ब्रेकिंग न्यूज़

झारखंड के नक्सल प्रभावित इलाकों में रात में हेलीकॉप्टर परिचालन की सुविधा पर विचार


नयी दिल्ली. केंद्र, झारखंड के नक्सल प्रभावित इलाकों में रात में हेलीकॉप्टर के परिचालन की सुविधा स्थापित करने की संभावना पर विचार कर रहा है ताकि तेजी से सुरक्षाबलों की तैनाती और निकासी हो सके। अधिकारियों ने यह जानकारी दी। छत्तीसगढ़ के साथ-साथ झारखंड नक्सल प्रभावित राज्यों में शामिल हैं जहां पर राज्य पुलिस के साथ बड़ी संख्या में केंद्रीय सुरक्षाकर्मी तैनात हैं। अधिकारियों ने बताया कि केंद्रीय गृह मंत्रालय के अधिकारियों ने हाल में वामपंथी उग्रवाद प्रबंधन (एसीएएलडब्ल्यूईएम) योजना के लिए केंद्रीय एजेंसियों की सहायता के मकसद से नए अग्रिम परिचालन ठिकानों और शिविरों की स्थापना के लिए परामर्श बैठक की थी। उन्होंने बताया कि इसके बाद अगली बैठक झारखंड सरकार के प्रतिनिधियों के साथ हुई जिसमें रात को हेलीकॉप्टर परिचालन की सुविधा विकसित करने की संभावना पर चर्चा की गई। अधिकारियों ने बताया कि रात में हेलीकॉप्टर का परिचालन करने की सुविधा से प्राधिकारियों को आपात स्थिति में बलों की तेजी से तैनाती और निकासी में मदद मिलेगी। उन्होंने बताया कि गृह मंत्रालय ने वाम उग्रवाद प्रभावित इलाकों में विशेष केंद्रीय सहायता (एससीए) योजना की प्रगति की समीक्षा के लिए भी जिलाधिकारियों के साथ दो बैठक की। उल्लेखनीय है कि पिछले साल झारखंड के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने कहा कि राज्य में माओवादी हिंसा केवल चार क्षेत्रों तक सीमित है। सोरेन ने कहा कि ये चार क्षेत्र कोलहान डिविजन के तहत पारसनाथ पहाड़, बुद्ध पहाड़, चाईबासा-सरायकेला-खूंटी-त्रि जंक्शन और बिहार से लगती सीमा के कुछ इलाके हैं। आधिकारिक आंकड़ों के मुताबिक वर्ष2016 में 196 नक्सली हिंसा की घटनाएं हुईं जो वर्ष 2020 में घटकर 126 रह गई। इसी प्रकार वर्ष 2016 में माओवादी हिंसा में 61 आम लोग मारे गए थे जबकि वर्ष 2020 में यह संख्या 28 रही।

Related Post

Leave A Comment

Don’t worry ! Your email address will not be published. Required fields are marked (*).

Chhattisgarh Aaj

Chhattisgarh Aaj News

Today News

Today News Hindi

Latest News India

Today Breaking News Headlines News
the news in hindi
Latest News, Breaking News Today
breaking news in india today live, latest news today, india news, breaking news in india today in english