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- गुवाहाटी। असम के जाने-माने साहित्यकार लक्ष्मीनंदन बोरा का कोविड के बाद उत्पन्न स्वास्थ्य संबंधी जटिलताओं के चलते गुवाहाटी के एक निजी अस्पताल में गुरुवार को निधन हो गया। चिकित्सकों ने यह जानकारी दी। बोरा 89 वर्ष के थे। उनके परिवार में पत्नी, दो बेटे और एक बेटी है।पद्मश्री से सम्मानित बोरा के संक्रमित होने की पुष्टि 20 मई को हुई और उन्हें अस्पताल में भर्ती करवाया गया था। वह कोविड-19 से उबर गए थे, लेकिन स्वास्थ्य संबंधी अन्य समस्याओं से पीडि़त थे तथा उनका उपचार चल रहा था। उन्होंने 60 से अधिक किताबें लिखी जिनमें अधिकांश उपन्यास और लघु कहानियों के संकलन हैं। उनका पहला उपन्यास 'गंगा सिलोनिर पाखी' का 11 भाषाओं में अनुवाद हुआ तथा 1976 में इस पर फिल्म भी बनी। साहित्य अकादमी पुरस्कार विजेता बोरा असम साहित्य सभा के अध्यक्ष रह चुके थे।उन्हें सरस्वती सम्मान और असम वैली लिटरेरी अवॉर्ड से भी सम्मानित किया गया था। मुख्यमंत्री हिमंत बिस्व सरमा ने बोरा के निधन पर शोक जताया। उन्होंने कहा कि साहित्यकार की अंत्येष्टि पूरे राजकीय सम्मान के साथ की जाएगी।
- नई दिल्ली। मंत्रिमंडल के आदर्श किरायेदारी कानून के मसौदे को बुधवार को हरी झंडी देने के बाद अगर राज्य आने वाले समय में इस कानून को ज्यों का त्यों लागू करते हैं तो इससे निजी क्षेत्र किराये के मकसद से आवासीय परियोजनाएं विकसित करने के लिये प्रेरित होंगे। साथ ही डेवलपर खाली पड़े फ्लैट को किराये में उपयोग के लिये प्रोत्साहित होंगे। उद्योग विशेषज्ञों ने यह बात कही।केंद्रीय मंत्रिमंडल ने मॉडल किरायेदारी कानून को मंजूरी दे दी है। इस कदम से देश में किराये के मकान के संबंध में कानूनी ढांचे को दुरूस्त करने में मदद मिलेगी जिससे आगे इस क्षेत्र के विकास का रास्ता खुलेगा। कानून के तहत सभी नये किरायेदारी को लेकर लिखित समझौते को अनिवार्य किया गया है जिसे संबंधित जिला किराया प्राधिकरण के पास जमा करने की जरूरत होगी। उद्योग के अनुमान के अनुसार देश भर में 1.1 करोड़ से अधिक मकान खाली पड़े हैं और विशेषज्ञों को भरोसा है कि नये कानून से ये मकान किराया बाजार में आएंगे तथा इससे आवास की कमी दूर होगी। उद्योग विशेषज्ञों के अनुसार मॉडल कानून में किराया वृद्धि में किरायेदारों को तीन महीने का नोटिस तथा रिहायशी संपत्ति के मामले में केवल दो महीने की सुरक्षा जमा राशि के प्रावधान किये गये हैं। इस बारे में नारेडको के अध्यक्ष निरंजन हीरानंदानी ने कहा, ''एक नए कानून की आवश्यकता थी। यह सभी संबद्ध पक्षों - किरायेदारों, मकान मालिकों और निवेशकों - के लिए किराये के आवास के संदर्भ में लेनदेन और सौदे को आसान बनाएगा।'' उन्होंने कहा कि मॉडल कानून से खाली पड़े मकानों को किराये पर देने के लिये लोग प्रेरित होंगे।एनारॉक के चेयरमैन अनुज पुरी ने कहा कि नया कानून किरायेदारों और मकान मालिकों के बीच उनके दायित्वों को स्पष्ट कर विश्वास की कमी को पाटने में मदद करेगा। अंतत: देश भर में खाली मकानों को संबंधित पक्ष किराये पर देने के लिये प्रोत्साहित होगा। बेंगलुरु स्थित नोब्रोकर के सीईओ और सह-संस्थापक अमित अग्रवाल ने कहा कि किराया बाजार के असंगठित से संगठित बाजार होने से किरायेदारों के साथ-साथ मकान मालिकों के हितों की रक्षा होगी। रियल एस्टेट विशेषज्ञ और जेएलएल इंडिया के पूर्व सीईओ रमेश नायर ने कहा कि यह अधिनियम झुग्गियों को कम करने में मदद करेगा और अगर अच्छी तरह से लागू किया गया तो देश में आवास की गुणवत्ता में भी सुधार होगा।
- आगरा। आगरा पुलिस ने नकली मोबिल ऑयल बनाने वाली एक फैक्ट्री का भंडाफोड़ करते हुए 12 आरोपियों को गिरफ्तार किया है। इसके साथ ही पुलिस ने बड़ी मात्रा में नकली मोबिल आयल व कई उपकरण भी बरामद किए हैं।खंदौली पुलिस ने मुखबिर से प्राप्त सूचना के आधार पर कार्रवाई करते हुए बुधवार को फैक्ट्री पर छापा मारा। थाना खंदौली के निरीक्षक अरविंद कुमार ने बताया कि पुलिस टीम द्वारा पूछताछ करने पर पता लगा कि यह फैक्ट्री फरार आरोपी शारिक संचालित करता है। पुलिस ने मौके से बड़ी मात्रा में नकली मोबिल ऑयल भी बरामद किया है। उन्होंने बताया कि फरार आरोपियों की तलाश की जा रही है। इस मामले में कुल 12 लोगों को गिरफ्तार किया गया है।
- नई दिल्ली। देश ने कोविड-19 टीकाकरण अभियान में एक अहम लक्ष्य हासिल किया है और केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय की बुधवार शाम तक की रिपोर्ट के अनुसार अब तक टीके की 22 करोड़ से अधिक खुराक लगायी गयी हैं।मंत्रालय ने बताया कि बुधवार को 18-44 साल आयु वर्ग के 11 लाख 37 हजार 597 लोगों को टीके की पहली खुराक दी गयी जबकि 19 हजार 523 को दूसरी खुराक लगायी गयी। मंत्रालय ने बताया कि देश में टीकाकरण के तीसरे चरण की शुरुआत से अब तक 37 राज्यों एवं केंद्रशासित प्रदेशों में 2 करोड़ 25 लाख 40 हजार 803 लोगों ने कोविड-19 टीके की पहली खुराक और 59 हजार 052 लोगों ने दूसरी खुराक ले ली है। उसने कहा कि बिहार, दिल्ली, गुजरात, हरियाणा, कर्नाटक, मध्य प्रदेश, महाराष्ट्र, राजस्थान, तमिलनाडु, उत्तर प्रदेश और पश्चिम बंगाल में 18-44 साल के 10 लाख से अधिक लोगों को कोविड-19 टीके की पहली खुराक लगा दी गयी है।मंत्रालय ने कहा कि बुधवार शाम सात बजे तक की अंतिरम रिपोर्ट के अनुसार देश में अब तक कोविड की 22 करोड़ 08 लाख 62 हजार 449 खुराक लगायी जा चुकी हैं। इनमें 99 लाख 11 हजार 519 स्वास्थ्यकर्मियों को पहली खुराक 68 लाख 14 हजार 165 स्वास्थ्यकर्मियों को दूसरी खुराक, 1 करोड़ 58 लाख 39 हजार 812 अग्रिम मोर्चा कर्मियों को पहली खुराक और 85 लाख 76 हजार 750 अग्रिम मोर्चा कर्मियों को दूसरी खुराक लगायी गयी। मंत्रालय के अनुसार 18-44 साल की उम्र के 22 करोड़ 5 लाख 40 हजार 803 लोगों को कोविड-19 टीके की पहली खुराक और 59 हजार 52 लोगों को दूसरी खुराक दी गयी है। इसके अलावा 45-60 साल उम्र के 6 करोड़ 78 लाख 25 हजार 793 को पहली खुराक और 1 करोड़ 09 हजार 67 हजार 786 को दूसरी खुराक दी गयी है तथा 60 साल से अधिक उम्र के 5 करोड़ 93 लाख 85 हजार 071 लोगों को पहली खुराक और 1 करोड़ 89 लाख 41 हजार 698 को दूसरी खुराक लगायी जा चुकी है।
- रामगढ़ (झारखंड)। झारखंड के रामगढ़ में गेल कंपनी की पाइपलाइन परियोजना में कार्यरत दो निजी सुरक्षाकर्मियों के तीन मई को हुए अपहरण मामले में पुलिस ने बुधवार को आठ अपराधियों को गिरफ्तार कर लिया। रामगढ़ के पुलिस अधीक्षक प्रभात कुमार ने एक संवाददाता सम्मेलन में यह जानकारी दी।उन्होंने बताया कि रामगढ़ से बोकारो के बीच बिछायी जा रही गैस पाइपलाइन परियोजना की सुरक्षा में तैनात दो सुरक्षाकर्मियों को अपराधियों ने तीन मई को अगवा कर लिया था जिनमें से एक को एक दिन बाद और दूसरे को पुलिस के दबाव में 19 दिनों बाद 22 मई को रिहा किया गया था। इन सुरक्षाकर्मियों का अपहरण करने वाले गिरोह के आठ सदस्यों को हथियार समेत पुलिस ने रामगढ़ के गोला थाना क्षेत्र से भैरवी नदी के किनारे जंगल से धर दबोचा। उन्होंने बताया कि छापेमारी के दौरान गिरोह के सात अन्य सदस्य भागने में सफल रहे। उन्होंने दावा किया इन सब को भी पकड़े गये आरोपियों की निशानदेही पर बहुत जल्द धर दबोचा जायेगा। पकड़े गये आरोपियों के पास से पुलिस ने दो देसी पिस्तौल, कारतूस, तीन धारदार हथियार, दो मोटरसाइकिल एवं सात मोबाइल फोन बरामद किये हैं। आरोपियों की शिनाख्त बीरचंद माझी, बिनोद मांझी, सोमारा उर्फ गाछू मांझी, निरंजन मुर्मू उर्फ नीरा मुर्मू, शिव मांझी, सुरेन्द्र माझी, बेनीराम माझी और गौतम माझी के रूप में की गयी है। ये सभी पिपरंजरा गांव के बंडाटोला के रहने वाले हैं।
- चंडीगढ़। जननायक जनता पार्टी (जजपा) के वरिष्ठ नेता और पूर्व विधायक पूरण सिंह डाबरा का बुधवार को गुड़गांव के एक अस्पताल में कोविड-19 संक्रमण से निधन हो गया। वह 75 साल के थे। पार्टी के एक बयान के अनुसार जजपा महासचिव डाबरा ने बुधवार को अंतिम सांस ली।पार्टी अध्यक्ष अजय सिंह चौटाला समेत वरिष्ठ जेजेपी नेताओं ने डाबरा के निधन पर शोक प्रकट किया।चौटाला ने उन्हें परिश्रमी और समर्पित नेता करार देते हुए कहा, ‘‘पूरण सिंह डाबरा जी के निधन से बड़ा दुख हुआ।'' कांग्रेस महासचिव रणदीप सिंह सुरजेवाल ने भी डाबरा के निधन पर दुख व्यक्त किया।उन्होंने उन्हें ‘किसानों की आवाज' करार दिया जो उनके समर्थन में सदैव खड़े रहते थे। डाबरा 2000 से 2005 तक विधायक थे और वह 2019 के हरियाणा विधानसभा चुनाव से पहले इंडियन नेशनल लोकदल छोड़कर जेजेपी में चले गये थे।
- नई दिल्ली। बागवानी फसलों के जरिए किसानों को लाभ पहुंचाने के लिए सरकार प्रयासरत है, हाल ही में कटहल, लीची जैसी फसलों का निर्यात होने के बाद अब बारी फलों के राजा आम की है। गिर का प्रसिद्ध केसर आम का स्वाद गुजरात और भारत के अलावा दुनिया के कई देशों में पहले भी चखा जा चुका है। कोरोना महामारी के बावजूद दुनिया में केसर आम के प्रति आकर्षण कम नहीं हुआ। इस साल इटली समेत यूरोपीय देशों को 100 टन केसर आम का निर्यात होने की उम्मीद है। हाल ही में तलाला-गिर से 14 टन केसर आम का इटली को निर्यात किया गया है।गुजरात के गिर केसर आम इस साल पहली बार एयर कार्गो के बजाय जहाज से निर्यात किया गया है। केसर आम के कंटेनर 25 दिनों में मुंद्रा बंदरगाह से समुद्र के रास्ते इटली पहुंचने की उम्मीद है। इस बारे में तलाला मैंगो मार्केट के सचिव एच.एच. जारसानिया ने कहा कि गिर के केसर आम की अमेरिका और जापान में मांग है, लेकिन तकनीकी कारणों से इस साल इन देशों को निर्यात नहीं किया जा सका। हालांकि, 10 दिनों में एक और कंटेनर भेजने की योजना है।उत्तप्रदेश के इलाहाबाद के रहने वाले और फिलहाल इटली में ट्रेडिंग कर रहे विजय सहाय ने बताया कि भारत के तलाला-गिर इलाके से पहली बार केसर के आम समुद्र के रास्ते इटली पहुंच रहे हैं। केसर आम की कीमत इटली समेत यूरोपीय देशों में काफी ज्यादा है और मांग भी बढ़ी है। गिर केसर आमों को अच्छे विपणन के साथ, इटली सहित यूरोपीय देशों में एक ऐसा बाजार मिल सकता है, जो 100 टन से अधिक आमों की खपत कर सके।विजय सहाय ने बताया कि अब तक 5 कंटेनरों में 75 टन केसर आम भेजे जा रहे हैं। केसर आम इटली के माध्यम से अन्य देशों में भेज दिए जाते हैं क्योंकि इटली मुख्य वितरण केंद्र है और भारत के मुंद्रा बंदरगाह का निकटतम बंदरगाह है। वहां से इसे स्विट्जरलैंड, फ्रांस, जर्मनी, ऑस्ट्रिया समेत यूरोपीय देशों में भेजा जाता है। इस साल हमने तलाला-गिर जिले से 300 से 400 टन केसर आम खरीदने और निर्यात करने की योजना बनाई थी, लेकिन तलाला में तूफान के कारण हम इस बार केवल 100 टन केसर आम खरीद और निर्यात कर पाएंगे।विदेशों में गिर केसर आम का निर्यात करना आसान नहीं है, क्योंकि कई नियमों का पालन करने के लिए आमों को कई प्रक्रियाओं से गुजरना पड़ता है। इस संबंध में केसर आम के निर्यातक अंजुंभाई ने बताया कि तलाला मार्केटिंग यार्ड द्वारा संचालित वीरपुर गिर में 4 करोड़ 60 लाख रुपये की लागत से पैक हाउस का निर्माण किया गया है। इस पैक हाउस में प्रसंस्कृत केसर आम का विदेशों में निर्यात किया जाता है।किसानों के बागों से लाए जाने के बाद केसर आमों को संसाधित किया जाता है। पहले आमों को धुलाई-सफाई करते हैं साथ ही आवश्यक रासायनिक प्रसंस्करण किया जाता है। आम को उनके आकार और वजन के अनुसार क्रमबद्ध किया जाता है। उसके बाद, 200 ग्राम से अधिक वजन वाले आमों को अलग करके बक्सों में पैक किया जाता है। कोल्ड स्टोरेज में भरने से पहले उसे सामान्य रूप से ठंडा किया जाता है। पैक हाउस में फिर आमों को 23 डिग्री के तापमान पर ठंडा किया जाता है। वीरपुर गिर के एक पैक हाउस में दो-तीन और चार किलो वजन के केसर आम के आकर्षक 15 हजार पेटी तैयार किए गए। 14 टन आम के तैयार पेटी वीरपुर-गिर से मुंद्रा बंदरगाह तक पूरी तरह सुसज्जित अत्याधुनिक कंटेनर में भेजकर इटली भेज दी गई है।
- नई दिल्ली। नागरिक उड्डयन मंत्रालय ने बुधवार को कहा कि देश को वैश्विक पायलट प्रशिक्षण का बड़ा केंद्र बनाने के उद्देश्य से पांच हवाईअड्डों पर आठ नई उड़ान प्रशिक्षण अकादमियां स्थापित की जाएंगी। मंत्रालय ने बताया कि कर्नाटक के बेलगावी और कलबुर्गी, महाराष्ट्र के जलगांव, मध्य प्रदेश के खजुराहो और असम के लीलबाड़ी हवाईअड्डे का चुनाव किया गया है।खराब मौसम और नागरिक या सैन्य हवाई यातायात की वजह से कम से कम बाधायें आने की स्थिति को ध्यान में इन हवाईअड्डों का चुनाव किया गया हैं। उसने कहा कि इन आठ अकादमियों को स्थापित करने का उद्देश्य भारत को एक बड़ा वैश्विक उड़ान प्रशिक्षण केंद्र बनाना और भारतीय छात्रों के विदेशी अकादमियों में जाने पर एक तरह से रोक लगाना है। साथ ही इन अकादमियों को भारत के पड़ोसी देशों के छात्रों की उड़ान प्रशिक्षण आवश्यकताओं को ध्यान में रखते हुए भी तैयार किया जाएगा। विमानन मंत्रालय के अधीन काम करने वाले भारतीय विमानपत्तन प्राधिकरण (एएआई) ने पिछले साल नवंबर में इन आठ अकादमियों की स्थापना के लिए बोलियां आमंत्रित की थीं।मंत्रालय ने कहा, अकादमियों के निर्माण के लिए 31 मई 2021 को पत्र जारी किया गया जिसमे एशिया-पैसिफिक, जेटसर्व, रेडबर्ड, समवर्धने और स्काईनेक्स जैसे बोली में विजेता कंपनियों को यह काम दिया गया।'' उसने बताया कि एएआई ने विमानन सुरक्षा पहलुओं, नियामक तंत्र, मानवयुक्त विमानों पर पायलटों के प्रशिक्षण का अनुभव और उपकरण तथा प्रशिक्षकों की उपलब्धता जैसे मापदंडो के आधार पर इन बोलीदाताओं का चयन किया गया। विमानन मंत्रालय ने कहा, उड़ान प्रशिक्षण संगठनों के निर्माण की बोली को बोलीदाताओं के लिए आकर्षक बनाने के लिए एएआई ने मासिक किराया घटा कर 15 लाख कर दिया। साथ ही इन बोलीदाताओं के लिए व्यवसाय अनुकूल बनाने के लिए एयरपोर्ट रॉयल्टी की अवधारणा को समाप्त कर दिया गया।---
- नयी दिल्ली। मुख्य निर्वाचन आयुक्त (सीईसी) सुशील चंद्रा ने सरकार से, 18 साल की उम्र पूरी करने जा रहे युवाओं को मतदाता के तौर पर पंजीकरण कराने के वास्ते साल में कई तिथियां दिए जाने के लिए नए सिरे से पैरवी की है। मौजूदा व्यवस्था के अनुसार, एक जनवरी या इस पहले 18 साल का होने वाला व्यक्ति ही मतदाता सूची में अपना नाम दर्ज करा सकता है। एक जनवरी के बाद 18 साल के होने वाले लोगों को मतदाता के तौर पर पंजीकरण कराने के लिए पूरे साल इंतजार करना पड़ता है। चंद्रा ने बताया, ‘‘हमारा यह सुझाव रहा है कि एक साल में कम से कम चार तिथियां दी जानी चाहिए ताकि मतदाता के तौर पर पंजीकरण कराने के लिए युवाओं को पूरा साल इंतजार नहीं करना पड़े।'' उन्होंने इस बात पर जोर दिया, ‘‘कई तथियां होनी चाहिए और मैं चाहूंगा कि यह जल्दी हो।''मुख्य निर्वाचन आयुक्त के मुताबिक, अगर कोई व्यक्ति दो जनवरी को 18 साल का होता है तो वह पूरे साल मतदाता के तौर पर अपना पंजीकरण नहीं करा सकता। इस व्यक्ति को मतदाता के तौर पंजीकरण कराने के लिए अगले साल तक इंतजार करना पड़ता है। चंद्रा ने कहा कि विधि मंत्रालय के शीर्ष अधिकारियों के साथ हालिया बैठक में निर्वाचन आयोग ने इस पुरानी मांग पर एक बार फिर से जोर दिया। उन्होंने बताया कि अधिकारियों ने इस सुधार को तेजी से करने पर सहमति जताई।मतदाता पंजीकरण के वास्ते साल में कई तिथियों को तय करने के लिए जन प्रतिनिधित्व कानून में संशोधन करने की जरूरत होगी। जन प्रतिनिधित्व अधिनियम, 1950 की धारा 14(बी) के अनुसार, पात्रता तिथि का मतलब जनवरी के पहले दिन से है जब मतदाता सूची तैयार की जाती है या उसकी समीक्षा की जाती है।
- नयी दिल्ली। केंद्रीय मंत्रिमंडल ने शंघाई सहयोग संगठन (एससीओ) के सदस्य देशों के बीच संचार मीडिया के क्षेत्र में सहयोग को लेकर समझौते पर हस्ताक्षर और अनुमोदन को पूर्वव्यापी प्रभाव से बुधवार को मंजूरी प्रदान कर दी । प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता में हुई केंद्रीय मंत्रिमंडल की बैठक में उक्त आशय के प्रस्ताव को मंजूरी दी गई । सरकारी बयान के अनुसार, इस समझौते का मकसद संचार मीडिया के क्षेत्र में विभिन्न संघों के बीच समान एवं लाभकारी साझा सहयोग को बढ़ावा देना है । इस समझौते पर जून, 2019 में हस्ताक्षर किए गए थे। शंघाई सहयोग संगठन में आठ देश-भारत, कजाख्स्तान, चीन, किर्गिज गणतंत्र, पाकिस्तान, रूस, तजाकिस्तान और उज्बेकिस्तान शामिल हैं । सूचना प्रसारण मंत्रालय के अनुसार, केंद्रीय मंत्रिमंडल की बैठक में शंघाई सहयोग संगठन के सदस्य देशों के बीच संचार मीडिया के क्षेत्र में सहयोग को लेकर समझौते पर हस्ताक्षर एवं अनुमोदन को पूर्वव्यापी प्रभाव से मंजूरी प्रदान की गई । बयान के अनुसार, इस समझौते के तहत प्रत्येक पक्ष पारस्परिकता के आधार पर गतिविधियों को सुगम बनाएगा जिससे समानता सुनिश्चित हो सके। यह समझौता सदस्य देशों को संचार मीडिया के क्षेत्र में सर्वोत्तम कार्य प्रणालियों और नवीन नवाचारों को साझा करने का अवसर प्रदान करेगा। शंघाई सहयोग संगठन के बीच यह समझौता संचार मीडिया के माध्यम से सूचना के व्यापक और पारस्परिक वितरण के लिए अनुकूल परिस्थितियों का निर्माण करने में मदद करेगा ताकि अपने देशों के लोगों के जीवन के बारे में ज्ञान को और परिपक्व किया जा सके। इससे अपने अपने देशों के संचार मीडिया के संपादकीय कार्यालयों के साथ-साथ संचार मीडिया के क्षेत्र में काम करने वाले संबंधित मंत्रालयों, एजेंसियों और संगठनों के बीच सहयोग, विशिष्ट परिस्थितियों और रूपों को स्वयं प्रतिभागियों द्वारा निर्धारित किया जाएगा, जिसमें दूसरे समझौतों का निष्कर्ष भी शामिल हैं । यह टेलीविजन और रेडियो कार्यक्रमों के प्रसारण में दूसरे पक्ष के देश के सीमा क्षेत्र में कानूनी रूप से वितरित सामग्री और सूचना के संपादकीय कार्यालयों द्वारा कानूनी प्रसारण में मदद करेगा ।
- नयी दिल्ली। भारत में कोविड-19 महामारी की दूसरी लहर के बीच एयरबस का एक विमान फ्रांस के टोलूज से ऑक्सीजन सांद्रकों और वेंटिलेटर की खेप लेकर बुधवार को दिल्ली पहुंचा। एयरोस्पेस क्षेत्र की प्रमुख कंपनी एयरबस ने एक बयान में कहा कि फ्रांस से लायी गयी चिकित्सकीय सामग्री की खेप इंडियन रेड क्रॉस सोसाइटी के जरिए आपूर्ति की जाएगी। एक बयान के मुताबिक एयरबस ने दो ऑक्सीजन उत्पादन संयंत्र, 30 वेंटिलेटर, 250 ऑक्सीजन सांद्रक, 100 बीपैप मशीनें और चार मोबाइल आईसीयू की आपूर्ति की है। इस खेप का वजन 36 टन था। पिछले कई हफ्तों से भारत में कोरोना वायरस के आ रहे रिकार्ड तोड़ मामलों के कारण देश में स्वास्थ्य सुविधाओं की किल्लत हो गयी। केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय के आंकड़ों के मुताबिक भारत में बुधवार को कोरोना वायरस संक्रमण के 1,32,788 नए मामले आने से संक्रमितों की संख्या 2,83,07,832 हो गयी है जबकि संक्रमण दर घटकर 6.57 प्रतिशत पर आ गयी है। वहीं, 3207 और लोगों की मौत हो जाने से मृतक संख्या 3,35,102 हो गयी है।-file photo
- गोंडा । जिले के वजीरगंज क्षेत्र में मंगलवार की देर रात एक मकान में रसोई गैस सिलेंडर फटने से दो मंजिला मकान जमींदोज हो गया। मलवे में दबकर आठ लोगों की मौत हो गई, जबकि सात अन्य गंभीर रूप से जख्मी हो गए। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने इस घटना पर गहरा शोक व्यक्त करते हुए दुर्घटना के कारणों की जांच करा कर रिपोर्ट देने और घायलों का समुचित उपचार कराने के निर्देश दिए हैं। जिलाधिकारी मार्कण्डेय शाही ने बुधवार को बताया कि थाना क्षेत्र के टिकरी ग्राम पंचायत के ठठेर पुरवा निवासी नूरुल हसन के घर में मंगलवार देर रात रसोई गैस सिलेंडर फट गया जिससे दो मंजिला मकान धराशायी हो गया। मकान के मलबे में दबकर आठ लोगों की मौत हो गई, जबकि सात अन्य गंभीर रूप से जख्मी हो गए। उन्होंने बताया कि घायलों को प्राथमिक उपचार के बाद जिला अस्पताल ले जाया गया, जहां उनकी नाजुक स्थिति को देखते हुए लखनऊ के ट्रॉमा सेंटर भेज दिया गया है। शाही ने बताया कि मृतकों में निसार अहमद (35), रुबाना बानो (32), शमशाद (28), मेराज (11), सायरुन्निशां (35), नूरी सबा (12), मो. शोएब (दो) तथा एक अन्य व्यक्ति शामिल है। घायलों में इरशाद (40), गुलनाज बानो (22), रेहान अहमद (11), नूरुल हसन (60), जैद (आठ), अलीशा (32) व मीजान (12) शामिल हैं। पुलिस अधीक्षक संतोष कुमार मिश्र ने बताया कि सूचना मिलने के बाद कई थानों की पुलिस रात में ही मौके पर पहुंच गई और राहत व बचाव कार्यों में जुट गई। देवीपाटन क्षेत्र के पुलिस महानिरीक्षक राकेश सिंह ने भी मौके पर पहुंचकर जायजा लिया। उन्होंने बताया कि प्रशासन द्वारा मशीनों से मलबे को हटाने का कार्य युद्ध स्तर पर जारी है। विस्फोट के कारणों का पता लगाने के लिए फॉरेंसिक टीम को लगाया गया है। इस बीच, राज्य सरकार के एक प्रवक्ता ने बताया कि मुख्यमंत्री ने इस घटना पर लोगों की मृत्यु पर गहरा शोक व्यक्त किया है। उन्होंने अधिकारियों को राहत और बचाव कार्य में तेजी लाने और घायलों का समुचित उपचार कराने के निर्देश दिए हैं। योगी ने जिलाधिकारी को दुर्घटना के कारणों की जांच कराकर रिपोर्ट उपलब्ध कराने के भी निर्देश दिए हैं।
- नयी दिल्ली। दक्षिण-पश्चिम मानसून के तीन जून को केरल पहुंचने की स्थितियां राज्य में बननी शुरू हो गई है। मानसून यहां सामान्य समय से देर से पहुंच रहा है। भारत मौसम विज्ञान विभाग (आईएमडी) ने बुधवार को बताया कि केरल में स्थानिक वर्षा वितरण में वृद्धि हुई है और दक्षिण अरब सागर के निचले स्तरों में पछुआ हवाएं चल रही हैं। उपग्रह से हासिल तस्वीरों के अनुसार, केरल तट और उससे सटे दक्षिण-पूर्वी अरब सागर में बादल छाए हुए हैं। आईएमडी ने कहा, ‘‘ केरल में अगले 24 घंटे में बारिश के और बढ़ने से स्थिति के मानसून के अधिक अनुकूल होने का पूर्वानुमान है।'' केरल में आमतौर पर मानसून एक जून को पहुंचता है। आईएमडी ने इससे पहले मानसून के यहां 31 मई या इससे चार दिन अधिक या पहले पहुंचने का अनुमान लगाया था, लेकिन 30 मई को उसने कहा था कि केरल मे अभी मानसून आने की स्थिति नहीं बनी है। आईएमडी के अनुसार, मानसून के इस साल सामान्य रहने का अनुमान है।
- आजमगढ़। जिले के बरदह क्षेत्र के मोहम्मदपुर फेटी गांव में बुधवार को एक युवक पर मोटरसाइकिल सवार बदमाशों ने कई गोलियां चलाई जिसमें युवक की मौके पर ही मौत हो गई। घटना को अंजाम देने के बाद बदमाश वहां से फरार हो गये। कई राउंड गोलियां चलने से पूरे गांव में दहशत का माहौल व्याप्त हो गया। सूचना के बाद आला अधिकारी फारेंसिंक टीम के साथ मौके पर पहुंचे और घटना की छानबीन शुरू की। पुलिस सूत्रों ने यहां बताया कि जौनपुर जिले के केराकत थाना क्षेत्र के अमहित गांव का रहने वाला बंटी सिंह बुधवार को मोहम्मदपुर फेटी गांव निवासी अकमल से मुलाकात करने उसके घर आया था। वह लोगों से बातचीत कर रहा था इसी दौरान मोटरसाइकिल सवार बदमाश वहां पहुंचे और बंटी को निशाना बनाकर ताबड़तोड़ गोलियां चलाना शुरू कर दिया। इस घटना में बंटी को कई गोलियां लगीं और उसकी मौके पर ही मौत हो गयी। इस मामले में तीन लोगों के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया गया है और जांच की जा रही है।-file photo
- ग्वालियर । ग्वालियर में गेहूं की बोरियों से भरा एक मालवाहक वाहन पलटने से पांच लोगों की मौत हो गई और पांच लोग घायल हो गये। मृतकों में चार लोग एक ही परिवार के हैं। ग्वालियर देहात के अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक (एएसपी) जयराज कुबेर ने बताया कि यह हादसा बुधवार सुबह ग्वालियर के पास जौरासी घाटी में हुआ। ग्वालियर के निकट नयागांव में रहने वाले गोविंद दास साहू और उनका पडोसी लाखन सिंह मालवाहक वाहन से शिवपुरी जिले के नरवर से ग्वालियर आ रहे थे। इन दोनों के साथ उनके परिवार के लोग भी थे और वाहन में गेहूं की बोरियां भरी हुई थीं। उन्होंने बताया कि सुबह लगभग सात बजे जौरासी घाटी मोड़ पर अचानक मालवाहक वाहन पलट गया। इससे चार लोगों की घटनास्थल पर ही मौत हो गई जबकि एक घायल व्यक्ति की मौत अस्पताल में हुई। उन्होंने बताया कि हादसे में घायल हुए पांच लोगों का ग्वालियर के जयारोग्य अस्पताल में उपचार किया जा रहा है। एएसपी ने बताया कि हादसे में मारे गये लोगों की पहचान गोविंददास साहू (40), सीमा सिंह (35), कान्हा (12), सपना (10) और संतोषी (06) के रूप में हुई है। हादसे में घायल लाखन सिंह की पत्नी सहित तीन बच्चों की मौत हो गई।
- नयी दिल्ली। कोविड-19 मरीजों का जल्द पता लगाने के लिए एक स्टार्टअप ने कृत्रिम बुद्धिमता (एआई) आधारित प्लेटफॉर्म को विकसित किया है। इसके तहत छाती के एक्स-रे के कम रिजोल्यूशन की तस्वीर से भी डॉक्टर बीमारी का पता लगा सकते हैं। विज्ञान और प्रौद्योगिकी विभाग (डीएसटी) ने बुधवार को यह जानकारी दी। इस प्रक्रिया का नाम ‘एक्स-रे सेतु' रखा गया है और कम रिजोल्यूशन वाली फोटो को मोबाइल के जरिये भेजा जा सकता है। इसके जरिए तेज गति से जांच करने और ग्रामीण इलाकों में संक्रमण का जल्द पता लगाने में मदद मिलेगी। डीएसटी ने कहा है, ‘‘आर्टपार्क (एआई एंड रोबोटिक टेक्नोलॉजी पार्क) गैर लाभकारी संस्था है, जिसे भारतीय विज्ञान संस्थान, बेंगलुरु ने स्थापित किया है। बेंगलुरु स्थित हेल्थ-टेक स्टार्ट-अप निरामय और भारतीय विज्ञान संस्थान ने विज्ञान और प्रौद्योगिकी विभाग के साथ मिलकर एक्स-रे सेतु का विकास किया है। इसे कोविड-19 संक्रमित मरीजों की पहचान करने और व्हाट्सऐप के जरिये उनकी छाती के एक्स-रे को कम रिजोल्यूशन पर डॉक्टर तक भेजने की सुविधा के लिये तैयार किया गया है।'' इसमें प्रभावित इलाकों का विश्लेषण और उसे रंगों के जरिये मानचित्र (हीटमैप) द्वारा समीक्षा भी की जायेगी। यह समीक्षा डॉक्टरों के लिये उपलब्ध रहेगी, ताकि वे आसानी से हालात के बारे में जान सकें। इसके जरिये भारत के दूर-दराज इलाकों से 1200 से अधिक रिपोर्ट मिली हैं। स्वास्थ्य की जांच करने के लिये किसी भी डॉक्टर को एक वेबसाइट पर जाकर ‘ट्राई दी फ्री एक्स-रे सेतु बीटा' बटन को क्लिक करना है। उसके बाद यह प्लेटफार्म उन्हें सीधे दूसरे पृष्ठ पर ले जायेगा, जहां उक्त डॉक्टर वेब या स्मार्टफोन एप्लीकेशन के जरिये व्हाट्सऐप आधारित चैट-बॉट से जुड़ जायेंगे। इसके अलावा डॉक्टर एक्स-रे सेतु सेवा शुरू करने के लिये एक नंबर पर व्हाट्सऐप संदेश भेज सकते हैं। उन्हें बस मरीज की एक्स-रे इमेज को क्लिक करना है और चंद मिनटों में ही संबंधित तस्वीरें और निदान की पूरी व्याख्या वाले दो पृष्ठ निकल आयेंगे। डीएसटी ने कहा है, ‘‘कोविड-19 का किसी विशेष स्थान पर ज्यादा प्रभाव डालने की संभावना को ध्यान में रखते हुये, रिपोर्ट में डॉक्टरों की सुविधा के लिये हीट-मैप का भी उल्लेख रहेगा।'' बयान के मुताबिक, ब्रिटेन के राष्ट्रीय स्वास्थ्य संस्थान ने 1,25,000 से अधिक एक्स-रे तस्वीरों को इस प्रक्रिया से जांचा है। इसी तरह ‘एक्स-रे सेतु' से एक हजार से अधिक भारतीय कोविड मरीजों की जानकारी हासिल की गई है। इस प्रक्रिया के शानदार नतीजे निकले हैं। आंकड़ों की संवेदनशीलता 98.86 प्रतिशत और सटीकता 74.74 प्रतिशत है। कोविड-19 प्लेटफार्म के अलावा इस प्लेटफार्म से टीबी, निमोनिया समेत फेफड़े संबंधी 14 अन्य बीमारियों का भी पता लगाया जा सकता है। इसका इस्तेमाल एनालॉग और डिजिटल एक्स-रे, दोनों रूपों में किया जा सकता है। पिछले 10 महीनों के दौरान ग्रामीण इलाकों में कार्यरत 300 से अधिक डॉक्टरों ने इसका सफल प्रयोग किया है।
- कोटा (राजस्थान)। राजस्थान के कोटा में निर्ममता और बर्बरता का एक मामला सामने आया है, जिसमें एक व्यक्ति ने कथित तौर पर पत्नी की हत्या करने के बाद उसके शव को सड़क पर कई मीटर तक घसीटा। इस घटना में उसका नौ महीने का बेटा भी गंभीर रूप से घायल हो गया जिसकी बाद में अस्पताल में मौत हो गयी। पुलिस ने बुधवार को इसकी जानकारी दी।यह घटना मंगलवार रात को रामपुरा इलाके की है। पत्नी की हत्या करने के बाद आरोपी व्यक्ति ने पुलिस के सामने आत्मसमर्पण कर दिया। पुलिस उपाधीक्षक राम कल्याण ने बताया कि किसी बात को लेकर झगड़ा होने पर भाटपाड़ा इलाके में रहने वाले आरोपी सुनील वाल्मिकी (40) उर्फ पिंटू ने अपनी पत्नी सीमा (35) पर कुल्हाड़ी से हमला कर दिया, जिससे उसकी मौके पर ही मौत हो गयी। पत्नी की हत्या करने के बाद आरोपी सुनील उसके शव को सड़क पर 70-80 मीटर तक घसीट कर ले गया, जिसके कारण इलाके में सनसनी मच गई। शव को सड़क पर छोडऩे के बाद आरोपी सुनील ने रामपुरा थाने में आकर अपराध स्वीकार कर आत्मसमर्पण कर दिया। इस हादसे में आरोपी का 9 महीने का बेटा अविनाश गंभीर रूप से घायल हो गया, जिसकी अस्पताल में इलाज के दौरान बुधवार सुबह मौत हो गयी। यह अभी तक स्पष्ट नहीं हो सका है कि बच्चे को चोट कैसे लगी। पुलिस ने महिला और बच्चे के शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है और हत्या के कारणों का पता लगाने के लिए जांच कर रही है।
- नयी दिल्ली । देश में कोरोना वायरस महामारी की दूसरी लहर के दौरान 594 डॉक्टरों की इस संक्रमण से मौत हो गयी जिनमें सबसे अधिक 107 डॉक्टरों ने राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली में जान गंवायी। इंडियन मेडिकल एसोसिएशन (आईएमए) ने यह जानकारी दी है। आईएमए के अनुसार इस महामारी की पहली लहर के दौरान 748 डॉक्टरों की जान चली गयी थी।आईएमए की कोविड-19 रजिस्ट्री के आंकड़े के अनुसार दूसरी लहर के दौरान दिल्ली में 107 , बिहार में 96, उत्तर प्रदेश में 67, राजस्थान में 43, झारखंड में 39 और आंध्र प्रदेश एवं तेलंगाना में 32 - 32 डॉक्टरों ने इस वायरस के चलते अपनी जान गंवायी। आईएमए के अध्यक्ष जे. ए. जयलाल ने कहा, ‘‘पिछले साल भारत में 748 डॉक्टरों ने कोविड-19 के चलते दम तोड़ दिया था जबकि इस लहर के दौरान कम समय में ही 594 डॉक्टरों की जान चली गई।
- नयी दिल्ली। केंद्रीय मंत्रिमंडल ने राज्यों/केंद्र शासित प्रदेशों के अंगीकार के लिये मॉडल किरायेदारी अधिनियम के मसौदे को बुधवार को मंजूरी प्रदान कर दी जिसके तहत जिलों में पृथक किराया प्राधिकार, अदालत और न्यायाधिकरण का गठन किया जायेगा ताकि मालिकों एवं किरायेदारों के हितों की रक्षा की जा सके । मॉडल किरायेदारी अधिनियम का मसौदा अब राज्यों एवं केंद्र शासित प्रदेशों को भेजा/वितरित किया जायेगा। इसे नया कानून बनाकर या वर्तमान किरायेदार कानून में उपयुक्त संशोधन करके लागू किया जा सकता है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता में हुई केंद्रीय मंत्रिमंडल की बैठक में उक्त आशय के प्रस्ताव को मंजूरी दी गई । इसके तहत आवासीय परिसरों के लिये किरायेदारों को अधिकतम दो महीने के किराये के रूप में सुरक्षा जमा राशि अदा करनी होगी जबकि वाणिज्यिक सम्पत्ति के मामले में छह महीने का किराया जमा करना होगा । कानून में सभी नये किराये के संबंध में लिखित समझौता करने की बात कही गई है जिसे संबंधित जिला किराया प्राधिकार में पेश करना होगा । केंद्रीय आवास एवं शहरी विकास मंत्री हरदीप सिंह पुरी ने कहा कि इस कदम से देश भर में आवासीय किराया संबंधी कानूनी ढांचे को व्यवस्थित करने में मदद मिलेगी । सरकार का कहना है कि मॉडल किरायेदारी अधिनियम अग्रगामी प्रभाव से लागू होगा और वर्तमान किरायेदार व्यवस्था को प्रभावित नहीं करेगा । किराया और अवधि का निर्धारण मालिक एवं किरायेदार की आपसी सहमति से होगा। सरकारी बयान के अनुसार, इससे देशभर में किराये पर मकान देने के संबंध में कानूनी ढांचे को दुरुस्त करने में मदद मिलेगी, जिससे आगे इस क्षेत्र के विकास का रास्ता खुलेगा। इसमें कहा गया है कि मॉडल किरायेदारी अधिनियम का मकसद देश में एक विविधतापूर्ण, टिकाऊ और समावेशी किराये के लिये आवासीय बाजार सृजित करना है । इससे हर आय वर्ग के लोगों के लिये पर्याप्त संख्या में किराये के लिये आवासीय इकाईयों का भंडार बनाने में मदद मिलेगी और बेघर होने की समस्या का हल निकलेगा। इससे खाली पड़े घरों को किराये पर उपलब्ध कराया जा सकेगा।सरकार को उम्मीद है कि इसके जरिये किरायेदारी बाजार को व्यापार के रूप में विकसित करने में निजी भागीदारी बढ़ेगी, ताकि रिहायशी मकानों की भारी कमी को पूरा किया जा सके। मॉडल किरायेदारी अधिनियम से आवासीय किराया व्यवस्था को संस्थागत रूप देने में मदद मिलेगी ।-file photo
- नयी दिल्ली। दिल्ली सरकार ने बिना डॉक्टर के पर्चे के कोविड के उपचार की दवाई बेचने को लेकर 12 दवा दुकानों के लाइसेंस निलंबित कर दिए हैं। एक अधिकारी ने बुधवार को बताया कि विभाग ने बिना पर्चे के दवा बेचने पर 25 दवा दुकानों के लाइसेंस निलंबित कर दिए थे और 12 दवा दुकानों को कारण बताओ नोटिस जारी किया था और उनके लाइसेंस निलंबित करने की औपचारिकताएं बुधवार को पूरी हो गईं। दिल्ली में म्यूकरमाइकोसिस या ब्लैक फंगस के बढ़ते मामलों के मद्देनजर यह कार्रवाई की जा रही है। विशेषज्ञों ने ब्लैक फंगस के मामले बढ़ने के लिए कोविड मरीजों द्वारा अंधाधुंध स्टेरॉयड लेने को जिम्मेदार ठहराया है। दिल्ली औषधि नियंत्रण कार्यालय के प्रमुख अतुल कुमार नासा ने बताया कि औषधि नियंत्रण विभाग फर्जी ग्राहकों को दवा दुकानों पर भेज रहा है और उन दवा दुकानदारों के खिलाफ कार्रवाई की जा रही है जो बिना डॉक्टर के पर्चे के दवाएं देते हैं। उन्होंने कहा, “ 12 दवा दुकानदार बिना डॉक्टर के पर्चे के स्टेरॉयड दवाएं बेचते पाए गए। बिना डॉक्टर के पर्चे के स्टेरॉयड बेचना औषधि एवं प्रसाधन सामग्री अधिनियम का उल्लंघन है।” अधिकारियों के मुताबिक, जब तक उनके लाइसेंस निलंबित रहेंगे, तब तक उन्हें दुकानों को बंद रखना होगा। विभाग कोरोना वायरस के इलाज में काम आने वाली कई दवाओं और कुछ दर्द निवारक दवाइयों की बिना डॉक्टर के पर्चे के बिक्री करने पर कार्रवाई कर रहा है।
- शाजापुर । जिला मुख्यालय से करीब 15 किलोमीटर दूर स्थित ग्राम भरड़ में बुधवार को दो युवकों की कथित रूप से कुएं में डूबने से मौत हो गयी। कोतवाली थाना के एक अधिकारी ने बताया कि दोपहर लगभग 12 बजे ग्राम भरड़ में संजय भिलाला (25) एवं अंकित भिलाला (18) खेत पर काम कर रहे थे। दोनों पानी पीने के लिए पास ही में एक कुएं पर पहुंचे और पानी पीने के दौरान कुएं में गिर गये। उन्होंने कहा कि आसपास के लोगों ने उनको कुएं में गिरते हुए देखा और कुएं से बाहर निकालने का प्रयास किया, लेकिन वे विफल रहे। पुलिस के अनुसार शाजापुर से गोताखोर को बुलाया गया, लेकिन जब तब उन्हें कुएं से बाहर निकाला गया, तब तक दोनों की मौत हो चुकी थी। दोनों शव पोस्टमॉर्टम के बाद परिजनों को सौंप दिए गए। इस संबंध में कोतवाली थाना पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया गया है और विस्तृत जांच जारी है।=
- मुजफ्फरनगर। उत्तर प्रदेश के शामली जिले में भोजन के साथ सलाद नहीं देने पर अपनी पत्नी की हत्या करने और बेटे को गंभीर रूप से घायल करने के आरोपी व्यक्ति को वारदात के दो दिन बाद बुधवार को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया। पुलिस की एक टीम ने आरोपी मुरली सिंह को गांव के पास के जंगल से गिरफ्तार किया गया।पुलिस के अनुसार बाबरी थानांतर्गत गोगवान जलालपुर गांव में सोमवार आधी रात को भोजन के साथ सलाद नहीं देने पर यह वारदात हुई। पुलिस ने बताया कि आरोपी मुरली सिंह ने अपनी पत्नी सुदेश और 20 साल के बेटे अजय पर कुदाल से हमला कर दिया । अजय मां को बचाने का प्रयास कर रहा था। बाबरी पुलिस थाना प्रभारी नेम चंद ने बताया कि मुरली सिंह के खिलाफ भारतीय दंड संहिता की धारा 302 और 307 के तहत मामला दर्ज किया गया है। गंभीर रूप से घायल उसके बेटे अजय का एक अस्पताल में इलाज चल रहा है।
- पटना। बिहार पुलिस मुख्यालय ने एक आदेश जारी कर प्रदेश के पुलिस अधिकारियों एवं कर्मियों से ड्यूटी के दौरान मोबाइल फोन का अनावश्यक इस्तेमाल नहीं करने को कहा है। बिहार के पुलिस महानिदेशक एस के सिंघल द्वारा एक जून को जारी एक आदेश में कहा गया है कि वीआईपी सुरक्षा, कानून व्यवस्था, यातायात व्यवस्था सहित विभिन्न महत्वपूर्ण क्षेत्रों में पुलिस पदाधिकारियों व कर्मियों द्वारा ड्यूटी की जाती है जहाँ इन्हें कर्तव्य के दौरान सजग रहना पडता है। आदेश में कहा गया है कि ऐसे उदाहरण सामने आये हैं जिनमें पुलिस अधिकारी व कर्मी ड्यूटी के दौरान ही अनावश्यक रूप से मोबाइल फोन का इस्तेमाल करते हैं। आदेश में कहा गया है कि ड्यूटी के दौरान मोबाइल फोन का अनावश्यक उपयोग अनुशासनहीनता का भी परिचायक है। ऐसा करने से आम जनता के बीच पुलिस की छवि धूमिल तो होती ही है। आदेश में कहा गया है कि इस संदर्भ में ड्यूटी के दौरान (विशेष परिस्थिति को छोड़कर) मोबाइल फोन व इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों का प्रयोग न किया जाए। इसके उल्लंघन को अनुशासनहीनता मानते हुए आगे की कार्रवाई भी की जा सकती है। अपर पुलिस महानिदेशक (मुख्यालय) जितेंद्र कुमार ने कहा कि प्रशिक्षण के दौरान पुलिसकर्मियों को ड्यूटी के दौरान आचरण के संबंध में जो सिखाया जाता है, यह आदेश उसकी याद दिलाने जैसा ही है। कभी-कभी इन बातों को दोहराने की जरूरत होती है और यही वजह है कि यह परिपत्र जारी किया है।-file photo
- पटना। बिहार में कोविड महामारी के मामलों को देखते हुए सभी चिकित्सकों और स्वास्थ्यकर्मियों की छुट्टियां 15 जून तक रद्द कर दी गई हैं। राज्य में नये मामलों की संख्या में तेजी से कमी आई है। वहां संक्रमण से ठीक होने की दर 97 प्रतिशत से अधिक है। सक्रिय मामलों की संख्या भी कम हुई है और अब यह 14 हजार दो सौ पचास पर आ गई है। बिहार में छह लाख 88 हजार से अधिक लोग संक्रमण से ठीक हुए है। पिछले 24 घंटों में एक हजार 174 नये मामले दर्ज किए गए और तीन हजार एक सौ लोग इलाज के बाद स्वस्थ हुए। अब तक राज्य में एक करोड चार लाख नब्बे हजार से अधिक टीके लगाए जा चुके हैं।
- नई दिल्ली। उच्चतम न्यायालय के सेवानिवृत्त न्यायाधीश अरूण कुमार मिश्रा ने आज नई दिल्ली में राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग के अध्यक्ष का पदभार संभाल लिया है। राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद ने चयन समिति की सिफारिश के आधार पर न्यायमूर्ति मिश्रा को आयोग का अध्यक्ष नियुक्त किया है। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की अध्यक्षता वाली चयन समिति में गृहमंत्री अमित शाह, लोकसभा अध्यक्ष ओम बिड़ला, राज्यसभा के उपसभापति हरिवंश और राज्यसभा में विपक्ष के नेता मल्लिकार्जुन खडग़े शामिल हैं। न्यायमूर्ति अरूण मिश्रा पिछले वर्ष सितम्बर में सेवानिवृत्त हुए थे।

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