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- -नई शिक्षा नीति का लक्ष्य भारत को ज्ञान में वैश्विक महाशक्ति के रूप में स्थापित करना है: शिक्षाविद् डॉ. हेमलता एस मोहन-राष्ट्रीय शिक्षा नीति के क्रियान्वयन में छत्तीसगढ़ अग्रणी राज्यरायपुर / शिक्षाविद् डॉ. हेमलता एस मोहन ने कहा कि नई शिक्षा नीति का लक्ष्य भारत को ज्ञान में वैश्विक महाशक्ति के रूप में स्थापित करना है किंतु उसकी जड़े भारत की संस्कृति एवं मूल्यों से बंधी हो। छत्तीसगढ़ की एस.सी.ई.आर.टी. राष्ट्रीय शिक्षा नीति के क्रियान्वयन में देश का अग्रणी राज्य है। उक्त बाते शिक्षाविद् डॉ. हेमलता एस मोहन आज रायपुर के राज्य शैक्षिक अनुसंधान एवं प्रशिक्षण परिषद में आयोजित एक दिवसीय उन्मुखीकरण कार्यक्रम को मुख्य वक्ता के रूप में सम्बोधित करते हुए कही। यह कार्यशाला स्कूल शिक्षा विभाग के अधिकारियों तथा अकादमिक सदस्यों में राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 के प्रति व्यापक समझ विकसित करने के उद्देश्य से आयोजित की गई है।स्कूल शिक्षा विभाग के सचिव श्री सिद्धार्थ कोमल परदेशी ने कहा कि आगामी एक वर्ष का कार्य महत्वपूर्ण होने वाला है। विगत छः माह में राष्ट्रीय शिक्षा नीति के 30 प्रतिशत् कार्य पूर्ण हो चुके हैं। शेष 70 प्रतिशत् कार्य भी प्रारंभ हो गया है। छत्तीसगढ़ की पुस्तकों को स्थानीय स्तर के अनुकूल बनाना गया है, शिक्षक तभी अच्छे ढंग से पढ़ा पाएंगे जब वे स्वयं राष्ट्रीय शिक्षा नीति के अनुरूप प्रशिक्षित होंगे। प्रशिक्षण में भी नवाचार को स्थान देना आवश्यक है। उन्होंने कहा कि राज्य में शाला त्यागी बच्चों से संपर्क कर स्कूल तक वापस लाने का प्रयास किया जा रहा है। कार्यक्रम का शुभारंभ अतिथियों द्वारा माँ सरस्वती की प्रतिमा पर माल्यार्पण तथा दीप प्रज्ज्वलन से किया गया। उद्घाटन सत्र में श्री जे.पी. रथ, अतिरिक्त संचालक, एस.सी.ई.आर.टी. द्वारा अपने स्वागत भाषण में आगंतुक अतिथियों का परिचय दिया गया।अतिथि वक्ता श्री महेन्द्र मिश्रा द्वारा बहुभाषावाद और भाषा की शक्ति पर विस्तृत प्रस्तुतीकरण दिया गया। उन्होंने कहा कि भारत के सभी बच्चों के लिए काम करना हर शिक्षाविद का धर्म होना चाहिए तथा भाषा माध्यम नहीं लक्ष्य होना चाहिए। संचालक एस.सी.ई.आर.टी. श्री राजेंद्र कुमार कटारा ने अतिथियों को एससीईआरटी द्वारा प्रकाशित किताबें भेंट की। उन्होंने कहा कि यह राष्ट्रीय शिक्षा नीति पर पहला अधिकारिक उन्मुखीकरण कार्यक्रम है। उन्होंने राष्ट्रीय शिक्षा नीति के मुख्य बिंदुओं पर प्रकाश डाला। प्रबंध संचालक समग्र शिक्षा श्री संजीव कुमार झा ने कहा कि इस नई शिक्षा नीति में भारत को ग्लोबल स्किल हब बनाने की तैयारी है।एस.सी.ई.आर.टी. के अकादमिक सदस्यों द्वारा राष्ट्रीय शिक्षा नीति के मुख्य बिंदुओं पर प्रस्तुतीकरण दिया गया, जिसमें श्री आलोक शर्मा द्वारा पाठ्यक्रम और शिक्षण शास्त्र के अंतर्गत राज्य पाठ्यचर्या की रूपरेखा के बारे में विस्तार से बताया गया। श्री सुनील मिश्रा द्वारा प्रारंभिक बाल्यवास्था देखभाल एवं शिक्षा बुनियादी साक्षरता एवं संख्या ज्ञान पर प्रस्तुतीकरण दिया गया। सुश्री आई. संध्या रानी द्वारा विद्यार्थियों के विकास के लिए आकलन, श्री हेमंत कुमार साव द्वारा शिक्षक शिक्षा-शिक्षकों का सतत् व्यावसायिक विकास, डॉ. दीपा दास द्वारा व्यावसायिक शिक्षा, श्री संतोष कुमार तंबोली द्वारा प्रौद्योगिकी का उपयोग ऑनलाइन और डिजिटल शिक्षा, श्री प्रशांत पाण्डेय, राज्य साक्षरता मिशन द्वारा उल्लास (प्रौढ़ शिक्षा) पर प्रस्तुतीकरण दिया गया। कार्यक्रम के अंत में श्री कटारा द्वारा उल्लास नवभारत साक्षरता कार्यक्रम के लिए शपथ ग्रहण कराया गया। कार्यशाला में प्रबंध संचालक पाठ्य पुस्तक निगम श्री कुलदीप शर्मा, एस.सी.ई.आर.टी. के समस्त अधिकारी एवं अकादमिक सदस्य, प्रदेश के सभी शासकीय शिक्षा महाविद्यालय, बी.टी.आई. तथा डाईट के प्राचार्य उपस्थित थे।
- -नवगठित कोपरा नगर पंचायत के लिए 50 लाख और राजिम के विकास के लिए दो करोड़ रुपए देने की घोषणा की-अभिनंदन समारोह में शामिल हुए श्री सावरायपुर। उप मुख्यमंत्री श्री अरुण साव गरियाबंद जिले के ग्राम कोपरा को नगर पंचायत का दर्जा मिलने के बाद संचालन समिति के गठन के मौके पर आयोजित अभिनंदन समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए। उन्होंने समारोह में जिले के 21 गांवों में पांच करोड़ 36 लाख रुपए की लागत से निर्मित 200 मीट्रिक टन गोडाउन-सह-कार्यालय भवनों का लोकार्पण किया। उन्होंने नवगठित कोपरा नगर पंचायत के विकास के लिए 50 लाख रुपए और राजिम नगर के विकास के लिए दो करोड़ रुपए देने की घोषणा की।उप मुख्यमंत्री श्री अरुण साव ने अभिनंदन समारोह को संबोधित करते हुए कहा कि आज का दिन कोपरावासियों के लिए बहुत ही ऐतिहासिक और गौरवशाली है। मैं यहां के सभी नागरिकों को बधाई और शुभकामनाएं देता हूं। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के नेतृत्व में प्रदेश में सभी वर्गो के विकास के लिए लगातार कार्य किए जा रहे हैं। प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी द्वारा मोदी की गारंटी के तहत जो वादे किए गए थे, उन वादों पर सरकार बनते ही अमल शुरू कर दिया गया है। इनका सीधा लाभ पात्र हितग्राहियों को मिल रहा है।श्री साव ने कहा कि कोपरा ग्राम पंचायत से नगर पंचायत बना है। इसके सुव्यवस्थित विकास के लिए किसी भी प्रकार की राशि की कमी नहीं आएगी। कोपरा को योजनाबद्ध तरीके से एक नया शहर बनाएंगे। इसके लिए हमें 50 वर्षों की कार्ययोजना बनाकर काम करने की आवश्यकता है। यहां सुव्यवस्थित सड़क, सीसी रोड, नाली, बिजली, पेयजल, चिकित्सालय, स्कूल सहित अन्य व्यवस्थाएं सुनिश्चित की जाएंगी। उन्होंने कहा कि सरकार बनने के बाद प्रदेश के नगरीय निकायों में विभिन्न निर्माण और विकास कार्यों के लिए 1500 करोड़ रुपए दिए गए हैं।उप मुख्यमंत्री श्री साव ने समारोह में ‘बिहान’ दीदियों को बैंक लिकेंज ऋण, लीड बैंक द्वारा स्वीकृत ट्रेक्टर लोन, दिव्यांगों को श्रवण यंत्र और व्हीलचेयर तथा मछली पालकों को जाल एवं आइस-बाक्स प्रदान किया। उन्होंने किसानों को स्वाइल हेल्थ कार्ड, क्रेडिट कार्ड, अरहर बीज, विशेष पिछड़ी जनजाति के किसानों को पीएम किसान अंतर्गत प्रमाण पत्र, स्वास्थ्य विभाग के हितग्राहियों को आयुष्मान कार्ड और सिकलसेल कार्ड भी वितरित किए। कार्यक्रम में गर्भवती महिलाओं की गोदभराई और शिशुवती माताओं के बच्चों को अन्नप्राशन भी कराया गया।अभिनंदन समारोह में राजिम के विधायक श्री रोहित साहू ने नगर पंचायत का दर्जा मिलने और संचालन समिति के गठन पर कोपरावासियों को बधाई और शुभकामनाएं दीं। उन्होंने कहा कि यह हम सब के लिए गौरव का क्षण है। नगर पंचायत के विकास के लिए सरकार द्वारा सभी विकास कार्य कराए जाएंगे। पूर्व सांसद श्री चंदूलाल साहू ने भी समारोह को सम्बोधित किया। गरियाबंद के कलेक्टर श्री दीपक कुमार अग्रवाल और गरियाबंद नगर पालिका के अध्यक्ष श्री गफ्फार मेमन सहित अनेक जनप्रतिनिधि और गणमान्य नागरिक बड़ी संख्या में कार्यक्रम में मौजूद थे।
- -सुकमा जिले में संचालित कार्यक्रमों की समीक्षा बैठकरायपुर / वन मंत्री श्री केदार कश्यप ने कहा है कि बरसात के मौसम में मौसमी एवं जलजनित बीमारियों की रोकथाम के लिए सभी आवश्यक कदम उठाए जाएं। उन्होंने कहा कि स्वास्थ्य विभाग मलेरिया उन्मूलन के लिए मच्छरदानी वितरण, डीडीटी छिड़काव सुनिश्चित करें। श्री कश्यप आज सुकमा जिला मुख्यालय में राज्य शासन द्वारा संचालित विभिन्न कार्यक्रमों के क्रियान्वयन की समीक्षा कर रहे थे। इस मौके पर बैठक में लोकसभा क्षेत्र बस्तर के सांसद श्री महेश कश्यप सहित जन प्रतिनिधि और वरिष्ठ प्रशासनिक अधिकारी उपस्थित थे।वन मंत्री श्री कश्यप ने बैठक में स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों को मौसमी बीमारियों की रोकथाम के लिए कॉम्बेट टीम की गठन करने और मौसमी बीमारियों के इलाज के लिए दवाईयों की उपलब्धता, आवश्यकता पड़ने पर चिकित्सा शिविर लगाने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि सर्पदंश के इलाज के लिए पर्याप्त मात्रा में मेडिसिन की व्यवस्था रखी जाए। किसानों से अधिक से अधिक खाद-बीज का उठाव कराने, पीएम किसान सम्मान निधि का लाभ शत-प्रतिशत दिलाने, जिले के मृदा के उपयोगिता के हिसाब से आम ,केला जैसे पौधे लगाए जाने पर जोर देते हुए किसानों एवं ग्रामीणों को प्रोत्साहित करने कहा।श्री कश्यप ने नियद नेल्ला नार में चिन्हांकित गांव में शासन की जनकल्याणकारी योजनाओं के क्रियान्वयन की समीक्षा की और कहा कि इन गांवों में लोगों को उनकी आवश्यकता के अनुरूप शासन की योजनाओं का लाभ दिलाना सुनिश्चित करें। उन्होंने कोंटा ईलाके के डूबान क्षेत्र में बाढ़ को लेकर आवश्यक सतर्कता बरतने, विद्युत विहीन गांव में विद्युतीकरण शीघ्र करने और ग्रामीणों को बैंकिंग सुविधा प्रदाय करने के लिए मोबाइल एटीएम शुरु करने भी कहा। उन्होंने पशुओं को होने वाले लंपी स्किन जैसे बीमारी का टीकाकरण करने और पर्यावरण संरक्षण हेतु एक पेड़ मां के नाम अभियान में जन सहभागिता सुनिश्चित करने के निर्देश भी दिए।बैठक में शिक्षा, स्वास्थ्य, कृषि, खाद्य, ऊर्जा, लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी सहित सामाजिक सुरक्षा पेंशन दिलाने, वन अधिकार अधिनियम आदि योजनाओं के क्रियान्वयन की समीक्षा की गई तथा आवश्यक निर्देश दिए गए।
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रायपुर / वन मंत्री एवं बीजापुर जिले के प्रभारी मंत्री श्री केदार कश्यप मंगलवार 16 जुलाई को बीजापुर के दौरे पर रहेंगे। इस दौरान वे जिला स्तरीय शाला प्रवेशोत्सव कार्यक्रम में शामिल होंगे तथा जिला मुख्यालय बीजापुर में संचालित विभिन्न कार्यक्रमों के क्रियान्वयन की भी समीक्षा करेंगे।
- -हर वार्ड में लगेंगे शिविर, समस्याओं का यथासंभव मौके पर ही निराकरण किया जाएगा-उप मुख्यमंत्री श्री अरुण साव ने नगरीय निकायों के पदाधिकारियों और जनप्रतिनिधियों से सक्रिय भागीदारी की अपील कीरायपुर। . प्रदेश के सभी नगरीय निकायों में आगामी 27 जुलाई से 10 अगस्त तक जनसमस्या निवारण पखवाड़ा का आयोजन किया जाएगा। पखवाड़ा के दौरान नगर निगमों, नगर पालिकाओं और नगर पंचायतों में वार्डवार शिविरों का आयोजन कर स्थानीय समस्याओं का निदान किया जाएगा। नगरीय प्रशासन एवं विकास विभाग द्वारा आज मंत्रालय से जनसमस्या निवारण पखवाड़ा के आयोजन के संबंध में सभी आयुक्तों और मुख्य नगर पालिका अधिकारियों को परिपत्र जारी किया गया है।उप मुख्यमंत्री तथा नगरीय प्रशासन एवं विकास मंत्री श्री अरुण साव ने नागरिक सुविधाओं की दृष्टि से राज्य की सभी 184 नगरीय निकायों में स्थानीय समस्याओं के निराकरण के लिए वार्डवार शिविर आयोजित कर उनका मौके पर ही निराकरण के निर्देश नगरीय प्रशासन एवं विकास विभाग को दिए हैं। उन्होंने इन शिविरो में नगर निगमों, नगर पालिकाओं एवं नगर पंचायतों के महापौरों, अध्यक्षों, पार्षदों और अन्य जन प्रतिनिधियों को भी उपस्थित रहने की अपील की है, ताकि आमजन की भागीदारी में वृद्धि हो सके। उन्होंने कहा कि वार्डवार शिविरों के आयोजन से स्थानीय प्रशासन में लंबित शिकायतों का त्वरित निराकरण होगा और नागरिकों को जरुरी सुविधाएं मिलेंगी। समस्याओं का निराकरण मौके पर ही शीघ्रता से होने से शहरी सरकार के प्रति लोगों में सद्भाव भी बढ़ेगा। उन्होंने उम्मीद जताई कि नगरीय निकायों के पदाधिकारी और जनप्रतिनिधि आमजनों की भागीदारी के साथ अपनी उपस्थिति इन शिविरों में जरुर देंगे।उप मुख्यमंत्री श्री अरुण साव के निर्देश के बाद आज राज्य शासन द्वारा सभी नगरीय निकायों को आगामी 27 जुलाई से 10 अगस्त तक जनसमस्या निवारण पखवाड़ा के आयोजन के संबंध में परिपत्र जारी कर दिया गया है। विभाग द्वारा जारी परिपत्र में कहा गया है कि स्थानीय निकायों द्वारा अपने क्षेत्र के नागरिकों को नागरिक सुविधाएं उपलब्ध कराना मुख्य दायित्व है। स्थानीय नागरिक समस्याएं यथा नल कलेक्शन, राशन कार्ड, राष्ट्रीय परिवार सहायता, वृद्धावस्था पेंशन, सामाजिक सुरक्षा पेंशन, जन्म-मृत्यु प्रमाण पत्र, भवन निर्माण अनुज्ञप्तियां, अनापत्ति प्रमाण पत्र, नामांतरण, स्वरोजगार के प्रकरण तथा कई विविध छोटे-छोटे कार्य होते हैं, जिनका निराकरण शीघ्र अपेक्षित होता है।परिपत्र में कहा गया है कि नल लीकेज, नलों में पानी न आना, नालियों व गलियों की सफाई, सार्वजनिक नलों के प्लेटफार्म से पानी बहना, कचरे की सफाई व परिवहन, टूटी-फूटी नालियों की मरम्मत, सड़कों के गड्ढे पाटना, स्ट्रीट लाइट्स की मरकरी/बल्ब/ट्यूबलाइट का बंद रहना आदि समस्याएं भी हैं। ये सारे कार्य आम नागरिकों की दिन-प्रतिदिन की समस्याओं और कार्यों से संबंधित है। इन समस्याओं का निराकरण मौके पर ही शीघ्रता से किए जाने से अपने नगरीय निकाय के प्रति नागरिकों का सद्भाव बढ़ेगा। वहीं स्थानीय प्रशासन में लंबित शिकायतों का निराकरण भी शीघ्र हो सकेगा। विभाग ने जनसमस्या निवारण शिविरों में महापौरों, नगर पालिका और नगर पंचायतों के अध्यक्षों, पार्षदों एवं अन्य जन प्रतिनिधियों की उपस्थिति सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं, जिससे आमजन की भागीदारी में बढ़ोतरी हो।विभाग ने नगरीय निकायों के सभी विभागों के अधिकारियों को शिविर में मौजूद रहकर समस्याओं का निराकरण यथासंभव मौके पर ही करना सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं। शिविरों में करदाताओं को करों के भुगतान की सुविधा वार्ड में ही उपलब्ध कराई जाएगी। विभाग ने वार्डवार शिविरों के आयोजन के संबंध में वार्ड एवं नगर में व्यापक प्रचार-प्रसार की व्यवस्था करने के भी निर्देश दिए हैं, ताकि आम नागरिक शिविर का पूरा लाभ प्राप्त कर सके। शिविरों में संकलित जानकारियां राज्य शासन को भेजने के भी निर्देश दिए गए हैं।
- -बच्चों को फूल, मालाओं और तिलक लगाकर कराया जा रहा शाला प्रवेश-जिला स्तरीय शाला प्रवेश उत्सव में शामिल हुए वन मंत्रीरायपुर / छत्तीसगढ़ में शाला प्रवेश उत्सव जोर-शोर से चल रहा है। स्कूलों में नव प्रवेशी बच्चों को फूल-मालाओं से स्वागत के साथ ही उनका मुंह मीठा कराकर प्रवेश कराया जा रहा है। इसी कड़ी में वन मंत्री केदार कश्यप ने भी जिला मुख्यालय सुकमा में आयोजित शाला प्रवेश उत्सव में शामिल हुए। उन्होंने इस मौके पर कहा कि शिक्षा ही समाज में बदलाव का माध्यम है। शिक्षा से ही हम अपने भविष्य को तराश सकते हैं। शिक्षा से ही हम अपने लक्ष्यों को प्राप्त कर सकते हैैं। कार्यक्रम में उन्होंने नव प्रवेशी बच्चों को फूल, माला और तिलक लगाकर शाला में प्रवेश दिलाया।वन मंत्री श्री केदार कश्यप शाला प्रवेश उत्सव को सम्बोधित करते हुए कहा कि आईआईटी, एनआईटी, आईआईएम जैसे उच्च शिक्षा संस्थान हमारे प्रदेश में संचालित हो रहे हैं। सभी बच्चों को अच्छी शिक्षा मिल सके इसके लिए प्रदेश सरकार ने नई शिक्षा नीति लागू की गई है। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार के सार्थक प्रयासों का सकारात्मक परिणाम मिल रहा है, अब सुकमा जिले में शाला त्यागी बच्चों की दर में कमी आई है। इस मौके पर उन्होंने सभी नव प्रवेशी बच्चों को बधाई एवं शुभकामनाएं दी। इस मौके पर उन्होंने नव प्रवेशी बच्चों को निःशुल्क पाठ्य पुस्तक एवं गणवेश भी वितरित किए।कार्यक्रम में बस्तर लोकसभा क्षेत्र के सांसद श्री महेश कश्यप ने कहा कि सुकमा जिला विकास की दिशा में निरतंर आगे बढ़ रहा है। सरकार के प्रयासों से यहां के बच्चे अब डॉक्टर, इंजीनियर सहित सरकारी सेवाओं में अपनी सेवा देकर, जिले का नाम रोशन कर रहे हैं। कार्यक्रम में लोकसभा सांसद श्री महेश कश्यप सहित अनेक जनप्रतिनिधियों ने भी स्कूली बच्चों का फूल माला पहनाकर और तिलक लगाकर स्वागत किया। इस मौके पर वरिष्ठ प्रशासनिक अधिकारी, जनप्रतिनिधि और बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएं उपस्थित थीं।
- -परिसर में पानी का जमाव न हो इसके लिए बेहतर इंतजाम के दिए निर्देशरायपुर, / छत्तीसगढ़ शासन के स्वास्थ्य मंत्री श्री श्याम बिहारी जायसवाल ने बीजापुर स्थित पोटाकेबिन पहुंचकर यहां की व्यवस्थाओं का जायजा लिया। विभिन्न कक्षों में पहुंचकर बच्चों से पढ़ाई, मध्यान्ह भोजन सहित मौसमी बीमारियों के रोकथाम के लिए चर्चा करते हुए प्रतिदिन नियमित रूप से मच्छरदानी का उपयोग करने की बात कही। परिसर में गड्ढों में पानी का जमाव न हो इसलिए सभी संस्थाओं में नाली निर्माण, बजरी गिट्टी, मुरूम इत्यादि से गड्ढों का भराव करने, परिसर को साफ-सुथरा रखने झाड़ियों की कटाई सहित स्वच्छता पर विशेष ध्यान रखने के निर्देश दिए।उन्होंने अध्ययनरत विद्यार्थियों को हमेशा गर्म भोजन कराने जिला प्रशासन द्वारा निर्धारित की गई मीनू चार्ट की कड़ाई से पालन करने सहित स्वच्छता पर विशेष ध्यान देने के निर्देश दिए।श्री जायसवाल ने इस दौरान बच्चों को संबोधित करते हुए अपना लक्ष्य तय करके आगे बढ़ने हेतु निरंतर मेहनत और लगन के साथ पढ़ाई एवं अन्य गतिविधियों में भाग लेकर जिला और प्रदेश का नाम रौशन करने के लिए प्रोत्साहित किया। मंत्री श्री जायसवाल ने बच्चों को अपने हाथों से फल वितरण कर शुभकामनाएं दी।इस दौरान पूर्व मंत्री श्री महेश गागड़ा, अपर मुख्य सचिव स्वास्थ्य श्री मनोज कुमार पिंगुआ, स्वास्थ्य संचालक श्री ऋतुराज रघुवंशी, मिशन संचालक राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन श्री जगदीश सोनकर, कलेक्टर श्री अनुराग पाण्डेय, सीईओ जिला पंचायत श्री हेमंत रमेश नंदनवार एवं जनप्रतिनिधिगण उपस्थित थे।
- -राज्य नीति आयोग द्वारा विजन डाक्यूमेंट तैयार करने के संबंध में आयोजित किया जा रहा है संवाद कार्यक्रमरायपुर / छत्तीसगढ़ नीति आयोग द्वारा छत्तीसगढ़ विजन डाक्यूमेंट 2047 तैयार करने के संबंध में 16 जुलाई को संवाद कार्यक्रम का आयोजन किया जा रहा है। संवाद कार्यक्रम में ‘युवा, कृषक, महिला व प्रबुद्धजन‘ परिचर्चा में भाग लेंगे और विकसित भारत और विकसित छत्तीसगढ़ के संबंध में अपनी परिकल्पनाओं के संबंध में अपने विचार व्यक्त करेंगे। संवाद कार्यक्रम के समापन सत्र दोपहर 3 बजे मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय कार्यक्रम में शामिल होकर ‘युवा, कृषक, महिला व प्रबुद्धजनों‘‘ से संवाद करेंगे। कार्यक्रम की अध्यक्षता वित्त मंत्री श्री ओ.पी. चौधरी करेंगे।राज्य नीति आयोग द्वारा तय कार्यक्रम के अनुसार संवाद कार्यक्रम का शुभारंभ सत्र स्थानीय न्यू सर्किट हाउस में सुबह 9 बजे से प्रारंभ होगा। कार्यक्रम में छत्तीसगढ़ विजन@2047 की पृष्ठभूमि, परिकल्पना और विजन डाक्यूमेंट्स तैयार करने के संबंध में प्रस्तुतिकरण होगा। इसके बाद वित्त मंत्री श्री ओ.पी. चौधरी शुभारंभ सत्र को सम्बोधित करेंगे। सुबह 11.30 बजे से दोपहर 2 बजे तक ‘युवा, कृषक, महिला व प्रबुद्धजनों के गु्रप से अलग-अलग चर्चा होगी। समापन सत्र दोपहर 3 बजे प्रारंभ होगा। इस सत्र में मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के साथ ‘युवा, कृषक, महिला व प्रबुद्धजनों के प्रतिनिधि छत्तीसगढ़ विजन को लेकर अपनी परिकल्पना साझा करेंगे।गौरतलब है कि प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी द्वारा वर्ष 2047 तक भारत को विकसित राष्ट्र बनाने का लक्ष्य रखा गया है। इस परिकल्पना को साकार करने में राज्य की प्रभावी भूमिका सुनिश्चित करने के लिए राज्य नीति आयोग द्वारा आगामी राज्य स्थापना दिवस 01 नवम्बर 2024 को विजन डॉक्यूमेंट ‘अमृतकाल: छत्तीसगढ़ विजन/2047‘ जारी किया जाएगा।राज्य नीति आयोग द्वारा ‘‘अमृतकाल: छत्तीसगढ़ विजन @2047‘‘ संबंधित विजन डॉक्यूमेंट तैयार करने के संबंध में सभी विभागों, सेक्टर विशेषज्ञों से विचार-विमर्श प्रारंभ किया जा चुका है। इसके लिए आठ वर्किंग गु्रप का गठन किया गया है। लगातार बैठकें आयोजित कर विचार-विमर्श किया जा रहा है। जनप्रतिनिधियों एवं आम नागरिकों से भी विकसित छत्तीसगढ़ की उनकी परिकल्पना साझा करने के लिए आयोग द्वारा वेब-पोर्टल ‘‘मोर सपना-मोर विकसित छत्तीसगढ़‘‘ लिंक http://sdgspc.cg.gov.in/viksitcg/#home भी तैयार किया गया है। file photo
- -वन मंत्री ने ‘एक पेड़ मां के नाम’ अभियान के तहत किया पौधारोपण-सांसद श्री महेश कश्यप एवं जनप्रनिधियों ने भी किया पौधारोपणरायपुर,। ‘एक पेड़ मां के नाम अभियान‘ के तहत वन मंत्री श्री केदार कश्यप ने सुकमा जिला मुख्यालय स्थित आकार आवासीय संस्था में पौधरोपण कर पर्यावरण संरक्षण का संदेश दिया। उन्होंने आमजनों को सम्बोधित करते हुए कहा कि इस मानसून के दौरान ज्यादा से ज्यादा वृक्षारोपण करें और अपने घर, आसपास के परिवेश, गांव-खेत-खलिहानों और शहरों को खूब हरा-भरा करने लोगों को प्रेरित भी करें।वन मंत्री श्री कश्यप ने बताया कि राज्य सरकार द्वारा इस महत्वपूर्ण अभियान के माध्यम से करीब चार करोड़ पौधारोपण करने का लक्ष्य रखा गया है, जिसके लिए अधिक से अधिक लोगों को प्रोत्साहित भी किया जा रहा है। उन्होंने पर्यावरण संरक्षण के इस अभियान में बढ़-चढ़कर जुड़ने के लिए लोगों को प्रोत्साहित किया।बस्तर लोकसभा क्षेत्र के सांसद श्री महेश कश्यप और स्थानीय जनप्रतिनिधियों ने भी पर्यावरण संरक्षण के इस अभियान में शामिल होकर ‘एक पेड़ माँ के नाम‘ अभियान के तहत पौधारोपण किया। इस अवसर पर श्री धनीराम बारसे, श्री हूंगाराम मरकाम एवं अन्य जनप्रतिनिधियों और गणमान्य नागरिकों ने भी पौधारोपण किया।
- -आईसीयू में 10 बेड सहित दो डायलिसिस मशीन की स्वीकृति-जिला अस्पताल पहुंचे स्वास्थ्य मंत्री श्री श्याम बिहारी जायसवाल-मरीजों एवं उनके परिजनों से मिलकर स्वास्थ्य सुविधाओं का लिया जायजारायपुर / एक दिवसीय प्रवास पर बीजापुर पहुंचे छत्तीसगढ़ शासन के स्वास्थ्य मंत्री श्री श्याम बिहारी जायसवाल ने बीजापुर जिला अस्पताल का सघन निरीक्षण किया। इस दौरान विभिन्न वार्डों में पहुंचकर मरीजों एवं उनके परिजनों से मिलकर स्वास्थ्य सुविधाओं की जानकारी ली।मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय के निर्देश पर एक दिवसीय प्रवास पर बीजापुर पहुंचकर स्वास्थ्य मंत्री श्री श्याम बिहारी जायसवाल ने स्वास्थ्य सुविधाओं की जानकारी ली। उन्होंने दो छात्राओं की मौत के कारणों की जांच कराने की बात कही तथा भविष्य में इस तरह की घटना की पुनरावृति न हो इसके लिए आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। श्री जायसवाल ने डॉक्टरों को बेहतर ईलाज के निर्देश देते हुए जिला अस्पताल में आने वाले मरीजों का मलेरिया जांच अनिवार्य रूप से करने और मलेरिया पॉजिटिव्ह बच्चों के माता-पिता का भी मलेरिया जांच करने के निर्देश दिए।श्री जायसवाल ने इस दौरान सभी मरीजों से बारी-बारी मिलकर उनके ईलाज संबंधी जानकारी ली और बेहतर से बेहतर ईलाज करने के निर्देश दिए। उन्होंने आईसीयू में बेड की कमी को देखते हुए तत्काल 10 बेड सहित दो डायलिसिस मशीनों की स्वीकृति दी एवं बेहतर स्वास्थ्य सुविधाओं के लिए जिला अस्पताल के लिए सर्वसुविधायुक्त नया भवन, नए सेटअप के लिए जल्द ही स्वीकृत करने की बात कही। इस दौरान पूर्व मंत्री श्री महेश गागड़ा, अपर मुख्य सचिव स्वास्थ्य श्री मनोज कुमार पिंगुआ, स्वास्थ्य संचालक श्री ऋतुराज रघुवंशी, मिशन संचालक राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन श्री जगदीश सोनकर, कलेक्टर श्री अनुराग पाण्डेय, सीईओ जिला पंचायत श्री हेमंत रमेश नंदनवार एवं जनप्रतिनिधिगण उपस्थित थे।
- -शहरी गरीब परिवारों को सशक्त बनाने और आजीविका के अवसर बढ़ाने अच्छे कार्यों के लिए मिलेगा पुरस्कार-नई दिल्ली में सूडा और चार नगरीय निकायों को 18 जुलाई को किया जाएगा पुरस्कृत-उप मुख्यमंत्री श्री अरुण साव ने दी बधाईरायपुर. । . छत्तीसगढ़ को दीनदयाल अंत्योदय योजना - राष्ट्रीय शहरी आजीविका मिशन में उत्कृष्ट कार्यों के लिए पांच राष्ट्रीय पुरस्कारों से नवाजा जाएगा। भारत सरकार द्वारा राज्य शहरी विकास अभिकरण (सूडा) और प्रदेश के चार नगरीय निकायों बिलासपुर, रायगढ़, चांपा एवं भाटापारा का चयन प्रतिष्ठित ‘स्पार्क-2023-24’ पुरस्कारों के लिए किया गया है। राज्य में शहरी गरीब परिवारों को सशक्त बनाने और उनकी आजीविका के अवसरों को बढ़ाने में उत्कृष्ट कार्यों के लिए ये पुरस्कार प्रदान किए जा रहे हैं। केन्द्रीय आवासन और शहरी कार्य मंत्रालय द्वारा 18 जुलाई को नई दिल्ली के इंडिया हैबिटॉट सेंटर में आयोजित समारोह में सूडा और चारों नगरीय निकायों को पुरस्कृत किया जाएगा। केन्द्रीय आवासन और शहरी कार्य मंत्री श्री मनोहर लाल और राज्य मंत्री श्री तोखन साहू ये पुरस्कार प्रदान करेंगे।उप मुख्यमंत्री तथा नगरीय प्रशासन एवं विकास मंत्री श्री अरुण साव ने राज्य को गौरवान्वित करने वाली इस उपलब्धि के लिए सूडा और चारों नगरीय निकायों की टीम को बधाई दी है। उन्होंने कहा कि भारत सरकार द्वारा प्रदत्त ये पुरस्कार राज्य के लिए सम्मान का विषय है। मैं इसके लिए केन्द्र सरकार को धन्यवाद देता हूं। राष्ट्रीय शहरी आजीविका मिशन के तहत सामाजिक गतिशीलता, संस्थागत विकास, स्वरोजगार, कौशल प्रशिक्षण एवं शहरी पथ विक्रेताओं को सहायता के साथ ही शहरी बेघरों के लिए आश्रय योजना से हितग्राहियों को लाभान्वित किया जा रहा है। नगरीय प्रशासन विभाग के सचिव डॉ. बसवराजु एस. ने भी सूडा और पुरस्कार के लिए चयनित नगरीय निकायों को बधाई दी है। उन्होंने कहा कि राष्ट्रीय शहरी आजीविका मिशन महिलाओं एवं युवाओं के आर्थिक और सामाजिक सशक्तिकरण के लिए प्रतिबद्ध मिशन है। छत्तीसगढ़ इस मिशन मे लगातार श्रेष्ठ प्रदर्शन कर रहा है। भारत सरकार द्वारा इन पुरस्कारों के लिए चयन हमारी कोशिशों की सफलता का घोतक है।सूडा के मुख्य कार्यपालन अधिकारी श्री शशांक पाण्डेय ने बताया कि भारत सरकार द्वारा ये पुरस्कार शहरी गरीब परिवारों को सशक्त बनाने और उनकी आजीविका के अवसरों को बढ़ाने में श्रेष्ठ कार्यों के लिए दिया जा रहा है। दीनदयाल अंत्योदय योजना - राष्ट्रीय शहरी आजीविका मिशन (डे-एनयूएलएम) के प्रभावी क्रियान्वयन के माध्यम से नगरीय निकायों ने शहरी आबादी के जीवन में उल्लेखनीय सुधार किया है। राज्य में राष्ट्रीय शहरी आजीविका मिशन और प्रधानमंत्री स्वनिधि योजना के अंतर्गत हितग्राहियों को लगातार लाभान्वित किया जा रहा है।इन कार्यों की वजह से राज्य को मिल रहा पुरस्कारदीनदयाल अंत्योदय योजना - राष्ट्रीय शहरी आजीविका मिशन के अंतर्गत वर्ष 2023-24 में 2653 महिला स्वसहायता समूहों का गठन किया गया है। इनमें से 1532 समूहों को एक करोड़ 53 लाख 20 हजार रुपए की आवर्ती निधि प्रदान की गई है। सामाजिक गतिशीलता एवं संस्थागत विकास के अंतर्गत 123 क्षेत्र स्तरीय संगठन और चार शहर स्तरीय संघ का गठन कर महिला सशक्तिकरण की दिशा में कार्य किया गया है। 123 क्षेत्र स्तरीय संगठन में से 47 क्षेत्र स्तरीय संगठनों को 23 लाख 50 हजार रुपए का अनुदान वितरित किया गया है। स्वरोजगार कार्यक्रम के तहत 3028 हितग्राहियों को बैंकों के माध्यम से 31 करोड़ 17 लाख आठ हजार रुपए का व्यक्तिगत ऋण उपलब्ध कराकर विभिन्न व्यवसायों से जोड़ा गया। साथ ही 340 समूहों के 1352 सदस्यों को समूह ऋण के माध्यम से सात करोड़ 73 लाख 81 हजार रुपए का ऋण प्रदान किया गया। महिला समूहों को रोजगार एवं आयवर्धक गतिविधियों से जोड़ने के लिए बैंक लिंकेज ऋण अंतर्गत 2766 स्वसहायता समूहों को 76 करोड़ 74 लाख 41 हजार रुपए का ऋण उपलब्ध कराया गया है।केन्द्रीय आवासन और शहरी कार्य मंत्रालय, छत्तीसगढ़ शासन और नगरीय निकायों के समन्वय तथा समूहों की सहभागिता से राज्य के 39 नगरीय निकायों में 47 आश्रय स्थलों का संचालन किया जा रहा है। साथ ही चार आश्रय स्थल निर्माणाधीन हैं। शहरी बेघरों के लिए आश्रय स्थल घटक के अंतर्गत शहरी बेघरों व अन्य के रहवास की व्यवस्था की जा रही है। शहरी पथ विक्रेताओं को सहायता घटक अंतर्गत शहरी पथ विक्रेताओं के कल्याण के लिए सभी नगरीय निकायों में सर्वेक्षण का कार्य किया गया। सर्वेक्षित पथ विक्रेताओं को परिचय पत्र एवं विक्रय प्रमाण पत्र का वितरण किया गया। योजना के तहत 25 वेंडिंग जोन का चिन्हांकन एवं नौ वेंडिंग मार्केट का निर्माण एवं वेंडिंग मार्केट का संचालन प्रारंभ किया गया।आम नागरिकों को आवश्यक सेवाओं और वस्तुओं की आपूर्ति में पथ विक्रेताओं की महत्वपूर्ण भूमिका है। पथ विक्रेता या रेहड़ी वाले शहर की सड़कों, फुटपाथों एवं बाजारों में विक्रय गतिविधियों के माध्यम से आजीविका का निर्वहन कर रहे हैं। इन पथ विक्रेताओं को ऋण अदायगी की शर्तों पर 10 से 50 हजार रुपए तक की ‘‘कार्यशील पूंजी ऋण’’ सहायता बैंकों के माध्यम से उपलब्ध कराने के लिये केन्द्रीय आवासन और शहरी कार्य मंत्रालय द्वारा वित्त पोषित ‘‘प्रधानमंत्री स्ट्रीट वेंडर्स आत्मनिर्भर निधि (पीएम स्वनिधि) योजना’’ राज्य के 170 नगरीय निकायों में संचालित है। इसके तहत अभी तक 82 हजार 131 पथ विक्रेताओं को प्रथम ऋण, 29 हजार 099 पथ विक्रेताओं को द्वितीय ऋण और 5168 पथ विक्रेताओं को तृतीय ऋण बैंकों के माध्यम से वितरित किए गए हैं। प्रधानमंत्री स्वनिधि योजनान्तर्गत 165 करोड़ 25 लाख रुपए की वित्तीय सहायता बैंकों के माध्यम से जरुरतमंदों को मुहैया कराई गई है।
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टी सहदेवभिलाई नगर। दुर्ग जिले के शासकीय नवीन संगीत महाविद्यालय के विद्यार्थियों ने रविवार को जामगांव (महामाया) स्थित एक फार्महाउस में 'एक पेड़ मां के नाम' अभियान के तहत फलदार, फूलदार और छायादार पेड़ लगाए। संगीत के विद्यार्थियों को पर्यावरण के संरक्षण से जोड़ने के लिए रायपुर निवासी अजय देवांगन ने अपनी देखरेख में अध्ययन यात्रा निकाली, जिसका उद्देश्य पर्यावरण पर शहरी विस्तार के प्रभाव का विश्लेषण करना था।इस अध्ययन यात्रा के दौरान विद्यार्थियों ने पाया कि शहरीकरण और औद्योगीकरण की आड़ में सैकड़ों एकड़ कृषि भूमि तथा चारागाहों पर अतिक्रमण हो रहा है। अतिक्रमण को रोकने के लिए देवांगन ने अपने दो एकड़ के फार्महाउस तथा आसपास की जमीन पर सैकड़ों पेड़-पौधे लगाए और उनके संरक्षण के लिए खुद को समर्पित कर दिया। उनके समर्पण से प्रेरित होकर संगीत के छात्रों ने प्रेमगीत फार्महाउस में चंदन, बेल, नीम, पीपल, आम, बरगद, जामुन, गुलमोहर, अमलतास एवं अर्जुन सहित कई फलदार, फूलदार और छायादार पेड़ लगाकर राष्ट्रीय अभियान का हिस्सा बने।दिन भर चले अध्ययन और पौधरोपण के बाद शाम को संगीत समारोह का आयोजन किया गया, जिसमें विद्यार्थियों ने शास्त्रीय गायन के साथ-साथ नए और क्लासिक फिल्मी गीतों की मनभावन प्रस्तुति दी। संगीत के इस सफर में रमेशर भारती, जगदीश बामनिया, जीवनंदन वर्मा, राजकुमार पांडे, तपन नाथ, सीमा निषाद, सुषमा आर्य, राधिका कौशल, ऋषभ साहू, कल्याण, पवन, केवल साहू और रोशन शामिल हुए। इस अवसर पर विद्यार्थियों ने संगीत प्रेम और पर्यावरण के संरक्षण के दोहरे उद्देश्य को पाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाने वाले जीवनंदन वर्मा तथा अजय देवांगन का आभार माना। - -संभाग स्तरीय स्वास्थ्य विभाग की समीक्षा बैठक बीजापुर में सम्पन्नरायपुर / छत्तीसगढ़ शासन के स्वास्थ्य मंत्री श्री श्याम बिहारी जायसवाल ने बीजापुर जिले के अपने एक दिवसीय प्रवास के दौरान बीजापुर जिला सहित बस्तर संभाग के स्वास्थ्य विभाग के कार्याे की विस्तृत समीक्षा की इस दौरान पूर्व मंत्री श्री महेश गागड़ा, अपर मुख्य सचिव स्वास्थ्य श्री मनोज कुमार, पिंगुआ, स्वास्थ्य संचालक श्री ऋतुराज रघुवंशी, मिशन संचालक राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन श्री जगदीश सोनकर, कलेक्टर श्री अनुराग पाण्डेय, सीईओ जिला पंचायत श्री हेमंत रमेश नंदनवार एवं जनप्रतिनिधिगण उपस्थित थे।मलेरिया मुक्त छत्तीसगढ़ अभियान के तहत स्वास्थ्य मंत्री ने सभी आवासीय स्कूल, पोटाकेबिन, छात्रावास, आश्रम, एकलव्य विद्यालय सहित नवोदय एवं समस्त आवासीय संस्थाओं में शीघ्रतापूर्ण शतप्रतिशत मलेरिया जांच के निर्देश दिए। पाजिटिव्ह प्रकरणों में विद्यार्थियों का अस्पताल में बेहतर ईलाज कराने के निर्देश दिए एवं उनके पालकों को समझाइस देकर मलेरिया की सभी खुराक को पूरा करने के लिए जागरूकता लाने को कहा। उन्होंने कहा कि बरसात के मौसम में मलेरिया, डायरिया और जल जनित बीमारियों के व्यापक रूप से संक्रमण को रोकना अनिवार्य है। जिसके लिए व्यापक स्तर पर कार्य करने, आवासीय स्कूलों में पानी का जमाव न हो, मच्छरदानी का नियमित और अनिवार्य उपयोग सहित दवाईयों का छिड़काव होना चाहिए। उन्होंने मलेरिया, डायरिया एवं मौसमी बीमारियों के रोकथाम हेतु सभी आवश्यक उपाय अमल में लाने के निर्देश संभाग के सभी सीएमएचओ, सिविल सर्जन एवं डीपीएम को दिए।बस्तर संभाग के सभी ब्लॉकों मे माइक्रोस्कोप की होगी व्यवस्थाश्री जायसवाल ने कहा कि मलेरिया जांच एवं रिपोर्ट में तत्परता लाने के लिए बस्तर संभाग के सभी ब्लॉक मुख्यालयों में माइक्रोस्कोप की व्यवस्था की जाएगी जिसमें मलेरिया की स्लाईड की जांच की जा सके। इस व्यवस्था से मलेरिया का रिपोर्ट त्वरित मिलने से मरीज को बेहतर उपचार समय पर उपलब्ध होगा। जिससे किसी भी प्रकार की अनहोनी को टाला जा सकेगा।पोर्टल के माध्यम से मलेरिया परीक्षण की गतिविधियों का राज्य स्तर पर होगा मॉनिटरिंग-स्वास्थ्य मंत्री श्री जायसवाल ने बस्तर संभाग के सभी जिलों द्वारा मलेरिया की जांच एवं उपचार संबंधित पोर्टल बनाने के निर्देश दिए हैं ताकि राज्य स्तर पर इसकी मॉनिटरिंग हो सके।
- -उप मुख्यमंत्री एवं बालोद जिले के प्रभारी मंत्री ने समीक्षा बैठक लेकर विभिन्न विभागों की बैठक लेकर विस्तृत समीक्षा की-जिला अस्पताल में बायो मेट्रिक उपस्थिति की सराहना की, इसे जिले के सभी अस्पतालों में शुरू कराने के दिये निर्देश-राजस्व प्रकरणों का निराकरण प्राथमिकता के साथ करने के निर्देशरायपुर। उपमुख्यमंत्री एवं बालोद जिले के प्रभारी मंत्री श्री विजय शर्मा ने कहा कि केंद्र एंव राज्य सरकार के द्वारा संचालित की जा रही विभिन्न जन कल्याणकारी योजनाओं का सफल क्रियान्वयन निर्धारित समयावधि में सुनिश्चित की जाए। जिससे कि शासन के मंशानुरूप आम जनता को उसका समुचित लाभ सुनिश्चित हो सके। उपमुख्यमंत्री श्री शर्मा आज संयुक्त जिला कार्यालय के सभाकक्ष में आयोजित समीक्षा बैठक में जिले के अधिकारियों को उक्ताशय के निर्देश दिए हैं। श्री शर्मा जिले के प्रभारी मंत्री बनने के बाद पहली समीक्षा बैठक लेकर जिले में चल रहे विकास कार्यों एंव जिले के कानून व्यवस्था की स्थिति की विस्तृत समीक्षा की।बैठक में श्री शर्मा ने जिला अस्पताल बालोद में डॉक्टरों एवं अधिकारी कर्मचारियों के निर्धारित समयावधि में उपस्थिति सुनिश्चित कराने हेतु शुरू की गई बायो मेट्रिक व्यवस्था की सराहना की। उन्होंने इस कार्य की प्रशंसा करते हुए इसे पूरे जिले के अस्पतालों में शुरू कराने के निर्देश दिए। बैठक में श्री शर्मा ने राजस्व विभाग के कार्यो की भी समीक्षा की। उन्होंने कहा कि किसानों को किसी भी स्थिति में उनके राजस्व संबंधी परेशानियों का सामना न करना पड़े। इसके लिए उन्होंने राजस्व संबंधी समस्याओं का निराकरण निर्धारित समयावधि में करने के निर्देश दिये। प्रभारी मंत्री ने इस कार्य मे लापरवाही बरतने वाले अधिकारी कर्मचारियों के विरुद्ध कड़ी कार्यवाही करने को कहा। बैठक में श्री शर्मा ने शिक्षा विभाग के कार्यों की समीक्षा की। उन्होंने बच्चो को गुणवत्तायुक्त शिक्षा प्रदान करने हेतु स्कुलो में जरूरी संसाधनों की उपलब्धता के अलावा शिक्षकों का समय पर एंव नियमित रूप से उपस्थिति सुनिश्चित कराने के निर्देश दिए। उन्होंने स्कूलो में बच्चो के अध्ययन अध्यापन की समुचित मानिटरिंग एंव शिक्षकों की उपस्थिति सुनिशिचत कराने हेतु जिले के सभी विकासखण्ड मुख्यालय के प्राथमिक शालाओ में सीसीटीवी कैमरा लगाने एंव शिक्षकों तथा कर्मचारियों का बायो मेट्रिक उपस्थिति सुनिश्चित कराने के निर्देश दिये। उन्होंने कहा कि कलेक्टर एंव जिला शिक्षा अधिकारी के द्वारा इसकी समुचित मॉनिटरिंग कराने के भी निर्देश दिए। उन्होंने जिला शिक्षा अधिकारी को इस कार्य को 01 माह के भीतर अनिवार्य रूप से पूरा करने हेतु निर्देशित किया। श्री शर्मा ने कहा कि आगामी समीक्षा बैठक में इस कार्य की समीक्षा करेगें। प्रभारी मंत्री ने जिले के शाला भवनों की स्थिति समीक्षा करते हुए जर्जर शाला भवनों को डिस्मेंटल किये जाने पर कक्षा संचालित करने हेतु की गई वैकल्पिक व्यवस्था के संबंध में भी जानकारी ली। बैठक में प्रभारी मंत्री श्री शर्मा ने मौजूदा मानसून सीजन के दौरान जिले में खाद बीज की उपलब्धता की भी समीक्षा की। उन्होंने किसानों को समुचित मात्रा में उपलब्ध कराने हेतु जरूरी व्यवस्थाये सुनिश्चित करने के निर्देश दिये। श्री शर्मा ने जिले के किसानों के सुविधाओं को ध्यान में रखते हुए जिला सहकारी केंद्रीय बैंक दुर्ग से अलग कर बालोद के लिए पृथक से जिला सहकारी केंद्रीय बैंक की स्थापना प्रस्ताव भी प्रस्तुत करने के निर्देश दिए। उपमुख्यमंत्री ने कहा कि जिले के सभी सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों में सोनोग्राफी मशीन की व्यवस्था शीघ्र सुनिश्चित करा दी जाएगी। बैठक में श्री शर्मा ने कानून व्यवस्था के सम्बंध में विस्तृत समीक्षा की। उन्होंने जिले में कानून व्यवस्था की स्तिथि सुनिश्चित कराने हेतु आवश्यक उपाय करने के निर्देश दिये। श्री शर्मा ने अपने काम के सिलसिले में थाने में आने वाले लोगो के लिए शौचालय की सुविधा उपलध कराने हेतु सामुदायिक शौचालय के निर्माण के संबंध में भी जानकारी ली। उन्होंने पुलिस अधीक्षक श्री एस आर भगत को इस कार्य को विशेष प्राथमिकता के साथ पूरा कराने के निर्देश दिए।बैठक में उपमुख्यमंत्री श्री शर्मा ने स्वच्छ भारत मिशन की भी समीक्षा की। उन्होंने बालोद जिले को स्वच्छता के क्षेत्र में अग्रणी बनाने हेतु स्वच्छता रैंकिंग में पूरे देश मे अग्रणी इंदौर शहर का निरीक्षण करने मुख्य नगर पालिका अधिकारी बालोद को निर्देशित किया। उन्होंने बालोद शहर को स्वच्छता के क्षेत्र में अग्रणी बनाने हेतु सभी उपाय सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। बैठक में श्री शर्मा ने जिले में राष्ट्रीय राजमार्ग के कार्यों की भी समीक्षा की। उन्होंने राष्ट्रीय राजमार्ग के निर्माण कार्यों के अन्तर्गत जमीन अधिग्रहण संबन्धी प्रकरणों का शीघ्र निराकरण करने के निर्देश दिए। श्री शर्मा ने अग्निवीर भर्ती प्रक्रिया के कार्यो की समीक्षा करते हुए लिखित परीक्षा में उत्तीर्ण अभ्यर्थियों के संम्बन्ध में जानकारी ली। इस दौरान उन्होंने जिले में जल जीवन मिशन के कार्यों की समीक्षा की। उन्होंने जलजीवन मिशन के कार्यों को शीघ्र पूरा कराने तथा सभी घरो में पानी की समूचित आपूर्ति कार्यपालन अभियंता जल संसाधन विभाग को दी। बैठक में श्री शर्मा ने महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी योजना, प्रधानमंत्री आवास योजना, विद्युत विभाग, सहकारिता, वन, ग्रामीण यांत्रिकी सेवा, क्रेडा, लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी, मछली पालन विभाग, अमृत सरोवर योजना, आयुष्मान कार्ड के कव्हरेज के साथ आदि योजनाओं की प्रगति की विस्तृत समीक्षा की। उन्होंने अधिकारियों को निर्धारित समयावधि में इन सभी जन कल्याणकारी योजनाओं के क्रियान्वयन के निर्देश दिये।
- -बेटी का शौक पूरा करने शुरू किया मशरूम उत्पादन, साल भर में हो गई लाख रूपए की कमाई-मशरूम की खेती से एसएचजी दीदी को मिली जीवन की नई उड़ानरायपुर, / दुर्ग जिले के छोटे से गाँव मतवारी में रहने वाली जागृति साहू की कहानी प्रेरणा से भरी हुई है। पढ़ी-लिखी जागृति ने दो विषयों में पोस्टग्रेजुएट और बी.एड. की डिग्री प्राप्त की है। बचपन से ही जागृति का सपना था कि वह एक शिक्षक बने, लेकिन किस्मत ने कुछ और ही लिखा था। किसी कारणवश वह अपने इस सपने को पूरा नहीं कर पाई, जिससे वह निराश हो गईं।जागृति के पति श्री चंदन साहू बताते है कि शिक्षक न बन पाने से जागृति के व्यवहार में बहुत परिवर्तन आया। निराशा की वजह से वे ज्यादा बात भी नहीं करती थी। वे कहते हैं ’’मैंने उस वक्त सोचा कि किसी काम में व्यस्त होने से शायद इनका मन लगे। मेरी बेटी और मुझे मशरूम बहुत पसंद था तो मैंने उन्हें मशरूम की खेती करने का सुझाव दिया। बेटी की पसंद की वजह से जागृति ने यह कार्य प्रारंभ किया। देखते ही देखते बेटी की छोटी सी पसंद के लिए शुरू किया गया कार्य जागृति को उंचाईयों तक ले गया। धीरे-धीरे, उन्होंने अपनी रुचि को बढ़ाते हुए हर्बल गुलाल और घरेलू वस्तुएं बनानी शुरू कीं। साल 2019 में, जागृति ने 33 लाख रुपये का मशरूम बेचा, जो उनके मेहनत और समर्पण का परिणाम था। जागृति ने अपने साथ और महिलाओं को भी मुनाफ़ा दिलाया। वे अपने आस पास के गाँव की दीदियों को भी प्रशिक्षण देकर स्वावलंबन की राह दिखाई।’’जागृति का सफर यहीं नहीं रुका। जागृति ने शासन की योजनाओं का लाभ लिया और एक सामान्य महिला से अपनी अलग पहचान बनाई। मशरूम की खेती से नई ऊँचाइयाँ प्राप्त करने पर उन्हें “मशरूम लेडी ऑफ़ दुर्ग” कहा जाने लगा। जागृति का सफ़र एक सामान्य महिला से लेकर लखपति दीदी बनने और आज ड्रोन दीदी के रूम में कृषि को उन्नति की ओर ले जा रहा है।प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी की पहल नमो ड्रोन दीदी में चयनित होकर उन्होंने ड्रोन चलाने का प्रशिक्षण लिया। आज वह एक प्रमाणित ड्रोन पायलट हैं और ‘ड्रोन दीदी’ के नाम से जानी जाती हैं। ड्रोन के माध्यम से वह खेतों में दवाइयों का छिड़काव करती हैं और इस नई तकनीक का लाभ किसानों तक पहुंचाती हैं। इससे किसानों का समय तो बचता है साथ ही श्रम और खर्च भी कम होता है।जागृति साहू की कहानी हमें सिखाती है कि किस तरह संघर्ष और मेहनत से किसी भी चुनौती का सामना किया जा सकता है और सफलता प्राप्त की जा सकती है। वे बताती हैं की शुरू में लोग उनपर हंसा करते थे और आज उनकी मेहनत और राज्य सरकार तथा केंद्र सरकार की लाभकारी योजनाओं की बदौलत लोग उनका उदाहरण देने लगे हैं।जागृति शिक्षक तो नही बन पाईं परंतु आज वे कई महिलाओं के लिए व्यवहारिक एवं व्यवसायिक शिक्षक की मिशाल हैं। जागृति कई महिलाओं को ड्रोन, मशरूम उत्पादन एवं घरेलू वस्तुओं के उत्पादन संबंधित तकनीकी एवं व्यवसायिक प्रशिक्षण दे रही हैं। जिससे उनके साथ-साथ अन्य महिलाएं भी स्वावलंबन की ओर अग्रसर हो रही हैं। अपने कौशल व सरकार की योजना के माध्यम से ड्रोन दीदी जागृति ने स्वयं के साथ साथ अन्य महिलाओं को आर्थिक संबल प्रदान किया है।
- रायपुर, / प्रदेश के 33 जिलों के लिए खाद्य नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता संरक्षण विभाग ने 552 किलोलीटर केरोसिन उचित मूल्य दुकानों के लिए आबंटन जारी किया है। सार्वजनिक वितरण प्रणाली के अंतर्गत माह जुलाई 2024 के लिए गैर अनुसूचित क्षेत्रों के गैस कनेक्शनधारी राशनकार्डो में भी सार्वजनिक वितरण प्रणाली के अंतर्गत केरोसिन प्रदाय किए जाने के निर्देश दिए गए हैं। छत्तीसगढ़ खाद्य एवं पोषण सुरक्षा अधिनियम के अंतर्गत प्रचलित राशनकार्डो एवं हॉकर्स के लिए उचित मूल्य दुकानवार ऑनलाईन आबंटन जारी किया गया है।खाद्य विभाग से प्राप्त जानकारी के अुनसार सार्वजनिक वितरण प्रणाली के अंतर्गत प्रचलित समस्त अंत्योदय एवं प्राथमिकता वाले राशनकार्डधारी हितग्राहियों को केरोसिन की पात्रता होगी। इसी प्रकार समस्त नगरीय क्षेत्रों के राशनकार्डधारियों के लिए अधिकतम एक लीटर केरोसिन की पात्रता होगी और ग्रामीण क्षेत्र के अंतर्गत अनुसूचित क्षेत्रों के राशनकार्डधारियों तथा गैर अनुसूचित क्षेत्रों के राशनकार्डधारियों को अधिकतम 2 लीटर केरोसिन की पात्रता होगी। खाद्य नागरिक आपूर्ति विभाग के संचालक ने इस संबंध में सभी कलेक्टरों को निर्देश जारी किए हैं और उचित मूल्य दुकान के माध्यम से पात्र हितग्राहियों को केरोसिन का वितरण कराने के लिए कहा है।
- -बुजुर्गों के आशीर्वाद से जन सेवा करने की मिलती है शक्ति : श्रीमती राजवाड़ेरायपुर / समाज कल्याण मंत्री श्रीमती लक्ष्मी राजवाड़े ने माना स्थित वृद्धाश्रम का निरीक्षण किया था और वहां रहने वाले वृद्धजनों के मन की बात जानने की कोशिश की थी। इस दौरान कुछ वृद्धजनों ने राजीव लोचन के दर्शन की इच्छा जतायी थी, यह इच्छा जल्दी पूरी हुई कि बुजुर्ग बहुत खुश है। मंत्री श्रीमती राजवाड़े ने बुजुर्गो के इच्छा का मान रखते हुए उन्हें स्वयं राजीव लोचन दर्शन कराने के बारे में सोचा और रविवार को वृद्धाश्रम में निवासरत वृद्धजनों को घटारानी और राजीव लोचन मंदिर राजिम का दर्शन कराने स्वयं अपने साथ लेकर गई। इस दौरान श्रीमती राजवाड़े ने बुजुर्गों के साथ भजन-कीर्तन किया और साथ ही स्वाल्पाहार का भी आनंद लिया। घटारानी और भगवान राजीव लोचन के दर्शन से वृद्धाश्रम के बुजुर्गों के हृदय की प्रसन्नता उनके चेहरे से झलक रही थी।मंत्री श्रीमती लक्ष्मी राजवाड़े ने कहा कि उनसे मिले आशीर्वाद ने जन सेवा करने के लिए मुझे और शक्ति मिलेगी इस अवसर पर राजिम विधायक श्री रोहित साहू, अभनपुर विधायक श्री इंद्र कुमार साहू शामिल थे। गौरतलब है कि छत्तीसगढ़ में मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के नेतृत्व में सरकार अनेक जनकल्याणकारी योजनाएं लागू कर रही है। राज्य के निराश्रितों के लिए सरकार सहारा बन रही है। इसके लिए समाज कल्याण विभाग के माध्यम से राहत पहुंचाने का कार्य किया जा रहा है।
- -फसल बीमा कराने की अंतिम तिथि 31 जुलाई-ऋणी और अऋणी किसान हो सकते हैं शामिलरायपुर, / प्राकृतिक आपदाओं से होने वाले फसल नुकसान से किसानों को राहत दिलाने के लिए छत्तीसगढ़ में प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना संचालित की जा रही है। मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने कृषि विभाग के मैदानी अमले के अधिकारियों को इस बीमा योजना का लाभ दिलाने के लिए सभी किसानों का पंजीयन कराने के निर्देश दिए हैं, जिससे कि प्राकृतिक आपदाओं से फसल प्रभावित होने पर उन्हें क्षतिपूर्ति मिल सकें।छत्तीसगढ़ सरकार की कृषि विभाग द्वारा खरीफ वर्ष 2024 के लिए प्रधानमंत्री फसल बीमा के लिए जारी अधिसूचना के अनुसार योजना का लाभ लेने के लिए किसानों को पंजीयन कराना जरूरी है। इसके लिए अंतिम तिथि 31 जुलाई 2024 निर्धारित की गई है। किसान मुख्य फसल धान सिंचित, असिंचित तथा अन्य फसल मक्का, उड़द, कुटकी इत्यादि फसलों का बीमा करा सकते हैं।गौरतलब है कि प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना के तहत प्रतिकूल मौसम, सूखा, बाढ़, जलप्लावन, ओलावृष्टि आदि प्राकृतिक आपदाओं से किसानों को होने वाली नुकसान से राहत दिलाई जाती है। योजना में ऋणी और अऋणी किसान जो भू-धारक व बटाईदार हो, शामिल हो सकते हैं। ऐसे किसान जो अधिसूचित ग्राम में अधिसूचित फसल के लिए बीमा कराना चाहते हैं वे नियत तिथि के पूर्व अपना फसल बीमा करा सकते हैं। इसके लिए किसान अपना आधार कार्ड, ऋण पुस्तिका, बी-1 पॉचशाला खसरा, बैंक पासबुक की छायाप्रति एवं बोनी प्रमाण पत्र के साथ पंजीयन कराना होगा। किसान बैंक अथवा चॉईस सेंटरों के माध्यम से अपनी फसलों का बीमा करा सकते हैं।शासन द्वारा जारी अधिसूचना अनुसार बेमेतरा, बस्तर, कोरिया बीजापुर, सारंगढ़-बिलाईगढ़, कबीरधाम, जांजगीर-चांपा, गरियाबंद, मोहला-मानपुर-अंबागढ़ चौकी, सक्ती और कंाकेर जिला के लिए बजाज जनरल इंश्योरेंस कम्पनी लिमिटेड, राजनांदगांव, धमतरी, कोरबा, जशपुर, नारायणुर, खैरागढ-छुईखदान-गंडई, महासमुन्द, रायगढ़, सूरजपुर और कोण्डागांव जिला के लिए एग्रीकल्चर इंश्योरेंस कम्पनी ऑफ इंडिया लिमिटेड तथा दुर्ग, बिलासपुर, मनेन्द्रगढ़-चिरमिरी-भरतपुर, सुकमा, मुंगेली, सरगुजा, बलौदाबाजार-भाटापारा, बालोद, रायपुर, दंतेवाड़ा, बलरामपुर एवं गौरेला-पेण्ड्रा-मरवाही जिला के लिए एचडीएफसी जनरल इंश्योरेंस कम्पनी लिमिटेड को बीमा हेतु अधिकृत किया गया है। किसानों से अपील की गई है कि वे अधिसूचित खरीफ फसलों का बीमा कराकर अधिक से अधिक योजना का लाभ लें। इस संबंध में विस्तृत जानकारी के लिए किसान क्षेत्रीय ग्रामीण कृषि विस्तार अधिकारी अथवा नजदीकी बैंक शाखा से सम्पर्क किया जा सकता है।
- -खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति निगम के अधिकारियों की ली समीक्षा बैठकरायपुर।खाद्य मंत्री श्री दयालदास बघेल ने आज खाद्य नागरिक आपूर्ति निगम के सभा कक्ष में अधिकारियों की समीक्षा बैठक ली। इस अवसर पर खाद्य विभाग के सचिव श्री बसवराजू एस. विशेष सचिव श्री के डी कुंजाम और खाद्य नागरिक आपूर्ति निगम के अधिकारीगण उपस्थित थे।खाद्य मंत्री श्री बघेल ने कहा कि विभाग का दायित्व एवं प्राथमिकता सार्वजनिक वितरण प्रणाली के तहत प्रदेश के गरीब और जरूरतमंद नागरिकों को खाद्य सुरक्षा सुनिश्चित करना है और समय पर उचित मूल्य दुकानों के माध्यम से राशन उपलब्ध कराना है। दूरस्थ क्षेत्रों में चना, गुड़, शक्कर, राशन आदि की आपूर्ति समय पर करने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने कहा कि खाद्य वस्तुओं के आपूर्ति, भण्डारण एवं वितरण में किसी भी तरह की लापरवाही बर्दाश्त नही की जाएगी। खाद्य मंत्री ने चावल के गुणवत्ता पर विशेष ध्यान देने के सख्त निर्देश दिए हैं और उचित मूल्य दुकानों आंगनबाड़ी, स्कूल, छात्रावास में गुणवत्ता युक्त चावल भण्डारण एवं वितरण करने के लिए कहा है।समीक्षा बैठक में खरीफ विपणन वर्ष 2023-24 के लक्ष्य के विरूद्ध चावल उपार्जन की स्थिति, सार्वजनिक वितरण प्रणाली के अंतर्गत चना वितरण करने के संबंध में चर्चा कह गई। शक्कर, नमक तथा केरोसिन उपभोक्ताओं को वर्षा ऋतु से पूर्व अग्रिम भण्डारण सहित अन्य बिन्दुआंे पर विस्तार से समीक्षा की गई।
- रायपुर. । उप मुख्यमंत्री श्री अरुण साव ने आज राजधानी रायपुर के शंकर नगर में एचडीएफसी बैंक की नई शाखा का उद्घाटन किया। उन्होंने बैंक के अधिकारियों और खाताधारकों को बधाई देते हुए कहा कि एचडीएफसी बैंक ने कम समय में ही अपनी सेवाओं से राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर ख्याति हासिल की है। किसी संस्थान के उत्कृष्ट प्रदर्शन में टीम-वर्क की अहम भूमिका होती है। उन्होंने उम्मीद जताई कि एचडीएफसी बैंक के अधिकारी और कर्मचारी अपनी बेहतर टीम-वर्क से रायपुरवासियों को अच्छी सेवाएं प्रदान करेंगे।उप मुख्यमंत्री श्री साव ने विश्वास जताया कि एचडीएफसी बैंक से बैंकिंग सेवाओं की जरूरत वाली योजनाओं में राज्य सरकार और हितग्राहियों को पूर्ण सहयोग मिलेगा। बैंक के क्षेत्रीय प्रमुख श्री इकबाल सिंह ने उद्घाटन कार्यक्रम में एचडीएफसी बैंक के पिछले 30 वर्षों के सफर की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि शंकर नगर की यह नई शाखा छत्तीसगढ़ में बैंक की 204वीं और रायपुर शहर की 30वीं शाखा है। बैंक के सर्किल प्रमुख श्री दीपक अग्रवाल, श्री विकास गोयल, श्री सुबीर बनर्जी और शाखा प्रबंधक श्री रवीश शाह भी उद्घाटन के मौके पर मौजूद थे।
- रायपुर, / मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय से आज यहाँ उनके निवास कार्यालय में एसबीआई के मध्यप्रदेश-छत्तीसगढ़ सर्कल के मुख्य महाप्रबंधक श्री चंद्रशेखर शर्मा ने सौजन्य मुलाकात की। उन्होंने मुख्यमंत्री को पुष्पगुच्छ और बस्तर आर्ट का प्रतीक चिन्ह भेंट किया। मुख्यमंत्री श्री साय ने श्री शर्मा से छत्तीसगढ़ में बैंकिंग क्षेत्र से जुड़े विभिन्न बिंदुओं पर चर्चा की। मुख्यमंत्री ने कहा कि शासकीय योजनाओं का लाभ आम लोगों तक पहुंचाने में बैंकों की बड़ी महत्वपूर्ण भूमिका है। छत्तीसगढ़ राज्य के सुदूर इलाकों खासकर गावों तक बैंक शाखाओं का और अधिक विस्तार हो ताकि दूरस्थ क्षेत्र के अधिक से अधिक ग्रामीण-जन बैंकिंग प्रणाली का हिस्सा बन सकें। चर्चा के दौरान मुख्यमंत्री श्री साय ने राज्य में वित्तीय समावेशन बढ़ाने और ग्रामीणों को बैंकिंग साक्षरता से जोड़ने पर बल दिया। मुख्यमंत्री को श्री शर्मा ने भारतीय स्टेट बैंक द्वारा इस दिशा में उठाये जा रहे कदमों और आगे की कार्ययोजना के विषय में जानकारी दी। इस अवसर पर उपमहाप्रबंधक रायपुर श्री राकेश कुमार सिन्हा भी उपस्थित थे।
- रायपुर, /राज्य शासन के राजस्व एवं आपदा प्रबंधन विभाग द्वारा बनाए गए राज्य स्तरीय नियंत्रण कक्ष द्वारा संकलित जानकारी के मुताबिक एक जून 2024 से अब तक राज्य में 248.5 मिमी औसत वर्षा दर्ज की जा चुकी है। राज्य के विभिन्न जिलों में 01 जून 2024 से आज 15 जुलाई सवेरे तक रिकार्ड की गई वर्षा के अनुसार बीजापुर जिले में सर्वाधिक 410.7 मिमी और सरगुजा जिले में सबसे कम 135.3 मिमी औसत वर्षा दर्ज की गयी है।राज्य स्तरीय बाढ़ नियंत्रण कक्ष से प्राप्त जानकारी के अनुसार एक जून से अब तक सूरजपुर जिले में 196.5 मिमी, बलरामपुर में 335.1 मिमी, जशपुर में 239.4 मिमी, कोरिया में 242.2 मिमी, मनेन्द्रगढ़-चिरमिरी-भरतपुर में 198.4 मिमी औसत वर्षा दर्ज की गयी। इसी प्रकार, रायपुर जिले में 218.1 मिमी, बलौदाबाजार में 278.5 मिमी, गरियाबंद में 293.8 मिमी, महासमुंद में 203.8 मिमी, धमतरी में 231.6 मिमी, बिलासपुर में 322.8 मिमी, मुंगेली में 308.0 मिमी, रायगढ़ में 322.6 मिमी, सारंगढ़-बिलाईगढ़ में 177.2 मिमी, जांजगीर-चांपा में 280.4 मिमी, सक्ती में 248.0 कोरबा में 380.1 मिमी, गौरेला-पेण्ड्रा-मरवाही में 318.4 मिमी, दुर्ग में 160.9 मिमी औसत वर्षा दर्ज की गयी। कबीरधाम जिले में 240.8 मिमी, राजनांदगांव में 198.6 मिमी, मोहला-मानपुर-अंबागढ़चौकी में 221.4 मिमी, खैरागढ़-छुईखदान-गंडई में 178.4 मिमी, बालोद में 226.6 मिमी, बेमेतरा में 153.8 मिमी, बस्तर में 298.1 मिमी, कोण्डागांव में 231.3 मिमी, कांकेर में 235.7 मिमी, नारायणपुर में 290.1 मिमी, दंतेवाड़ा में 294.3 मिमी और सुकमा जिले में 409.5 मिमी औसत वर्षा एक जून से अब तक रिकार्ड की गई।
- रायपुर, मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय ने आज कसडोल सर्किट हॉउस परिसर में एक पेड़ मां के नाम अभियान अंतर्गत बरगद का पेड़ लगाया। उन्होंने कहा कि बरगद का पेड़ धार्मिक महत्व क़े साथ बड़ा और छायादार पेड़ होता है। बड़ा होकर बरगद का यह पेड़ इस परिसर को सुशोभित करेगा और शीतल छाया प्रदान करेगा।उल्लेखनीय है कि प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी ने पर्यावरण संरक्षण एवं धरती माता क़े प्रति कृतज्ञता प्रकट करने क़े उद्देश्य ‘‘एक पेड़ माँ के नाम’’ अभियान की शुरुआत की है। मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय ने इस प्रेरणादायी अभियान को जन अभियान क़े रूप में लेते हुए प्रदेशवासियों से माँ क़े नाम पेड़ लगाने की अपील की है।इस अवसर पर पूर्व विधानसभा अध्यक्ष श्री गौरीशंकर अग्रवाल, जिला पंचायत क़े सभापति श्री नवीन मिश्रा, नगर पंचायत अध्यक्ष श्रीमती मीना बार्वे, उपाध्यक्ष श्री रामकुमार साहू, कलेक्टर श्री दीपक सोनी, पुलिस अधीक्षक श्री विजय अग्रवाल, सीईओ जिला पंचायत सुश्री दिव्या अग्रवाल, श्रीमती श्याम बाई साहू, श्री राजेश जायसवाल, श्री गणेश साहू सहित अन्य स्थानीय जनप्रतिनिधि उपस्थित थे।
- -उद्योग मंत्री श्री देवांगन ने जवाहर नवोदय विद्यालय में पौधरोपण अभियान का किया शुभारंभरायपुर / छत्तीसगढ़ में प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी के आव्हान पर एक पेड़ मां के नाम अभियान के तहत जगह-जगह पौधरोपण का कार्य किया जा रहा है। इस अभियान में स्कूली बच्चे, आम नागरिक और जनप्रतिनिधि भी उत्साह के साथ हिस्सा ले रहे हैं। कोरबा जिले के जवाहर नवोदय विद्यालय सलोरा (छुरी) में उद्योग मंत्री श्री लखनलाल देवांगन ने अपनी माताजी स्वर्गीय श्रीमति सोनकुंवर देवांगन की स्मृति में पौधा रोपण कर वृक्षारोपण अभियान की शुरूआत की।उद्योग मंत्री श्री लखनलाल देवांगन द्वारा प्रधानमंत्री के महाअभियान एक पेड़ मां के नाम के तहत् अधिक से अधिक पेड़ लगाने एवं उनकी सुरक्षा करने की अपील की। उन्होंने कहा कि पर्यावरण को सुरक्षित और बेहतर बनाने के लिए हम सबको जागरूक रहना होगा। पौधरोपण के इस कार्य में व्यापक जनभागीदारी आवश्यक है। समाज के सभी वर्गों को इसके लिए आगे आना होगा। इस मौके पर उन्होंने पौधा वितरण रथ को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया गया। इस रथ के माध्यम से आम नागरिकों को निःशुल्क पौधा वितरण किया जा रहा है।कलेक्टर श्री अजीत वसंत द्वारा वृक्षारोपण के साथ-साथ बिजली के दुरूपयोग का कम करने एवं जल संरक्षण कर पर्यावरण के प्रति और अधिक जागरूक होने का संदेश दिया गया। वन विभाग के अधिकारियों ने अपने पर्यावरण सुरक्षा के संबंध में सभी को जागरूक रहने एवं अधिक से अधिक वृक्ष लगाने का संदेश दिया गया। जवाहर नवोदय विद्यालय परिसर में वन विभाग द्वारा तैयार माँ कोसगई वाटिका में जनप्रतिनिधियों, ग्रामीणों, अध्यापकों एवं छात्रों द्वारा लगभग 150 पौधे लगाए गए।
- - एल. के. शुक्ला- अध्यक्ष, प्रशांत बिसेन- उपाध्यक्ष, शेख अफसर- सचिव, सचिन मिश्रा -सह सचिव , संदीप साहू- कोषाध्यक्ष बने-अनूप सिंह और गजानंद साहू सदस्य के रूप में शामिलरायपुर। न्यू चंगोराभाठा स्थित पी. एस सिटी रेसिडेन्सीयल वेलफेयर एसोसिएशन का रविवार को चुनाव हुआ। इस चुनाव में एल. के. शुक्ला अध्यक्ष चुने गए। वहीं उपाध्यक्ष पद पर प्रशांत बिसेन, सचिव पद पर शेख अफसर, सह सचिव पद पर सचिन मिश्रा और कोषाध्यक्ष पद पर संदीप साहू निर्वाचित हुए। एसोसिएशन में अनूप सिंह और गजानंद साहू सदस्य के रूप में शामिल किए गए हैं।




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