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- -न्यायमूर्ति आई.एस. उबोवेजा ने किया ध्वजारोहणरायपुर । छत्तीसगढ़ लोक आयोग, रायपुर के कार्यालय प्रांगण में 80वां स्वतंत्रता दिवस गरिमामय वातावरण में मनाया गया। स्वतंत्रता दिवस के पावन अवसर पर आयोजित समारोह में माननीय न्यायमूर्ति श्री आई.एस. उबोवेजा ने राष्ट्रगीत एवं राष्ट्रगान के साथ राष्ट्रीय ध्वज फहराया।ध्वजारोहण के पश्चात उपस्थित सभी लोगों ने राष्ट्रगान में सहभागिता की और देश की स्वतंत्रता के लिए अपने प्राणों का बलिदान देने वाले वीर शहीदों को नमन किया। कार्यक्रम में स्वतंत्रता दिवस की गरिमा और राष्ट्रभक्ति का वातावरण बना रहा।समारोह में अतिथि के रूप में न्यायमूर्ति श्री गौतम भादुड़ी, न्यायमूर्ति श्री आर.पी. शर्मा, पूर्व न्यायाधीश श्री डी.के. तिवारी, श्री ए.के. सामन्त रे, पूर्व सचिव श्री एस.के. तिवारी एवं श्री बिपिन मांझी उपस्थित रहे।इस अवसर पर लोक आयोग कार्यालय के विधिक सलाहकार श्री अजीत कुमार राजभानू, उपसचिव श्रीमती चित्रलेखा सोनवानी, तकनीकी सलाहकार श्री राकेश पुराम सहित कार्यालय के अधिकारी एवं समस्त कर्मचारीगण मौजूद रहे। सभी ने देश की एकता, अखंडता और लोकतांत्रिक मूल्यों के प्रति अपनी प्रतिबद्धता व्यक्त की।
- रायपुर। परंपरागत खेती के साथ यदि किसान आधुनिक कृषि तकनीकों और उन्नत किस्मों को अपनाएं, तो कम क्षेत्र में भी उत्पादन और आमदनी को बढ़ाया जा सकता है। इसी तरह उद्यानिकी फसल के अंगीकरण के बाद ग्राफ्टेड बैंगन की खेती किसान श्री सुरेन्द्र के लिए अच्छी उत्पादन और अतिरिक्त आय का माध्यम बना।किसान श्री सुरेंद्र बताते हैं कि कृषि की उन्नत तकनीक को अपनाने व नई पद्धति की जानकारी प्राप्त करने के लिए उद्यानिकी विभाग के अधिकारियों के संपर्क में रहते हैं। जिसके माध्यम से उन्हें राष्ट्रीय कृषि विकास योजना के तहत वर्ष 2025-26 में ग्राफ्टेड बैंगन फसल के लिए 30 हजार रुपए का अनुदान प्राप्त हुआ। वे बताते हैं कि ग्राफ्टेड बैंगन की खेती से उन्हें कुल 144 क्विंटल बैंगन का उत्पादन मिला। उत्पादित बैंगन को बाजार मूल्य में बेचने पर उन्हें 2 लाख 39 हजार रुपए का शुद्ध लाभ प्राप्त हुआ। उत्पादन और बाजार मूल्य ने किसान श्री सुरेंद्र को पारंपरिक खेती की तुलना में बेहतर आर्थिक परिणाम दिया। इससे अन्य किसान भी उन्नत तकनीक अपनाकर पारंपरिक खेती से आगे बढ़ने और अपनी आय बढ़ाने के लिए प्रेरित हो रहे हैं।
- -मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय ने दृष्टिबाधित छात्रा जयमंती खेस को भेंट किया लैपटॉप-मुख्यमंत्री ने पूछा—“आगे क्या बनना चाहती हो?”, जयमंती बोलीं—“शिक्षक बनना चाहती हूं”-मुख्यमंत्री ने बढ़ाया हौसला- “शिक्षक राष्ट्र निर्माता होते हैं, मेहनत से अपने सपने को जरूर साकार करें”-विशेष सॉफ्टवेयर से पढ़ाई होगी आसान, अध्ययन सामग्री को सुनकर कर सकेंगी अध्ययनरायपुर 17 अगस्त 2026/ मजबूत इरादों के आगे कठिनाइयां भी रास्ता छोड़ देती हैं। जशपुर जिले के कुनकुरी विकासखंड के ग्राम गोरिया की शत-प्रतिशत दृष्टिबाधित छात्रा जयमंती खेस ने अपनी दृष्टिबाधा को कभी शिक्षा की राह में बाधा नहीं बनने दिया। उच्च शिक्षा प्राप्त कर शिक्षक बनने का सपना संजोए जयमंती की पढ़ाई को अब तकनीक का मजबूत सहारा मिला है। मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय ने आज ग्राम बगिया स्थित अपने निवास पर जयमंती को विशेष सॉफ्टवेयर युक्त लैपटॉप प्रदान कर उनका हौसला बढ़ाया और उज्ज्वल भविष्य की शुभकामनाएं दीं।जयमंती वर्तमान में डिग्री गर्ल्स कॉलेज, रायपुर में बी.ए. अंतिम वर्ष की छात्रा हैं। दृष्टिबाधा के बावजूद शिक्षा के प्रति उनकी लगन और आगे बढ़ने का जज्बा मजबूत है। लैपटॉप मिलने से अब डिजिटल अध्ययन सामग्री तक उनकी पहुंच आसान होगी और वे आधुनिक तकनीक की सहायता से अपनी पढ़ाई को अधिक सुगमता से आगे बढ़ा सकेंगी।लैपटॉप प्राप्त करते समय जयमंती के चेहरे पर खुशी साफ दिखाई दी। उन्होंने मुख्यमंत्री श्री साय के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहा कि यह लैपटॉप उनकी पढ़ाई में बेहद उपयोगी साबित होगा। इससे अध्ययन सामग्री तक पहुंच आसान होने के साथ उच्च शिक्षा के अपने लक्ष्य की ओर आगे बढ़ने में भी मदद मिलेगी।“शिक्षक बनना चाहती हूं”—जयमंती के जवाब ने मुख्यमंत्री को किया प्रसन्नमुख्यमंत्री श्री साय ने लैपटॉप प्रदान करने के दौरान जयमंती से आत्मीय बातचीत की। उन्होंने छात्रा की पढ़ाई के बारे में जानकारी ली और पूछा, “आगे क्या बनना चाहती हो?” जयमंती ने आत्मविश्वास से जवाब दिया, “शिक्षक बनना चाहती हूं।”जयमंती का लक्ष्य जानकर मुख्यमंत्री ने उनका उत्साहवर्धन करते हुए कहा, “शिक्षक राष्ट्र निर्माता होते हैं। पूरी लगन से पढ़ाई करें और अपने लक्ष्य को हासिल करने के लिए निरंतर आगे बढ़ती रहें।” मुख्यमंत्री ने उन्हें भविष्य के लिए शुभकामनाएं देते हुए कहा कि दृढ़ संकल्प और परिश्रम से जीवन की कठिन से कठिन चुनौती को पार कर अपने सपनों को साकार किया जा सकता है।मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि प्रत्येक विद्यार्थी को शिक्षा और आगे बढ़ने के समान अवसर मिलें, इसके लिए राज्य सरकार प्रतिबद्ध है। विशेष रूप से दिव्यांग विद्यार्थियों को उनकी आवश्यकता के अनुरूप संसाधन और सहयोग उपलब्ध कराकर उन्हें शिक्षा एवं आत्मनिर्भरता की दिशा में आगे बढ़ाना सरकार की प्राथमिकता है।जनदर्शन में रखी थी आवश्यकता, संवेदनशीलता से मिला समाधानजयमंती ने अपनी पढ़ाई को सुगम बनाने के लिए कलेक्टर जनदर्शन में लैपटॉप उपलब्ध कराने का अनुरोध किया था। छात्रा की आवश्यकता और शिक्षा के प्रति उनकी लगन को देखते हुए कलेक्टर ने समाज कल्याण विभाग को आवश्यक सहायता उपलब्ध कराने के निर्देश दिए।इसके बाद समाज कल्याण विभाग ने छात्रा की विशेष जरूरतों को ध्यान में रखते हुए सहायक सॉफ्टवेयर से युक्त लैपटॉप तैयार कराया। आज मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय ने स्वयं यह लैपटॉप जयमंती को प्रदान किया। इस प्रकार जनदर्शन में छात्रा द्वारा रखी गई आवश्यकता का समाधान उसके शिक्षा के सपने को आगे बढ़ाने का माध्यम बन गया।तकनीक बनेगी जयमंती की आंखें, पढ़ाई होगी अधिक सुगमसमाज कल्याण विभाग के अधिकारियों ने बताया कि जयमंती की आवश्यकता को ध्यान में रखते हुए लैपटॉप में विशेष सहायक सॉफ्टवेयर उपलब्ध कराया गया है। इसकी सहायता से स्क्रीन पर उपलब्ध सामग्री को आवाज के माध्यम से सुना और समझा जा सकेगा।इस तकनीकी सुविधा से जयमंती डिजिटल पुस्तकें, नोट्स एवं अन्य शैक्षणिक सामग्री का उपयोग अधिक आसानी से कर पाएंगी। इससे उनकी उच्च शिक्षा की राह सुगम होने के साथ डिजिटल माध्यमों से स्वतंत्र रूप से अध्ययन करने की क्षमता भी बढ़ेगी।मुख्यमंत्री से मिले प्रोत्साहन और तकनीक के इस सहयोग ने जयमंती के शिक्षक बनने के सपने को नई ऊर्जा दी है। उनकी कहानी यह संदेश देती है कि अवसर, संसाधन और प्रोत्साहन मिले तो शारीरिक चुनौतियां प्रतिभा और सपनों की उड़ान को रोक नहीं सकतीं।
- -मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय ने ‘गजरथ यात्रा’ पुस्तक का किया विमोचन-मुख्यमंत्री ने कहा - जनसुरक्षा के साथ हाथियों और उनके प्राकृतिक आवास का संरक्षण हमारी प्राथमिकता-मानव-हाथी द्वंद्व प्रबंधन एवं हाथियों की सुरक्षा में उत्कृष्ट कार्य करने वाले वनकर्मियों को मुख्यमंत्री ने किया सम्मानित-गांवों और विद्यालयों तक पहुंचकर हाथियों के व्यवहार एवं सुरक्षित सह-अस्तित्व के प्रति जागरूक कर रही ‘गजरथ यात्रा’रायपुर / मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय ने आज जशपुर जिले के गृहग्राम बगिया स्थित मुख्यमंत्री कैंप कार्यालय में जशपुर वनमंडल के जनजागरूकता अभियान पर आधारित पुस्तक ‘गजरथ यात्रा-भाग 02’ का विमोचन किया। यह पुस्तक मानव-हाथी द्वंद्व को कम करने, हाथियों के संरक्षण और प्रभावित क्षेत्रों में जनजागरूकता बढ़ाने के लिए जशपुर वनमंडल द्वारा किए जा रहे प्रयासों एवं अभिनव गतिविधियों का दस्तावेज है।मुख्यमंत्री श्री साय ने इस अवसर पर कहा कि जशपुर वन-संपदा और जैव विविधता से समृद्ध क्षेत्र है। यहां मानव और वन्यजीवों के बीच सुरक्षित सह-अस्तित्व सुनिश्चित करना अत्यंत महत्वपूर्ण है। हाथियों के प्राकृतिक व्यवहार और उनके विचरण क्षेत्रों के प्रति लोगों में जागरूकता बढ़ाकर मानव-हाथी द्वंद्व की घटनाओं को कम करने में मदद मिल सकती है। उन्होंने कहा कि जनसुरक्षा के साथ वन और वन्यजीवों का संरक्षण सरकार की प्राथमिकता है।मुख्यमंत्री ने ‘गजरथ यात्रा’ की सराहना करते हुए कहा कि हाथी प्रभावित क्षेत्रों में स्थानीय समुदायों को जागरूक और सतर्क बनाने की दिशा में यह एक महत्वपूर्ण पहल है। ऐसे प्रयासों में वन विभाग के साथ स्थानीय समुदायों की सक्रिय भूमिका मानव-हाथी सह-अस्तित्व को मजबूत बनाने में सहायक होती है।इस अवसर पर कलेक्टर श्री रोहित व्यास, वनमंडलाधिकारी श्री शशि कुमार, जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी श्री अभिषेक कुमार सहित वन विभाग एवं जिला प्रशासन के अधिकारी उपस्थित थे।गांव-गांव और विद्यालयों तक पहुंच रही ‘गजरथ यात्रा’जशपुर वनमंडल द्वारा विगत वर्षों से हाथी प्रभावित क्षेत्रों में मानव-हाथी द्वंद्व को कम करने और ग्रामीणों को सुरक्षित व्यवहार के प्रति जागरूक करने के लिए विभिन्न गतिविधियां संचालित की जा रही हैं। ‘गजरथ यात्रा’ इसी दिशा में शुरू किया गया एक व्यापक जनजागरूकता अभियान है।इस अभियान के माध्यम से हाथी प्रभावित गांवों, विद्यालयों और सार्वजनिक स्थलों तक पहुंचकर ग्रामीणों, विद्यार्थियों एवं आम नागरिकों को हाथियों के प्राकृतिक व्यवहार, उनके आवास, भोजन और विचरण क्षेत्रों के संबंध में जानकारी दी जा रही है। लोगों को हाथियों से सुरक्षित दूरी बनाए रखने, उनकी उपस्थिति के दौरान अनावश्यक रूप से निकट नहीं जाने और आपात स्थिति में तत्काल वन विभाग को सूचना देने के लिए भी जागरूक किया जा रहा है।अभियान के माध्यम से हाथियों को लेकर प्रचलित भ्रांतियों और भय को दूर कर उनके प्रति वैज्ञानिक, संवेदनशील एवं व्यावहारिक दृष्टिकोण विकसित करने का प्रयास किया जा रहा है। इसका उद्देश्य ग्रामीण समुदायों की सुरक्षा के साथ हाथियों के संरक्षण को सुनिश्चित करते हुए द्वंद्व की संभावनाओं को न्यूनतम करना है।‘गजरथ यात्रा-भाग 02’ में दर्ज हुई संरक्षण और जनजागरूकता की यात्रा‘गजरथ यात्रा-भाग 02’ में जशपुर वनमंडल द्वारा मानव-हाथी द्वंद्व प्रबंधन और हाथी संरक्षण के लिए किए जा रहे विभिन्न प्रयासों को विस्तार से संकलित किया गया है। पुस्तक में जनजागरूकता कार्यक्रमों, ग्रामीण समुदायों की भूमिका, विद्यार्थियों को वन्यजीव संरक्षण से जोड़ने तथा हाथियों के साथ सुरक्षित व्यवहार को प्रोत्साहित करने वाली गतिविधियों को प्रमुखता से स्थान दिया गया है।पुस्तक इस संदेश को भी रेखांकित करती है कि वन्यजीव संरक्षण को प्रभावी बनाने में वन विभाग के साथ स्थानीय समुदायों और आम नागरिकों की जागरूकता एवं सहयोग महत्वपूर्ण है। विशेषकर हाथी प्रभावित क्षेत्रों में समय पर सूचना, सावधानी और सामुदायिक समन्वय मानव तथा हाथियों दोनों की सुरक्षा में अहम भूमिका निभाते हैं।तकनीक बनी जनसुरक्षा की सहयोगी, समय पर मिल रही हाथियों की सूचनाजशपुर वनमंडल हाथियों की गतिविधियों की निगरानी और प्रभावित क्षेत्रों तक समय पर सूचना पहुंचाने के लिए आधुनिक तकनीक का भी उपयोग कर रहा है। ‘राज संकेत’ ऐप के माध्यम से हाथियों के विचरण और गतिविधियों की जानकारी मिलने पर संबंधित क्षेत्रों के ग्रामीणों तक मोबाइल संदेश के जरिए सूचना पहुंचाई जा रही है।समय पर मिलने वाली सूचना से ग्रामीणों को सतर्क रहने, आवश्यक सावधानी बरतने और हाथियों की मौजूदगी वाले क्षेत्रों में अनावश्यक आवागमन से बचने में मदद मिल रही है। वन विभाग के मैदानी अमले, त्वरित प्रतिक्रिया दल और स्थानीय समुदाय के बीच समन्वय स्थापित कर जनसुरक्षा तथा हाथी प्रबंधन के प्रयासों को प्रभावी बनाया जा रहा है।नई पीढ़ी को भी वन्यजीव संरक्षण से जोड़ने की पहल‘गजरथ यात्रा’ में विद्यालयों और विद्यार्थियों को विशेष रूप से जोड़ा जा रहा है। जागरूकता कार्यक्रमों के माध्यम से विद्यार्थियों को हाथियों के व्यवहार, जैव विविधता, वन एवं वन्यजीवों के महत्व और उनके संरक्षण के बारे में जानकारी दी जा रही है।इस पहल का उद्देश्य नई पीढ़ी में वन्यजीवों के प्रति संवेदनशीलता और वैज्ञानिक सोच विकसित करना है, ताकि बच्चे न केवल स्वयं जागरूक हों, बल्कि अपने परिवार और समुदाय तक भी सुरक्षित व्यवहार एवं संरक्षण का संदेश पहुंचाएं।उत्कृष्ट कार्य करने वाले वनकर्मियों का मुख्यमंत्री ने किया सम्मानमुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय ने इस अवसर पर मानव-हाथी द्वंद्व प्रबंधन, जनसुरक्षा और हाथियों के संरक्षण में उल्लेखनीय योगदान देने वाले वन विभाग के अधिकारियों एवं कर्मचारियों को प्रशस्ति पत्र प्रदान कर सम्मानित किया। मुख्यमंत्री ने उनके कार्यों की सराहना करते हुए कहा कि वन क्षेत्रों में कार्यरत मैदानी अमले की तत्परता और स्थानीय समुदायों के साथ उनका समन्वय मानव-वन्यजीव द्वंद्व को कम करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है।‘गजरथ यात्रा’ के माध्यम से जशपुर में जनसुरक्षा, जनजागरूकता और वन्यजीव संरक्षण को एक साथ जोड़ने का प्रयास किया जा रहा है। स्थानीय समुदाय, तकनीक और वन विभाग के मैदानी अमले के समन्वय से संचालित यह पहल मानव और हाथियों के बीच सुरक्षित सह-अस्तित्व की दिशा में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही है।
- -राजधानी से रोजगारधानी की ओर बढ़ता नवा रायपुर-टेक्सटाइल से फार्मा और इलेक्ट्रॉनिक्स से MSME तक—भविष्य के उद्योगों की मजबूत होती नींव, हजारों युवाओं के लिए रोजगार के नए अवसररायपुर / नवा रायपुर अटल नगर अब केवल आधुनिक प्रशासनिक राजधानी के रूप में नहीं, बल्कि निवेश, उद्योग और रोजगार के नए केंद्र के रूप में भी अपनी पहचान मजबूत कर रहा है। सुनियोजित शहरी विकास, बेहतर कनेक्टिविटी और आधुनिक अधोसंरचना के साथ शहर में ऐसे उद्योगों को आकर्षित किया जा रहा है, जो आने वाले वर्षों में प्रदेश की अर्थव्यवस्था और रोजगार के नए अवसरों का आधार बन सकें।नवा रायपुर में टेक्सटाइल, फार्मा, इलेक्ट्रॉनिक्स, सेमीकंडक्टर और आईटी जैसे भविष्य के उद्योगों को बढ़ावा दिया जा रहा है। औद्योगिक निवेश के इन प्रयासों का उद्देश्य केवल नई औद्योगिक इकाइयां स्थापित करना नहीं, बल्कि विनिर्माण आधारित अर्थव्यवस्था को गति देना और बड़े पैमाने पर रोजगार के अवसर तैयार करना भी है।नवा रायपुर के लेयर-2 स्थित ग्राम कुर्रू में टेक्सटाइल पार्क विकसित किया जा रहा है। विनिर्माण क्षेत्र को बढ़ावा देने के लिए इस परियोजना के लिए CSIDC को 100 एकड़ भूमि आवंटित की गई है।टेक्सटाइल क्षेत्र में निवेश की शुरुआत अब जमीन पर भी दिखाई देने लगी है। स्विफ्ट टेक्सटाइल प्राइवेट लिमिटेड ने जून 2026 में 235 करोड़ रुपए के निवेश से गारमेंट मैन्युफैक्चरिंग यूनिट का भूमिपूजन किया है। इस इकाई से करीब 4,650 लोगों को रोजगार मिलने की उम्मीद है।वहीं पुनीत क्रिएशन के साथ 175 करोड़ रुपए के निवेश का समझौता किया गया है। इन परियोजनाओं को मिलाकर टेक्सटाइल पार्क में लगभग 10,000 युवाओं को रोजगार उपलब्ध कराने का लक्ष्य है।इस तरह टेक्सटाइल पार्क नवा रायपुर में विनिर्माण गतिविधियों के विस्तार के साथ रोजगार के नए अवसरों का महत्वपूर्ण केंद्र बनने की दिशा में आगे बढ़ रहा है।132 एकड़ में फार्मा पार्क, स्वास्थ्य उद्योग को मिलेगी नई गतिस्वास्थ्य और औषधि निर्माण के क्षेत्र में भी नवा रायपुर एक महत्वपूर्ण औद्योगिक केंद्र के रूप में विकसित होने की दिशा में आगे बढ़ रहा है। सेक्टर-22 में 132 एकड़ भूमि CSIDC को आवंटित की गई है, जहां फार्मा पार्क विकसित किया जा रहा है।इस परियोजना में लगभग 2,000 करोड़ रुपए के निवेश और करीब 1,400 रोजगार सृजन का लक्ष्य रखा गया है। फार्मा क्षेत्र की प्रमुख कंपनियों टोरेंट फार्मा, एविला फार्मास्युटिकल्स और विटालिस हेल्थ के साथ कुल 735 करोड़ रुपए के एमओयू किए जा चुके हैं। फार्मा पार्क के विकसित होने से दवा निर्माण के साथ इससे जुड़ी विभिन्न औद्योगिक और सहायक गतिविधियों के विस्तार की संभावनाएं भी बढ़ेंगी।इलेक्ट्रॉनिक्स विनिर्माण में भी बढ़ते कदमभविष्य की अर्थव्यवस्था में इलेक्ट्रॉनिक्स विनिर्माण की भूमिका लगातार बढ़ रही है। नवा रायपुर ने इस क्षेत्र में भी अपनी मौजूदगी दर्ज कराई है।यश फैंस ने 110 करोड़ रुपए के निवेश से होम अप्लायंसेज निर्माण इकाई शुरू की है। यह निवेश नवा रायपुर में इलेक्ट्रॉनिक्स और घरेलू उपकरण निर्माण के क्षेत्र में औद्योगिक गतिविधियों के विस्तार की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है।इसके साथ ही इलेक्ट्रॉनिक्स क्षेत्र के लिए इलेक्ट्रॉनिक कॉमन फैसिलिटी सेंटर (CFC) को भारत सरकार से स्वीकृति मिल चुकी है। यहां PCB प्रोटोटाइपिंग, 3D प्रिंटिंग और EMC टेस्टिंग जैसी आधुनिक सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएंगी।MSME बनेंगे औद्योगिक विकास की रीढ़नवा रायपुर के औद्योगिक विकास की कहानी केवल बड़े निवेशों तक सीमित नहीं है। बड़े उद्योगों के साथ-साथ MSME क्षेत्र को भी मजबूत आधार दिया जा रहा है।सेक्टर-05 में विनिर्माण उद्योगों के लिए भूमि आवंटित की गई है। यहां वर्तमान में 1,000 से अधिक लोगों को रोजगार मिल रहा है, जबकि भविष्य में 12,000 से अधिक रोजगार सृजित होने की संभावना है।MSME क्षेत्र के विस्तार से स्थानीय उद्यमिता और विनिर्माण गतिविधियों को बढ़ावा मिलने के साथ बड़े उद्योगों के लिए सहायक औद्योगिक नेटवर्क विकसित होने की संभावनाएं भी बढ़ेंगी।निवेश से रोजगार और रोजगार से आर्थिक गतिविधियों का विस्तारनवा रायपुर में विकसित हो रहे औद्योगिक क्षेत्रों की तस्वीर बताती है कि शहर के विकास का अगला चरण प्रशासनिक राजधानी से आगे बढ़कर निवेश और रोजगार के केंद्र के रूप में आकार ले रहा है।टेक्सटाइल पार्क में लगभग 10,000 रोजगार, फार्मा पार्क में करीब 1,400 रोजगार और MSME क्षेत्र में भविष्य में 12,000 से अधिक रोजगार की संभावनाएं—ये सभी मिलकर नवा रायपुर की अर्थव्यवस्था को अधिक विविध और रोजगारोन्मुख बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम हैं।इसके साथ ही इलेक्ट्रॉनिक्स, सेमीकंडक्टर और आईटी क्षेत्र में विकसित हो रहा इकोसिस्टम नवा रायपुर की औद्योगिक संभावनाओं को और व्यापक बना रहा है। शहर में 2,000 सीटों वाला प्लग एंड प्ले आईटी इंफ्रास्ट्रक्चर विकसित किया गया है, जहां Square Business Services, Vrize India और Vision Plus जैसी आईटी कंपनियां कार्य कर रही हैं।निवेश की नई तस्वीर, रोजगार का नया भविष्यनवा रायपुर में औद्योगिक विकास का महत्वपूर्ण पहलू सेक्टर आधारित औद्योगिक क्लस्टरों का विकास है।टेक्सटाइल के लिए अलग क्षेत्र, फार्मा के लिए समर्पित पार्क, इलेक्ट्रॉनिक्स विनिर्माण की शुरुआत और MSME के लिए औद्योगिक भूमि—ये प्रयास शहर की अर्थव्यवस्था को विविधता प्रदान कर रहे हैं।औद्योगिक गतिविधियों के विस्तार के साथ परिवहन, लॉजिस्टिक्स और अन्य सहायक सेवाओं के विकास की संभावनाएं भी बढ़ रही हैं। नवा रायपुर में CBD रेलवे स्टेशन संचालित है और सेक्टर-1 तथा सेक्टर-40 में आधुनिक लॉजिस्टिक्स हब प्रस्तावित हैं।आईटी, डेटा सेंटर और सेमीकंडक्टर से बनेगा भविष्य का डिजिटल इकोसिस्टमनवा रायपुर में औद्योगिक विकास का दायरा पारंपरिक विनिर्माण तक सीमित नहीं है। सेक्टर-22 में CBD रेलवे स्टेशन के पास करीब 1,000 करोड़ रुपए की लागत से AI आधारित डेटा सेंटर पार्क विकसित किया जा रहा है। इसे RackBank करीब 13.5 एकड़ क्षेत्र में विकसित कर रही है, जिसमें एक हिस्सा SEZ के रूप में विकसित होगा। इसके अलावा CtrlS भी नवा रायपुर में अपना डेटा सेंटर स्थापित करने जा रही है।इलेक्ट्रॉनिक्स एवं इंजीनियरिंग आधारित दूसरे SEZ को भी मंजूरी मिल चुकी है। इसमें पॉलीमेटेक इलेक्ट्रॉनिक्स लिमिटेड 5G और 6G तकनीक के लिए GaN आधारित सेमीकंडक्टर चिप्स का उत्पादन करेगी।युवाओं के लिए बदल रहा अवसरों का परिदृश्यनवा रायपुर का औद्योगिक विस्तार युवाओं के लिए रोजगार और कौशल विकास के नए अवसरों का आधार तैयार कर रहा है। टेक्सटाइल, फार्मा, इलेक्ट्रॉनिक्स, आईटी और सेमीकंडक्टर जैसे विविध क्षेत्रों के विकास से उत्पादन, तकनीकी सेवाओं, प्रबंधन और अन्य कौशल आधारित क्षेत्रों में अवसर बढ़ने की संभावनाएं हैं।इस लिहाज से नवा रायपुर की नई औद्योगिक तस्वीर केवल निवेश और कारखानों की कहानी नहीं है, बल्कि रोजगार आधारित आर्थिक विकास की दिशा में बढ़ते कदमों की भी कहानी है।नवा रायपुर की बदलती पहचानएक ओर नवा रायपुर में आधुनिक राजधानी की अधोसंरचना विकसित हो रही है, वहीं दूसरी ओर औद्योगिक निवेश की नई परियोजनाएं शहर की आर्थिक तस्वीर को नया आकार दे रही हैं। भूमि, निवेश, उद्योग और रोजगार को एक-दूसरे से जोड़कर नवा रायपुर को ऐसी अर्थव्यवस्था की ओर ले जाने का प्रयास किया जा रहा है, जिसमें औद्योगिक विकास के साथ रोजगार के अवसर भी बढ़ें।यही औद्योगिक विस्तार नवा रायपुर अटल नगर को आने वाले समय में छत्तीसगढ़ के निवेश और रोजगार के प्रमुख केंद्रों में शामिल करने की मजबूत संभावनाएं तैयार कर रहा है।एक शहर, कई औद्योगिक संभावनाएंनवा रायपुर अटल नगर की विकास यात्रा अब केवल प्रशासनिक गतिविधियों तक सीमित नहीं रह गई है। औद्योगिक निवेश को शहर की विकास रणनीति से जोड़कर रोजगार आधारित अर्थव्यवस्था तैयार करने की दिशा में कदम बढ़ाए जा रहे हैं।टेक्सटाइल पार्क में हजारों रोजगार की संभावना से लेकर फार्मा पार्क में बड़े निवेश, इलेक्ट्रॉनिक्स विनिर्माण की शुरुआत, MSME क्षेत्र के विस्तार और AI डेटा सेंटर व सेमीकंडक्टर जैसे भविष्य के क्षेत्रों में निवेश तक—नवा रायपुर में उद्योगों की ऐसी श्रृंखला तैयार हो रही है, जो आने वाले वर्षों में शहर की आर्थिक पहचान को नई दिशा दे सकती है। आधुनिक राजधानी के रूप में पहचान बना चुका नवा रायपुर अब निवेश, उद्योग और रोजगार के नए गंतव्य के रूप में अपनी अगली पहचान गढ़ रहा है।
- -विश्व हाथी दिवस पर महावत और ‘हाथी मित्र दल’ सम्मानित, ग्रामीणों ने लिया हाथी संरक्षण का संकल्प-गन्ना, गुड़, केला और लड्डू खिलाकर हाथियों का किया गया सत्कार, मानव-हाथी सह-अस्तित्व पर हुई संगोष्ठीरायपुर। वन, पर्यावरण एवं जलवायु परिवर्तन मंत्री श्री केदार कश्यप के मार्गदर्शन में अचानकमार टाइगर रिजर्व (एटीआर) के सिहावल सागर एलीफेंट कैंप में विश्व हाथी दिवस उत्साहपूर्वक मनाया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य हाथियों के संरक्षण के प्रति जन-जागरूकता बढ़ाना, मानव-हाथी द्वंद्व को कम करना और वन्यजीवों के साथ सह-अस्तित्व की भावना को मजबूत करना रहा।कार्यक्रम की शुरुआत एलीफेंट कैंप में मौजूद चारों हाथियों की पारंपरिक पूजा-अर्चना से हुई। पूजा के बाद हाथियों को गुड़, केला, लड्डू और गन्ना खिलाकर उनका सत्कार किया गया। इस अवसर पर वन विभाग के अधिकारियों, कर्मचारियों और ग्रामीणों ने हाथियों की सुरक्षा एवं संरक्षण के लिए शपथ ली।हाथियों की देखभाल, सुरक्षा और निगरानी में महत्वपूर्ण भूमिका निभाने वाले महावतों और ‘हाथी मित्र दल’ के सदस्यों को उनके उत्कृष्ट कार्यों के लिए सम्मानित किया गया। वन विभाग ने कहा कि मानव-हाथी द्वंद्व को कम करने और ग्रामीण क्षेत्रों में हाथियों की गतिविधियों की जानकारी समय पर पहुंचाने में स्थानीय समुदाय और हाथी मित्र दल की भूमिका महत्वपूर्ण है।शपथ ग्रहण के बाद ग्रामीणों के साथ संगोष्ठी आयोजित की गई। इसमें हाथियों की पारिस्थितिकी तंत्र में महत्वपूर्ण भूमिका, वन संरक्षण तथा मानव-हाथी सह-अस्तित्व के विषय में जानकारी दी गई। ग्रामीणों को हाथियों से सुरक्षित दूरी बनाए रखने और हाथियों की गतिविधियों की सूचना वन विभाग को देने के लिए प्रेरित किया गया।कार्यक्रम में अधिकारियों ने कहा कि वन्यजीव संरक्षण केवल वन विभाग की जिम्मेदारी नहीं है, बल्कि इसमें स्थानीय समुदाय की भागीदारी भी आवश्यक है। सरकार द्वारा वन एवं वन्यजीव संरक्षण के लिए किए जा रहे प्रयासों को जनसहयोग से और प्रभावी बनाया जा सकता है।कार्यक्रम में मुख्य वन संरक्षक (वन्यजीव) बिलासपुर एवं क्षेत्र संचालक श्रीमती प्रियंका पांडे, उप संचालक श्री गणेश, सहायक संचालक (बफर) श्री समीर जोनाथन, डब्ल्यूडब्ल्यूएफ के श्री उपेंद्र दुबे, वरिष्ठ फोटोग्राफर एवं पत्रकार श्री सत्यप्रकाश पांडे, एटीआर के सभी रेंजर, स्थानीय सरपंच तथा सरसडोल गांव के ग्रामीण बड़ी संख्या में उपस्थित रहे।
- -वन मंत्री केदार कश्यप के निर्देशानुसार अवैध कटाई और परिवहन के खिलाफ कोरबा वन मंडल की बड़ी कार्रवाई-26 सागौन लट्ठे बरामद, करीब 2 घन मीटर लकड़ी की कीमत लगभग 85 हजार रुपएरायपुर। वन विभाग द्वारा वन क्षेत्रों में लगातार रात्रि गश्ती, निगरानी और जांच अभियान चलाया जा रहा है, ताकि अवैध कटाई और काष्ठ परिवहन पर प्रभावी रोक लगाई जा सके तथा प्रदेश के वन एवं प्राकृतिक संसाधनों का संरक्षण सुनिश्चित हो। वन, पर्यावरण एवं जलवायु परिवर्तन मंत्री श्री केदार कश्यप के निर्देशानुसार प्रदेश में वनों की अवैध कटाई और काष्ठ परिवहन के खिलाफ लगातार कार्रवाई की जा रही है। इसी क्रम में कोरबा वन मंडल की टीम ने रात्रि गश्ती के दौरान अवैध सागौन लकड़ी से लदा बोलेरो मैक्स पिकअप वाहन जब्त किया है।वन परिक्षेत्र कोरबा के भूलसीडीह क्षेत्र में सागौन की अवैध कटाई और लकड़ी के अवैध परिवहन की सूचना वन विभाग को मिली थी। सूचना के आधार पर झगराहा से भूलसीडीह वन नाके के बीच वन मार्ग पर निगरानी बढ़ाई गई। रात्रि गश्ती के दौरान जंगल की ओर से आ रहे बोलेरो मैक्स पिकअप वाहन क्रमांक CG 13 AY 1202 को रोककर जांच की गई। वाहन में अवैध रूप से परिवहन किए जा रहे सागौन के 26 लट्ठे मिले।बरामद सागौन की मात्रा लगभग 2 घन मीटर है, जिसकी अनुमानित बाजार कीमत करीब 85 हजार रुपए बताई गई है। वन विभाग की टीम ने वाहन और लकड़ी को जब्त कर भारतीय वन अधिनियम, 1927 की संबंधित धाराओं के तहत पी.ओ.आर. दर्ज कर आगे की कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी है।यह कार्रवाई वन मंडलाधिकारी कोरबा श्री जितेंद्र कुमार उपाध्याय के आदेशानुसार तथा उप वन मंडलाधिकारी उत्तर कोरबा श्री राम सिंह राठिया और उप वन मंडलाधिकारी दक्षिण कोरबा श्री सूर्यकांत सोनी के निर्देशन में की गई। वन परिक्षेत्र अधिकारी श्री मृत्युंजय शर्मा के नेतृत्व में वन विभाग की टीम ने कार्रवाई को अंजाम दिया।कार्रवाई में परिक्षेत्र सहायक श्री अश्मन आडिल, परिसर रक्षक श्री गुरुवेंद्र कुर्रे, श्री अर्जुन सिंह कंवर, श्री बलराम राठिया, कर्मचारी श्री चंद्रशेखर राठिया सहित अन्य वनकर्मी शामिल रहे।अवैध काष्ठ परिवहन की सूचना देने में स्थानीय मुखबिरों तथा संयुक्त वन प्रबंधन समिति डुमरडीह-भूलसीडीह के सदस्यों की महत्वपूर्ण भूमिका रही। वन विभाग ने उनके सहयोग की सराहना की है। ग्रामीणों ने भी वन संरक्षण के लिए विभाग द्वारा की जा रही त्वरित कार्रवाई की सराहना की।
- रायपुर। खाद्य एवं औषधि प्रशासन विभाग द्वारा छत्तीसगढ़ राज्य में सुरक्षित, गुणवत्तापूर्ण एवं मानक खाद्य पदार्थों की उपलब्धता सुनिश्चित करने तथा आगामी त्योहारी सीजन को ध्यान में रखते हुए ‘बने खाओ-बने रहिबो 2.0’ अभियान शुरू किया जा रहा है। यह सात दिवसीय सघन खाद्य सुरक्षा प्रवर्तन एवं जन-जागरूकता अभियान 17 अगस्त से 23 अगस्त 2026 तक संचालित होगा।अभियान के अंतर्गत खाद्य एवं औषधि प्रशासन की टीमें जिलेभर में खाद्य प्रतिष्ठानों का निरीक्षण करेंगी। इस दौरान खाद्य पदार्थों में मिलावट, मिथ्याछाप, भ्रामक प्रस्तुतीकरण, असुरक्षित खाद्य पदार्थों तथा प्रतिबंधित एलानों/उत्पादों के उपयोग, निर्माण, वितरण एवं विक्रय के संबंध में जांच की जाएगी। नियमों का उल्लंघन पाए जाने पर नियमानुसार सख्त कार्रवाई की जाएगी।अभियान का उद्देश्य खाद्य पदार्थों में मिलावट एवं असुरक्षित खाद्य सामग्री की रोकथाम के साथ-साथ आम नागरिकों को सुरक्षित खाद्य एवं पौष्टिक आहार के संबंध में जागरूक करना है। विभाग द्वारा नागरिकों से भी खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता एवं सुरक्षा को लेकर सजग रहने की अपील की गई है।खाद्य एवं औषधि प्रशासन के अनुसार अभियान के तहत की जाने वाली कार्रवाई नियंत्रक, खाद्य एवं औषधि प्रशासन श्री दीपक कुमार अग्रवाल के निर्देशानुसार की जाएगी।
- प्राचीन शिव मंदिर में भगवान भोलेनाथ की पूजा-अर्चनालखनपुर। पावन सावन मास के पवित्र तृतीया सोमवार एवं नागपंचमी के शुभ अवसर पर लखनपुर के प्राचीन शिव मंदिर में भगवान भोलेनाथ की पूजा-अर्चना कर समस्त प्रदेशवासियों के सुख, शांति, समृद्धि एवं मंगलमय जीवन की कामना की।“करचरण कृतं वाक्कायजं कर्मजं वा,श्रवणनयनजं वा मानसं वापराधम्।विहितमविहितं वा सर्वमेतत्क्षमस्व,जय जय करुणाब्धे श्री महादेव शम्भो॥”भगवान महादेव की कृपा समस्त प्रदेशवासियों पर सदैव बनी रहे और हर घर सुख-शांति एवं समृद्धि से परिपूर्ण हो।हर हर महादेव!ॐ नमः शिवाय।
- - अनेक श्रद्धालु महिलाओं से आचार्य चेतन दंडवते ने मंत्रोच्चार करते हुए पार्थिव शिवलिंग पूजन व रुद्राभिषेक करायारायपुर। महाराष्ट्र मंडल में पार्थिव शिवलिंग पूजन का श्रद्धामय आयोजन किया गया। बड़ी संख्या में महिलाओं ने अपने हाथों से मिट्टी का पार्थिव शिवलिंग बनाया और विधि विधान से उसकी पूजा- अर्चना की। मंडल के सचिव आचार्य चेतन दंडवते ने मंत्रोच्चार के साथ पूजन विधि संपन्न कराई। उन्होंने बताया कि सावन माह के विशेष अवसर पर 33 महिलाओं ने पार्थिव शिवलिंग का पूजन कर रूद्राभिषेक भी किया। मंडल परिसर आचार्य दंडवते के मंत्रोच्चार और श्रद्धालुओं के हर-हर महादेव के जयकारे से गूंज उठा। आरती के बाद फलाहार और प्रसाद वितरण किया गया। पूजन व प्रसाद ग्रहण करने के बाद सभासदों ने महाराष्ट्र मंडल के सामाजिक कार्यों को बढ़ाने और गति प्रदान करने का संकल्प लिया। उन्होंने पूजा के दौरान बताया कि भगवान श्रीराम ने लंका जाकर रावण वध करने और मां सीता को वहां से वापस लाने से पहले रामेश्वरम में समुद्र तट पर मिट्टी का पार्थिव शिवलिंग बनाकर उसका पूजन किया था। दंडवते के अनुसार पूजन कार्यक्रम में मंडल की महिला प्रमुख विशाखा तोपखानेवाले, उपाध्याक्ष गीता श्याम दलाल, कार्यकारिणी सदस्य नमिता शेष विशेष रूप से उपस्थित रहीं। अचला मोहरीकर, अलका कुलकर्णी, प्रांजल बल्लाल, अपर्णा वराड़पांडे, श्यामल जोशी, मृदुला कालेले, वैशाली अजय जोशी, नम्रता देशपांडे, विपुला शेजवलकर, सृष्टि दंडवते, आयुष शिर्के, प्रमिला मिश्रा, प्रमिला तिवारी, आस्था काले, श्वेता कुसरे, यशस्वी पिंपलापुरे, जयश्री भुरे, जया भावे, माधुरी इंचुलकर, स्वाती मैराल, रैना पुराणिक, स्मिता कोमजवार, मयूरी तिवारी, रोमी दत्ता, सोनल परचुरे, अनुजा महाडिक, संगीता कवीश्वर, कीर्ति हिशीकर और सौम्या इंगले ने पूजन किया।
- दांत की पुरानी सड़न से जबड़े में बनी थी बड़ी सिस्ट, आधुनिक तकनीक से बिना हड्डी को नुकसान पहुंचाए निकाला गया सिस्टआयुष्मान योजना से निःशुल्क उपचारबिलासपुर/ दांतों की सड़न और दर्द को मामूली समझकर लंबे समय तक नजरअंदाज करना कई बार गंभीर स्वास्थ्य समस्या का कारण बन सकता है। इसका एक उदाहरण सिम्स बिलासपुर के दंत चिकित्सा विभाग में सामने आया, जहां 38 वर्षीय महिला के जबड़े में पुरानी सड़न और संक्रमण के कारण बनी बड़ी रेडिकुलर सिस्ट का सफल उपचार किया गया। मरीज का उपचार आयुष्मान योजना के तहत पूरी तरह निःशुल्क किया गया।मरीज जबड़े में सूजन की शिकायत लेकर सिम्स के दंत चिकित्सा विभाग पहुंची थी। जांच के दौरान चिकित्सकों ने डिजिटल एक्स-रे एवं सीबीसीटी की सहायता से बीमारी की पहचान की। जांच में सामने आया कि प्रभावित दांत की जड़ के पास जबड़े की हड्डी का एक बड़ा हिस्सा सिस्ट के कारण प्रभावित हो चुका था।पुरानी सड़न और संक्रमण से बनी थी सिस्टदंत रोग विशेषज्ञ डॉक्टर भूपेंद्र कश्यप के अनुसार रेडिकुलर सिस्ट मुंह के भीतर विकसित होने वाली एक प्रकार की गांठ या थैली होती है, जिसमें तरल पदार्थ भरा होता है। यह सामान्यतः ऐसे दांत की जड़ के आसपास विकसित होती है, जो लंबे समय से सड़ा हुआ हो अथवा जिसमें पुराना संक्रमण हो। दांत की नस के निष्क्रिय या मृत होने के बाद संक्रमण धीरे-धीरे जड़ के आसपास की हड्डी तक पहुंच सकता है और समय के साथ सिस्ट का रूप ले सकता है। शुरुआती अवस्था में रेडिकुलर सिस्ट के लक्षण स्पष्ट नहीं होते और कई बार मरीज को दर्द भी महसूस नहीं होता। धीरे-धीरे प्रभावित दांत के आसपास मसूड़े या जबड़े में हल्की सूजन, दांत का रंग काला या गहरा पीला पड़ना तथा चबाते समय दर्द जैसे लक्षण दिखाई दे सकते हैं। गंभीर स्थिति में चेहरे की बनावट में बदलाव अथवा दांत के हिलने जैसी समस्या भी हो सकती है।दो चरणों में किया गया सफल उपचारसिम्स में जांच के बाद चिकित्सकों की टीम ने मरीज के उपचार की योजना तैयार की। उपचार के पहले चरण में संक्रमण को नियंत्रित करने के लिए प्रभावित दांत की रूट कैनाल थेरेपी (RCT) की गई। इसके बाद छोटे चीरे के माध्यम से सर्जिकल एन्यूक्लिएशन की प्रक्रिया अपनाकर सिस्ट को पूरी तरह बाहर निकाल दिया गया। इस प्रक्रिया में आसपास की हड्डी को अनावश्यक नुकसान पहुंचाए बिना सिस्ट को निकाला गया।उपचार के बाद मरीज की स्थिति में सुधार हुआ है और जबड़े की प्रभावित हड्डी भी अब धीरे-धीरे स्वस्थ होने की दिशा में है।निजी अस्पतालों में भटकने के बाद सिम्स में मिला निःशुल्क उपचारमरीज ने उपचार के लिए पहले निजी अस्पतालों में भी संपर्क किया था, लेकिन उपचार का खर्च अधिक होने के कारण वह वहां जांच और इलाज कराने में असमर्थ थी। बाद में उसे सिम्स में इस बीमारी के उपचार की जानकारी मिली। यहां आयुष्मान योजना के अंतर्गत उसका उपचार निःशुल्क किया गया। मरीज के लिए यह उपचार राहत और उम्मीद लेकर आया।समय पर दंत जांच जरूरीदंत चिकित्सा विभाग के विभागाध्यक्ष डॉ. संदीप प्रकाश ने बताया कि दांत में सड़न, संक्रमण या चोट के कारण होने वाले दर्द को नजरअंदाज नहीं करना चाहिए। समय पर दंत चिकित्सक से परामर्श लेने और नियमित दंत जांच कराने से ऐसी बीमारियों की प्रारंभिक अवस्था में पहचान की जा सकती है। उन्होंने नागरिकों से हर छह महीने में दंत जांच कराने की अपील की, ताकि छिपी हुई दंत समस्याओं का समय रहते उपचार किया जा सके और बड़ी सर्जरी की आवश्यकता को टाला जा सके।चिकित्सकीय टीम ने निभाई महत्वपूर्ण भूमिकाइस सफल उपचार का श्रेय दंत चिकित्सा विभाग के डॉ. भूपेंद्र कश्यप के मार्गदर्शन में विभागाध्यक्ष एवं मैक्सिलोफेशियल सर्जन डॉ. संदीप प्रकाश तथा उनकी टीम को दिया गया है। टीम में डॉ. जण्डेल सिंह ठाकुर, डॉ. केतकी कोनीकर, डॉ. हेमलता राजमणी, डॉ. प्रकाश खरे एवं डॉ. सोनल पटेल शामिल रहे।सिम्स के डीन डॉ. रमणेश मूर्ति एवं अस्पताल अधीक्षक डॉ. लखन सिंह ने इस सफल उपचार की सराहना करते हुए मरीजों के हित में आधुनिक चिकित्सा तकनीकों के उपयोग एवं बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराने के लिए चिकित्सकीय टीम को प्रोत्साहित किया।
- रायपुर - रायपुर उत्तर विधायक श्री पुरंदर मिश्रा ने 80वें स्वतंत्रता दिवस के पावन अवसर पर रायपुर उत्तर विधानसभा क्षेत्र अंतर्गत रमण मन्दिर वार्ड क्रमांक 14 अंतर्गत स्टेट बैंक कॉलोनी फाफाडीह बाल उद्यान परिसर में विधायक निधि से 5 लाख रूपये की स्वीकृत लागत से नवनिर्मित शेड का फीता काटकर लोकार्पण नगर निगम रायपुर के सभापति एवं रमण मन्दिर वार्ड क्रमांक 14 के पार्षद श्री सूर्यकान्त राठौड़, नगर निगम वित्त विभाग के अध्यक्ष श्री महेन्द्र खोडियार, सहित स्टेट बैंक कॉलोनी फाफाडीह के पदाधिकारियों, रहवासियों सहित नगर निगम जोन 2 जोन कमिश्नर श्री संतोष पाण्डेय, कार्यपालन अभियंता श्री पी. डी. धृतलहरे, उपअभियंता श्री अनिमेष चंद्राकर की उपस्थिति में करते हुए नगरवासियों को शानदार सौगात दी. रायपुर उत्तर विधायक श्री पुरंदर मिश्रा ने नगरवासियों को 80वें स्वतंत्रता दिवस के पावन अवसर पर हार्दिक शुभकामनायें दीं.
- रायपुर - वीरांगना रानी अवंती बाई लोधी का उनकी 195वीं जयंती पर राजधानी शहर रायपुर के जिला अस्पताल पंडरी के प्रांगण में स्थित प्रतिमा स्थल के समक्ष सादर नमन करने रायपुर नगर निगम संस्कृति विभाग के तत्वावधान में नगर निगम जोन क्रमांक 3 के सहयोग से पुष्पांजलि आयोजन रखा गया.रायपुर नगर निगम के पुष्पांजलि आयोजन में पहुंचकर वीरांगना रानी अवन्ति बाई लोधी को उनकी 195,वीं जयन्ती पर प्रमुख रूप से रायपुर नगर पालिक निगम के सभापति श्री सूर्यकान्त राठौड़, पूर्व विधायक श्री श्रीचंद सुंदरानी, नगर निगम संस्कृति विभाग अध्यक्ष श्री अमर गिदवानी, नगर निगम के पूर्व पार्षद डॉ प्रमोद साहू, श्री मोहन उपारकर, लोधी समाज पदाधिकारियों, महिलाओं, गणमान्यजनों, नवयुवकों, वरिष्ठ नागरिकों, आमजनों ने बड़ी संख्या में रायपुर जिला अस्पताल पंडरी के प्रांगण में पहुंचकर सादर नमन किया.नगर निगम सभापति श्री सूर्यकान्त राठौड़ ने कहा कि वीरांगना अवन्ति बाई लोधी का जीवन प्रेरणादायक है. वीरांगना ने जीवन में पति के अवसान के बाद परिवार के लालन -पालन एवं मध्यप्रदेश राज्य के रामगढ़ क्षेत्र की रानी की दोहरी भूमिका बखूबी निभायी. वीरांगना ने 1857 की क्रांति में अद्भुत वीरता प्रदर्शित कर अनेक बार अंग्रेज सेना को हराकर रामगढ़ से बाहर खदेड़ा, जब अंग्रेज सेना से वीरांगना अवन्ति बाई लोधी चारों ओर से घिर गयीं, तो भी वे जीवन के अंतिम क्षण तक अंग्रेज सेना से अद्भुत तरीके से अकेली ही रणभूमि में संघर्ष करती रहीं एवं वीरांगना रानी अवन्ति बाई लोधी ने अंग्रेज सेना के सामने हार ना मानकर अपने निज जीवन की इहलीला अपनी तलवार से स्वयं समाप्त कर ली एवं रनभूमि में वीरगति को प्राप्त हुई.नगर निगम संस्कृति विभाग अध्यक्ष श्री अमर गिदवानी, नगर निगम रायपुर के पूर्व पार्षद डॉ प्रमोद साहू ने वीरांगना रानी अवन्ति बाई लोधी को 195वीं जयन्ती पर सादर नमन कर उनके अद्भुत रणकौशल, अदम्य साहस एवं शौर्य को अद्वितीय बतलाया.
- -31 चयनित बाल प्रतिभाओं की शानदार प्रस्तुतियों ने बांधा समां, दिव्यांग बच्चों के बैंड और महिला आत्मरक्षा शिविर अपराजिता की मनमोहक प्रस्तुति ने दिल जीता-महापौर मीनल चौबे और जिला कलेक्टर डॉ गौरव कुमार सिंह ने किया प्रयिभागियों का उत्साहवर्धनरायपुर- स्वतंत्रता दिवस की पूर्व संध्या पर कला केंद्र रायपुर, नगर पालिक निगम रायपुर एवं जिला प्रशासन रायपुर के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित “तिरंगा शक्ति फेस्ट 2026” का भव्य ग्रैंड फिनाले विगत 14 अगस्त की संध्या शहीद स्मारक भवन रायपुर में उत्साह, उमंग और देशभक्ति के वातावरण में संपन्न हुआ।कला, संस्कृति, देशभक्ति और बाल प्रतिभाओं को समर्पित इस आयोजन में जिले भर से चयनित 31 प्रतिभाशाली बच्चों ने अपनी शानदार प्रस्तुतियों से दर्शकों का मन मोह लिया। बच्चों की प्रस्तुतियों ने पूरे सभागार को तालियों, उत्साह और देशभक्ति की भावना से सराबोर कर दिया।तिरंगा शक्ति फेस्ट का आयोजन दो चरणों में किया गया। प्रथम चरण में विगत दिनांक 10 एवं 11 अगस्त को टाउन हॉल, घड़ी चौक, रायपुर में सुबह से शाम तक ऑडिशन राउंड आयोजित हुआ। इसमें जिलेभर से कुल 194 प्रतिभागियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया।प्रतिभागियों ने गायन, नृत्य, इंस्ट्रूमेंटल, गिटार, तबला, हार्मोनियम सहित विभिन्न कला विधाओं में अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन किया। प्रतिभा, प्रस्तुति कौशल एवं कला के आधार पर 31 उत्कृष्ट प्रतिभागियों का चयन ग्रैंड फिनाले के लिए किया गया।14 अगस्त को आयोजित ग्रैंड फिनाले में इन सभी चयनित प्रतिभाओं ने मंच पर अपनी कला का शानदार प्रदर्शन किया। उनकी प्रस्तुतियों में प्रतिभा के साथ-साथ आत्मविश्वास, रचनात्मकता और देशप्रेम की भावना भी देखने को मिली।ग्रैंड फिनाले को और अधिक विशेष एवं यादगार बनाने के लिए अनेक आकर्षक विशेष प्रस्तुतियां भी आयोजित की गईं।प्रसिद्ध कलाकार अरुणिमा शर्मा ने छत्तीसगढ़ी लोकगीत “चनाके डार राजा” की मनमोहक प्रस्तुति देकर समां बांध दिया। छत्तीसगढ़ की लोक संस्कृति और संगीत से सजी इस प्रस्तुति पर दर्शक झूम उठे।वहीं डॉ. मिताली ने अपनी अनूठी पपेट एवं कार्टून वॉइस प्रस्तुति से बच्चों एवं दर्शकों का भरपूर मनोरंजन किया। उनकी प्रस्तुति पर सभागार में खूब तालियां गूंजीं।कार्यक्रम का एक अत्यंत भावुक और प्रेरणादायी क्षण रायपुर जिला प्रशासन की अभिनव पहल “प्रोजेक्ट दिव्यधुन” के अंतर्गत तैयार किए गए दिव्यांग बच्चों के विशेष बैंड की प्रस्तुति रही।रायपुर जिला कलेक्टर डॉ गौरव कुमार सिंह के मार्गदर्शन में दिव्यांग बच्चों को प्राथमिकता देते हुए तैयार किए गए इस विशेष बैंड ने पूरे आत्मविश्वास और उत्साह के साथ अपनी प्रस्तुति दी। बच्चों की प्रतिभा, आत्मविश्वास और समर्पण ने उपस्थित दर्शकों को भावुक और गौरवान्वित कर दिया।इस प्रस्तुति ने यह संदेश दिया कि प्रतिभा किसी सीमा की मोहताज नहीं होती और अवसर मिलने पर हर बच्चा अपनी पहचान बना सकता है।कार्यक्रम में टीम प्रहरी द्वारा महिला आत्मरक्षा की थीम पर विशेष प्रस्तुति दी गई। साहस, आत्मविश्वास और नारी सशक्तिकरण पर आधारित महिला आत्मरक्षा शिविर अपराजिता की इस मनमोहक प्रस्तुति ने महिला सुरक्षा एवं आत्मरक्षा के प्रति जागरूकता का प्रभावशाली संदेश दिया।प्रस्तुति ने दर्शकों में ऊर्जा का संचार करने के साथ यह संदेश भी दिया कि सशक्त महिला ही सुरक्षित और सशक्त समाज की आधारशिला है।तिरंगा शक्ति फेस्ट 2026 कार्यक्रम में राजधानी शहर की प्रथम नागरिक नगर पालिक निगम रायपुर की महापौर श्रीमती मीनल चौबे एवं नगर निगम सभापति श्री सूर्यकान्त राठौड़ और रायपुर जिला कलेक्टर डॉ गौरव कुमार सिंह सहित नगर पालिक निगम रायपुर के आयुक्त श्री संबित मिश्रा एवं जिला पंचायत रायपुर के मुख्य कार्यपालन अधिकारी श्री कुमार विश्वरंजन एवं नगर पालिक निगम संस्कृति विभाग अध्यक्ष श्री अमर गिदवानी, नगर पालिक निगम जोन 10 जोन अध्यक्ष श्री सचिन बी. मेघानी सहित राजधानी शहर के अन्य गणमान्य अतिथिगणों की उपस्थिति रही।अतिथियों ने सभी चयनित प्रतिभागियों एवं विशेष प्रस्तुतियां देने वाले कलाकारों का उत्साहवर्धन किया तथा उनकी कला, प्रतिभा और प्रयासों की सराहना की।महापौर मीनल चौबे ने मोर रायपुर मोर जिम्मेदारी अंतर्गत सामूहिक नागरिक शपथ दिलवाई, स्वच्छता, सड़क सुरक्षा, पेयजल संरक्षण, सिंगल यूज प्लास्टिक के परित्याग की नगरवासियों ने ली शपथतिरंगा शक्ति फेस्ट 2026 में महापौर श्रीमती मीनल चौबे ने मोर रायपुर मोर जिम्मेदारी अंतर्गत सामूहिक शपथ दिलवाई. सभी उपस्थित नगरवासियों ने स्वच्छता, सड़क सुरक्षा, पेयजल संरक्षण, सिंगल यूज प्लास्टिक का परित्याग करने की सामूहिक नागरिक शपथ ली.तिरंगा शक्ति फेस्ट 2026 का उद्देश्य जिले के बच्चों एवं युवाओं को अपनी प्रतिभा और कला प्रदर्शित करने के लिए एक सशक्त मंच उपलब्ध कराना तथा स्वतंत्रता दिवस की भावना को कला एवं संस्कृति के माध्यम से जन-जन तक पहुंचाना रहा।इस आयोजन की विशेषता यह रही कि यहां केवल कला और प्रतिभा को मंच नहीं मिला, बल्कि दिव्यांग प्रतिभाओं को प्रोत्साहन, महिला आत्मरक्षा एवं सशक्तिकरण तथा छत्तीसगढ़ की लोक संस्कृति जैसे महत्वपूर्ण सामाजिक संदेशों को भी प्रमुखता दी गई।31 चयनित बाल प्रतिभाओं की शानदार प्रस्तुतियों और विशेष कलाकारों की मनमोहक प्रस्तुतियों ने तिरंगा शक्ति फेस्ट 2026 के ग्रैंड फिनाले को कला, संस्कृति, प्रतिभा, समावेशिता और सशक्तिकरण का अनूठा संगम बना दिया।भव्य आयोजन ने रायपुर की बाल प्रतिभाओं को एक सशक्त मंच प्रदान करने के साथ ही स्वतंत्रता दिवस की पूर्व संध्या को देशभक्ति, संस्कृति और सकारात्मक ऊर्जा से भरपूर एक यादगार शाम में बदल दिया।
- -अधिकारियों एवं कर्मचारियों ने दी सलामी, 12 विद्युतकर्मियों को मिला पुरस्कारराजनांदगांव। स्वतंत्रता दिवस के राष्ट्रीय पर्व पर छत्तीसगढ़ स्टेट पॉवर डिस्ट्रीब्यूशन कंपनी के क्षेत्रीय प्रशासनिक भवन में हमारा राष्ट्रीय ध्वज तिरंगा शान से लहराया गया। स्वतंत्रता दिवस के पावन अवसर पर राजनांदगांव क्षेत्र के मुख्य अभियंता श्री एच. के. मेश्राम ने ध्वजारोहण किया। राष्ट्रीय पर्व पर उपस्थित विद्युत कंपनी के अधिकारियों एवं कर्मचारियों ने सामूहिक रूप से राष्ट्रीय गीत एवं राष्ट्रगान गाकर तिरंगे को सलामी दी। मुख्य अभियंता श्री मेश्राम द्वारा अध्यक्ष छत्तीसगढ़ राज्य पॉवर कम्पनीज रायपुर के संदेश का वाचनकर उपस्थितजनों को स्वतंत्रता दिवस की शुभकामनाएं देते हुए राजनांदगांव क्षेत्र के अन्तर्गत आने वाले 04 जिलों में विद्युत अधोसंरचना एवं विकास के कार्यो को रेखाकिंत किया। इस पुनीत अवसर पर उकृष्ठ कार्य करने वाले 12 विद्युतकर्मियों क्रमशः श्री योगेश कुमार वर्मा, कनिष्ठ अभिंयता कवर्धा जोन, श्री विवेक देवांगन, कनिष्ठ अभियंता, पिपरिया वितरण केन्द्र, श्री समीर मोहम्मद, कार्यालय सहायक श्रेणी-तीन, श्री राजेश कुमार, लाईन सहायक श्रेणी-दो, श्री मनु कुमार साहू, लाईन परिचारक श्रेणी-एक, सिंघोला वितरण केन्द्र, श्री कुलेश्वर पुरामें लाईन परिचारक संविदा, साल्हेवारा वितरण केन्द्र, श्री अजय कुमार, लाईन परिचारक संविदा, डोंगरगांव वितरण केन्द्र, श्री भारतेश कुमार लाईन परिचारक संविदा, कुमरदा वितरण केन्द्र, श्री छवि यादव, लाईन परिचारक संविदा, खुज्जी वितरण केन्द्र, श्री सियादास मानिकपुरी, लाईन परिचारक संविदा, पूर्व जोन राजनांदगांव, श्री हमेन्द्र कुमार यादव, लाईन परिचारक संविदा, तरेगांव वितरण केन्द्र, श्री जीतू कुमार ध्रुर्वे, लाईन परिचारक संविदा, बिडौरा वितरण केन्द्र को प्रशस्ति पत्र, चेक और मेडल प्रदान कर सम्मानित किया गया। इस अवसर अतिरिक्त मुख्य अभियंता श्री मंगल तिर्की, अधीक्षण अभियंता श्री शंकेश्वर कंवर, श्री के0 सी0 खोटे, कार्यपालन अभियंता, श्री एम. के. साहू, श्री एन.के. साहू, श्री जी.एस. फ्लोरा, श्री के. एल. उइके, श्री शोबी शर्मा, श्रीमती सीमा ढ़ील श्रीमती कांति नेताम, श्री भावेष वाल्दे वरिष्ठ लेखाधिकारी सहित बड़ी संख्या में अधिकारी एवं कर्मचारीगण उपस्थित हुए। कार्यक्रम का संचालन पब्लिसिटी ऑफिसर श्री धर्मेन्द्र शाह मंडावी द्वारा किया गया। उल्लेखनीय है कि मुख्यालय स्तर पर पॉवर कम्पनीज के अध्यक्ष श्री सुबोध कुमार सिंह द्वारा श्री लालाराम पटेल, लाइन सहायक श्रेणी-दो, एटीएम संभाग, राजनांदगांव जिला स्तर पर उष्कृट कार्य हेतु सुश्री एकता साहू, कनिष्ठ अभियंता, श्री गोवर्धन सिंह राजपूत, लाइन परिचारक संविदा वितरण राजनांदगांव, खैरागढ़-छुईखदान-गंडई जिला स्तर पर श्री उत्तम कुमार साहू, सहायक अभिंयता, उपसंभाग खैरागढ़, श्रीमती उपासना मौर्य, कनिश्ठ अभियंता, वितरण केन्द्र साल्हेवारा, को स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर को प्रशस्ति पत्र एवं मोमेन्टो देकर पुरस्कृत किया गया।
- महासमुंद / जिला रोजगार एवं स्वरोजगार मार्गदर्शन केन्द्र महासमुंद द्वारा 20 अगस्त को जिला स्तरीय रोजगार मेले का आयोजन किया जाएगा। रोजगार मेला शासकीय महाप्रभु वल्लभाचार्य स्नातकोत्तर महाविद्यालय, मचेवा महासमुंद में प्रातः 11:00 बजे से दोपहर 3:00 बजे तक आयोजित होगा जिला रोजगार अधिकारी ने बताया कि रोजगार मेले में निजी क्षेत्र की स्वतंत्र माइक्रोफाइन प्राइवेट लिमिटेड, स्वाभिमान फाइनेंस प्राइवेट लिमिटेड, एनआईआईटी लिमिटेड, पुस्कल एग्रोटेक लिमिटेड एवं वेक्टर फाइनेंस प्राइवेट लिमिटेड सहित विभिन्न नियोजकों द्वारा 10वीं, 12वीं, बीएससी एग्रीकल्चर एवं स्नातक उत्तीर्ण आवेदकों के लिए कुल 117 विभिन्न पदों पर भर्ती की जाएगी। इसके अलावा अन्य नियोजक भी उपस्थित होने पर रोजगार मेले में सम्मिलित किए जा सकेंगे। उन्होंने बताया कि रोजगार मेले में शामिल होने के इच्छुक एवं योग्य आवेदकों को निर्धारित स्थल एवं समय पर अपनी शैक्षणिक योग्यता के दस्तावेज, रोजगार पंजीयन, आधार कार्ड, बायोडाटा की छायाप्रति तथा पासपोर्ट साइज की स्वयं की फोटो के साथ उपस्थित होना होगा। साक्षात्कार प्रक्रिया में शामिल होने के लिए आवेदकों को छत्तीसगढ़ रोजगार एप/वेबसाइट के माध्यम से ऑनलाइन आवेदन करना आवश्यक है। रिक्तियों की संख्या, पदवार आवश्यक योग्यता, वेतनमान एवं कार्यस्थल से संबंधित विस्तृत जानकारी के लिए आवेदक जिला रोजगार कार्यालय महासमुंद में संपर्क कर सकते हैं अथवा रोजगार विभाग की वेबसाइट erojgar.cg.gov.in पर जानकारी प्राप्त कर सकते हैं।
- रायपुर। महाराष्ट्र मंडल के शंकर नगर बाल वाचनालय में स्वतंत्रता दिवस पर मुख्य अतिथि वार्ड के पार्षद राजेश गुप्ता ने ध्वजारोहण कर तिरंगे को सलामी दी। इस अवसर पर रोटरी क्लब ऑफ रायपुर मिलेनियम के अध्यक्ष राज प्रजापति अपने क्लब मेंबर्स के साथ, शंकर नगर बाल वाचनालय के प्रभारी सुबोध टोले, विनोद राखुंडे, संजय पुराणिक, शुभम् पुराणिक, रिदुल शर्मा, अभिषेक मिश्रा, भगीरथ कालेले, श्याम सुंदर अग्रवाल, डॉ. अनिकेत ठोके, सतीश जिल्हारे, रैना पुराणिक, पुष्पा जावेकर, निर्मला पिंपल सहित अनेक सभासद, पदाधिकारी व शिक्षक- शिक्षिकाएं उपस्थित रहे। इस कार्यक्रम में बाल वाचनालय के समीप स्थित पद्मावती स्कूल के छात्रों ने रंगारंग प्रस्तुतियां दीं। इन छात्रों को शंकर नगर महिला केंद्र ने उपहार देकर उनका सम्मान किया।
- रायपुर। महाराष्ट्र मंडल के संत ज्ञानेश्वर विद्यालय में आजादी की 80वीं वर्षगांठ धूमधाम से मनाई गई। मंडल की महिला प्रमुख विशाखा तोपखानेवाले ने ध्वजारोहण किया। सामूहिक राष्ट्रगीत और राष्ट्रगान के साथ बच्चों ने तिरंगे को सलामी दी। वहीं छोटे-छोटे बच्चों ने देशभक्ति से ओत प्रोत सांस्कृतिक प्रस्तुति दी। प्री प्राइमरी के बच्चों ने सुंदर कविता पाठ कर खूब तालियां बटोरी। विशाखा तोपखानेवाले, वरिष्ठ सभासद प्रसन्न निमोणकर और प्राचार्य मनीष गोवर्धन ने स्वतंत्रता दिवस को लेकर बच्चों को ज्ञानवर्धक जानकारी दी और आजादी के साथ जिम्मेदारी का महत्व बताया।
- रायपुर। महाराष्ट्र मंडल के सखी निवास (कामकाजी महिला वसति गृह- छात्रावास) में 15 अगस्त की सुबह मंडल की उपाध्यक्ष गीता दलाल व सखी निवास प्रभारी ने ध्वजारोहण किया। कामकाजी महिलाओं, छात्राओं, स्टाफ और पदाधिकारियों ने तिरंगे को सलामी दी। गीता दलाल ने संबोधित करते हुए कहा कि आज हम वंदे मातरम का गायन कागज पढ़कर कर रहे हैं लेकिन वह दिन दूर नहीं की पूरा वंदे मातरम हमें याद होगा। आज की युवा पीढ़ी के लिए इसे याद करना बड़ी बात नहीं।
- रायपुर। चौबे कालोनी स्थित महाराष्ट्र मंडल मुख्यालय में अध्यक्ष अजय मधुकर काले और कार्यकारिणी सदस्य दीपक किरवईवाले ने ध्वजारोहण किया। इस अवसर पर मंडल सचिव चेतन दंडवते, उपाध्यक्ष गीता श्याम दलाल, कार्यकारिणी सदस्य नमिता शेष, मालती मिश्रा, सुबोध टोले, निरंजन पंडित, वरिष्ठ रंगसाधक प्रसन्न निमोणकर, भागीरथ कालेले, दिव्या पात्रीकर, दीपक पात्रीकर, निखिल मुकादम, पल्लवी मुकादम सहित बड़ी संख्या में सदस्यगण उपस्थित थे।
- रायपुर। समता कॉलोनी स्थित महाराष्ट्र मंडल के दिव्यांग बालिका विकास गृह- सियान गुड़ी में छत्तीसगढ सिविल सोसायटी के संस्थापक डॉ. कुलदीप सोलंकी ने बतौर मुख्य अतिथि राष्ट्रीय ध्वज का रोहण किया। इस मौके पर योग प्रभारी आस्था काले के मार्गदर्शन में योग समिति की समन्वयक साक्षी टोले के निर्देशन में दो नुक्कड़ नाटकों 'समय नहीं है' और 'योग सब के लिए' का मंचन किया गया।इस मौके पर कृषि वैज्ञानिक जे.एस. उरकुरकर ने स्वरचित कविता का पाठ किया। दिव्यांग बच्चियों ने देशभक्तिपूर्ण गीतों की सुमधुर प्रस्तुति देकर सभी को मंत्रमुग्ध कर दिया। डॉ. सोलंकी और मंडल अध्यक्ष अजय मधुकर काले ने अपने प्रभावशाली संबोधन से दिव्यांग बच्चियों सहित उपस्थित जनों को स्वतंत्रता के साथ संस्कार और दायित्व का बोध कराया। इस मौके पर दिव्यांग बालिका विकास गृह की प्रभारी मालती मिश्रा, सियान गुड़ी के प्रभारी प्रवीण क्षीरसागर, वरिष्ठ रंगसाधक अनिल श्रीराम कालेले, अरुण कठोटे, गौरी क्षीरसागर, दीपक पात्रीकर, दिव्या पात्रीकर, सखी निवास प्रभारी नमिता शेष, सुशांत गुप्ता, विक्रांत, क्षीरसागर, समीक्षा टोले, भालचंद्र पलसोदकर सहित अनेक पदाधिकारी, सभासद सहित आमजन उपस्थित रहे।
- रायपुर। टाटीबंध में नगर निगम द्वारा निर्मित महतारी सदन में महाराष्ट्र मंडल द्वारा संचालित हाईटेक आंगनबाड़ी में मंडल सचिव चेतन दंडवते ने ध्वजारोहण किया। आंगनबाड़ी के पहले स्वतंत्रता दिवस समारोह पर मासूम बच्चों को मनमोहक नृत्य प्रस्तुत किया। साथ ही कई राष्ट्रभक्ति जगाने वाली प्रस्तुतियों से तालियां बटोरीं। इस अवसर पर मंडल के कार्यकारिणी सदस्य परितोष डोनगांवकर, सह-सचिव अजय पोतदार, आंगनबाड़ी प्रभारी डॉ. शुचिता देशमुख, गणेशा जाधव, राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के पदाधिकारी धर्मवीर सिंह, विभूति भूषण पांडे, आशुतोष दुबे, जितेंद्र शर्मा, संतोष गुप्ता, धीरेंद्र मिश्रा सहित अन्य स्वयंसेवक और पदाधिकारी, आंगनबाड़ी की शिक्षिकाएं भी कार्यक्रम में उपस्थित रहे।
- - राज्यसभा सांसद ने आरसेटी एवं सेवा सेतु केंद्र का किया शुभारंभ- सेवा सेतु केंद्र से चार से छह दिनों में मिल रहे प्रमाण पत्र, लाभान्वित हितग्राहियों से की चर्चा- प्रशिक्षणार्थी महिलाओं को आर्थिक सशक्तिकरण के लिए किया प्रोत्साहितमोहला । स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर राज्यसभा सांसद श्रीमती लक्ष्मी वर्मा ने जिले के मानपुर विकासखंड में विभिन्न जनहितकारी संस्थानों एवं सुविधाओं का शुभारंभ किया। उन्होंने ग्रामीण स्वरोजगार प्रशिक्षण संस्थान (आरसेटी) एवं सेवा सेतु केंद्र का शुभारंभ करते हुए कहा कि इन संस्थानों के माध्यम से आमजन को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध होने के साथ ही महिलाओं एवं युवाओं को प्रशिक्षण देकर स्वरोजगार से जोड़ने की दिशा में महत्वपूर्ण पहल की जा रही है।राज्यसभा सांसद श्रीमती वर्मा ने मानपुर में ग्रामीण स्वरोजगार प्रशिक्षण संस्थान (आरसेटी) का शुभारंभ किया। उन्होंने आरसेटी में संचालित होने वाले प्रशिक्षण कार्यक्रमों एवं ट्रेड की जानकारी ली। संबंधित अधिकारी ने बताया कि आरसेटी में प्रथम बैच का प्रशिक्षण प्रारंभ किया जा रहा है, जिसमें महिलाओं को पशु सखी का प्रशिक्षण दिया जाएगा। श्रीमती वर्मा ने प्रशिक्षणार्थी महिलाओं से संवाद कर प्रशिक्षण के संबंध में जानकारी ली और उन्हें प्रोत्साहित करते हुए कहा कि शासन एवं जिला प्रशासन के सहयोग से प्रारंभ किए गए आरसेटी का उद्देश्य ग्रामीण क्षेत्र के युवाओं एवं महिलाओं को कौशल प्रशिक्षण देकर आत्मनिर्भर बनाना है। उन्होंने कहा कि प्रशिक्षण को केवल सीखने तक सीमित न रखें, बल्कि इसे आर्थिक सशक्तिकरण और स्वरोजगार का माध्यम बनाएं। उन्होंने प्रशिक्षणार्थियों को उज्ज्वल भविष्य की शुभकामनाएं दी। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि प्रशिक्षण पूर्ण होने के बाद हितग्राहियों को स्वरोजगार से जोड़ने हरसंभव सहयोग एवं मार्गदर्शन उपलब्ध कराया जाए। इस दौरान उन्होंने प्रशिक्षण कक्ष का अवलोकन भी किया।राज्यसभा सांसद श्रीमती वर्मा ने अनुविभागीय कार्यालय मानपुर परिसर में सेवा सेतु केंद्र का भी शुभारंभ किया। उन्होंने केंद्र के माध्यम से नागरिकों को उपलब्ध कराई जा रही विभिन्न सेवाओं की जानकारी ली तथा सेवा सेतु से लाभान्वित हितग्राहियों से संवाद किया। मानपुर निवासी कुलदीप कुमार ने बताया कि उन्होंने सेवा सेतु के माध्यम से आय प्रमाण पत्र के लिए आवेदन किया था, जो उन्हें मात्र चार दिनों में प्राप्त हो गया। इसी प्रकार आर्यन कुमार एवं सुलेमान ने बताया कि सेवा सेतु केंद्र में आवेदन करने के बाद उन्हें छह दिनों में जाति प्रमाण पत्र प्राप्त हो गया। हितग्राहियों ने समयबद्ध तरीके से दस्तावेज उपलब्ध होने पर प्रसन्नता व्यक्त करते हुए शासन की इस पहल की सराहना की।राज्यसभा सांसद श्रीमती वर्मा ने कहा कि शासन की मंशा के अनुरूप आम नागरिकों को शासकीय सेवाएं एवं आवश्यक दस्तावेज सरल, सुगम और समयबद्ध रूप से उपलब्ध कराने की दिशा में लगातार कार्य किया जा रहा है। सेवा सेतु जैसे केंद्रों से लोगों को शासकीय कार्यालयों के बार-बार चक्कर लगाने की आवश्यकता कम होगी और उन्हें निर्धारित समय-सीमा में सेवाओं का लाभ मिल सकेगा। उन्होंने अधिकारियों को निर्देशित किया कि सभी आवेदनों का प्राथमिकता के साथ निराकरण करते हुए जनहित में संवेदनशीलता और तत्परता से कार्य करें, ताकि आमजन को बिना किसी परेशानी के समय-सीमा में आवश्यक दस्तावेज एवं शासकीय सेवाएं उपलब्ध हो सकें।इस अवसर पर जिला पंचायत अध्यक्ष श्रीमती नम्रता सिंह, कलेक्टर श्रीमती तुलिका प्रजापति, एसएसपी श्री यशपाल सिंह, जिला पंचायत उपाध्यक्ष श्री भोजेश शाह मांडवी, जनपद सदस्य श्रीमती रेणु टांडिया, जनप्रतिनिधि श्री दिलीप वर्मा, श्री मदन साहू, एसडीएम मानपुर श्री अमित नाथ योगी, अपर कलेक्टर श्री मिथलेश डोंडे सहित विभागीय अधिकारी-कर्मचारी एवं संबंधित संस्थानों के प्रतिनिधि उपस्थित रहे।
- बलौदाबाजार /कलेक्टर कुलदीप शर्मा रविवार को नवीन कृषि उपज मंडी परिसर स्थित मनोविकास केंद्र पहुंचे। उन्होंने केन्द्र में विशेष आवश्यकता वाले बच्चों से संवाद कर गणतंत्र दिवस की शुभकामनायें दीं। इस दौरान उन्होंने मनोविकास केंद्र में विभिन्न मानसिक विकारों से पीड़ित बच्चों क़ो उपहार भेंट कर बच्चों का प्रोत्साहित किया।कलेक्टर ने सभी बच्चों से मुलकात कर उनका कुशलक्षेम जाना और पढ़ाई के लिये उपयोग कर रहे विभिन्न मॉडलो के बारे मे पूछताछ की। इस दौरान उन्होंने वहां उपस्थित बच्चों के अभिभावकों से केन्द्र के उपचार से लाभ के बारे मे जानकारी ली। अभिभावकों ने मनोविकास केंद्र को बच्चों के ईलाज और मानसिक विकास के लिए महत्वपूर्ण बताया।उन्होंने कहा कि केन्द्र मे आकर बच्चों को बहुत लाभ मिल रहा है।कलेक्टर ने केंद्र के एडमिन कक्ष, बच्चों के कक्ष, फिजियो थेरेपी रूम, ऑडियोमेट्री रूम सहित बैठक हाल का जायजा लिया। इस अवसर पर बच्चों ने योगा के साथ ही सुंदर सांस्कृतिक कार्यक्रम की प्रस्तुति देकर अपने हुनर का परिचय दिया। बताया गया कि वर्तमान में लगभग 40 विशेष आवश्यकता वाले बच्चे केंद्र में दाखिला लिये हैं । इन बच्चों क़ो पढ़ाने के लिए 3 स्पेशल एजुकेटर, फिजियो थिरेपिस्ट और ऑडियो मेट्रियोलॉजिस्ट और योगा प्रशिक्षक हैं।
- -मुख्य प्रदेश प्रवक्ता व सांसद संतोष पाण्डेय की खरी-खरी : ‘वन्देमातरम्’ स्वतंत्रता संग्राम का मूल मंत्र और 140 करोड़ भारतीयों की आस्था का प्रतीक, इसका निरादर अक्षम्य अपराध"कांग्रेस के शीर्ष नेतृत्व की राष्ट्रविरोधी और तुष्टीकरण की मानसिकता एक बार फिर उजागर, इस अपराध के लिए बिना शर्त सार्वजनिक रूप से माफी मांगें"रायपुर। भारतीय जनता पार्टी के मुख्य प्रदेश प्रवक्ता एवं सांसद संतोष पाण्डेय ने कांग्रेस मुख्यालय में राष्ट्रगीत ‘वन्देमातरम्’ के प्रति अनादर प्रदर्शित करने पर सोनिया गांधी, राहुल गांधी और कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे पर तीखा हमला बोलते हुए इसे देश की संप्रभुता, स्वतंत्रता सेनानियों के बलिदान और राष्ट्र के गौरव का खुला अपमान करार देते हुए तीनों नेताओं के विरुद्ध तत्काल एफआईआर दर्ज कर कानूनी कार्रवाई की मांग की है।भाजपा मुख्य प्रदेश प्रवक्ता व सांसद श्री पाण्डेय ने कहा कि जिस ‘वन्देमातरम्’ के उद्घोष ने देश के स्वाधीनता आंदोलन को ऊर्जा दी और जिसके लिए लाखों वीरों ने हँसते-हँसते अपने प्राणों की आहुति दे दी, उसी राष्ट्रगीत का अपमान कांग्रेस के केंद्रीय कार्यालय में उसके शीर्ष नेताओं द्वारा ही होना अत्यंत शर्मनाक और निंदनीय है। यह कृत्य साबित करता है कि गांधी परिवार और कांग्रेस नेतृत्व के मन में भारत के राष्ट्रीय प्रतीकों और संविधान के प्रति रत्तीभर भी सम्मान नहीं है। श्री पाण्डेय ने कहा कि कांग्रेस का इतिहास हमेशा से राष्ट्र प्रतीकों की उपेक्षा और संकीर्ण वोट बैंक की राजनीति का रहा है। गांधी परिवार और मल्लिकार्जुन खड़गे ने एक विशेष वर्ग को साधने और तुष्टीकरण की पराकाष्ठा पार करते हुए राष्ट्रगीत की गरिमा को ठेस पहुँचाई है। जो पार्टी राष्ट्रगीत का सम्मान नहीं कर सकती, वह राष्ट्रहित की बात करने का नैतिक अधिकार पूरी तरह खो चुकी है।भाजपा मुख्य प्रदेश प्रवक्ता व सांसद श्री पाण्डेय ने मांग की कि राष्ट्रगीत के अपमान की धाराओं के तहत सोनिया गांधी, राहुल गांधी और मल्लिकार्जुन खड़गे पर तुरंत प्राथमिकी दर्ज की जाए। इसके साथ ही कांग्रेस नेतृत्व अपने इस अक्षम्य कृत्य के लिए बिना शर्त पूरे देश की जनता और वीर स्वतंत्रता सेनानियों की स्मृति से सार्वजनिक रूप से माफी मांगे।
















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