ओ. पी. चौधरी-छत्तीसगढ़ विधानसभा में 1.87 लाख करोड़ का विनियोग विधेयक पारित-कृषक उन्नति योजना के लिए 10 हजार करोड़ रुपये का प्रावधान-महतारी वंदन योजना के लिए 8,200 करोड़ रुपये का प्रावधानरायपुर। वित्त मंत्री श्री ओ.पी. चौधरी ने छत्तीसगढ़ सरकार के वित्तीय वर्ष 2026-27 के लिए एक लाख 87 हजार 500 करोड़ रुपये का व्यापक और जनोन्मुखी विनियोग विधेयक प्रस्तुत करते हुए राज्य के समग्र विकास की दिशा में एक मजबूत खाका सामने रखा है। विधानसभा में विनियोग विधेयक पर चर्चा का जवाब देते हुए वित्त मंत्री ने कहा कि यह बजट राज्य के 3 करोड़ नागरिकों की आकांक्षाओं को ध्यान में रखते हुए तैयार किया गया है और इसका उद्देश्य समावेशी विकास, आर्थिक सुदृढ़ता तथा अंतिम पंक्ति के व्यक्ति तक योजनाओं का लाभ पहुंचाना है। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के नेतृत्व में तैयार इस बजट को सरकार ने “संकल्प आधारित बजट” बताया है, जो राज्य को वर्ष 2047 तक विकसित राज्य बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।बजट का वित्तीय स्वरूप संतुलित और विकासोन्मुखीवित्त मंत्री श्री ओ.पी. चौधरी ने सदन को जानकारी दी कि प्रस्तुत विनियोग विधेयक कुल विनियोग 1 लाख 87 हजार 500 करोड़ रुपये का है, जिसमें ऋणों का पुनर्भुगतान एवं अन्य समायोजन शामिल हैं। शुद्ध बजट आकार 1 लाख 72 हजार करोड़ रुपये निर्धारित किया गया है। कुल प्राप्तियां भी इसी के अनुरूप 1 लाख 72 हजार करोड़ रुपये आंकी गई हैं, जिनमें से 1 लाख 41 हजार करोड़ रुपये राजस्व प्राप्तियां तथा 29 हजार करोड़ रुपये पूंजीगत प्राप्तियां हैं। व्यय पर दृष्टि डालें तो राजस्व व्यय 1 लाख 45 हजार करोड़ रुपये तथा पूंजीगत व्यय 27 हजार करोड़ रुपये प्रस्तावित है। राज्य का राजस्व घाटा मात्र 2 हजार करोड़ रुपये तथा शुद्ध राजकोषीय घाटा 20 हजार 400 करोड़ रुपये (जीएसडीपी का 2.87 प्रतिशत) अनुमानित है, जो राज्य के वित्तीय अनुशासन और संतुलित प्रबंधन को दर्शाता है।संकल्प के सात स्तंभ और 5 नए महत्वाकांक्षी मिशनवित्त मंत्री श्री चौधरी ने बताया कि यह बजट संकल्प (समावेशी विकास, अधोसंरचना, निवेश, कुशल मानव संसाधन, अंत्योदय, लाइवलीहुड और पॉलिसी) के सात स्तंभों पर टिका है। इस विजन को साकार करने के लिए 500 करोड़ रुपये की लागत से 5 नए मिशन शुरू किए जाएंगे। मुख्यमंत्री एआई मिशन के लिए 100 करोड़ रुपये (तकनीक के विस्तार हेतु), मुख्यमंत्री खेल उत्कर्ष मिशन हेतु 100 करोड़ रुपये, मुख्यमंत्री पर्यटन विकास मिशन के लिए 100 करोड़ रुपये, मुख्यमंत्री अधोसंरचना मिशन के लिए 100 करोड़ रुपये और मुख्यमंत्री स्टार्ट-अप एवं निपुन मिशन हेतु 100 करोड़ रुपये का प्रावधान है।वित्त मंत्री ने बताया कि आर्थिक दृष्टि से छत्तीसगढ़ निरंतर प्रगति कर रहा है। वर्ष 2025-26 में राज्य की आर्थिक वृद्धि दर 8.11 प्रतिशत दर्ज की गई है, जो राष्ट्रीय औसत 7.4 प्रतिशत से अधिक है। कृषि, उद्योग और सेवा क्षेत्रों में संतुलित वृद्धि राज्य की मजबूत आर्थिक नींव को इंगित करती है। कृषि क्षेत्र में 7.49 प्रतिशत, उद्योग में 7.21 प्रतिशत और सेवा क्षेत्र में 9.11 प्रतिशत की वृद्धि दर्ज की गई है। प्रति व्यक्ति आय बढ़कर 1 लाख 79 हजार 244 रुपये हो गई है, जिसमें 10.07 प्रतिशत की वृद्धि दर्ज की गई है। यह वृद्धि राज्य की आर्थिक गतिविधियों में तेजी और नागरिकों की आय में सुधार का संकेत है।वित्त मंत्री ने कहा कि बजट में कृषि एवं किसान कल्याण को सर्वाेच्च प्राथमिकता दी गई है। “कृषक उन्नति योजना” के लिए 10 हजार करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है, जो इस बजट का सबसे बड़ा मद है। राज्य सरकार द्वारा किसानों से 3,100 रुपये प्रति क्विंटल की दर से धान खरीदी की जा रही है और अब तक लगभग 1 लाख 40 हजार करोड़ रुपये का भुगतान सीधे किसानों के खातों में किया जा चुका है। इससे न केवल किसानों की आय में वृद्धि हुई है, बल्कि ग्रामीण अर्थव्यवस्था में भी सकारात्मक प्रभाव पड़ा है। सरकार ने फसल विविधीकरण को बढ़ावा देने के लिए मक्का, कोदो-कुटकी, रागी एवं कपास जैसी फसलों को भी योजना में शामिल किया है। इसके साथ ही कृषि पंपों के लिए निःशुल्क विद्युत आपूर्ति हेतु 5,500 करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है, जिससे खेती की लागत में कमी आएगी।मंत्री श्री चौधरी ने बताया कि महिला सशक्तिकरण के क्षेत्र में भी बजट में महत्वपूर्ण प्रावधान किए गए हैं। “महतारी वंदन योजना” के अंतर्गत राज्य की लगभग 70 लाख महिलाओं को प्रतिमाह 1,000 रुपये की आर्थिक सहायता प्रदान की जा रही है। इस योजना के प्रभावी संचालन के लिए 8,200 करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है। राज्य सरकार ने वर्ष 2026 को “महतारी गौरव वर्ष” घोषित कर महिलाओं के सम्मान, सुरक्षा और आत्मनिर्भरता को प्राथमिकता दी है। इसके अतिरिक्त आंगनबाड़ी सेवाओं, पोषण आहार, महिला एवं बाल विकास योजनाओं के लिए भी पर्याप्त बजट उपलब्ध कराया गया है। उन्होंने कहा कि अधोसंरचना विकास को इस बजट में विशेष महत्व दिया गया है। राज्य में सुदृढ़ आधारभूत ढांचा विकसित करने के लिए 27 हजार करोड़ रुपये का पूंजीगत व्यय प्रस्तावित है। इसके अंतर्गत 1,162 सड़कों के निर्माण हेतु 837 करोड़ रुपये तथा 393 पुलों के निर्माण के लिए 163 करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है। सिंचाई परियोजनाओं के लिए 4,400 करोड़ रुपये तथा जल जीवन मिशन के लिए 3,000 करोड़ रुपये का आवंटन किया गया है। इन प्रावधानों से ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों में कनेक्टिविटी, जल आपूर्ति और कृषि उत्पादन में उल्लेखनीय सुधार होने की संभावना है।वित्त मंत्री ने कहा कि स्वास्थ्य एवं शिक्षा के क्षेत्र में भी बजट में व्यापक प्रावधान किए गए हैं। राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन के लिए 2,000 करोड़ रुपये तथा आयुष्मान योजना के लिए 1,500 करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है। जिला चिकित्सालयों, सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों और प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों के सुदृढ़ीकरण के साथ नए चिकित्सा महाविद्यालयों की स्थापना की योजना भी शामिल है। शिक्षा के क्षेत्र में 700 नए शाला भवनों के निर्माण और तकनीकी शिक्षा संस्थानों के उन्नयन से विद्यार्थियों को बेहतर शैक्षणिक वातावरण उपलब्ध कराया जाएगा। उन्होंने बताया कि ग्रामीण एवं शहरी विकास के क्षेत्र में संतुलित दृष्टिकोण अपनाया गया है। ग्रामीण क्षेत्रों के लिए प्रधानमंत्री आवास योजना और रोजगार गारंटी मिशन के अंतर्गत 4-4 हजार करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है। वहीं शहरी क्षेत्रों में अधोसंरचना विकास के लिए 750 करोड़ रुपये तथा “आदर्श शहर समृद्धि योजना” के माध्यम से नगरीय सुविधाओं का विस्तार किया जाएगा। इसके अतिरिक्त भूमिगत विद्युतीकरण, नालंदा परिसर और आवास योजनाओं के माध्यम से शहरी जीवन स्तर को बेहतर बनाने का प्रयास किया गया है।मंत्री श्री चौधरी ने कहा कि पर्यटन और सांस्कृतिक धरोहर के संरक्षण को भी बजट में विशेष स्थान दिया गया है। “शक्ति पीठ परियोजना” के माध्यम से धार्मिक पर्यटन को बढ़ावा दिया जाएगा, जबकि “रामलला दर्शन योजना” के तहत श्रद्धालुओं को धार्मिक स्थलों के दर्शन की सुविधा प्रदान की जा रही है। होम स्टे नीति के माध्यम से स्थानीय लोगों को स्वरोजगार के अवसर उपलब्ध होंगे और पर्यटन से जुड़े सहायक उद्योगों को भी प्रोत्साहन मिलेगा। उन्होंने कहा कि कानून-व्यवस्था को सुदृढ़ करने के लिए 1,500 नए बस्तर फाइटर के पदों के सृजन, 15 नए पुलिस थानों की स्थापना और 5 साइबर पुलिस स्टेशनों के गठन का प्रावधान किया गया है। इसके साथ ही ई-गवर्नेंस, डिजिटल सेवाओं और पारदर्शिता को बढ़ावा देने के लिए विभिन्न विभागों में तकनीकी सुधार किए जाएंगे।वित्त मंत्री श्री ओ.पी. चौधरी ने कहा कि यह बजट छत्तीसगढ़ के लिए एक दूरदर्शी और संतुलित विकास के दस्तावेज के रूप में उभरकर सामने आएगा, जो समाज के हर वर्ग को साथ लेकर चलने और राज्य को आत्मनिर्भर एवं विकसित बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा। उन्होंने स्पष्ट किया है कि योजनाओं का प्रभावी क्रियान्वयन सुनिश्चित कर विकास का लाभ अंतिम पंक्ति के व्यक्ति तक पहुंचाया जाएगा, जिससे “समृद्ध छत्तीसगढ़” का सपना साकार हो सके।विनियोग विधेयक के चर्चा में नेता प्रतिपक्ष डॉ. चरण दास महंत, महिला एवं बाल विकास मंत्री श्रीमती लक्ष्मी राजवाड़े, विधायक श्रीमती संगीता सिन्हा, सर्वश्री उमेश पटेल, अजय चन्द्राकर, राघवेन्द्र सिंह, किरण सिंहदेव, देवेन्द्र यादव, धर्मजीत सिंह, रामकुमार यादव तथा सुशांत शुक्ला शामिल हुए।
- -मुख्यमंत्री ने 'मोदी के राज्य से लौटकर' पुस्तक का किया विमोचन-छत्तीसगढ़ की महिला पत्रकारों के गुजरात भ्रमण पर आधारित निशा द्विवेदी की पुस्तकरायपुर । मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय ने आज यहां छत्तीसगढ़ विधानसभा स्थित अपने कार्यालय के सभा कक्ष में युवा पत्रकार सुश्री निशा द्विवेदी की पुस्तक 'मोदी के राज्य से लौटकर' का विमोचन किया। इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने कहा कि यात्रा वृत्तांत से पाठकों के लिए इतिहास और संस्कृति की तस्वीर सजीव हो जाती है। पुस्तक में सुश्री निशा द्विवेदी ने एक पत्रकार की नजर से गुजरात यात्रा का वर्णन किया है जो बहुत सराहनीय है।मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि जनसेवा के क्षेत्र में कार्य कर रहे नेतागण और लोकतंत्र के चौथे स्तंभ हमारे पत्रकार साथियों के जीवन में यह एक समानता है कि दोनों ही अपने कार्यक्षेत्र में हमेशा व्यस्त रहते हैं। सक्रिय पत्रकारिता के बीच यात्रा वृत्तांत जैसी रचना के लिए समय निकाल पाना जरूर कठिन रहा होगा। ये बहुत सुखद है कि सुश्री द्विवेदी ने अध्ययन भ्रमण के अनुभवों को किताब के रूप में हम सभी के सामने लेकर आई हैं।मुख्यमंत्री ने कहा कि विगत वर्ष अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस के अवसर पर पत्रकार बहनों से मिलना हुआ था। मुलाकात में महिला पत्रकारों के अध्ययन भ्रमण के विषय में भी चर्चा हुई। ये बहुत खुशी की बात है कि पहली बार छत्तीसगढ़ की 26 महिला पत्रकारों का दल गुजरात राज्य के भ्रमण पर गया। भ्रमण से लौटने के बाद मैंने मुख्यमंत्री निवास में पत्रकार बहनों से मुलाकात की। उसी समय मैंने उन्हें यह सुझाव दिया था कि वे अपनी यात्रा के अनुभवों को जरूर लिखें।मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा इस वर्ष के बजट में भी हमने पत्रकारों के एक्सपोजर विजिट का प्रावधान किया है। हमारे पत्रकार साथी बड़े परिश्रम से सामाजिक सरोकार का कार्य करते हैं। हमारी सरकार हर स्तर पर पत्रकार साथियों को प्रोत्साहित कर रही है। अभी तक पत्रकारों के विविध दल महाराष्ट्र, तमिलनाडु, केरल, गुजरात, राजस्थान जैसे अनेक राज्यों में हुए हैं।मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि गुजरात भ्रमण का उद्देश्य महिला पत्रकारों को विकास के मॉडल को देखने, समझने और उससे सीखने का अवसर देना था। उन्होंने प्रसन्नता व्यक्त करते हुए कहा कि उनकी इच्छा थी कि इस यात्रा को कोई महिला पत्रकार पुस्तक के रूप में लिखे, और यह पुस्तक उसी भावना का परिणाम है।इस अवसर पर महिला एवं बाल विकास मंत्री श्रीमती लक्ष्मी राजवाड़े, विधायक श्री सुशांत शुक्ला, मुख्यमंत्री के सचिव श्री राहुल भगत, जनसंपर्क आयुक्त डॉ रवि मित्तल, रायपुर प्रेस क्लब के अध्यक्ष श्री मोहन तिवारी सहित अनेक पत्रकारगण उपस्थित रहे।
- महासमुंद / वर्तमान में रबी मौसम समाप्ति की ओर है एवं खरीफ मौसम प्रारंभ होने वाला है इस परिप्रेक्ष्य में जिले के सहकारी समितियों में पर्याप्त मात्रा में उर्वरक के भण्डारण का कार्य प्रारंभ किया जा चुका है, आज की स्थिति में जिले के सहकारी समितियों में 7282 टन यूरिया, 6196 टन एसएसपी, 2527 टन डीएपी, 1119 टन एमओपी एवं 1437 टन एनपीके उपलब्ध है, कृषकों से अपील की गई है कि वे परेशानियों से बचने के लिए तत्काल उर्वरकों का अग्रिम उठाव करना प्रारंभ करें। माह जुलाई से सितम्बर के बीच यूरिया उर्वरक की मांग ज्यादा रहती है, इसलिए कृषक भाई अपनी रकबे के अनुसार उर्वरकों का उठाव करें।उपसंचालक कृषि श्री एफ.आर. कश्यप ने निजी विक्रेताओं से अपील की है कि वे बिना लाइसेंस के बीज, खाद एवं कीटनाशी का व्यापार नहीं करें। बिना लाइसेंस के व्यापार करते पाए जाने पर नियमों के तहत वैधानिक कार्यवाही की जाएगी। जो व्यक्ति नया लाइसेंस बनवाना चाहते है वे बीज के लिए एक हजार रुपए, उर्वरक हेतु 1250 रुपए एवं कीटनाशी हेतु एक हजार 500 रुपए (ग्रामीण) एवं 7 हजार 500 रुपए (शहरी) चालान एवं अन्य दस्तावेजों सहित संबंधित विकासखण्ड के वरिष्ठ कृषि विकास अधिकारी से संपर्क स्थापित कर लाइसेंस के प्रकरण जमा करना सुनिश्चित करें। महासमुंद विकासखण्ड के लिए वरिष्ठ कृषि विकास अधिकारी श्री मनीराम उइके मो.नं. 9706103649, बागबाहरा विकासखण्ड के लिए वरिष्ठ कृषि विकास अधिकारी श्री जी.पी शरणागत मो.नं. 8226000146, पिथौरा विकासखण्ड के लिए वरिष्ठ कृषि विकास अधिकारी श्री बृजेश तुरकाने मो.नं. 62611364266, बसना विकासखण्ड के लिए वरिष्ठ कृषि विकास अधिकारी श्रीमती उषा कांति खेस मो.नं. 6260988073 एवं सरायपाली विकासखण्ड के लिए वरिष्ठ कृषि विकास अधिकारी श्री बुंदरलाल मिर्धा के मो.नं. 6261181878 पर संपर्क कर सकते है। file photo








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