- Home
- छत्तीसगढ़
- -संविदा भर्ती के 47 विभिन्न पदों पर नियुक्ति हेतु दिए आदेश पत्ररायपुर / प्रभारी मंत्री एवं स्वास्थ्य मंत्री श्री श्याम बिहारी जायसवाल ने जिला चिकत्सालय जीपीएम में 20 बिस्तरीय आईसोलेशन सह पीडियाट्रिक वार्ड का लोकार्पण और भारतीय जन औषधि केन्द्र का फीता काटकर शुभारंभ किया। इस अवसर पर उन्होंने राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन अंतर्गत संविदा भर्ती के 47 विभिन्न पदों पर नियुक्ति हेतु आदेश पत्र दिए। उन्होंने सभी लोगों को भारत को टी. बी. मुक्त बनाने की शपथ भी दिलाई। संविदा भर्ती के पदों में स्टॉफ नर्स एनआरसी, नर्सिंग ऑफिसर एनएचएमपी, सीनियर नर्सिंग ऑफिसर (मनोरोग नर्स), साइकोलॉजिस्ट-क्लिनिकल, द्वितीय एएनएम, एएनएम (आरबीएसके), डेंटल असिस्टेंट, ब्लॉक सुपरवाइजर (वीबीडी), एसटीएस, ओटी टेक्निशियन, लैब सहायक, नर्सिंग अधिकारी, जूनियर सचिवीय सहायक (एनएचएम), सचिवीय सहायक (आईडीएसपी), जूनियर सचिवीय सहायक (एनसीडी), जिला डाटा सहायक एवं सचिवीय सहायक (एनएचएम) के पद शामिल है।
- -इस वृहद गौरवशाली आयोजन के साक्षी बने राज्यपाल श्री रमेन डेका-अधिष्ठाता डॉ. विवेक चौधरी ने दिलाई चिकित्सा आचार संहिता पर आधारित महर्षि चरक शपथरायपुर। पंडित जवाहर लाल नेहरू स्मृति चिकित्सा महाविद्यालय, रायपुर में एम. बी. बी. एस. प्रथम वर्ष में नव प्रवेशित विद्यार्थियों को चिकित्सा आचार संहिता की शपथ दिलाने के लिए ‘‘व्हाइट कोट सेरेमनी’’ का वृहद गौरवशाली आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में छत्तीसगढ़ राज्य के राज्यपाल श्री रमेन डेका की गरिमामयी उपस्थिति रही। पं. नेहरू चिकित्सा महाविद्यालय के अधिष्ठाता डॉ. विवेक चौधरी ने अपने स्वागत उद्बोधन में कहा कि एम. बी. बी. एस. प्रथम वर्ष के नवप्रवेशित 230 छात्र - छात्राओं को राज्यपाल महोदय की उपस्थिति में चिकित्सा आचार संहिता महर्षि चरक शपथ दिलाया जाना महाविद्यालय के लिए बड़े गौरव की बात हैं। मेडिकल टीचर्स एसोसिएशन के अध्यक्ष डॉ. अरविंद नेरल ने मेडिकल प्रोफेशन के क्रियान्वयन के समय निभाये जाने वाले नैतिक मूल्यों और आदर्शों की जानकारी दी। डॉ. नेरल ने कहा कि मरीज दवाइयों के अलावा एक आदर्श चिकित्सक से अपनत्व, मुस्कुराहट और मित्रवत व्यवहार की अपेक्षा रखते हैं। मेडिकल साइंस सभी विज्ञानों में सबसे अधिक मानवीय और सभी मानविकी में सबसे अधिक वैज्ञानिक होता है। एक डॉक्टर ताउम्र विद्यार्थियों की तरह सीखता रहता है।अधिष्ठाता डॉ. विवेक चौधरी ने चरक आचार संहिता की शपथ विद्यार्थियों को दिलाई, उनके द्वारा कहे गए शब्दों को नवप्रवेशित 230 छात्र-छात्राओं ने अपना दाहिना हाथ उठाकर दोहराया।मुख्य अतिथि राज्यपाल श्री रमेन डेका ने चिकित्सा छात्रों को व्हाइट कोट समारोह की महत्ता बताते हुए कहा कि आज आपने जो शपथ लिया है उसका सदैव स्मरण करना अति आवश्यक है। चिकित्सा का क्षेत्र सेवा के साथ-साथ एक गरिमामयी प्रोफेशन है जिसमें ‘‘यह व्हाइट कोट बेदाग रहे,’’ इस बात का ध्यान रखना आवश्यक होता है। चरक संहिता एवं व्यक्तिगत जीवन से जुड़े कुछ अनुभवों का जिक्र करते हुए उन्होंने कहा कि एक चिकित्सक को बीमारी के मूल कारणों (रूट कॉज ऑफ डिजीज) को जानने की कला में निपुण होना चाहिए। बतौर चिकित्सक मरीज के गोल्डन ऑवर में जीवन रक्षा के लिए बेहतर निर्णय लेने की क्षमता होनी चाहिए। राज्यपाल ने वैश्विक महामारी कोविड-19 के दौरान चिकित्सक एवं चिकित्सा कर्मियों के चिकित्सा सेवा, साहस और कार्य की सराहना करते हुए कहा कि आप सभी ने मानव सेवा के लिए जो कुछ भी किया वह अतुलनीय है।राज्यपाल के उद्बोधन पश्चात विद्यार्थियों द्वारा अपने सामाजिक उत्तरदायित्वों का ज़िक्र करते हुए ‘‘हम तुम्हारे साथ हैं, वी आर द डॉक्टर्स, वी आर आलवेज देयर फार यू'' की संगीतमय प्रस्तुति दी गई। एम. बी. बी. एस. चिकित्सा पाठ्यक्रम में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले छात्र-छात्राओं को गोल्ड मेडल देकर सम्मानित किया गया।
- -पुलिस कर्मियों के लिए आर्थिक और सामाजिक सुरक्षा का बनेगा मजबूत आधार - मुख्यमंत्री श्री सायरायपुर /मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय की पहल पर छत्तीसगढ़ पुलिस विभाग के अधिकारियों और कर्मचारियों को आर्थिक और सामाजिक सुरक्षा प्रदान करने के लिए राज्य सरकार ने एक बड़ा कदम उठाते हुए 8 प्रमुख बैंकों के साथ पुलिस सैलरी पैकेज के तहत समझौता (एमओयू) किया है। इस समझौते में भारतीय स्टेट बैंक, पंजाब नेशनल बैंक, बैंक ऑफ बड़ौदा, कैनरा बैंक, एचडीएफसी बैंक, आईसीआईसीआई बैंक, एक्सिस बैंक और आईडीबीआई बैंक शामिल हैं।मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने इस पहल को पुलिस कर्मियों के लिए सुरक्षा और सहयोग का एक मजबूत आधार बताया। उन्होंने कहा कि यह समझौता पुलिस विभाग के कर्मचारियों के प्रति राज्य सरकार की प्रतिबद्धता को दर्शाता है। उन्होंने कहा कि यह समझौता न केवल पुलिस कर्मियों को आर्थिक रूप से सशक्त करेगा, बल्कि उनके परिवारों की आवश्यकताओं को भी पूरा करेगा। यह पहल छत्तीसगढ़ सरकार की सुशासन और पारदर्शिता की नीति को और मजबूत करेगी और पुलिस कर्मियों के कार्यक्षमता और मनोबल में सकारात्मक परिवर्तन लाएगी।उपमुख्यमंत्री श्री विजय शर्मा ने इस पहल को पुलिस विभाग के कल्याण की दिशा में एक ऐतिहासिक कदम बताया। उन्होंने कहा कि पुलिस कर्मियों को यह स्वतंत्रता दी गई है कि वे अपनी सुविधा और आवश्यकता के अनुसार किसी भी बैंक में सैलरी खाता खोल सकते हैं। इसके लिए किसी भी प्रकार की बाध्यता या अतिरिक्त शुल्क नहीं होगा। सभी बैंकों से प्राप्त प्रस्ताव पुलिस इकाइयों को भेजे जाएंगे ताकि पुलिस कर्मी अपनी आवश्यकताओं के अनुसार सबसे उपयुक्त बैंक का चयन कर सकें। यह समझौता पुलिस कर्मियों और उनके परिवारों के लिए कई लाभ प्रदान करेगा। इसमें सामान्य मृत्यु के मामलों में ₹1 लाख से ₹10 लाख तक की जीवन बीमा राशि, दुर्घटना में मृत्यु के मामलों में ₹10 लाख से ₹1 करोड़ तक की सहायता, स्थायी विकलांगता के मामलों में ₹30 लाख से ₹1 करोड़ तक और आंशिक विकलांगता के लिए ₹22.5 लाख से ₹1 करोड़ तक की बीमा राशि का प्रावधान शामिल है। बच्चों की उच्च शिक्षा के लिए ₹4 लाख से ₹20 लाख तक और कन्या विवाह के लिए ₹5 लाख से ₹10 लाख तक की आर्थिक सहायता उपलब्ध होगी। नक्सल हिंसा में शहीद होने वाले पुलिस कर्मियों के परिवारों के लिए ₹10 लाख से ₹50 लाख तक की सहायता राशि प्रदान की जाएगी।
- -700 बिस्तरीय एकीकृत नवीन अस्पताल भवन निर्माण के लिए 231 करोड़ रूपए का ई टेंडर सीजीएमएससी ने किया जारी-डॉ. भीमराव अंबेडकर स्मृति चिकित्सालय रायपुर परिसर (मेकाहारा) में होगा निर्माणरायपुर । मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय की पहल पर राज्य में स्वास्थ्य सुविधाओं के विस्तार की दिशा में लगातार कार्य किया जा रहा है। स्वास्थ्य सुविधाओं में विस्तार के रूप में तरक्की और सुशासन का ये सफर लगातार आगे बढ़ रहा है। इसी कड़ी में रायपुर के मेकाहारा में बढ़ते मरीजों का दबाव कम करने के लिए परिसर में 700 बिस्तरीय एकीकृत नवीन अस्पताल भवन निर्माण के लिए टेंडर प्रक्रिया को शुरू कर दिया गया है । उल्लेखनीय है कि इस वर्ष के बजट में मेकाहारा परिसर में 700 नवीन एकीकृत अस्पताल का प्रावधान किया था जिसके निर्माण की प्रक्रिया अब शुरू कर दी गयी है।मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय के नेतृत्व में राज्य में इलाज के लिए बेहतर संसाधन उपलब्ध हो सके इसके लिए लगातार पूंजीगत व्यय के निर्णय लिए जा रहे हैं। स्वास्थ्य मंत्री श्री श्याम बिहारी जायसवाल स्वास्थ्य सुविधाओं में सुधार और नई सुविधाओं के विकास पर विशेष जोर दे रहे है।मेकाहारा परिसर में 700 बिस्तरीय नवीन एकीकृत अस्पताल भवन के लिए 231 करोड़ रूपए के ई- टेंडर जारी होने पर स्वास्थ्य मंत्री श्री श्याम बिहारी जायसवाल ने कहा है कि राज्य में स्वास्थ्य सुविधाओं का इजाफा करना उनकी पहली प्राथमिकता है। उन्होने कहा है कि इस एकीकृत अस्पताल के निर्माण से मेकाहारा अस्पताल के अतिरिक्त भी लोगों के पास सर्वसुविधा वाला अस्पताल रहेगा। इसमें रायपुर सहित सम्पूर्ण प्रदेश के लोगों को इलाज की बेहतर सुविधा उपलब्ध हो सकेगी और लोगों को ज्यादा से ज्यादा स्वास्थ्य सुविधा का लाभ मिलेगा।ई टेंडर के सम्बन्ध में विस्तृत जानकारी सीजीएमएससी की वेबसाइट www.cgmsc.gov.in पर 10 दिसंबर से उपलब्ध रहेगी । इसके लिए प्री-बिड मीटिंग 19 दिसंबर को सीजीएमएससी मुख्यालय में सुबह 11 बजे होगी। आनलाइन निविदा जमा करने की अंतिम तारीख 2 जनवरी 2025 तक होगी और 6 जनवरी 2025 को यह टेंडर खुलेगा।
- -मूलभूत सुविधाओं और जनकल्याणकारी योजनाओं से जोड़ने के लिए किया जा रहा विशेष शिविरों का आयोजनरायपुर /छत्तीसगढ़ राज्य की विशेष पिछड़ी जनजातियों में पंडो जनजाति का नाम प्रमुखता से आता है। यह जनजाति राज्य के दूर-दराज इलाकों में निवास करती है, जहां मूलभूत सुविधाओं का अभाव और शासन की योजनाओं तक पहुंच की समस्या लंबे समय से बनी हुई थी। इस समस्या का समाधान करने के लिए छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के नेतृत्व में सूरजपुर जिला प्रशासन द्वारा महत्त्वपूर्ण कदम उठाया गया है। सूरजपुर जिले में पंडो जनजाति को मूलभूत सुविधाओं और शासन की जनकल्याणकारी योजनाओं से जोड़ने के लिए विशेष शिविरों का आयोजन संपूर्णता अभियान के तहत प्रत्येक बुधवार को किया जा रहा है, जो कि उनकी विकास यात्रा में एक निर्णायक पहल साबित हो रही है।मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय ने सदैव समाज के सबसे पिछड़े और हाशिए पर खड़े समुदायों के विकास पर विशेष ध्यान देने की बात कही है। उनकी यह मान्यता है कि समाज के हर वर्ग को समान अवसर और सुविधा मिलनी चाहिए, चाहे वह किसी भी भौगोलिक स्थिति में क्यों न हो। मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय की इस सोच को मूर्त रूप प्रदान करते हुए पंडो जनजाति जैसी विशेष पिछड़ी जनजातियों को शासकीय योजनाओं से जोड़ने के लिए जिला प्रशासन द्वारा प्रयास किया जा रहा है, ताकि इन समुदायों का समुचित विकास हो सके और उन्हें समाज की मुख्यधारा में लाया जा सके। इसी क्रम में पंडो जनजाति के विकास की दिशा में ठोस कदम उठाते हुए सूरजपुर जिले के विभिन्न ग्राम पंचायत भवनों में विशेष शिविरों का आयोजन इस उद्देश्य से किया जा रहा है कि पंडो जनजाति के लोगों को शासन की योजनाओं का संपूर्ण लाभ पहुंचाया जा सके।पण्डो जाति के लिए विशेष शिविरों का आयोजन इनके विकास की दिशा में एक क्रांतिकारी कदम है। विशेष शिविरों के द्वारा इस जनजाति के प्रत्येक परिवार को शासकीय योजनाओं से जोड़ा जा रहा है। इन शिविरों का आयोजन 18 दिसंबर 2024 तक जिले के विभिन्न ग्राम पंचायत भवनों में किया जाएगा। इसके तहत हर परिवार का सर्वेक्षण कर पंडो परिवार की जानकारी एकत्रित कर उनकी आवश्यकता और उपलब्ध सुविधाओं का आकलन करने के बाद संबंधित विभागों द्वारा आवश्यक कार्यवाही की जा रही है। इन पंडो परिवारों को मूलभूत सुविधाओं और योजनाओं से शत-प्रतिशत संतृप्त करने के लिए शिविरों का रोस्टर और कार्ययोजना बनाई गई है। रोस्टर के अनुसार प्रत्येक गांव में शिविर का आयोजन किया जा रहा हैै। इसमें तिथियों का निर्धारण कर जनजाति के लोगों को सरकारी योजनाओं से लाभान्वित किया जा रहा है। शिविरों के सफल क्रियान्वयन के लिए, कलेक्टर श्री एस जयवर्धन ने विभिन्न विभागों के जिला अधिकारियों को जिम्मेदारियां सौंपी हैं। सभी विभाग के अधिकारियों द्वारा अद्यतन जानकारी परियोजना प्रशासक व एकीकृत आदिवासी विकास परियोजना सूरजपुर को उपलब्ध कराई जाती है। इस वर्ग के विकास के लिए जिला प्रशासन, जनपद पंचायत, और आदिवासी विकास परियोजना के अधिकारी समन्वय में कार्य कर रहे हैं। हर विभाग के अधिकारी को अपनी जिम्मेदारियों को निभाने के निर्देश दिए गए हैं, ताकि विकास की यह प्रक्रिया निर्बाध रूप से आगे बढ़ सके।इस पहल से इस आदिवासी वर्ग के जीवन स्तर में निरंतर सुधार आ रहा है। शिविरों के आयोजन से पंडो जनजाति को स्वास्थ्य, शिक्षा, रोजगार, आवास और आर्थिक सहायता की योजनाओं का लाभ विशेष शिविरों के माध्यम से उन्हें योजनाओं से जोड़ा जा रहा है। इन शिविरों में जिन योजनाओं का लाभ प्रदान किया जा रहा है, उनमें प्रमुख रूप से प्रधानमंत्री आवास योजना, आयुष्मान भारत योजना, उज्ज्वला योजना, स्वच्छ भारत मिशन, और राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा योजना शामिल हैं। इन योजनाओं के तहत पंडो जनजाति के परिवारों को पक्के मकान, स्वास्थ्य बीमा, मुफ्त गैस कनेक्शन, शौचालय निर्माण और सस्ती दरों पर खाद्यान्न उपलब्ध कराया जा रहा है।शासन एवं प्रशासन के इस प्रयास की सराहना पंडो जनजाति और स्थानीय समुदाय के लोगों द्वारा निरंतर की जा रही है। पहले जहां इन जनजातियों को मूलभूत सुविधाओं की कमी और योजनाओं से वंचित रहने की शिकायत थी, वहीं अब इन शिविरों के माध्यम से उन्हें उनका हक मिल रहा है। कई पंडो परिवारों ने अपने अनुभव साझा किए हैं कि कैसे इन योजनाओं के कारण उनके जीवन में बदलाव आया है।इस योजना के संबंध में स्थानीय पंडो निवासी रामेश्वर पंडो ने बताया कि पहले हमें शासन की योजनाओं के बारे में सही जानकारी नहीं मिल पाती थी, और न ही हमें पूरी तरह से उनका लाभ मिल पाता था। लेकिन अब विशेष शिविरों के माध्यम से हमें सरकारी योजनाओं का लाभ मिल रहा है। हमारे परिवार को आवास योजना का लाभ मिला है, और हमें स्वास्थ्य बीमा भी मिला है। इससे हमारे जीवन में काफी सुधार हुआ है।उल्लेखनीय है कि इस संपूर्णता अभियान अंतर्गत जिले के सभी विकासखंडों सूरजपुर, रामानुजनगर, प्रेमनगर, भैयाथान, ओडगी और प्रतापपुर के ग्रामों में निवासरत विषेष पिछड़ी जनजाति पंडो को शासन की योजनाओं से लाभान्वित करने एवं संतृप्तिकरण प्राप्त करने की दिशा में निरंतर शिविर का आयोजन किया जा रहा है। इसके अंतर्गत परिवार के मुखिया आधारित योजनाओं को देखा जाए तो विभिन्न ग्राम पंचायतों में 124 शिविर का अयोंजन कर 82 घरों में विद्युतीकरण, 184 हितग्राहियों को प्रधानमंत्री आवास योजना, 72 शौचालय, 118 का मनरेगा जॉब कार्ड, 209 को उज्जवला गैस कनेक्षन, 389 को किसान क्रेडिट कार्ड, 250 को पीएम किसान सम्मान निधि एवं 73 घरों में हर घर नल से जल की सुविधा प्रदान की गई।इसके अलावा हितग्राहीमूलक योजनाओं को देखा जाए तो 191 हितग्राहियों का जाति प्रमाण पत्र, 322 का आधार कार्ड, 393 का राशन कार्ड, 99 को वोटर कार्ड, 116 को पेंशन, 243 स्व सहायता समूह गठन, 16 हितग्राहियों को वनधन केंद्र आजीविका, 44 का कौशल विकास, 583 हितग्राहियों का श्रम विभाग में पंजीकरण, 347 को प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना, 113 को प्रधानमंत्री पोषण योजना, 278 को सुकन्या समुद्धि योजना से लाभन्वित किया गया। 291 हितग्राहियेां का आंगनबाड़ी में पंजीयन, 496 का आयुष्मान कार्ड निर्माण, 107 को प्रधानमंत्री सुरक्षित मातृत्व अभियान का लाभ, 1558 का सिकल सेल एनीमिया जांच, 140 हितग्राहियों का टीकाकरण, 94़9 हितग्राहियों का टीवी उन्मूलन जांच, 1166 लेागों का कुष्ठ रोग जांच, 33 को प्रधानमंत्री जनधन योजना से, 91 को जीवन ज्योति बीमा योजना एवं 158 हितग्राहियों को सुरक्षा बीमा योजना से लाभान्वित किया गया है।
-
आसान हुई खेती किसानी*
*बारिश पर निर्भरता हुई खत्म*
बिलासपुर/न बिजली के बिल की झंझट ओर न ही पावर कट की परेशानी। छत्तीसगढ़ शासन की सौर सुजला योजना पूरे प्रदेश सहित बिलासपुर जिले के किसानों के लिए भी वरदान साबित हो रही हे। इस योजना से जहां किसान भरपूर पानी अपने खेतों तक पहुंचा रहे हैं तो दूसरी तरफ ऐसे ही किसानों के लिए बेहद लाभकारी साबित हो रही है। इस योजना का लाभ लेकर लिम्हा के किसान श्री तिरथ राम की आमदनी बढ़ गई है उन्हें खेती किसानी में भी आसानी हो रही है।
बिल्हा विकासखंड के ग्राम लिम्हा के किसान श्री तिरथ राम ने बताया कि सिंचाई सुविधा नही होने से मनवांछित उत्पादन नही ले पा रहे थे। क्रेडा द्वारा सौर ऊर्जा से संचालित सिंचाई पम्प लगने के बाद हितग्राही अपने खेत पर तीन फसल चना, गेहू व मसूर ले कर खेती कर रहे है एवं किसान द्वारा बेहद खुशी से बताया गया है कि उनके खेत में अब सिंचाई की सुविधा उपलब्ध है जिससे उनकी आय बढी है। उन्होने बताया की इस सोलर पम्प द्वारा पूरे दिन आसानी से सिंचाई हो जाती है तथा उन्हे कोई बिजली बिल भी नही देना पडता है। उन्होंने कहा कि अब उन्हें खेती किसानी के लिए बारिश पर निर्भर नहीं होना पड़ता है।
सोलर पम्प स्थापना से किसानों के आयों में दोगुना बढोतरी होने के साथ कृषकों द्वारा लगातार सोलर पम्प स्थापना हेतु मांग की जा रही है। क्रेडा द्वारा अब तक जिला बिलासपुर में कुल 2191 नग पम्प स्थापित किये जा चुके है जिसमें विकासखंड बिल्हा में 415, तखतपुर में 622, मस्तूरी में 833 एवं कोटा में 321 शामिल है। राज्य शासन द्वारा सौर सुजला योजना अंतर्गत स्थापित किये जाने वाले सोलर पम्प का मुख्य उद्देश्य प्रदेश के किसानों को सिंचाई सुविधा उपलब्ध कराया जाना है। सोलर पम्प के उपयोग से राज्य में कृषि उत्पादन में वृद्धि के साथ-साथ भूजल के संरक्षण एवं संवर्धन तथा ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूत करने मे सहायता मिल रही है। - रायपुर / मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने राज्य कर निरीक्षकों को शासकीय कार्य के दौरान व्यवसायियों द्वारा धमकाने की घटना को गंभीरता से लेते हुए इस पर कड़ी कार्यवाही के निर्देश दिए है।उल्लेखनीय है कि राज्य कर जीएसटी विभाग द्वारा बोगस फर्मों, संदिग्ध फर्मों की पहचान के लिए रिस्क पैरामीटर के आधार पर ऐसे फर्मों की पहचान कर भौतिक सत्यापन की कार्यवाही की जा रही है। विभाग के निर्देश पर निरीक्षकों द्वारा रायपुर स्थित मेसर्स योगेश कमर्शियल, महेश कालोनी, गुढियारी के मुनीश कुमार शाह एव मेसर्स श्री जगन्नाथ कन्स्ट्रक्शन, दलदल सिवनी के राहुल शर्मा के विरूद्ध अनियमितता की शिकायत प्राप्त होने पर व्यवसाय के भौतिक सत्यापन हेतु राज्य कर निरीक्षक श्रीमती रितु सोनकर और श्री होमेश वर्मा को निर्देशित किया गया था। आदेश के परिपालन में कर निरीक्षक भौतिक सत्यापन करने गये थे, लेकिन उक्त दोनों व्यवसायियों के द्वारा निरीक्षकों के साथ दुर्व्यवहार करते हुए धमकी दिया गया जिससे व्यवसाय के भौतिक सत्यापन के शासकीय कार्य में व्यवधान उत्पन्न हुआ। मुख्यमंत्री श्री साय के द्वारा व्यवसायियों के इस कृत्य को गंभीरता से लिया गया।मुख्यमंत्री श्री साय के निर्देशन में विभाग ने व्यवसायियों के संव्यवहारों की पड़ताल की तथा कर अपवंचन और जीएसटी अधिनियम के प्रावधानो का पालन नहीं करने पर आज विभाग ने दोनों फर्मों के प्रतिष्ठानों पर जांच जब्ती की कार्यवाही की। विभाग द्वारा शासकीय कार्यों में बाधा पहुंचाने एवं अधिकारियों को धमकाने के लिए उक्त व्यक्तियों के विरूद्ध पुलिस थाना में प्राथमिकी दर्ज कराने की कार्रवाई की गई।
- -290 करोड़ रुपए से अधिक की योजना से 60 हजार परिवार होंगे लाभान्वितरायपुर / जल जीवन मिशन के तहत खुड़िया मल्टी-विलेज योजना से जिले के तीनों विकासखंडों के 206 गांवों को स्वच्छ और सुरक्षित पेयजल की आपूर्ति की जाएगी। मुंगेली जिले के करीब 60 हजार परिवारों को योजना का फायदा मिलेगा।उप मुख्यमंत्री श्री अरुण साव 7 दिसम्बर को मुंगेली जिले के खुड़िया में 290 करोड़ रुपए से अधिक की लागत के मल्टी-विलेज जल प्रदाय योजना के वाटर ट्रीटमेंट प्लांट का भूमिपूजन करेंगे। खुड़िया जलाशय के सामने ही 23 एमएलडी (Million Liter per Day) क्षमता का वाटर ट्रीटमेंट प्लांट बनाया जा रहा है। योजना का काम एक वर्ष में पूर्ण करने का लक्ष्य रखा गया है।खुड़िया मल्टी-विलेज जल प्रदाय योजना में खुड़िया जलाशय के पानी को शुद्ध कर गांव-गांव में बनी पानी टंकियों के माध्यम से घरों तक पहुंचाया जाएगा। जल गुणवत्ता से प्रभावित और ग्रीष्म ऋतु में जल स्तर के ज्यादा नीचे चले जाने से संकटग्रस्त गांवों को इससे पूरे साल भर स्वच्छ पेयजल मिलेगा। मुंगेली जिले के लोरमी विकासखंड के 84 गांवों के 27 हजार 627 परिवार, मुंगेली विकासखंड के 86 गांवों के 19 हजार 737 परिवार और पथरिया विकासखंड के 36 गांवों के 12 हजार 248 परिवार योजना से लाभान्वित होंगे।शासन द्वारा योजना के लिए 290 करोड़ 12 लाख रुपए स्वीकृत किए गए हैं। योजना के अंतर्गत मुंगेली जिले के 206 गांवों में पेयजल की आपूर्ति के लिए 430 किलोलीटर क्षमता के एमबीआर (Master Balance Reservoir) के साथ ही अलग-अलग क्षमता के छह जेडबीआर (Zonal Balance Reservoir) भी बनाए जाएंगे। 45 बीएचपी क्षमता की रॉ वाटर पंपिग मशीनरी और 95 बीएचबी क्षमता की क्लीयर वाटर मशीनरी स्थापित की जाएगी।
- बिलासपुर/समग्र शिक्षा बिलासपुर जिले के विकासखण्डों में दिव्यांग बच्चों हेतु संचालित समावेशी संसाधन स्त्रोत केन्द्रों हेतु फिजियोथेरेपिस्ट के 3 पद हेतु एनआईसी बिलासपुर के वेबसाईट www.bilaspur.gov.in में विज्ञापन प्रकाशित किया गया था, जिसके अनुक्रम में 11 आवेदन प्राप्त हुए है। सभी आवेदकों के प्रमाण पत्रों का परीक्षण 12 दिसंबर को जिला परियोजना कार्यालय, समग्र शिक्षा, जिला पंचायत के द्वितीय तल में दोपहर 1 बजे से शाम 4 बजे के बीच किया जाना है। आवेदकों का सम्पूर्ण विवरण जिला कार्यालय समग्र शिक्षा बिलासपुर में चस्पा किया गया है। अगर आवेदकों के विवरण में किसी प्रकार की त्रुटि है तो लिखित में आवेदन जिला मिशन समन्वयक को 9 दिसंबर तक प्रस्तुत कर सकते हैं।
- रायपुर / मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय आज राजधानी रायपुर के वीआईपी रोड स्थित श्री राम मंदिर परिसर के महर्षि वाल्मीकि उत्सव मंडप में आयोजित श्रीमद्भागवत कथा में शामिल हुए। मुख्यमंत्री श्री साय ने व्यास पीठ पर विराजमान आचार्य श्री पवन नन्दन जी द्वारा कही जा रही श्रीमद्भागवत कथा का श्रवण किया। मुख्यमंत्री श्री साय ने आचार्य श्री पवन नन्दन जी से आशीर्वाद ग्रहण किया और प्रदेशवासियों की सुख-समृद्धि और खुशहाली की कामना की। उल्लेखनीय है कि श्रीमद्भागवत कथा का आयोजन श्री राम मंदिर परिसर में 02 दिसंबर से 08 दिसंबर तक किया जा रहा है। इस अवसर पर उपमुख्यमंत्री श्री विजय शर्मा, कथा के आयोजकों सहित बड़ी संख्या में भक्तगण उपस्थित थे।
-
बिलासपुर/छत्तीसगढ़ उच्च न्यायालय द्वारा उच्चतर न्यायिक सेवा (भर्ती एवं सेवा शर्तें) नियम, 2006 के अंतर्गत जिला न्यायाधीश (प्रवेश स्तर) के पदों पर पदोन्नति एवं सीमित भर्ती प्रतियोगी परीक्षा 2023 के चयनित उम्मीद्वारों की सूची जारी कर दी गई है। उक्त चयन सूची का अवलोकन उच्च न्यायालय की वेबसाईट https://highcourt.cg.gov.in पर किया जा सकता है।
-
बिलासपुर/बिल्हा विकासखण्ड के ग्राम ग्राम खरकेना एवं ग्राम धौराभाठा में स्थापित मेसर्स बिलासपुर माईनिंग इण्डिया प्राईवेट लिमिटेड में इस्टैबलिस्मेंट ऑफ ग्रीनफील्ड स्टील प्लांट कम्पराइसिंग ऑफ डीआरआई एण्ड ब्रिक्स मैन्यूफैक्चरिंग यूनिट के पर्यावरणीय स्वीकृति के लिए 15 जनवरी 2025 को लोक सुनवाई का आयोजन किया गया है। ये लोक सुनवाई उक्त तिथि को ग्राम खरकेना के खेल मैदान में सवेरे 11 बजे से शुरू होगी।
-
बिलासपुर/एकीकृत बाल विकास परियोजना बिलासपुर शहरी अंतर्गत आंगनबाड़ी केन्द्रों में सहायिका के पदों पर भरती हेतु आवेदन आमंत्रित किए गए हैं। वार्ड क्रमांक 66 पंडित शिव दुलारे मिश्रा नगर में आंगनबाड़ी सहायिकाओं की नियुक्त होनी है। इच्छुक आवेदिका 9 दिसंबर से 23 दिसंबर 2024 तक कार्यालयीन समय में एकीकृत बाल विकास परियोजना बिलासपुर शहरी में सीधे अथवा पंजीकृत डाक के माध्यम से आवेदन कर सकती हैं।
- -ग्राम बुडगहन में नवनिर्मित महतारी सदन, पानी टंकी और राशन दुकान का हुआ लोकार्पणरायपुर ।राजस्व मंत्री श्री टंक राम वर्मा ने बालौदाबाज़ार जिले के ग्राम पंचायत बुडगहन में नवनिर्मित महतारी सदन,पानी टंकी और राशन दुकान का लोकार्पण किया।पहले किश्त में बालौदाबाज़ार विधानसभा के 40 ग्रामों में महतारी सदन निर्माण का कार्य तेजी से हो रहा है। इसी तरह क्षेत्र के विभिन्न स्कूलों में प्रार्थना शेड निर्माण के अलावा शौचालय,पानी और बिजली की समुचित व्यवस्था की जा रही है। इस दौरान उन्होंने आंगनबाड़ी कार्यकर्ता और सहायिका तथा मितानिनों का सम्मान किया।कार्यक्रम में मंत्री श्री वर्मा ने कहा कि छत्तीसगढ़ को विकसित राज्य बनाने के लिए विभिन्न योजनाओं का संचालन सरकार द्वारा किया जा रहा है। पिछले एक वर्ष में विभिन्न निर्माण कार्याे के साथ-साथ बस्तर में शांति स्थापित करने नक्सल उन्मूलन में तेजी से कार्य किया जा रहा है। बस्तर ओलंपिक के विभिन्न खेलों में बस्तर संभाग के 1 लाख 65 हज़ार युवक-युवतियां हिस्सा ले रहे है। बस्तर ओलंपिक देश मे अपनी तरह का बहुत बड़ा खेल आयोजन है। उन्होंने कहा कि खेल के माध्यम से व्यक्ति को अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन करने का अवसर मिलता है,जिससे व्यक्ति की छिपी प्रतिभा का ज्ञान लोगो को होता है। मंत्री श्री वर्मा ने कहा कि हमे परस्पर सहयोग और समन्वय के साथ विकास कार्याे में सहभागी बनकर ग्राम के विकास में भागीदारी अदा करना चाहिए,जिससे ग्राम को आदर्श ग्राम के रूप में स्थापित कर सके। इस अवसर पर जिला पंचायत बालौदाबाज़ार के अध्यक्ष श्री राकेश वर्मा, सदस्य श्रीमती अदिति बघमार, जनपद सदस्य श्रीमती उमा अनंत, सरपंच श्रीमती मानेश्वरी साहू सहित बड़ी संख्या में आमजन उपस्थित थे।
- बालोद. छत्तीसगढ़ शासन के आदेशानुसार वर्ष 2024-25 में कोदो, कुटकी एवं रागी की खरीदी 15 दिसम्बर से शुरू की जाएगी। जिला लघु वनोपज सहकारी संघ के प्रबंध संचालक एवं वनमण्डलाधिकारी श्री बीएस सरोटे ने बताया कि शासन द्वारा निर्धारित दर पर प्राथमिक लघु वनोपज सहकारी समितियों के अंतर्गत 12 संग्रहण केन्द्रों में महिला स्वसहायता समूहों के माध्यम से क्रय किया जाएगा। उन्होंने बताया कि कृषक इन केन्द्रों में 15 दिसम्बर 2024 से 15 फरवरी 2025 तक गुणवत्तायुक्त कोदो, कुटकी एवं रागी का विक्रय कर सकते हंै। उल्लेखनीय है कि शासन द्वारा वर्ष 2024-25 हेतु कोदो 32 रूपए प्रति किलोग्राम, कुटकी 33.50 रूपए प्रति किलोग्राम एवं रागी 42.90 रूपए प्रति किलोग्राम निर्धारित किया गया है। इसके साथ ही जिला यूनियन बालोद को कोदो 4000 क्विंटल, कुटकी 500 क्विंटल एवं रागी 1000 क्विटंल क्रय करने हेतु लक्ष्य प्रदान किया गया है। उन्होंने बताया कि कृषकों से प्रति एकड़ कोदो एवं रागी 3.50 क्टिवंटल तथा कुटकी 2 क्विंटल क्रय किया जाएगा। इसके साथ ही किसान अनाज खरीदी की अंतिम तिथि 15 फरवरी 2025 से पूर्व ही बी-1, बी-2 संग्रहण कार्ड, आधार कार्ड आवश्यक दस्तावेजों के साथ आना होगा। उन्होंने बताया कि कृषकों को अनाज से मिट्टी, पत्थर, कचरा अवांछनीय पदार्थ को साफ करके ही खरीदी केन्द्र लाना होगा।
-
बालोद/कलेक्टर श्री इन्द्रजीत सिंह चंद्रवाल के निर्देशानुसार जिला चिकित्सालय के सभाकक्ष में 100 दिवसीय निक्षय निरामय छत्तीसगढ़ अभियान के सबंध में एक दिवसीय कार्यशाला सह प्रशिक्षण किया गया। मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी ने बताया कि 100 दिवसीय निक्षय निरामय छत्तीसगढ़ अभियान की शुरूआत 07 दिसंबर 2024 से 24 मार्च 2025 तक चार चरणों में संपन्न किया जाएगा। कार्यक्रम की रूपरेखा के संबंध में जिला क्षय उन्मूलन अधिकारी डॉ. संजीव ग्लेड ने बताया कि 100 दिवसीय निक्षय निरामय छत्तीसगढ़ अभियान में टीबी, कुष्ठ शंकाप्रद एवं उच्च जोखिम समूहों वाले व्यक्तियों का चिन्हांकन करना, वयोवृध्द स्वास्थ्य परीक्षण व देखभाल, कार्यक्रम का प्रचार-प्रसार आदि गतिविधियां आयोजित की जाएगी। कार्यशाला में जिला चिकित्सालय के संबंधित अधिकारी एवं कर्मचारीगण उपस्थित थे।
-
हरा सोना संग्राहको के घर-परिवार की जरूरतें हो रही पूरी
तेंदूपत्ता पारिश्रमिक राशि मिल रहा है अब 5500 रूपये प्रति मानक बोराबालोद/ छत्तीसगढ़ के वनांचल में तेन्दूपत्ता को हरा सोना माना गया है, जो कि वनांचल के तेन्दूपत्ता संग्राहको की आय का प्रमुख स्रोत भी है। मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के सुशासन में तेंदूपत्ता संग्राहकों के आर्थिक स्थिति को मजबूत बनाने तथा उनकी आमदनी में बढ़ोतरी करने तेंदूपत्ता संग्रहण का पारिश्रमिक दर 4000 रूपये मानक बोरा से बढ़ाकर 5500 रूपये प्रति मानक बोरा किया है, जिसका लाभ तेंदूपत्ता संग्राहकों को मिल रहा है। इससे वनांचल में रहने वाले तेन्दूपत्ता संग्राहको में काफी खुशी है। बालोद जिले के डौण्डी विकासखण्ड के ग्राम सल्हाईटोला की श्रीमती रेखा भूआर्य ने बताया कि वह खेती-किसानी मजदूरी के साथ ही तेन्दूपत्ता सीजन में तेन्दूपत्ता संग्रहण का काम भी करती है। उसने बताया कि गर्मी के दिनों में तेन्दूपत्ता तोड़ाई और उसका बंडल बनाने में काफी समय और मेहनत लगता है जिसके पश्चात उसे खरीदी केन्द्र भी ले जाना पड़ता है। पहले हमारी इस मेहनत का हमें 4000 रूपये प्रति मानक बोरा के मान से राशि का भुगतान होता था। श्रीमती रेखा ने खुश होकर बताया कि मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय की सरकार ने हमारे जैसे तेन्दूपत्ता संग्राहकों की मेहनत को महत्व देते हुए तेन्दूपत्ता पारिश्रमिक राशि को 4000 रूपये से बढ़ाकर 5500 रूपये प्रति मानक बोरा किया है। श्रीमती रेखा भूआर्य ने बताया कि अब 5500 रूपये प्रति मानक बोरा की दर से राशि मिलने पर हम अपने बच्चों के बेहतर पढ़ाई लिखाई, घर की जरूरतों को पूरा करने तथा अपनी आर्थिक स्थिति मजबूत कर रहे है। उसने प्रसन्नता व्यक्त करते हुए कहा कि मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय ने हम वनांचल के रहवासियों की मेहनत को सम्मानित किया है। इसके लिए हम उनका बहुत-बहुत आभार व्यक्त करते है। -
छात्रावास अधीक्षकों को दिए आवश्यक दिशा-निर्देश
बालोद/कलेक्टर श्री इन्द्रजीत सिंह चन्द्रवाल ने कहा कि जिले के सभी छात्रावास एवं आश्रमों में बच्चों के सर्वांगीण विकास हेतु समुचित उपाय सुनिश्चित करें। कलेक्टर श्री चन्द्रवाल ने आज संयुक्त जिला कार्यालय सभाकक्ष में आदिवासी विकास विभाग अंतर्गत कार्यरत् छात्रावास अधीक्षकों की समीक्षा बैठक लेकर उक्ताशय के निर्देश उन्हें दिए है। बैठक में श्री चन्द्रवाल ने वर्ष 2024-25 में छात्रावास एवं आश्रमों के छात्र-छात्राओं के प्रवेश, दर्ज बच्चों की संख्या आदि की जानकारी ली। उन्होंने अधीक्षकों से छात्रावासों में शेष रह गए रिक्त सीटों को पूर्ण कराने के निर्देश भी दिए। कलेक्टर ने छात्रावास में छात्र-छात्राओं के नियमित स्वास्थ्य परीक्षण, निर्धारित मेन्यू के अनुसार नाश्ता तथा भोजन के बारे में जानकारी ली।कलेक्टर श्री चन्द्रवाल ने छात्रावास अधीक्षकों को छात्र-छात्राओं के सर्वांगीण विकास हेतु किए जा रहे उपाय के संबंध में जानकारी ली। उन्होंने छात्रावास में पढ़ाई-लिखाई के साथ-साथ खेल-कूद, गार्डनिंग, छात्रावास में स्वच्छता बनाए रखने आदि गतिविधियां आयोजित करने के निर्देश दिए। श्री चन्द्रवाल ने छात्रावास अधीक्षकों से शिष्यवृत्ति का ऑनलाईन भुगतान की वर्तमान स्थिति, सत्र 2024-25 में खाद्यान्न के आबंटन से उठाव की जानकारी, अभिलेखों का पूर्ण संधारण, कन्या छात्रावास एवं आश्रमों की विशेष निगरानी हेतु सीसीटीवी कैमरे एवं महिला होमगार्ड के संबंध में जानकारी ली। इस दौरान कलेक्टर श्री चन्द्रवाल ने सहायक आयुक्त एवं नोडल अधिकारियों को समय-समय पर छात्रावास का निरीक्षण कर व्यवस्थाओं का जायजा लेने के भी निर्देश दिए। बैठक में सहायक आयुक्त आदिवासी विकास श्री संजय चंदेल सहित छात्रावास अधीक्षकों के अलावा अन्य अधिकारीगण उपस्थित थे। -
बिलासपुर/कलेक्टर अवनीश शरण के निर्देश पर खनिज एवं राजस्व विभाग द्वारा खनिजो के अवैध उत्खनन, परिवहन पर लगातार कार्यवाही की जा रही है। दोनों विभाग की संयुक्त टीम ने 6 दिसंबर को ग्राम करहीकछार में अवैध रेत उत्खनन और परिवहन की शिकायत प्राप्त होने पर कार्रवाई की। जिसमें खनिज विभाग के द्वारा रेत परिवहन में संलिप्त पाये जाने पर 7 हाईवा वाहनों को जप्त कर बेलगहना थाने में पुलिस सुरक्षा में रखा गया है। राजस्व विभाग के द्वारा भी 4 हाईवा एवं 4 ट्रैक्टर को जप्त कर तहसील कार्यालय में सुरक्षार्थ रखा गया है। सभी मामलों में नियमानुसार प्रकरण दर्ज कर कार्रवाई की जा रही है। करहीकछार रेत खदान संचालक को भी नोटिस जारी की जा रही है। इसके अतिरिक्त खनिज अमला के द्वारा आज ही अवैध रेत परिवहन करते हुए घुटकु, कछार एवं पेण्डरवा क्षेत्र से 4 ट्रैक्टर को जप्त कर कोनी थाने में सुरक्षार्थ रखा गया है। खनिजों के अवैध उत्खनन,परिवहन,भण्डारण पर खनिज विभाग, राजस्व एवं पुलिस विभाग द्वारा संयुक्त कार्यवाही जारी है। वन विभाग के द्वारा भी वन क्षेत्र अंतर्गत अवैध खनिज उत्खनन, परिवहन के मामलों में नियमानुसार कठोर कार्रवाई की जा रही है।
- -मरवाही में सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र के लिए 3 करोड़ और जिला चिकित्सालय के लिए 35 करोड़ रूपए की घोषणा-43.10 करोड़ रुपए की लागत के 37 कार्यों का हुआ भूमिपूजन एवं लोकार्पणरायपुर। राज्य के स्वास्थ्य मंत्री श्री श्याम बिहारी जायसवाल ने आज जीपीएम जिले को 43 करोड़ 10 लाख 14 हजार रुपए की लागत के 37 विभिन्न विकास कार्यों का भूमि पूजन एवं लोकार्पण कार्यों की सौगात दी । इनमें भूमि पूजन के 32 करोड़ 38 लाख 10 हजार रुपए की लागत के 30 कार्य और 10 करोड़ 72 लाख 04 हजार रुपए की लागत के 7 लोकार्पण कार्य शामिल है। मरवाही विकासखंड के ग्राम पंचायत तेंदूमूड़ा में शासकीय पूर्व माध्यमिक शाला प्रांगण में प्रभारी मंत्री एवं अतिथियों ने पूजा अर्चना के साथ विधिवत् भूमि पूजन किया।इस मौके पर मंत्री श्री जायसवाल ने कहा कि मुझे यह बताते हुए खुशी हो रहा है कि आने वाले 13 दिसम्बर को मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय के सुशासन का एक साल पूरा हो रहा है। इस अल्प अवधि के दौरान प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी की गारंटी को पूरा करते हुए मुख्यमंत्री ने केबिनेट की पहली बैठक में 18 लाख आवासहीन परिवारों को आवास दिया। उन्होंने किसानों को दो साल का बकाया बोनस, 3100 रूपए क्विंटल की दर से प्रति एकड़ 21 क्विंटल धान खरीदी, महतारी वंदन योजना के तहत 70 लाख से अधिक महिलाओं को हर महिने एक-एक हजार रूपए देने, तेंदुपत्ता प्रति मानक बोरा 5500 रूपए करने, पीएससी घोटाले की निष्पक्ष जांच एवं पारदर्शी भर्ती, रोजगार के क्षेत्र में विशेष पहल, आयुष्मान कार्ड से 5 लाख रूपए तक मुफ्त इलाज सहित सरकार की पिछले एक साल की उपलब्धियों की जानकारी दी। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय जीरो टारलेंस की सरकार चला रहे हैं।जिले के प्रभारी मंत्री श्री जायसवाल ने कहा कि स्वास्थ्य मंत्री होने के नाते स्वास्थ्य सुविधाओं का विस्तार करना मेरा पहला दायित्व है। उन्होंने मरवाही में सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र के लिए 3 करोड़ रूपए और जिला चिकित्सालय के लिए 35 करोड़ रूपए प्रदान करने की घोषणा की। उन्होंने कहा कि जिलेवासियों के बेहतर उपचार के लिए पिछले एक साल के भीतर जिले में 12 विशेषज्ञ डॉक्टर की पदस्थापना की गई है।
-
*विभिन्न वार्डों में पहुंचकर सुविधाओं का लिया जायज़ा*
*मरीजों से मुलाकात कर जाना हालचाल*
*इलाज व भोजन की व्यवस्था को मरीजों ने बताया संतोषप्रद*
*मरीजों का पंजीयन और दवा वितरण कार्य को नजदीक से देखा*
बिलासपुर/ संभागायुक्त श्री महादेव कावरे ने आज छत्तीसगढ़ आयुर्विज्ञान संस्थान, (सिम्स)बिलासपुर का आकस्मिक निरीक्षण किया। उन्होंने सर्वप्रथम आपातकालीन विभाग, ट्राएज, एम.आर.डी., आयुष्मान कार्ड शाखा, परिजनों के शेड इत्यादि का निरीक्षण किया। एम.आर.डी. में पंजीयन की व्यवस्था, टोकन प्रदाय किये जाने. साफ-सफाई इत्यादि का सूक्ष्मता से निरीक्षण किया एवं पुरुष मेडिसीन वार्ड के निरीक्षण के दौरान मरीजों से चिकित्सकीय व्यवस्था, दवाईयों की उपलब्धता एवं चिकित्सालय से दिये जाने वाले भोजन की गुणवत्ता के बारे में जानकारी प्राप्त की। मरीजों के द्वारा उपरोक्त व्यवस्था को अच्छा एवं संतोषजनक बताया।
सिम्स के डीन डॉ. रमणेश मूर्ति, चिकित्सा अधीक्षक डॉ. लखन सिंह, डॉ. भूपेन्द्र कश्यप नोडल अधिकारी सिम्स एवं प्राध्यापक एवं विभागाध्यक्ष डॉ. अर्चना सिंह ने उन्हें चिकित्सालय का भ्रमण कराया। रेडियोलॉजी विभाग में एक्स-रे, सीटी स्केन, सोनोग्राफी मशीनों एवं एम.आर.आई. इत्यादि के संपादन व रिपोर्ट प्रदाय किये जाने की जानकारी ली एवं वहां उपस्थित मरीजों से भी उपलब्ध सुविधाओं के बारे में भी चर्चा की गई। मरीजों ने भी उपलब्ध सुविधाओं को संतोषजनक बताया। डॉ. अर्चना सिंह ने रेडियोलॉजी विभाग में प्रतिदिन यू.एस. जी. जांच 35-40, एक्सरे 210, सी.टी. स्केन 35-40 तथा एम.आर.आई. 10-12 जांच होना बताया।
सेम्पल कलेक्शन में मरीजों के सेम्पल लेने की प्रक्रिया को डॉ. प्रशांत निगम ने बताया। ब्लड बैंक में रक्तदान, संग्रहण एवं वर्तमान में उपलब्ध रक्त यूनिट की जानकारी दी गई। दंतरोग विभाग में ओ.पी.डी. तथा फैकल्टी से विभाग में किये जा रहे कार्यों की जानकारी ली गई। दंतरोग विभाग में 02 डेंटल चेयर एवं दो डेंटल टेक्नीशियन इत्यादि की आवश्यकता बताये जाने पर शीघ्र अनुमोदन प्रदान कर कार्यवाही किये जाने के निर्देश दिये। संभागायुक्त ने नियमित रूप से समय पर बायोमेट्रिक मशीन द्वारा उपस्थिति दर्ज कराने समस्त चिकित्सकों, अधिकारियों, कर्मचारियों को निर्देशित किया। श्री कावरे ने गैस मेनीफोल्ड एवं अपशिष्ट प्रबंधन की वर्तमान व्यवस्था का भी अवलोकन किया।
अधिष्ठाता तथा चिकित्सा अधीक्षक द्वारा जानकारी दी गई कि सिम्स चिकित्सालय में वर्तमान में कुल 830 बेड संचालित है। अस्पताल में प्रतिदिन ओ.पी.डी. संख्या लगभग 2000, प्रतिदिन आई.पी.डी. संख्या-180 से 190 एवं बेड ऑक्यूपेन्सी 85 से 90 प्रतिशत रहती है। महाविद्यालय में अधिष्ठाता डॉ. रमणेश मूर्ति ने स्वशासी समिति के गठन, शैक्षणिक गतिविधियों एवं स्नातकोत्तर सीटों जैसे रेडियोडायग्नोसिस टी.बी. व चेस्ट, कम्युनिटी मेडिसीन, कान, नाक, गला रोग विभाग, निश्चेतना विभाग, शिशुरोग विभाग में वृद्धि हेतु आयुक्त के प्रति धन्यवाद ज्ञापित किया। -
बीजापुर. बीजापुर जिले में संदिग्ध माओवादियों ने दो पूर्व सरपंचों का अपहरण कर उनकी हत्या कर दी। पुलिस अधिकारियों ने बृहस्पतिवार को यह जानकारी दी। पुलिस अधिकारियों ने बताया कि जिले के नैमेड़ और भैरमगढ़ थाना क्षेत्र में संदिग्ध माओवादियों ने पूर्व सरपंच सुखराम अवलम और सुकलु फरसा की अपहरण के बाद हत्या कर दी। सुखराम नैमेड़ थाना क्षेत्र के अंतर्गत कडेर गांव का तथा फरसा भैरमगढ़ थाना क्षेत्र के अंतर्गत बिरयाभूमि गांव का निवासी था। उन्होंने बताया कि कडेर गांव निवासी पूर्व सरपंच अवलम बीजापुर के शांतिनगर में निवास कर रहा था। बुधवार को वह खेती के काम से अपने गांव कडेर गया हुआ था। अधिकारियों ने बताया कि अलवल कडेर से अपने निजी कार्य के लिए करीब के गांव कैका गांव गया हुआ था। जब वह वहां से वापस अपने गांव कडेर लौट रहा था तब शाम लगभग साढे छह बजे दो अज्ञात व्यक्ति वहां पहुंचे और सुखराम को जंगल की ओर ले गए। उन्होंने बताया कि रात लगभग नौ बजे सुखराम की हत्या कर शव को कडेर-कैका मार्ग पर फेंक दिया गया। घटनास्थल से माओवादियों के गंगालूर एरिया कमेटी द्वारा जारी पर्चा बरामद किया गया है। अधिकारियों ने बताया कि इसी तरह की एक अन्य घटना में संदिग्ध माओवादियों ने पूर्व सरपंच सुकलु फरसा की अपहरण के बाद हत्या कर दी है। उन्होंने बताया कि माओवादियों ने सोमवार को बिरयाभूमि गांव के रास्ते में पूर्व सरपंच सुकलु फरसा का अपहरण कर लिया था। बुधवार को परिजन और बेटी यामिनी फरसा ने सोशल मीडिया में पिता को छोड़ने की अपील की थी। लेकिन बाद में फरसा का शव बरामद किया गया।
- रायपुर । मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय के सुशासन में रायपुर जिला प्रशासन द्वारा एक फोन काॅल पर समस्या का निराकरण हो रहा है। रिम्स हाॅस्पिटल में भर्ती मरीज त्रिलोकी वर्मा के भतीजे हेमराज वर्मा ने कलेक्टोरेट के जनसमस्या निवारण काॅल सेंटर में किया। श्री वर्मा ने काॅल सेंटर में फोन कर जानकारी दी कि उनके चाचा रिम्स हाॅस्पिटल में एडमिट हैं, उन्हें ब्लड चढ़ाने के लिए देरी की जा रही थी और अस्पताल प्रबंधन द्वारा भी रिस्पांस नहीं दिया जा रहा था। जिसके बाद श्री वर्मा ने काॅल सेंटर में काॅल कर पूरे मामले की जानकारी दी। इसके बाद तत्काल कार्रवाई प्रारंभ करते हुए अस्पताल प्रबंधन से मदद कराई गई और उन्हें तत्काल ब्लड चढ़ाया गया। समस्या का निराकरण होने पर मरीज के परिजन ने संतुष्टि जताई।
- -पारदर्शिता एवं निष्पक्षता और बेहतर प्रबंधन से कराएं स्थानीय निर्वाचन: कलेक्टर डाॅ. गौरव सिंह-नगरीय निकाय एवं त्रिस्तरीय पंचायत आम निर्वाचन 2024 की तैयारियां-रिटर्निंग एवं सहायक रिटर्निंग ऑफिसर की नियुक्तिरायपुर । कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी डाॅ. गौरव सिंह ने आज कलेक्टोरेट परिसर स्थित रेडक्रास सभाकक्ष में नगर पालिका एवं त्रिस्तरीय पंचायत के आम निर्वाचन 2024-25 की तैयारियों की समीक्षा बैठक ली। निर्वाचन कार्य के लिए रिटर्निंग आॅफिसर, सहायक रिटर्निंग ऑफिसर, नोडल एवं सहायक नोडल अधिकारियों की नियुक्ति की गई है। बैठक में रिटर्निंग ऑफिसर, सहायक रिटर्निंग आॅफिसर, नगरीय निकाय के लिए नोडल एवं सहायक नोडल अधिकारी शामिल हुए। कलेक्टर डाॅ. सिंह ने स्थानीय निर्वाचन की समीक्षा के दौरान कहा कि नगरीय निकाय एवं त्रिस्तरीय पंचायत आम निर्वाचन में सावधानियां बरतने के साथ गंभीरता बरतना बहुत ही आवश्यक है। कलेक्टर ने कहा कि रिटर्निंग एवं सहायक रिटर्निंग आॅफिसर दायित्व का निर्वहन बेहतर तरीके से करें। निर्वाचन संबंधी प्रशिक्षण बेहतर तरीके से लें। कलेक्टर डाॅ. सिंह ने कहा कि निर्वाचन ड्यूटी के दौरान प्रत्येक अधिकारी, कर्मचारी पारदर्शिता एवं निष्पक्षता के साथ निर्वाचन कराएं। कलेक्टर डाॅ. सिंह ने कहा कि निर्वाचन ड्यूटी में संलग्न अधिकारी बूथ का निरीक्षण करें। मतदान केंद्र में बिजली, पानी एवं बुनियादी सुविधाएं सुनिश्चित की जाएं। कलेक्टर डाॅ. सिंह ने कहा कि निर्वाचन कार्य के दौरान प्रत्येक अधिकारी एवं कर्मचारी सरलता एवं सहज व्यवहार रखें।इस अवसर पर नगर निगम आयुक्त श्री अबिनाश मिश्रा, जिला पंचायत सीईओ श्री विश्वदीप, अपर कलेक्टर श्री कीर्तिमान सिंह राठौर, उप जिला निर्वाचन अधिकारी श्री उमाशंकर बंदे समेत रिटर्निंग आॅफिसर, सहायक रिटर्निंग आॅफिसर, नोडल एवं सहायक नोडल अधिकारी उपस्थित थे।
- -मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय ने खाते में ट्रांसफर की राशि, पूरा हुआ निर्माण-नए पक्के मकान में गृहप्रवेश से राधा बाई और उनके परिवार में खुशियांरायपुर । एक वक्त था जब घर पर बारिश का पानी टपकता था, आंधी-तूफान आने पर छप्पर वाले घर पर रहने से चिंता सताती थी। दामाद और नाती आते थे, तो पक्के मकान और ठहरने की जगह नहीं होने पर दूसरे जगह में ठहराना पड़ता था, लेकिन अब सारी चिंताएं एक पल में दूर हो गई, जब मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय ने सरकार गठन के बाद राशि खाते में ट्रांसफर की तब। किश्त की राशि खाते में पहुंची और निर्माण कार्य पूरा कर लिया गया। यह कहना है आरंग ब्लाॅक के खमतराई गांव की निवासी श्रीमती राधा बाई साहू का।श्रीमती राधा बाई साहू कहती है कि प्रधानमंत्री आवास योजना के लिए आवेदन की। जिस दिन स्वीकृति मिली, उस दिन बहुत खुशी मिली। वे कहती हैं कि एक उम्मीद और एक सपना संजोए थे कि खुद का पक्का मकान कभी बनाना है, लेकिन प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी ने प्रधानमंत्री आवास योजना लेकर आए और हर गरीबों को अपना घर बनाने का सपना पूरा होने लगा है।श्रीमती साहू यह भी बताती है कि आवास निर्माण के लिए किश्त की राशि खाते में पहुंची और दो कमरे, हाॅल, कीचन बनाने में काफी मदद मिली। नए घर का फीता काटकर गृहप्रवेश करके भी बहुत खुशी मिल रही है। खुद का घर एक सपना ही था, लेकिन अब पूरा हो गया। इसके लिए प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी एवं मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय का धन्यवाद करते है।



.jpg)
.jpg)







.png)




.jpg)
.jpg)




.jpg)



.jpg)