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- बिलासपुर /जिला प्रशासन द्वारा स्व. श्री लखीराम अग्रवाल स्मृति सभागार में 27 जून को सवेरे 10 बजे से शाम 4 बजे तक मेगा प्लेसमेंट कैम्प का आयोजन किया हा रहा है। कैम्प में कृषि, उद्योग, निर्माण, इन्श्योरेस, सुरक्षा, फाईनेस, बैंकिग, सर्वेयर, आई.टी.आई., कम्प्यूटर, फायर एण्ड सेफ्टी जैसे विभिन्न सेक्टरों से संबंधित लगभग 6 हजार 158 रिक्त पदों पर भर्ती की कार्यवाही की जाएगी। इन पदों के आवश्यक शैक्षणिक योग्यता पद अनुसार आठवीं से स्नातक तक निर्धारित की गई है। कैंप में चयनित आवेदकों को कैम्प स्थल पर ही जनप्रतिनिधियों द्वारा ऑफर लेटर प्रदान किया जाएगा।। इच्छुक आवेदक अपने सभी शैक्षणिक प्रमाण पत्रों, पासपोर्ट साईज फोटो, आधार कार्ड, पेन कार्ड, ड्रायविंग लाईसेंस (जहां आवश्यक होगा) के साथ कैंप में शामिल हो सकते है।
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कोंडागांव ।जिले के बड़े राजपुर तहसील के धामनपुर में अवैध रूप से एकत्रित किए गए 170 हाइवा रेत को जब्त करने के की कार्रवाई की गई।
बड़े राजपुर तहसील के धामनपुर में दो स्थानों पर अवैध रूप से रेत का भंडारण किया गया था। यहां रामबाई नेताम की भूमि पर देवनाथ प्रधान द्वारा लगभग 50 हाइवा रेत और रतनू नेताम की भूमि पर बोरगांव निवासी दीपांकर व्यापारी द्वारा लगभग 120 हाइवा रेत का अवैध भंडारण किया गया था। रेत के भंडारण के संबंध में अनुमति या क्रय किए गए रेत के संबंध में कोई दस्तावेज प्रस्तुत नहीं किए जाने पर रेत को जब्त कर पुलिस अभिरक्षा में सौंप दिया गया। वहीं इस संबंध में संबंधितों को नोटिस खनिज विभाग द्वारा नोटिस जारी कर दिया गया है। रेत जब्ती की कार्रवाई के दौरान अनुविभागीय दंडाधिकारी श्री अंकित चौहान, अनुविभागीय पुलिस अधिकारी भूपत धनेश्वरी, तहसीलदार श्री फणेश्वर सोम, खनिज अधिकारी श्री गौतम नेताम सहित राजस्व, खनिज एवं पुलिस विभाग के अधिकारी कर्मचारी उपस्थित थे। - दुर्ग,। भगवान जगन्नाथ स्वामी मंदिर में 22 जून के दिन भगवान के स्नान यात्रा की रस्म अदायगी की गई और इसके बाद ऐतिहासिक रथ यात्रा महोत्सव का आगाज भी हो गया है।परंपरा के अनुसार स्नान पूर्णिमा के दिन वैदिक मंत्रोच्चार के साथ औषधीय जल से भगवान को स्नान कराया जाता है। माना जाता है कि इसी दौरान भगवान बीमार पड़ जाते हैं। अब से उनकी दिनचर्या और भोजन व्यवस्था भी बदल दी जाती है। ठीक होने तक उन्हें प्रतिदिन वैद्य द्वारा दवा देने की परंपरा भी निभाई जाती है। इस दौरान मंदिर के कपाट भक्तों के लिए बंद रहेंगे।भिलाई के भगवान जगन्नाथ स्वामी मंदिर में शनिवार को सुबह भगवान के स्नान यात्रा की रस्म अदायगी की गई। बीमार भगवान को ठीक करने के लिए भक्त प्रार्थना करते है। सबसे पहले भगवान को मंदिर के गर्भगृह से बाहर लाया जाता है। फिलहाल भगवान जगन्नाथ आज शनिवार को बीमार होने की वजह से आराम करेंगे और 15 दिन तक मंदिरों पट भी बंद कर दिए जाएंगे। जिस दिन वे पूरी तरह से ठीक होते हैं उस दिन जगन्नाथ यात्रा निकलती है।इस परंपरा के संबंध में जानकार बताते हैं कि भक्तों के अपार प्यार में भगवान इतना स्नान कर लेते हैं कि वो बीमार पड़ जाते हैं और वो भी पूरे 15 दिनों के लिए। भगवान जगन्नाथ अर्द्घरात्रि को बीमार होते हैं, इस दौरान भगवान को आयुर्वेदिक काढ़े का भोग मन्दिर के पुजारी द्वारा लगाया जाता है। यह भी माना जाता है कि भगवान जगन्नाथ की लीलाएं मनुष्य जैसी हैं और मनुष्य रूप में ही रहते हैं। इसी कारण से मनुष्य पर लागू होने वाले सभी प्राकृतिक नियम उन पर भी लागू होते हैं। इसी वजह से वे बीमार हो जाते हैं। बीमारी की वजह से मंदिर में इन 15 दिनों तक कोई भी घंटे आदि नहीं बजेंगे। यहीं नहीं अन्न का भी कोई भोग नहीं लगेगा बल्कि आयुर्वेदिक काढ़े को ही प्रसाद में रूप में अर्पित किया जाता है। जगन्नाथ धाम मंदिर में तो भगवान की बीमारी की जांच करने के लिए हर दिन वैद्य भी आते हैं। काढ़े के आलावा उन्हें फलों का रस भी दिया जाता है। इस दौरान दिन के दो बार आरती से पहले भगवान जगन्नाथ को काढ़े का भोग लगाया जाता है, वहीं रोज शीतल लेप भी लगाया जाता है। बीमारी के दौरान उन्हें फलों का रस, छेना का भोग लगाया जाता है और रात में सोने से पहले मीठा दूध अर्पित किया जाता है। अब भगवान 6 जुलाई को स्वस्थ हो जाएंगे और मंदिरों के पट खुल जाएंगे। इसके साथ ही भगवान के नव योवण रुप के भी दर्शन होंगे। उन्हें विशेष भोग लगाया जाएगा। 7 जुलाई को भगवान जगन्नाथ अपनी बहन सुभद्रा और भाई बलराम के साथ श्री मन्दिर से मौसी घर जाने भक्तों को दर्शन देंगे यानि उसी दिन जगन्नाथ यात्रा निकलेगी। जहां वे अपनी मौसी के घर जाते रास्ते भर भक्तों के द्वारा हाथ से रस्सी के सहारे रथ खींचा जाता है और वहां भगवान नौ दिन रहेंगे।छत्तीसगढ़ के दुर्ग जिले के भिलाई नगर में उत्कल सांस्कृतिक परिषद श्री जगन्नाथ मन्दिर सेक्टर-6 में जगन्नाथ पुरी के तर्ज पर जगन्नाथ संस्कृति के आधार पर देव स्नान पूर्णिमा का आयोजन किया गया है। सुबह 9 बजे जहाँ भक्तों के द्वारा भगवान जगन्नाथ, सुभद्रा, बलराम, सुदर्शनजी को श्री मन्दिर से लाकर देव स्नान मंडप में 108 कलश से स्नान करवाया गया।मंदिर के पुजारी तुषार कांति महापात्र ने बताया कि इस्पात नगरी भिलाई में ठाकुरजी की अनंत अनुकम्पा से जैसे पुरी धाम में ठाकुरजी की रथ यात्रा शुभारंभ का पहला उत्सव स्नान यात्रा होता है उसी तरह भिलाई जगन्नाथ मंदिर में भगवान अपने निज मंदिर से अपने बड़े भाई बलभद्रजी बहन सुभद्रा माता और चक्र सुदर्शनजी के साथ स्नान मंडप पहंडी में आने के बाद भगवानजी की यहां मंगल आरती, भगवानजी का अर्चन, उसके बाद भगवानजी को 108 कलश से नहलाया गया। भगवान बलभद्रजी को बत्तीस कलश, माता सुभद्रा को इक्कीस कलश, श्री जगन्नाथ भगवान का सैंतीस कलश और श्री सुदर्शन जी का 18 कलश है, सब मिल कर 108 कलश से चतुर्धाम मूर्तियों को स्नान कराया गया। उनके स्नान में बहुत सारे जडी बूटियां कपूर चंदन अगरु इत्र छुआ इत्यादि विभिन्न प्रकार की सामग्री मिलाकर गंगाजल सहित सभी तीर्थों के जल मिला कर भगवान को स्नान कराया गया। भगवान के स्नान बाद गजानन भेष में भगवान का श्रृंगार किया गया और स्नान पूर्णिमा व्रत यात्रा महोत्सव के पहले उत्सव का आज से भगवान का रथयात्रा महोत्सव शुरू हो गया है। नहाने के बाद लौकिक प्रथा के अनुसार भगवान बीमार हो जाते हैं। भगवान को बुखार हो जाता है फिर शाम को भगवान अपने अणसर गृह में पंद्रह दिन के लिए रहते हैं। इस दौरान प्रथा अनुसार में भगवान की औषधि चलती है। पंचमी से लेकर दशमी तक औषधि चलती है और एकादशी को भगवान ठीक हो जाते हैं। भगवान का फिर नया रूप बनाया जाता है, फिर नव यौवन दर्शन, नेत्रोत्सव के बाद फिर रथयात्रा में भगवान अपनी मौसी मां के मंदिर में जाते हैं।
- - 5 जुलाई तक अनसर काल में प्रभु जगन्नाथ के नहीं होंगे दर्शनजगदलपुर । रियासत कालीन बस्तर गोंचा पर्व में देवस्नान चंदन जात्रा पूजा विधान 22 जून को शुभ मुहर्त में प्रारंभ हुआ। इससे पूर्व 360 घर आरण्यक ब्राह्मण समाज के ब्राह्मणों द्वारा भगवान शालीग्राम को ग्राम आसना से श्रीजगन्नाथ मंदिर लाने की परंपरा के निर्वहन के बाद इंद्रावती नदी के महादेव घाट से पवित्र जल की पूजा उपरांत श्रीजगन्नाथ मंदिर लाया गया। तत्पश्चात शताब्दियों पुरानी परंपरानुसार भगवान शालीग्राम का पंचामृत, चंदन एवं इंद्रावती नदी के पवित्र जल से अभिषेक कर विधि-विधान से पूजा संपन्न किया गया। इससे पूर्व प्रभु जगन्नाथ स्वामी, माता सुभद्रा एवं बलभद्र के विग्रहों को श्रीमंदिर के गर्भगृह में पूजा विधन के साथ आसन से उतारकर नीचे स्थापित कर देवस्नान चंदन जात्रा पूजा विधान संपन्न किया गया और भगवान के 22 विग्रहों को मुक्ति मंडप में स्थापित किया किया गया। प्रभु जगन्नाथ स्वामी, माता सुभद्रा एवं बलभद्र के विग्रहों को मुक्ति मंडप में स्थापित किये जाने के साथ ही भगवान का अनसर काल प्रारंभ होकर 5 जुलाई तक जारी रहेगा, इस दौरान प्रभु जगन्नाथ स्वामी, माता सुभद्रा एवं बलभद्र का दर्शन वर्जित होगा। 6 जुलाई को नेत्रोत्सव पूजा विधान के साथ प्रभु जगन्नाथ स्वामी, माता सुभद्रा एवं बलभद्र के दर्शन लाभ श्रृद्धालुओं को श्रीमंदिर के बाहर होगें।बस्तर गोंचा समिति के अध्यक्ष विवेक पांडे ने बताया कि पौराणिक मान्यताओं के अनुसार देवस्नान चंदन जात्रा पूजा विधान में भगवान जगन्नाथ, माता सुभद्रा एवं बलभद्र का चंदन से अभिषेक होने पर चंदन के ठंडे तासीर के कारण वे अस्वस्थ हो जाते हैं। भगवान जगन्नाथ, माता सुभद्रा एवं बलभद्र के अस्वथता के इस समय को अनसर काल कहा जाता है। अनसर काल के दौरान भगवान के अस्वस्थता की स्थिति में दर्शन करना अनुचित माना गया है, इस वजह से दर्शन वर्जित होते हैं।360 घर आरण्यक ब्राम्हण समाज के अध्यक्ष ईश्वर नाथ खम्बारी ने बताया कि आज बस्तर गोंचा पर्व के 616 वर्षो की ऐतिहासिक रियासत कालीन परम्परानुसार देवस्नान चंदन जात्रा पूजा विधान संपन्न किया गया। इसके साथ ही बस्तर गोंचा पर्व प्रारंभ हो गया है। उन्होने बताया कि पौराणिक मान्यताओं के अनुसार चंदन जात्रा पूजा विधान के पश्चात भगवान जगन्नाथ का 15 दिवसीय अनसर काल की अवधि होती है। इस दौरान भगवान जगन्नाथ अस्वस्थ होते हैं, तथा भगवान के अस्वथता के हालात में दर्शन वर्जित होते हैं। भगवान जगन्नाथ के स्वास्थ्य लाभ के लिए औषधियुक्त भोग का अर्पण कर भगवान जगन्नाथ की सेवा 15 दिनों के अनसर काल में 360 घर आरण्यक ब्राह्मण समाज के सेवादारों एवं पंडितों के द्वारा किया जायेगा। औषधियुक्त भोग के अर्पण के पश्चात इसे श्रधालुओं में प्रसाद के रूप में वितरित किया जाता है। विशेष औषधियुक्त प्रसाद का पूण्य लाभ श्रद्धालु अनसर काल के दौरान जगन्नाथ मंदिर में पहुचकर प्राप्त कर सकते हैं, लेकिन दर्शन वर्जित होगा।
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रायपुर - आज नगर पालिक निगम रायपुर के स्वास्थ्य विभाग की टीमों द्वारा विभिन्न जोनों में नाले, नालियों की सफाई करवाकर सफाई सम्बंधित जनशिकायतों का त्वरित निदान करवाया. नगर निगम जोन 3 स्वास्थ्य विभाग की टीम द्वारा जोन के तहत रानी लक्ष्मी बाई वार्ड के क्षेत्र एलआईसी कॉलोनी मोवा के पास अमन नगर वीवी विहार के समीप के बड़े नाले की पोकलेन मशीन की सहायता से सफाई करवाकर जाम नाले के मुहाने को खुलवाकर गन्दे पानी की सुगम निकासी को सुनिश्चित करके रहवासियों को त्वरित राहत दिलवाई एवं प्राप्त जनशिकायत का त्वरित निदान किया. नगर निगम जोन क्रमांक 6 की टीम द्वारा महामाया मन्दिर वार्ड नम्बर 65 के तहत सर्वोदय नगर राधास्वामी नगर के सामने जाम नाले की सघन सफाई करवाकर कचरा उठवाया एवं जाम को नाले के चेम्बर की सफाई करवाकर खुलवाया एवं स्वच्छता कायम कर प्राप्त जनशिकायत का जोन के स्तर पर त्वरित निदान करवाया. नगर निगम जोन 9 स्वास्थ्य विभाग की टीम द्वारा प्राप्त जनशिकायत का जोरा क्षेत्र में यूको बैंक के समीप की जाम नाली की सफाई करवाकर कचरा तत्काल उठवाकर जोन के स्तर पर त्वरित निदान किया. नगर निगम मुख्यालय स्वास्थ्य विभाग की टीम द्वारा मालवीय रोड के नाले की अभियानपूर्वक सफाई करवाकर निकास प्रबंधन को सुगम बनाकर स्वच्छता कायम की. नगर निगम आयुक्त श्री अबिनाश मिश्रा ने नगर निगम के सभी जोन स्वास्थ्य अधिकारियों को सभी नालों, नालियों को मॉनिटरिंग कर सफाई करवाने एवं कहीं भी कोई भी नाली, नाला जाम ना होने पाए, यह सुनिश्चित करने के निर्देश दिये हैँ.
- -8 जुलाई तक ऑनलाईन आवेदन आमंत्रितरायपुर / आदिम जाति तथा अनुसूचित जाति विकास विभाग द्वारा संचालित प्रयास आवासीय विद्यालयों के कक्षा 11वीं में प्रवेश के लिए प्राक्चयन परीक्षा रविवार 21 जुलाई 2024 को सुबह 11 बजे से दोपहर 1.30 बजे तक विभिन्न परीक्षा केन्द्रों में आयोजित की जाएगी। प्राक्चयन परीक्षा में शामिल होने इच्छुक एवं पात्र विद्यार्थी 8 जुलाई 2024 तक वेबसाईट www.tribal.cg.gov.in पर ऑनलाईन आवेदन प्रस्तुत कर सकते हैं।आदिम जाति तथा अनुसूचित जाति विकास विभाग के आयुक्त से प्राप्त जानकारी के अनुसार छत्तीसगढ़ शासन का प्रयास आवासीय विद्यालय योजना महत्वकांक्षी योजना है। योजना का उद्देश्य नक्सल प्रभावित जिले एवं आदिवासी उपयोजना क्षेत्र में स्थित शासकीय एवं अशासकीय शालाओं में अध्ययनरत विद्यार्थियों को उत्कृष्ट शिक्षा प्रदान करना है। विद्यार्थियों को राष्ट्रीय स्तर की प्रतिष्ठित शैक्षणिक संस्थाओं में प्रवेश के लिए प्रतियोगिता परीक्षाओं में सफल होने हेतु प्रारंभ से ही विशेष कोचिंग के माध्यम से तैयार कर सक्षम बनाया जाता है। प्रयास आवासीय विद्यालयों से प्रत्येक वर्ष बड़ी संख्या में विद्यार्थी चयनित होकर उच्च संस्थानों में प्रवेशित होते हैं। राज्य में 9 प्रयास आवासीय विद्यालय संचालित हैं। इन विद्यालयों के कक्षा 11वीं में विभिन्न जाति वर्ग समूह अंतर्गत 148 सीट रिक्त हैं। रिक्त सीटों पर प्रवेश प्राक्चयन परीक्षा के माध्यम होगा। प्रवेश परीक्षा का प्रश्र पत्र कक्षा 10वीं स्तर का होगा। परीक्षा में शामिल होने के लिए कक्षा 10वीं बोर्ड परीक्षा में न्यूनतम 60 प्रतिशत अंक या समकक्ष ग्रेड से उत्तीर्ण होना अनिवार्य है।
- -मुख्यमंत्री श्री साय ने श्री साहू का अपने निवास में आत्मीय स्वागत किया : केंद्रीय राज्यमंत्री की जिम्मेदारी मिलने पर बधाई एवं शुभकामनाएं दींरायपुर / मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय से आज यहां उनके निवास कार्यालय में केंद्रीय आवास एवं शहरी मामलों के राज्यमंत्री श्री तोखन साहू ने सौजन्य मुलाकात की। मुख्यमंत्री ने केंद्रीय राज्यमंत्री श्री साहू का अपने निवास में आत्मीय स्वागत किया और उन्हें केंद्रीय राज्य मंत्री बनने पर बधाई और शुभकामनाएं दी। मुख्यमंत्री श्री साय ने केंद्रीय राज्यमंत्री श्री साहू के साथ छत्तीसगढ़ में आवास और शहरी विकास की योजनाओं को गति देने से संबंधित विषय पर विस्तार से चर्चा की। इस अवसर पर विधायक श्री पुरंदर मिश्रा सहित केंद्रीय राज्यमंत्री श्री साहू के साथ आए बिलासपुर, लोरमी, तखतपुर, मुंगेली क्षेत्र के नागरिक उपस्थित थे।
- रायपुर, /छत्तीसगढ़ माध्यमिक शिक्षा मण्डल रायपुर द्वारा आयोजित हायर सेकण्डरी मुख्य परीक्षा वर्ष-2024 के पुनर्गणना एवं पुनर्मूल्यांकन के परीक्षा परिणाम आज जारी कर दिया गया है।छत्तीसगढ़ माध्यमिक शिक्षा मण्डल के सचिव से प्राप्त जानकारी के अनुसार पुनर्गणना के कुल एक हजार 84 आवेदन एवं पुनर्मूल्यांकन के कुल 9 हजार 876 आवेदन इस प्रकार कुल 10 हजार 960 आवेदन प्राप्त हुए थे। मण्डल द्वारा जारी परिणाम में पुनर्गणना के 153 एवं पुनर्मूल्यांकन के 4 हजार 284 इस प्रकार कुल 4 हजार 437 आवेदकों के अंकों में परिवर्तन हुआ है। पुनर्गणना एवं पुनर्मूल्यांकन के परीक्षा परिणाम माध्यमिक शिक्षा मण्डल की वेबसाइट www.cgbse.nic.in पर उपलब्ध है।
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रायपुर । राज्य के आदिवासी बहुल सघन वनांचल में स्थित दक्षिण बस्तर जिले को अंतरराष्ट्रीय योग दिवस के अवसर विद्युत विकास की नई सौगात मिली है। मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय ने अनुसूचित क्षेत्रों में विकास कार्यों में तेजी लाने के निर्देश दिये हैं, सचिव ऊर्जा तथा स्टेट पाॅवर कंपनीज के अध्यक्ष श्री पी. दयानंद के मार्गदर्शन में सुकमा में 40 एमवीए क्षमता का 132/33 केवी अतिरिक्त पाॅवर ट्रांसफार्मर, छत्तीसगढ़ स्टेट पाॅवर ट्रांसमिशन कंपनी द्वारा ऊर्जीकृत कर दिया गया है । श्री साय और श्री दयानन्द ने इस नई उपलब्धि के लिये दक्षिण बस्तर की जनता को बधाई दी है ।
इस अतिरिक्त पाॅवर ट्रांसफार्मर के प्रारंभ होने से 394 गांवों यथा छिंदगढ़,नेतानार,तोंगपाल,सुकमा,गादीरास सहित विभिन्न गांवों के 62,000 से अधिक उपभोक्ताओं को गुणवत्तापूर्ण विद्युत आपूर्ति का लाभ मिलेगा । स्टेट पाॅवर ट्रांसमिशन कंपनी के एम डी श्री राजेश कुमार शुक्ला ने इस उपलब्धि के लिये मुख्य अभियंता लाइन तथा उनकी पूरी टीम को बधाई दी है । उन्होंने बताया कि स्टेट पाॅवर कंपनी की पूंजीगत व्यय योजना के अंतर्गत किए गये इस महत्वपूर्ण कार्य से अंचल की विद्युत पारेषण प्रणाली को भी मजबूती मिलेगी । इससे आदिवासी अंचल में विद्युत आधारित व्यावसायिक एवं गैर व्यावसायिक कार्यों को बढ़ावा मिलेगा। साथ ही शिक्षा,स्वास्थ्य व गृहस्थ जीवन में बेहतरी के नये रास्ते बनेंगे । इस अवसर पर श्री अविनाश सोनेकर, मुख्य अभियंता , श्री वी ए देशमुख ,अधीक्षण अभियंता ,श्री बी आर नाग ,श्री डी एस कतलम, श्री उमाकांत यादव, श्री उग्रसेन डडूरिया, श्री एच के टोप्पो सहित अनेक अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित थे ।
- -वन विभाग द्वारा जारी किया गया अलर्ट, ग्रामीणों को सतर्क रहने की सलाहबलौदाबाजार। बलौदाबाजार वनमण्डल अन्तर्गत बारनवापारा अभयारण्य एवं देवपुर परिक्षेत्र में 3 दंतैल हाथी एवं 1 बाघ को विचरण करते देखा गया है। इसके बाद वन विभाग अलर्ट हो गया है।वन विभाग की सूचना के अनुसार ये हाथी नवागांव, अचानकपुर , भिंभौरी, फुरफूंदी और बल्दाकछार परिक्षेत्र एवं उससे लगे निगम क्षेत्र में देखे गए हैं।. वनमण्डल बलौदाबाजार अन्तर्गत एक बाघ पिछले 3 महीने से बल्दाकछार परिक्षेत्र एवं निगम क्षेत्र में नियमित रूप से विचरण कर रहा है। शनिवार रात देवगढ़ घाट के पास ग्रामीणों ने बाघ को देखा है। उन्होंने तत्काल इसकी सूचना वन विभाग को दी। जिसके बाद वन विभाग ने क्षेत्र में सघन गश्त की और वहां पर बाघ के होने की पुष्टि की है। वन विभाग ने देवपुर परिक्षेत्र के अन्तर्गत सभी ग्रामीणों से अपील की है कि "वन्यप्राणी के विचरण के संबंध में कोई भी जानकारी प्राप्त होने पर तत्काल साझा" करें और सतर्क रहें।
- रायपुर / मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने आज प्रख्यात शिक्षाविद्, राष्ट्रवादी चिंतक और विचारक डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी को उनके बलिदान दिवस के अवसर पर नमन किया है। अपने निवास कार्यालय में उन्होंने डॉ श्यामा प्रसाद मुखर्जी के छायाचित्र पर माल्यार्पण कर उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित की है।इस मौके पर मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी का व्यक्तित्व समर्पण, निष्ठा और राष्ट्रप्रेम से भरा था। उनके विचार आज भी हमारे लिए प्रेरणदायी हैं। उनके दृढ़ सिद्धांतो और चिंतन ने युवाओं को नई दिशा दिखाई। वे अगाध राष्ट्र प्रेम और राष्ट्र की एकता-अखंडता के लिए समर्पित भावना के कारण सदैव चिरस्मरणीय रहेंगे। उनके आदर्शों पर चलते हुए हम समृद्ध और सशक्त भारत के निर्माण के लिए संकल्पित हैं।
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दुर्ग/ दुर्ग संभाग आयुक्त श्री सत्य नारायण राठौर ने शासन से प्राप्त भूमि का कलेक्टर की अनुमति के बिना विक्रय किए जाने पर, पूर्व में नामांतरण निरस्त करने के बाद एवं अपीलीय न्यायालयों द्वारा नामांतरण खारिज करने के बाद भी छत्तीसगढ़ भू-राजस्व संहिता, 1959 के प्रावधानों के विपरीत उसी वाद भूमि का विधि विरूद्ध नामांतरण आदेश पारित करने एवं कर्तव्य निर्वहन में गंभीर लापरवाही बरतने के आरोप को छत्तीसगढ़ सिविल सेवा (आचरण) नियम 1965 के प्रतिकूल मानते हुए तहसीलदार दुर्ग श्री प्रफुल्ल कुमार गुप्ता को तत्काल प्रभाव से निलंबित किया है। निलंबन अवधि में मुख्यालय कार्यालय कलेक्टर मोहला-मानपुर-अंबागढ़ चौकी निर्धारित किया गया है। श्री प्रफुल्ल कुमार गुप्ता तहसीलदार को निलंबन अवधि में नियमानुसार जीवन निर्वाह भत्ते की पात्रता होगी।
ज्ञात हो कि ग्राम बोडेगांव, पटवारी हल्का नम्बर 10/14, राजस्व निरीक्षक मंडल दुर्ग-1 तहसील व जिला दुर्ग (छ.ग.) स्थित खसरा नम्बर 717, रकबा 0.9200 हेक्टेयर भूमि का अवैध तरीके से नामांतरण करने के संबंध में 02 मई 2024 को शिकायत प्राप्त हुई थी। उक्त शिकायत पर कलेक्टर दुर्ग से प्रतिवेदन प्राप्त किया गया था, जिसके अवलोकन पर पाया गया कि शासन से प्राप्त भूमि का कलेक्टर के अनुमति के बिना विक्रय किया गया था। जिसके कारण अतिरिक्त तहसीलदार दुर्ग द्वारा 09 नवंबर 2022 को नामांतरण को निरस्त कर दिया गया था। उक्त आदेश की अपील अनुविभागीय अधिकारी (रा.) दुर्ग द्वारा खारिज कर दी गई थी, जिसकी अपील न्यायालय आयुक्त दुर्ग संभाग दुर्ग में लंबित थी एवं बाद में उक्त अपील भी खारिज कर दी गई। अतिरिक्त तहसीलदार दुर्ग द्वारा पूर्व में नामांतरण निरस्त करने एवं वरिष्ठ न्यायालयों द्वारा अपील खारिज करने के बाद भी श्री प्रफुल्ल कुमार गुप्ता तहसीलदार दुर्ग द्वारा शासन से प्राप्त भूमि का कलेक्टर के बिना अनुमति के विक्रय होने के बावजूद पक्षकारों के सुनवाई के बिना मात्र 5 दिन में ही नामांतरण कर दिया गया, जबकि खसरा के कॉलम 12 में कैफियत में बिक्री अयोग्य स्पष्ट उल्लेखित है। उक्त विधि विरूद्ध नामांतरण किए जाने के संबंध में श्री प्रफुल्ल कुमार गुप्ता तहसीलदार दुर्ग को संभाग आयुक्त कार्यालय द्वारा कारण बताओं नोटिस जारी किया गया था, जिसके प्रतिउत्तर में उनके द्वारा जवाब प्रस्तुत किया गया, जिसके परीक्षण में उनका जवाब समाधानकारक नहीं है एवं शासन से प्राप्त भूमि का नामांतरण करने में प्रथम दृष्टया अनियमितता बरतना पाया गया। - -7055 देवगुड़ी-मातागुड़ी और 3455 वन अधिकार मान्यता पत्र स्थलों में होगा वृक्षारोपण-बैगा, सिरहा, मांझी, चालकी, गुनिया, गायता, पुजारी सहित जनप्रतिनिधि होंगे शामिल-बस्तर संभाग के 7 जिलों में 5.62 लाख से अधिक पौधरोपण के लिए बनाई गई रणनीतिरायपुर /मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय की पहल पर बस्तर अंचल के आस्था के केन्द्रों के आसपास आने वाले दिनों में हरियाली होगी। अंचल के इन आस्था के केन्द्रों में विशेष अभियान चलाकर वृक्षारोपण किया जाएगा। वृक्षारोपण की इस मुहिम में जनजाति समुदायों को भी भागीदार बनाया जाएगा।गौरतलब है कि जनजाति समुदाय एवं अन्य परम्परागत वन निवासियों का जल, जंगल और जमीन के साथ-साथ सेवी-अर्जी स्थलों पर अटूट आस्था रखते हैं। देव-माता गुड़ी स्थल के आसपास वृक्षों को देवता समतुल्य मान्यता है, गुड़ी स्थल पर स्थित पेड़ पौधों को संरक्षित रखने की परंपरा है।पौधरोपण के इस अभियान में बस्तर अंचल के 7055 देवगुड़ी-मातागुड़ी के आसपास वृक्षारोपण के अलावा 3455 वन अधिकार मान्यता पत्र स्थलों में वृक्षारोपण किया जाएगा। इन सभी क्षेत्रों का कुल रकबा 2607.200 हेक्टेयर है। देवगुड़ी और मातागुड़ी के अलावा प्राचीन स्मारक आदि स्थलों के आसपास भी वृक्षारोपण किया जाएगा। यहां फलदार, छायादार पौधे यथा नीम, आम, जामून, करजी, अमलताश के पौधों के साथ ही ग्रामवासियों के सुझाव अनुसार अन्य पौधे रोपे जाएंगे।बस्तर अंचल के 7 जिलों में 5.62 लाख पौधे रोपने के लिए बस्तर कमिश्नर द्वारा रणनीति तैयार की गई है। उन्होंने सातों जिलों में वृक्षारोपण कार्य के लिए जिला पंचायतों के मुख्य कार्यपालन अधिकारी को नोडल अधिकारी का दायित्व दिया है। उन्होंने कहा है कि बस्तर अंचल में वृक्षारोपण के दिन ग्राम प्रमुख, बैगा, सिरहा, पेरमा, मांझी, चालकी, गुनिया, गायता, पुजारी, पटेल, बजनिया, अटपहरिया और जनप्रतिनिधियों को आमंत्रित किया जाए। उन्होंने वन विभाग के सहयोग से 15 जुलाई 2024 तक पौधरोपण कार्य को पूर्ण कराने का लक्ष्य रखा है। कलेक्टरों को वृक्षारोपण कार्य की सतत् मॉनिटरिंग करने के निर्देश दिए हैं।ज्ञात हो कि बस्तर संभाग में स्थापित आस्था एवं जीवित परम्पराओं के केंद्र मातागुड़ी, देवगुड़ी, गोटूल, प्राचीन मृतक स्मारक, सेवा-अर्जी स्थलों को संरक्षण एवं संवर्धन करने के लिए अनुसूचित जनजाति एवं अन्य परम्परागत वन निवासी (वन अधिकारों की मान्यता) अधिनियम 2006 की धारा 3(1) (5) के तहत् देवी-देवताओं के नाम से ग्राम सभा को 3455 सामुदायिक वनाधिकार पत्र प्रदान किये गये हैं तथा 3600 गैर वन क्षेत्र में स्थित देवगुड़ी, मातागुड़ी, प्राचीन मृतक स्मारक एवं गोटूल स्थल को राजस्व अभिलेख में प्रविष्टि की जा चुकी है।
- -जिले में धारा 144 का दायरा हुआ सीमित-अब केवल कम्पोजिट बिल्डिंग के 100 मीटर के दायरे तक ही धारा 144 लागू-धरना, प्रदर्शन, सभा, रैली, जुलुस, एवं नारेबाजी पूर्णतः प्रतिबंधित-कलेक्टर ने जारी किया आदेशरायपुर / बलौदाबाजार जिला मुख्यालय में गत 10 जून को हुई आगजनी की घटना के बाद अब जिले में शांति का वातावरण स्थापित हो रहा है। कलेक्टर एवं जिला दण्डाधिकारी श्री दीपक सोनी जिले की गतिविधियों पर सतत् निगरानी रख रहे हैं। कलेक्टर श्री सोनी ने जिले की स्थिति को ध्यान में रखते हुए अब धारा 144 का दायरा सीमित कर दिया है। अब केवल संयुक्त जिला कार्यालय परिसर (कम्पोजिट बिल्डिंग) के आसपास 100 मीटर के दायरे तक ही धारा 144 लागू रहेगा। इस आशय का आदेश आज कलेक्टर कार्यालय द्वारा जारी की गई है।गौरतलब है कि श्री दीपक सोनी ने बालौदाबाजार जिले के कलेक्टर का पदभार संभालते ही लोगों में सामंजस्य स्थापित करना शुरू कर दिया है। कलेक्टर की पहल पर लोगों के दैनिक कार्य अब धीरे-धीरे रूटिन में अब होने लगे है। जिले के ग्रामीण भी अब सुगमता के साथ शासकीय कार्यालय आकर अपनी समस्याओं का निराकरण करा रहे हैं। जिले में किसी भी तरह की अशांति की स्थिति नहीं है। जिला प्रशासन द्वारा अनैतिक गतिविधियों पर भी कड़ी नजर रखी जा रही है।कलेक्टर श्री दीपक सोनी द्वारा आज जारी आदेश में स्पष्ट किया है कि जिले में शांति व्यवस्था हेतु धारा 144 को सीमित करते हुए संयुक्त जिला कार्यालय परिसर के 100 मीटर दायरे तक ही लागू किया गया है। संयुक्त जिला कार्यालय बलौदाबाजार के परिसर पर घटित घटना की पुनरावृत्ति को रोकने हेतु आबकारी नियंत्रण कक्ष से लेकर संयुक्त जिला कार्यालय तक, जिला अस्पताल टर्निंग रोड से संयुक्त जिला कार्यालय तक एवं कलेक्टर कार्यालय परिसर के पीछे बास्केटबाल ग्राऊण्ड तक धरना, प्रदर्शन, सभा, रैली, जुलुस, एवं नारेबाजी पूर्णतः प्रतिबंधित रहेगा।
- -पुलिस पेट्रोलिंग बढ़ाने एवं सूचना तंत्र को मजबूत करने पर जोर-ब्लैक स्पॉट का करें शीघ्र चयन, सड़क दुर्घनाओं में कमी लाने के दिए निर्देशरायपुर /बलौदाबाजार जिलें के कलेक्टर श्री दीपक सोनी एवं वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक श्री विजय अग्रवाल ने आज जिलें के कानून व्यवस्था को लेकर राजस्व एवं पुलिस विभाग के अधिकारियों के कामकाज की समीक्षा की। बैठक में सभी एसडीएम एवं एसडीओपी को जमीनी स्तर में सूचना तंत्र को मजबूत करते हुए पुलिस की गश्ती बढ़ाने पर के निर्देश दिए है। कलेक्टर ने गांवों में समय-समय पर शांति समिति की बैठक अनिवार्य रूप से कराने, धार्मिक स्थलों पर सतत रूप से निगरानी रखने के निर्देश संबधित अधिकारीयों को दिए है।कलेक्टर श्री सोनी ने कहा रैली, धरना एवं प्रदर्शन करने या अनुमति प्राप्त करने से पहले आयोजन एवं व्यक्ति को अनिवार्य रूप से शपथ पत्र सक्षम अधिकारी को प्रस्तुत करना होगा, उसके बिना अनुमति नही दी जाएगी एवं उक्त नियमो के पालन नही करने पर नियमानुसार सख्त कार्रवाई भी की जाएगी। बैठक में श्री दीपक सोनी ने कहा की गांवों में किसी प्रकार की विवाद या समस्या होने की जानकारी मिलने पर तत्काल तहसीलदार एवं थानेदार साथ ही गांव ही पहुंचकर समस्या का निराकरण करंे। इसके साथ ही वन क्षेत्रों में भी किसी भी प्रकार विवाद होने पर वन विभाग के द्वारा भी तत्काल निराकरण करने के निर्देश दिए गए है।श्री सोनी ने कहा राजस्व एवं पुलिस अमला प्रशासन की रीढ़ है अतः आप सभी आपस में समन्वय के साथ बेहतर कार्य करें। इसके साथ ही जिलें में सड़क सुरक्षा नियमों का पालन करवाते सड़क दुर्घटनाओं में कमी लाने का प्रयास करे। इसके लिए आप सभी त्वरित रूप से जिलें में जितने भी ब्लैक स्पॉट है, उनका चिन्हांकन शीघ्र करें। इस कार्य में लोक निर्माण विभाग एवं आरटीओ भी मदद ली जाए। टीम शीघ्र ही इन स्थानों का चिन्हांकन कर एक विस्तृत रिपोर्ट प्रस्तुत मुझे प्रस्तुत करें।बैठक में वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक श्री विजय अग्रवाल ने आपसी समन्वय के साथ कार्य करने निर्देश पुलिस विभाग के अधिकारियों को दिए है। उन्होने ग्रामीण क्षेत्र में पेट्रोलिंग बढ़ाने जोर दिया। बैठक में अपर कलेक्टर सुश्री दिप्ती गौते, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक, समस्त एसडीएम, एसडीओपी, टीआई और तहसीलदार उपस्थित थे।
- भिलाई,। फाइट द बाइट अभियान के अंतर्गत नगर निगम भिलाई के अधिकारी रविवार के दिन प्रत्येक वार्ड में जाएंगे। वार्ड के पार्षद, जनप्रतिनिधियों, सामाजिक कार्यकर्ताओं , नागरिकों के सहयोग से फाइट द बाइक अभिय अभियान चलाएंगे। जोन कमिश्नर अपने दल के साथ सबके सहयोग से घर-घर जाएंगे। प्रत्येक घर में ड्राई डे मनाएंगे। विशेषज्ञों के अनुसार एक मादा मच्छर पहले अंडे देता है। अंडे से लार्वा बनता है। उसके उसके बाद मच्छर जन्म लेते हैं। यह मच्छर हवा में उड़कर के हजारों लोगों को काटते हैं। जिससे डेंगू जैसे बीमारी हो जाती है। हमें इन्हीं को पनपने से रोकता है। प्रत्येक रविवार को नगर निगम भिलाई सामूहिक अभियान चला रहा है।हमें क्या सावधानी करना चाहिए,1.कुलर का पानी हर तीसरे दिन बदल देना है।2, टंकी सुखाकर ही पूरा पानी भरना है। 3. घर के पानी को ठीक ढंग से ढक कर रखना है। 4.प्रत्येक तीसरे दिन पानी बदल देना है।5. छत , छप्पर, खपरैल, पर जहां कहीं भी मौजूदा स्थिति में पानी जमा होने की संभावना हो उसे खाली कर देना है। 6. प्लास्टिक ड्रम, नारियल का खोल, गमला में पानी जमा होने नहीं देना है।7.अपने आसपास बारिश का पानी इकट्ठा नहीं होने देना है। 8. पानी जमा होने वाले बर्तन को पलट कर रखना है। 9. जहां पर भी पानी का जमा हो वहां पर जला तेल, निगम से मिली दवाई डाल देना है। जानकारी के अनुसार एक मादा मच्छर 100 से 300 अंडे देती है। एक मच्छर अपने 35 दिन के जीवन में चार से पांच बार अंडे देती है। एक मच्छर 1000 संक्रमण करने वाला मच्छर पैदा करता है। बचाव से ही सुरक्षा है। जिला मलेरिया उन्मूलन विभाग, मितानिन बहानें स्वास्थ्य विभाग के अधिकारी कर्मचारी, प्रत्येक रविवार को घर-घर भ्रमण कर रहे हैं। पिछले रविवार को 6341 घर भ्रमण किए थे। 1290 कुलर खाली करवाए थे। 18 घरों में लार्वा मिला था। डेंगू के मरीज कहीं पर भी नहीं मिले थे। नगर निगम भिलाई सभी नागरिकों से अपील है कि फाइट द बाइट बाईट अभियान में सहयोग करें।इसी के साथ ही नगर निगम भिलाई के अधिकारी कर्मचारी कैच द रेन अभियान चल रहे हैं । रेन वाटर हार्वेस्टिंग घरों में, कॉलोनी में, हाउसिंग सोसाइटी में, जाकर करवा रहे हैं। हम सब लोग मिलकर के ही कैच द रेन अभियान चलाकर पानी को संरक्षित कर सकते हैं। जागरूकता ही सबसे बड़ा बचाव है ।
- -खाद, बीज की समुचित आपूर्ति सुनिश्चित करने तथा राजस्व प्रकरणों का निराकरण प्राथमिकता के साथ करने हेतु निर्देशित कियाबालोद । मुख्य सचिव श्री अमिताभ जैन ने आज प्रदेश के सभी संभाग आयुक्त, कलेक्टर एवं अन्य अधिकारियों का चिप्स कार्यालय रायपुर से वीडियो कान्फ्रेंसिंग के माध्यम से महत्वपूर्ण बैठक लेकर आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। इस दौरान उन्होंने मौजूदा खरीफ सीजन में प्रदेश के किसानों को खाद, बीज की प्रबंध करने में किसी भी प्रकार की कठिनाई न हो इसके लिए सभी सहकारी समितियों में समुचित मात्रा में खाद, बीज का भण्डारण एवं वितरण सुनिश्चित कराने के निर्देश दिए। श्री जैन ने राजस्व प्रकरणों के निराकरण की स्थिति की समीक्षा करते हुए राजस्व प्रकरणों का निराकरण निर्धारित समयावधि में करने के निर्देश दिए। वीडियो कान्फ्रेंसिंग के दौरान संयुक्त जिला कार्यालय के एनआईसी कक्ष में कलेक्टर श्री इन्द्रजीत सिंह चन्द्रवाल, पुलिस अधीक्षक श्री सूरजनराम भगत, जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी डाॅ. संजय कन्नौजे, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक श्री अशोक जोशी, एसडीएम बालोद श्रीमती शीतल बंसल, डिप्टी कलेक्टर श्रीमती प्रतिमा ठाकरे झा सहित विभाग के अधिकारी उपस्थित थे।बैठक में मुख्य सचिव श्री अमिताभ जैन ने संभाग आयुक्त, कलेक्टर एवं पुलिस अधीक्षकों से 01 जुलाई 2024 से लागू होने वाले नवीन न्याय संहिता के क्रियान्वयन के तैयारी के संबंध में जानकारी ली। इसके लिए उन्होंने समुचित तैयारी करने के निर्देश दिए। इसके अलावा उन्होंने राजस्व एवं आपदा प्रबंधन विभाग के अंतर्गत वर्ष 2024 में अब तक लोक सेवा गारंटी में आने वाले राजस्व प्रकरणों का संस्थापन, निराकरण एवं शेष लंबित प्रकरणों के निराकरण हेतु अभियान, राजस्व नक्शों में सुधार के लंबित प्रकरण एवं निराकरण हेतु अभियान आदि के कार्यों की विस्तृत समीक्षा की। इसके अलावा उन्होंने श्रम पोर्टल में दर्ज श्रमिकों के राशन कार्ड बनाने के कार्य की प्रगति तथा वर्ष 2024 में ध्वनि प्रदूषण नियंत्रण हेतु जब्ती, अभियोजन एवं राजसात के कार्यों की प्रगति की भी समीक्षा की। श्री जैन ने जल संसाधन विभाग के अंतर्गत ’नारी शक्ति से जलशक्ति’ अभियान की तैयारी तथा सड़क दुर्घटना की रोकथाम के उपायों के अलावा सड़क पर विचरण करने वाले घुमन्तू मवेशियों पर नियंत्रण हेतु की जा रही कार्यवाही के संबंध में भी जानकारी ली। उन्होंने अधिकारियों को इसके लिए प्रभावी उपाय सुनिश्चित करने के निर्देश भी दिए। बैठक में मुख्य सचिव ने जिला स्तर पर जल जीवन मिशन के योजनाओं की वास्तविक पूर्णता की स्थिति की भी समीक्षा की।
- - माड़पाल में पनका समाज के कार्यक्रम में शामिल हुये किरण देव, कबीर जयंती की बधाई व शुभकामनायें दीजगदलपुर। कबीर जयंती के शुभ अवसर पर शनिवार को नगरनार मंडल के ग्राम माड़पाल में पनका समाज के द्वारा आयोजित कार्यक्रम में भाजपा प्रदेश अध्यक्ष व विधायक किरण सिंह देव शामिल हुये और संत कबीर दास जी के बताए सतमार्ग पर चलने और उनके संदेश को जन-जन को आत्मसात करने की बात कही। कबीर जयंती के कार्यक्रम में पहुंचे भाजपा प्रदेश अध्यक्ष व विधायक श्री किरण देव का पारंपरिक रूप से माड़पाल ग्राम में स्वागत किया गया । कबीर जयंती पर आयोजित कार्यक्रम में भाजपा प्रदेश अध्यक्ष व विधायक श्री किरण देव ने कहा कि कबीर दास जी के दोहे को पढ़कर विषयों को समझ कर अपने जीवन में पालन करना चाहिए । संत कबीर दास जी ने सभी वर्गों को साथ लेकर सभी के हित में कार्य किया । श्री देव ने अपने उद्बोधन में कहां कि समाज ने जो मांगें रखी है उसे भी जल्द पूरा किया जाएगा । कबीर जयंती पर आयोजित कार्यक्रम में भाजपा जिला महामंत्री श्री रामाश्रय सिंह ,नगरनार मंडल अध्यक्ष सुब्रतो विश्वास ,श्री मनोहर तिवारी ,माड़पाल सरपंच मंदना नाग,पनका समाज अध्यक्ष रामदास ,उपाध्यक्ष बलिराम ,सचिव विजय दास एवं धरमुदास ,मुरली मनोहर ,रघु सेठिया ,समुद्र नाथ ,श्रीमती तिलो दास ,संपत पंत,रूपेश समरथ,राधेश्याम पंद्रे एवं क्षेत्र की जनता उपस्थित थे ।इस दौरान उन्होंने प्रदेश व समाज के लोगों को कबीर दास जी के जयंती की बधाई व शुभकामनाएं दी।
- -राजस्व प्रकरणों के निराकरण के लिए विशेष अभियान चलाने के निर्देश-नवीन न्याय संहिता की जानकारी देने जिलों में कराएं वर्कशॉप-नारी शक्ति से जल शक्ति अभियान में महिला स्व-सहायता समूहों को करें शामिल-मुख्य सचिव ने वीडियों कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से ली संभागायुक्तों और कलेक्टरों की समीक्षा बैठकरायपुर । मुख्य सचिव श्री अमिताभ जैन ने कहा है कि चालू खरीफ सीजन में किसानों को समय पर खाद, बीज उपलब्ध कराया जाए। प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि के हितग्राही कृषकों को लाभान्वित करने के लिए शिविर लगाकर बैंक खातों में आधार सीडिंग सहित केवायसी यदि पेंडिंग है तो इसे तत्काल पूर्ण किया जाए। एफ.आर.ए. के हितग्राहियों के नामांतरण के लिए आवश्यक कार्यवाही की जाए। श्री जैन आज प्रदेश के संभागायुक्तों और कलेक्टरों से वीडियोकॉन्फ्रेंसिग के माध्यम से विभिन्न योजनाओं के क्रियान्वयन के संबंध में चर्चा कर रहे थे।मुख्य सचिव ने कहा है कि नवीन न्याय संहिता को 1 जुलाई 2024 से लागू होना है इसके लिए जल्द ही जिलों में वर्कशॉप करने के लिए सभी इंतजाम किए जाए। उन्होंने कहा कि वर्कशॉप में जिले में प्रबुद्ध नागरिकों और कॉलेज के विद्यार्थियों की भागीदारी सुनिश्चित की जाए। उन्होंने कहा कि नामातंरण, बटांकन, डायवर्सन सहित अन्य विवादित एवं अविवादित राजस्व प्रकरणों के निराकरण के लिए विशेष अभियान चलाएं। इसी प्रकार से श्रम पोर्टल में दर्ज श्रमिकों के राशन कार्ड बनाया जाए।मुख्य सचिव ने कहा कि विकसित छत्तीसगढ़ 2047 के विजन डॉक्यूमेंट बनाने का कार्य राज्य नीति आयोग के द्वारा किया जा रहा है। यह कार्य समय-सीमा में पूर्ण किया जाना है। सभी कलेक्टर इस संबंध में महत्वपूर्ण सुझाव नीति आयोग को उपलब्ध कराएं। उन्होंने सड़क सुरक्षा समिति की नियमित बैठक कराने और सड़क दुर्घटनाओं को नियंत्रण के लिए आवश्यक उपाय करने और सड़कों पर आवारा पशु नहीं आए इसके लिए सड़कों के चयनित स्टेचर्स पर नोडल अधिकारी नियुक्त करने के निर्देश दिए।मुख्य सचिव श्री जैन ने नारी शक्ति से जल शक्ति अभियान की तैयारी की समीक्षा में कहा कि महिला स्व-सहायता समहों एवं महिलाओं की सहभागिता ली जाए। इसी प्रकार जल जीवन मिशन योजनाओं के अंतर्गत नल से जल के लिए निर्मित टंकियों, पंपो के संधारण संचालन के संबंध में पंचायतों से आवश्यक समन्वय करने के निर्देश दिए। ध्वनि से होने वाले प्रदूषण नियंत्रण पर विशेष ध्यान दें। निर्धारित सीमा से अधिक प्रदूषण करने वाले ध्वनि विस्तारक यंत्रों जब्ती, अभियोजन एवं राजसात की कार्यवाही की जाए। उन्होंने राजस्व नक्शों के जियो-रिफ्रेंसिंग हेतु प्राप्त सेटेलाईट नक्शों के मिलान और सत्यापन कार्यों को तेजी से पूर्ण कराने के निर्देश दिए।वीडियों कॉन्फ्रेंसिंग में मुख्यमंत्री के सचिव श्री बसवराजू एस., कृषि उत्पादन आयुक्त श्रीमती शहला निगार, योजना आर्थिक एवं सांख्यिकी विभाग के सचिव श्री अंकित आनंद, राजस्व एवं आपदा प्रबंधन विभाग के सचिव श्री अविनाश चंपावत सहित गृह, पंचायत एवं ग्रामीण विकास, कृषि, आवास एवं पर्यावरण, परिवहन, लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी, जल संसाधन, नगरीय प्रशासन सहित अन्य विभागों के अधिकारी शामिल हुए।
- -संभागायुक्त श्री अलंग और कलेक्टर डॉ सिंह हुए शामिलरायपुर । मुख्य सचिव श्री अमिताभ जैन ने वीडियो कांफ्रेस के माध्यम से बैठक ली। जिसमें संभाग आयुक्त श्री संजय अलंग, कलेक्टर डॉ गौरव सिंह, नगर निगम आयुक्त श्री अबिनाश मिश्रा और जिला पंचायत सीईओ श्री विश्वदीप उपस्थित थे।इस बैठक में नवीन न्याय संहित 01 जुलाई 2024 से लागू होने के लिए आउटरीच इवेंट-क्रियान्वयन की तैयारी, ग्रामीण-शहरी क्षेत्रों मे सॉलिड एवं लिक्विड वेस्ट मैनेजमेंट, खरीफ 2024 हेतु खाद एवं बीच का भंडारण एवं वितरण, प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि में लाभार्थी कृषकों का सेचुरेशन, वर्ष 2024 में अब तक लोक सेवा गारंटी में आने वाले राजस्व प्रकरणों का संस्थापन, निराकरण एवं शेष लंबित प्रकरणों के निराकरण हेतु अभियान, राजस्व नक्शों के भू-संदर्भ हेतु प्राप्त सैटेलाईट नक्शों के मिलान एवं सत्यापन की प्रगति, श्रम पोर्टल में दर्ज श्रमिकों के राशन कार्ड बनाने की प्रगति, वर्ष-2024 में ध्वनि प्रदूषण नियंत्रण हेतु जब्ती अभियोजन एवं राजसात् की प्रगति, नारी शक्ति से जल शक्ति अभियान की तैयारी, सड़क दुर्घटना और अवारा मवेशी पर नियंत्रण हेतु कार्रवाई, विकसित छत्तीसगढ़ 2047 दस्तावेज तैयार हेतु हितधारक परामर्श, जिला स्तर पर जल जीवन मिशन योजनाओं की वास्तवित पूर्णता इत्यादि एजेण्डे पर चर्चा हुई। सभी तैयारियों को लेकर बैठक हुई।
- -विकसित छत्तीसगढ़ विजन-2047 के लिए सुझाए गए प्रस्ताव-आंगनबाड़ी केंद्रों में बच्चों के लिए संपूर्ण पोषण का बनाया जाएं आधार: कमिश्नर डाॅ. अलंग-नए संहिता के लिए विशेषज्ञों के साथ मिलकर कार्यशाला आयोजित कर किया जाए जागरूकः कलेक्टर डाॅ. सिंहरायपुर । संभागायुक्त डाॅ. संजय अलंग और कलेक्टर डाॅ. गौरव सिंह ने विकसित छत्तीसगढ़ विजन-2047 के परिचर्चा में आंगनबाड़ी में सुविधाओं के विस्तार और बेहतर पोषण पर कार्ययोजना तैयार करने को लेकर विचार-विमर्श की गई। इसके लिए कलेक्ट्रेट स्थित रेडक्राॅस सभाकक्ष में बैठक हुई। इस अवसर पर जिला पंचायत सीईओ श्री विश्वदीप, एडीएम श्री कीर्तिमान राठौर उपस्थित थे। इसमें विकसित छत्तीसगढ़ विजन-2047 के लिए कई प्रस्ताव सुझाए गए है। परिचर्चा के दौरान डाॅ. अलंग ने कहा कि विकसित छत्तीसगढ़ के लिए बेहतर विजन तैयार करने की आवश्यकता है। आंगनबाड़ी केंद्रों में बच्चों को संपूर्ण पोषण सुनिश्चित करने की जरूरत है। इसके लिए बेहतर तैयारियां की जाएं। डाॅ. अलंग ने कहा कि बेहतर पोषण से बच्चे और मां दोनों स्वस्थ रहेंगे।कलेक्टर डाॅ. गौरव सिंह ने कहा कि महिलाओं व बच्चों का अधिकार दिलाने प्रत्यन किया जाए। इसके लिए कार्ययोजना तैयार की जाए। 1 जुलाई से नई भारतीय न्याय संहिता-23 लागू हो जाएगी। कई विषयों परिवर्तित किए गए होंगे। इसके लिए विशेषज्ञों के साथ मिलकर कार्यशाला आयोजित कर जागरूक किया जाए। परिचर्चा के दौरान आंगनबाड़ी कार्यकर्ता, सहायिका और आंगनबाड़ी में पढ़ने वाले बच्चों से चर्चा की गई और प्रस्ताव सुझाए गए है। बच्चों के पोषण और आंगनबाड़ी की सुविधाओं के विस्तार के लिए चर्चा की गई। साथ ही गर्भवती महिलाओं के लिए बेहतर पोषण के लिए चर्चा की गई।
- -गांव-गांव में जल संरक्षण और संवर्धन के लिए महिलाएं चलाएंगी मुहिम-विभिन्न गतिविधियों के माध्यम से जल संरक्षण का दिया जाएगा संदेशरायपुर । रायपुर जिले में जल संरक्षण के लिए नारी शक्ति से जल शक्ति अभियान चलाया जा रहा हैै। जिसमें जिले की 11 हजार से अधिक महिला समूह भागीदारी निभाएंगी। यह समूह गांव-गांव जल चौपाल लगाएंगी, जिसमें जाकर लोगों को जल संरक्षण के लिए जागरूक करेंगे। समूह की महिलाएं जल वाहिनी दीदियाँ के रूप में कार्य करते हुए ग्राम पंचायतों में सभा आयोजित करेंगी और बच्चों से लेकर युवाओं-बुजुर्गों सभी को जल संरक्षण के लिए शपथ दिलाएंगी। सोमवार 24 जून को ही इस अभियान के अंतर्गत ऐसा कार्यक्रम आयोजित होगा।इस महत्वपूर्ण अभियान को दिशा प्रदान करने के लिए आज 22 जून को कलेक्ट्रेट परिसर स्थित रेडक्रॉस सभाकक्ष में कार्यशाला हुई। इसमें स्व-सहायता समूह की महिलाएं और जल संसाधन विभाग एवं अन्य विभाग के अधिकारी शामिल थे। इसको संबोधित करते हुए कलेक्टर डॉ. गौरव सिंह ने कहा कि जल के संरक्षण और संवर्धन के प्रति स्व-सहायता समूह की महिलाओं की भागीदारी सुनिश्चित की जाएं। विभिन्न गतिविधियों के माध्यम से जागरूक किया जाए और अभियान से अधिक से अधिक लोगों को जोड़ा जाएं। साथ ही निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार विभिन्न गतिविधियां हो। इस अवसर पर जिला पंचायत सीईओ श्री विश्वदीप भी उपस्थित थे।कार्यशाला में इस अभियान के बारे में जानकारी दी गई। इसकी सुव्यवस्थित कार्ययोजना तैयार की गई हैं। इसमें 24 जून को जल चौपाल, जल वहिनी दीदीयों की सभा, युवा, बच्चों व बुजुर्गों को जल सुरक्षा की जागरूकता के लिए शपथ, 25 जून को जल जागरूकता रैली, बैनर एवं दीवाल लेखन से प्रचार-प्रसार, घरों में वाटर हार्वेस्टिंग सिस्टम, सोकपिट एवं नलकुओं में रिचार्ज स्ट्रक्चर के बारे में जागरूकता, 26 जून को जल स्त्रोतों की सफाई, शासकीय भवनों में वाटर हॉर्वेस्टिग सिस्टम, पेयजल के स्त्रोतों के पास सोखता गड्ढों की साफ-सफाई एवं निर्माण, नालों में गाद की सफाई, कुओं की सफाई, 27 जून को वृ़क्षारोपण एवं सोकपिट का निर्माण, वर्षा जल को संचित करने रिचार्ज पिट, डाईक का निर्माण और 28 जून को जल की गुणवत्ता की जांच और मल्चिंग, फसल चक्र और जैविक खेती की तकनीकों को बढ़ावा देने के लिए प्रशिक्षण दिया जाएगा, मिट्टी की नमी को संरक्षित करने और कृषि की में पानी को कम करने साथ ही मृदा में नमी मात्रा का परीक्षण एवं नालों में जलबहाव की मात्रा का परीक्षण किया जाएगा।
- -विकसित छत्तीसगढ़ विजन-2047 के लिए सुझाए गए प्रस्ताव-आंगनबाड़ी केंद्रों में बच्चों के लिए संपूर्ण पोषण का बनाया जाएं आधार: कमिश्नर डाॅ. अलंग-नए संहिता के लिए विशेषज्ञों के साथ मिलकर कार्यशाला आयोजित कर किया जाए जागरूकः कलेक्टर डाॅ. सिंहरायपुर । संभागायुक्त डाॅ. संजय अलंग और कलेक्टर डाॅ. गौरव सिंह ने विकसित छत्तीसगढ़ विजन-2047 के परिचर्चा में आंगनबाड़ी में सुविधाओं के विस्तार और बेहतर पोषण पर कार्ययोजना तैयार करने को लेकर विचार-विमर्श की गई। इसके लिए कलेक्ट्रेट स्थित रेडक्राॅस सभाकक्ष में बैठक हुई। इस अवसर पर जिला पंचायत सीईओ श्री विश्वदीप, एडीएम श्री कीर्तिमान राठौर और जिला कार्यक्रम अधिकारी श्रीमति निशा मिश्रा एवं अन्य अधिकारी उपस्थित थे। इस संगोष्ठी का आयोजन महिला बाल विकास विभाग द्वारा किया गया। इसमें विकसित छत्तीसगढ़ विजन-2047 के लिए कई प्रस्ताव सुझाए गए है। परिचर्चा के दौरान डाॅ. अलंग ने कहा कि विकसित छत्तीसगढ़ के लिए बेहतर विजन तैयार करने की आवश्यकता है। आंगनबाड़ी केंद्रों में बच्चों को संपूर्ण पोषण सुनिश्चित करने की जरूरत है। इसके लिए बेहतर तैयारियां की जाएं। डाॅ. अलंग ने कहा कि बेहतर पोषण से बच्चे और मां दोनों स्वस्थ रहेंगे।कलेक्टर डाॅ. गौरव सिंह ने कहा कि महिलाओं व बच्चों का अधिकार दिलाने प्रत्यन किया जाए। इसके लिए कार्ययोजना तैयार की जाए। 1 जुलाई से नई भारतीय न्याय संहिता-23 लागू हो जाएगी। कई विषयों परिवर्तित किए गए होंगे। इसके लिए विशेषज्ञों के साथ मिलकर कार्यशाला आयोजित कर जागरूक किया जाए। परिचर्चा के दौरान आंगनबाड़ी कार्यकर्ता, सहायिका और आंगनबाड़ी में पढ़ने वाले बच्चों से चर्चा की गई और प्रस्ताव सुझाए गए है। बच्चों के पोषण और आंगनबाड़ी की सुविधाओं के विस्तार के लिए चर्चा की गई। साथ ही गर्भवती महिलाओं के लिए बेहतर पोषण के लिए चर्चा की गई।
- रायपुर, /छत्तीसगढ़ सरकार के द्वारा राज्य में लागू की गई महतारी वंदन योजना राज्य के महिलाओं को आर्थिक रूप से स्वावलंबी बना रही है। योेजना राज्य में महिला सशक्तिकरण की दिशा में अत्यंत निर्णायक साबित हो रही है। योजना की सराहना अनेक जरूरतमंद महिलाओं केे अलावा आंगनबाड़ी केन्द्र के कर्मचारियों ने भी मुक्त कंठ से इसकी सराहना की है। मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय के नेतृत्व वाले छत्तीसगढ़ सरकार के प्रति विनम्र आभार व्यक्त करते हुए उन्हें हृदय से आभार व्यक्त किया है।बालोद विकास खण्ड के आंगनबाड़़ी केन्द्र क्रमांक 02 झलमला की कार्यकर्ता चन्द्रिका सिन्हा ने मिलने वाली राशि को जरूरतमंद महिलाओं के लिए मुश्किल वक्त का सहारा बताया। उन्होने कहा कि समाज के निम्न एवं मध्यम वर्ग के अनेक महिलाएं जिन्हे अपने जरूरी तथा अनेक छोटे-बड़े आवश्यकताओं के लिए परिवार के मुखिया के ऊपर आश्रित रहना पड़ता है। लेकिन प्रदेश सरकार के द्वारा महत्वाकांक्षी महतारी वंदन योजना लागू हो जाने से प्रतिमाह उनक खाते मे 1000 रू. जमा हो जाने से अब महिलाओं को अपनी छोटी-बड़ी आवश्यकताओं की पूर्ति के लिए आसानी से पैसा उपलब्ध हो जाता है।इस योजना की सराहना आंगनबाड़ी केन्द्र क्रमांक 02 ग्राम झलमला की सहायिका श्रीमती रेणुका साहू ने की है। इस राशि का उपयोग अपने जरूरत के कार्याे के लिए कर पा रही है। महतारी वंदन योजना के अंतर्गत प्रतिमाह उनके खाते में 1000 रू. की राशि जमा होने से उसमें आत्मविश्वास जागृत होने के साथ-साथ सुरक्षा का भी बोध हो रहा है। जिससे वे प्रसन्नचित होकर हंसी-खुशी के साथ अपनी ड्यूटी कर पा रही है।
- -30 जून तक नवीनीकरण कार्य किए जाएंगेरायपुर / खाद्य, नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता संरक्षण विभाग के निर्देशानुसार प्रदेश प्रचलित राशनकार्ड के नवीनीकरण एवं राशनकार्डधारियों का ई-केवायसी किया जा रहा है। प्रदेश के समस्त श्रेणी के राशनकार्ड अन्त्योदय, प्राथमिकता, एकल निराश्रित, निशक्तजन और एपीएल योजना के राशनकार्डधारियों का ई-केवायसी एवं राशनकार्डों के नवीनीकरण 30 जून 2024 तक अनिवार्य रूप से कराने के लिए कहा गया है। खाद्य विभाग से प्राप्त जानकारी के अनुसार राशनकार्ड नवीनीकरण करने के लिये ई-केवायसी कराना अनिवार्य है। वर्तमान में प्रदेश में लगभग 77 लाख राशनकार्ड हितग्राही है। अब तक कुल 70 लाख राशन कार्डधारकों का नवीनीकरण किया जा चुका है।नवीनीकरण के कार्य में पहले पायदान पर बीजापुर जिला है। कुल हितग्राही 71,368 हितग्राहियों में से 71,145 हितग्राहियों ने, द्वितीय स्थान पर नारायणपुर जिला 36,167 हितग्राहियों में से 35,831 हितग्राहियों ने, इसी प्रकार तृतीय स्थान पर सुकमा जिला 78752 हितग्राहियों में से लगभग 78 हजार हितग्राहियों ने अपना राशन कार्ड नवीनीकरण का कार्य करवा लिया है।विभाग से प्राप्त जानकारी के अनुसार राशनकार्ड नवीनीकरण के लिए खाद्य विभाग के द्वारा खाद्य नागरिक आपूर्ति एवं उपभोेक्ता संरक्षण विभाग का नया मोबाईल एप्प तैयार किया गया है, इसे प्ले स्टोर में जाकर डाउनलोड किया जा सकता है। हितग्राही द्वारा खाद्य विभाग की वेबसाइट http://khadya.cg.nic.in से डाउनलोड करके नवीनीकरण का कार्य किया जा सकता है। हितग्राही उचित मूल्य दुकान में भी जाकर ऑनलाईन के माध्यम से अपना नवीनीकरण और ई-केवायसी का कार्य करवा सकतें है।ई-केवायसी के लिए प्रत्येक हितग्राही का बायोमेट्रिक अद्यतन होना चाहिए जिन सदस्यों का बाल आधार बना है उन्हें पहले आधार सेवा केंद्र से अपना बायोमेट्रिक अपडेट कराना होगा इसके पश्चात् उचित मूल्य दुकान के ई-पॉस मशीन से ई-केवायसी करा सकते है। राशनकार्ड में ई-केवायसी और नवीनीकरण की सुविधा निःशुल्क है।






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