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- 0- पीपीपी मॉडल पर 30 वर्ष की लीज हेतु आरएफपी तैयार, महिलाओं के लिए रोजगार सृजन एवं स्थानीय वस्त्र उद्योग को मिलेगा बढ़ावा0- महापौर मीनल चौबे ने पहल कर निगम योजना विभाग के अधिकारियों से की विस्तृत चर्चा, दिए आवश्यक निर्देशरायपुर। नगर पालिक निगम रायपुर द्वारा मोवा (विधानसभा रोड) स्थित गारमेंट फैक्ट्री के पुनर्जीवन, आधुनिकीकरण एवं संचालन हेतु सार्वजनिक-निजी भागीदारी (पीपीपी ) मॉडल पर रिक्वेस्ट फॉर प्रपोजल (आरएफपी) तैयार किया गया है। इस पहल के माध्यम से शीघ्र ही गारमेंट फैक्ट्री के संचालन की प्रक्रिया प्रारंभ की जाएगी, इस योजना में पहल कर महापौर श्रीमती मीनल चौबे ने नगर निगम योजना विभाग के अधिकारियों से योजना को लेकर विस्तृत चर्चा की एवं आवश्यक निर्देश दिए।परियोजना के अंतर्गत चयनित संस्था को 30 वर्ष की लीज़ पर फैक्ट्री परिसर उपलब्ध कराया जाएगा। चयनित संस्था द्वारा अपने व्यय पर आवश्यक मशीनरी की स्थापना, आधुनिकीकरण, संचालन एवं रखरखाव का कार्य किया जाएगा, जिससे बंद पड़ी गारमेंट फैक्ट्री का पुनः संचालन सुनिश्चित हो सकेगा।इस परियोजना से विशेष रूप से महिलाओं के लिए बड़े पैमाने पर रोजगार के अवसर सृजित होंगे तथा स्थानीय युवाओं को भी रोजगार एवं कौशल विकास का लाभ मिलेगा। परियोजना के क्रियान्वयन में उद्योग विभाग का सहयोग प्राप्त होगा तथा राज्य शासन की औद्योगिक नीतियों के अनुरूप वस्त्र एवं रेडीमेड गारमेंट उद्योग को बढ़ावा मिलेगा।इस पहल से नगर निगम की निष्क्रिय परिसंपत्ति का प्रभावी उपयोग सुनिश्चित होगा, स्थानीय औद्योगिक गतिविधियों को नई गति मिलेगी तथा नगर निगम की आय में भी वृद्धि होने की संभावना है। नगर निगम द्वारा इस महत्वाकांक्षी परियोजना को शीघ्र धरातल पर उतारने के लिए आवश्यक प्रक्रियाएं प्रारंभ कर दी गई हैं।
- 0- महापौर मीनल चौबे ने वार्डो में सफाई की लचर व्यवस्था को लेकर गहन नाराजगी व्यक्त की0- सफाई में बाधक अवैध पाटो को तोड़कर नाले, नालियों की व्यवस्थित सफाई करवाने दिये सख्त निर्देश0- अवैध निर्माणों पर नियमानुसार कार्यवाही करने सहित दिये अनेक निर्देश0- जोन 3 में पेयजल संकट को लेकर शीघ्र आवश्यक कार्यवाही कर समाधान करने, जोनो में पार्षदो से समन्वय बनाकर कार्य करने दिये निर्देशरायपुर. नगर पालिक निगम रायपुर की महापौर श्रीमती मीनल चौबे ने नगर निगम जोन 1, 3, 4 में पार्षदों की बैठक अधिकारियों की उपस्थिति में लेकर कार्यों की प्रगति की समीक्षा करते हुए आवश्यक निर्देश जोन अधिकारियों को दिये। महापौर ने जोन 1, 3, 4 में वार्डो में सफाई की लचर व्यवस्था एवं विभिन्न स्थानो पर जल भराव की समस्या को लेकर गहन नाराजगी व्यक्त की एवं नाले, नालियों की सफाई अवैध पाटो को तोडकर तले तक व्यवस्थित रूप से करवाकर गंदे पानी का निकास सुगम बनाने का कार्य पार्षदों से समन्वय बनाकर प्राथमिकता से करवाने जोन कमिश्नरों एवं जोन स्वास्थ्य अधिकारियों को निर्देशित किया। महापौर ने जल भराव की समस्या का निदान करने वार्डो में व्यवहारिक आवश्यकता के अनुसार नाला निर्माण का प्रस्ताव तैयार करने के निर्देश दिये है।महापौर श्रीमती मीनल चौबे द्वारा जोन 1, 3, 4 में जाकर ली गई समीक्षा बैठक में विभिन्न विभागों की कार्य की प्रगति की समीक्षा करते हुए अनेक आवश्यक निर्देश दिये गये ।पेंशन प्रकरणों के संबंध में महापौर ने निर्देशित किया है कि समस्त लंबित पेंशन प्रकरणों का शीघ्र निराकरण सुनिश्चित किया जाए, जिससे हितग्राहियों को बार-बार नगर निगम के चक्कर न लगाने पड़े। पेंशन वितरण में आ रही समस्याओं के संबंध में आईडीबीआई बैंक को आवश्यकतानुसार नोटिस जारी करने एवं समुचित कार्यवाही करने के निर्देश दिए गए।अवैध निर्माण के विरुद्ध कार्यवाही महापौर ने निर्देशित किया है जिन अवैध निर्माणों को नियमानुसार तीन नोटिस जारी किए जा चुके हैं, उन पर बिना विलंब कार्यवाही सुनिश्चित की जाए। प्राथमिकता के आधार पर मुख्य मार्गों, पार्किंग स्थलों एवं यातायात बाधित करने वाले अवैध निर्माणों पर कार्रवाई की जाए, तत्पश्चात अन्य क्षेत्रों में भी नियमानुसार कार्रवाई की जाए।5000 वर्गफुट से अधिक क्षेत्रफल वाले प्लॉट महापौर ने निर्देशित किया कि 5000 वर्गफुट से अधिक क्षेत्रफल वाले प्लॉट पर व्यावसायिक उपयोग की अनुमति हेतु पूर्णता प्रमाण पत्र की प्रति नगर निगम में जमा कराना अनिवार्य किया जाए। बिना आवश्यक दस्तावेजों के किसी भी प्रकरण का निराकरण न किया जाए।अवैध निर्माण की रोकथाम महापौर ने निर्देश दिये है कि अवैध निर्माण की सूचना प्राप्त होते ही तत्काल मौके पर पहुंचकर आवश्यक कार्रवाई की जाए। निर्माण पूर्ण होने की प्रतीक्षा करने के बजाय प्रारंभिक स्तर पर ही प्रभावी रोकथाम सुनिश्चित की जाए।जलभराव एवं पेयजल समस्या महापौर ने निर्देशित किया है कि जलभराव एवं पेयजल संबंधी समस्याओं के स्थायी समाधान हेतु नियमित कार्ययोजना बनाकर कार्य किया जाए। जिन बड़े नालों में जलभराव की स्थिति बनती है, वहां आवश्यकतानुसार अवरोधक दीवार हटाने एवं जल निकासी सुचारु करने की कार्रवाई की जाए। नालियों की नियमित सफाई, सड़कों का समुचित रखरखाव एवं जल निकासी व्यवस्था को व्यवस्थित रखने के निर्देश दिए गए है।मूलभूत नागरिक सुविधाएं महापौर ने अधिकारियों को निर्देशित किया है कि नगर निगम की प्रथमिक जिम्मेदारियों जैसे पेयजल, विद्युत एवं स्ट्रीट लाइट संबंधी समस्याओं पर विशेष प्राथमिकता के साथ कार्य किया जाए। आम नागरिकों को मूलभूत सुविधाएं समय पर उपलब्ध कराने हेतु सभी संबंधित अधिकारी नियमित मॉनिटरिंग करें।समग्र निर्देश महापौर ने बैठक में समीक्षा किए गए सभी बिंदुओं पर समयबद्ध कार्यवाही सुनिश्चित करते हुए प्रगति प्रतिवेदन नियमित रूप से प्रस्तुत करने के निर्देश संबंधित अधिकारियों को दिए है।महापौर श्रीमती मीनल चौबे द्वारा जोन 1 में ली गई समीक्षा बैठक में जोन अध्यक्ष श्री गज्जू साहू, पार्षद श्रीमती अंबिका साहू, श्रीमती परमिला बल्ला राम साहू, डॉ. मनमोहन मनहरे, श्री राजेश कुमार देवांगन, श्री सोहन लाल साहू, एल्डरमेन श्री बी श्रीनिवास राव, श्री विक्रम सिंह ठाकुर, जोन 1 जोन कमिश्नर श्री अंशुल शर्मा सीनियर सहित अन्य जोन अधिकारियों, जोन 3 में ली गई बैठक में जोन अध्यक्ष श्रीमती साधना प्रमोद साहू, एमआईसी सदस्य श्री संतोष सीमा साहू, श्री प्रदीप कुमार वर्मा, श्री कैलाश बेहरा, श्री महेश कुमार ध्रुव, जोन 3 जोन कमिश्नर श्रीमती प्रीति सिंह सहित अन्य संबंधित जोन अधिकारियों, जोन 4 की बैठक में जोन 4 अध्यक्ष श्री मुरली शर्मा, नगर निगम नेता प्रतिपक्ष श्री आकाश तिवारी, एमआईसी सदस्य श्रीमती संजना संतोष हियाल, पार्षद श्रीमती अर्जुमन एजाज ढेबर, श्री अजय साहू, जोन 4 जोन कमिश्नर डॉ. दिव्या चंद्रवंशी सहित संबंधित अन्य जोन अधिकारियों की उपस्थिति रही।
- वृहद वृक्षारोपण- पौधरोपण का फोटो wcdbalod.com लिंक पर अपलोड करने से प्रदान किया जाएगा फोटोयुक्त प्रमाण पत्रबालोद. बालोद जिला प्रशासन द्वारा कलेक्टर श्रीमती दिव्या उमेश मिश्रा के निर्देशानुसार गुरूवार 30 जुलाई को महतारी वंदन वृक्षारोपण अभियान के अवसर पर पौधरोपण के इस महाअभियान को चिरस्मरणीय बनाए रखने हेतु इस अवसर पर पौधरोपण करने वाले लोगों को फोटोयुक्त प्रमाण पत्र प्रदान करने की भी व्यवस्था सुनिश्चित की गई है। इसके अंतर्गत गुरूवार 30 जुलाई को वृहद वृक्षारोपण अभियान के दौरान पौधरोपण करने के पश्चात् रोपे गए पौधे के साथ फोटो या सेल्फी लेकर लिंक wcdbalod.com पर अपलोड करने पर जिला प्रशासन द्वारा उन्हें फोटोयुक्त प्रमाण पत्र भी प्रदान किया जाएगा। जिससे कि पर्यावरण के सरंक्षण एवं संवर्धन हेतु जिले में शुरू किए गए इस महाअभियान में उनका योगदान चिरस्मरणीय बना रहे।उल्लेखीनय है कि 30 जुलाई को वृहद वृक्षारापेण अभियान अंतर्गत पौधरोपण करने के पश्चात् आप अपनी फोटो लेकर वेबसाईट wcdbalod.com पर जाकर अपना नाम दर्ज करेंगे। जिसके पश्चात् ब्लॉक का चयन कर अपना ग्राम चयन करेंगे। इसके पश्चात् अपनी फोटो अपलोड कर ’प्रमाण पत्र बनाए’ पर चयन करते ही अपना फोटोयुक्त प्रमाण पत्र प्राप्त कर सकते हैं।
- बीजापुर. कभी माओवादियों का गढ़ रहे बीजापुर जिले के नौ विद्यार्थियों ने स्थानीय प्रशासन द्वारा संचालित कोचिंग केंद्र में पढ़ाई कर राष्ट्रीय पात्रता सह प्रवेश परीक्षा (नीट-यूजी) 2026 की पुनर्परीक्षा उत्तीर्ण की है, जो जिले के लिए एक बड़ी उपलब्धि मानी जा रही है। अधिकारियों ने सोमवार को बताया कि सफल विद्यार्थियों में अधिकतर किसान या दिहाड़ी मजदूर के परिवारों से आते हैं। ये सभी जिला प्रशासन की उस कोचिंग योजना का हिस्सा थे, जिसका उद्देश्य जिले के पिछड़े क्षेत्रों के प्रतिभाशाली विद्यार्थियों को विभिन्न क्षेत्रों में प्रतिस्पर्धी परीक्षाओं के लिए तैयार करना है। मेडिकल कॉलेजों में प्रवेश के लिए पात्र ये सभी विद्यार्थी जिला प्रशासन द्वारा संचालित आवासीय कोचिंग केंद्र 'छू लो आसमान' के छात्र थे, जहां स्थानीय विद्यार्थियों को प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कराई जाती है।अधिकारियों का कहना है कि यह सफलता बीजापुर की बदलती तस्वीर को दर्शाती है, जहां माओवादी हिंसा में कमी और विकास कार्यों के चलते शिक्षा के क्षेत्र में भी सकारात्मक परिणाम सामने आने लगे हैं। बीजापुर के कलेक्टर विश्वदीप ने कहा, "हमारे जिले के नौ विद्यार्थियों ने नीट परीक्षा उत्तीर्ण की है। इन सभी ने जिला प्रशासन द्वारा संचालित 'छू लो आसमान' कोचिंग केंद्र में पढ़ाई की। यह हमारे जिले के लिए बड़ी उपलब्धि है।" जिला शिक्षा अधिकारी राजेश पांडे ने बताया कि 21 जून को आयोजित नीट पुनर्परीक्षा में 25 विद्यार्थियों ने हिस्सा लिया था। इनमें 12वीं जीवविज्ञान वर्ग के 21 नियमित विद्यार्थी और दोबारा परीक्षा देने वाले चार अभ्यर्थी शामिल थे। परीक्षा का परिणाम 16 जुलाई को घोषित किया गया था।सफल अभ्यर्थियों में पांच अनुसूचित जनजाति (एसटी), तीन अनुसूचित जाति (एससी) और एक अन्य पिछड़ा वर्ग (ओबीसी) से है। अधिकतर विद्यार्थियों के माता-पिता किसान या दिहाड़ी मजदूर हैं। कोचिंग केंद्र के विद्यार्थियों में सिद्धार्थ दुर्गम ने 720 में से 482 अंक प्राप्त कर सर्वोच्च स्थान हासिल किया। अन्य सफल अभ्यर्थियों में चंपा पोयामी (352), अरुण तोडेम (339), तेजेश दुर्गम (294), समीर लकड़ा (241), कुरसम जितेंद्र (240), देवीद दुर्गम (213), हुमेश्वर देवांगन (213) और गणेश कुमार वच्छम (179) शामिल हैं। संकनपल्ली गांव की निवासी चंपा पोयामी ने अपनी सफलता का श्रेय शिक्षकों और माता-पिता को दिया।उन्होंने कहा, "हमारे शिक्षकों ने हर कदम पर हमारा मार्गदर्शन किया और हमने उसी के अनुसार पढ़ाई की। विद्यार्थियों को अपने लक्ष्य पर ध्यान केंद्रित कर मेहनत करनी चाहिए। नीट में सफलता का श्रेय मैं अपने शिक्षकों और माता-पिता दोनों को देना चाहती हूं।"
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रायपुर। हाईटेक आंगनबाड़ी में पढ़ने वाले नौनिहालों के स्वास्थ्य की जांच और उनके डाइट प्लान पर अभिभावकों को जागरूक करने के लिए मंगलवार, 28 जुलाई को रायपुर एम्स के कम्युनिटी हेल्थ नर्सिंग डिपार्टमेंट की टीम पहुंचेगी। नगर निगम के महतारी सदन में महाराष्ट्र मंडल की ओर से संचालित हाईटेक आंगनबाड़ी में एम्स की टीम के आने को लेकर बच्चों के अभिभावक अभी से काफी उत्साहित हैं।
हाईटेक आंगनबाड़ी की प्रभारी डाॅ. शुचिता देशमुख ने बताया कि रायपुर एम्स के काॅलेज ऑफ नर्सिंग की प्रोफेसर कम प्रिसिपल डॉ. बीनू मेथ्यू ने इस संबंध में पत्राचार किया है। उन्होंने पत्र में लिखा है कि कम्युनिटी हेल्थ नर्सिंग डिपार्टमेंट की टीम 28 जुलाई को सुबह 10 बजे हाइटेक आंगनबाड़ी आएगी। यहां वे दोपहर 12 बजे तक रहेंगे। इस दौरान वे बच्चों के स्वास्थ्य की जांच, उनकी हाइट, वजन का माप लेंगे। बारिश के मौसम में बच्चों के स्वास्थ्य के प्रति रखने वाली सावधानी व सजगता के बारे में अभिभावकों को बताएगी। एम्स की टीम के सामने आंगनबाड़ी के बच्चों से कई एक्टिविटी भी कराई जाएंगी, ताकि उनकी मानसिक व शारीरिक सक्रियता का पता चल सके। डॉ. मेथ्यू अभिभावकों को बच्चे के हाइजिन का विशेष ख्याल रखने और मानसून के हिसाब से न्यूट्रीशियन गाइडेंस का पालन करने की सीख भी देंगी। -
रायपुर - आज रायपुर नगर पालिक निगम की महापौर श्रीमती मीनल चौबे ने नगर निगम जोन 6 क्षेत्र अंतर्गत भाठागांव में निर्मित बाजार परिसर का प्रत्यक्ष निरीक्षण नगर निगम जोन 6 जोन अध्यक्ष श्री बद्री प्रसाद गुप्ता, डॉ श्यामाप्रसाद मुखर्जी वार्ड पार्षद श्री रवि सोनकर, नगर निगम उपायुक्त बाजार डॉ अजलि शर्मा एवं अन्य सबंधित नगर निगम बाजार विभाग कर्मचारियों की उपस्थिति में किया एवं भाठागांव बाजार में दुकानों का आबंटन पूर्ण पारदर्शिता के साथ व्यवस्थित रूप से नियमानुसार शीघ्र करवाना प्राथमिकता से सुनिश्चित करवाने निर्देशित किया है ।
महापौर श्रीमती मीनल चौबे ने भाठागांव बाजार में दुकानों के आबंटन के पूर्व बाजार परिसर में स्वच्छता कायम कर चबूतरो की नियमानुसार नंबरिंग बाजार में आवश्यकता अनुसार बेरिकेटिंग किया जाना, समुचित प्रकाश, पेयजल, सफाई की व्यवस्था करवाकर नागरिकों एवं व्यवसायियो के लिए शीघ्र अच्छी व्यवस्था कायम करने भाठागांव बाजार को पूरी तरह तैयार करने के निर्देश दिये है।महापौर श्रीमती मीनल चौबे ने किस्टल आर्केड के सामने वर्षों पूर्व खालसा स्कूल के सामने से हटाए गए 69 दुकानदारो का मुख्यमंत्री स्वावलंबन योजना के अंतर्गत कायम सहमति के अनुसार शीघ्र व्यवस्थापन करने की तैयारी करने के निर्देश नगर निगम बाजार विभाग के अधिकारियों को दिये है। महापौर ने सहमति के अनुसार उक्त कार्यवाही व्यवस्थित रूप से प्रक्रिया के तहत करवाने निरीक्षण के दौरान अधिकारियों को निर्देशित किया । - भिलाईनगर। नगर पालिक निगम भिलाई के महापौर परिषद की बैठक मंगलवार, 28 जुलाई 2026 को अपरान्ह 4 बजे बैठक कक्ष क्रमांक 26 में आयोजित की जाएगी। बैठक में शहर के विभिन्न विकास कार्यों तथा नागरिकों को उपलब्ध कराई जाने वाली मूलभूत सुविधाओं से संबंधित महत्वपूर्ण विषयों एवं प्रस्तावों पर चर्चा की जाएगी।महापौर परिषद की बैठक में शहर के विकास को गति देने वाले विभिन्न कार्यों, नागरिक सुविधाओं के विस्तार एवं आवश्यक निर्माण कार्यों से जुड़े प्रस्तावों पर विचार-विमर्श कर नियमानुसार निर्णय लिए जाएंगे। बैठक में लिए जाने वाले निर्णयों से शहर के विभिन्न क्षेत्रों में विकास कार्यों को आगे बढ़ाने तथा नागरिकों को बेहतर मूलभूत सुविधाएं उपलब्ध कराने की दिशा में महत्वपूर्ण पहल होने की उम्मीद है। नगर निगम प्रशासन द्वारा शहर के विकास एवं नागरिक सुविधाओं को प्राथमिकता देते हुए सड़क, नाली, जल व्यवस्था, प्रकाश व्यवस्था, स्वच्छता सहित अन्य आवश्यक कार्यों को लगातार गति दी जा रही है। महापौर परिषद की बैठक में इनसे जुड़े प्रस्तावों पर चर्चा के साथ ही शहर के समग्र विकास के लिए आवश्यक कार्यों को मंजूरी प्रदान किए जाने की संभावना है।
- - महाराष्ट्र मंडल कार्यकारिणी, समितियों व महिला केंद्रों के 225 पदाधिकारियों के शपथ ग्रहण समारोह में पहुंचे स्पीकर- मंडल भवन में 100 केवी सौर ऊर्जा प्लांट का शुभारंभ करते हुए डॉ. रमन ने कहा- दूसरे समाजों के लिए यह प्रेरणास्पदरायपुर। जिस समाज की महिलाएं सामाजिक उत्थान के कार्यक्रमों में सक्रिय होती हैं, उस समाज को आगे बढ़ने से कोई नहीं रोक सकता। महाराष्ट्र मंडल की समितियों, प्रकल्पों और केंद्रों में 80 प्रतिशत महिलाओं की भागीदारी समाज की जागरूकता का प्रमाण है। महाराष्ट्र मंडल के शपथ ग्रहण समारोह में इस आशय के विचार विधानसभा अध्यक्ष डॉ. रमन सिंह ने व्यक्त किए। समारोह में 14 कार्यकारिणी सदस्यों के साथ 17 समितियों, 17 महिला केंद्रों और 11 प्रकल्पों के करीब 225 पदाधिकारियों और सदस्यों ने शपथ ली।डॉ. रमन सिंह ने कहा जिस समाज के डीएनए में महान संत की साधना, वीर सावरकर- तिलक जैसे सेनानियों का शौर्य और कलाकारों की प्रतिभा हो, उस समाज का प्रोडक्ट तो महाराष्ट्र मंडल की तरह अच्छा ही होगा। उन्होंने शपथ ग्रहण समारोह में ही महाराष्ट्र मंडल के 100 केवी सौर ऊर्जा संयंत्र का शुभारंभ करते हुए कहा कि यह सौर ऊर्जा संयंत्र अन्य समाजों के लिए प्रेरणास्पद बनेगा। वैसे भी मराठी समाज अन्य समाजों की तुलना में 10-20 साल आगे चल रहा है, इसीलिए उन्हें पूरा भरोसा है कि महाराष्ट्र मंडल की तरह यहां के सदस्य भी अपने घरों पर सौर ऊर्जा प्लांट लगाकर आम लोगों को प्रेरित करेंगे। विधानसभा अध्यक्ष ने कहा कि बिजली बनाने के लिए खर्च होने वाले कोयले से कार्बन डाईआक्साइड निकलता है, जिससे प्रदूषण बढ़ता है और ओजोन लेयर कमजोर होती है। अब यूरोपीय देशों सहित अमेरिका भी सौर ऊर्जा की ओर तेजी से अग्रसर है और यह माना जा रहा है कि आगामी 25 सालों में पूरे विश्व में जरूरत की ऊर्जा का लगभग 40 प्रतिशत बिजली सौर ऊर्जा प्लांट से मिल जाएगा। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी इस दिशा में तेजी से काम करते हुए सौर ऊर्जा की योजना को पूरे देश में लागू कर चुके हैं। हमें इसमें अपनी भागीदारी निभानी चाहिए।डॉ. रमन सिंह ने मंडल के प्रकल्पों की चर्चा करते हुए कहा कि कई दशकों से जिस तरह समाजसेवा के यह कार्य सुचारू रूप से चल रहे है, उन्हें पूरा विश्वास है कि भविष्य में गुरुकुल और गोशाला भी अन्य प्रकल्पों की तरह ही समाजसेवा के क्षेत्र में मील का पत्थर साबित होंगे। उन्होंने महाराष्ट्र मंडल के अध्यक्ष अजय मधुकर काले की दो मांगों मराठी साहित्य एवं कला अकादमी और सर्व समाज आयोग को लेकर कहा कि वे इन दोनों मांगों के संदर्भ में मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय एवं संबंधित अधिकारियों से चर्चा करेंगे।80 फीसदी बिजली बिल घट जाएगा मंडल काकार्यक्रम के विशेष अतिथि सीएसपीडीसीएल के प्रबंध निदेशक भीम सिंह कंवर ने महाराष्ट्र मंडल के 100 केवी सौर ऊर्जा प्लांट की प्रशंसा की और कहा कि अपने स्टाफ के साथियों से जब उन्होंने इस संदर्भ पर चर्चा की तो पता चला कि इस समय महाराष्ट्र मंडल की बिजली खपत प्रतिमाह 13 हजार यूनिट है, जबकि 100 केवी सौर ऊर्जा प्लांट लगने से मंडल का ही ऊर्जा उत्पादन प्रतिमाह करीब 10 हजार यूनिट प्रतिमाह होगा। इसका आशय है कि अगले माह से महाराष्ट्र मंडल का लगभग 75 से 80 प्रतिशत तक का बिजली बिल कम हो जाएगा और 100 केवी ऊर्जा संयंत्र लगाने में आई लागत महज चार सालों में रिकवर हो जाएगी। उसके बाद बिजली उत्पादन से मिलने वाली राशि महाराष्ट्र मंडल के समाजसेवी कार्यों में काम आएगी।अध्यक्षीय संबोधन में अजय मधुकर काले ने महाराष्ट्र मंडल की ओर से मुख्य अतिथि डॉ. रमन सिंह को दिए जाने वाले दोनों मांग पत्र की जानकारी दी और विश्वास व्यक्त किया कि यह मांगें अतिशीघ्र पूरी हो जाएंगी। काले ने कहा कि साल 1935 से लेकर आज तक महाराष्ट्र मंडल के हर एक सभासद जितनी शिद्दत, जुनून और समर्पण के साथ काम कर रहे है , उससे ही यह संस्था लगातार आगे बढ़ती जा रही है और आगे बढ़ेगी भी। इससे पहले सचिव चेतन गोविंद दंडवते ने महाराष्ट्र मंडल के 91 वर्षों के गौरवशाली इतिहास की जानकारी दी। शपथ ग्रहण समारोह का संचालन दीपक हटवार ने किया। जबकि आभार प्रदर्शन मंडल उपाध्यक्ष गीता श्याम दलाल ने किया। इस मौके पर पार्षद आनंद अग्रवाल सहित अनेक गणमान्य नागरिकों, मंडल के सभासदों व पदाधिकारियों से मंडल का संत ज्ञानेश्वर सभागृह खचाखच भरा रहा।
- -विधानसभा अध्यक्ष डॉ रमन सिंह ने फ़ोन पर रजत पदक विजेता ज्ञानेश्वरी को बधाई दी, साथ भी उनके परिवार को इस जीत पर शुभकामनाएं व्यक्त की हैंराजनांदगांव । स्कॉटलैंड के ग्लासगो में आयोजित कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 की वेटलिफ्टिंग स्पर्धा में राजनांदगांव की प्रतिभाशाली खिलाड़ी सुश्री ज्ञानेश्वरी यादव द्वारा रजत पदक जीतकर देश एवं छत्तीसगढ़ का गौरव बढ़ाने पर छत्तीसगढ़ विधानसभा अध्यक्ष एवं राजनांदगांव विधायक डॉ. रमन सिंह ने उन्हें हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएँ दी हैं।डॉ. रमन सिंह ने अपने सोशल मीडिया हैंडल पर लिखा कि “कॉमन वेल्थ गेम्स 2026 में हमारे राजनांदगांव की होनहार बेटी और खेलो इंडिया की एथलीट ज्ञानेश्वरी यादव जी ने वेटलिफ्टिंग में रजत पदक जीतकर पूरे विश्व में छत्तीसगढ़ महतारी का मान बढ़ाया है। उनकी यह ऐतिहासिक उपलब्धि देश के प्रत्येक युवा खिलाड़ी के लिए प्रेरणास्रोत है। इस शानदार सफलता पर उन्हें हृदय से बधाई एवं सफलताओं के नव भविष्य के लिए अनंत शुभकामनाएँ। हम सभी को विश्वास है कि आप आगे भी अपने उत्कृष्ट प्रदर्शन से देश और प्रदेश का नाम रोशन करती रहेंगी।”इसके साथ ही विधानसभा अध्यक्ष डॉ रमन सिंह ने रजत पदक विजेता ज्ञानेश्वरी यादव को फ़ोन पर बधाई देकर उनकी सराहना की और उनके परिजनों को इस सफलता पर अनेकानेक शुभकामनाएं व्यक्त की हैं।
- -’अंतरराष्ट्रीय मानकों के अनुरूप खुद को अपडेट रखें कोच व खेल अधिकारी’-उप मुख्यमंत्री ने खेल विभाग के कार्यों की समीक्षा की-सभी खेल आयोजनों में मौजूद रहकर खेल प्रतिभाओं पर नजर रखने के दिए निर्देश-हर जिले में सभी खेलों के संघ बनाने कहारायपुर। उप मुख्यमंत्री तथा खेल एवं युवा कल्याण मंत्री श्री अरुण साव ने आज खेल विभाग के कार्यों की समीक्षा की। उन्होंने रायपुर के एक निजी होटल में आयोजित समीक्षा बैठक में विभागीय अधिकारियों और प्रशिक्षकों को छत्तीसगढ़ में नई खेल संस्कृति विकसित करने तथा खेल हब बनाने नई सोच एवं विजन के साथ काम करने के निर्देश दिए। उन्होंने स्कूल शिक्षा, उच्च शिक्षा, आदिम जाति कल्याण, पुलिस और वन विभाग सहित विभिन्न विभागों के खेल आयोजनों में मौजूद रहकर कम उम्र की प्रतिभाओं को खोजने तथा उनके समुचित प्रशिक्षण व मार्गदर्शन की व्यवस्था करने को कहा। उन्होंने इन आयोजनों में सक्रिय भूमिका निभाते हुए आयोजकों को आवश्यक सुझाव, सहयोग और मार्गदर्शन प्रदान करने को भी कहा। खेल एवं युवा कल्याण विभाग के सचिव श्री यशवंत कुमार और संचालक श्रीमती तनुजा सलाम भी बैठक में शामिल हुईं।उप मुख्यमंत्री श्री अरुण साव ने बैठक में विभाग द्वारा आयोजित किए जाने वाले ग्रीष्मकालीन खेल प्रशिक्षण शिविरों के व्यापक प्रचार-प्रसार के साथ ही ज्यादा से ज्यादा खिलाड़ियों एवं खेल संघों को इससे जोड़ने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि ये प्रशिक्षण शिविर स्थानीय स्तर पर खेलों का वातावरण तैयार करने का बड़ा माध्यम है। उन्होंने खेल एवं खिलाड़ियों के लिए अच्छा वातावरण तैयार करने हर जिले में सभी खेलों के संघ बनाने को कहा। उन्होंने शासन द्वारा सहयोग प्रदान करने सभी खेल संघों एवं एशोसिएशन्स का पंजीयन कराने को भी कहा।उप मुख्यमंत्री श्री साव ने राज्य शासन द्वारा निर्मित खेल अधोसंरचनाओं के साथ ही खेलो इंडिया सेंटर्स की प्रशिक्षण सुविधाओं और प्रशिक्षकों के माध्यम से राज्य के खिलाड़ियों को तराशने के निर्देश दिए। उन्होंने प्रतिभावान खिलाड़ियों की कम उम्र में ही पहचान कर उनके प्रशिक्षण एवं ग्रूमिंग के लिए अच्छी व्यवस्थाएं सुनिश्चित करने को कहा। उन्होंने सभी जिलों के खेल अधिकारियों को अपने-अपने जिले के राष्ट्रीय व अंतरराष्ट्रीय खिलाड़ियों के साथ ही अच्छी संभावनाओं वाले खिलाड़ियों की विस्तृत प्रोफाइल तैयार करने के निर्देश दिए। उन्होंने खिलाड़ियों को बड़ी प्रतियोगिताओं के लिए तैयार करने राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय खिलाड़ियों का सहयोग लेने को भी कहा।उप मुख्यमंत्री ने विभिन्न जिलों में निर्माणाधीन खेल परिसरों, खेल मैदानों एवं स्टेडियमों के निर्माण के दौरान नियमित रूप से कार्यों का अवलोकन कर खिलाड़ियों की जरूरतों के अनुरूप निर्माण सुनिश्चित करने को कहा। उन्होंने संबंधित जिले के लोक निर्माण विभाग के कार्यपालन अभियंता के नियमित संपर्क में रहकर कार्यों को तेजी से पूर्ण कराने के निर्देश दिए। श्री साव ने बैठक में मौजूद लोक निर्माण विभाग के मुख्य अभियंता श्री वी.एस. कोरम को खेल अधोसंरचनाओं से जुड़े निर्माण कार्यों को प्राथमिकता के साथ जल्द से जल्द पूर्ण करने को कहा। उन्होंने सभी आवश्यक प्रक्रियाओं को तेजी से पूर्ण कर अप्रारंभ कार्यों को यथाशीघ्र शुरू करने के निर्देश दिए। उन्होंने उप मुख्यमंत्री कार्यालय को हर महीने इन कार्यों की प्रगति की रिपोर्ट देने को भी कहा।श्री साव ने सभी खेल अधिकारियों को अपने-अपने जिले में विकासखंड शिक्षा अधिकारियों से मिलकर स्कूलों में प्रतिदिन खेलों का एक पीरिएड सुनिश्चत कराने के निर्देश दिए। उन्होंने जनपद पंचायतों के मुख्य कार्यपालन अधिकारियों के माध्यम से हर गांव के सरपंच और सचिव की बैठक कर उन्हें गांवों में खेलों के लिए अच्छा माहौल तैयार करने के लिए प्रेरित करने को कहा। उप मुख्यमंत्री श्री साव ने प्रशिक्षकों और खेल अधिकारियों को अंतरराष्ट्रीय मानकों के अनुरूप नई तकनीकों, खेल उपकरणों, नए नियमों और नियामक संस्थाओं से अपडेट रहने के निर्देश दिए। खेल एवं युवा कल्याण विभाग के संयुक्त संचालक श्री प्रभाकर पाण्डेय, उप संचालक श्रीमती रश्मि ठाकुर और श्री रवि अग्रवाल सहित सभी जिलों के खेल अधिकारी, वरिष्ठ प्रशिक्षक एवं प्रशिक्षक समीक्षा बैठक में मौजूद थे।
- -दो बच्चों की मृत्यु के मामलों के बीच स्वास्थ्य विभाग ने साझा की जांच व उपचार की विस्तृत जानकारीरायपुर। उत्तर बस्तर कांकेर जिले में मलेरिया से संबंधित दो मृत्यु के मामलों के संबंध में स्वास्थ्य विभाग ने विस्तृत जानकारी जारी की है। विभाग के अनुसार दोनों मामलों में बच्चों की जांच, उपचार, रेफरल तथा संबंधित क्षेत्रों में मलेरिया जांच की कार्रवाई की गई। 22 जुलाई को चलाए गए मलेरिया मुक्त अभियान के अंतर्गत दोनों संबंधित क्षेत्रों में जांच के दौरान रिपोर्ट निगेटिव पाई गई थी।सुभाष कुमेटी (उम्र 10 वर्ष), ग्राम डुडेरापाल, विकासखंड केशकाल, जिला कोंडागांव, बालक आश्रम मर्दापोटी में रहकर अध्ययनरत था। आश्रम के दो बच्चों की तबीयत खराब होने पर 21 जुलाई को उन्हें प्राथमिक स्वास्थ्य केन्द्र ले जाया गया, जहां आरडी किट जांच में पीएफआर पाया गया और चिकित्सक द्वारा एसीटी एवं प्राइमाक्वीन की पहली खुराक दी गई। 22 जुलाई को स्वास्थ्य विभाग की टीम ने आश्रम के 46 बच्चों की जांच की, जिसमें दो अन्य बच्चों की रिपोर्ट पीएफआर पॉजिटिव पाई गई और उन्हें मलेरिया की दवा दी गई। आरएफएस के दौरान सुभाष की जांच निगेटिव पाई गई।24 जुलाई को सुभाष को पुनः प्राथमिक स्वास्थ्य केन्द्र भेजा गया, जहां जांच पीएफआर पॉजिटिव आई। उपचार की पहली खुराक देने के बाद शेष दवा आश्रम अधीक्षक को दी गई। 25 जुलाई की सुबह बच्चे के परिजन उसे अपने साथ गृहग्राम डुडेरापाल ले गए। अगले दिन सुबह 3 बजे उसकी तबीयत खराब होने पर उसे मेडिकल कॉलेज अस्पताल कांकेर में भर्ती कराया गया, जहां 26 जुलाई की सुबह उपचार के दौरान उसकी मृत्यु हो गई। दूसरे प्रकरण में ग्राम डोमाहर्रा, विकासखंड कांकेर निवासी तीजाराम विश्वकर्मा अपनी तीन बेटियों—रवीना विश्वकर्मा (11 वर्ष), सलीना (5 वर्ष) एवं करीना विश्वकर्मा (9 वर्ष)—को बुखार की शिकायत पर 23 जुलाई को आयुष्मान आरोग्य मंदिर डोमाहर्रा लेकर गए। आरडी किट जांच में तीनों बच्चियों को पीएफआर पॉजिटिव पाया गया। स्वास्थ्य कार्यकर्ताओं द्वारा एसीटी एवं प्राइमाक्वीन की पहली खुराक दी गई तथा शेष दवा अभिभावक को दी गई। उसी दिन उनके घर के आसपास आरएफएस भी किया गया।24 जुलाई को बच्चों के पिता की जांच निगेटिव आई, लेकिन स्वास्थ्य ठीक नहीं होने पर उन्हें 108 के माध्यम से सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र धनेलीकन्हार भेजा गया। तीनों बच्चियों को भी वहां भर्ती कराया गया। तीजाराम की पुनः जांच पीएफआर पॉजिटिव पाई गई और उपचार किया गया। करीना की तबीयत अचानक बिगड़ने पर 25 जुलाई की रात मेडिकल कॉलेज कांकेर रेफर किया गया, जहां उपचार के दौरान 25 जुलाई की सुबह 7:30 बजे उसकी मृत्यु हो गई।मलेरिया नियंत्रण के लिए जांच और निगरानी पर जोरस्वास्थ्य विभाग ने बताया कि दोनों प्रकरणों से जुड़े क्षेत्रों में 22 जुलाई को मलेरिया मुक्त अभियान के तहत जांच की गई थी, जिसमें संबंधित जांच निगेटिव पाई गई थी। विभाग द्वारा बुखार के मामलों की पहचान, त्वरित जांच, समय पर उपचार तथा आवश्यकतानुसार उच्च स्वास्थ्य संस्थान में रेफरल की कार्रवाई की जा रही है। file photo
- रायपुर। छत्तीसगढ़ स्टेट पावर ट्रांसमिशन कंपनी के मानव संसाधन विभाग द्वारा ‘प्रकृति का ख्याल रखें, आपदा के लिए तैयार रहें’ अभियान के अंतर्गत आज सेवा भवन, में विशेष जागरूकता एवं आध्यात्मिक सशक्तिकरण कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम में ब्रह्माकुमारी बीके माधुरी दीदी (सदस्य साइंटिस्ट, इंजीनियर एवं आर्किटेक्ट विंग सी ई ए) ने पर्यावरण संरक्षण, आपदा पूर्व तैयारी, मानसिक संतुलन एवं आध्यात्मिक सशक्तिकरण विषय पर उपस्थित अधिकारी-कर्मचारियों को मार्गदर्शन प्रदान किया।इस अवसर पर ट्रांसमिशन कंपनी के प्रबंध निदेशक ट्रांसमिशन श्री आरके शुक्ला ने कहा कि बिजली क्षेत्र में संकट, आपदा और चुनौतियां हमेशा रहती है बिजली कर्मियों का काम इन परिस्थितियों से निपटना और समय से विद्युत बहाली करना के कार्य में निश्चित ही हम सभी तनाव में रहते है । आज के कार्यक्रम में आपदा की स्थिति में तनाव में नियंत्रित हो कर काम करने के गुर सिखाए गए। यह हम सभी के लिए लाभदायक आयोजन रहा।कार्यक्रम के दौरान दूसरी वक्ता भावना दीदी ने विभिन्न प्रेरक प्रसंगों, कहानियों एवं मनोवैज्ञानिक गतिविधियों के माध्यम से आपदा की परिस्थितियों में धैर्य एवं संयम बनाए रखने के उपाय बताए। उन्होंने कहा कि किसी भी आपदा के समय घबराहट के बजाय शांत मन, सकारात्मक सोच और संयमित व्यवहार संकट से निपटने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है।उन्होंने बताया कि ‘प्रकृति का ख्याल रखें, आपदा के लिए तैयार रहें’ अभियान छह चरणों में संचालित किया जा रहा है। इसके प्रथम चरण में पानीपत से जम्मू, द्वितीय चरण में माउंट आबू से महाराष्ट्र तथा तृतीय चरण में रायपुर से जबलपुर तक विभिन्न कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं। इसी क्रम में रायपुर में यह जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम के समापन अवसर पर वक्ताओं ने उपस्थित अधिकारी-कर्मचारियों को पर्यावरण संरक्षण एवं प्रकृति के प्रति अपनी जिम्मेदारियों के निर्वहन का संकल्प दिलाया। इस अवसर पर मुख्य अभियंता मानव संसाधन ट्रांसमिशन श्रीमती रश्मि वर्मा एवं मुख्य अभियंता शारदा सोनवानी अतिरिक्त मुख्य अभियंता श्री भूषण लाल वर्मा उपस्थित थे ।
- -विभागाध्यक्ष कार्यालयों और जिलों में भी हर माह आयोजित होंगे सम्मान कार्यक्रम- मुख्य सचिवरायपुर /मुख्य सचिव श्री विकासशील ने आज मंत्रालय महानदी भवन, नवा रायपुर अटल नगर में आयोजित मासिक सम्मान कार्यक्रम में ई-ऑफिस के माध्यम से फाइलों (नस्तियों) के त्वरित एवं प्रभावी निराकरण तथा समयबद्ध उपस्थिति सुनिश्चित करने वाले मंत्रालयीन अधिकारियों एवं कर्मचारियों को जून माह के लिए प्रशंसा पत्र प्रदान कर सम्मानित किया। कार्यक्रम में मंत्रालय के अधिकारी-कर्मचारी, सभी विभागाध्यक्ष तथा प्रदेश के सभी जिलों के कलेक्टर वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से शामिल हुए।जिला व विभागाध्यक्ष स्तर पर सम्मानमुख्य सचिव ने निर्देश दिए कि मंत्रालय की तर्ज पर विभागाध्यक्ष कार्यालयों एवं जिला स्तर पर भी हर माह उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले कर्मचारियों को प्रोत्साहित करने के लिए नियमित सम्मान कार्यक्रम आयोजित किए जाएं। 100% डिजिटल ऑनबोर्डिंग: ई-एचआरएमएस (e-HRMS), स्पैरो (SPARROW) और ई-ऑफिस प्रणालियों में सभी अधिकारी-कर्मचारियों की शत-प्रतिशत ऑनबोर्डिंग सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए। ऑनलाइन एसीआर व बायोमेट्रिक उपस्थिति: वर्ष 2025-26 के लिए वार्षिक गोपनीय प्रतिवेदन (ACR) ऑनलाइन भरने और आधार-सक्षम बायोमेट्रिक प्रणाली से उपस्थिति दर्ज कराने को अनिवार्य किया गया है।राज्य स्तर पर पुरस्कारअगले माह से ई-ऑफिस में सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन करने वाले विभागाध्यक्ष कार्यालय और सर्वश्रेष्ठ जिला कार्यालय को राज्य स्तर पर सम्मानित किया जाएगा। 1 अप्रैल 2026 से 31 जुलाई 2026 तक की अवधि का संचयी आकलन कर स्कोरबोर्ड और जिलों/विभागों की रैंकिंग जारी की जाएगी।उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले विभाग एवं अधिकारी सम्मानितविभागीय श्रेणी (Top 3) प्रथम लोक स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग, द्वितीय गृह विभाग, तृतीय वन एवं जलवायु परिवर्तन विभाग को सम्मानित किया गया इसी प्रकार अधिकारी श्रेणी में शीर्ष स्थान प्राप्तकर्ता संयुक्त सचिव श्रेणी में श्री भूपेन्द्र कुमार राजपूत (आदिम जाति विकास) - प्रथम, श्री अनुपम त्रिवेदी (अ.जनजाति विकास) - द्वितीय, श्री सच्चिदानंद आलोक (पंचायत एवं ग्रामीण विकास) -तृतीय। उप सचिव श्रेणी में श्री दूरदेशी राम सोन्टापर (वन एवं जलवायु परिवर्तन)-प्रथम, श्री शिव कुमार सिंह (वाणिज्यिक कर) -द्वितीय, श्री किशोर कुमार भूआर्य (सामान्य प्रशासन-1) -तृतीय स्थान पर रहे, जिन्हे सम्मानित किया गया।अवर सचिव श्रेणी में श्री पूरन लाल साहू (गृह) -प्रथम, श्री मगन लाल पवार (वाणिज्य एवं उद्योग) -द्वितीय, श्री अरुण कुमार मिश्रा (विधि एवं विधायी कार्य) -तृतीय, अनुभाग अधिकारी श्रेणी में श्री नंद कुमार मेश्राम (सामान्य प्रशासन-1) -प्रथम, श्री शिवकुमार गोंड (पंचायत एवं ग्रामीण विकास) -द्वितीय, श्री वीरेन्द्र कुमार (स्वास्थ्य विभाग) -तृतीय स्थान पर रहे, विशेष सम्मान सहायक अनुभाग अधिकारी श्रेणी में श्री आलोक जोशी (आई टी विभाग) तथा वरिष्ठ सचिवालय सहायक श्रेणी में सुश्री ललिता राय (चिकित्सा शिक्षा विभाग) को सम्मानित किया गया। कनिष्ठ सचिवालय सहायक में श्री उमेश यादव - प्रथम, श्री प्रभु सिंह राठिया - द्वितीय, श्री सतकुमार भास्कर -तृतीय, कम्प्यूटर ऑपरेटर श्रेणी में श्री अभिषेक दास -प्रथम, श्रीमती माया देवांगन -द्वितीय, श्री अमित हूमाने -तृतीय, इसके अलावा, समयबद्ध कार्यालयीन उपस्थिति के लिए उप सचिव श्रीमती क्लेमेनटिना लकड़ा, अवर सचिव श्रीमती दिव्या वैष्णव सहित 19 अन्य अधिकारियों व कर्मचारियों को भी प्रशंसा पत्र देकर सम्मानित किया गया।
- -छत्तीसगढ़ सदन में केंद्रीय जल शक्ति मंत्री की अध्यक्षता में समीक्षा बैठक का आयोजनरायपुर ।नई दिल्ली स्थित छत्तीसगढ़ सदन में सोमवार शाम जल जीवन मिशन (जे.जे.एम.) 2.0 के प्रभावी क्रियान्वयन को लेकर समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक की अध्यक्षता केंद्रीय जल शक्ति मंत्री सीआर पाटिल ने की। इस दौरान छत्तीसगढ़ के लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी मंत्री श्री अरुण साव सहित राज्य के लोकसभा एवं राज्यसभा सांसद उपस्थित रहे। बैठक में सांसदों के संसदीय क्षेत्रों में जल जीवन मिशन की प्रगति, योजनाओं की वर्तमान स्थिति तथा आगामी कार्ययोजना पर विस्तृत चर्चा की गई।बैठक में छत्तीसगढ़ के लोकसभा सांसद व केंद्रीय राज्य मंत्री श्री तोखन साहू, श्री चिंतामणि महाराज, श्री राधेश्याम राठिया, श्रीमती कमलेश जांगड़े, श्रीमती ज्योत्सना महंत, श्री संतोष पांडेय, श्री विजय बघेल, श्री बृजमोहन अग्रवाल, श्रीमती रूपकुमारी चौधरी, श्री महेश कश्यप और श्री भोजराज नाग तथा राज्यसभा सांसद राजा देवेंद्र प्रताप सिंह, श्रीमती लक्ष्मी वर्मा और श्रीमती फूलो देवी नेताम उपस्थित रहे।बैठक में जल जीवन मिशन 2.0 के अंतर्गत ग्रामीण क्षेत्रों में हर घर तक सुरक्षित पेयजल उपलब्ध कराने, परियोजनाओं में तेजी लाने, गुणवत्ता सुनिश्चित करने तथा जनप्रतिनिधियों के सुझावों के आधार पर योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन पर विचार-विमर्श किया गया। सांसदों ने अपने-अपने संसदीय क्षेत्रों से जुड़े सुझाव और आवश्यकताएं भी साझा की।बैठक में मिशन के कार्यों की नियमित मॉनिटरिंग, समयबद्ध क्रियान्वयन तथा केंद्र और राज्य सरकार के समन्वय से योजनाओं को गति देने पर विशेष जोर दिया गया। अधिकारियों ने जल जीवन मिशन 2.0 की प्रमुख विशेषताओं और क्रियान्वयन रणनीति की भी जानकारी प्रस्तुत की।बैठक में सांसदों की भूमिका पर भी विस्तार से चर्चा की गई। जनप्रतिनिधियों से आग्रह किया गया कि वे जिला स्तरीय DIHSA की बैठकों में सक्रिय भागीदारी निभाते हुए योजनाओं के क्रियान्वयन में आने वाली बाधाओं के समाधान में सहयोग करें। साथ ही, 'जल अर्पण' कार्यक्रमों में सहभागिता कर पूर्ण हो चुकी पेयजल योजनाओं के लोकार्पण तथा ग्राम पंचायतों को उनके हस्तांतरण को प्रोत्साहित करें। जल जीवन मिशन के लक्ष्यों को समयबद्ध तरीके से पूरा करने के लिए राज्य एवं जिला प्रशासन के साथ समन्वय स्थापित कर योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन में सहयोग देने का भी आह्वान किया गया। बैठक में केंद्रीय जलशक्ति मंत्रालय के अधिकारियों सहित छत्तीसगढ़ के लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग के सचिव श्री मोहम्मद कैसर अब्दुल हक़ भी उपस्थित रहे।
- -खेल प्रशासक, विशेषज्ञ, स्पोर्ट्स साइंटिस्ट और नामचीन खिलाड़ी खेल व खिलाड़ियों के लिए बेहतर सुविधाओं, प्रशिक्षण और अधोसंरचना पर करेंगे मंथन-मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय भी होंगे शामिल, खेलो इंडिया ट्राइबल गेम्स में राज्य के पदक विजेता खिलाड़ियों को देंगे प्रोत्साहन राशि-उप मुख्यमंत्री श्री अरुण साव कॉन्क्लेव का करेंगे शुभारंभरायपुर।. छत्तीसगढ़ में पहली बार स्पोर्ट्स कॉन्क्लेव का आयोजन 28 जुलाई को किया जा रहा है। राजधानी रायपुर के कोर्टयार्ड-बाइ-मेरियट होटल में आयोजित कॉन्क्लेव में देशभर के खेल प्रशासक, विशेषज्ञ, स्पोर्ट्स साइंटिस्ट और नामचीन खिलाड़ी राज्य में खेल एवं खिलाड़ियों के लिए बेहतर सुविधाओं, प्रशिक्षण और अधोसंरचना के रोडमैप पर मंथन करेंगे। मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय भी शाम के सत्र में शामिल होंगे। वे इस दौरान इस साल छत्तीसगढ़ में हुए प्रथम खेलो इंडिया ट्राइबल गेम्स में राज्य के लिए पदक जीतने वाले खिलाड़ियों को प्रोत्साहन राशि प्रदान करेंगे। उप मुख्यमंत्री तथा खेल एवं युवा कल्याण मंत्री श्री अरुण साव सवेरे 11 बजे कॉन्क्लेव का शुभारंभ करेंगे।28 जुलाई को दिनभर चलने वाले स्पोर्ट्स कॉन्क्लेव के अलग-अलग 7 सत्रों में विशेषज्ञ खिलाड़ियों के प्रशिक्षण, क्षमता विकास, स्पोर्ट्स साइंस, उच्च स्तर पर भागीदारी, खेल के लिए बेहतर माहौल व सुविधाएं तैयार करने और खेल अधोसंरचना को मजबूत बनाने जैसे विविध विषयों पर विचार-विमर्श करेंगे। कॉन्क्लेव के समापन सत्र में सभी सत्रों में हुई चर्चा के निष्कर्ष साझा किए जाएंगे। राज्य में खेल और खिलाड़ियों के विकास के लिए इन निष्कर्षों को अमल में लाया जाएगा।उप मुख्यमंत्री श्री अरुण साव कॉन्क्लेव के उद्घाटन सत्र में 'लीडरशिप, खेल प्रोत्साहन एवं प्रतिभा पहचान' विषय पर अपने विचार रखेंगे। इस दौरान राज्य की अंतरराष्ट्रीय कबड्डी खिलाड़ी सुश्री संजू देवी, अंतरराष्ट्रीय फुटबॉलर सुश्री किरण पिस्दा, तैराक सुश्री अनुष्का भगत और एथलीट श्री लकी मरकाम उप मुख्यमंत्री के साथ मंच साझा करेंगे।इन विषयों पर होगा मंथनकॉन्क्लेव में भागीदारी कर रहे खेल प्रशासक, विशेषज्ञ, खेल विज्ञानी और नामचीन खिलाड़ी लीडरशिप, खेल प्रोत्साहन एवं प्रतिभा पहचान (Leadership, Sports Promotion & Talent Identification), विजन 2036 : भारत के अगले ओलंपिक चैंपियनों की तैयारी (Vision 2036 : Preparing India’s Next Generation of Olympic Champions), खेलों के विकास के संभावित मार्ग (Possible Pathways in Sports Development), खेलों के विकास में खेल महासंघों एवं संघों की भूमिका (Role of Sports Federations & Associations in Development of Sports), चोट से उत्कृष्टता तक : खेल विज्ञान की भूमिका (From Injury to Excellence : The Role of Sports Science in Recovery and Performance), खेल अधोसंरचना, अकादमियों एवं ओलंपिक विज़न में पब्लिक-प्राइवेट पार्टनरशिप (PPP for Sports Infrastructure, Academies & Olympic Vision), खेलो इंडिया मिशन : एक खेल राष्ट्र का निर्माण (Khelo India Mission : Building a Sporting Nation) तथा छत्तीसगढ़ की पदक रणनीति एवं राज्य खेल नीति (Medal Strategy for Chhattisgarh & State Sports Policy) पर चर्चा करेंगे।मुख्य वक्ता के रूप में ये होंगे शामिलकॉन्क्लेव के अलग-अलग सत्रों में मुख्य वक्ता के रूप में ओलंपियन श्री जिन्सन जॉनसन, प्रख्यात शिक्षाविद एवं खेल वैज्ञानिक डॉ. रत्नेश सिंह, छत्तीसगढ़ ओलंपिक संघ के महासचिव श्री विक्रम सिसोदिया, हाई परफॉर्मेंस एनॉलिस्ट श्री रोनक कोठारी, पीईएफआई के राष्ट्रीय सचिव डॉ. पियूष जैन और खेलो इंडिया के उप महानिदेशक श्री मयंक श्रीवास्तव अपने विचार साझा करेंगे।
- -रायपुर, बिलासपुर और दुर्ग के तुलनात्मक अध्ययन में जुलाई माह में बिजली खपत में उल्लेखनीय कमी दर्जरायपुर । स्मार्ट मीटर को लेकर फैलाई जा रही भ्रांतियों और अफवाहों के बीच छत्तीसगढ़ स्टेट पावर डिस्ट्रीब्यूशन कंपनी ने प्रदेश के विभिन्न क्षेत्रीय कार्यालयों में स्मार्ट मीटर लगे घरेलू उपभोक्ताओं की बिजली खपत का तीन माह का तुलनात्मक अध्ययन कराया है। मई, जून और जुलाई 2026 की खपत के विश्लेषण में यह सामने आया कि अधिकांश उपभोक्ताओं की बिजली खपत जुलाई माह में कम हुई है।रायपुर शहर क्षेत्र के 3,11,374 घरेलू स्मार्ट मीटर उपभोक्ताओं के अध्ययन में 1 जून से 26 जून 2026 के दौरान कुल बिजली खपत लगभग 10.85 करोड़ यूनिट दर्ज की गई थी, जबकि 1 जुलाई से 26 जुलाई 2026 के दौरान यह घटकर लगभग 7.77 करोड़ यूनिट रह गई। अर्थात कुल 28 प्रतिशत की कमी दर्ज की गई। यदि 400 यूनिट से ज्यादा खपत करने वाले उपभोक्ताओं की बात करें, तो 1 लाख 21 हजार 135 उपभोक्ताओ के बिलों के विश्लेषण से पता चलता है, कि उनकी खपत में लगभग 44 प्रतिशत की कमी हुई है।कारण स्पष्ट है, कि खपत का आधार स्मार्ट मीटर नहीं अपितु उपभोक्ताओं द्वारा की जा रही वास्तविक खपत है। ऐसेे उपभोक्ता जिनके आवासों में स्मार्ट मीटर नहीं लगे थे उनकी खपत में भी माह अप्रैल-मई-जून में पिछले वर्ष की तुलना में वृद्धि दर्ज हुई है।उदाहरणः-1. अवंती विहार रायपुर- उपभोक्ता क्र. 100060XXXX, संयोजित भार 5 किलोवाटi. अप्रैल- 2025 की खपत 1611 यूनिट, अप्रैल- 2026 की खपत 2071 यूनिटii. मई- 2025 की खपत 1503 यूनिट, मई- 2026 की खपत 2592 यूनिटiii. जून- 2025 की खपत 895 यूनिट, जून- 2026 की खपत 2487 यूनिट2. राजीव नगर रायपुर- उपभोक्ता क्र. 100000XXXX, संयोजित भार 10 किलोवाटi. अप्रैल- 2025 की खपत 1019 यूनिट, अप्रैल- 2026 की खपत 1065 यूनिटii. मई- 2025 की खपत 885 यूनिट, मई- 2026 की खपत 1383 यूनिटiii. जून- 2025 की खपत 896 यूनिट, जून- 2026 की खपत 1762 यूनिट3. कचना रायपुर- उपभोक्ता क्र. 100658XXXX, संयोजित भार 8 किलोवाटi. अप्रैल- 2025 की खपत 1332 यूनिट, अप्रैल- 2026 की खपत 1360 यूनिटii. मई- 2025 की खपत 1156 यूनिट, मई- 2026 की खपत 1709 यूनिटiii. जून- 2025 की खपत 759 यूनिट, जून- 2026 की खपत 1579 यूनिटइसी प्रकार दुर्ग शहर के चयनित 240 स्मार्ट मीटर उपभोक्ताओं जिनकी खपत 400 यूनिट से अधिक थी, के तीन माह के तुलनात्मक अध्ययन में भी जुलाई माह में बिजली की खपत में उल्लेखनीय कमी दर्ज की गई। अध्ययन मे़ं जुलाई 2026 में कुल बिजली खपत 76,257 यूनिट रही, जबकि जून 2026 में यह 1,65,411 यूनिट तथा मई 2026 में 1,75,451 यूनिट थी। इस प्रकार जुलाई माह में लगभग 53 प्रतिशत की कमी खपत में दर्ज हुई है।बिलासपुर के सिटी सर्किल में 400 यूनिट से अधिक मासिक खपत वाले 9,717 स्मार्ट मीटर उपभोक्ताओं का विश्लेषण किया गया। इसमें मई माह की औसत खपत 524 यूनिट, जून में 596 यूनिट तथा जुलाई में घटकर 312 यूनिट दर्ज की गई। इस प्रकार जुलाई की खपत लगभग 43 प्रतिशत कम हुई है।निष्कर्षः-1. उपभोक्ता जो एसी का उपयोग करते है, जिससे इनकी खपत 400 यूनिट से अधिक होती है। इन्हे मुख्यमंत्री ऊर्जा राहत जन अभियान योजना का लाभ नहीं मिल पाता है जिसके कारण विद्युत देयक में वृद्धि परिलक्षित होती है। परंतु जुलाई माह की सिस्टम से निकाले गए आंकडों में ऐसे उपभोक्ताओं की खपत में भी उल्लेखनीय कमी हुई है, जिससे माह जुलाई की खपत जिसका बिल अगस्त में आयेगा की देय राशि कम होगी एवं अधिक उपभोक्ताओं को मुख्यमंत्री ऊर्जा राहत जन अभियान योजना का लाभ प्राप्त होगा।2. ऐसे उपभोक्ता जिनके आवासों में स्मार्ट मीटर नहीं लगा है, की खपत में भी मई और जून के माह में विगत वर्ष की तुलना में वृद्धि हुई है। परंतु जुलाई के माह में इसी मीटर में कम खपत दर्ज हुई है।अर्थात अधिक खपत दर्ज करने में स्मार्ट मीटर कारण नहीं है बल्कि उपभोक्ता द्वारा विद्युत उपकरणों का अधिक उपयोग है।3. उपभोक्ताओं के कनेक्शनों में स्वीकृत भार से अधिक उपयोग करने पर लगातार तीन माहों में उच्चतम मांग अधिक दर्ज होने पर बिल के साथ सप्लाई अफोर्डिंग की राशि जुड़ रही थी। इसके कारण भी उपभोक्ताओं को अधिक बिजली बिल प्राप्त हो रहा था।आगामी विद्युत देयकों के लिए यह व्यवस्था की गई है कि स्वीकृत भार से उच्चतम मांग लगातार तीन माहों में अधिक दर्ज होने पर वर्ष में केवल एक बार सप्लाई अफोर्डिंग की राशि माह दिसंबर का बिल जो कि जनवरी में जारी होगा, में देय होगी।उपभोक्ता मोर बिजली ऐप के माध्यम से दैनिक खपत स्मार्ट मीटर लगे होने पर मोर बिजली ऐप में देख सकता है। सामान्य मीटर में भी मोर बिजली ऐप के माध्यम से मासिक खपत देखी जा सकती है, परंतु इस मीटर में दैनिक खपत का कोई आंकड़ा ऐप में दर्ज नहीं होता।उपभोक्ताओं की शंकाओं के समाधान के लिए विभाग द्वारा चेक मीटर भी लगाया जा रहा है, जिससे दोनों मीटरों में दर्ज खपत की तुलना कर समुचित निदान की व्यवस्था की गई है। अभी तक लगाये गये 4500 चेक मीटरों में दर्ज खपत और स्मार्ट मीटर में दर्ज खपत में एक समान है।उपभोक्ता विद्युत बिल संबंधी शिकायतों के निवारण के लिए टोल फ्री नंबर- 1912 पर संपर्क कर अपना संशय दूर कर सकता है।उपभोक्ताओं से विनम्र अनुरोध है, कि वे स्मार्ट मीटर के संबंध में किसी भी भ्रामक जानकारी पर विश्वास न करें। वे मोर बिजली ऐप और स्मार्ट मीटर पोर्टल के माध्यम से उपभोक्ता अपनी प्रतिदिन तथा प्रत्येक आधे घंटे की बिजली खपत स्वयं देख सकते हैं। इससे बिजली उपयोग की निगरानी और अनावश्यक खपत पर नियंत्रण आसान हो जाता है।छत्तीसगढ़ स्टेट पावर डिस्ट्रीब्यूशन कंपनी पारदर्शिता के साथ उपभोक्ताओं को तथ्यात्मक जानकारी उपलब्ध कराती रहेगी, ताकि स्मार्ट मीटर के संबंध में किसी भी प्रकार का भ्रम दूर हो सके।
- -सर्पदंश पीड़ित बालक का जिला चिकित्सालय कबीरधाम में सफल उपचार, 8 दिन बाद स्वस्थ होकर लौटा घर-उप मुख्यमंत्री श्री विजय शर्मा ने गंभीर मामले का लिया तत्काल संज्ञान, बेहतर उपचार के दिए निर्देश-विशेषज्ञ चिकित्सकों, एंटी स्नेक वेनम और सतत निगरानी से मिला नया जीवनरायपुर। संवेदनशील प्रशासन, समय पर चिकित्सा और विशेषज्ञ चिकित्सकों की तत्परता ने सर्पदंश से जूझ रहे चार वर्षीय मासूम को नया जीवन दिया। जिला चिकित्सालय कबीरधाम में सर्पदंश से पीड़ित बालक का सफल उपचार कर उसे पूरी तरह स्वस्थ अवस्था में अस्पताल से छुट्टी दे दी गई। उप मुख्यमंत्री श्री विजय शर्मा के निर्देश पर जिला प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग ने तत्काल सक्रियता दिखाते हुए उपचार की समुचित व्यवस्था सुनिश्चित की, जिसके परिणामस्वरूप आठ दिनों के गहन उपचार के बाद बालक पूरी तरह स्वस्थ होकर अपने घर लौट सका।ग्राम कुकरापानी, विकासखंड बोड़ला निवासी चार वर्षीय महेश बैगा को 20 जुलाई को सर्पदंश के बाद प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र तरेगांव से गंभीर अवस्था में जिला चिकित्सालय कवर्धा रेफर किया गया था। अस्पताल पहुंचने पर उसके पूरे चेहरे पर अत्यधिक सूजन (फेशियल स्वेलिंग) तथा आंखों में सब-कंजंक्टाइवल हेमरेज पाया गया। चिकित्सकों ने स्थिति की गंभीरता को देखते हुए तत्काल उपचार प्रारंभ किया।मामले की जानकारी मिलते ही उप मुख्यमंत्री श्री विजय शर्मा ने तत्काल संज्ञान लेते हुए जिला प्रशासन एवं स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों को बालक के बेहतर एवं त्वरित उपचार के निर्देश दिए। उनके निर्देशानुसार जिला चिकित्सालय में विशेषज्ञ चिकित्सकों की टीम ने पूरी संवेदनशीलता और तत्परता के साथ उपचार प्रारंभ किया तथा लगातार आठ दिनों तक बालक की गहन चिकित्सकीय निगरानी की गई।उपचार के दौरान बालक को आवश्यक दवाइयों के साथ समय पर एंटी स्नेक वेनम उपलब्ध कराया गया। विभिन्न आवश्यक जांचें नियमित रूप से की गईं तथा विशेषज्ञ चिकित्सकों द्वारा उसके स्वास्थ्य की लगातार मॉनिटरिंग की गई। उपचार का सकारात्मक प्रभाव दिखाई देने लगा और धीरे-धीरे उसकी स्थिति में निरंतर सुधार होता गया। अंततः चिकित्सकों ने उसे पूर्णतः स्वस्थ एवं स्थिर अवस्था में अस्पताल से डिस्चार्ज कर दिया। इस सफल उपचार में शिशु रोग विशेषज्ञ डॉ. सलिल मिश्रा, फैमिली मेडिसिन विशेषज्ञ डॉ. हर्षित टुवानी, डॉ. आशुतोष कुमार सहित जिला चिकित्सालय के नर्सिंग एवं सहयोगी स्टाफ की महत्वपूर्ण भूमिका रही। चिकित्सकों की विशेषज्ञता, समय पर उपलब्ध उपचार और समर्पित सेवाओं से एक मासूम का जीवन सुरक्षित हो सका।फैमिली मेडिसिन विशेषज्ञ डॉ. हर्षित टुवानी ने बताया कि सर्पदंश की स्थिति में झाड़-फूंक अथवा घरेलू उपचार में समय व्यर्थ नहीं करना चाहिए। मरीज को शांत रखें, प्रभावित अंग को यथासंभव स्थिर रखें और बिना विलंब किए निकटतम शासकीय अस्पताल पहुंचाएं। समय पर उपचार मिलने से अधिकांश मरीजों की जान बचाई जा सकती है।शिशु रोग विशेषज्ञ डॉ. सलिल मिश्रा ने कहा कि बच्चों में सर्पदंश तेजी से गंभीर रूप ले सकता है। इसलिए ऐसी स्थिति में तत्काल विशेषज्ञ चिकित्सा लेना अत्यंत आवश्यक है। समय पर एंटी स्नेक वेनम और उचित उपचार मिलने से गंभीर जटिलताओं को रोका जा सकता है तथा मरीज पूर्णतः स्वस्थ हो सकता है। सिविल सर्जन सह मुख्य अस्पताल अधीक्षक डॉ. केशव ध्रुव ने बताया कि जिला चिकित्सालय कबीरधाम में सर्पदंश के उपचार के लिए पर्याप्त मात्रा में एंटी स्नेक वेनम, आवश्यक दवाइयां तथा प्रशिक्षित चिकित्सकों की टीम चौबीसों घंटे उपलब्ध है। उन्होंने वर्षा ऋतु में खेतों, जंगलों एवं घास वाले क्षेत्रों में कार्य करते समय विशेष सावधानी बरतने की अपील करते हुए कहा कि सर्पदंश की किसी भी घटना में बिना समय गंवाए तुरंत शासकीय अस्पताल पहुंचना चाहिए, क्योंकि समय पर उपचार ही जीवन रक्षा का सबसे प्रभावी उपाय है।स्वास्थ्य विभाग ने नागरिकों से अपील की है कि सर्पदंश एक चिकित्सकीय आपातकालीन स्थिति है। ऐसी स्थिति में घबराने या झाड़-फूंक का सहारा लेने के बजाय तुरंत निकटतम शासकीय अस्पताल पहुंचकर वैज्ञानिक एवं विशेषज्ञ उपचार प्राप्त करें। समय पर अस्पताल पहुंचने और उचित उपचार मिलने से अधिकांश मरीज पूर्णतः स्वस्थ हो सकते हैं।
- -मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के नेतृत्व में 209 सदस्यीय प्रतिनिधिमंडल करेगा राष्ट्रपति भवन में शिष्टाचार भेंट, जनजातीय संस्कृति और परंपरागत नेतृत्व व्यवस्था को मिलेगा राष्ट्रीय सम्मान-उप मुख्यमंत्री विजय शर्मा एवं संस्कृति मंत्री श्री राजेश अग्रवाल रहेंगे प्रतिनिधिमंडल में शामिलरायपुर । छत्तीसगढ़ की समृद्ध जनजातीय संस्कृति, लोकपरंपराओं और सांस्कृतिक विरासत को राष्ट्रीय पहचान दिलाने की दिशा में एक और ऐतिहासिक उपलब्धि जुड़ने जा रही है। मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय के नेतृत्व में उप मुख्यमंत्री श्री विजय शर्मा, संस्कृति मंत्री श्री राजेश अग्रवाल, बस्तर पंडुम-2026 के विजेता प्रतिभागियों, परंपरागत जनजातीय नेतृत्व व्यवस्था के प्रतिनिधियों, पद्मश्री सम्मानित विभूतियों तथा जनप्रतिनिधियों का 209 सदस्यीय प्रतिनिधिमंडल आगामी 30 जुलाई को नई दिल्ली स्थित राष्ट्रपति भवन में राष्ट्रपति श्रीमती द्रौपदी मुर्मु से शिष्टाचार भेंट करेगा।उल्लेखनीय है कि राष्ट्रपति श्रीमती द्रौपदी मुर्मु ने बस्तर पंडुम-2026 के विजेता प्रतिभागियों, परगना मांझी, मांझी, चालकी तथा पद्मश्री सम्मानित विभूतियों के सम्मान में विशेष भोज का आयोजन भी किया है। प्रतिनिधिमंडल राष्ट्रपति भवन का भ्रमण करेगा तथा नई दिल्ली के प्रमुख राष्ट्रीय स्थलों का अवलोकन भी करेगा। यह अवसर बस्तर की जनजातीय संस्कृति, परंपरागत नेतृत्व व्यवस्था और छत्तीसगढ़ की सांस्कृतिक विरासत को देश के सर्वाेच्च संवैधानिक मंच पर मिल रहे सम्मान का ऐतिहासिक प्रतीक होगा।मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय ने कहा कि हमारी सरकार जनजातीय समाज की गौरवशाली विरासत के संरक्षण एवं संवर्धन के साथ उसे राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय पहचान दिलाने के लिए निरंतर कार्य कर रही है। राष्ट्रपति भवन में बस्तर के कलाकारों और परंपरागत जनप्रतिनिधियों की उपस्थिति पूरे प्रदेश के लिए गर्व का विषय है। यह सम्मान बस्तर की संस्कृति, परंपरा और जनजातीय समाज के प्रति पूरे देश के सम्मान का प्रतीक है।संस्कृति मंत्री श्री राजेश अग्रवाल ने कहा कि बस्तर पंडुम-2026 ने यह सिद्ध कर दिया है कि छत्तीसगढ़ की जनजातीय संस्कृति और लोकपरंपराएं राष्ट्रीय ही नहीं, वैश्विक स्तर पर भी अपनी विशिष्ट पहचान बनाने की क्षमता रखती हैं। उन्होंने कहा कि यह महोत्सव जनजातीय ज्ञान परंपरा, लोकजीवन, पारंपरिक नेतृत्व व्यवस्था और सांस्कृतिक अस्मिता के संरक्षण का सशक्त अभियान बन चुका है। राष्ट्रपति भवन में बस्तर पंडुम के विजेता प्रतिभागियों एवं जनजातीय प्रतिनिधियों का सम्मान पूरे छत्तीसगढ़ के सांस्कृतिक स्वाभिमान का सम्मान है।मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय के नेतृत्व एवं संस्कृति मंत्री श्री राजेश अग्रवाल के मार्गदर्शन में संस्कृति विभाग द्वारा जनजातीय विरासत के संरक्षण और संवर्धन के लिए निरंतर प्रयास किए जा रहे हैं। इन्हीं प्रयासों का परिणाम है कि बस्तर पंडुम आज केवल छत्तीसगढ़ का नहीं, बल्कि देश के सबसे महत्वपूर्ण जनजातीय सांस्कृतिक आयोजनों में अपनी विशिष्ट पहचान स्थापित कर चुका है। लोककलाओं को मंच उपलब्ध कराने, कलाकारों को सम्मान दिलाने, जनजातीय ज्ञान परंपरा का दस्तावेजीकरण करने तथा नई पीढ़ी को अपनी सांस्कृतिक जड़ों से जोड़ने में इस महोत्सव ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है।उल्लेखनीय है कि वर्ष 2025 में पहली बार आयोजित बस्तर पंडुम ने विश्व के सबसे बड़े जनजातीय सांस्कृतिक महोत्सव के रूप में गोल्डन बुक ऑफ वर्ल्ड रिकॉर्ड्स में स्थान प्राप्त कर छत्तीसगढ़ को वैश्विक पहचान दिलाई थी। इस उपलब्धि के बाद वर्ष 2026 में महोत्सव का दायरा और अधिक व्यापक किया गया। पहले जहां सात विधाओं में प्रतियोगिताएं आयोजित होती थीं, वहीं इस वर्ष इन्हें बढ़ाकर 12 विधाओं तक विस्तारित किया गया। बस्तर संभाग के सात जिलों के 32 विकासखंडों से 54 हजार 750 प्रतिभागियों ने इसमें भाग लेकर अपनी लोककला, परंपरा और सांस्कृतिक प्रतिभा का प्रदर्शन किया। 10 जनवरी से 9 फरवरी 2026 तक आयोजित महोत्सव में जनपद, जिला एवं संभाग स्तर पर प्रतियोगिताएं आयोजित की गईं। जनजातीय नृत्य, लोकगीत, नाट्य, वाद्ययंत्र, वेशभूषा, आभूषण, शिल्प, चित्रकला, पारंपरिक पेय, पारंपरिक व्यंजन, आंचलिक साहित्य तथा वन-औषधि सहित 12 विधाओं के माध्यम से बस्तर की सांस्कृतिक विविधता का भव्य प्रदर्शन किया गया।जगदलपुर में आयोजित संभाग स्तरीय समारोह का उद्घाटन राष्ट्रपति श्रीमती द्रौपदी मुर्मु ने किया, जबकि समापन समारोह में केंद्रीय गृह मंत्री श्री अमित शाह की गरिमामयी उपस्थिति ने आयोजन को राष्ट्रीय महत्व प्रदान किया। महोत्सव में जनजातीय शिल्प, हस्तशिल्प, वन-औषधियों, पारंपरिक आभूषणों और लोक व्यंजनों की प्रदर्शनी ने बड़ी संख्या में आगंतुकों को आकर्षित किया। इससे स्थानीय कलाकारों, शिल्पकारों, स्व-सहायता समूहों एवं ग्रामीण उद्यमियों को आर्थिक अवसर भी प्राप्त हुए। महाराष्ट्र, आंध्र प्रदेश, तेलंगाना, कर्नाटक और मध्यप्रदेश के कलाकारों की सहभागिता ने बस्तर पंडुम को राष्ट्रीय सांस्कृतिक संगम का स्वरूप प्रदान किया।राष्ट्रपति श्रीमती द्रौपदी मुर्मु के आमंत्रण पर राष्ट्रपति भवन तक पहुंचने जा रही बस्तर की यह गौरवगाथा न केवल प्रदेश की सांस्कृतिक शक्ति और जनजातीय गौरव का प्रतीक है, बल्कि भारत की समृद्ध जनजातीय विरासत को राष्ट्रीय स्तर पर नई प्रतिष्ठा दिलाने की दिशा में एक ऐतिहासिक मील का पत्थर भी है।
- रायपुर । वित्त मंत्री श्री ओपी चौधरी ने राष्ट्रमंडल खेल 2026 (CWG 2026) में महिला 53 किलोग्राम भारोत्तोलन स्पर्धा में शानदार प्रदर्शन करते हुए रजत पदक जीतने पर खेलो इंडिया की होनहार एथलीट एवं छत्तीसगढ़ की बेटी ज्ञानेश्वरी यादव को हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएं दी हैं।वित्त मंत्री श्री चौधरी ने कहा कि कड़े मुकाबले के बीच ज्ञानेश्वरी यादव ने अद्भुत साहस, आत्मविश्वास और उत्कृष्ट खेल कौशल का प्रदर्शन करते हुए भारत के लिए रजत पदक जीतकर पूरे देश का गौरव बढ़ाया है। उनकी यह उपलब्धि भारतीय खेल जगत के साथ-साथ छत्तीसगढ़ के लिए भी अत्यंत गर्व का विषय है। उन्होंने कहा कि छत्तीसगढ़ की बेटी ज्ञानेश्वरी यादव ने आज यूरोप के ग्लासगो में आयोजित राष्ट्रमंडल खेलों में रजत पदक जीतकर प्रदेश के तीन करोड़ छत्तीसगढ़िया भाई-बहनों का मान बढ़ाया है। यह उपलब्धि राज्य की खेल प्रतिभाओं के लिए नई प्रेरणा लेकर आई है।वित्त मंत्री श्री चौधरी ने कहा कि खेलो इंडिया जैसी पहल से देश और प्रदेश की प्रतिभाओं को आगे बढ़ने का अवसर मिल रहा है तथा ज्ञानेश्वरी यादव की सफलता इसका उत्कृष्ट उदाहरण है। उनका समर्पण, कठिन परिश्रम और दृढ़ संकल्प देशभर के युवा खिलाड़ियों, विशेषकर बेटियों के लिए प्रेरणास्रोत है। वित्त मंत्री श्री ओपी चौधरी ने ज्ञानेश्वरी यादव को इस गौरवपूर्ण उपलब्धि के लिए पुनः हार्दिक बधाई देते हुए उनके उज्ज्वल भविष्य एवं आगामी अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिताओं के लिए अनंत शुभकामनाएं दीं।
- -अब आत्मनिर्भरता और सम्मान के साथ कर सकेंगे दैनिक कार्यरायपुर। शासन की जनकल्याणकारी योजनाओं का उद्देश्य केवल सुविधाएं उपलब्ध कराना ही नहीं, बल्कि जरूरतमंद लोगों के जीवन में सकारात्मक बदलाव लाना भी है। कबीरधाम जिले के ग्राम पंचायत भागुटोला अंतर्गत ग्राम चिमागोंदी निवासी दिव्यांग श्री समझराम साहू के जीवन में भी ऐसा ही बदलाव आया है। उप मुख्यमंत्री श्री विजय शर्मा की संवेदनशील पहल से उन्हें बैटरी चलित मोटराइज्ड ट्रायसायकल उपलब्ध कराई गई, जिससे अब उनका आवागमन पहले की तुलना में कहीं अधिक आसान और सुविधाजनक हो गया है।श्री समझराम साहू लंबे समय से दिव्यांगता के कारण आने-जाने में कठिनाइयों का सामना कर रहे थे। दैनिक कार्यों के लिए भी उन्हें परिजनों अथवा अन्य लोगों पर निर्भर रहना पड़ता था। अपनी समस्या के समाधान के लिए उन्होंने उप मुख्यमंत्री श्री विजय शर्मा से उनके कार्यालय में मुलाकात कर बैटरी चलित मोटराइज्ड ट्रायसायकल उपलब्ध कराने का आवेदन प्रस्तुत किया। आवेदन प्राप्त होते ही उप मुख्यमंत्री श्री शर्मा ने मामले को गंभीरता से लेते हुए समाज कल्याण विभाग के अधिकारियों को तत्काल आवश्यक कार्रवाई करने के निर्देश दिए। उनके निर्देशों के अनुरूप समाज कल्याण विभाग ने त्वरित पहल करते हुए विधायक कार्यालय कवर्धा में समझराम साहू को आज बैटरी चलित मोटराइज्ड ट्रायसायकल प्रदान की।मोटराइज्ड ट्रायसायकल प्राप्त करने के बाद श्री समझराम साहू ने प्रसन्नता व्यक्त करते हुए कहा कि पहले उन्हें घर से बाहर निकलने में काफी कठिनाई होती थी। अब बैटरी चलित ट्रायसायकल मिलने से वे स्वयं अपने कार्यों के लिए आसानी से आना जाना कर सकेंगे। इससे उनके जीवन में आत्मविश्वास बढ़ेगा और वे अधिक आत्मनिर्भर बन सकेंगे। उन्होंने मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय एवं उप मुख्यमंत्री श्री विजय शर्मा के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहा कि उनकी संवेदनशील पहल ने उनके जीवन को नई दिशा दी है। यह सहायता उनके लिए केवल एक साधन नहीं, बल्कि सम्मानपूर्वक और आत्मनिर्भर जीवन जीने का माध्यम है। इस अवसर पर श्री नरेन्द्र मानिकपुरी, श्री अमर कुर्रे, श्री मंजीत बैरागी, श्री ओमकार साहू, श्री विनायक सिंह सहित जनप्रतिनिधिगण उपस्थित रहे।
- रायपुर । राज्यपाल श्री रमेन डेका से आज लोकभवन में उच्च शिक्षा मंत्री श्री टंक राम वर्मा ने सौजन्य भेंट की।इस अवसर पर राज्यपाल श्री डेका और उच्च शिक्षा मंत्री श्री वर्मा के बीच प्रदेश में उच्च शिक्षा की गुणवत्ता को और बेहतर बनाने तथा राष्ट्रीय शिक्षा नीति-2020 के प्रभावी क्रियान्वयन पर चर्चा हुई।राज्यपाल श्री डेका ने गुणवत्तापूर्ण शिक्षण, शैक्षणिक व्यवस्था में सुधार, विद्यार्थियों के कौशल उन्नयन तथा नवाचार को बढ़ावा देने के संबंध में उच्च शिक्षा मंत्री से चर्चा की। इस दौरान प्रदेश के विश्वविद्यालयों की विभिन्न समस्याओं और उनके निराकरण से संबंधित विषयों पर भी चर्चा हुई।
- रायपुर:। अखिल विश्व गायत्री परिवार के संस्थापक युगदृष्टा आचार्य पं. श्रीराम शर्मा आचार्य जी के आत्मकल्याण एवं समाज परिष्करण के संदेश को जन-जन तक पहुँचाने के लिये संकल्पित गायत्री परिजनों द्वारा रायपुर के समता कॉलोनी स्थित गायत्री शक्तिपीठ में 28 एवं 29 जुलाई को आध्यात्मिक उल्लास के साथ ’’गुरु पूर्णिमा एवं व्यास पूजा’’ पर्व का भव्य आयोजन किया जा रहा है। गायत्री शक्ति पीठ के मुख्य प्रबंध ट्रस्टी श्री श्याम बैस ने बताया कि दो दिवसीय महोत्सव के अंतर्गत 28 जुलाई (मंगलवार) को सायं 4ः00 बजे से सामूहिक जप/भजन एवं दीप महायज्ञ का आयोजन किया जाएगा एवं इसके अगले दिन 29 जुलाई (बुधवार) को ब्रम्हमुहूर्त में मां गायत्री को दस पवित्र सामग्रियों - भस्म, शुद्ध मिट्टी, गोबर, गोमूत्र, दूध, दही, घी, हल्दी, कुश के जल एवं शहद से दसविध स्नान कराया जायेगा। प्रातः 9ः00 बजे गुरु चरण पादुका पूजन एवं इसके पश्चात 5 कुण्डीय गायत्री महायज्ञ किया जायेगा जिसकी पूर्णाहुति दोपहर 1ः00 बजे होगी। इस दौरान विषेष रुप से गुरु दीक्षा व विद्यारंभ संस्कार के साथ-साथ अन्य विभिन्न संस्कार - पुंसवन, नामकरण, अन्नप्राशन, कर्णक्षेदन, यज्ञोपवित, इत्यादि भी कराये जायेंगे। पूर्णाहुति के पश्चात भोग प्रसाद वितरण होगा।गायत्री परिवार के मीडिया प्रभारी प्रज्ञा प्रकाश निगम ने बताया कि गुरु पूर्णिमा उत्सव की तैयारी के लिये विगत दिनों मंदिर परिसर में ट्रस्ट मण्डल की बैठक आयोजित की गई, जिसमें मुख्य रुप से गायत्री परिवार छ.ग. की जोन समन्वयक श्रीमती आदर्श वर्मा के साथ सर्वश्री सदाशिव हथमल, हनुमान प्रसाद अग्रवाल, दीनानाथ शर्मा, शैलेश वर्मा, राजेन्द्र स्वर्णकार उपस्थित थे।
- रायपुर । वित्त मंत्री श्री ओपी चौधरी ने राष्ट्रमंडल खेल 2026 में पुरुष 65 किलोग्राम भारोत्तोलन स्पर्धा में रजत पदक जीतने पर राजा मुथुपांडी को हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएं दी हैं।वित्त मंत्री श्री चौधरी ने कहा कि राजा मुथुपांडी ने अपने उत्कृष्ट प्रदर्शन, कठिन परिश्रम और अटूट संकल्प के बल पर अंतरराष्ट्रीय मंच पर भारत का गौरव बढ़ाया है। उनकी यह उपलब्धि पूरे देश के लिए गर्व का विषय है। उन्होंने कहा कि राष्ट्रमंडल खेलों में रजत पदक जीतकर राजा मुथुपांडी ने यह सिद्ध किया है कि भारतीय खिलाड़ी अपनी प्रतिभा और समर्पण के दम पर विश्व स्तर पर लगातार नए कीर्तिमान स्थापित कर रहे हैं। उनकी सफलता देश के युवाओं के लिए प्रेरणादायी है।5783 ने राजा मुथुपांडी को इस शानदार उपलब्धि के लिए पुनः हार्दिक बधाई देते हुए उनके उज्ज्वल भविष्य एवं आगामी प्रतियोगिताओं के लिए शुभकामनाएं दीं। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि वे आगे भी इसी प्रकार उत्कृष्ट प्रदर्शन कर देश का नाम रोशन करते रहेंगे।
- रायपुर। वित्त मंत्री श्री ओपी चौधरी ने केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल (सीआरपीएफ) के स्थापना दिवस के अवसर पर सभी वीर जवानों, अधिकारियों एवं उनके परिवारों को हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएं दी हैं।वित्त मंत्री श्री चौधरी ने कहा कि केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल देश की आंतरिक सुरक्षा का मजबूत प्रहरी है। राष्ट्र की एकता, अखंडता और शांति बनाए रखने में सीआरपीएफ के जवान अदम्य साहस, कर्तव्यनिष्ठा और सर्वाेच्च समर्पण के साथ अपनी महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे हैं। उन्होंने कहा कि कठिन से कठिन परिस्थितियों में भी सीआरपीएफ के वीर जवान मातृभूमि की रक्षा, आतंकवाद एवं नक्सलवाद के विरुद्ध संघर्ष तथा नागरिकों की सुरक्षा के लिए अपने प्राणों की परवाह किए बिना कर्तव्य का निर्वहन करते हैं। उनका शौर्य और बलिदान प्रत्येक भारतीय के लिए प्रेरणास्रोत है।वित्त मंत्री श्री ओपी चौधरी ने सभी जवानों के उज्ज्वल भविष्य, उत्तम स्वास्थ्य और सुरक्षित जीवन की कामना करते हुए कहा कि पूरा देश उनके साहस, समर्पण और राष्ट्रसेवा को सदैव सम्मान और कृतज्ञता के साथ नमन करता है।
- रायपुर । राज्य सरकार की डिजिटल सुशासन के माध्यम से शासन की सेवाएं आम नागरिकों तक तेज़, पारदर्शी और प्रभावी ढंग से पहुंच रही है। कोण्डागांव जिले के जनपद पंचायत केशकाल के ग्राम खुटपदर निवासी मेहतरीन नेताम और उनके पति मुकेश कुमार नेताम के लिए विवाह पंजीकरण प्रमाण पत्र की आवश्यकता थी। विभिन्न शासकीय योजनाओं एवं आवश्यक दस्तावेजी कार्यों में इसकी जरूरत पड़ती है, लेकिन पहले इस प्रक्रिया में काफी समय लगता था और कई बार कार्यालयों के चक्कर भी लगाने पड़ते थे।सेवा सेतु पोर्टल की जानकारी मिलने पर उन्होंने विवाह पंजीकरण के लिए ऑनलाइन आवेदन करने का निर्णय लिया। आवश्यक दस्तावेजों के साथ आवेदन पोर्टल पर जमा किया गया। पूरी प्रक्रिया सरल, पारदर्शी और उपयोगकर्ता-अनुकूल होने के कारण आवेदन बिना किसी परेशानी के पूर्ण हो गया। आवेदन के सत्यापन के बाद निर्धारित समय-सीमा में उनका विवाह पंजीकरण प्रमाण पत्र जारी कर दिया गया। इससे उन्हें न केवल कार्यालयों के बार-बार चक्कर लगाने से राहत मिली, बल्कि समय और अनावश्यक खर्च की भी बचत हुई। मुकेश नेताम ने बताया कि सेवा सेतु पोर्टल के माध्यम से सरकारी सेवाएं पहले की तुलना में कहीं अधिक आसान और सुलभ हो गई हैं। अब वे बिना किसी परेशानी के आवश्यक दस्तावेज प्राप्त कर सका, जिससे उन्हें विभिन्न शासकीय योजनाओं का लाभ लेने में भी सुविधा मिल रही है। उन्होंने जिले के नागरिकों से सेवा सेतु पोर्टल का अधिक से अधिक उपयोग करने की अपील करते हुए शासन-प्रशासन के प्रति अपना आभार व्यक्त किया।











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