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- रायपुर, /राज्य शासन के राजस्व एवं आपदा प्रबंधन विभाग द्वारा बनाए गए राज्य स्तरीय नियंत्रण कक्ष द्वारा संकलित जानकारी के मुताबिक एक जून 2024 से अब तक राज्य में 1068.4 मिमी औसत वर्षा दर्ज की जा चुकी है। राज्य के विभिन्न जिलों में 01 जून 2024 से आज 14 सितम्बर सवेरे तक रिकार्ड की गई वर्षा के अनुसार बीजापुर जिले में सर्वाधिक 2280.3 मिमी और सरगुजा जिले में सबसे कम 547.3 मिमी औसत वर्षा दर्ज की गयी है।राज्य स्तरीय बाढ़ नियंत्रण कक्ष से प्राप्त जानकारी के अनुसार एक जून से अब तक सूरजपुर जिले में 976.0 मिमी, बलरामपुर में 1411.0 मिमी, जशपुर में 837.2 मिमी, कोरिया में 962.8 मिमी, मनेन्द्रगढ़-चिरमिरी-भरतपुर में 976.4 मिमी औसत वर्षा दर्ज की गयी।इसी प्रकार, रायपुर जिले में 908.9 मिमी, बलौदाबाजार में 1122.1 मिमी, गरियाबंद में 1014.1 मिमी, महासमुंद में 851.4 मिमी, धमतरी में 975.2 मिमी, बिलासपुर में 929.1 मिमी, मुंगेली में 1044.8 मिमी, रायगढ़ में 953.2 मिमी, सारंगढ़-बिलाईगढ़ में 619.6 मिमी, जांजगीर-चांपा में 1129.4 मिमी, सक्ती 948.4 मिमी, कोरबा में 1307.8 मिमी, गौरेला-पेण्ड्रा-मरवाही में 1091.7 मिमी, दुर्ग में 629.2 मिमी औसत वर्षा दर्ज की गयी। कबीरधाम जिले में 849.3 मिमी, राजनांदगांव में 1074.1 मिमी, मोहला-मानपुर-अंबागढ़ चौकी में 1195.1 मिमी, खैरागढ़-छुईखदान-गंडई में 813.5 मिमी, बालोद में 1126.1 मिमी, बेमेतरा में 569.8 मिमी, बस्तर में 1218.7 मिमी, कोण्डागांव में 1114.5 मिमी, कांकेर में 1359.8 मिमी, नारायणपुर में 1337.1 मिमी, दंतेवाड़ा में 1462.8 मिमी और सुकमा जिले में 1620.0 मिमी औसत वर्षा एक जून से अब तक रिकार्ड की गई।
- -मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय 57 हजार श्रमिकों को 49.43 करोड़ राशि का डी.बी.टी. के माध्यम से करेंगे वितरण-छत्तीसगढ़ श्रम विभाग द्वारा कार्यक्रम का आयोजनरायपुर, / मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के नेतृत्व में प्रदेश के श्रमिकों के हित में अनेक कल्याणकारी योजनाएं संचालित की जा रही है। जिसका सीधा लाभ श्रमिकों एवं उनके परिवार के सदस्यों को मिल रहा है। उद्योग मंत्री श्री लखन लाल देवांगन ने बताया कि मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय 17 सितंबर विश्वकर्मा जयंती के अवसर पर ‘श्रमिक सम्मेलन‘ में 57 हजार से अधिक पंजीकृत श्रमिकों एवं उनके परिवार के सदस्यों को 49 करोड़ 43 लाख 52 हजार 294 रूपए केन्द्रीकृत डी.बी.टी. के माध्यम से वितरण करेंगे। यह कार्यक्रम राजधानी रायपुर के बलवीर सिंह जुनेजा इंडोर स्टेडियम आयोजित होगा।श्रम विभाग के अधिकारियों ने आज यहां बताया कि प्रदेश के पंजीकृत श्रमिकांे एवं उनके परिवार के सदस्यों को श्रम विभाग के अधीन छत्तीसगढ़ भवन एवं अन्य सर्न्न्मिाण कर्मकार कल्याण मंडल के अंतर्गत 47 हजार 726 निर्माण श्रमिकों 38 करोड़ 37 लाख 10 हजार 652 रूपए, छत्तीसगढ़ असंगठित कर्मकार राज्य सामाजिक सुरक्षा मंडल अंतर्गत 6873 श्रमिकों को 9 करोड़ 86 लाख 58 हजार 500 रूपए एवं छत्तीसगढ़ श्रम कल्याण मंडल अंतर्गत 2496 श्रमिकों को 1 करोड़ 19 लाख 83 हजार 142 रूपए की राशि डी.बी.टी. के जरिए वितरण करेंगे। इस तरह कुल 57 हजार 95 श्रमिकों को कुल राशि 49 करोड़ 43 लाख 5 हजार 229 रूपये का वितरण केन्द्रीयकृत डी.बी.टी. के माध्यम से किया जाएगा।श्रम विभाग के अधिकारियों ने बताया कि छत्तीसगढ़ भवन एवं अन्य सन्निर्माण कर्मकार कल्याण मंडल के अंतर्गत 47 हजार 726 लाभार्थियों को कुल 38 करोड़ 37 लाख 10 हजार 652 रूपए का वितरण किया जाएगा। जिसमें मिनीमाता महतारी जतन योजना के अंतर्गत 5793 लाभार्थियों को 11 करोड़ 58 लाख 60 हजार रूपए, मुख्यमंत्री सायकल सहायता योजना के अंतर्गत 8181 लाभार्थियों को 3 करोड़ 3 लाख 8 हजार 652 रूपए, मुख्यमंत्री श्रमिक औजार सहायता योजना के अंतर्गत 6171 लाभार्थियों को 2 करोड़ 15 लाख 34 हजार 288 रूपए, मुख्यमंत्री सिलाई मशीन सहायता योजना के अंतर्गत 125 लाभार्थियों को 9 लाख 79 हजार 600 रूपए, मुख्यमंत्री नौनिहाल छात्रवृत्ति योजना के अंतर्गत 9749 लाभार्थियों को 1 करोड़ 84 लाख 87 हजार रूपए, मुख्यमंत्री नोनी बाबू मेधावी शिक्षा सहायता योजना के अंतर्गत 576 लाभार्थियों को 73 लाख 67 हजार 612 रूपए, मुख्यमंत्री निर्माण श्रमिक दीर्घायु सहायता योजना के अंतर्गत 5 लाभार्थियों को 1 लाख रूपए, मुख्यमंत्री निर्माण मजदूर सुरक्षा उपकरण सहायता योजना के अंतर्गत 3653 लाभार्थियों को 54 लाख 79 हजार 500 रूपए, मुख्यमंत्री निर्माण श्रमिक मृत्यु एवं दिव्यांग सहायता योजना के अंतर्गत 279 लाभार्थियों को 2 करोड़ 83 लाख रूपए, मुख्यमंत्री नोनी सशक्तिकरण सहायता योजना के अंतर्गत 6517 लाभार्थियों को 13 करोड़ 3 लाख 40 हजार रूपए, मुख्यमंत्री श्रमिक सियान सहायता योजना अंतर्गत 708 लाभार्थियों को 1 करोड़ 41 लाख 60 हजार रूपए, निर्माण श्रमिकों के बच्चों हेतु निःशुल्क गणवेश एवं पुस्तक कॉपी सहायता राशि भुगतान योजना के अंतर्गत 5941 लाभार्थियों को 79 लाख 94 हजार रूपए, मुख्यमंत्री निर्माण श्रमिक आवास सहायता योजना के अंतर्गत 28 लाभार्थियों को 28 लाख रूपए का डी.बी.टी. के माध्यम से वितरण करेंगे।इसी तरह छत्तीसगढ़ असंगठित कर्मकार राज्य सामाजिक सुरक्षा मंडल के अंतर्गत 6873 लाभार्थियों को कुल 9 करोड़ 86 लाख 58 हजार 500 रूपए का वितरण किया जाएगा। जिसमें असंगठित कर्मकार महतारी जतन योजना के 3085 लाभार्थियों को 6 करोड़ 17 लाख रूपए, असंगठित कर्मकार मृत्य एवं दिव्यांग सहायता योजना के 322 लाभार्थियों को 3 करोड़ 22 लाख रूपए, असंगठित कर्मकार छात्रवृत्ति योजना के 3463 लाभार्थियों को 46 लाख 8 हजार 500 रूपए, ई-रिक्शा सहायता योजना के 3 लाभार्थियों को 1 लाख 50 हजार रूपए का वितरण करेंगे।छत्तीसगढ़ श्रम कल्याण मंडल के अंतर्गत 2496 लाभार्थियों को 1 करोड़ 19 लाख 83 हजार 142 रूपए का वितरण करेंगे। जिसमें शैक्षणिक छात्रवृत्ति योजना के 504 लाभार्थियों को 22 लाख 42 हजार रूपए, निःशुल्क सायकल वितरण योजना के 1427 लाभार्थियों को 52 लाख 17 हजार 342 रूपए, निःशुल्क सिलाई मशीन वितरण योजना के 562 लाभार्थियों को 44 लाख 38 हजार 800 रूपए एवं खेलकूद प्रोत्साहन योजना के 3 लाभार्थियों को 85 हजार रूपए का वितरण केन्द्रीयकृत डी.बी.टी. के माध्यम से किया जाएगा।
- -7 गांवों के 7 सौ से अधिक किसानों के लिए 98 लाख 38 हजार रूपये जारीरायपुर, /मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के निवास में आयोजित होने वाले मुख्यमंत्री जनदर्शन का सीधा लाभ आमजनों को मिल रहा है। जनदर्शन में प्राप्त निर्देशों के अनुरूप बलोदाबाजार जिला प्रशासन ओला वृष्टि से प्रभावित फसल क्षति हेतु सोनाखान क्षेत्र अंतर्गत 7 गावों के 772 किसानों के लिए 98 लाख 38 हजार 528 रूपये जारी किया है। जिसमें ग्राम सुखरी के 79, छतवन 174, देवगांव 44, गनौद 59, कुशगढ़ के 156 एवं कुशभाटा के 174 प्रभावित किसान शामिल है। उक्त सभी किसानों के खाते में आरटीजीएस के माध्यम राशि तहसीलदार सोनाखान के द्वारा जमा करा दिया गया है। उक्त राशि मिलने से किसानों को बड़ी राहत मिलेगी।गौरतलब है की 2023 में ग्राम नगेड़ा के आसपास ग्रीष्मकालीन धान का फसल लगा हुआ था जो पूरी तरह से पक चुका था। मई माह में जोरदार ओलावृष्टि हुआ जिससे धान का फसल पूरी तरह से क्षतिग्रस्त हो गया था। ओलावृष्टि से नुकसान हुए फसल के मुआवजा हेतु मुख्यमंत्री सहित कलेक्टर को भी आवेदन बड़ी संख्या में किसानों द्वारा दिया गया था। उसी समय ओलावृष्टि हुए आस पास के गांवों में कलमीदादर, बानीखार, देवरी, नगेड़ी, सहित कुल 33 गांवों को मुआवजा मिल चुका था। पर अन्य गांवों का मुआवजा बचा हुआ था जिसे अब जारी किया गया है। आवेदको में शामिल नगेड़ा निवासी डीगेश पटेल ने कहा फसल क्षति से प्रभावित मेरे दादी एवं पिता जी के खाते में मुआवजा राशि प्राप्त हुई है। उन्होंने इसके लिए मुख्यमंत्री के प्रति आभार व्यक्त किया हैं।file photo
- -बलौदाबाजार जिले में अब तक 191 मरीज लाभांवित,7 करोड़ 32 लाख रूपये से अधिक की दी गई आर्थिक मददरायपुर /मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के सुशासन की संकल्पना को साकार करते हुए मुख्यमंत्री विशेष स्वास्थ्य सहायता योजना का लाभ गंभीर बीमारियों के इलाज हेतु बच्चों से लेकर बुजुर्गो तक एवं जिले आर्थिक रूप से कमजोर तबके के मरीजों को मिल रहा है। विकासखंड पलारी के अंतर्गत ग्राम अमेरा की 22 वर्षीय कॉलेज छात्रा ऋचा कुर्रे को तीन साल पहले पीलिया हुआ। कमज़ोरी,बुखार,मल के साथ खून का आना,शरीर में पीलापन यह दिक्कतें बनी हुई थीं। बाद में विभिन्न जांचों के बाद रायपुर के एक बड़े निजी अस्पताल में यह पता चला कि उन्हें लिवर में समस्या है। डॉक्टर ने लिवर के ऑपरेशन की सलाह दी। उस समय एक ऑपेरशन हुआ।ऋचा के परिवार ने बताया की उक्त ऑपेरशन के बाद भी राहत नहीं मिली जिससे बाद में लिवर ट्रांसप्लांट की सलाह दी गई। ऐसे में धन की कमी को देखते हुए मुख्यमंत्री विशेष स्वास्थ्य योजना अंतर्गत आवेदन दिया गया जिससे 18 लाख की सहायता राशि प्राप्त हुई । ऑपेरशन के बाद अभी ऋचा स्वस्थ हैं।ऐसे ही एक अन्य प्रकरण में पलारी के ही ग्राम हरिनभट्टा निवासी रमेश कुमार कन्नौजे की की पत्नी को समय से पूर्व प्रसव में जुड़वां बच्चे हुए,जिन्हें रायपुर के बच्चों वाले एक निजी अस्पताल में विशेष देखभाल हेतु 105 दिन तक भर्ती किया गया। इसके लिए योजना के तहत 10 लाख के करीब सहायता राशि प्रदान की गई।विकासखंड सिमगा के ग्राम केशली के 50 वर्षीय संजय कुमार वर्मा को एक वर्ष पूर्व हृदयघात हुआ जिसका इलाज रायपुर के अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान (एम्स) में किया गया। इलाज के दौरान डॉक्टर ने उन्हें पेसमेकर लगवाने की सलाह दी। इसके लिए परिवार ने मुख्यमंत्री विशेष स्वास्थ्य सहायता योजना में आवेदन किया जिससे उन्हें 6.5 लाख की सहायता दी गई।उक्त सभी मरीजों के परिजनों ने मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय का आभार व्यक्त किया है और ऐसी योजनाओं को जनता के हित के किये जरूरी बताया है।राज्य के नागरिकों को बेहतर चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराने,दुर्लभ बीमारियों में होने वाले इलाज के व्यय से बचाने तथा उसमें सहयोग करने के लिए संजीवनी सहायता कोष का विस्तार करते हुए मुख्यमंत्री विशेष स्वास्थ्य सहायता योजना चलाई जा रही है जिसमें अधिकतम 25 लाख रुपए की सहायता राशि इलाज हेतु संबंधित अस्पताल को मरीज के पूरे दस्तावेजों के निरीक्षण के पश्चात दिया जाता है । जिले में अब तक 191 मरीज लाभान्वित हुए हैं जिन्हें कुल 7 करोड़ 32 लाख 60 हज़ार 1 सौ 33 से अधिक की सहायता राशि दी जा चुकी है।प्राथमिकता एवं अंत्योदय राशन कार्डधारी परिवार (छत्तीसगढ़ सरकार की अद्यतन सूची अनुसार) इस योजना हेतु पात्र हैं। योजना का लाभ राज्य एवं राज्य के बाहर के पंजीकृत चिकित्सालय में उपचार कराने पर ही प्रदान किया जाता है। जिसमें राज्य एवं राज्य के बाहर के सभी सरकारी चिकित्सालय, पंजीकृत निजी चिकित्सालय तथा सी.जी.एच.एस.के अतंर्गत पंजीकृत चिकित्सालय सम्मिलित हैं।मुख्यमंत्री विशेष स्वास्थ्य सहायता योजना के माध्यम से लिवर,किडनी,फेफड़े,हृदय के प्रत्यारोपण के अलावा कैंसर, हृदय रोग,एप्लास्टिक अनीमिया,कॉक्लियर इम्प्लांट,हीमोफीलिया में इस योजना का लाभ मिलता है। विभिन्न प्रकार की अन्य ऐसी बीमारियां जिनका इलाज राज्य की अन्य योजनाओं में उपलब्ध ना हो उसमें सहायता विशेष समिति की अनुशंसा पर की जा सकती है। तकनीकी समिति की अनुशंसा पर आवश्यकतानुसार राज्य सरकार बीमारियों की सूची में संशोधन कर सकती है । इस बारे में अन्य जानकारी लेने के लिए 104 पर कॉल किया जा सकता है । साथ ही https://dkbssy.cg.nic.in/mvssy/index.aspx की वेबसाइट पर भी देख सकते हैं।
- - तेलासीपुरी धाम में आयोजित दशहरा मेला उत्सव के लिए दिया आमंत्रणरायपुर / मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय से आज यहां उनके निवास कार्यालय में खाद्य मंत्री श्री दयाल दास बघेल के नेतृत्व में आये सतनामी समाज के प्रतिनिधिमंडल ने सौजन्य मुलाकात की । मुख्यमंत्री को प्रतिनिधिमंडल ने तेलासीपुरी धाम में आयोजित दशहरा मेला उत्सव में बतौर मुख्य अतिथि शामिल होने का आमंत्रण दिया। मुख्यमंत्री श्री साय ने प्रतिनिधिमंडल को तेलासीपुरी धाम दशहरा मेला उत्सव में आमंत्रण के लिए धन्यवाद देते हुए मेला उत्सव के सफल आयोजन के लिए शुभकामनाएं दीं। इस अवसर पर पूर्व विधायक श्री गुरु दयाल बंजारे, पूर्व विधायक श्री संजय ढीढी सहित सतनामी समाज के अन्य पदाधिकारी उपस्थित थे।
- -गोपालपुर स्थित स्वामी आत्मानंद शासकीय उत्कृष्ट अंग्रेजी विद्यालय में छात्रों को साइकिल वितरण कार्यक्रम में शामिल हुए मंत्री श्री देवांगनरायपुर, / विष्णु देव सरकार में बालिकाओं को शिक्षा के प्रति जागरूक करने और उन्हें स्कूल जाने के लिए प्रोत्साहित करने का काम कर रही है। “ग्रामीण इलाकों में शिक्षा की दिशा में किए जा रहे प्रयासों का सीधा फायदा बालिकाओं को मिल रहा है, और इससे उनका आत्मविश्वास भी बढ़ा है। उक्त बातें वाणिज्य उद्योग और श्रम मंत्री श्री लखन लाल देवांगन ने स्वामी आत्मानंद शासकीय उत्कृष्ट अंग्रेजी विद्यालय, गोपालपुर में मुख्यमंत्री सरस्वती साइकिल योजना के वितरण कार्यक्रम के दौरान कही।मंत्री श्री देवांगन ने कहा की कक्षा 9 वीं में अध्ययनरत छात्राओं को कहा कि पैदल आने जाने की समस्या से निजात दिलाने के लिए मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने सरस्वती साइकिल योजना के तहत साइकिल वितरण का निर्देश अधिकारियों को दिए हैं। मुख्यमंत्री की संवेदनशीलता का ही परिणाम है कि आज ग्रामीण क्षेत्र की छात्राएं साइकिल से स्कूल आना-जाना कर नियमित अध्ययन कर आगे बढ़ रही हैं। मंत्री श्री देवांगन ने कहा कि हमारी सरकार बेटियों को निःशुल्क पाठ्यपुस्तक, गणवेश प्रदान कर रही है, जिससे बेटियां पढ़-लिखकर अपने परिवार के साथ क्षेत्र का नाम रोशन करते हुए आगे बढ़े।मंत्री श्री देवांगन ने कहा की सरस्वती साइकिल योजना की शुरुआत वर्ष 2004-2005 में डॉ. रमन सरकार के कार्यकाल में की गई थी, और तब से अब तक लाखों बालिकाओं को इस योजना के तहत साइकिल वितरित की जा चुकी है। उन्होंने कहा कि शिक्षा ही समाज के विकास की नींव होती है और इस योजना के माध्यम से बालिकाओं को सशक्त और आत्मनिर्भर बनाने का प्रयास किया जा रहा है। इससे ग्रामीण क्षेत्रों में बालिकाओं की स्कूल छोड़ने की दर में भी कमी आई है। उन्होंने कहा कि हमारी सरकार ने बालिकाओं को शिक्षा के प्रति प्रोत्साहित करने के लिए यह पहल की है, ताकि वे आसानी से स्कूल पहुंच सकें और उनकी शिक्षा में बाधा न आए। यह योजना न केवल उनकी शिक्षा को आगे बढ़ाने में मदद करती है, बल्कि उन्हें स्वावलंबी बनाने का एक प्रयास भी है।मंत्री श्री देवांगन ने कहा कि कोरबा जिले के सभी शासकीय स्कूलों के मरम्मत के लिए डीएमएफ से राशि स्वीकृत की जा चुकी है। स्कूलों में नाश्ते की भी शुरुवात हो चुकी है। स्कूलों की सभी बुनियादी सुविधाएं अच्छे ढंग से उपलब्ध कराने का प्रयास किया जा रहा है।इस अवसर पर वार्ड क्रमांक 16 के पार्षद नरेंद्र देवांगन, पार्षद पुष्पा कंवर, दर्री मंडल अध्यक्ष ईश्वर साहू, शाला प्रबंधन समिति के अध्यक्ष रतिचंद देवांगन, मनोज यादव, मुकुंद सिंह कंवर स्कूल की प्राचार्य सीमा भारद्वाज समेत अधिक संख्या में शिक्षक और अभिभावक भी उपस्थित रहे।
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-हर महीने विष्णु भैया भेजते हैं रुपए
रायपुर /सरगुजा जिले के पहाड़ी कोरवा बाहुल्य ग्राम रामनगर की श्रीमती संगीता पहाड़ी कोरवा कहती हैं कि हमारे मुख्यमंत्री श्री विष्णु भईया हर महीने एक हजार रूपये हमारे बैंक खाते में भेजते हैं। महतारी वंदन योजना के तहत मिले पैसों से काफी मदद हो जाती है। इन रुपयों को घर के छोटे-मोटे खर्चे, बच्चों के पढ़ाई-लिखाई के समान खरीदने में खर्च करते हैं।इसी तरह ग्राम रामनगर (बरपारा) निवासी श्रीमती गुलाबी भी महतारी वंदन योजना की हितग्राही हैं। वे कहती हैं कि महतारी वंदन योजना के अंतर्गत हर महीना एक हजार रुपए की राशि सीधे खाते में मिल जाती हैं। इस पैसे से घरेलू खर्चे में काफी मदद हो जाती है और हाथ में पैसा हो तो आत्मविश्वास रहता है।उल्लेखनीय है कि मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने 2 सितंबर को महतारी वंदन योजना के सातवीं किस्त की राशि के रूप में 01-01 हजार रुपए डीबीटी के माध्यम से महिलाओं के खाते में अंतरित किये। सरगुजा जिले में 7वीं किश्त में जिले की 2 लाख 32 हजार 840 महिलाओं के खाते में 21 करोड़ 48 लाख रुपए अंतरित किए गए हैं। प्रदेश में महिलाओ के आर्थिक स्वावलंबन तथा उनके स्वास्थ्य एवं पोषण स्तर मे सतत सुधार तथा परिवार मे उनकी निर्णायक भूमिका सुदृढ़ करने हेतु महिला सशक्तिकरण को बढ़ावा देने के उद्देश्य से “महतारी वंदन योजना” लागू किए जाने का निर्णय लिया गया। जिसके अंतर्गत राज्य की विवाहित, विधवा परित्यक्ता और तलाकशुदा जिनकी उम्र 21 वर्ष से अधिक हो ऐसी महिलाओं को प्रतिमाह 1000 रुपये की वित्तीय सहायता प्रदान की जाती है। प्रधानमंत्री श्री मोदी ने बटन दबाकर प्रथम किश्त की राशि जारी की थी। योजना के तहत पहले चरण में राज्य के करीब 70 लाख से अधिक महिलाओं को लाभार्थी के तौर पर चुना गया है, जिनके बैंक खाते में योजना की 7वीं किश्त ट्रांसफर कर दी गई हैं। - रायपुर / मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने प्रदेशवासियों को डोल ग्यारस पर्व की बधाई और शुभकामनाएं दी है। इस अवसर पर उन्होंने भगवान श्रीकृष्ण से सभी नागरिकों की सुख-समृद्धि एवं खुशहाली की कामना की है। अपने शुभकामना संदेश में श्री साय ने कहा है कि श्रीकृष्ण जन्म के अठारहवें दिन माता यशोदा ने उनका जल पूजन (घाट पूजन) किया था। इसी दिन को ’डोल ग्यारस’ के रूप में मनाया जाता है। इसे जलझूलनी एकादशी भी कहा जाता है। डोल ग्यारस के अवसर पर भगवान कृष्ण की पूजा-अर्चना के बाद ढोल-नगाड़ों के साथ शोभायात्रा निकाली जाती है। श्री साय ने प्रार्थना की है कि एकादशी के पवित्र अवसर पर ईश्वर सब पर अपनी कृपा बनाए रखें।
- रायपुर, / मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने 14 सितम्बर को हिंदी दिवस पर प्रदेशवासियों को बधाई और शुभकामनाएं दी हैं। उन्होंने कहा है कि राजभाषा हिंदी राष्ट्रीय एकता और सद्भावना को बनाए रखने में मह्त्वपूर्ण भूमिका निभाती है। हिंदी के सहज-सरल होने के कारण इसने देश को एक सूत्र में बांधने में अहम भूमिका निभाई है। श्री साय ने कहा है कि हिन्दी अत्यंत समृद्ध एवं जीवंत भाषा है, इसका स्वरूप समावेशी हैै। इसकी लिपि देवनागरी विश्व की सबसे पुरानी एवं वैज्ञानिक लिपियों में से है। हिन्दी के गुण उसे भाषा के दर्जे से ऊपर एक संस्कृति के रूप में प्रतिष्ठित करतेे हैं। उन्होंने कहा है कि हिंदी दिवस हमें याद दिलाता है कि भाषा के माध्यम से हम अपनी पहचान और संस्कृति को संरक्षित कर सकते हैं। हमें चाहिए कि हम हिंदी को प्रोत्साहित करें और अधिक से अधिक इसका उपयोग करें। मातृभाषा की उन्नति बिना, किसी भी समाज की तरक्की संभव नहीं है। राजभाषा के गौरव और महत्व को और आगे ले जाने के लिए सब संकल्पित भाव से कार्य करें।
- -कलेक्टर एसपी कान्फ्रेंस में दिए गए निर्देशों का हो प्रभावी ढंग से पालन-कलेक्टर एसपी कॉन्फ्रेंस से बदली हुई कार्यप्रणाली का तत्काल दिखना चाहिए जिलों में असर-आत्म समर्पित माओवादियों के पुनर्वास के लिए व्यापक नीति जल्द-स्थानीय समस्याओं का निराकरण जिला स्तर पर ही सुनिश्चित हो-रायपुर में मुख्यमंत्री जनदर्शन माह में केवल एक बार होगा आयोजित-महिलाओं के विरूद्ध अपराधों में अपराधी को सजा दिलाने त्वरित हो कार्यवाही-जनता के सेवक के रूप में कर्तव्यों का करें निर्वहनरायपुर, /मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने कलेक्टरों और पुलिस अधीक्षकों से कहा है कि कलेक्टर एसपी कॉन्फ्रेंस में दिए गए निर्देशों का रिजल्ट कल से ही मैदानी स्तर पर दिखना शुरू हो जाए। उन्होंने कहा कि जिले स्तर की समस्याओं का निराकरण जिला स्तर पर ही किया जाए, इसके लिए सुविधा अनुसार जिले में नियमित जनदर्शन आयोजित किए जाएं। उन्होंने कलेक्टर और एसपी को सम्बोधित करते हुए कहा कि कलेक्टर एसपी कॉन्फ्रेंस में दिए गए निर्देशों का आज से ही त्वरित एवं प्रभावी परिपालन सुनिश्चित करते हुए अपनी कार्यप्रणाली को बेहतर करें, जिसका असर तत्काल जिलों में दिखना चाहिए।उन्होंने कहा कि स्थानीय एवं जिले स्तर पर निराकृत हो सकने वाले मामले स्थानीय एवं जिले स्तर पर ही निराकृत हो, यह सभी कलेक्टर प्रति सप्ताह जनदर्शन लेकर सुनिश्चित करें। यदि स्थानीय स्तर पर निराकृत होने वाले प्रकरण राज्य स्तर पर आयोजित होने वाले मुख्यमंत्री जनदर्शन में आएंगे, तो वह संबंधित जिले में प्रशासनिक अमले की प्रभावशीलता पर प्रश्नचिन्ह लगने की दृष्टि से देखा जाएगा । उन्होंने कहा कि राज्य स्तर की समस्याओं का समाधान प्रदेश स्तर पर किया जाएगा। रायपुर में अब मुख्यमंत्री जनदर्शन माह में केवल एक बार आयोजित किया जाएगा, जिसमें महत्वपूर्ण और राज्य स्तरीय मामले ही आने चाहिए।मुख्यमंत्री ने यह भी कहा कि आत्म समर्पित माओवादियों के पुनर्वास के लिए व्यापक नीति जल्द लायी जाएगी।मुख्यमंत्री ने कहा कि हमारी सरकार मोदी जी की गारंटी और सुशासन की गारंटी की सरकार है। अधिकारी स्वयं को जनता का सेवक मानते हुए पूरे समर्पण, मेहनत और ईमानदारी से अपने कर्तव्यों का निर्वहन करें। शासन की नीतियों और योजनाओं का लाभ अंतिम पंक्ति के व्यक्ति को भी पारदर्शिता के साथ मिले। मुख्यमंत्री ने कहा कि आज सरकार को 9 माह पूरे हो रहे हैं। इस खास मौके पर आप सभी से चर्चा का यह अनुभव शानदार रहा।मुख्यमंत्री ने कहा कि जिला और पुलिस प्रशासन सरकार की आंख और कान के समान है। जिला प्रशासन के कार्याें से शासन की इमेज बनती है। उन्होंने कहा कि पुलिस के हाथ लोहे के और दिल मोम का होना चाहिये। अपराधियों और असामाजिक तत्वों में पुलिस का भय हो तथा समाज के कमजोर वर्गाें, महिलाओं, और बच्चों में सुरक्षा का भाव जगे। जिला और पुलिस प्रशासन के प्रमुखों में इन वर्गाें के प्रति गार्जियनशिप की भावना होनी चाहिए। जिले में कलेक्टर एवं पुलिस अधीक्षक दोनों आपस में समन्वय स्थापित करते हुए संयुक्त रूप से दौरा करें। श्री साय ने कहा कि पुलिस विभाग की रीढ़ अनुशासन है। ऐसे में आवश्यक है कि आपराधिक गतिविधियों में लिप्त पुलिस के कर्मचारियों पर कठोर कार्यवाही की जाए।मुख्यमंत्री ने जोर देकर कहा कि महिलाओं से संबंधित गंभीर अपराधों में आरोपी की तत्काल गिरफ्तारी हो और विशेष अभियोजक नियुक्त कर समयबध्द ट्रायल पूर्ण करवाकर दोष सिद्ध होने पर सजा दिलाना सुनिश्चित किया जाए। सैद्धांतिक रूप से इन प्रकरणों के आरोपियों को तीन माह की समय-सीमा में समस्त वैधानिक कार्यवाही पूर्ण कर न्यायालय द्वारा प्रकरण में सजा दिलाने के लिए कार्य योजना तैयार की जाए। अवैध शराब, सट्टा, मादक पदार्थ, जुआ के विरूद्ध जीरो टालरेंस के साथ काम किया जाए। ऐसी शिकायतें मिलने पर इसके लिये पुलिस अधीक्षक जिम्मेदार माने जायेंगे।मुख्यमंत्री ने कहा कि सायबर क्राईम को रोकने के लिए प्रभावी कार्यवाही की जाए। लोगों को जागरूक किया जाए। साथ ही यह भी आवश्यक है कि इन अपराधों पर नियंत्रण के लिये पुलिस सक्षम हो। राज्य सरकार द्वारा इसके लिए आवश्यक संसाधन और प्रशिक्षण की सुविधा उपलब्ध कराई जाएगी।मुख्यमंत्री ने कहा कि सड़क दुर्घटनाओं में मौतों को रोकने के लिए दुर्घटना जन्य स्थानों की पहचान की जाए। लोगों को यातायात नियमों के प्रति जागरूक करें। प्रतिबंधात्मक कार्यवाही विशेषकर जिला बदर के प्रकरणों में कलेक्टर समय-सीमा में आदेश प्रसारित करें। आदेश केवल कागज पर ही न रहें, उसका पालन सुनिश्चित हो। वाहनों को राजसात करने व चिटफण्ड के प्रकरणों में भी आवश्यक ध्यान देने की आवश्यकता है।मुख्यमंत्री ने नक्सल मोर्चे पर मिली सफलता का उल्लेख करते हुए कहा कि आप सभी की बहादुरी, कौशल और पैरा मिलेट्री फोर्सेस के साथ समन्वय से प्रदेश में नक्सलियों के पांव उखड़ रहे है। यह जरूरी है कि इन सुदूर इलाकों में विकास का उजाला भी पहुंचेे। नक्सल प्रभावित क्षेत्रों में ‘‘नियाद नेल्लानार योजना‘‘ का प्रभावी कियान्वयन जरूरी है। नई सरकार के गठन के बाद माओवादी समस्या के समूल उन्मूलन के लिए ज्वाईन्ट एक्शन प्लान पर अमल किया जा रहा है, जिसका यह परिणाम है कि विगत् 09 माह में सुरक्षा बलों द्वारा 108 मुठभेड़ों में 159 माओवादियों के शव और बड़ी मात्रा हथियार विस्फोटक सामग्री बरामद की गई है। विगत 9 माह में 34 फारवर्ड सुरक्षा कैम्पों की स्थापना की गई है। जिससे माओवादी गतिविधियों में उल्लेखनीय कमी दर्ज की गई है। छत्तीसगढ़ को 04 नवीन सीआरपीएफ बटालियनें आबंटित की गई है। सुदूर क्षेत्रों में विकास कार्याें के तहत 44 मार्ग और 10 पुलों का निर्माण किया गया है।मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार द्वारा पीड़ित एवं आत्म समर्पित माओवादियों के पुनर्वास के लिए व्यापक नीति जल्द लाई जाएगी। माओवादी प्रभावित क्षेत्रों में आमजनों का विश्वास अर्जित करने और माओवादियों के उन्मूलन के लिए आक्रामक कार्यवाही की रणनीति जारी रहेगी। जनता और शासन प्रशासन के बीच निरंतर संवाद जनता के बीच विश्वास पैदा करता है। नियमित पुलिसिंग, लोगों की समस्याओं का त्वरित निराकरण, पुलिस की पारदर्शी कार्य प्रणाली सुशासन की स्थापना की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है। जन सेवा हम सबका उद्देश्य है। छत्तीसगढ़ में खुशहाली हो, शांति और सुरक्षा हो, इसकी जिम्मेदारी हम सब पर है।कलेक्टर-एसपी कॉन्फ्रेंस में मुख्य सचिव श्री अमिताभ जैन, अपर मुख्य सचिव गृह श्री मनोज कुमार पिंगुआ, पुलिस महानिदेशक श्री अशोक जुनेजा, मुख्यमंत्री के सचिव सर्वश्री राहुल भगत, श्री पी. दयानंद, श्री बसव राजु एस., सभी संभागायुक्त, पुलिस महानिरीक्षक, कलेक्टर और पुलिस अधीक्षक सहित अन्य वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे।
- -वीडियो कांफेसिंग के माध्यम से ली गई समीक्षा बैठकरायपुर / आदिम जाति तथा अनुसूचित जाति विभाग के प्रभारी आयुक्त श्री संजय गौड़ ने आज वीडियों कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से सभी जिलों के परियोजना प्रशासकों एवं सहायक आयुक्तों की बैठक लेकर विभागीय योजनाओं एवं कार्यक्रमों की प्रगति गहन समीक्षा की। उन्होंने सहायक आयुक्तों को नियमित रूप से छात्रावासों एवं आश्रमों का निरीक्षण करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि छात्रावासों-आश्रमों में आधारभूत सुविधाओं की उपलब्धता होनी चाहिए। उन्होंने अधिकारियों को कहा कि निरीक्षण दौरान वहां की समस्याओं एवं कमियों को शीघ्रता से दूर किया जाना चाहिए।प्रभारी आयुक्त श्री गौण ने छात्रावास-आश्रमों में साफ-सफाई, पौष्टिक भोजन एवं पढ़ाई की उचित व्यवस्था किए जाने के निर्देश दिए गए। सभी सहायक आयुक्तों को शैक्षणिक सत्र 2024-25 में स्वीकृत सीट अनुसार प्रवेशित बच्चों की जानकारी शीघ्र उपलब्ध कराने के निर्देश दिए गए। जिन छात्रावास-आश्रमों में सीटें रिक्त हैं वहां के छात्रावास अधीक्षकों से स्पष्टीकरण लेने के निर्देश दिए गए। छात्रावास-आश्रमों में कैश बुक, उपस्थिति पंजी एवं अन्य सभी आवश्यक अभिलेखों का उचित संधारण तथा बच्चों को गणवेश, किताबें एवं अन्य सामग्री का निर्धारित अवधि में वितरण, वन अधिकार अधिनियम का क्रियान्वयन एवं डिजिलाइजेशन के निर्देश दिए गए। उन्होंने बताया कि पीएमजनमन योजना की तिथि को बढ़ाकर अब 02 अक्टूबर कर दिया गया है अतः इस दौरान लंबित सभी लक्ष्यों को पूरा कर लिया जाए ताकि पीवीटीजी को राष्ट्र की मुख्यधारा में जोड़ा जा सके। प्रधानमंत्री जी की मंशा के अनुरूप 2047 तक विकसित भारत बनाने में पीवीटीजी का विकास बहुत अहम है अतः इस संबंध में सभी नोडल विभागों के साथ समन्वय कर निर्धारित लक्ष्यों को पूरा किया जाए।छात्रावास-आश्रम में बीमार छात्र की सूचना तत्काल सहायक आयुक्त को देंउन्होंने कहा कि किसी भी छात्र के बीमार होने पर सहायक आयुक्त को तत्काल इसकी सूचना दी जाए तथा बीमार छात्र के इलाज में कोई कोताही ना बरती जाए। किसी भी स्थिति में बीमार छात्र को उसके घर ना भेजा जाए, बल्कि निकटवर्ती सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र अथवा जिला चिकित्सालय में उसका इलाज करवाया जाए, ताकि वो शीघ्र स्वस्थ होकर अपना अध्ययन प्रारंभ कर सके।बैठक में अपर संचालक श्री ए. आर. नवरंग द्वारा प्रधानमंत्री आदर्श ग्राम योजनांतर्गत स्वीकृत कार्यों की प्रगति की समीक्षा कर इसमें तेजी लाने के निर्देश दिए गए। साथ ही पी.सी.आर. एवं अत्याचार निवारण अधिनियम के क्रियान्वयन की प्रगति तथा संविधान के अनु. 275 (1) मद अंतर्गत स्वीकृत कार्यों की प्रगति की समीक्षा भी की गई। अपर संचालक श्री आर.एस.भोई द्वारा छात्रावास-आश्रमों के भवन निर्माण एवं मरम्मत के संबंध में समीक्षा कर आवश्यक निर्देश दिए गए। उपायुक्त श्रीमती माया वारियर द्वारा क्रीड़ा परिसरों में प्रवेश तथा खेल गतिविधियों की अद्यतन स्थिति की जानकारी ली गई तथा रिक्त सीटों को जल्द भरने के निर्देश दिए गए। उपायुक्त श्री प्रज्ञान सेठ द्वारा प्रयास एवं एकलव्य विद्यालय में प्रवेश की स्थिति की जानकारी ली गई साथ ही ईएमआरएस में नवनियुक्त शिक्षकों के ज्वाइनिंग के संबंध में जानकारी ली गई तथा आवश्यक निर्देश दिए गए।
- -ग्रामीणों ने शासन और प्रशासन का जताया आभाररायपुर, / गर्मियों के दिनों में पेयजल की विकट समस्या से जूझते ग्राम कुरदी के निवासियों को अब जल-जीवन मिशन के बेहतर संचालन के माध्यम से शुद्ध पेयजल मिल रहा है। इस योजना के अंतर्गत प्रत्येक घर में नल कनेक्शन प्रदान कर शुद्ध पेयजल की सुविधा दी जा रही है, जिससे ग्रामीण बेहद खुश हैं और उन्होंने शासन और प्रशासन का आभार व्यक्त किया है।गौरतलब है कि ग्राम पंचायत कुरदी में ‘हर घर जल‘ रेटरोफिटिंग योजना के अंतर्गत लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग ने उच्च स्तरीय पानी की टंकी का निर्माण किया और पाइपलाइन का विस्तार किया। इस योजना के माध्यम से अब हर घर में प्रतिदिन सुबह और शाम शुद्ध पेयजल उपलब्ध हो रहा है।ग्राम पंचायत के सरपंच श्री संजय कुमार साहू ने बताया कि पहले ग्राम में पानी की कमी की वजह काफी समस्या थी। कई बार अन्य गांवों से टैंकरों के माध्यम से पानी मंगवाया जाता था, लेकिन अब जल-जीवन मिशन के तहत पानी की टंकी और नल कनेक्शन के माध्यम से हर घर में पानी पहुँच रहा है। ग्राम कुरदी महिलाएं जैसे श्रीमती रूपा बाई साहू और हीरा बाई, ने बताया कि पहले उन्हें हैंडपंप से पानी लाने के लिए लंबी कतारों में खड़ा होना पड़ता था, लेकिन अब घर में नल लगने से उन्हें पर्याप्त मात्रा में शुद्ध पानी मिल रहा है, जिससे उनका जीवन बहुत आसान हो गया है।प्राथमिक शाला कुरदी की प्रधानपाठक श्रीमती खिलेश्वरी साहू ने बताया कि स्कूली बच्चों को जल संरक्षण और इसके बेहतर उपयोग के प्रति जागरूक करने के लिए नियमित रूप से विभिन्न गतिविधियों का आयोजन किया जाता है। इससे बच्चों और ग्रामीणों में जल बचाने की समझ विकसित हुई है। आंगनबाड़ी केन्द्र की सहायिका श्रीमती वैजंती ठाकुर ने बताया कि आंगनबाड़ी में भी अब नल से शुद्ध पेयजल मिल रहा है, जिससे बच्चों के पेयजल, भोजन पकाने और किचन गार्डन के लिए पानी का इस्तेमाल किया जा रहा है। ग्राम कुरदी के सभी ग्रामीणों ने जल-जीवन मिशन के तहत हर घर में नल के माध्यम से शुद्ध पेयजल मिलने और इसके सफल क्रियान्वयन के लिए प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी और मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय को धन्यवाद दिया और आभार व्यक्त किया।
- रायपुर, / मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय 14 सितम्बर को कवर्धा कॉलेज ग्राउंड में आयोजित चन्द्रनाहूं कुर्मी क्षत्रिय समाज कवर्धा राज के 53वें महाधिवेशन में तथा रायपुर के इंदिरा गांधी कृषि विश्वविद्यालय के कृषि मण्डपम में आयोजित करमा तिहार में शामिल होंगे।जारी कार्यक्रम के अनुसार मुख्यमंत्री रायपुर पुलिस परेड ग्राउंड से हेलीकॉप्टर से प्रस्थान कर 12.50 बजे कवर्धा पहुंचेंगे। मुख्यमंत्री कवर्धा के कॉलेज ग्राउंड में आयोजित चन्द्रनाहूं कुर्मी क्षत्रिय समाज कवर्धा राज के 53वें महाधिवेशन दोपहर 01 बजे से 2 बजे तक शामिल होंगे। मुख्यमंत्री कवर्धा से 3.10 बजे पुलिस परेड ग्राउंड रायपुर लौट आएंगे। मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय संध्या 6.10 बजे से 7.10 बजे तक इंदिरा गांधी कृषि विश्वविद्यालय के कृषि मण्डपम में आयोजित करमा तिहार में शामिल होने के पश्चात वहां से प्रस्थान कर रात्रि 7.50 बजे मुख्यमंत्री निवास आएंगे।
- भिलाईनगर। नगर पालिक निगम भिलाई के राष्ट्रीय शहरी अजीविका मिशन विभाग से संबंधित कार्यो की समीक्षा हेतु गुरूवार को सलाहकार समिति की बैठक बुलाई गई। इस दौरान प्रभारी सदस्य एवं समिति के सदस्यो की उपस्थिति में राष्ट्रीय शहरी अजीविका मिशन से संचालित हो रही योजनाओं के बारे में विस्तृत चर्चा की गई। निगम क्षेत्र अंतर्गत स्व-सहायता समूह की महिलाओं को कैसे एक्टिव किया जाए, उन्हे कैसे रोजगारमुखी बनाया जाए एवं उनकी आर्थिक स्थिति में कैसे सुधार किया जाए, जैसे विषयों पर चर्चा की गई। इस योजना से समूह की महिलाओ को कैसे अपना रोजगार बढ़ाए, जिससे उनके आय में भी वृद्वि हो इसे समझाया गया।नगर पालिक निगम भिलाई क्षेत्र में इन जगहो पर संचालित हो रहा है बर्तन बैंक। जिसमे प्रमुख रूप से माडल टाउन जोन 01 भिलाई में राजेश्वरी क्षेत्र स्तरीय समिति, हाउसिंग बोर्ड कोहका में राजा राममोहन राय क्षेत्र स्तरीय समिति, सुपेला बाजार में दीपज्योति क्षेत्र स्तरीय समिति, हाउसिंग बोर्ड जोन 02 भिलाई में अनुपमा क्षेत्र स्तरीय समिति, शारदा पारा जोन 03 भिलाई में आशा किरण क्षेत्र स्तरीय समिति, सेक्टर 02 जोन 03 भिलाई में सत्यम शिवम स्व सहायता समूह, खुर्सीपार जोन 04 भिलाई में लाल बहादुर शास्त्री, धरणी, आजीविका मिशन, भूईया क्षेत्र स्तरीय समिति, छावना जोन 04 भिलाई में भगत सिंग क्षेत्र स्तरीय समिति एवं सेक्टर 06 जोन 05 भिलाई में वंदे मारतम क्षेत्र स्तरीय समिति।इसी तारतम्य में नगर पालिक निगम भिलाई में 100 सहायता समूह की महिलाओं द्वारा 13 बर्तन बैंक चलाए जा रहे है। इस योजना का लाभ अधिक से अधिक लोगो तक कैसे पहुंचाया जाए उसके लिए योजना बनाई गई। बर्तन बैंक का उददेश्य है कि मोहल्ले के लोग छठठी कार्यक्रम, जन्म दिन, छोटा-मोटा प्रित भोज में वह बर्तन को किराये पर ले जाए। बर्तनो को आवश्यकतानुसार उपयोग में लाने के बाद उसे धोकर, साफ-सुथरा कर वापस करे दे। कार्यक्रम के लिए लोगो को साफ-सुथरा बर्तन मिले इसी उददेश्य से बर्तन बैंक बनाया गया है। जिसका उपयोग हम लोग अच्छे से कर सके इन सबको अच्छे से प्राथमिकता देने के लिए सलाहकार समिति की बैठक आयोजित की गई।सलाहकार समिति की बैठक में प्रमुख रूप से सदस्य नोमिन साहू, लक्ष्मी देवी साहू, सुरेश कुमार वर्मा, सचिव अजय कुमार शुक्ला प्रभारी अधिकारी, मिशन मैनेजर रीता चतुर्वेदी, अमन पटले, एकता शर्मा, ललित तनेजा, लिपिक त्रिलोक ताम्रकार इत्यादि उपस्थित रहे।
- दुर्ग/ छत्तीसगढ़ शासन खाद्य, नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता संरक्षण विभाग द्वारा सार्वजनिक वितरण प्रणाली के अंतर्गत राशनकार्ड नवीनीकरण हेतु समय सीमा में वृद्धि करते हुए अंतिम तिथि 31 अक्टूबर 2024 तय की गई है। जिला खाद्य अधिकारी से प्राप्त जानकारी अनुसार सार्वजनिक वितरण प्रणाली के अंतर्गत जिले में प्रचलित राशनकार्डों का नवीनीकरण किया जा रहा है। उक्त अवधि में नवीनीकरण हेतु शेष राशन कार्ड धारक राशनकार्ड का नवीनीकरण अपने संबंधित शासकीय उचित मूल्य दुकान में उपस्थित होकर राशनकार्ड नवीनीकरण का आवेदन कर सकते हैं। तिथि 31 अक्टूबर तक बढ़ा दी गई है। अधिक जानकारी के लिए खाद्य विभाग से कार्यालयीन समय में सम्पर्क किया जा सकता है।
- रायपुर / मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय के निर्देश के परिपालन में सरगुजा जिले के मां कुदरगढ़ी एलुमिना प्लांट में गत रविवार को हुए औद्योगिक हादसे की जिला प्रशासन द्वारा जांच शुरू कर दी गई है। जिला प्रशासन ने इस हादसे में मृत 4 लोगों के आश्रितों को 15-15 लाख रूपए की मुआवजा राशि का चेक भी प्रदान कर दिया गया है।गौरतलब है कि सरगुजा जिले के जनपद पंचायत लुण्ड्रा के ग्राम सिलसिला में संचालित मां कुदरगढ़ी एलुमिना प्लांट में 8 सितम्बर की सुबह औद्योगिक हादसे में 4 लोगों की मृत्यु हो गई थी। मुख्यमंत्री ने इस घटना को संज्ञान लेते हुए जिला प्रशासन को घटना की त्वरित जांच और मृतकों को मुआवजा राशि देने आदेश दिए थे।प्राप्त जानकारी के अनुसार जिला प्रशासन की टीम ने उक्त औद्योगिक हादसे में मृत करणवीर मांझी के पिता कारू मांझी, मृत रामेश्वर मांझी की पत्नी श्रीमती सुनैना देवी, मृत प्रिंस राजपूत के पिता धनराज सिंह राजपूत और मृतक मनोज सिंह राजपूत की पत्नी श्रीमती सोनम राजपूत को 15-15 लाख रुपए का चेक उनके गृह ग्राम जाकर प्रदान किया गया।
- सफलता पाने के लिए हमेशा प्रयास करते रहना चाहिए - सांसदपढ़ाई के साथ-साथ खेल का भी है महत्व - विधायकदुर्ग,/ जिले में राज्य स्तरीय शालेय क्रीडा प्रतियोगिता 2024 का आज भिलाई विद्यालय प्रांगण सेक्टर-2 में समापन हुआ। समापन समारोह में राज्य से विभिन्न संभागों के प्रतिभागी खिलाड़ियों ने बैण्ड की धुन पर आकर्षक मार्चपास्ट किया। मुख्य अतिथि सांसद श्री विजय बघेल ने आयोजन के लिए स्कूल शिक्षा विभाग के अधिकारियों को बधाई दी। उन्हांेने कहा कि राज्य के संभागों बस्तर, रायपुर, सरगुजा, बिलासपुर व दुर्ग से विभिन्न खेलों में शामिल प्रतिभागी खिलाड़ी बच्चों का खेल प्रदर्शन बहुत अच्छा रहा। सफलता पाने के लिए हमेशा प्रयास करते रहना चाहिए। उन्होंने कहा कि ये खिलाड़ी राज्य के साथ पुरे देश का नाम रौशन करंेगे। मुख्य अतिथि श्री बघेल ने कहा कि केन्द्र और राज्य सरकार द्वारा खिलाड़ियों को आगे बढ़ाने के लिए प्रोत्साहित करने लगातार कदम उठाये जा रहे हैं। जिससे खिलाड़ियों और खेल के प्रति सकारात्मक वातावरण निर्मित हुआ। उन्हांेने प्रतियोगिता में प्रतिभागी सभी खिलाड़ियों को उत्कृष्ट प्रदर्शन के लिए शुभकामनाएं दी। प्रतियोगिता के समापन पर उन्हांेने खेल ध्वज अवतरण कर खेल प्रभारी को सौंपा और अपने करकमलों से विजेता प्रतिभागियों को पुरस्कार वितरण किया। दुर्ग शहर विधायक श्री गजेन्द्र यादव ने कहा कि पढ़ाई के साथ-साथ खेल का भी बहुत महत्व है। उन्होंने कहा कि सभी प्रतिभागी बच्चों ने अच्छा खेल का प्रदर्शन किया है। सभी खेल में प्रदर्शन के बदौलत देश में अपना पहचान स्थापित करें।24वीं राज्य स्तरीय शालेय क्रीड़ा प्रतियोगिता 10 से 13 सितम्बर 2024 तक दुर्ग-भिलाई में आयोजित किया गया। प्रतियोगिता में योगा 14, 17 व 19 बालक-बालिका, बाक्सिंग 14, 17 व 19 बालक-बालिका, टेबल टेनिस 19 बालक-बालिका, जुडो 14, 17 व 19 बालक-बालिका, लॉन टेनिस 14,17 व 19 बालक-बालिका और साइकिलिंग (ट्रेक) 14, 17 व 19 बालक-बालिका खेलों का आयोजन किया गया। इस प्रतियोगिता में छत्तीसगढ़ के कुल 5 संभाग रायपुर, दुर्ग, बिलासपुर, सरगुजा और बस्तर संभाग के कुल 980 स्कूली बच्चे भाग लिये।इस प्रतियोगिता में बाक्सिंग बालक 14 वर्ष के प्रतिभागी दुर्ग संभाग से प्रथम , द्वितीय बिलासपुर संभाग, तृतीय रायपुर संभाग। बाक्सिंग बालक 17 वर्ष के प्रतिभागी दुर्ग संभाग से प्रथम, बिलासपुर से द्वितीय, रायपुर से तृतीय। बाक्सिंग बालक 19 वर्ष के प्रतिभागी दुर्ग संभाग से प्रथम, बिलासपुर से द्वितीय, बस्तर से तृतीय। योगा बालक 14 वर्ष के प्रतिभागी रायपुर संभाग से प्रथम, दुर्ग से द्वितीय, बिलासपुर से तृतीय। योगा बालक 17 वर्ष के प्रतिभागी रायपुर संभाग से प्रथम, दुर्ग से द्वितीय, बिलासपुर से तृतीय। योगा बालक 19 वर्ष के प्रतिभागी रायपुर संभाग से प्रथम, दुर्ग से द्वितीय, बिलासपुर से तृतीय। योगा बालिका 14 वर्ष के प्रतिभागी रायपुर संभाग से प्रथम, दुर्ग से द्वितीय बिलासपुर से तृतीय। योगा बालिका 17 वर्ष के प्रतिभागी रायपुर संभाग से प्रथम, दुर्ग से द्वितीय, सरगुजा से तृतीय। योगा बालिका 19 वर्ष के प्रतिभागी रायपुर संभाग से प्रथम, दुर्ग से द्वितीय, बिलासपुर से तृतीय। लॉन टेनिस बालक 14 वर्ष के प्रतिभागी दुर्ग संभाग से प्रथम, रायपुर से द्वितीय, बिलासपुर से तृतीय। लॉन टेनिस बालक 17 वर्ष के प्रतिभागी रायपुर संभाग से प्रथम, दुर्ग से द्वितीय, बिलासपुर से तृतीय। लॉन टेनिस बालक 19 वर्ष के प्रतिभागी रायपुर संभाग से प्रथम, दुर्ग से द्वितीय, बिलासपुर से तृतीय। लॉन टेनिस बालिका 14 वर्ष के प्रतिभागी दुर्ग संभाग से प्रथम, रायपुर से द्वितीय, बिलासपुर से तृतीय। लॉन टेनिस बालिका 17 वर्ष के प्रतिभागी रायपुर संभाग से प्रथम, दुर्ग से द्वितीय, बिलासपुर से तृतीय। लॉन टेनिस बालिका 19 वर्ष के प्रतिभागी रायपुर संभाग से प्रथम, बिलासपुर से द्वितीय, दुर्ग से तृतीय। जूडो बालक 14 वर्ष के प्रतिभागी दुर्ग संभाग से प्रथम, रायपुर से द्वितीय, बस्तर से तृतीय। जूडो बालक 17 वर्ष के प्रतिभागी दुर्ग संभाग से प्रथम, बस्तर से द्वितीय, रायपुर से तृतीय। जूडो बालक 19 वर्ष के प्रतिभागी दुर्ग संभाग से प्रथम, बस्तर से द्वितीय, रायपुर से तृतीय। जूडो बालिका 14 वर्ष के प्रतिभागी बस्तर से प्रथम, बिलासपुर से द्वितीय, दुर्ग से तृतीय। जूडो बालिका 17 वर्ष के प्रतिभागी बस्तर संभाग से प्रथम, रायपुर से द्वितीय, दुर्ग से तृतीय। जूडो बालिका 19 वर्ष के प्रतिभागी बस्तर संभाग से प्रथम, दुर्ग से द्वितीय, रायपुर से तृतीय। सायक्लिंग बालक 14 वर्ष के प्रतिभागी दुर्ग संभाग से प्रथम, बस्तर से द्वितीय, बिलासपुर से तृतीय। सायक्लिंग बालक 17 वर्ष के प्रतिभागी दुर्ग संभाग से प्रथम, बिलासपुर से द्वितीय, रायपुर से तृतीय। सायक्लिंग बालक 19 वर्ष के प्रतिभागी दुर्ग संभाग से प्रथम, बिलासपुर से द्वितीय, बस्तर से तृतीय। सायक्लिंग बालिका 14 वर्ष के प्रतिभागी दुर्ग संभाग से प्रथम, बस्तर से द्वितीय। सायक्लिंग बालिका 17 वर्ष के प्रतिभागी दुर्ग संभाग से प्रथम, बिलासपुर से द्वितीय, रायपुर से तृतीय। सायक्लिंग बालिका 19 वर्ष के प्रतिभागी दुर्ग संभाग से प्रथम, बस्तर से द्वितीय, रायपुर से तृतीय। टेबल टेनिस बालक 19 वर्ष के प्रतिभागी रायपुर संभाग से प्रथम, दुर्ग से द्वितीय, बिलासपुर से तृतीय। टेबल टेनिस बालिका 19 वर्ष के प्रतिभागी दुर्ग संभाग से प्रथम, रायपुर से द्वितीय और बस्तर से तृतीय स्थान शामिल है। इस अवसर पर नगर के गणमान्य नागरिक एवं जनप्रतिनिधि तथा शिक्षा विभाग के अधिकारी/कर्मचारी और विभिन्न संभागों के प्रतिभागी खिलाड़ी उपस्थित थे।
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- सिंगल विण्डो सिस्टम से जुड़े हैं शासन के 16 विभाग*
दुर्ग/ कलेक्टर सुश्री ऋचा प्रकाश चौधरी के मार्गदर्शन में एडीएम श्री अरिंवंद एक्का के नेतृत्व में जिला व्यापार एवं उद्योग केन्द्र द्वारा कलेक्टोरेट सभागार में विगत दिनों ’सिंगल विण्डो सिस्टम 2.0 के संबंध में जिला स्तरीय कार्यशाला का आयोजन किया गया।
इस दौरान ए.डी.एम. श्री अरविंद एक्का ने कहा कि प्रदेश में उद्यमियों की सेवा सुलभता के लिए यह सिंगल विण्डो प्लेटफार्म है, जो हाल ही में उद्योग संवर्धन की दृष्टि से लॉन्च किया गया है। इससे एक ही जगह पर आवेदक अपने आवेदन से जुड़ी अनुमति व क्लियरेंस प्राप्त कर सकते हैं। उन्होंने उद्योग संघ के प्रतिनिधियों से ’सिंगल विण्डो सिस्टम 2.0 के तहत किये गये सरलीकरण व सुधार का अधिकाधिक लाभ लेने का आग्रह किया। साथ ही साथ विभागीय अधिकारियों को निर्देशित किया कि उद्यमियों से फीडबैक प्राप्त कर इस प्लेटफार्म को और बेहतर व गतिशील बनाने हेतु प्रयास करें ।
मुख्य महाप्रबंधक जिला व्यापार एवं उद्योग केन्द्र श्री सिमोन एक्का ने बताया कि जुलाई 2024 में प्रदेश के माननीय मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय द्वारा उद्योगों की स्थापना एवं विकास हेतु सरलीकृत ’सिंगल विण्डो सिस्टम 2.0 लॉन्च किया गया है। उन्होंने बताया कि सिंगल विण्डो सिस्टम वर्ष 2016 से प्रारंभ किया गया है, जिसका यह अपडेटेड वर्जन है, जिसके माध्यम से न केवल उद्योग विभाग अपितु 15 अन्य विभागों को इससे जोड़कर उद्यमियों की कठिनाईयों को दूर करने का प्रयास किया गया है।
प्रबंधक जिला व्यापार एवं उद्योग केन्द्र श्री तुषार त्रिपाठी द्वारा पी.पी.टी. प्रेजेन्टेशन के माध्यम से उपस्थित उद्यमियों को ’सिंगल विण्डो सिस्टम 2.0 के अंतर्गत किये गये सुधार के संबंध में विस्तृत रूप से अवगत कराया गया। उन्होंने बताया कि उद्योग विभाग की वेबसाईट ूूण्पदकनेजतपमेण्बहण्हवअण्पद के माध्यम से उद्यमियों द्वारा 16 विभागों के 90 से अधिक सेवाओं को एक ही पोर्टल के माध्यम से आवेदन बहुत ही सरलता के साथ किया जा सकता है। इस सुधार के तहत् उद्यम आकांक्षा में दर्ज जानकारी विभिन्न आवेदन फार्म में प्री-पॉपुलेट की प्रक्रिया कर डुप्लीकेट एन्ट्री को समाप्त किये जाने के संबंध में भी जानकारी दी गयी, जिससे कि एक जैसी जानकारी व विवरण को अलग-अलग विभागों के आवेदन हेतु बार-बार उपलब्ध कराने की कठिनाईयों का सामना नहीं करना पड़ेगा ।
*सिंगल विण्डो सिस्टम 2.0 से जुड़े हुए विभाग-* सिंगल विण्डो सिस्टम 2.0’ से शासन के 16 विभाग जुड़े हुए है। जिनमें इलेक्ट्रॉनिक एवं सूचना विभाग, बॉयलर निरीक्षणालय, आयुक्त, सहकारिता एवं रजिस्ट्रार सहकारी समितियां, छत्तीसगढ़ राज्य औद्योगिक विकास निगम, जल संसाधन विभाग, राज्य विद्युत वितरण कम्पनी लिमि., अग्नि एवं आपातकालिन सेवाएं, नगर तथा ग्राम निवेश, नियंत्रक विधिक माप विज्ञान, श्रम विभाग, भू-अभिलेख, छत्तीसगढ़ पर्यावरण संरक्षण मण्डल, मुख्य विद्युत निरीक्षणालय, नगरीय प्रशासन एवं विकास विभाग, वाणिज्य कर (आबकारी) विभाग, वाणिज्य एवं उद्योग विभाग जुड़े हुए हैं।
*सिंगल विण्डो सिस्टम 2.0 की विशेषताएं-* सिंगल विण्डो सिस्टम 2.0 उद्योगों के लिए बहुत सी खासियत लिए हुए हैं, जिसमें विभिन्न विभागों में उद्योगों के बार बार यूजर रजिस्ट्रेशन को समाप्त किया गया है। एक ही लॉगईन से उद्योग समस्त सुविधाओं को प्राप्त कर, उनकी स्थिति देख एवं जारी अनुमति/लायसेंस देख सकते हैं। सेंट्रलाईज्ड डॉक्यूमेंट रिपोजिटरी के तहत दस्तावेजों का एक जगह संधारण किया जाता है। उद्यम आकांक्षा में दर्ज जानकारी विभिन्न आवेदन फार्म में प्री-पापुलेट की प्रक्रिया कर डुप्लीकेट एंट्री को समाप्त किया गया है। फीस कलेक्शन हेतु राज्य शासन की ई-चालान सिस्टम से इन्टीग्रेट किया गया है। नो योर क्लियरेंस हेतु सुविधा जनक माड्युल का निर्माण किया गया है।
कार्यक्रम में छत्तीसगढ़ चेम्बर ऑफ कॉमर्स के प्रदेश महामंत्री श्री अजय भसीन, एमएसएमई उद्योग संघ दुर्ग से श्री अरविंदर सिंह खुराना, उद्योग चेम्बर से श्री जितेन्द्र गुप्ता, सॉल्वेंट रिफायनरी एसोसिएशन से श्री अंशुल जैन, दुर्ग इण्डस्ट्रियल एसोसिएशन से श्री सुशील बाकलीवाल, सीसीआई से श्री संजय चौबे, भिलाई वायर ड्राईंग एसोसिएशन से श्री अतुल चंद साहू, उद्योग चेम्बर से श्री करमजीत सिंह बेदी, मेसर्स जे.के. लक्ष्मी सीमेंट से श्री संजय अरोरा, मेसर्स निरोज इस्पात से श्री मनमोहन अग्रवाल, मेसर्स बी. के. इंजीनियरिंग से श्री दीपक स्वामी, मेसर्स शालीमार पैलेटफिड से श्री गिरधारी मिश्रा, मेसर्स म्यूरा इन्फ्रास्ट्रक्चर से श्री सुधाकर भारद्वाज, मेसर्स जय बालाजी इण्डस्ट्रीज, रसमड़ा से श्री आनंद कुमार तिवारी, मेसर्स स्टील इन्फ्रा सॉल्यूशन से श्री अंकुर जैन, मेसर्स वॉसलोह बी. के. कास्टिंग से श्री विश्वजीत पात्रा, मेसर्स तेज कोक इण्डस्ट्रीज से श्री आदित्य अग्रवाल, मेसर्स रायपुर पॉवर स्टील से श्री आर.एस. पाण्डेय सहित जिले के विभिन्न औद्योगिक संगठनों के पदाधिकारी एवं उद्योगों के प्रतिनिधियों द्वारा बड़ी संख्या में सहभागिता प्रदान की गयी । - -"स्वभाव स्वच्छता-संस्कार स्वच्छता” की थीम पर पखवाड़े भर संचालित की जाएंगी विभिन्न गतिविधियांरायपुर.। प्रदेश के सभी नगरीय निकायों में 14 सितम्बर से 1 अक्टूबर तक "स्वच्छता ही सेवा" पखवाड़ा का आयोजन किया जाएगा। इस दौरान नगरीय निकायों में "स्वभाव स्वच्छता-संस्कार स्वच्छता" की थीम पर विभिन्न गतिविधियां संचालित की जाएंगी। राज्य शासन के नगरीय प्रशासन एवं विकास विभाग ने इस संबंध में सभी नगर निगमों के आयुक्तों तथा नगर पालिकाओं और नगर पंचायतों के मुख्य नगर पालिका अधिकारियों को परिपत्र जारी कर आवश्यक निर्देश दिए हैं। नगरीय प्रशासन विभाग ने सभी नगरीय निकायों को जारी परिपत्र में कहा है कि भारत सरकार द्वारा हर वर्ष 2 अक्टूबर को राष्ट्रपिता महात्मा गांधी की जयंती पर उन्हें श्रद्धांजलि देने के उद्देश्य से स्वच्छ भारत दिवस के रूप में मनाया जाता है। भारत सरकार द्वारा इस मौके पर 14 सितम्बर से 1 अक्टूबर तक "स्वभाव स्वच्छता-संस्कार स्वच्छता" की थीम पर "स्वच्छता ही सेवा अभियान" पखवाड़ा के आयोजन के निर्देश दिए गए हैं।परिपत्र में सभी नगरीय निकायों को "स्वच्छता ही सेवा अभियान" के दौरान श्रमदान के माध्यम से वृहद स्तर पर स्वच्छता अभियान और स्वच्छ भारत कल्चरर फैस्ट के आयोजन के लिए निर्देशित किया गया है। पखवाड़ा के दौरान 1 अक्टूबर तक नगरीय निकायों में स्वच्छता लक्षित इकाईयों का चिन्हांकन कर पोर्टल पर मैपिंग करते हुए ऐसे गंदे स्थलों की सफाई के निर्देश दिए गए हैं। नगरीय प्रशासन विभाग ने अभियान के अंतर्गत विभिन्न विभागों, कार्यालयों, सार्वजनिक क्षेत्रों के उपक्रमों, एन.जी.ओ., सी.एस.ओ, सीएसआर मदों इत्यादि से भागीदारी जुटाने के लिए आवश्यक कार्यवाही के निर्देश भी नगरीय निकायों को दिए हैं। विभाग ने सभी नगरीय निकायों को अभियान की एमआईएस एन्ट्री "स्वच्छता ही सेवा अभियान" के लिए तैयार आईटी पोर्टल पर किया जाना सुनिश्चित करने को कहा है।
- बलौदाबाजार। खाद्य विभाग द्वारा सार्वजनिक वितरण प्रणाली के तहत प्रचलित अंत्योदय, प्राथमिकता, निराश्रित, निःशक्तजन एवं सामान्य (एपीएल) श्रेणी परिवार के राशनकार्डाे के नवीनीकरण हेतु समय-सीमा में 31 अक्टूबर 2024 तक वृद्धि की गई है।राशन कार्ड नवीनीकरण हेतु राशन कार्ड में दर्ज सदस्यों में से किसी भी एक सदस्य का ई-केवाईसी होना अनिवार्य है। राशनकार्डधारी सदस्यों के ई-केवाईसी का कार्य शासकीय उचित मूल्य दुकान में ई-पॉस मशीन के माध्यम से किया जा रहा है जिसके लिए राशनकार्डधारी सदस्यों को अपने राशन कार्ड एवं आधार कार्ड साथ किसी भी शासकीय उचित मूल्य दुकान में उपस्थित होकर ई-केवाईसी कराया जा सकता है। जिले में प्रचलित समस्त राशनकार्डाे का नवीनीकरण एवं राशन कार्ड में दर्ज सभी सदस्यों का ई-केवाईसी कराना अनिवार्य है।
- -सर्वेयर द्वारा साफ्टवेयर में बोये गये फसल की जींस तथा एकल व मिश्रित फसल की स्थिति में बोये गये फसल या पड़त रकबा की अनुमानित प्रविष्टि की जाएगी-खेतों में जाकर करेंगे सभी फसल का सर्वेरायपुर / बलौदाबाजार भाटापारा जिले के बलौदाबाज़ार तहसील में डिजीटल क्रॉप सर्वे प्रारंभ कर दिया गया है। जिसके तहत पटवारी सहित अन्य राजस्व अधिकारी खेतों में जाकर सर्वे का कार्य पूर्ण करेंगे। इसके पूर्व जनपद पंचायत सभाकक्ष बलौदाबाजार में फील्ड में गिरदावरी अंतर्गत डिजिटल रूप से फसल का सर्वे करने वाले निजी सर्वेयर का प्रशिक्षण आयोजित किया जा चुका है। जिसमे बताया गया कि डिजिटल क्रॉप सर्वे में निजी सर्वेयर की भूमिका जियो फ्रेंस के रूप में होगी, जो डिजिटल रूप से फसल का सर्वे सभी खेतों में जाकर करेंगे। निजी सर्वेयर को प्रतिदिन 30 से 50 खसरों का टास्क दिया जायेगा। जिसे सर्वेयर खेत में जाकर लॉगिन करेंगे।उनसे तहसीलदार पूछेंगे क्या आप अवलेबल हैं और हां में जवाब आएगा। वैसे ही एप में प्लॉट की स्थिति, खसरा नंबर, एरिया ऑनर का नाम अपने आप फीड हो जायेगा। जो क्रॉप लगी है उसका तीन फोटो लॉन्गिट्यूट लैटिट्यूट के साथ अपलोड करना है। इस प्रकार एक नंबर का कार्य पूर्ण होगा। जिसमें पटवारी की भूमिका पर्यवेक्षक और राजस्व निरीक्षक की भूमिका सत्यापनकर्ता तथा तहसीलदार व नायब तहसीलदार की भूमिका जांचकर्ता अधिकारी के रूप में की गई है।सर्वेक्षकों द्वारा संपादित सभी खसरे आरआई के पास नहीं आयेंगे। सर्वेक्षकों द्वारा सर्वे किये गए खसरे पटवारी के पास आयेंगे। पटवारी या अनुमोदन करेगा या रिसेंड करेगा। पटवारी द्वारा दो बार रिजेक्ट होने की स्थिति में आरआई के आईडी में आयेगा। ऐसे खसरों की संख्या बहुत कम होगी, जहां मौके में जाकर आवश्यकतानुसार सत्यापन किया जाएगा। उक्त प्रशिक्षण में बताया गया है कि फील्ड में क्या बोया गया है फसल की जींस का नाम, मिश्रित फसल की स्थिति में सभी फसलों का अनुमानित रकबा, सिंचित- असिंचित फसल, एकवर्षीय या बहुवर्षीय, सीजनल फसल की जानकारी आदि भरी जायेगी। सर्वेयर द्वारा साफ्टवेयर में बोये गये जींस व एकल व मिश्रित फसल की स्थिति में बोये गये फसल या पड़त रकबा की अनुमानित प्रविष्टि करेगा।जब तक साफ्टवेयर में जियोरिफ्रेंस्ड रकबा के अनुसार सर्वे किए गए रकबा का योग एक समान नहीं आयेगा, तब तक डेटा सेव नहीं होगा। सर्वेयर किसी भी खसरा नंबर की भूमि के मेड़ में खड़े होकर फोटो कैप्चर नहीं करेगा। यदि ऐसा वे करते हैं तो आसपास के खसरा नंबर के लैटलांग मिस्डमैच होगा। इसलिए सर्वेयर प्रत्येक खसरा नंबर की भूमि के अंदर कम से कम मेड़ से 10 मीटर की दूरी पर जाकर प्रयोग संपादित करेगा। यदि पिक्चर में गेहूं फसल दिख रहा पर सर्वेक्षक ने धान प्रविष्ट किया हो अथवा प्लाट खाली है और फोटो गन्ना का अपलोड किया है, तो वही डेटा को पटवारी रिसेंड करेगा। सर्वेक्षक सुधार कर फिर से पटवारी को भेजेगा। यदि पटवारी पुन: रिजेक्ट करता है तब आरआई के आईडी में आयेगा। पटवारी द्वारा परंपरागत ढंग से की जाने वाली गिरदावरी से यह फिलहाल अलग है। धान खरीदी पटवारी द्वारा की गई गिरदावरी के आधार पर की जाएगी।डिजिटल क्राप सर्वे उन्हीं ग्रामों में की जायेगी, जहां जियोरिफ्रेंसिंग का सेकेंड लेवल कार्य का संपादन हो गया है। सभी ग्रामों के खसरा नंबरों में नहीं की जाएगी। यह शासन की बहुआयामी योजना है। सकारात्मक ढंग से इस कार्य का संपादन करना है। साफ्टवेयर बहुत ही आसान बनाया गया है। किसी भी वर्जन के एंड्रॉयड मोबाईल में प्रयोग किया जा सकता है, जिसमें ये सपोर्ट करें। इसके लिए जिले में पटवारी,आरआई को प्रशिक्षण दिया जा चुका है। गौरतलब है की राज्य में डिजीटल क्रॉप सर्वे हेतु बलौदाबाजार तहसील का चयन किया गया है।
- रायपुर, /मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय की मंशानुरूप प्रदेश में स्वास्थ्य एवं पोषण सुविधाएं सशक्त हुई हैं। प्रशासन की पहल से मुंगेली जिले में गंभीर रूप से कुपोषित बच्चों को भर्ती एवं उपचार कर उन्हें सामान्य श्रेणी में लाने के लिए स्थापित पोषण एवं पुनर्वास केंद्र (एनआरसी) कुपोषित बच्चों के लिए वरदान साबित हो रहा है। एनआरसी में उचित देखभाल एवं पोषण आहार मिलने से बच्चों के वजन में वृद्धि के साथ कुपोषण से भी मुक्ति मिल रही है। बता दें कि लोरमी विकासखण्ड के ग्राम झझपुरीकला के 11 माह की एकता साहू को गंभीर कुपोषित होने के कारण आंगनबाड़ी कार्यकर्ता की सलाह पर पोषण पुनर्वास केन्द्र लोरमी में 16 मई को भर्ती कराया गया, जहां बच्ची को उसके माता के साथ रखकर उचित देखभाल और पूरक पोषण आहार दिया गया, जिससे मात्र 15 दिनों में बच्ची के वजन में वृद्धि के साथ कुपोषण से भी मुक्ति मिल गई।राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन के जिला कार्यक्रम प्रबंधक श्री गिरीश कुर्रे ने बताया कि विशेष खाद्य पदार्थ, पोषण संबंधी पूरक दवाएँ एवं उचित देखरेख में एकता के स्वास्थ्य में सुधार होने के बाद पोषण पुनर्वास केन्द्र से छुट्टी दी गई। इसके साथ ही एकता की माता श्रीमती भगवती साहू को बच्ची के पौष्टिक खाद्य पदार्थों के लिए 2250 रूपए प्रोत्साहन राशि और पोषण संबंधित जानकारी दी गई। गौरतलब है कि एनआरसी में 05 वर्ष से कम उम्र के गंभीर कुपोषित बच्चों को उपचार के लिए भर्ती कराया जाता है, जहां माताएँ अथवा देखभालकर्ता एनआरसी में बच्चों के साथ रहती हैं और एनआरसी से छुट्टी के बाद बच्चे की देखभाल कैसे करें, इस पर परामर्श सत्र में भाग लेती हैं। गंभीर कुपोषित बच्चों में कुपोषण के अलावा अन्य मेडिकल समस्याएं रहती हैं, जिन्हें भर्ती कर पोषण आहार के साथ-साथ जरूरी दवाएं भी उपलब्ध कराई जाती हैं।जिले के कुपोषित बच्चों को समुचित पोषण देने व उपचार करने के लिए जिले में 03 पोषण पुनर्वास केंद्र खोले गए हैं। एक केंद्र जिला मुख्यालय में एवं दो केंद्र लोरमी एवं पथरिया में स्थित है। जिले के पोषण पुनर्वास केंद्रों में अब तक 1800 से अधिक बच्चों को लाभान्वित किया जा चुका है। भर्ती मरीजों की माताओं की हर दिन अलग-अलग विषयों में काउंसिलिंग की जाती है, जिसमें उन्हें हाथ धुलाई व सफाई, परिवार कल्याण, घर में पोषण आहार बनाने का तरीका बताया जाता है। इसके अलावा टीकाकरण व स्वास्थ्य विभाग की अन्य योजनाओं की जानकारी दी जाती है, जिसका उद्देश्य यह है कि केंद्र में बच्चों को सही तरीके और सही मात्रा में भोजन मिले और कुपोषण की श्रेणी से मुक्त किया जा सके।
- रायपुर / छत्तीसगढ़ सरकार के सामान्य प्रशासन विभाग ने अधिसूचना जारी करते हुए 16 सितंबर 2024 (सोमवार) को ‘ईद-ए-मिलाद’ (मिलाद-उन-नबी) के अवसर पर राज्य में सार्वजनिक और सामान्य अवकाश घोषित किया है। 17 सितंबर 2024 को अनंत चतुर्दशी और विश्वकर्मा जयंती के अवसर पर पहले से निर्धारित ऐच्छिक अवकाश को यथावत रखा गया है। गौरतलब है कि पूर्व में ‘ईद-ए-मिलाद’ पर 17 सितम्बर को अवकाश घोषित किया गया था।
- -बालिकाओं का प्रतिशत 33.47 एवं बालकों का प्रतिशत 31.75 रहा परिणामरायपुर / छत्तीसगढ़ माध्यमिक शिक्षा मंडल ने हायर सेकेंडरी द्वितीय मुख्य/अवसर परीक्षा वर्ष 2024 के परिणाम घोषित कर दिए हैं। इसमें कुल 37 हजार 578 परीक्षार्थियों ने पंजीकरण कराया था, जिनमें से 35 हजार 616 विद्यार्थियों ने परीक्षा दी। घोषित परीक्षा परिणाम में कुल उत्तीर्ण परीक्षार्थी 11 हजार 609 है इस प्रकार 32.59 प्रतिशत परीक्षार्थी उत्तीर्ण हुए। जारी परीक्षा परिणाम के अनुसार, बालकों का उत्तीर्ण प्रतिशत 33.47 प्रतिशत जबकि बालिकाओं का उत्तीर्ण प्रतिशत 31.75 प्रतिशत रहा। मंडल द्वारा जारी आंकड़ों के अनुसार, प्रथम श्रेणी में 3,033 (8.52 प्रतिशत) विद्यार्थी उत्तीर्ण हुए, जबकि द्वितीय श्रेणी में 7,823 (21.96 प्रतिशत) और तृतीय श्रेणी में 752 (2.11 प्रतिशत) विद्यार्थी सफल रहे। परीक्षा परिणाम छत्तीसगढ़ माध्यमिक शिक्षा मंडल की आधिकारिक वेबसाइट (https://www.cgbse.nic.in) पर उपलब्ध हैं, जहां छात्र अपने परिणाम देख सकते हैं।
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-दोनों जिलों में कार्यपालन अभियंताओं, सहायक अभियंताओं और उप अभियंताओं की बैठक लेकर कार्यों की समीक्षा की
-अच्छी गुणवत्ता के साथ समय-सीमा में सभी कार्यों को पूर्ण करने के दिए निर्देशरायपुर। जल जीवन मिशन के नए संचालक डॉ. सर्वेश्वर नरेन्द्र भुरे ने आज दुर्ग और राजनांदगांव जिले का दौरा कर मिशन के कार्यों का निरीक्षण किया। उन्होंने दोनों जिलों में लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग के कार्यपालन अभियंताओं, सहायक अभियंताओं और उप अभियंताओं की बैठक लेकर प्रगतिरत कार्यों की समीक्षा की। उन्होंने लोगों को स्वच्छ व सुरक्षित पेयजल उपलब्ध कराने मिशन के अंतर्गत संचालित कार्यों को अच्छी गुणवत्ता के साथ समय-सीमा में पूर्ण करने के निर्देश दिए। उन्होंने अधिकारियों को फील्ड का नियमित दौरा कर कार्यों के सतत निरीक्षण के साथ ही जल जीवन मिशन के तहत गांवों में पेयजल की निर्बाध आपूर्ति के लिए ग्राम पंचायतों से समन्वय बनाने तथा उन्हें जरूरी मार्गदर्शन प्रदान करने को कहा।जल जीवन मिशन के संचालक डॉ. सर्वेश्वर नरेन्द्र भुरे ने आज दुर्ग जिले में अंजोरा ढाबा मल्टी-विलेज योजना के अंतर्गत ग्राम अंजोरा में संचालित कार्यों का निरीक्षण किया। अंजोरा में रेट्रोफिटिंग योजना क्रियान्वित की गई है, जिसके तहत 356 परिवारों को घरेलू नल कनेक्शन के माध्यम से जल प्रदाय किया जा रहा है। उन्होंने घरेलू नल कनेक्शन के लिए निर्मित प्लेटफॉर्म का अवलोकन कर उसकी गुणवत्ता पर संतोष व्यक्त किया। डॉ. भुरे ने जल आपूर्ति को लेकर ग्रामीणों से चर्चा भी की। गांववालों ने उन्हें बताया कि पेयजल योजना का संचालन ग्राम पंचायत द्वारा किया जा रहा है। जल कर के रूप में हर महीने प्रति परिवार 50 रुपए का शुल्क लिया जा रहा है। जल जीवन मिशन के माध्यम से पाइपलाइन से घर तक नल का पानी पहुंच रहा है। इससे पेयजल और अन्य कार्यों के लिए रोज जल संचय करने में लगने वाले समय की बचत हो रही है। घर में नल लगने से महिलाओं को काफी सहुलियत हो रही है। डॉ. भुरे ने बरसात में पेयजल की गुणवत्ता बनाए रखने स्थानीय अधिकारियों को आवश्यक निर्देश दिए।मिशन संचालक डॉ. भुरे ने राजनांदगांव जिले के ग्राम सांकरा में भी रेट्रोफिटिंग योजना का निरीक्षण किया। यह पूर्व से संचालित धीरी समूह जल प्रदाय योजना के अंतर्गत आता है। जल शुद्धिकरण संयंत्र के माध्यम से सांकरा के 652 परिवारों को घरेलू नल कनेक्शन द्वारा शुद्ध पेयजल प्रदान किया जा रहा है। योजना का संचालन एवं संधारण ग्राम पंचायत द्वारा किया जा रहा है। जल कर के रूप में ग्राम पंचायत द्वारा प्रत्येक परिवार से हर माह 50 रुपए का शुल्क लिया जा रहा है। मिशन संचालक द्वारा दोनों जिलों में कार्यों के निरीक्षण के दौरान कार्यपालन अभियंता सहित सभी मैदानी अधिकारी मौजूद थे।

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