मानसून-पूर्व बारिश के चलते गोवा के समुद्र तट हुए सुनसान
पणजी। गोवा में मानसून-पूर्व बारिश शुरू हो जाने के कारण राज्य के समुद्र तट अब सुनसान नजर आ रहे हैं, जो पर्यटकों और स्थानीय लोगों से भरे रहते हैं। भारत मौसम विज्ञान विभाग (आईएमडी) ने शुक्रवार को गोवा के लिए ‘ऑरेंज अलर्ट' जारी किया है। अगले चार दिन तक भारी बारिश होने का भी पूर्वानुमान है। हालांकि, फिलहाल दक्षिण-पश्चिम मानसून अभी गोवा नहीं पहुंचा है, लेकिन तटीय राज्यों में शुक्रवार से बारिश शुरू हो चुकी है। बेनौलीम के एक स्थानीय मछुआरे पेले उर्फ फ्रांसिस्को फर्नांडीस ने कहा कि समुद्र तटों पर घूमने के लिए यह सबसे अच्छा समय है लेकिन तैराकी के लिए यह सही समय नहीं है। उन्होंने कहा कि घुटने तक गहरे पानी में जाया जा सकता है, लेकिन तैरना सख्त वर्जित है। उन्होंने कहा, ‘‘एक जून से 31 जुलाई तक मोटर चालित नौका से मछली पकड़ना प्रतिबंधित कर दिया गया है। कुछ अवधि के लिए केवल पारंपरिक मछुआरों को मछली पकड़ने की अनुमति दी गई है।'' राज्य सरकार की ओर से नियुक्त एजेंसी दृष्टि लाइफसेविंग सर्विसेज ने तट के किनारे लाल झंडे लगा दिये हैं जबकि इसके कर्मी समुद्र तटों पर गश्त भी कर रहे हैं। मुंबई से अपने परिवार संग आए पर्यटक राहुल गायकवाड़ ने कहा कि मानसून के दौरान गोवा के समुद्र तट साफ-सुथरे होते हैं। उन्होंने कहा, ‘‘समुद्र तटों पर मुक्त रूप से टहला जा सकता है। बारिश के मौसम में होटल का किराया काफी कम रहता है जो पर्यटकों के लिए वहनीय हो जाता है।'' राज्य पर्यटन विभाग के एक वरिष्ठ अधिकारी ने कहा कि गोवा साल भर की पर्यटन गतिविधियों पर ध्यान केंद्रित कर रहा है। उन्होंने कहा, ‘‘(गोवा में) ऑफ-सीजन नहीं होता, हम चाहते हैं कि बारिश के मौसम में भी लोग गोवा आएं। मानसून के समय में गोवा अधिक हरा-भरा रहता है।








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