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त्रिशूर (केरल) . प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने केरल विधानसभा चुनाव के लिए राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (राजग) के प्रचार अभियान के तहत रविवार को यहां एक रोड शो किया। रोड शो के दौरान बड़ी संख्या में लोग उनकी एक झलक पाने के लिए सड़कों पर कतार में खड़े थे। रोड शो की शुरुआत जिला अस्पताल के निकट हुई। भीषण गर्मी की परवाह किये बिना, लोग कई घंटे पहले सड़क के किनारे एकत्र हो गए थे और नारे लगा रहे थे और अपने मोबाइल फोन से उन पलों की फोटो खींच रहे थे जब प्रधानमंत्री ने एक खुले वाहन से उनका अभिवादन किया। त्रिशूर जिले में राजग के प्रमुख उम्मीदवारों पद्मजा वेणुगोपाल और लोकसभा में त्रिशूर का प्रतिनिधित्व करने वाले केंद्रीय मंत्री सुरेश गोपी ने रोड शो में हिस्सा लिया। इससे पहले, मोदी कुट्टानेल्लूर हेलीपैड पर पहुंचे, जहां भाजपा-राजग के नेताओं ने उनका स्वागत किया।
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नयी दिल्ली. प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने रविवार को नगालैंड की पारंपरिक मोरूंग शिक्षा प्रणाली की सराहना करते हुए कहा कि इस प्रथा के माध्यम से बच्चों में गणित और विज्ञान जैसे विषयों में रुचि पैदा की जा सकती है। नगालैंड की मोरूंग प्रणाली एक पारंपरिक सामुदायिक शिक्षा मॉडल है, जो सामाजिक, सांस्कृतिक और जीवन कौशल सीखने के केंद्र के रूप में कार्य करता है। मोदी ने अपने मासिक रेडियो कार्यक्रम 'मन की बात' में कहा कि नगा समुदाय शिक्षा के माध्यम से अतीत को संरक्षित करने और भविष्य को तैयार करने का एक प्रयास कर रहा है। उन्होंने कहा कि इस समुदाय के लोग अपनी आदिवासी परंपराओं का बहुत सम्मान करते हैं तथा वे इस पर गर्व तो करते ही हैं, साथ ही अपने रुख को आधुनिक भी रखते हैं। उन्होंने कहा कि नगा जनजाति में मोरूंग शिक्षा की एक पारंपरिक व्यवस्था थी, इसमें, बुजुर्ग लोग अपने अनुभवों से युवाओं को पारंपरिक ज्ञान, इतिहास और जीवन के कौशल के बारे में बताते थे। उन्होंने कहा, ''समय के साथ यह प्रणाली अब मोरूंग की शिक्षा की अवधारणा में बदल गया है। इसके माध्यम से बच्चों में गणित और विज्ञान जैसे विषयों में रुचि पैदा की जाती है। मोदी ने कहा, इसमें समुदाय के बुजुर्ग उन्हें कहानियां, लोकगीत और पारंपरिक खेलों के साथ जीवन के कौशल सिखाते हैं। इस तरह हमारा नगालैंड अपनी सांस्कृतिक विरासत को सुरक्षित रखते हुए, बच्चों की शिक्षा को आगे ले जा रहा है। आपको भी अपने क्षेत्र में ऐसे प्रयासो के बारे में पता चले, तो मुझे जरूर साझा कीजिएगा।'' प्रधानमंत्री ने नगालैंड के चिजामी गांव से सामने आए एक बेहद प्रेरणादायक प्रयास के बारे में भी बताया। उन्होंने कहा कि चिजामी गांव की महिलाएं मिलकर 150 से अधिक तरह के पारंपरिक बीजों को सुरक्षित रख रही हैं। उन्होंने कहा कि इन बीजों को एक सामुदायिक बीज बैंक में संरक्षित किया जा रहा है, जिसे गांव की महिलाएं ही चलाती हैं। उन्होंने कहा कि ''इनमें चावल, बाजरा, मक्का, दालें, सब्जियां और कई तरह की जड़ी-बूटियां शामिल हैं। यह एक ऐसा प्रयास है, जिसमें ज्ञान भी सुरक्षित है, परंपरा भी जीवित है और आने वाली पीढ़ियों के लिये एक मजबूत आधार भी तैयार हो रहा है।'' उन्होंने कहा, ''आज जब दुनिया जलवायु परिवर्तन जैसी चुनौतियों का सामना कर रही है, तब ऐसे प्रयास हमें यह बताते हैं कि समाधान हमेशा कहीं दूर नहीं होता। कई बार हमारे अपने पारंपरिक ज्ञान और सामुदायिक प्रयास ही हमें सबसे मजबूत रास्ता दिखाते हैं।
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नयी दिल्ली. प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने रविवार को 'पीएम सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना' के लाभों पर प्रकाश डाला और कहा कि इसका प्रभाव देश के हर कोने में देखा जा रहा है। घरेलू छतों पर सौर ऊर्जा लगाने की यह योजना, जिसे दुनिया की सबसे बड़ी ऐसी पहल कहा जाता है, का लक्ष्य मार्च 2027 तक एक करोड़ घरों को सौर ऊर्जा की आपूर्ति करना है। प्रधानमंत्री ने कहा कि अगर कोई आज किसी भी शहर, चाहे वह बड़ा हो या छोटा, का दौरा करे तो उसे निश्चित रूप से एक बदलाव नजर आएगा कि बड़ी संख्या में घरों की छतों पर सौलर पैनल लगाए गए हैं। मोदी ने अपने मासिक रेडियो कार्यक्रम 'मन की बात' में कहा, ''कुछ साल पहले तक, यह सोलर पैनल चंद ही घरों की छतों पर देखने को मिलते थे। लेकिन आज 'पीएम सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना' का असर देश के हर कोने में नजर आ रहा है।'' उन्होंने कहा कि इस योजना ने गुजरात के सुरेंद्रनगर जिले की पायल मुंजपारा के जीवन में गहरा बदलाव लाया है, जिन्होंने इस पहल के माध्यम से सौर ऊर्जा प्रौद्योगिकी में प्रशिक्षण प्राप्त किया और चार महीने का 'सोलर पीवी तकनीशियन पाठ्यक्रम' पूरा किया। प्रधानमंत्री ने कहा कि उत्तर प्रदेश के मेरठ के अरुण कुमार अब अपने क्षेत्र में ऊर्जा प्रदाता बन गए हैं, और हाल ही में उन्होंने दिल्ली में एक कार्यक्रम में भाग लिया, जहां उन्होंने अपने अनुभव साझा किए। मोदी ने कहा कि कुमार ने बताया था कि वह न केवल अपने बिजली बिल में बचत कर रहे हैं बल्कि अपनी अतिरिक्त बिजली बेच भी रहे हैं। मोदी ने जयपुर के मुरलीधर का भी किस्सा साझा किया, जिन्होंने खेती के लिए डीजल पंप पर निर्भरता से मुक्ति पाई और सौर पंप को अपनाया, जिससे उन्हें हजारों रुपये की बचत हुई। प्रधानमंत्री ने कहा कि सौर ऊर्जा पहल के लाभ पूर्वोत्तर के क्षेत्रों में भी मिल रहे हैं। उन्होंने कहा कि त्रिपुरा में, जहां रियांग जनजाति के कई गांव बिजली की समस्या से जूझ रहे थे, वहां सौर मिनी-ग्रिड ने उनके घरों को रोशन किया है। मोदी ने बताया कि अब वहां बच्चे शाम ढलने के बाद भी पढ़ाई कर पाते हैं, लोग अपने मोबाइल फोन चार्ज कर पाते हैं और गांवों का सामाजिक जीवन भी बदल गया है। प्रधानमंत्री ने कहा, ''देश में सौर ऊर्जा क्रांति के अनगिनत उदाहरण हैं। आप भी इस क्रांति में शामिल हों और दूसरों को भी इससे जोड़ें।''
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मन की बात
नयी दिल्ली। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने रविवार को देशवासियों से चीनी का सेवन कम करने और खाना पकाने के तेल का उपयोग 10 प्रतिशत तक घटाने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि ऐसे छोटे प्रयास लोगों को मोटापे और जीवनशैली से जुड़ी बीमारियों से दूर रखेंगे। मोदी ने अपने मासिक रेडियो संबोधन 'मन की बात' में कहा कि 'इंस्टाग्राम कंटेंट क्रिएटर' युवराज दुआ के पोस्ट पर कई लोगों ने टिप्पणी की है, जिसमें उन्होंने प्रधानमंत्री से अपने पिता को चीनी का सेवन कम करने के लिए कहने का अनुरोध किया था। प्रधानमंत्री ने कहा, ''मुझे खुशी है कि मेरी अपील का उनके पिता पर सकारात्मक प्रभाव पड़ा। मैं आप सभी से आग्रह करता हूं कि चीनी का सेवन कम करें, और जैसा कि मैंने पहले भी कहा है, हमें खाना पकाने के तेल का उपयोग भी 10 प्रतिशत तक कम करना होगा। ये छोटे प्रयास आपको मोटापे और जीवनशैली से जुड़ी बीमारियों से बचाएंगे।'' मोदी ने कहा कि उन्होंने हमेशा सभी से सेहत पर ध्यान देने का आह्वान किया है।
उन्होंने कहा, ''अंतरराष्ट्रीय योग दिवस के लिए अब 100 दिन से भी कम समय बचा है, विश्व भर में योग के प्रति आकर्षण लगातार बढ़ रहा है। अलमिस जी अफ्रीका के जिबूती में स्थित अपने अरविंद योग केंद्र के माध्यम से योग को बढ़ावा दे रहे हैं। वह कई अन्य स्थानों पर भी लोगों को योग सिखाते हैं।'' अलमिस जी अफ्रीका के जिबूती में रहने वाले एक योग शिक्षक और प्रचारक हैं, जिन्हें प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी द्वारा प्रशंसा किए जाने के बाद अंतरराष्ट्रीय ख्याति प्राप्त हुई। वह जिबूती में अरविंद योग केंद्र के संस्थापक हैं। मोदी ने कहा कि वह अक्सर कहते हैं कि ''जो खेलता है, वही ऊंचाई प्राप्त करता है'' और उन्हें यह देखकर खुशी हुई कि देश के युवा अब उन खेलों को अपना रहे हैं, जो पहले इतने लोकप्रिय नहीं थे। उन्होंने कहा कि उत्तर प्रदेश के प्रतिभाशाली एथलीट गुलवीर सिंह ने एक ऐसे ही खेल में कमाल कर दिखाया है और कुछ ही हफ्ते पहले उन्होंने 'न्यूयॉर्क सिटी हाफ मैराथन' में तीसरा स्थान हासिल करके इतिहास रच दिया। सिंह एक घंटे से कम समय में 'हाफ मैराथन' पूरी करने वाले पहले भारतीय एथलीट बन गए हैं।
उन्होंने स्क्वैश खिलाड़ी ''बेटी अनाहत सिंह'' का भी जिक्र किया, जिन्होंने 'स्क्वैश ऑन फायर ओपन' में एक बड़ा अंतरराष्ट्रीय खिताब जीता था। प्रधानमंत्री ने कहा कि अनाहत सिंह ने महज 17 साल की उम्र में यह सफलता हासिल की और प्रोफेशनल स्क्वैश एसोसिएशन (पीएसए) की विश्व रैंकिंग में शीर्ष 20 में जगह बनाने वाली सबसे कम उम्र की एशियाई महिला खिलाड़ी बन गईं। मोदी ने कहा, ''मुझे अस्मिता एथलेटिक्स लीग के बारे में भी पता चला। इसमें आठ मार्च को महिला दिवस के अवसर पर कई खेल आयोजनों का आयोजन किया गया। लीग में लगभग दो लाख बेटियों ने हिस्सा लिया।'' उन्होंने कहा, ''यह देखकर खुशी होती है कि भारत की महिलाएं देश में हो रहे इस खेल परिवर्तन में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही हैं।'' -
नई दिल्ली। करीब हजार पीएनजी ग्राहकों ने एलपीजी कनेक्शन को छोड़ दिया है। इससे उन लोगों के लिए एलपीजी उपलब्धता में सुधार होगा, जिनके घरों के आसपास पीएनजी की सुविधा नहीं है। यह जानकारी पेट्रोलियम और नेचुरल गैस मंत्रालय के वरिष्ठ अधिकारी की ओर से रविवार को दी गई।
पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस सचिव नीरज मित्तल ने ‘एक्स’ पर एक पोस्ट में कहा, “कल तक लगभग 6000 पीएनजी उपभोक्ताओं ने अपना एलपीजी कनेक्शन छोड़ दिया। उन्हें बहुत-बहुत धन्यवाद! आप भी उन नेक नागरिकों के इस मजबूत और साहसी समूह में शामिल हों, जिन्होंने बिना पीएनजी वाले लोगों को एलपीजी दिलाने में मदद करने के लिए एलपीजी कनेक्शन का उपयोग बंद कर दिया है।”उन्होंने आगे कहा, “आज ही मायपीएनजीडीडॉटइन पर अपना एलपीजी कनेक्शन छोड़ दें।” उन्होंने उन अन्य लोगों से भी एलपीजी छोड़ने का आग्रह किया जिनके पास पीएनजी कनेक्शन हैं और अभी भी एलपीजी का लाभ उठा रहे हैं। मंत्रालय के मुताबिक, शनिवार को देशभर में 54 लाख से ज्यादा एलपीजी सिलेंडर्स की डिलीवरी हुई है। वैश्विक स्तर पर आपूर्ति श्रृंखला के प्रभावित होने के बाद भी घरेलू स्तर पर आपूर्ति सामान्य बनी हुई है। देश में किसी भी डीलरशिप पर एलपीजी खत्म होने की रिपोर्ट नहीं मिली है। देश में ऑनलाइन एलपीजी बुकिंग बढ़कर 91 प्रतिशत हो गई है।वितरक स्तर पर कालाबाजारी को रोकने के लिए डिलीवरी ऑथेंटिकेशन कोड (डीएसी) डिलीवरी की हिस्सेदारी बढ़कर 84 प्रतिशत हो गई है, जो कि फरवरी 2026 में 53 प्रतिशत थी। मंत्रालय ने आगे कहा कि सभी रिफाइनरियां पूरी क्षमता से काम कर रही हैं और कच्चे तेल का पर्याप्त भंडार मौजूद है। एक आधिकारिक बयान के अनुसार, “देश में पेट्रोल और डीजल का भी पर्याप्त भंडार है। घरेलू खपत को पूरा करने के लिए रिफाइनरियों से एलपीजी उत्पादन बढ़ाया गया है।” उपभोक्ताओं को प्राथमिकता दी गई है और पीएनजी के घरेलू उपभोक्ताओं और ट्रांसपोर्ट सीएनजी की 100 प्रतिशत मांग को पूरा किया जा रहा है। ग्रिड से जुड़े औद्योगिक और वाणिज्यिक उपभोक्ताओं को उनकी औसत खपत का 80 प्रतिशत आपूर्ति की जा रही है। बयान में कहा गया,“एलपीजी की जमाखोरी और कालाबाजारी रोकने के लिए कई राज्यों/केंद्र शासित प्रदेशों में छापेमारी जारी है। अब तक लगभग 2,900 छापे मारे जा चुके हैं और कल 1,700 से अधिक सिलेंडर जब्त किए गए। सार्वजनिक क्षेत्र के उपक्रमों (ओएमसी) ने अब तक एलपीजी वितरकों को 390 से अधिक कारण बताओ नोटिस जारी किए हैं।”इसके अलावा, देश भर में सभी खुदरा ईंधन आउटलेट सामान्य रूप से काम कर रहे हैं। सरकार ने पेट्रोल और डीजल पर उत्पाद शुल्क में 10 रुपए प्रति लीटर की कमी की है। - नयी दिल्ली/सरकार में शीर्ष पदों के लिए चयन करने वाली संस्था लोक उद्यम चयन बोर्ड (पीईएसबी) ने सार्वजनिक क्षेत्र की इस्पात कंपनी स्टील अथॉरिटी ऑफ इंडिया लिमिटेड (सेल) के चेयरमैन और प्रबंध निदेशक पद के लिए अशोक कुमार पांडा के नाम की सिफारिश की है। पांडा उन 10 चयनित उम्मीदवारों में शामिल थे जिनका साक्षात्कार सेल में चेयरमैन और प्रबंध निदेशक (सीएमडी) पद के लिए लिया गया था। सेल के वर्तमान सीएमडी अमरेंदु प्रकाश का कार्यकाल दो अप्रैल, 2026 को समाप्त हो रहा है। उन्होंने 31 मई, 2023 को इस पद का कार्यभार संभाला था। पीईएसबी ने 28 मार्च को जारी अधिसूचना में बताया कि उसने इस पद के लिए अशोक कुमार पांडा के नाम की सिफारिश की है। केंद्र सरकार के उपक्रमों में शीर्ष पदों पर नियुक्ति का अंतिम निर्णय मंत्रिमंडल की नियुक्ति समिति (एसीसी) लेती है, जिसकी अध्यक्षता प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी करते हैं। पांडा के अलावा, सेल के कई अन्य वरिष्ठ अधिकारियों ने भी इस पद के लिए साक्षात्कार दिया था।इनमें मनीष राज गुप्ता (निदेशक, खनन), आलोक वर्मा (राउरकेला इस्पात संयंत्र के प्रभारी निदेशक), बिपिन कुमार गिरी (कार्यकारी निदेशक, खदान विकास) और अनिश सेनगुप्ता (कार्यकारी निदेशक, परियोजनाएं) शामिल हैं।
- सैनिकों और उनके परिवारों के लिए आशीर्वाद मांगापुरी/ थलसेना प्रमुख जनरल उपेंद्र द्विवेदी ने शनिवार को पुरी स्थित जगन्नाथ मंदिर में पूजा-अर्चना की और सैनिकों एवं उनके परिजनों के लिए भगवान से आशीर्वाद मांगा। उन्होंने संवादददाताओं के साथ बातचीत में कहा, ''मैं स्वयं को बहुत सौभाग्यशाली मानता हूँ कि मुझे भगवान जगन्नाथ का आशीर्वाद प्राप्त हुआ। मेरा मुख्य उद्देश्य भारतीय सेना की ओर से तथा इसके कर्मियों और उनके परिवारों के कल्याण के लिए आशीर्वाद प्राप्त करना था। मुझे विश्वास है कि भगवान के आशीर्वाद से आने वाले दिनों में भारतीय सेना और भी बेहतर प्रदर्शन करेगी।'' इस दौरान उनकी पत्नी सुनीता द्विवेदी भी उनके साथ थीं। जनरल द्विवेदी ने कहा कि मंदिर में उन्हें पवित्रता और शांति का अनुभव हुआ, जहाँ सदियों पुरानी परंपराएँ आज भी सुरक्षित हैं। उन्होंने कहा, ''मैं हर साल मंदिर आने की कोशिश करूँगा।''जनरल द्विवेदी का स्वागत पुरी के जिलाधिकारी और पुलिस अधीक्षक ने किया जो उन्हें मंदिर तक ले गए। वह मंदिर में लगभग एक घंटे तक रहे। थलसेना प्रमुख के तीन-दिवसीय ओडिशा दौरे का आज दूसरा दिन है। उनके दौरे की शुरुआत शुक्रवार को लोक भवन में राज्यपाल हरि बाबू कम्भमपति के साथ एक बैठक से हुई थी। बाद में, थलसेना प्रमुख एक विशेष विमान से गोपालपुर के लिए रवाना हो गए जहाँ वह सेना वायु रक्षा कॉलेज में प्रशिक्षण बुनियादी ढांचे की समीक्षा करेंगे और अधिकारियों तथा पूर्व सैनिकों के साथ बातचीत करेंगे। सूत्रों के अनुसार, वह गोपालपुर स्थित 'फील्ड फायरिंग रेंज' में गोलीबारी का प्रदर्शन भी देखेंगे। थलसेना प्रमुख का 29 मार्च को नयी दिल्ली लौटने का कार्यक्रम है।
- मुंबई। रेमंड के पूर्व चेयरमैन विजयपत सिंघानिया का शनिवार शाम मुंबई में निधन हो गया। उनके परिवार ने यह जानकारी दी। वह 87 वर्ष के थे।विजयपत सिंघानिया बेटे एवं समूह के वर्तमान अध्यक्ष और प्रबंध निदेशक गौतम सिंघानिया ने सोशल मीडिया मंच 'एक्स' पर उनके निधन की जानकारी साझा की। रेमंड समूह के प्रवक्ता ने बताया कि सिंघानिया का मुंबई में निधन हो गया और उनका अंतिम संस्कार रविवार को किया जाएगा। पद्म भूषण से सम्मानित विजयपत सिंघानिया एक कुशल पायलट भी थे और उन्होंने 'हॉट एअर बैलून' में सबसे अधिक ऊंचाई हासिल करने का विश्व रिकॉर्ड बनाया था। उन्होंने वर्ष 2000 तक रेमंड के चेयरमैन के रूप में दो दशक तक जिम्मेदारी संभाली।गौतम को कंपनी की बागडोर सौंपने के बाद विजयपत ने कंपनी में अपनी पूरी 37 प्रतिशत हिस्सेदारी अपने बेटे को हस्तांतरित कर दी। कुछ साल पहले विजयपत सिंघानिया और उनके बेटे के बीच कानूनी विवाद हुआ था, लेकिन बाद में उन्होंने मामले को सुलझा लिया था।
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-श्री मोदी ने छत्तीसगढ़ के कोरिया जिले की एक अनूठी पहल की जानकारी दी जहां किसानों ने खेतों में छोटे पुनर्भरण तालाब और सोख्ते बनाए हैं
नई दिल्ली। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने पश्चिम एशिया की स्थिति पर चिंता प्रकट करते हुए कहा है कि दुनिया भर में पेट्रोल और डीज़ल का संकट बढ़ रहा है। आज आकाशवाणी से मन की बात कार्यक्रम में उन्होंने कहा कि मौजूदा समय चुनौतीपूर्ण है क्योंकि भारत की ऊर्जा ज़रूरतों के एक बड़े हिस्से की पूर्ति पश्चिम एशिया से ही होती है।
उन्होंने कहा कि विश्व समुदाय के साथ भारत के संबंधों, तमाम देशों से मिल रहे सहयोग और पिछले दशक में भारत के अभ्युदय के कारण देश इस परिस्थितियों से निपटने में सक्षम हुआ है। श्री मोदी ने विश्वास व्यक्त किया कि कोविड काल की तरह, मौजूदा संकट से भी भारत उबर जाएगा।प्रधानमंत्री ने कहा कि खाड़ी देशों में लाखों भारतीय रहते हैं। उन्होंने 1 करोड़ से अधिक भारतीयों को हर तरह की सहायता देने के लिए खाड़ी देशों को धन्यवाद दिया और लोगों से अपील की कि वे सामूहिक रूप से इस चुनौती का मुका़बला करें। श्री मोदी ने कहा कि विपक्ष को इस मुद्दे के राजनीतिकरण से बचना चाहिए। उन्होंने कहा कि यह 140 करोड़ देशवासियों के हित का मामला है और इसमें स्वार्थगत राजनीति के लिए कोई जगह नहीं है। श्री मोदी ने यह भी कहा कि इस मामले में अफ़वाह फैलाने वाले लोग देश को नुक़सान पहुंचा रहे हैं। उन्होंने देशवासियों से अफ़वाहों के प्रति सतर्क रहने और केवल सरकारी सूचनाओं पर ही भरोसा करना चाहिए।प्रधानमंत्री ने ज्ञान भारतम् सर्वेक्षण की चर्चा की जो भारत की महान संस्कृति और धरोहर को प्रदर्शित करने के लिए जन-भागीदारी की भावना को दर्शाता है। उन्होंने कहा कि इस पहल का उद्देश्य देशभर से पांडुलिपियों के संबंध में सूचना जुटाना है। प्रधानमंत्री ने अनुरोध किया कि जिन लोगों के पास पांडुलिपि या इसके बारे में सूचना हो, वे इसे ज्ञान भारतम ऐप पर साझा करें। उन्होंने कहा कि अब तक हज़ारों पांडुलिपियां प्राप्त हो चुकी हैं और प्रत्येक प्रविष्टि का सत्यापन किया जा रहा है।प्रधानमंत्री ने कहा कि अरुणाचल प्रदेश के नमसाई के चाओ नान्तिसिंध लोकांग ने ताई लिपि और अमृतसर के अमित सिंह राणा ने गुरमुखी में उपलब्ध पांडुलिपि साझा की है। कुछ संगठनों ने ताड़पत्र पर लिखी पांडुलिपियां उपलब्ध कराई हैं। श्री मोदी ने कहा कि राजस्थान के अभय जैन पुस्तकालय ने ताम्रपत्र पर लिखी पांडुलिपि भेजी है। इसी प्रकार, लद्दाख के हेमिस बौद्धविहार से तिब्बती पांडुलिपि के बारे में महत्वपूर्ण जानकारी मिली है।ज्ञान भारतम् सर्वेक्षण इस वर्ष मध्य जून तक जारी रहेगा। श्री मोदी ने सर्वेक्षण के ज़रिए अपनी-अपनी संस्कृति के विभिन्न पहलुओं को साझा करने की अपील की।प्रधानमंत्री ने कहा कि राष्ट्र निर्माण में माई भारत संगठन एक महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहा है क्योंकि यह देश के युवाओं के सकारात्मक कार्यों से जोड़ रहा है। उन्होंने माई भारत द्वारा हाल ही में आयोजित बजट प्रतियोगिता की चर्चा की जिसका उद्देश्य युवाओं को बजट प्रक्रिया और नीति निर्माण की जानकारी देना था। इस क्विज से लगभग एक लाख साठ हज़ार प्रतिभागियों को निबंध प्रतियोगिता के लिए चुना गया। श्री कहा कि उन्होंने इस प्रतियोगिता के लिए प्राप्त कुछ आलेखों को पढ़ा है जिनसे पता चलता है कि आज का युवा देश के विकास में योगदान करना चाहता है।उन्होंने तेलंगाना के सूर्यापेट के कोटला रघुवीर रेड्डी, उत्तरप्रदेश के बाराबांकी के सौरभ बैसवार और बिहार के गोपालगंज के सुमीत कुमार की खासतौर से चर्चा की जिन्होंने किसानों के मुद्दे पर निबंध लिखे हैं। इसी प्रकार, पंजाब में मोबाली की आंचल, ओडिशा में केंद्रपाड़ा के ओम प्रकाश रथ ने महिलाओं के नेतृत्व में विकास को बढ़ावा देने पर विचार साझा किए हैं।हरियाणा के यमुनानगर से प्रथम बरार ने लिखा है कि हरित और स्वच्छ भारत ही खुशहाली का एकमात्र विकल्प है। दिल्ली के शंख गुप्ता का सुझाव है कि ग्रामीण खेल प्रतिभाओं की पहचान के प्रयास किए जाने चाहिए। श्री मोदी ने विचार साझा करने वाले सभी युवाओं की सराहना की और कहा कि ये विचार देश को आगे ले जाने में महत्वपूर्ण होंगे।प्रधानमंत्री मोदी ने हाल ही में संपन्न टी-20 क्रिकेट विश्वकप में भारतीय टीम की जीत पर गर्व व्यक्त किया। उन्होंने कर्नाटक के हुबली में, जम्मू-कश्मीर क्रिकेट टीम के रणजी ट्रॉफी जीतने पर भी प्रसन्नता व्यक्त की। जम्मू-कश्मीर ने लगभग सात दशक बाद पहली बार रणजी ट्रॉफी जीती है।प्रधानमंत्री ने कहा कि यह सफलता वर्षों के अनवरत प्रयास का परिणाम है। उन्होंने कप्तान पारस डोगरा और युवा कश्मीरी गेंदबाज आकिब नबी के प्रदर्शन की भी सराहना की, जिन्होंने 60 विकेट लिए। प्रधानमंत्री ने कहा कि जम्मू और कश्मीर के लोगों में खेलों के प्रति ज़बरदस्त जुनून है और अब यह बड़े खेल आयोजन का केन्द्र बन रहा है। गुलमर्ग, पहले ही खेलो इंडिया शीतकालीन खेल के आयोजक के तौर पर अपनी पहचान बना चुका है। फुटबॉल जैसे खेल भी यहां बहुत लोकप्रिय हैं।प्रधानमंत्री मोदी ने उत्तरप्रदेश के गुलवीर सिंह की चर्चा की जिन्होंने न्यूयॉर्क सिटी हाफ मैराथन में तीसरा स्थान हासिल कर इतिहास रचा है। उन्होंने महज 17 वर्ष की उम्र में, स्क्वॉश का एक बड़ा अंतरराष्ट्रीय खिताब जीतने वाली अनाहत सिंह की भी प्रशंसा की। इस जीत के साथ अनाहत विश्व रैंकिंग में शीर्ष 20 में पहुंचने वाली सबसे कम उम्र की एशियाई खिलाड़ी बन गई हैं। श्री मोदी ने अस्मिता एथलेटिक्स लीग का भी उल्लेख किया जिसमें महिला दिवस पर 8 मार्च को कई प्रतियोगिताएं आयोजित की गईं।प्रधानमंत्री मोदी ने फिटनेस पर भी ध्यान देने की अपील भी की। उन्होंने कहा कि दुनियाभर में योग के प्रति आकर्षण लगातार बढ़ रहा है। उन्होंने अफ्रीका के जिबूती के अल्मिस का जिक्र किया जहां अरविंद योग केंद्र में योग को बढ़ावा दिया जा रहा है।प्रधानमंत्री ने लोगों से चीनी का सेवन कम करने की अपील भी की। उन्होंने इंस्टाग्राम कंटेंट क्रिएटर युवराज दुआ की एक पोस्ट का उल्लेख किया जिसमें प्रधानमंत्री से अपने पिता को चीनी का सेवन कम करने के लिए कहने का अनुरोध किया गया था। श्री मोदी ने यह भी कहा कि खाद्य तेल का उपयोग 10 प्रतिशत तक कम करने की ज़रूरत है। उन्होंने कहा कि ऐसे प्रयासों से मोटापे और जीवन-शैली से जुड़ी बीमारियों से बचाव संभव है।प्रधानमंत्री मोदी ने बेंगलुरु में शिक्षा से जुड़ी एक अनूठी पहल की जानकारी दी। बेंगलुरु की एक टीम प्रयोग शिक्षा अनुसंधान संस्थान चला रही है जिसने अन्वेषण नाम से एक प्रयोग शुरू किया है। इसमें नौवीं से 12वीं कक्षा तक के विद्यार्थियों को रसायन विज्ञान, भूविज्ञान और स्वास्थ्य के क्षेत्रों में नवाचार का अवसर मिल रहा है।प्रधानमंत्री ने नागा समुदाय की सराहना की जो अतीत को संरक्षित कर रहा है और शिक्षा के माध्यम से भविष्य के लिए स्वयं को तैयार कर रहा है। उन्होंने बताया कि नागा जनजातियों में मोरंग शिक्षा प्रणाली में बुजुर्ग अपने समुदाय के युवाओं कोपारंपरिक ज्ञान, इतिहास और जीवन कौशल से जुड़े अपने अनुभव साझा करते हैं।प्रधानमंत्री ने कहा कि देश में ग्रीष्म ऋतु के आगमन के साथ ही जल संरक्षण के प्रति नये सिरे से प्रतिबद्धता व्यक्त करने का समय आ गया है। उन्होंने कहा कि पिछले 11 वर्षों में ‘जल संचय अभियान’ से लोगों में व्यापक जागरूकता आई है और देशभर में लगभग 50 लाख कृत्रिम जल संचयन केंद्र बनाए गए हैं। जल संकट से निपटने के लिए अब प्रत्येक गांव में सामुदायिक स्तर पर प्रयास किए जा रहे हैं। श्री मोदी ने बताया कि अमृत सरोवर अभियान के तहत देश भर में लगभग 70 हजार अमृत सरोवर बनाए गए हैं।श्री मोदी ने जन-भागीदारी से जल संरक्षण संबंधी कुछ प्रेरणादायक उदाहरण साझा किए। उन्होंने त्रिपुरा के जम्पुई पहाड़ियों में तीन हजार फीट की ऊंचाई पर स्थित वांगमुन गांव की चर्चा की जहां गंभीर जल संकट से निजात के लिए लगभग हर घर की छत पर वर्षाजल संचयन प्रणाली स्थापित की गई है।श्री मोदी ने छत्तीसगढ़ के कोरिया जिले की एक अनूठी पहल की जानकारी दी जहां किसानों ने खेतों में छोटे पुनर्भरण तालाब और सोख्ते बनाए हैं। इससे बारिश का पानी धीरे-धीरे जमीन में रिस जाता है। इस मॉडल को इलाक़े के 12 सौ से अधिक किसानों ने अपनाया है। इसी प्रकार, तेलंगाना के मंचरियाल जिले के मुधिगुंटा गांव में भी चार सौ परिवारों ने अपने घरों में सोख्ते बनाए हैं। इससे इन इलाक़ों के भू-जल स्तर में सुधार हुआ है और प्रदूषित पानी से होने वाली बीमारियों में काफी कमी आई है।प्रधानमंत्री ने बताया कि केंद्र सरकार मछुआरों का जीवन आसान बनाने के लिए पहल कर रही है। उन्होंने कहा कि मछुआरे आत्मनिर्भर भारत की मजबूत नींव हैं। श्री मोदी ने कहा कि बंदरगाह विकास और मछुआरों के लिए बीमा योजनाएं उपयोगी साबित हो रही हैं। उन्होंने कहा कि अब मछुआरों को मौसम की जानकारी मिल रही है, मत्स्य-पालन और समुद्री शैवाल के क्षेत्र में नवाचार हो रहे हैं और मछुआरे आत्मनिर्भर बन रहे हैं।प्रधानमंत्री ने ओडिशा के संबलपुर की सुजाता भुयान का उदाहरण दिया जिन्होंने हीराकुंड में मछली पालन को महज दो-तीन वर्ष में ही एक सफल व्यवसाय में बदल दिया है।प्रधानमंत्री ने लक्षद्वीप के मिनिकॉय की हव्वा गुलजार का भी जिक्र किया, जो पहले मछली प्रसंस्करण इकाई चलाती थीं। कोल्ड स्टोरेज स्थापित करने के बाद से उनका व्यवसाय और बेहतर हो गया है। श्री मोदी ने बेलगावी के शिवलिंग सतप्पा हुद्दार की चर्चा की जिन्होंने एक तालाब फार्म बनाया और इस व्यवसाय के लिए प्रशिक्षण प्राप्त किया।प्रधानमंत्री ने बताया कि उत्तर प्रदेश के वाराणसी में, एक घंटे में 251 हजार से अधिक पौधे लगाकर गिनीज वर्ल्ड रिकॉर्ड कायम किया गया है। यह हजारों लोगों की भागीदारी से संभव हुआ। उन्होंने कहा कि “एक पेड़ मां के नाम” अभियान के अंतर्गत देशभर में लाखों पेड़ लगाए गए हैं। श्री मोदी ने नागालैंड के चिज़ामी गांव की महिलाओं द्वारा सामूहिक रूप से 150 से अधिक किस्मों के पारंपरिक बीजों का संरक्षण करने को प्रेरणादायी बताया। इन बीजों को गांव की महिलाओं द्वारा संचालित सामुदायिक बीज बैंक में संरक्षित किया जा रहा है।प्रधानमंत्री ने कहा कि पीएम सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना का प्रभाव देश के हर कोने में देखा जा रहा है। इस योजना के तहत गुजरात के सुरेंद्रनगर जिले की पायल मुंजपारा ने सौर ऊर्जा प्रौद्योगिकी में चार महीने का पाठ्यक्रम किया और अब वह एक कुशल सौर ऊर्जा उद्यमी के रूप में अपनी पहचान बना रही हैं। इसी प्रकार, मेरठ के अरुण कुमार भी अब अपने क्षेत्र में ऊर्जा प्रदाता बन गए हैं। जयपुर के मुरलीधर की खेती पहले डीजल पंप से होती थी जिस पर हर साल हजारों रुपये खर्च होते थे। सौर पंप अपनाने के बाद उनकी खेती का तरीका पूरी तरह बदल गया है।प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि पीएम सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना से पूर्वोत्तर के कई क्षेत्रों को लाभ मिल रहा है। त्रिपुरा में रियांग जनजाति के कई गांव अब सौर मिनी-ग्रिड से रोशन रहते हैं। श्री मोदी ने लोगों से सौर ऊर्जा क्रांति में शामिल होने और दूसरों को भी इससे जोड़ने का आग्रह किया।अंत में, प्रधानमंत्री ने लोगों से अपने आसपास की प्रेरणादायक कहानियां साझा करते रहने का अनुरोध किया। उन्होंने कहा कि इन संदेशों के कारण भी दूर-दराज के लोग मन की बात को उत्साहपूर्वक सुनते हैं। -
नई दिल्ली। पश्चिम एशिया में युद्ध की वजह से भारत के सामने आई चुनौतियों के बीच प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने देशवासियों से जागरुक रहने और अफवाहों से बचने की अपील की है। उन्होंने अपने संबोधन में कहा कि हम सब मिलकर कठिन हालत से बहुत ही अच्छी तरह बाहर निकल जाएंगे। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने रविवार को रेडियो कार्यक्रम ‘मन की बात’ के जरिए राष्ट्र को संबोधित किया। उन्होंने कार्यक्रम के 132 वें एपिसोड में देशवासियों से अपील करते हुए कहा, “वो जागरूक रहें, अफवाहों के बहकावे में ना आएं। सरकार की तरफ से जो आपको निरंतर जानकारी दी जा रही है, उस पर भरोसा करें और उसी पर विश्वास करके कोई कदम उठाएं।”
उन्होंने कहा, “मुझे हर बार की तरह इस बार भी विश्वास है कि जैसे हमने देश के 140 करोड़ देशवासियों के सामर्थ्य से पुराने संकटों को हराया था, इस बार भी हम सब मिलकर के इस कठिन हालत से बहुत ही अच्छी तरह बाहर निकल जाएंगे।” प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि मार्च का महीना वैश्विक स्तर पर बहुत ही हलचल भरा रहा है। हम सबको याद है कि पूरा विश्व भूतकाल में कोविड के कारण एक लंबे समय तक अनेक समस्याओं से गुजरा था। हम सभी की अपेक्षा थी कि कोरोना के संकट से निकलने के बाद दुनिया नए सिरे से प्रगति की राह पर आगे बढ़ेगी, लेकिन, दुनिया के अलग-अलग क्षेत्रों में लगातार युद्ध और संघर्ष की परिस्थितियां बनती चली गईं।पीएम मोदी ने युद्धग्रस्त क्षेत्र में भारतीयों की मदद के लिए खाड़ी देशों का आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि वर्तमान में हमारे पड़ोस में एक माह से भीषण युद्ध चल रहा है। हमारे लाखों परिवारों के सगे-संबंधी इन देशों में रहते हैं, खासतौर पर खाड़ी देशों में काम करते हैं। मैं खाड़ी देशों का बहुत आभारी हूं, वे ऐसे एक करोड़ से ज्यादा भारतीयों को वहां पर हर प्रकार की मदद दे रहे हैं। - गुवाहाटी. केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने शनिवार को विश्वास जताया कि भाजपा नीत राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (राजग) असम की 126 सदस्यीय विधानसभा में 90 से अधिक सीट जीतकर लगातार तीसरी बार सत्ता में वापसी करेगा। शाह ने गुवाहाटी में रोड शो के साथ चुनावी राज्य के अपने दो दिवसीय दौरे की शुरुआत की। उन्होंने कहा, ''असम के लोग राज्य में भाजपा और राजग की सरकार बनाने के लिए उत्साहित हैं। हम 90 से अधिक सीट के साथ फिर से सरकार बनाएंगे।'' शाह ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी और मुख्यमंत्री हिमंत विश्व शर्मा के नेतृत्व में राज्य में विश्व स्तरीय बुनियादी ढांचा तैयार किया गया है। उन्होंने कहा, ''असम में उग्रवाद, बम विस्फोट और गोलीबारी बंद हो गई है। यहां स्वास्थ्य संबंधी बुनियादी ढांचे का विकास हो रहा है। यह राज्य पूरे पूर्वोत्तर में स्वास्थ्य और शिक्षा का केंद्र बन गया है।'' शाह ने कहा कि रोजगार के व्यापक अवसर पैदा हुए हैं और सेमीकंडक्टर विनिर्माण इकाइयों जैसे आधुनिक उद्योग स्थापित किए जा रहे हैं।मौजूदा विधानसभा में भाजपा के 64 विधायक हैं, जबकि उसकी सहयोगी असम गण परिषद के नौ, यूपीपीएल (यूनाइटेड पीपुल्स पार्टी लिबरल) के सात और बीपीएफ (बोडोलैंड पीपुल्स फ्रंट) के तीन सदस्य हैं।। शाह ने जलुकबाड़ी सीट से चुनाव लड़ रहे मुख्यमंत्री हिमंत विश्व शर्मा, गुवाहाटी सेंट्रल से विजय कुमार गुप्ता, न्यू गुवाहाटी से डिप्लू रंजन शर्मा, दिसपुर से प्रद्युत बोरदोलोई और दिमोरिया से असम गण परिषद (अगप) के उम्मीदवार तपन दास के समर्थन में रोड शो किया। शर्मा को छोड़कर, अन्य उम्मीदवार और भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के प्रदेश अध्यक्ष दिलीप सैकिया शाह के साथ रोड शो में शामिल हुए। यह रोड शो आर्य विद्यापीठ कॉलेज के मैदान से शुरू होकर नेपाली मंदिर के पास समाप्त हुआ। ए के आजाद रोड पर रोडशो के दौरान करीब दो किलोमीटर की दूरी तय की गई। भाजपा के पोस्टरों से सजी खुली एसयूवी पर खड़े शाह का रास्ते में मौजूद उत्साही भीड़ और पार्टी समर्थकों ने जोरदार स्वागत किया। केंद्रीय गृह मंत्री शनिवार शाम को राज्य की राजधानी पहुंचे। अपने दो-दिवसीय दौरे के दौरान, वह कई चुनावी रैलियों को संबोधित करने के साथ-साथ भाजपा के शीर्ष पदाधिकारियों के साथ बैठकें करेंगे। राज्य में मतदान नौ अप्रैल को होगा, जबकि मतगणना चार मई को होगी।
- नोएडा. प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने शनिवार को नागरिकों से वैश्विक चुनौतियों से निपटने के लिए समर्पण और एकता का आह्वान करते हुए कहा कि 'विकसित भारत' बनाने के लिए सामूहिक प्रयास बहुत जरूरी है। साथ ही उन्होंने पश्चिम एशिया संघर्ष के बीच राष्ट्रीय हितों को नुकसान पहुंचा सकने वाले बयान देने के खिलाफ राजनीतिक दलों को आगाह किया। प्रधानमंत्री ने जेवर स्थित नोएडा अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे के पहले चरण के उद्घाटन समारोह में एक सभा को संबोधित करते हुए पश्चिम एशिया में जारी युद्ध का जिक्र किया और कहा, "विकसित भारत' के लक्ष्य को हासिल करने के लिए 1.4 अरब देशवासियों का सामूहिक प्रयास और एकता बहुत जरूरी है।" उन्होंने यह भी कहा कि पश्चिमी एशिया में एक महीने से युद्ध जारी है और देशवासियों के भरोसे के साथ भारत इस संकट का पूरी शक्ति से मुकाबला कर रहा है। मोदी ने कहा कि भारत के हितों की रक्षा और 'परिवारों व किसानों' की सुरक्षा सरकार की प्राथमिकता है।उन्होंने इस बात पर भी जोर दिया कि सरकार की प्राथमिकता समय की बचत और लागत में कमी करके नागरिकों की सुविधा को बढ़ाना है। मोदी ने वैश्विक संकट की ओर ध्यान दिलाते हुए कहा, "मैं प्रदेश व देश के सभी राजनीतिक दलों से आग्रह पूर्वक कहना चाहता हूं कि इस प्रकार के संकट से ऐसी बातें करने से बचें, जो देश के लिए नुकसानदायक है।" उन्होंने कहा, "जो भारतीयों और भारत के हक में है, वही भारत सरकार की नीति व रणनीति हैं। राजनीति के लिए गलत बयानबाजी करने वाले राजनीतिक बहस में कुछ नंबर पाएंगे लेकिन देश को नुकसान पहुंचाने वाली हरकतों को देश की जनता कभी माफ नहीं करती।" प्रधानमंत्री ने कहा कि उन्होंने संसद में स्थिति पर विस्तार से चर्चा की और विभिन्न राज्यों के मुख्यमंत्रियों के साथ व्यापक व 'बेहद सकारात्मक' विचार-विमर्श भी किया। मोदी ने कहा, "आज जनता से फिर से कहूंगा कि हमें शांत मन से, धैर्य के साथ, एकजुटता के साथ मिलजुलकर इस संकट का सामना करना है। यह पूरे विश्व में परेशानी करने वाला संकट है और हमें अपने देश की सबसे ज्यादा चिंता करनी है। यही हम भारतीयों की सबसे बड़ी ताकत है।" प्रधानमंत्री ने राजनीतिक दलों को आगाह करते हुए कहा कि कोविड-19 महामारी के संकट में कुछ लोगों ने टीके को लेकर झूठ बोला, अफवाहें फैलाई ताकि सरकार का काम कठिन हो, देश को नुकसान हो लेकिन परिणाम क्या हुआ। मोदी ने कहा, "जनता ने चुनाव के दौरान ऐसी राजनीति को नकार दिया। मुझे पूरा भरोसा है कि देश के सभी राजनीतिक दल इससे सबक सीखेंगे और देश को ताकत देंगे। इसी आग्रह के साथ एक बार फिर से शानदार हवाई अड्डे के लिए बहुत बहुत शुभकामनाएं।" प्रधानमंत्री ने कहा कि संकट के इस समय में भी भारत ने अपने तेज विकास को निरंतर जारी रखा है।मोदी ने कहा, " भारत पश्चिम एशिया में जारी संघर्ष से उत्पन्न चुनौतियों का पूरी ताकत से सामना कर रहा है।" उन्होंने संघर्षग्रस्त क्षेत्रों से प्राप्त कच्चे तेल और गैस पर भारत की निर्भरता पर प्रकाश डालते हुए कहा, "सरकार यह सुनिश्चित करने के लिए आवश्यक कदम उठा रही है कि इसका बोझ परिवारों और किसानों पर न पड़े।" मोदी ने नोएडा अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे के प्रथम चरण का उद्घाटन करते हुए कहा, "आज से एक विकसित उत्तर प्रदेश और एक विकसित भारत की यात्रा में एक नए अध्याय की शुरुआत हो रही है।" उन्होंने कहा कि यह हवाई अड्डा इस क्षेत्र में आर्थिक गतिविधियों को बढ़ावा देगा।प्रधानमंत्री ने कहा, "नोएडा अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डा पश्चिमी उत्तर प्रदेश के किसानों, छोटे व्यापारियों और युवाओं के लिए नए अवसर सृजित करेगा।" मोदी ने राज्य की मुख्य विपक्षी पार्टी पर निशाना साधते हुए कहा कि समाजवादी पार्टी (सपा) ने नोएडा को "लूट का एटीएम" बना दिया था, लेकिन भाजपा के नेतृत्व में यह अब विकास के एक शक्तिशाली इंजन के रूप में उभर रहा है। उन्होंने पूर्ववर्ती सरकारों पर निशाना साधते हुए कहा, "नोएडा हवाई अड्डे को अटल वाजपेयी (पूर्व प्रधानमंत्री) की सरकार ने 2003 में मंजूरी दे दी थी लेकिन यह नहीं बना। केंद्र में कांग्रेस और यहां की पहले की सरकारों ने वर्षों तक इस हवाई अड्डे की नींव तक नहीं पड़ने दी।" मोदी ने कहा, "2004 से 2014 तक हवाई अड्डे की फाइलें दबी रही। हमारी सरकार बनी तो उत्तर प्रदेश में सपा की सरकार थी। दो तीन साल सपा ने काम नहीं होने दिया लेकिन जैसे ही दिल्ली और उत्तर प्रदेश में भाजपा-राजग की सरकार बनी तो हवाई अड्डे की नींव पड़ी और अब निर्माण भी हो गया है।" प्रधानमंत्री ने पूर्ववर्ती सरकारों पर मुख्यमंत्रियों के नोएडा जाने को लेकर अंधविश्वास फैलाने का आरोप लगाते हुए कहा, ''यहां सपा की सरकार थी, मेरा नोएडा आने का कार्यक्रम बना तो तत्कालीन मुख्यमंत्री (अखिलेश यादव) इतने डरे थे कि नोएडा नहीं आये और मुझे भी डरा रहे थे कि अभी-अभी प्रधानमंत्री बने हो, आप मत आओ।" मोदी ने विपक्षी दलों पर तंज कसने के साथ ही कहा कि अब यह इलाका (नोएडा) पूरी दुनिया का स्वागत करने के लिए तैयार है। उन्होंने सरकार की विमानन नीति पर कहा, "हमने आम परिवारों की पहुंच में हवाई यात्रा सुनिश्चित करने के लिए उड़ान योजना शुरू की थी। पिछले कुछ वर्षों में, इस योजना के तहत 1.6 करोड़ से अधिक लोगों ने किफायती किराए पर यात्रा की है।" उन्होंने कहा, "उड़ान योजना का हाल ही में लगभग 29,000 करोड़ रुपये के स्वीकृत परिव्यय के साथ विस्तार किया गया है, जिसमें छोटे शहरों में नए हवाई अड्डों का विकास करने और आने वाले वर्षों में सौ नये हवाई अड्डे और लगभग 200 हेलीपैड बनाने की योजना शामिल है।" मोदी ने कहा, "यह हवाई अड्डा नोएडा, अलीगढ़, आगरा, मथुरा, समेत कई जिलों को लाभ देने वाला है। प्रदेश के किसानों, लघु उद्योगों और नौजवानों के लिए अनेक अवसर लेकर आने वाला है। यहां से दुनिया के लिए विमान तो उड़ेंगे ही, यह विकसित उत्तर प्रदेश की उड़ान का भी प्रतीक बनेगा। खासतौर पर पश्चिमी उत्तर प्रदेश की जनता को इस भव्य हवाई अड्डे के लिए बहुत बहुत बधाई देता हूं।" नोएडा अंतर्राष्ट्रीय हवाई अड्डे को सड़क, रेल, मेट्रो और क्षेत्रीय परिवहन प्रणालियों के निर्बाध जुड़ाव के साथ बहु-मॉडल परिवहन केंद्र के रूप में विकसित किया गया है। भारत के विमानन क्षेत्र में मौजूद एक गंभीर कमी का उल्लेख करते हुए प्रधानमंत्री ने रखरखाव, मरम्मत और नवीनीकरण (एमआरओ) क्षेत्र की ओर ध्यान दिलाया और बताया कि 85 प्रतिशत भारतीय विमानों को अभी भी एमआरओ सेवाओं के लिए विदेश भेजना पड़ता है। प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि सरकार ने एमआरओ क्षेत्र में भी भारत को आत्मनिर्भर बनाने का संकल्प लिया है और आज जेवर में एक एमआरओ सुविधा केंद्र की नींव रखी गई है। मोदी ने कहा कि जेवर हवाई अड्डज्ञ पूरे उत्तर भारत को दुनिया से जोड़ने का कार्य करेगा। यह एक अत्याधुनिक हवाई अड्डज्ञ होगा, जहां हर दो मिनट में एक विमान के उड़ान भरने की क्षमता विकसित की जा रही है। इस बीच एक सरकारी बयान में कहा गया है कि नोएडा अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे के प्रथम चरण के उद्घाटन के ऐतिहासिक अवसर पर उत्तर प्रदेश सरकार के राजकीय वायुयान ने जेवर रनवे से अपनी पहली उड़ान भरी बयान के अनुसार, इस विशेष उड़ान में उत्तर प्रदेश की राज्यपाल आनंदी बेन पटेल और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने नोएडा से लखनऊ तक का सफर तय किया। अधिकारियों ने बताया कि नियमित वाणिज्यिक उड़ान संचालन की घोषणा अभी बाकी है और हवाई अड्डे की सुरक्षा योजना को मंजूरी मिलने के बाद संभवतः अगले महीने इसके शुरू होने की उम्मीद है। हवाई अड्डे पर यात्री सेवाएं शुरू होने की योजना पहले सितंबर 2024 से थी।
- प्रयागराज. इलाहाबाद उच्च न्यायालय ने कहा है कि शादीशुदा महिला और पुरुष अपने पति या पत्नी के जीवित रहते हुए उनसे तलाक लिए बगैर किसी तीसरे व्यक्ति के साथ कानूनी रूप से सहजीवन (लिव इन) संबंध में नहीं रह सकते। न्यायमूर्ति विवेक कुमार सिंह की एकल पीठ ने कहा कि सक्षम अदालत से तलाक हासिल किए बिना न्यायालय लिव-इन संबंध में रहने वाले याचिकाकर्ताओं को सुरक्षा प्रदान करने के लिए कोई रिट या निर्देश जारी नहीं कर सकता है। बहरहाल, अदालत ने कहा कि यदि याचिकाकर्ता परेशान हैं या उन्हें किसी प्रकार की हिंसा की आशंका है तो वे एक विस्तृत प्रार्थना पत्र देकर संबंधित पुलिस अधीक्षक से संपर्क कर सकते हैं और संबंधित अधिकारी प्रार्थना पत्र की विषय वस्तु की जांच कर याचिकाकर्ताओं के जीवन की सुरक्षा के लिए कानून के मुताबिक आवश्यक कार्रवाई करेगा।इस टिप्पणी के साथ न्यायमूर्ति विवेक कुमार सिंह ने अंजू और उसके पुरुष साथी द्वारा दायर याचिका निस्तारित कर दी जिसमें प्रतिवादियों को उनके ''शांतिपूर्ण जीवन'' में दखल नहीं देने और सुरक्षा उपलब्ध कराने का निर्देश देने का अनुरोध किया गया था। याचिकाकर्ताओं के वकील ने दलील दी कि ''दोनों याचिकाकर्ता पति-पत्नी की तरह साथ रह रहे हैं और उन्हें अपनी जान का खतरा है।'' राज्य सरकार के स्थायी अधिवक्ता ने कहा कि दोनों याचिकाकर्ता किसी अन्य व्यक्तियों के साथ विवाहित हैं और इन याचिकाकर्ताओं का साथ रहना ''अवैध'' है क्योंकि इन्होंने अपने जीवन साथी से तलाक नहीं लिया है। इस पर अदालत ने कहा, ''ऐसी स्थिति में लिव-इन संबंध में होने का दावा करने वाले इन याचिकाकर्ताओं को भारत के संविधान के अनुच्छेद 226 के तहत प्रदत्त अधिकारों का उपयोग करते हुए सुरक्षा नहीं दी जा सकती।'' अदालत ने 20 मार्च को दिए अपने निर्णय में कहा, "दो वयस्क व्यक्तियों की निजी स्वतंत्रता में हस्तक्षेप करने का अधिकार किसी को भी नहीं है और उनके माता पिता तक उनके संबंधों में हस्तक्षेप नहीं कर सकते। लेकिन, स्वतंत्रता का अधिकार या निजी स्वतंत्रता का अधिकार अपने आप में पूर्ण नहीं है, बल्कि इस पर कुछ पाबंदियां भी लागू होती हैं।" अदालत ने कहा, "एक व्यक्ति की स्वतंत्रता वहां खत्म हो जाती है जहां दूसरे व्यक्ति का संवैधानिक अधिकार प्रारंभ होता है। एक पति या पत्नी को अपने जीवन साथी के साथ रहने का कानूनी अधिकार है और निजी स्वतंत्रता के नाम पर उसे उसके इस अधिकार से वंचित नहीं किया जा सकता।" अदालत ने कहा, "यह स्थापित कानून है कि कानून के उलट या दंडात्मक प्रावधान सहित एक कानूनी प्रावधान को विफल करने के लिए निर्देश जारी नहीं किया जा सकता। याचिकाकर्ताओं को कानूनी रूप से सुरक्षा पाने के लिए निर्देश जारी करने की मांग करने का अधिकार नहीं है।"
- कोलकाता. केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी पर शनिवार को आरोप लगाया कि वह राजनीतिक लाभ के लिए बांग्ला भाषी भारतीयों और बांग्लादेशी घुसपैठियों के बीच के अंतर को ''जानबूझकर मिटा'' रहीं हैं। शाह के बयान के बाद सत्तारूढ़ तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) ने पलटवार करते हुए आरोप लगाया कि भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) पश्चिम बंगाल में भी ''असम की तर्ज पर निरुद्ध केंद्र'' की अपनी व्यवस्था को दोहराने की कोशिश कर रही है। शाह ने यहां न्यू टाउन स्थित एक होटल में टीएमसी सरकार के खिलाफ ''आरोप पत्र'' पेश करते हुए आरोप लगाया कि ममता बनर्जी सरकार अवैध बांग्लादेशी प्रवासियों को बचाने के लिए भाषा के मुद्दे का इस्तेमाल कर रही है। उन्होंने कहा, ''ममता बनर्जी बड़ी चालाकी से बांग्ला भाषी लोगों और बांग्लादेशियों के बीच के अंतर को मिटाने की कोशिश कर रही हैं। बांग्लादेशी घुसपैठिए भी बांग्ला बोलते हैं। पश्चिम बंगाल के मूल निवासियों को डरने की कोई जरूरत नहीं है। लेकिन इसका मतलब यह नहीं है कि बांग्लादेशियों को यहां रहने दिया जाएगा।'' शाह ने कहा, ''हम घुसपैठियों की पहचान करने के लिए पूरी तरह से प्रतिबद्ध हैं। हम न केवल घुसपैठियों को मतदाता सूची से हटाएंगे, बल्कि देश से प्रत्येक अवैध अप्रवासी को भी बाहर निकालेंगे।''
- मधेपुरा (बिहार). बिहार के मधेपुरा जिले में एक कार के नदी में गिरने से कम से कम तीन लोगों की मौत हो गई, जबकि एक व्यक्ति का अभी कुछ पता नहीं चल पाया है। पुलिस ने यह जानकारी दी। एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि यह हादसा अरार चौकी क्षेत्र में शुक्रवार देर रात करीब एक बजे हुआ, जब चालक ने वाहन से नियंत्रण खो दिया और कार पुल से नीचे नदी में जा गिरी। उन्होंने बताया कि कार में चार लोग सवार थे, जो ग्वालपाड़ा क्षेत्र से लौट रहे थे।उदाकिशुनगंज के अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी (एसडीपीओ) अविनाश कुमार ने कहा, "कार में सवार चार लोगों में से तीन के शव बरामद कर लिए गए हैं, जबकि चौथे व्यक्ति की तलाश जारी है।" उन्होंने बताया कि खोज अभियान के लिए राज्य आपदा मोचन बल (एसडीआरएफ) की टीम तैनात की गई है।कुमार ने बताया कि मृतकों की पहचान मधेपुरा निवासी घनश्याम कुमार तथा सहरसा जिले के अंकित कुमार और वसंत कुमार के रूप में हुई है। सभी की उम्र करीब 20 वर्ष के आसपास थी। उन्होंने कहा कि शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है। स्थानीय लोगों के अनुसार, सभी लोग ग्वालपाड़ा में एक मेले में शामिल होने के बाद मधेपुरा लौट रहे थे।
- नई दिल्ली। सरकार ने गैस की सुचारू आपूर्ति बनाए रखने के लिए सख्ती बढ़ा दी है और देश भर में एलपीजी डिस्ट्रीब्यूटर्स के खिलाफ कार्रवाई करते हुए 350 से अधिक शो-कॉज नोटिस जारी किए हैं। सरकार ने शुक्रवार को बताया कि राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में लगातार कार्रवाई जारी है, जिसके तहत 3,000 से ज्यादा छापेमारी की गई है और 1,500 से अधिक एलपीजी सिलेंडर जब्त किए गए हैं।सरकारी तेल विपणन कंपनियों (ओएमसी) ने भी देश भर में 1,500 से अधिक रिटेल आउटलेट्स और एलपीजी डिस्ट्रीब्यूटर्स पर अचानक निरीक्षण (सरप्राइज इंस्पेक्शन) किए हैं। यह जानकारी पश्चिम एशिया के हालात पर हुई अंतर-मंत्रालयी बैठक के बाद जारी बयान में दी गई।सरकार ने कहा कि वह घरेलू एलपीजी और पीएनजी की आपूर्ति को प्राथमिकता दे रही है, साथ ही अस्पतालों और शैक्षणिक संस्थानों जैसे जरूरी क्षेत्रों को भी विशेष ध्यान दिया जा रहा है। इसके लिए रिफाइनरियों में उत्पादन बढ़ाया गया है, बुकिंग के अंतराल में बदलाव किया गया है और सप्लाई को प्राथमिकता के आधार पर बांटा जा रहा है।बयान में कहा गया है कि राज्यों को घरेलू और कमर्शियल उपभोक्ताओं के लिए नए पीएनजी कनेक्शन उपलब्ध कराने में मदद करने की सलाह दी गई है। सरकार ने भरोसा दिलाया कि पेट्रोल, डीजल और एलपीजी की उपलब्धता सुनिश्चित करने के लिए सभी जरूरी कदम उठाए जा रहे हैं। साथ ही लोगों से अपील की गई है कि वे घबराहट में खरीदारी न करें और केवल आधिकारिक जानकारी पर ही भरोसा करें, अफवाहों से बचें।सरकार ने लोगों को पीएनजी, इलेक्ट्रिक या इंडक्शन कुकटॉप जैसे वैकल्पिक ईंधन का इस्तेमाल करने के लिए भी प्रोत्साहित किया है और रोजमर्रा के जीवन में ऊर्जा की बचत करने की अपील की है। सरकार ने यह भी कहा कि सभी रिफाइनरियां पूरी क्षमता से काम कर रही हैं और कच्चे तेल का पर्याप्त भंडार उपलब्ध है, जिससे पेट्रोल और डीजल की सप्लाई में कोई कमी नहीं है।घरेलू खपत को पूरा करने के लिए रिफाइनरियों से एलपीजी उत्पादन में 40 प्रतिशत तक बढ़ोतरी की गई है। इससे पहले दिन में, मध्य पूर्व संकट के कारण कच्चे तेल की कीमतों में बढ़ोतरी को देखते हुए सरकार ने पेट्रोल और डीजल पर एक्साइज ड्यूटी 10 रुपए प्रति लीटर घटाई थी, ताकि उपभोक्ताओं को राहत मिल सके।सरकार ने डीजल के निर्यात पर 21.5 रुपए प्रति लीटर और एविएशन टर्बाइन फ्यूल (एटीएफ) के निर्यात पर 29.5 रुपए प्रति लीटर का शुल्क भी लगाया है, ताकि घरेलू स्तर पर पर्याप्त उपलब्धता बनी रहे। इसके अलावा घरेलू रिफाइनरियों को निर्देश दिया गया है कि वे निर्यात किए जाने वाले पेट्रोल का 50 प्रतिशत और डीजल का 30 प्रतिशत घरेलू बाजार में उपलब्ध कराएं, ताकि देश में ईंधन की कमी न हो।
- नई दिल्ली। भारतीय सेना अपने आधुनिकीकरण के दौर से गुजर रही है। खास तौर पर आर्टिलरी की ताकत को स्वदेशी तकनीक के जरिये बढ़ाया जा रहा है। इसी कड़ी में भारतीय सेना के लिए स्वदेशी धनुष गन सिस्टम की खरीद के प्रस्ताव को मंजूरी मिल गई है। शुक्रवार को रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह की अध्यक्षता में हुई रक्षा अधिग्रहण परिषद (डीएसी) की बैठक में सेना के लिए कई अहम फैसले लिए गए। उन फैसलों में से एक थलसेना के लिए 300 स्वदेशी आर्टिलरी गन सिस्टम की खरीद भी शामिल है।इस खरीद प्रक्रिया के पूरा होने के बाद भारतीय सेना के पास 15 से ज्यादा रेजिमेंट और हो जाएंगी। फिलहाल करीब 3 रेजिमेंट भारतीय सेना में शामिल हो चुकी हैं, जबकि 3 और रेजिमेंट आने वाले दिनों में शामिल हो जाएंगी। धनुष को देसी बोफोर्स भी कहा जाता है। 155 मिमी, 45 कैलिबर की धनुष तोप 40 किलोमीटर तक मार कर सकती है, जो कि बोफोर्स की 27 किलोमीटर की रेंज से ज्यादा है। इसका निर्माण गन कैरिज फैक्ट्री कर रही है। ऑपरेशन सिंदूर के दौरान भी इसकी तैनाती की गई थी और इसका इस्तेमाल किया गया था।1999 में शुरू हुए सेना के आधुनिकीकरण योजना में आर्टिलरी तोपें सबसे अहम हिस्सा रही हैं, जिसमें साल 2027 तक 2800 तोपें भारतीय सेना में शामिल करने का लक्ष्य है। 155 मिमी की अलग-अलग कैलिबर की तोपें ली जानी हैं और इस दिशा में काम तेजी से जारी है। इस योजना के मुताबिक टोड तोपें, जिन्हें गाड़ियों के जरिए खींचा जाता है; ट्रक-माउंटेड गन, यानी गाड़ियों पर लगी तोपें; ट्रैक्ड सेल्फ-प्रोपेल्ड और व्हील्ड सेल्फ-प्रोपेल्ड गन; तथा अल्ट्रा-लाइट होवित्जर तोपें शामिल हैं। इन अल्ट्रा-लाइट तोपों को हेलीकॉप्टर के जरिए उन पहाड़ी इलाकों तक पहुंचाया जा सकता है, जहां सड़कों के माध्यम से पहुंचना मुश्किल होता है। इनमें से 145 एम-777 अल्ट्रा-लाइट होवित्जर तोपें पहले ही शामिल की जा चुकी हैं। इसके अलावा 100 ट्रैक्ड सेल्फ-प्रोपेल्ड गन के-9 वज्र भी सेना में शामिल हैं।
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वॉशिंगटन. नोबेल पुरस्कार विजेता हान कांग के एक उपन्यास, कृत्रिम मेधा (एआई) एवं ओपनएआई पर करेन हाओ के शोध और लेखिका अरुंधति रॉय के एक संस्मरण को अमेरिका के वार्षिक 'नेशनल बुक क्रिटिक्स सर्किल' पुरस्कारों से सम्मानित किया गया। हान का उपन्यास 'वी डू नॉट पार्ट' कोरियाई मुख्यभूमि के दक्षिण में स्थित जेजू द्वीप में 1948-1949 के विद्रोह की कहानी है, जिसमें हजारों लोग मारे गए थे। इस उपन्यास का अनुवाद ई. येवोन और पैज अनियाह मॉरिस ने किया है। पुरस्कारों की कथा समिति की अध्यक्ष हीथर स्कॉट पार्टिंगटन ने इस उपन्यास के बारे में कहा कि इसकी कहानी ''एक असरदार और थाम लेने वाले सपने की तरह मन में बस जाती है।'' 'लाइफटाइम अचीवमेंट' श्रेणी का पुरस्कार लेखिका एवं पत्रकार फ्रांसेस फिट्जगेराल्ड को दिया गया, जिनकी वियतनाम युद्ध पर आधारित 1972 की पुस्तक 'फायर इन द लेक' काफी चर्चित है। 'नेशनल पब्लिक रेडियो' (एनपीआर) और 'पब्लिक ब्रॉडकास्टिंग सर्विस' (पीबीएस) को उन संस्थानों को प्रोत्साहित करने के लिए पुरस्कृत किया गया जिन्होंने पुस्तक संस्कृति में महत्वपूर्ण योगदान दिया है। अरुंधति रॉय को उनकी कृति 'मदर मैरी कम्स टू मी' को आत्मकथा श्रेणी में पुरस्कृत किया गया।
इसके अलावा हाओ की 'एम्पायर ऑफ एआई : ड्रीम्स एंड नाइटमेयर्स इन सैम ऑल्टमैन्स ओपनएआई' ने गैर-काल्पनिक श्रेणी में पुरस्कार जीता। एलेक्स ग्रीन की 'ए परफेक्ट टर्माइल : वॉल्टर ई फर्नाल्ड एंड द स्ट्रगल टू केयर फॉर अमेरिकाज डिसेबल्ड' को जीवनी श्रेणी में पुरस्कृत किया गया। केविन यंग की 'नाइट वॉच' ने कविता श्रेणी में पुरस्कार जीता। नीज सिनो द्वारा लिखित और नताशा लेहरर द्वारा अनुवादित 'सैड टाइगर' के लिए लेखक और अनुवादक दोनों को अनुवाद श्रेणी में पुरस्कृत किया गया। 'नेशनल बुक क्रिटिक्स सर्किल' की स्थापना 1974 में न्यूयॉर्क में हुई थी और इसमें 850 से अधिक आलोचक एवं संपादक शामिल हैं। -
नयी दिल्ली. रक्षा मंत्रालय ने भारतीय सेना के लिए वायु रक्षा मिसाइल प्रणाली की खरीद के संबंध में रूस की कंपनी रोसोबोरोनएक्सपोर्ट के साथ 445 करोड़ रुपये के अनुबंध पर शुक्रवार को हस्ताक्षर किए। रक्षा मंत्रालय के अनुसार, भारतीय नौसेना के पी8आई 'लॉन्ग-रेंज मैरीटाइम रिकोनिसेंस' विमान के रखरखाव के लिए बोइंग इंडिया डिफेंस प्राइवेट लिमिटेड के साथ एक अलग अनुबंध किया गया है। मंत्रालय ने बताया, ''भारतीय सेना के लिए 445 करोड़ रुपये मूल्य की तुंगुस्का वायु रक्षा मिसाइल प्रणालियों की खरीद को लेकर रूस की जेएससी रोसोबोरोनएक्सपोर्ट के साथ अनुबंध पर हस्ताक्षर किए गए।'' मंत्रालय ने एक बयान में कहा, ''ये अत्याधुनिक मिसाइलें विमानों, ड्रोन और क्रूज मिसाइलों सहित हवाई खतरों के खिलाफ भारत की बहुस्तरीय हवाई रक्षा क्षमताओं को बढ़ाएंगी। यह समझौता भारत-रूस रणनीतिक रक्षा साझेदारी को और मजबूत करेगा।'' बयान में कहा गया कि ''100 प्रतिशत स्वदेशी सामग्री के साथ 'बाय इंडियन' श्रेणी के तहत पी-8आई विमानों के निरीक्षण के लिए किया गया अनुबंध, एमआरओ (रखरखाव और मरम्मत) सुविधा पर बेड़े के डिपो-स्तरीय रखरखाव को सुनिश्चित करेगा।'' बोइंग पी-8आई, बहु-भूमिका वाला लंबी दूरी का समुद्री टोही पनडुब्बी रोधी विमान (एलआरएमआर एएसडब्ल्यू), हिंद महासागर में भारतीय नौसेना के समुद्री निगरानी अभियानों का अभिन्न अंग है। भारतीय नौसेना वर्तमान में 12 पी-8आई विमानों का संचालन करती है।
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नयी दिल्ली. राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने शुक्रवार को कहा कि हर आंकड़े के पीछे एक मानवीय कहानी होती है और आर्थिक नीतियों की वास्तविक कसौटी केवल आंकड़े नहीं, बल्कि उनके परिणाम होते हैं। राष्ट्रपति भवन में उनसे मिलने आए भारतीय आर्थिक सेवा (आईईएस) के अधिकारियों के एक समूह को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा कि सार्वजनिक सेवा में आर्थिक योजना एवं उसके क्रियान्वयन की भूमिका पहले से कहीं अधिक महत्वपूर्ण हो गई है। मुर्मू ने कहा कि टिकाऊ वृद्धि सुनिश्चित करने, महंगाई का प्रबंधन करने, रोजगार के अवसर बढ़ाने, असमानताओं को कम करने और जटिल आर्थिक माहौल में अर्थव्यवस्था का मार्गदर्शन करने में उनकी भूमिका महत्वपूर्ण होगी। उन्होंने कहा, " साथ ही आपको हमेशा याद रखना चाहिए कि हर आंकड़े के पीछे एक मानवीय कहानी होती है। आर्थिक नीति की वास्तविक कसौटी केवल आंकड़ों में नहीं, बल्कि उसके परिणामों में होती है। इसे खासकर सबसे कमजोर वर्गों के लोगों के जीवन में सुधार लाना चाहिए।'' राष्ट्रपति ने कहा कि अधिकारियों के कार्यों का मार्गदर्शन सहानुभूति की गहरी भावना और समावेशी तथा न्यायसंगत विकास के प्रति प्रतिबद्धता से होना चाहिए। मुर्मू ने आईईएस अधिकारियों से ईमानदारी एवं पेशेवर मानकों को बनाए रखने का आह्वान किया।
उन्होंने कहा, '' सार्वजनिक सेवा में विश्वास आपकी सबसे मूल्यवान पूंजी है और इसे आपके निर्णयों तथा कार्यों के माध्यम से अर्जित एवं बनाए रखा जाना चाहिए।'' राष्ट्रपति ने उनसे मिलने आये केंद्रीय विद्युत अभियांत्रिकी सेवा (सीपीईएस) के अधिकारियों के एक समूह को संबोधित करते हुए कहा कि आत्मनिर्भर भारत का दृष्टिकोण ऊर्जा क्षेत्र की मजबूती और विश्वसनीयता से गहराई से जुड़ा है। उन्होंने कहा, '' बिजली केवल ऊर्जा का स्रोत नहीं है। यह औद्योगिक विकास, नवाचार, बेहतर जीवन स्तर और देश की समग्र सामाजिक-आर्थिक प्रगति की प्रेरक शक्ति है।'' भारत की अंतरराष्ट्रीय जलवायु प्रतिबद्धताओं का उल्लेख करते हुए राष्ट्रपति ने कहा कि बिजली ग्रिड में नवीकरणीय ऊर्जा स्रोतों की हिस्सेदारी बढ़ाना इन लक्ष्यों को हासिल करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। उन्होंने कहा कि नवीकरणीय ऊर्जा का अधिक एकीकरण जीवाश्म ईंधनों (कोयला आदि) पर निर्भरता कम करेगा और अधिक स्वच्छ तथा पर्यावरण के प्रति जिम्मेदार बिजली क्षेत्र के निर्माण में मदद करेगा। राष्ट्रपति ने कहा कि नवीकरणीय ऊर्जा आधारित व्यवस्था की ओर बदलाव प्रौद्योगिकी एवं परिचालन संबंधी चुनौतियां हैं, जिन्हें नवोन्मेषी सोच, प्रौद्योगिकी प्रगति और प्रभावी योजना के माध्यम से दूर किया जा सकता है। -
एक-दो दिन में अस्पताल से छुट्टी मिलने की संभावना
नयी दिल्ली। कांग्रेस की वरिष्ठ नेता सोनिया गांधी के स्वास्थ्य में निरंतर सुधार हो रहा है और उन्हें एक-दो दिन में अस्पताल से छुट्टी मिल सकती है। चिकित्सकों ने शुक्रवार को यह जानकारी दी। बुखार होने के बाद उन्हें मंगलवार रात करीब 10:22 बजे सर गंगाराम अस्पताल में भर्ती कराया गया था।
अस्पताल के अध्यक्ष अजय स्वरूप के अनुसार, गांधी के स्वास्थ्य में सुधार हो रहा है और अब उनकी स्थिति ''काफी बेहतर'' है। स्वरूप ने कहा, ''उन्होंने (गांधी) नाश्ता भी किया है। हमें उम्मीद है कि उन्हें एक या दो दिन में छुट्टी दे दी जाएगी।'' चिकित्सकों ने बताया कि गांधी को ''सिस्टमिक इन्फेक्शन'' हुआ था और उन पर 'एंटीबायोटिक' दवाओं का अच्छा असर हो रहा है। वह वरिष्ठ चिकित्सकों की एक टीम की देखरेख में हैं, जो उनकी स्थिति पर बारीकी से नजर रख रहे हैं।
सूत्रों ने कहा कि हालांकि उनकी स्थिति स्थिर है और गंभीर नहीं है, लेकिन एहतियात के तौर पर उन्हें थोड़े समय के लिए स्वास्थ्य संबंधी निगरानी में रखे जाने की संभावना है। -
लखनऊ. उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने शुक्रवार को रामनवमी की हार्दिक बधाई व शुभकामना देते हुए कहा कि प्रभु श्रीराम भारतीय चेतना के वे आदर्श हैं, जिनमें करुणा तथा कर्तव्य का अद्भुत संतुलन है। योगी आदित्यनाथ ने 'एक्स' पर एक पोस्ट में कहा, "धर्म, सत्य और मर्यादा के श्रेष्ठतम प्रतीक प्रभु श्री राम के पावन जन्मोत्सव 'श्री रामनवमी' की सभी श्रद्धालुओं एवं प्रदेशवासियों को हार्दिक बधाई।" उन्होंने कहा, "प्रभु श्रीराम भारतीय चेतना के वे आदर्श हैं, जिनमें करुणा और कर्तव्य का अद्भुत संतुलन है। उनका जीवन स्मरण कराता है कि शक्ति का सौंदर्य मर्यादा में और विजय का अर्थ लोकमंगल में है।" मुख्यमंत्री ने कहा, "रामनवमी का यह पावन दिवस हमें प्रेरित करता है कि हम अपने आचरण में सत्य, व्यवहार में करुणा और समाज में समरसता को स्थान दें, यही 'रामत्व' का सच्चा उत्सव है।'' उन्होंने कहा, "प्रभु श्रीराम की कृपा से आप सभी के जीवन में शांति, संतुलन और सद्भाव बना रहे, यही मंगलकामना है। जय श्री राम।
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नई दिल्ली। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी रविवार, 29 मार्च को दिन के ग्यारह बजे आकाशवाणी से मन की बात कार्यक्रम में अपने विचार साझा करेंगे। यह इस मासिक रेडियो कार्यक्रम की 132वीं कडी होगी। कार्यक्रम आकाशवाणी और दूरदर्शन के समूचे नेटवर्क, एआईआर न्यूज वेबसाइट और न्यूज ऑन एआईआर मोबाइल ऐप पर प्रसारित होगा।आकाशवाणी समाचार, दूरदर्शन समाचार, प्रधानमंत्री कार्यालय तथा सूचना और प्रसारण मंत्रालय के यू-ट्यूब चैनलों पर भी इसका सीधा प्रसारण होगा। आकाशवाणी से प्रसारण के तुरंत बाद मन की बात कार्यक्रम क्षेत्रीय भाषाओं में भी प्रसारित होगा।
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नई दिल्ली। श्रीनगर एयरपोर्ट पर रनवे के रखरखाव और विकास कार्य के कारण अप्रैल से उड़ानों के संचालन समय में अस्थायी बदलाव किया गया है। श्रीनगर एयरपोर्ट के आधिकारिक ‘एक्स’ हैंडल से जारी अपडेट के अनुसार, 6 अप्रैल 2026 से 31 जुलाई 2026 तक उड़ानों का ऑपरेशन समय शाम 5 बजे (1700 घंटे) तक सीमित रहेगा। वर्तमान में श्रीनगर एयरपोर्ट पर रोजाना सुबह 8 बजे से रात 10 बजे तक लगभग 60 उड़ानें (आगमन और प्रस्थान) संचालित होती हैं।
भारतीय वायु सेना द्वारा जारी एनओटीएएम के मुताबिक, रनवे के काम के चलते अप्रैल के पहले सप्ताह से यह समय सीमा लागू होगी। हालांकि उड़ानों का समय कम हो जाएगा, लेकिन डीजीसीए द्वारा मंजूर ग्रीष्मकालीन शेड्यूल के अनुसार उड़ानों की कुल संख्या बढ़ने की उम्मीद है। एयरलाइंस अब बदले हुए समय के अनुसार अपनी उड़ानों की योजना बना रही हैं और यात्रियों को इसी अनुसार सूचित किया जाएगा।भारतीय विमानपत्तन प्राधिकरण (एएआई) ने स्पष्ट किया है कि यह बदलाव केवल अस्थायी है और रनवे के बेहतर रखरखाव व आधुनिकीकरण के लिए जरूरी है। प्राधिकरण ने कहा कि सुरक्षित, कुशल और निर्बाध हवाई यात्रा सुनिश्चित करना उसकी सर्वोच्च प्राथमिकता है। यात्रियों को सलाह दी गई है कि वे अपनी उड़ान से पहले एयरलाइंस या श्रीनगर एयरपोर्ट की आधिकारिक वेबसाइट, ऐप और सोशल मीडिया हैंडल से नवीनतम जानकारी जरूर ले लें। बिना पुष्टि वाली किसी भी खबर या अफवाह पर भरोसा न करें। कश्मीर घाटी में पर्यटन और व्यापार के लिए श्रीनगर एयरपोर्ट बेहद महत्वपूर्ण है। ग्रीष्मकाल में यहां पर्यटकों की भारी भीड़ रहती है। ऐसे में उड़ानों के समय में यह बदलाव कई यात्रियों को प्रभावित करेगा। खासकर जो लोग शाम की उड़ानों पर निर्भर थे, उन्हें अब अपनी यात्रा की योजना पहले से बदलनी होगी। एयरपोर्ट अधिकारियों का कहना है कि रनवे कार्य पूरा होने के बाद ऑपरेशन समय फिर से सामान्य हो जाएगा। इस दौरान यात्रियों की सुविधा के लिए एयरलाइंस अतिरिक्त सुबह की उड़ानों की संख्या बढ़ा सकती हैं। -
नई दिल्ली। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने अयोध्या स्थित श्री राम जन्मभूमि मंदिर में रामलला का सूर्य तिलक देखा। इस दौरान उन्होंने प्रभु श्री राम से देशवासियों के लिए आशीर्वाद की कामना की। प्रधानमंत्री ने रामनवमी के पावन अवसर पर मंदिर में आयोजित सूर्य तिलक संस्कार का अवलोकन किया। इस विशेष अनुष्ठान में सूर्य की किरणें सीधे भगवान राम के मस्तक पर पड़ती हैं, जो श्रद्धालुओं के लिए अत्यंत आस्था का विषय है।
पीएम नरेंद्र मोदी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ पर लिखा, “आज सुबह अयोध्या स्थित श्री राम जन्मभूमि मंदिर में सूर्य तिलक संस्कार हुआ। प्रभु श्रीराम की कृपा हम सभी पर सदैव बनी रहे।”























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