भौतिक विज्ञानी प्रोफेसर धर को बोल्ट्जमैन पदक के लिए चुना गया
पुणे (महाराष्ट्र). भारतीय विज्ञान शिक्षा एवं अनुसंधान संस्थान (आईआईएसईआर), पुणे के भौतिक विज्ञानी और अवकाश प्राप्त संकाय प्रोफेसर दीपक धर को 2022 के लिए प्रतिष्ठित बोल्ट्जमैन पदक के लिए चुना गया है। प्रमुख संस्थान के एक वरिष्ठ अधिकारी ने सोमवार को यह जानकारी दी। उन्होंने बताया कि धर पुरस्कार के लिए चुने गए दो भौतिकविदों में से एक हैं, दूसरे पुरस्कार विजेता प्रिंस्टन विश्वविद्यालय से प्रोफेसर जॉन हॉपफील्ड हैं। इंटरनेशनल यूनियन ऑफ प्योर एंड एप्लाइड फिजिक्स (आईयूपीएपी) के सांख्यिकीय भौतिकी पर सी3 आयोग द्वारा स्थापित बोल्ट्जमैन पदक सांख्यिकीय भौतिकी में उत्कृष्ट उपलब्धियों को सम्मानित करने के लिए तीन साल में एक बार दिया जाता है। यह पुरस्कार अगले साल अगस्त में जापान के तोक्यो में आयोजित होने वाले स्टैटफिस 28 सम्मेलन के दौरान प्रदान किया जाएगा। धर को सांख्यिकीय भौतिकी के कई क्षेत्रों में उनके मौलिक योगदान के लिए उन्हें पुरस्कार दिया जाने वाला है। इलाहाबाद विश्वविद्यालय और भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थान (आईआईटी) कानपुर के पूर्व छात्र धर ने सांख्यिकीय भौतिकी और स्टोकेस्टिक प्रक्रियाओं में अनुसंधान में एक लंबा सफर तय किया है, जिसकी शुरुआत 1978 में कैलिफोर्निया इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी में पीएचडी के साथ हुई थी। आईआईएसईआर, पुणे के बयान में कहा गया, ‘‘चार दशकों में मुंबई में टाटा इंस्टीट्यूट फॉर फंडामेंटल रिसर्च में प्रोफेसर धर ने स्व-संगठित महत्वपूर्ण प्रणालियों के व्यवहार को समझने, फेस इंटरफेस पर गतिशीलता की व्याख्या करने सहित सांख्यिकीय भौतिकी के कई विषयों पर अनुसंधान किया।






.jpg)
.jpg)

.jpg)
Leave A Comment