- Home
- देश
-
पुणे. महाराष्ट्र के पुणे जिले में पुलिस ने एक परिवार के सात सदस्यों की मौत के मामले में पांच व्यक्तियों को हिरासत में लेने के साथ ही हत्या का एक मामला दर्ज किया गया है। सातों शव एक नदी में मिले थे। एक अधिकारी ने बुधवार को यह जानकारी दी। पुलिस ने बताया कि मृतकों में एक दंपति, उनकी बेटी-दामाद और तीन नाती-पोते शामिल हैं।
पुलिस ने बताया कि मृतकों की पहचान मोहन पवार (45), उनकी पत्नी संगीता मोहन (40), उनकी बेटी रानी फुलवारे (24), दामाद श्याम फुलवारे (28) और तीन से सात साल की आयु वाले तीन बच्चों के रूप में हुई है। अधिकारी ने बताया कि चार शव 18 जनवरी से 22 जनवरी के बीच मिले थे जबकि अन्य़ तीन शव मंगलवार को पुणे शहर से करीब 45 किलोंमीटर दूर दौंड तहसील के यवत गांव में भीमा नदी पर स्थित परगोन पुल के पास मिले थे। पुणे ग्रामीण पुलिस के एक अधिकारी ने बताया कि ''हमने सात लोगों की मौत के सिलसिले में पांच लोगों को हिरासत में लिया है और उनके खिलाफ भारतीय दंड संहिता की धारा 302 के तहत एक मामला दर्ज किया है।'' इससे पहले पुलिस ने बताया था कि, शव भीमा नदी की तलहटी में एक-दूसरे से 200 से 300 मीटर की दूरी पर मिले थे। पुलिस ने कहा था कि चार शवों का पोस्टमार्टम किया गया था। पुलिस के अनुसार पोस्टमार्टम रिपोर्ट में बताया गया था कि चारों की मौत डूबने की बजह से हुई। पुलिस ने कहा था कि मृतक मराठबाड़ा क्षेत्र के बीड़ और उस्मानाबाद जिलों के रहने वाले थे और मजदूरी करते थे। - नयी दिल्ली,। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के इस वर्ष के परीक्षा पे चर्चा कार्यक्रम में भाग लेने वाले 200 से अधिक छात्र एवं शिक्षक गणतंत्र दिवस परेड और ‘‘बीटिंग रिट्रीट'' समारोह भी देखेंगे। शिक्षा मंत्रालय के अधिकारियों ने बुधवार को यह जानकारी दीं उन्होंने बताया कि बृहस्पतिवार को 74वें गणतंत्र दिवस परेड के दौरान छात्रों एवं शिक्षकों को कर्तव्य पथ पर ‘‘इनक्लोजर'' संख्या 18 में बैठाया जाएगा। शिक्षा मंत्रालय के एक अधिकारी के अनुसार, कला उत्सव प्रतियोगिता के विजेताओं सहित 200 छात्र और परीक्षा पे चर्चा कार्यक्रम में भाग लेने वाले शिक्षक भी 26 जनवरी को गणतंत्र दिवस परेड और 29 जनवरी को ‘‘बीटिंग रिट्रीट'' कार्यक्रम देखेंगे। परीक्षा पे चर्चा एक वार्षिक कार्यक्रम है जिसमें प्रधानमंत्री आगामी बोर्ड परीक्षाओं में भाग लेने वाले विद्यार्थियों के साथ बातचीत करते हैं। प्रधानमंत्री परीक्षा के तनाव और अन्य मुद्दों से संबंधित सवालों के जवाब भी देते हैं। इस कार्यक्रम का छठा संस्करण 27 जनवरी को दिल्ली के तालकटोरा इनडोर स्टेडियम में आयोजित होगा। स्कूल व कॉलेज छात्रों के साथ प्रधानमंत्री के संवाद कार्यक्रम का पहला संस्करण 16 फरवरी, 2018 को स्टेडियम में आयोजित किया गया था। वार्षिक कार्यक्रम में भाग लेने के लिए पंजीकरण प्रक्रिया 25 नवंबर से 30 दिसंबर तक खुली थी।अधिकारी ने बताया कि परीक्षा पे चर्चा कार्यक्रम में भाग लेने वाले छात्रों को राजघाट, सदैव अटल, प्रधानमंत्री संग्रहालय, कर्तव्य पथ जैसे राष्ट्रीय महत्व के स्थानों पर भी ले जाया जाएगा ताकि वे देश की समृद्ध विरासत से परिचित हो सकें। file photo
- नयी दिल्ली। केंद्रीय अप्रत्यक्ष कर एवं सीमा शुल्क बोर्ड (सीबीआईसी) के 29 अधिकारियों और कर्मचारियों को ‘अनुकरणीय और दोषरहित प्रदर्शन' के लिए राष्ट्रपति पुरस्कार से सम्मानित किया जाएगा। वित्त मंत्रालय ने बुधवार को यह जानकारी दी। इस वर्ष चुने गए पुरस्कार विजेताओं में प्रमुख मुख्य आयुक्त, आयुक्त, अतिरिक्त महानिदेशक, निदेशक, अतिरिक्त निदेशक, संयुक्त आयुक्त, सहायक आयुक्त, मुख्य लेखा अधिकारी, अधीक्षक, वरिष्ठ आसूचना अधिकारी, निरीक्षक और अवर श्रेणी लिपिक के रूप में कई वर्षों में लगातार विभिन्न क्षमताओं में विभाग की सेवा करने वाले अधिकारी शामिल हैं। हर साल सीबीआईसी के अधिकारियों और कर्मचारियों को ‘जीवन के जोखिम पर प्रदान की गई असाधारण मेधावी सेवा' के लिए प्रशंसा प्रमाण पत्र और पदक के राष्ट्रपति पुरस्कार देने पर विचार किया जाता है। एक आधिकारिक बयान में कहा गया है, ‘इस साल 29 अधिकारियों/कर्मचारियों को सेवा के विशेष रूप से विशिष्ट रिकॉर्ड' के लिए प्रशंसा प्रमाण पत्र और पदक के लिए चुना गया है।' इन अधिकारियों का चयन वर्षों से सेवा के अपने संबंधित क्षेत्रों में उनके अनुकरणीय और त्रुटिहीन प्रदर्शन के आधार पर किया गया है। गणतंत्र दिवस की पूर्व संध्या पर राष्ट्रपति पुरस्कारों की घोषणा की गई।
- नयी दिल्ली। राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने बाबासाहेब आंबेडकर और अन्य विभूतियों द्वारा प्रस्तुत भविष्य के मानचित्र का जिक्र करते हुए कहा कि हम काफी हद तक उनकी उम्मीदों पर खरे उतरे भी हैं, लेकिन यह भी महसूस करते हैं कि गांधीजी के सर्वोदय के आदर्शों को प्राप्त करना, सभी का उत्थान किया जाना अभी बाकी है। राष्ट्रपति मुर्मू ने देश के 74वें गणतंत्र दिवस की पूर्व संध्या पर राष्ट्र के नाम संबोधन में यह बात कही। राष्ट्रपति ने कहा कि भारत विश्व की सबसे पुरानी और जीवंत सभ्यताओं में से एक है तथा उसे लोकतंत्र की जननी कहा जाता है, फिर भी हमारा आधुनिक गणतंत्र युवा है। स्वतंत्रता के प्रारंभिक वर्षों की चुनौतियों का जिक्र करते हुए राष्ट्रपति ने कहा कि बाबासाहेब आंबेडकर और अन्य विभूतियों ने हमें एक मानचित्र तथा एक नैतिक आधार प्रदान किया और उस राह पर चलने की जिम्मेदारी हम सब की है। उन्होंने कहा, ‘‘ हम काफी हद तक उनकी उम्मीदों पर खरे उतरे भी हैं लेकिन हम यह महसूस करते हैं कि गांधीजी के सर्वोदय के आदर्शों को प्राप्त करना अर्थात सभी का उत्थान किया जाना अभी बाकी है।'' राष्ट्रपति ने कहा कि हमने सभी क्षेत्रों में उत्साहवर्धक प्रगति हासिल की है तथा सर्वोदय के मिशन में आर्थिक मंच पर भी प्रगति सबसे अधिक उत्साहजनक रही है। उन्होंने कहा कि पिछले साल भारत दुनिया की पांचवीं सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था बन गया तथा यह उल्लेख करना जरूरी है कि यह उपलब्धि आर्थिक अनिश्चितता से भरी वैश्विक पृष्ठभूमि में प्राप्त की गई है। कोविड-19 के वैश्विक प्रभावों के संदर्भ में उन्होंने कहा कि वैश्विक महामारी चौथे वर्ष में प्रवेश कर चुकी है और दुनिया के अधिकांश हिस्सों में आर्थिक विकास पर इसका प्रभाव पड़ रहा है। राष्ट्रपति ने कहा कि शुरुआती दौर में कोविड-19 से भारत की अर्थव्यवस्था को काफी क्षति पहुंची, फिर भी सक्षम नेतृत्व और प्रभावशीलता के बल पर हम इससे बाहर आ गए और अपनी विकास यात्रा को फिर से शुरू किया। मुर्मू ने कहा, ‘‘अर्थव्यवस्था के अधिकांश क्षेत्र अब हमारी महामारी के प्रभाव से बाहर आ गए हैं। भारत तेजी से बढ़ती हुई अर्थव्यवस्थाओं में से एक है । यह सरकार द्वारा समय पर किए गए प्रयासों द्वारा ही संभव हो पाया है।'' उन्होंने कहा कि इस संदर्भ में आत्मनिर्भर भारत अभियान के प्रति जन सामान्य के बीच विशेष उत्साह देखा जा रहा है। सरकार की कल्याण योजनाओं का जिक्र करते हुए राष्ट्रपति ने कहा कि कई क्षेत्रों में विशेष प्रोत्साहन योजनाएं लागू की गई हैं और यह संतोष की बात है कि जो लोग हाशिए पर रह गए थे, उनका भी योजनाओं और कार्यक्रमों में समावेश किया गया है तथा कठिनाई में उनकी मदद की गई है। उन्होंने कहा कि मार्च 2020 में घोषित प्रधानमंत्री गरीब कल्याण योजना पर अमल करते हुए सरकार ने उस समय गरीब परिवारों के लिए खाद्य सुरक्षा सुनिश्चित की, जब हमारे देशवासी कोविड-19 की महामारी के कारण अकस्मात उत्पन्न हुए आर्थिक विरोध का सामना कर रहे थे। प्रधानमंत्री गरीब कल्याण योजनाओं का उल्लेख करते हुए राष्ट्रपति ने कहा कि इस सहायता की वजह से किसी को खाली पेट नहीं सोना पड़ा तथा गरीब परिवारों के हित को सर्वोपरि रखते हुए इस योजना की अवधि को बार बार बढ़ाया गया तथा लगभग 81 करोड़ देशवासी लाभान्वित होते रहे। उन्होंने कहा कि इस सहायता को आगे बढ़ाते हुए सरकार ने घोषणा की है कि वर्ष 2023 के दौरान सभी लाभार्थियों को उनका मासिक राशन मिलेगा । इस ऐतिहासिक कदम से सरकार ने कमजोर वर्गों के आर्थिक विकास के साथ उनकी देखभाल की जिम्मेदारी ली है। राष्ट्रपति ने कहा, ‘‘हमारी अर्थव्यवस्था का आधार सुदृढ़ होने के कारण ही हम उपयोगी प्रयासों को शुरू करने और उन्हें आगे बढ़ाने में सक्षम हो सके हैं। हमारा अंतिम लक्ष्य ऐसा वातावरण बनाना है जिससे सभी नागरिक व्यक्तिगत और सामूहिक रूप से अपनी वास्तविक क्षमताओं का उपयोग करें एवं उनका जीवन फले फूले।'' मुर्मू ने कहा कि गणतंत्र का एक और वर्ष बीत चुका है तथा एक नया वर्ष शुरू हो रहा है..यह अभूतपूर्व परिवर्तन का दौर रहा है महामारी के प्रकोप से दुनिया कुछ ही दिनों में बदल गई थी। उन्होंने कहा कि पिछले 3 वर्षों के दौरान जब भी हमें लगा कि हमने वायरस पर काबू पा लिया है तो वायरस फिर किसी विकृत रूप में वापस आ गया। उन्होंने कहा कि लेकिन अब इससे घबराने की कोई जरूरत नहीं है क्योंकि हमने यह समझ लिया है कि हमारा नेतृत्व कर रहे हमारे वैज्ञानिक और डॉक्टर, हमारे प्रशासक और कोरोना योद्धा.. वायरस से उत्पन्न किसी भी स्थिति से निपटने के लिए हर संभव प्रयास करेंगे । राष्ट्रपति ने कहा कि हमने यह भी सीखा है कि हम अपनी सुरक्षा में कभी कमी नहीं आने देंगे तथा सतर्क रहेंगे। मुर्मू ने कहा कि विकास और पर्यावरण के बीच संतुलन बनाए रखने के लिए हमें प्राचीन परंपराओं को नई दृष्टि से देखना होगा हमें अपनी मूलभूत प्राथमिकताओं पर भी पुनर्विचार करना होगा परंपरागत जीवन मूल्यों के वैज्ञानिक आयामों को समझना होगा। साथ ही उन्होंने कहा कि हमें एक बार फिर प्रकृति के प्रति सम्मान का भाव और अनंत ब्रह्मांड के सम्मुख विनम्रता का भाव जागृत करना होगा
- -मुलायम सिंह, जाकिर हुसैन समेत 6 हस्तियों को पद्म विभूषण, 9 को पद्म भूषण और 91 को पद्मश्री सम्माननई दिल्ली। गणतंत्र दिवस की पूर्व संध्या पर पद्म पुरस्कार विजेताओं के नामों का ऐलान कर दिया गया है। छत्तीसगढ़ से तीन कलाकारों को पद्मश्री के लिए चुना गया है। बालोद जिले के नाचा कलाकार डोमार सिंह कुंवर और कांकेर जिले के काष्ठ शिल्पी अजय कुमार मंडावी और दुर्ग की अंतरराष्ट्रीय पंथी व पंडवानी गायिका ऊषा बारले को यह सम्मान मिलेगा।पंडवानी गायिका ऊषा बारलेपंडवानी गायिका ऊषा बारले का 2 मई 1968 को भिलाई में जन्म हुआ। माता श्रीमती धनमत बाई पिता स्व. खाम सिंह जांगड़े है। विवाह अमरदास बारले के साथ बाल विवाह 1971 में हुआ। उन्होंने सात वर्ष की उम्र में गुरू मेहत्तरदास बघेलजी से पंडवानी गायन की शिक्षा ली। उन्होंने अपना पहला कार्यक्रम भिलाई खुर्सीपार में दिया। फिर धीरे-धीरे भिलाई स्टील प्लांट के सामुदायिक विभाग के लोक महोत्सव से 1975 में भाग लिया जो आज तक जारी है। पदम् विभूषण डा. तीजन बाई से प्रशिक्षण लिया। तपोभूमि गिरौदपुरी धाम में स्वर्ण पदक से 6 बार सम्मानित किया गया। उनकी अंतिम इच्छा है कि मंच पर पंडवानी गायन करते हुए उनके प्राण जाए। बता दें उनकी अपनी संस्था द्वारा सेक्टर 1 भिलाई में निश्शुल्क पंडवानी प्रशिक्षण दिया जाता है। छत्तीसगढ़ के अलावा न्यूयार्क, लंदन, जापान में भी पंडवानी गायन कर चुकी है।नाचा कलाकार डोमार सिंह कुंवर75 वर्षीय नाचा कलाकार डोमार सिंह कुंवर बालोद जिले के ग्राम लाटाबोड़ के रहने वाले हैं। उन्होंने पिछले पांच दशकों से नाचा की परंपरा को जीवित रखने के लिए अपना जीवन समर्पित कर दिया है। उनके नाटक की छत्तीसगढ़ सहित देशभर में 5,000 से अधिक प्रस्तुति हो चुकी है। वे अपने नाटकों के माध्यम से अंधविश्वास और बाल विवाह जैसी सामाजिक कुरीतियों को खत्म करने के बारे में जागरूकता फैलाते हैं। इस बेहतर कार्य के लिए राज्य शासन, संस्कृति विभाग व जिला प्रशासन सहित विभिन्न सामाजिक व सांस्कृतिक एवं धार्मिक संगठन कलाकार डोमार सिंह का सम्मान भी कर चुके हैं। उन्होंने 12 साल की उम्र में पहली बार मंच पर प्रस्तुति दी थी। तभी से नाचा व गम्मत की प्रस्तुति कर रहे है। वे नाचा गम्मत की प्रस्तुति के साथ ही 150 से ज्यादा प्रेरणाप्रद गीत भी लिख चुके हैं। इसके अलावा मन के बात मन म रहिगे जैसी तीन छत्तीसगढ़ी फिल्म का निर्माण और उसमें काम कर चुके हैं। इनके लिखे गाने की प्रस्तुति आकाशवाणी एवं नाचा का प्रसारण बीबीसी लंदन से भी प्रसारित हुआ था।काष्ठ शिल्पी अजय कुमार मंडावीवहीं, कांकेर जिले से सटे ग्राम गोविंदपुर निवासी काष्ठ शिल्पी अजय कुमार मंडावी का पूरा परिवार किसी न किसी कला से जुड़ा है। यूं कहें कि कला उन्हें विरासत में मिली। शिक्षक पिता आरपी मंडावी मिट्टी की मूर्तियां बनाते हैं जबकि मां सरोज मंडावी की रुचि पेंटिंग में है। भाई विजय मंडावी अच्छे अभिनेता व मंच संचालक हैं। मंडावी ऐसे कलाकार हैं, जो अपनी कला के जरिए देश के लिए नासूर बनी नक्सलवादी विचारधारा रखने वाले लोगों के विचारों में परिवर्तन ला रहे हैं। जिला जेल के करीब दो सौ ऐसे बंदियों को उन्होंने काष्ठ शिल्प में पारंगत किया है, जो कभी नक्सली थे। कई नक्सली अपनी सजा खत्म होने के बाद उनकी सिखाई कला की बदौलत ही आज समाज में सम्मान की जिंदगी जी रहे हैं। अजय ने कई धार्मिक ग्रंथों के साथ ही हरिवंशराय बधान की अमर कृति मधुशाला को भी काष्ठ पर जीवंत किया है। उनके पास कई अमूल्य कृतियां हैं। अजय की कलाकृति पर राज्य सरकार ने वर्ष 2006 में स्टेट अवार्ड प्रदान किया है।
- नयी दिल्ली । देश के 74वें गणतंत्र दिवस के अवसर पर कुल 901 पुलिस कर्मियों को पुलिस पदक से सम्मानित किया गया है। केंद्रीय गृह मंत्रालय ने बुधवार को यह जानकारी दी। इनमें 140 कर्मियों को वीरता के लिए पुलिस पदक (पीएमजी), 93 को राष्ट्रपति के पुलिस पदक (पीपीएम) और 668 को मेधावी सेवा (पीएम) के लिए पुलिस पदक से सम्मानित किया गया है। मंत्रालय के एक बयान में बताया गया कि 140 वीरता पुरस्कारों में से वामपंथी उग्रवाद प्रभावित क्षेत्रों के 80 कर्मियों और जम्मू-कश्मीर क्षेत्र के 45 कर्मियों को उनकी वीरतापूर्ण कार्रवाई के लिए पदक प्रदान किये गये। वीरता पुरस्कार प्राप्त करने वाले कर्मियों में, 48 केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल (सीआरपीएफ) से, 31 महाराष्ट्र पुलिस से, 25 जम्मू-कश्मीर पुलिस से, नौ झारखंड से और दिल्ली पुलिस, छत्तीसगढ़ पुलिस तथा सीमा सुरक्षा बल (बीएसएफ) से सात-सात कर्मी हैं। इनमें शेष अन्य राज्यों/केंद्रशासित प्रदेशों एवं सीएपीएफ के जवान हैं। पुलिस बलों के बीच वीरता पुरस्कारों की सर्वश्रेष्ठ श्रेणी के तहत आने वाला राष्ट्रपति का पुलिस वीरता पदक (पीपीएमजी) किसी कर्मी को प्रदान नहीं किया गया है। वीरता के लिए पुलिस पदक (पीएमजी) जीवन और संपत्ति को बचाने या अपराध को रोकने या अपराधियों को गिरफ्तार करने में विशिष्ट वीरता के आधार पर प्रदान किया जाता है। विशिष्ट सेवा के लिए राष्ट्रपति का पुलिस पदक (पीपीएम) पुलिस सेवा में विशेष विशिष्ट रिकॉर्ड के लिए प्रदान किया जाता है और मेधावी सेवा के लिए पुलिस पदक (पीएम) संसाधन और कर्तव्य के प्रति समर्पण की विशेषता वाली मूल्यवान सेवा के लिए प्रदान किया जाता है।
-
नयी दिल्ली. रक्षा मंत्री रजनाथ सिंह ने मंगलवार को कहा कि बेंगलुरु में आगामी ‘एयरो इंडिया-2023' प्रदर्शनी ना केवल हवाई (एयरोस्पेस) क्षेत्र में देश की बढ़ती ताकत का प्रदर्शन करेगी, बल्कि एक मजबूत और आत्मनिर्भर ‘नये भारत' के उदय को भी दर्शाएगी। ‘एयरो इंडिया' के 14वें संस्करण को एशिया की सबसे बड़ी एयरोस्पेस प्रदर्शनी के रूप में पेश किया जा रहा है। इसका आयोजन बेंगलुरु में 13 फरवरी से 17 फरवरी तक होगा। इस बड़ी प्रदर्शनी की तैयारियों की समीक्षा को लेकर आयोजित उच्च स्तरीय बैठक की अध्यक्षता करने के दौरान सिंह ने यह बयान दिया। अधिकारियों ने कहा कि इस कार्यक्रम में शामिल होने के लिए 731 प्रतिभागी पहले ही पंजीकरण करवा चुके हैं। रक्षा मंत्रालय ने कहा, ‘‘पांच दिवसीय कार्यक्रम की विषयवस्तु ‘एक अरब अवसरों का रनवे‘ (द रनवे टू ए बिलियन अपार्च्यूनिटीज) होगी। यह अब तक सबसे बड़ा एयरो शो होगा जिसे येलहंका वायुसेना अड्डे पर आयोजित किया जाएगा जो करीब 35000 वर्ग मीटर में फैला है।'' मंत्रालय ने बताया कि सिंह ने सभी पक्षकारों से अपील की कि प्रतिभागियों के लिए पुख्ता व्यवस्था सुनिश्चित की जाए। मंत्रालय की ओर से जारी बयान में कहा गया, ‘‘एयरो इंडिया-2023 केवल एक कार्यक्रम नहीं होगा, बल्कि यह रक्षा एवं हवाई क्षेत्र की बढ़ती ताकत और एक मजबूत और आत्मनिर्भर ‘नये भारत' के उदय को दर्शायेगा।
-
नयी दिल्ली. भारतीय पर्यटन विकास निगम (आईटीडीसी) ने आयुर्वेद और चिकित्सा की अन्य परंपरागत प्रणालियों के क्षेत्र में चिकित्सा पर्यटन या स्वास्थ्य पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए आयुष मंत्रालय के साथ समझौता किया है। एक बयान के मुताबिक इस समझौते के तहत आईटीडीसी ‘हील इन इंडिया-आयुर्वेद, योग और भारतीय परंपरागत चिकित्सा प्रणाली में स्वास्थ्य पर्यटन' को प्रोत्साहित करेगा। आईटीडीसी के बयान में कहा गया कि वह आयुष एवं पर्यटन मंत्रालय की सलाह से देश को चिकित्सकीय लिहाज से मूल्यवान यात्रा (मेडिकल वैल्यू ट्रैवल) के क्षेत्र में दुनिया का अव्वल गंतव्य बनायेगा। ‘मेडिकल वैल्यू ट्रैवल' को स्वास्थ्य पर्यटन या चिकित्सा पर्यटन के रूप में भी जाना जाता है। चिकित्सा पर्यटन को उस यात्रा के रूप में परिभाषित किया जाता है जिसका मकसद चिकित्सकीय सहायता से स्वास्थ्य सुधार और स्वास्थ्य का रख-रखाव है। समझौता ज्ञापन के तहत आईटीडीसी उसके द्वारा संचालित होटलों में आयुर्वेद और योग केंद्र स्थापित करने की संभावना तलाशेगा। यह समझौता आयुष मंत्रालय के विशेष सचिव प्रमोद कुमार पाठक, निदेशक एसआरके विद्यार्थी और वाणिज्य एवं मार्केटिंग निदेशक पीयूष तिवारी की उपस्थिति में हुआ।
-
इंदौर. मध्यप्रदेश के इंदौर के उच्च सुरक्षा इंतजामों वाले देवी अहिल्याबाई होलकर अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डा परिसर में एक अज्ञात व्यक्ति का नर कंकाल मिला है।
पुलिस के एक अधिकारी ने मंगलवार को यह जानकारी दी। एयरोड्रम थाने के प्रभारी संजय शुक्ला ने बताया कि हवाई अड्डे की चहारदीवारी के पास बिजली से जुड़े काम के दौरान एक कर्मचारी ने बरसात के पानी की निकासी के लिए बनाए गए गड्ढे में सोमवार रात नर कंकाल देखा और इसके बाद हवाई अड्डे के मुख्य सुरक्षा अधिकारी की ओर से पुलिस को इसकी सूचना दी गई। उन्होंने बताया, "पहली नजर में नर कंकाल के साल भर पुराना होने का अनुमान है। कंकाल के पास इसकी पहचान का कोई भी सुराग नहीं मिला है।" थाना प्रभारी ने बताया कि नर कंकाल को पोस्टमॉर्टम के लिए अस्पताल भेजा गया है। शुक्ला ने बताया कि हवाई अड्डा परिसर में जिस जगह नर कंकाल मिला है, वहां काफी झाड़-झंखाड़ हैं और इससे सटे इलाके में सियारों की आवा-जाही भी बनी रहती है। उन्होंने बताया कि नर कंकाल मिलने के मामले की विस्तृत जांच की जा रही है।
-
पुणे. महाराष्ट्र के पुणे जिले में नदी के किनारे तीन बच्चों सहित एक ही परिवार के सात सदस्यों के शव मिले हैं। पुलिस ने मंगलवार को यह जानकारी दी। पुलिस के एक अधिकारी ने प्रारंभिक सूचना का हवाला देते हुए कहा कि मरने वालों में एक बुजुर्ग दंपति, उनकी बेटी और दामाद तथा तीन नाती-नातिन शामिल हैं। पुणे शहर से करीब 45 किलोमीटर दूर दौंड तहसील के यवत गांव के बाहरी इलाके में भीमा नदी पर परगांव पुल के पास सोमवार को चार और मंगलवार को तीन लोगों के शव बरामद किए गए। पुलिस के एक निरीक्षक ने कहा, ‘‘मृत पाए गए सभी सात लोग एक ही परिवार के थे, जिनमें एक दंपति, उनकी बेटी और दामाद तथा उनके तीन नाति-नतिनी शामिल हैं। शव भीमा नदी के तल में एक दूसरे से करीब 200 से 300 मीटर की दूरी पर पाए गए थे। '' उन्होंने कहा कि शवों को बाहर निकाल लिया गया है जबकि मौत के कारणों और उसकी परिस्थितियों की जांच की जा रही है। पुलिस अधिकारी ने कहा, ‘‘ पुलिस आत्महत्या सहित सभी कोणों से इस मामले की जांच कर रही है। इस संबंध में अधिक जानकारी की प्रतीक्षा है।
-
शिमला. हिमाचल प्रदेश के शिमला और ऊना जिलों में तीन अलग-अलग हादसों में एक महिला और उसके बच्चे समेत पांच लोगों की मौत हो गई और छह अन्य लोग घायल हो गए। पुलिस ने मंगलवार को यह जानकारी दी। पुलिस ने बताया कि एक वाहन के शिमला के बाहर शोघी-मेहली बाईपास पर भोंग के निकट रविवार रात एक गहरी खाई में गिर जाने से पंजाब के तीन लोगों की मौत हो गई थी और एक अन्य व्यक्ति गंभीर रूप से घायल हो गया। उसने बताया कि मृतकों की पहचान पंजाब के भंगल निवासी कृष्णन (30) एवं अमर (18) और लुधियाना निवासी राजवीर (16) के रूप में की गई है। घायल हुए व्यक्ति की पहचान लखन के रूप की गई। उसे आईजीएमसी (इंदिरा गांधी मेडिकल कॉलेज एवं हॉस्पिटल) शिमला में भर्ती कराया गया है। इस बीच, पुलिस ने बताया कि ऊना जिले के नानाविन गांव में एक ट्रक और मोटरसाइकिल की मंगलवार सुबह टक्कर हो जाने के कारण एक महिला एवं उसके बच्चे की मौत हो गई। इस हादसे में एक अन्य व्यक्ति गंभीर रूप से घायल हो गया। उसने बताया कि मृतकों की पहचान पंजाब के राजपुरा की निवासी स्वर्णा कौर (33) और वंशप्रीत (छह) के रूप में की गई है। इस संबंध में मामला दर्ज कर लिया गया है। जिला आपदा अभियान केंद्र के अधिकारियों ने बताया कि ऊना में एक बस के सड़क से फिसल जाने के कारण चार लोग मामूली रूप से घायल हो गए और उन्हें एक क्षेत्रीय अस्पताल में चिकित्सकीय सहायता दी गई। पुलिस ने बताया कि शिमला जिले में हर साल दुर्घटनाओं में औसतन 190 से अधिक लोगों की मौत हो रही है।
-
नयी दिल्ली. विमानन नियामक डीजीसीए ने पिछले महीने एयर इंडिया की पेरिस-दिल्ली उड़ान में यात्रियों के खराब बर्ताव की दो घटनाओं के बारे में जानकारी नहीं देने पर एयरलाइन पर 10 लाख रुपये का जुर्माना लगाया है। नागर विमानन महानिदेशालय (डीजीसीए) ने मंगलवार को जारी एक बयान में कहा कि गत छह दिसंबर को एयर इंडिया की पेरिस-नयी दिल्ली उड़ान एआई-142 में यात्रियों के खराब आचरण की दो घटनाएं हुई थीं। लेकिन नियामक को इनकी जानकारी जनवरी में होने पर एयर इंडिया पर 10 लाख रुपये का जुर्माना लगाया जा रहा है। नियामक ने कहा कि इस उड़ान में सवार एक यात्री नशे की स्थिति में शौचालय में धूम्रपान करते हुए पाया गया था। उसी उड़ान में एक अन्य यात्री ने बगल की खाली सीट पर रखे कंबल पर कथित तौर पर पेशाब कर दिया था। उस समय बगल की सीट पर बैठी महिला यात्री शौचालय गई हुई थी। टाटा समूह की अगुवाई वाली एयर इंडिया पर एक हफ्ते से भी कम समय में दूसरी बार डीजीसीए ने जुर्माना लगाया है। पिछले हफ्ते भी विमानन नियामक ने एयरलाइन की न्यूयॉर्क-दिल्ली उड़ान के दौरान एक यात्री के महिला सहयात्री पर नशे की हालत में पेशाब करने की घटना में उसपर 30 लाख रुपये का जुर्माना लगाया था। इस तरह पिछले कुछ महीनों में एयर इंडिया की उड़ान के दौरान यात्रियों के पेशाब करने की यह दूसरी घटना है। इन दोनों ही मामलों में एयर इंडिया की तरफ से डीजीसीए को समय पर जानकारी नहीं दिए जाने की बात सामने आई है। डीजीसीए ने कहा, ‘‘एयर इंडिया पर इस मामले की जानकारी समय पर नहीं देने के लिए 10 लाख रुपये का जुर्माना लगाया गया है। एयरलाइन ने अपनी आंतरिक समिति को भी यह मामला सौंपने में देरी की थी जो नागर विमानन नियमों का उल्लंघन है।'' इस मामले में डीजीसीए ने जनवरी की शुरुआत में एयर इंडिया के जवाबदेही प्रबंधक को कारण बताओ नोटिस जारी कर पूछा था कि एयरलाइन के खिलाफ कार्रवाई क्यों न की जाए। इसपर एयर इंडिया ने 23 जनवरी को अपना जवाब सौंपा था। उसकी समीक्षा के बाद नियामक ने जुर्माना लगाने का फैसला किया है।
-
ठाणे. महाराष्ट्र के ठाणे शहर में एक स्कूटर के मंगलवार को एक पुल से नीचे गिर जाने के कारण उस पर सवार दो लोगों की मौत हो गई। एक अधिकारी ने यह जानकारी दी। ठाणे नगर निगम के क्षेत्रीय आपदा प्रबंधन प्रकोष्ठ के प्रमुख अविनाश सावंत ने बताया कि दुर्घटना कैसल मिल नाका के पास बने पुल पर तड़के करीब साढ़े तीन बजे हुई। उन्होंने बताया कि हादसे का शिकार हुए दोनों लोग माजीवाड़ा से ठाणे जा रहे थे। उन्होंने कहा कि स्कूटर चालक ने वाहन पर से नियंत्रण खो दिया था, जिसकी वजह से वाहन पुल की सुरक्षा दीवार से टकराने के बाद नीचे गिर गया। अधिकारी ने बताया कि स्कूटर पर सवार दोनों लोग गंभीर रूप से घायल हो गए और उन्हें ठाणे के सिविल अस्पताल ले जाया गया, जहां चिकित्सकों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। अधिकारी के मुताबिक, मृतकों की पहचान ठाणे शहर के लोकमान्य नगर निवासी प्रतीक विनोद मोरे (21) और उल्हासनगर शहर के राजेश बेचनप्रसाद गुप्ता (26) के रूप में हुई है। -
प्रतापगढ़ (उत्तर प्रदेश) .जिले के कोंहडौर क्षेत्र में लूट का विरोध करने पर एक दारोगा के माँ की कुल्हाड़ी से प्रहार करके हत्या करने के माले में आरोपी दो सगे भाइयों को मंगलवार शाम गिरफ्तार कर लिया गया। पुलिस अधीक्षक सतपाल अंतिल ने यहां बताया कि कोंहडौर थाना क्षेत्र के लौली पोख्ता खाम गांव में 23/24 जनवरी की दरम्यानी रात कानपुर में तैनात पुलिस उपनिरीक्षक मोहित सिंह यादव कि माँ रानी देवी उर्फ़ मंजू देवी (65) से बदमाशों ने लूट की कोशिश की थी। विरोध करने पर उनकी कुल्हाड़ी से प्रहार करके हत्या कर दी। उन्होंने बताया कि इस घटना के संबंध में पुलिस ने मृतका की बहू शिखा यादव की तहरीर पर गांव के ही रहने वाले दो सगे भाइयों आरोपी मनीराज यादव और आरोपी मनीषराज यादव तथा दो अज्ञात आरोपियों के खिलाफ हत्या का मुकदमा दर्ज किया था। अंतिल ने बताया कि नामजद दोनों आरोपियों को देर शाम लौली पोख्ता खाम गांव में गिरफ्तार कर उनकी निशानदेही पर हत्या में प्रयुक्त कुल्हाड़ी बरामद कर ली।
-
जयपुर. राजस्थान के टोंक जिले के देवली थाना क्षेत्र में मंगलवार को नहर में डूबने से तीन बच्चों की मौत हो गई। पुलिस ने बताया कि कल्याणपुरा ग्राम के गांवड़ी पंचायत में विद्यालय के पास बने एक गहरे नहर में डूबने से तीन बच्चों की मौत हो गईं। उन्होंने बताया कि दो बच्चियों के शवों को बाहर निकाल लिया गया है जबकि एक की तलाश की जा रही है। उन्होंने बताया कि तीनों बच्चियां 8 से 12 साल आयुवर्ग की हैं।
-
बसंती पंचमी पर जन-जन के आराध्य ठाकुर श्रीबांके बिहारी कमर में फेंटा बांधकर भक्तों के संग होली खेलेंगे। बांकेबिहारी मंदिर में श्रृंगार आरती दर्शनों के बाद भक्तों पर गुलाल लुटाया जाएगा। मंदिर में अबीर-गुलाल के बादल छाएंगे और देशभर से आने वाले भक्त अपने आराध्य के प्रसाद रूपी गुलाल में सराबोर होकर धन्य होंगे। इसी के साथ बसंती पंचमी से ब्रज की होली का भी शुभारंभ हो जाएगा।
मंदिर के सेवायत गोस्वामियों द्वारा चांदी के थालों में लाल, हरा, बसंती, गुलाबी और पीले रंग का गुलाल भक्तों पर डाला जाएगा। मंदिर के सेवायत शंशाक गोस्वामी ने बताया कि -बसंती पंचमी से ही श्रीबांकेबिहारी महाराज को कपोलों (गालों) पर गुलाल लगाकर और कमर में गुलाल का फेंटा बांधकर तैयार कर दिया जाता है।
ठाकुर बांकेबिहारी महाराज बसंती पोशाक धारण कर प्रतीकात्मक रूप से भक्तों संग गुलाल की होली खेलेंगे। उन्होंने बताया कि बसंती पंचमी से ही मंदिर में होली के गायन के साथ ही ब्रज में 40 दिन का होली उत्सव भी प्रारंभ हो जाता है, वहीं प्रसिद्ध शाहजी मंदिर में 26 जनवरी को बसंती पंचमी पर ठाकुर राधारमणलाल भक्तों को -बसंती कमरे में विराजमान होकर दर्शन देंगे। वर्ष में बसंती पंचमी के अवसर पर दो दिन और श्रावण मास के अंत में त्रयोदशी एवं चतुर्दशी को दो दिन खुलने वाले इस बसंती कमरे के दर्शन करने के लिए हजारों लोग आते हैं। विदेशी श्रद्धालु भी इस -बसंती कमरे की आभा देखने के लिए बड़ी संख्या में उमड़ते हैं। बसंती कमरे के दर्शनों की तैयारियों को अंतिम रूप दिया जा रहा है। कमरे की सजावट में चार चांद लगाने वाले प्राचीन झाड़ों की मरम्मत एवं साफ-सफाई कराई जा रही है। शाहजी मंदिर के प्रबंधक प्रशांत शाह ने बताया कि -बसंती कमरा 26 और 27 जनवरी को खुलेगा।
बसंती कमरे में ठाकुर राधारमणलाल जू को भव्य छप्पन भोग अर्पित किए जाएंगे। मंदिर में उमड़ने वाली श्रद्धालुओं की भीड़ को बेहतर माहौल उपलब्ध करने के साथ दिव्य दर्शन कराने के लिए सभी तैयारियां अंतिम दौर में चल रही हैं। इसी के साथ बसंतोत्सव मनाने के लिए वृंदावन के शिक्षण संस्थान और सामाजिक संस्थाओं ने भी विभिन्न तैयारियां शुरू कर दी हैं। -
नयी दिल्ली. महंगाई की वजह से हर कोई परेशान है। और इस दौर में बात पाकिस्तान की करें तो वहां लोग आटे के लिए भी तरस रहे हैं। लोगों के खाने के लाले पड़े हैं। आज की तारीख में अगर आप बैट्री रिक्शा लेकर एक किलोमीटर भी जाना चाहते हैं तो कम से कम 10 रुपये तो देने ही होंगे। ऐसे में आपको जानकर हैरानी होगी कि आजादी के तुरंत बाद अगर आपको अमृतसर से रावलपिंडी जाना हो तो केवल चार रुपये के किराए में ही पहुंच सकते हैं। 1947 का एक ट्रेन टिकट सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है।
टिकट रावलपिंडी से अमृतसर तक का है। इसपर अंग्रेजी भाषा में सारी डीटेल लिखी गई है। इस टिकट की कीमत केवल 36 रुपये 9 आने की है। टिकट भी थर्ड एसी का था। बता दें कि इन दिनों सोशल मीडिया पर पुराने बिल और टिकट वायरल हो रहे हैं। बीते दिनों एक शख्स ने 1987 का एक बिल पोस्ट किया था जिसके मुताबिक कोई शख्स 8 रुपये में शाही पनीर के मजे ले सकता था, वो भी बड़े रेस्टोरेंट में।
टिकट वाली पोस्ट को भी 16 हजार से ज्यादा लोग लाइक कर चुके हैं। इसके अलावा 4 हजार से ज्यादा लोगों ने शेयर किया है। तस्वीर पर लोग अपनी प्रतिक्रिया भी दे रहे हैं। एक यूजर ने लिखा, 'डॉ.साब यह बहुत ही दुर्लभ टिकट हैं,इसको अभी तक सम्हाल के रखना बहुत ही बड़ी बात है,यह तो म्यूजियम में रखने के लिए हैं,सभी इस धरोहर को देख सकें !' एक दूसरे यूजर ने लिखा, 'टिकट आज तक सहेज कर रखने वाले बहुत बहुत बधाई।बहुत महंगी थी रेल यात्रा उस समय,आज की अपेक्षा दैनिक मजदूरी 15 पैसा प्रति दिन के हिसाब से लगभग 27 दिन की मजदूरी के बराबर । -
भोपाल. मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान बुधवार को भोपाल में अक्षय पात्र फाउण्डेशन की प्रदेश की सबसे बड़ी रसोई का उद्घाटन करेंगे, जिसमें प्रतिदिन 50 हजार स्कूली बच्चों को प्रधानमंत्री पोषण कार्यक्रम के तहत प्रतिदिन मध्यान्ह भोजन परोसा जाएगा। फाउंडेशन के राष्ट्रीय अध्यक्ष (संचालन एवं परियोजना) भरतर्षभ दास ने मंगलवार का यहां पत्रकार वार्ता में बताया कि देश में कोई भी बच्चा भूख के कारण शिक्षा से वंचित ना रहे, इसी लक्ष्य को ध्यान में रखकर फाउंडेशन द्वारा कार्य किया जा रहा है और देशभर में फाउंडेशन की यह 66 वीं रसोई होगी। उन्होंने बताया कि उक्त रसोई के जरिए शासकीय स्कूलों के 50 हजार बच्चों को प्रतिदिन मध्यान भोजन उपलब्ध कराया जा सकेगा। अक्षय पात्र देश भर में 15 राज्यों में 20 हजार से अधिक विद्यालयों के करीब 22 लाख बच्चों को भोजन उपलब्ध कराता है। दास ने बताया कि अक्षय पात्र की रसोई में मशीनों के जरिए रोटी, सब्जी, दाल व चावल तैयार किए जाते हैं। उन्होंने बताया कि भोपाल में करीब 150 कर्मचारी प्रतिदिन भोजन बनाने के कार्य में जुटेंगे।
-
नई दिल्ली। उच्चतम न्यायालय ने कल इच्छामृत्यु के बारे में अपने 2018 के आदेश में संशोधन किया है। न्यायालय ने मरणासन्न रोगियों से लाइफ सपोर्ट हटाने की प्रक्रिया को रोगियों, उनके परिवारों और डॉक्टरों के लिए कम बोझिल बनाने का प्रावधान किया है। उच्चतम न्यायालय ने उस शर्त को हटा दिया जिसमें एक गंभीर रूप से बीमार व्यक्ति को लाइफ स्पोर्ट से हटाने के लिए मजिस्ट्रेट की स्वीकृति अनिवार्य थी। न्यायमूर्ति के.एम. जोसेफ की अध्यक्षता वाली पांच-न्यायाधीशों की संविधान पीठ ने कहा कि दस्तावेज़ पर अब "लिविंग विल" पर दो साक्ष्यों की उपस्थिति में हस्ताक्षर किए जाएंगे। पीठ ने यह भी कहा कि गवाह और नोटरी इस बात की तसल्ली करेंगे कि दस्तावेज़ को स्वेच्छा से और बिना किसी दबाव या प्रलोभन या मजबूरी के और सभी की पूरी समझ के साथ निष्पादित किया गया है। अग्रिम निर्देश के रूप में लिविंग विल एक कानूनी दस्तावेज है जो एक व्यक्ति अपनी इच्छाओं को व्यक्त करने में असमर्थ होने की स्थिति में करना चाहता है या नहीं करना चाहता है। इच्छामृत्यु, दर्द या पीड़ा खत्म करने के लिए जानबूझकर किसी व्यक्ति का जीवन समाप्त करने की प्रक्रिया है।
-
नई दिल्ली। सरकार ने संसद के बजट सत्र से पूर्व 30 जनवरी को सर्वदलीय बैठक बुलाई है। यह बैठक संसद परिसर में दोपहर 12 बजे से होगी। संसद का बजट सत्र 31 जनवरी से शुरू होगा। सत्र की शुरूआत राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु के सेंट्रल हॉल में लोकसभा और राज्यसभा के संयुक्त संबोधन से होगा। सत्र के पहले दिन आर्थिक सर्वेक्षण दोनों सदनों में रखा जायेगा। आम बजट पहली फरवरी को पेश किया जायेगा। बजट सत्र 6 अप्रैल तक चलेगा। इस दौरान 66 दिनों में 27 बैठकें होंगी। सत्र का पहला भाग 14 फरवरी तक होगा। दूसरा भाग 13 मार्च से शुरू होगा।
-
नई दिल्ली। राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु 74वें गणतंत्र दिवस की पूर्व संध्या पर आज राष्ट्र को संबोधित करेंगी। इसका प्रसारण शाम सात बजे से आकाशवाणी के संपूर्ण राष्ट्रीय नेटवर्क पर किया जायेगा। दूरदर्शन पर इसका प्रसारण पहले हिन्दी में और बाद में अंग्रेजी भाषा में होगा। इसके बाद क्षेत्रीय भाषाओं में भी इसका प्रसारण किया जायेगा। आकाशवाणी पर रात साढ़े नौ बजे से क्षेत्रीय भाषाओं में राष्ट्रपति के संबोधन का प्रसारण किया जायेगा।
-
नई दिल्ली । केंद्र सरकार स्वास्थ्य संबंधी जरूरतों पर अधिक केन्द्रित होकर आपदा की स्थिति में इसके प्रबंधन की क्षमता मजबूत करने के लिये प्रतिबद्ध है। केन्द्रीय स्वास्थ्य मंत्री डॉ. मनसुख मांडविया ने नई दिल्ली में राष्ट्रीय आपात चिकित्सा दल के उद्घाटन सत्र को संबोधित करते हुए यह बात कही। उन्होंने कहा कि इस पहल से देश में और यहां रहने वाले समुदायों को आपदा से निपटने में मदद मिलेगी। उन्होंने यह भी कहा कि आपात चिकित्सा दल के क्षमता निर्माण, मानकीकरण और राष्ट्रीय तथा राज्य आपात चिकित्सा दलों की कार्यसूची तैयार करने से काफी मदद मिलेगी, और उन्हें किसी भी हादसे की स्थिति में घटनास्थल पर कार्रवाई के लिए तेजी से तैनात किया जा सकेगा।
-
नई दिल्ली । मिस्र के राष्ट्रपति अब्देल फतेह अल-सिसि आज से भारत की तीन दिन की यात्रा पर नई दिल्ली पहुंचेंगे। राष्ट्रपति सिसि भारत के 74वें गणतंत्र दिवस समारोह के मुख्य अतिथि होंगे। उनके साथ पांच मंत्रियों और वरिष्ठ अधिकारियों सहित एक उच्चस्तरीय शिष्टमंडल भी आ रहा है। मिस्र के राष्ट्रपति को गणतंत्र दिवस पर मुख्य अतिथि के रूप में पहली बार आमंत्रित किया गया है। मिस्र की सेना का एक सैन्य दल भी गणतंत्र दिवस परेड में भागीदारी करेगा। इससे पहले मिस्र के राष्ट्रपति अक्तूबर 2015 में तीसरे भारत-अफ्रीका मंच शिखर सम्मेलन में भागीदारी करने और सितम्बर 2016 में भारत के राजकीय दौरे पर आये थे। भारत और मिस्र इस वर्ष अपने राजनयिक संबंधों की स्थापना का 75वां वर्ष मना रहा है। 2022-23 में जी-20 में भारत की अध्यक्षता के दौरान मिस्र को एक 'अतिथि देश' के रूप में आमंत्रित किया गया है।
राष्ट्रपति सिसि का राष्ट्रपति भवन में कल भव्य स्वागत किया जाएगा। राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु शाम को यात्रा पर आये राष्ट्राध्यक्ष के सम्मान में राजकीय भोज की मेजबानी करेंगी। राष्ट्रपति सिसि द्विपक्षीय, क्षेत्रीय और आपसी हितों के वैश्विक मुद्दों पर प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के साथ शिष्टमंडल स्तर की वार्ता और एक द्विपक्षीय बैठक करेंगे। विदेश मंत्री डॉक्टर सुब्रह्मण्यम जयशंकर राष्ट्रपति सिसि से मुलाकात करेंगे। राष्ट्रपति सिसि अपनी यात्रा के दौरान एक व्यवसायिक कार्यक्रम में भारत के व्यवसायिक समुदाय के साथ भी बातचीत करेंगे। -
भोपाल | मध्य प्रदेश में 19 नगरीय निकायों के चुनाव के नतीजे सोमवार को घोषित किये गये जिनमें 183 पार्षद पदों पर भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के प्रत्याशियों ने जीत दर्ज की जबकि 143 वार्डों में कांग्रेस विजयी हुई है। प्रदेश के 19 नगरीय निकायों में से भाजपा ने 11 और कांग्रेस ने आठ निकायों में बहुमत हासिल किया है। कांग्रेस के वरिष्ठ नेता और राज्यसभा सांसद दिग्विजय सिंह के गृह क्षेत्र राघोगढ़ नगर परिषद सहित 19 शहरी निकायों के कुल 343 वार्डो में चुनाव हुए थे। राज्य चुनाव आयोग के सचिव राकेश सिंह के अनुसार पांच जिलों में 19 नगरीय निकायों के तहत 343 पार्षद पदों में से 183 पर भाजपा ने जबकि 143 पर कांग्रेस ने जीत दर्ज की। उन्होंने कहा कि राघोगढ़ नगर परिषद में कांग्रेस ने 16 और भाजपा ने आठ वार्डो में जीत हासिल की।
प्रदेश के 19 नगरीय निकायों में से भाजपा ने 11 और कांग्रेस ने आठ निकायों में बहुमत हासिल किया है।इन नगरीय निकायों के लिए शुक्रवार को मतदान हुआ था। - जयपुर| लेखिका नीलांजना भौमिक मुंबई की लोकल में अपनी यात्राओं के दौरान महिलाओं को सब्जियां काटते और आटा गूंधते देखती हैं और पाती हैं कि वे भी पूरा दिन अपने-अपने दफ्तरों में काम करने के बाद घर के कामकाज भी करने को मजबूर हैं। उस वक्त ‘लाइज आवर मदर्स टोल्ड अस : द इंडियन वूमन्स बर्डन' की लेखिका को महसूस हुआ कि इन महिलाओं के पास घरेलू सहायिका रखने का या फिर घर के इन कामों से इंकार करने का कोई विकल्प नहीं है, क्योंकि ना कहने की यह क्षमता ‘विशेषाधिकार' के स्थान से आती है। भौमिक ने कहा, ‘‘जब हम कहते हैं कि कोई हमसे यह बोझ उठाने को नहीं कह रहा है, हम यह अपनी मर्जी से कह रहे हैं, हम यह बात बेहद विशेषाधिकार वाले दृष्टिकोण के आधार पर कह रहे हैं। हमारे पास विकल्प है, लेकिन भारत में ज्यादातर महिलाओं के पास विकल्प नहीं है। वे ना नहीं कह सकती हैं, वह नहीं कह सकती हैं कि मैं अपनी नौकरी छोड़कर पति के पीछे-पीछे देशभर नहीं घूमना चाहती हूं।'' वह जयपुर लिटरेचर फेस्टिवल के अंतिम दिन आयोजित सत्र में बोल रही थीं।उन्होंने कहा, ‘‘मेरी मां ने भी ट्रेन से यात्रा की है, वह पुलिसकर्मी थीं, लेकिन मुझे पता था कि मेरी मां ऐसा नहीं करेंगी। यही वह स्थिति है, जहां विशेषाधिकार आता है। हमने समावेशीकरण कर दिया है कि हमारे पास सबकुछ है, हमें यह सबकुछ करना चाहिए। लेकिन देश की ज्यादातर महिलाओं के लिए यह विकल्प नहीं है।'' संयुक्त राष्ट्र महिला, भारत की देश की उपप्रतिनिधि कांता सिंह के साथ इस सत्र में भौमिक ने देश में बेटी पर बेटे को प्राथमिकता देने पर भी बातचीत की। भौमिक ने कहा कि माता-पिता के बीच यह सामान्य है कि वे बेटी पर बेटे को प्राथमिकता देते हैं, और इससे महिलाओं के मानसिक स्वास्थ्य पर कुप्रभाव पड़ रहा है।


.jpg)
.jpg)























