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- दुर्ग / प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश/अध्यक्ष जिला विधिक सेवा प्राधिकरण दुर्ग के मार्गदर्शन में जिला न्यायालय दुर्ग के नवीन सभागार में जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, दुर्ग द्वारा महिलाओं का कार्यस्थल पर लैंगिक उत्पीड़न (निवारण, प्रतिषेध एवं प्रतितोष) अधिनियम, 2013 (POSH Act) के अंतर्गत महिलाओं को कार्यस्थल पर सुरक्षित एवं सम्मानजनक वातावरण प्रदान करने के उद्देश्य से एक जागरूकता कार्यशाला का आयोजन किया गया।कार्यशाला के दौरान वक्ताओं ने कहा कि वर्तमान समय में सरकारी एवं गैर-सरकारी दोनों ही क्षेत्रों में बड़ी संख्या में महिलाएं कार्यरत हैं। कई बार महिलाएं कार्यस्थल पर होने वाले लैंगिक उत्पीड़न अथवा अनुचित व्यवहार के विरुद्ध आवाज़ उठाने से डरती हैं या जानकारी के अभाव में शिकायत नहीं कर पातीं। इसी को ध्यान में रखते हुए POSH Act लागू किया गया है, ताकि महिलाएं बिना किसी भय के अपनी शिकायत दर्ज कर सकें और सुरक्षित एवं सम्मानजनक वातावरण में कार्य कर सकें।प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश/अध्यक्ष जिला विधिक सेवा प्राधिकरण दुर्ग ने अपने संबोधन में महिला कर्मचारियों के साथ घटित मामलों के उदाहरणों के माध्यम से यह स्पष्ट किया कि लैंगिक उत्पीड़न (निवारण, प्रतिषेध एवं प्रतितोष) अधिनियम, 2013 क्यों आवश्यक है। उन्होंने कहा कि ऐसे कानूनों की जानकारी एवं समय-समय पर जागरूकता कार्यक्रम आयोजित करना अत्यंत आवश्यक है, जिससे महिलाएं अपने अधिकारों के प्रति सजग हो सकें और किसी भी प्रकार की प्रताड़ना के विरुद्ध निर्भीक होकर आवाज़ उठा सकें।उक्त कार्यशाला में महिला एवं बाल विकास विभाग के अधिकारी द्वारा SHe-Box पोर्टल (shebox.wcd.gov.in) की विस्तृत जानकारी दी गई तथा बताया गया कि कार्यस्थल पर लैंगिक उत्पीड़न की स्थिति में महिलाएं इस पोर्टल के माध्यम से ऑनलाइन शिकायत दर्ज कर सकती हैं और इसका लाभ उठा सकती हैं। इस अवसर पर चतुर्थ जिला एवं अपर सत्र न्यायाधीश/अध्यक्ष आंतरिक शिकायत समिति, जिला न्यायालय दुर्ग ने बताया कि जिला न्यायालय दुर्ग में भी POSH Act के प्रभावी क्रियान्वयन हेतु आंतरिक शिकायत समिति का गठन पूर्व से ही किया गया है, जिससे न्यायालय परिसर में कार्यरत महिलाओं को सुरक्षित कार्य वातावरण सुनिश्चित किया जा सके।कार्यशाला के दौरान पीपीटी प्रेजेंटेशन के माध्यम से अधिनियम की प्रक्रिया, शिकायत दर्ज करने की विधि एवं महिलाओं के अधिकारों को सरल और प्रभावी ढंग से समझाया गया, जिससे प्रतिभागियों को विषय को समझने में विशेष सुविधा हुई। कार्यक्रम का समापन महिलाओं के अधिकारों की रक्षा, सुरक्षित कार्यस्थल के निर्माण एवं POSH Act के प्रभावी पालन के संकल्प के साथ किया गया। यह कार्यशाला महिलाओं के प्रति संवेदनशील न्याय व्यवस्था और सुरक्षित कार्य संस्कृति की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल सिद्ध हुई।उक्त कार्यशाला में मुख्य रूप से प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश/अध्यक्ष जिला विधिक सेवा प्राधिकरण दुर्ग, चतुर्थ जिला एवं अपर सत्र न्यायाधीश/अध्यक्ष आंतरिक शिकायत समिति, जिला विधिक सेवा प्राधिकरण दुर्ग के सचिव, न्यायाधीशगण, सुश्री नीता जैन, अध्यक्ष जिला अधिवक्ता संघ दुर्ग, श्रीमती उमा भारती अधिवक्ता, श्रीमती सावित्री तिवारी, महिला उपाध्यक्ष छत्तीसगढ़ न्यायिक कर्मचारी संघ तथा महिला एवं बाल विकास विभाग से श्रीमती प्रीति बाला उपस्थित रहीं।
- - अब तक जिले में 112133 पंजीकृत किसानों से 1322 करोड़ 72 लाख 14 हजार रूपए मूल्य का 5571654.80 क्विंटल धान की खरीदी- अब तक धान उपार्जन केन्द्रों से 1740587.80 क्विंटल धान का उठावराजनांदगांव । जिले में धान खरीदी अभियान से किसानों में खुशी की लहर है। खरीफ विपणन वर्ष 2025-26 अंतर्गत धान खरीदी महाभियान के तहत शासन द्वारा समर्थन मूल्य एवं कृषक उन्नति योजना के तहत किसानों से 3100 रूपए प्रति क्विंटल की दर और प्रति एकड़ 21 क्विंटल तक के मान से धान खरीदी की जा रही है। कलेक्टर श्री जितेन्द्र यादव के निर्देशन में धान खरीदी सुचारू संचालन के लिए अच्छी व्यवस्था की गई है। धान खरीदी कार्य के लिए इलेक्ट्रानिक तौल मशीन, पेयजल, छांव, बायोमैट्रिक डिवाईस मशीन, श्रमिक एवं अन्य व्यवस्था की गई है। आर्द्रता मापी यंत्र से किसानों के धान का परीक्षण किया जा रहा है। जिले के सभी 96 धान खरीदी केन्द्रों में धान खरीदी की दर एवं सूची व फ्लैक्स लगाए गए है। कलेक्टर ने धान खरीदी केन्द्रों की सतत निगरानी रखने तथा कोचियों एवं बिचौलियों से अवैध धान की खरीदी पर सख्त कार्रवाई करने के निर्देश दिए है। धान बिक्री के लिए किसान टोकन तुंहर हाथ मोबाईल एप के माध्यम से टोकन प्राप्त कर रहे है। जिससे उनके समय की बचत हो रही है और उन्हें सुविधा मिल रही है। उल्लेखनीय है कि अब तक जिले में 112133 पंजीकृत किसानों से 1322 करोड़ 72 लाख 14 हजार रूपए मूल्य का 5571654.80 क्विंटल धान की खरीदी की गई है। धान का उठाव भी लगातार जारी है। अब तक धान उपार्जन केन्द्रों से 1740587.80 क्विंटल धान का उठाव किया गया है।
- - शिविर के तीसरे दिन कैंसर रोग विशेषज्ञों द्वारा 375 व्यक्तियों का स्वास्थ्य जांच कर आवश्यक स्वास्थ्य परामर्श दिया गया- 109 मरीजों की पेप स्मीयर टेस्ट एवं 60 मरीजों की मेमोग्राफी स्क्रीनिंग की गई- शिविर में अब तक 941 व्यक्तियों का स्वास्थ्य जांच कर आवश्यक स्वास्थ्य परामर्श दिया गयाराजनांदगांव । जिला स्वास्थ्य समिति राजनांदगांव एवं बालको मेडिकल सेंटर नया रायपुर के संयुक्त तत्वाधान में 19 जनवरी से 25 जनवरी 2026 सुबह 10.30 बजे से शाम 4 बजे तक शासकीय चिकित्सा महाविद्यालय पेण्ड्री राजनांदगांव में सुरक्षा चक्र के तहत नि:शुल्क कैंसर जांच एवं परामर्श शिविर का आयोजन किया जा रहा है। शिविर के तीसरे दिन कैंसर रोग विशेषज्ञों द्वारा 375 व्यक्तियों का स्वास्थ्य जांच कर आवश्यक स्वास्थ्य परामर्श दिया गया। साथ ही 109 मरीजों की पेप स्मीयर टेस्ट एवं 60 मरीजों की मेमोग्राफी स्क्रीनिंग की गई। शिविर में अब तक 941 व्यक्तियों का स्वास्थ्य जांच कर आवश्यक स्वास्थ्य परामर्श दिया गया।सुरक्षा चक्र के तहत नि:शुल्क कैंसर जांच एवं परामर्श शिविर में मेमोग्राफी मशीन, मुख कैंसर परीक्षण (ब्रश साइटोलॉजी), स्त्री रोग संबंधी परीक्षण (पेप स्मीयर) सहित अन्य सेवाएं उपलब्ध है। शिविर में कैंसर रोग विशेषज्ञ डॉ. राजेन्द्र प्रसाद पटेल, डॉ. पलक अग्रवाल, डॉ. दिवाकर पाण्डेय, डॉ. मीना आर्मो, डॉ. सुनिता मेश्राम सहित अन्य चिकित्सकों द्वारा स्वास्थ्य जांच कर आवश्यक स्वास्थ्य परामर्श दिया जा रहा है। स्वास्थ्य विभाग द्वारा स्तन में गांठ, असामान्य गांठ या उभार, मुंह में बदलाव या आवाज में भारीपन, निगलने में कठिनाई, लगातार खांसी व सिरदर्द या बदन दर्द, ठीक न होने वाले छाले व घाव, बार-बार बुखार या संक्रमण, खून की कमी, सिकल सेल एनीमिया, थैलेसेमिया, रक्त संबंधित बीमारियां, त्वचा (स्किन) में बदलाव, वजन में बिना कारण कमी, मल या मूत्र त्यागने की आदतों में बदलाव, मासिक धर्म चक्र में बदलाव या पेट के निचले हिस्से में दर्द कैंसर के लक्षण हो सकते हैं। नागरिक शिविर में उपस्थित होकर कैंसर जांच करा सकते है। शिविर के संबंध में अन्य जानकारी के लिए मोबाईल नंबर 9098118682, 8282824444 पर संपर्क किया जा सकता है।
- -मुख्यमंत्री शहीद शिरोमणि गैंदसिंह के 201वें शहादत दिवस एवं श्रद्धांजलि सभा कार्यक्रम में हुए शामिल-शहीद गैंदसिंह के नाम पर चौक, मूर्ति स्थापना और सामाजिक केंद्रों की घोषणारायपुर /मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय आज अखिल भारतीय हल्बा-हल्बी आदिवासी समाज के तत्वावधान में साइंस कॉलेज ग्राउंड रायपुर में आयोजित शहीद शिरोमणि गैंदसिंह के 201वें शहादत दिवस एवं श्रद्धांजलि सभा कार्यक्रम में शामिल हुए। इस अवसर पर मुख्यमंत्री श्री साय ने महान जनजातीय नायक एवं स्वतंत्रता संग्राम के अग्रदूत शहीद गैंदसिंह का पुण्य स्मरण करते हुए उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित की।कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री श्री साय ने शहीद गैंदसिंह के सम्मान में नया रायपुर में चौक के नामकरण एवं मूर्ति स्थापना, चंगोराभाटा स्थित समाज के सामुदायिक भवन के जीर्णोद्धार, तथा बालोद जिले के देवरी, कांकेर जिले के मरकाटोला, दानीटोला, नगरी, डोंगरगांव एवं बस्तर जिले के भानपुरी तथा करूटोला में हल्बा समाज के सामाजिक केंद्रों के निर्माण हेतु प्रत्येक स्थान के लिए 10-10 लाख रुपये प्रदान किए जाने की घोषणा की। इसके साथ ही ग्राम कितूर में रंगमंच निर्माण तथा चपका बस्तर में श्रीराम मंदिर के जीर्णोद्धार की भी घोषणा मुख्यमंत्री द्वारा की गई।कार्यक्रम को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने कहा कि जनजातीय समाज का इतिहास अत्यंत गौरवशाली और समृद्ध रहा है। उन्होंने कहा कि देश में स्वतंत्रता संग्राम की शुरुआत भले ही वर्ष 1857 से मानी जाती है, किंतु उससे बहुत पहले ही छत्तीसगढ़ की धरती पर जनजातीय क्रांतियों की गूंज सुनाई देने लगी थी। महान क्रांतिकारी शहीद गैंदसिंह अंग्रेजी हुकूमत से संघर्ष करते हुए वर्ष 1825 में शहीद हुए, और उस कालखंड में भी आदिवासी समाज ने आजादी की लड़ाई में अग्रणी भूमिका निभाई।मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि छत्तीसगढ़ में एक-दो नहीं बल्कि कुल 14 जनजातीय क्रांतियां हुईं, जिन्होंने अंग्रेजों की सत्ता की नींव हिला दी। यह धरती शहीद वीर नारायण सिंह, शहीद गैंदसिंह और वीर गुण्डाधुर जैसे महान जननायकों की भूमि रही है। उन्होंने कहा कि दुर्भाग्यवश इन वीरों और जनजातीय नायकों को लंबे समय तक इतिहास के पन्नों में उचित स्थान नहीं मिला। देश के प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी ने जनजातीय नायकों के योगदान को राष्ट्रीय स्तर पर सम्मान दिलाने का कार्य किया है।मुख्यमंत्री ने कहा कि छत्तीसगढ़ में हुई 14 जनजातीय क्रांतियों पर आधारित ट्राइबल म्यूजियम नया रायपुर में निर्मित किया गया है, जिसका लोकार्पण स्वयं प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी द्वारा किया गया। इस संग्रहालय में इन सभी क्रांतियों का सचित्र विवरण एवं गहन जानकारी प्रस्तुत की गई है। उन्होंने नागरिकों से आग्रह किया कि सभी लोग इस म्यूजियम का अवश्य अवलोकन करें, ताकि छत्तीसगढ़ की बलिदानी धरती में जनजातीय नायकों के योगदान को भली-भांति समझा जा सके।मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि आज देश के सर्वोच्च पद पर जनजातीय समाज की बेटी राष्ट्रपति श्रीमती द्रौपदी मुर्मू आसीन हैं और छत्तीसगढ़ प्रदेश का नेतृत्व भी जनजातीय समाज के बेटे के हाथों में है। उन्होंने कहा कि पूर्व प्रधानमंत्री भारत रत्न श्रद्धेय अटल बिहारी वाजपेयी जी ने जनजातीय समाज के सर्वांगीण विकास के लिए ऐतिहासिक निर्णय लिए। उनके नेतृत्व में जनजातीय कार्य मंत्रालय का गठन किया गया, जो आज हजारों करोड़ रुपये के बजट के साथ जनजातीय समाज के विकास को नई दिशा दे रहा है।मुख्यमंत्री ने कहा कि भगवान बिरसा मुंडा की जयंती 15 नवंबर को ‘जनजातीय गौरव दिवस’ के रूप में मनाने का निर्णय ऐतिहासिक है। धरती आबा ग्राम उत्कर्ष योजना एवं प्रधानमंत्री जनमन योजना के माध्यम से जनजातीय समाज के कल्याण की नई इबारत लिखी जा रही है। जनजातीय बहुल क्षेत्रों में सड़क, बिजली, पानी जैसी मूलभूत सुविधाएं उपलब्ध कराने का कार्य राज्य सरकार द्वारा प्राथमिकता से किया जा रहा है। इन योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन के लिए छत्तीसगढ़ को राष्ट्रीय स्तर पर सम्मान भी प्राप्त हुआ है।मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि हमारे पुरखों ने शिक्षा को विकास का मूलमंत्र बताया है। शिक्षा के क्षेत्र में छत्तीसगढ़ ने उल्लेखनीय प्रगति की है और आज प्रदेश में आईआईएम, आईआईटी और एम्स जैसे राष्ट्रीय स्तर के संस्थान संचालित हो रहे हैं। उन्होंने समाज के प्रबुद्धजनों से शिक्षा को बढ़ावा देने, शासन की योजनाओं की जानकारी समाज तक पहुंचाने तथा युवाओं को अपने अधिकारों और लक्ष्यों के प्रति जागरूक करने का आग्रह किया।मुख्यमंत्री ने कहा कि बस्तर अंचल में नक्सलवाद लंबे समय तक विकास में सबसे बड़ी बाधा रहा है, किंतु डबल इंजन सरकार के संकल्प और हमारे सुरक्षा बलों के अदम्य साहस से इस बाधा को दूर किया जा रहा है। वर्षों से विकास से वंचित इस अंचल में अब विकास की नई धारा प्रवाहित हो रही है।इस अवसर पर कैबिनेट मंत्री श्री टंकराम वर्मा ने कहा कि शहीद गैंदसिंह छत्तीसगढ़ के पहले वीर शहीद जननायक थे, जिन्होंने वर्ष 1824-25 में अंग्रेजी हुकूमत के विरुद्ध संघर्ष का बिगुल फूंका। उन्होंने अंग्रेजों द्वारा संसाधनों की लूट और आदिवासियों के शोषण के खिलाफ साहसिक संघर्ष किया। उन्होंने कहा कि देश के स्वतंत्रता संग्राम में छत्तीसगढ़ के जनजातीय नायकों का योगदान अतुलनीय रहा है।कार्यक्रम में अखिल भारतीय हल्बा-हल्बी आदिवासी समाज के केंद्रीय अध्यक्ष डॉ. देवेंद्र माहला, महामंत्री श्री गिरवर सिंह ठाकुर, श्री महेश गागड़ा सहित समाज के अनेक गणमान्य नागरिक बड़ी संख्या में उपस्थित थे।
- -श्रीमंत शंकर देव के विचार सामाजिक समरसता और सांस्कृतिक विविधता की नींव - श्री डेका-श्रीमंत शंकर देव के लेखनी से पूरा देश गौरवान्वित हुआ है - श्री सायरायपुर / राज्यपाल श्री रमेन डेका की पहल पर पंडित रविशंकर शुक्ल विश्वविद्यालय में स्थापित महान संत, समाज सुधारक और सांस्कृतिक चेतना के प्रणेता श्रीमंत शंकरदेव के विचारों, दर्शन और साहित्य को समर्पित शोध संस्थान का भव्य लोकार्पण आज गरिमामय समारोह में सम्पन्न हुआ।इस अवसर पर कार्यक्रम की अध्यक्षता राज्यपाल श्री रमेन डेका ने की। मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय, उच्च शिक्षा मंत्री श्री टंकराम वर्मा, डॉ. कृष्ण गोपाल जी सह-सरकार्यवाह, राष्ट्रीय स्वयं सेवक संघ सहित शिक्षा जगत के विद्वान, शोधार्थी, युवा वर्ग तथा गणमान्य नागरिक बड़ी संख्या में उपस्थित रहे। इसके साथ ही पंजाब विश्वविद्यालय, चंडीगढ़ तथा पं. रविशंकर शुक्ल विश्वविद्यालय रायपुर के मध्य एम.ओ.यू. पर भी हस्ताक्षर किया गया। एम.ओ.यू. के पश्चात दोनों ही विश्वविद्यालय के शोधार्थी एक-दूसरे विश्वविद्यालय में अंतरविषयक अनुसंधान कर सकेंगे।इस अवसर पर अपने संबोधन में राज्यपाल ने कहा कि श्रीमंत शंकर देव के विचार आज भी समाज को जोड़ने, सामानता स्थापित करने और मानवीय मूल्यों को सुदृढ़ करने की प्रेरणा देते हैं।श्री डेका ने कहा कि इस शोध पीठ की स्थापना उत्तर पूर्वी भारत और मध्य भारत की सांस्कृतिक विरासत को अकादमी एवं शोध के स्तर पर जोड़ने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल है। यह शोध पीठ भारत की महान संत परंपरा, भक्ति आंदोलन और सामाजिक सुधारों पर केंद्रित अध्ययन का सशक्त केंद्र बनेगी। उन्होंने कहा कि ऐसे अकादमिक प्रयास देश की सांस्कृतिक एकता को और मजबूत करते हैं।छत्तीसगढ़ शासन द्वारा इस शोध पीठ के संचालन हेतु वर्तमान वित्तीय वर्ष में 2 करोड़ रूपये दिए गए हैं जिसके लिए उन्हांेने मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय को धन्यवाद दिया।राज्यपाल ने कहा कि श्रीमंत शंकर देव ने समाज सुधारक, शिक्षाविद, कलाकार, नाटककार, नाट्य निर्देशक, चित्रकार, साहित्यकार, गीतकार, संगीत और वैष्णव धर्म के प्रवर्तक व प्रचारक के रूप में ख्याति अर्जित की है। श्रीमंत शंकर देव को उत्तर पूर्व भारत के महान समाज सुधारक बताते हुए कहा कि उन्होंने जाति, वर्ग और धर्म से ऊपर उठ कर समरस समाज की कल्पना की। नामघर और सत्र परंपरा के माध्यम से उन्होंने समानता, करूणा और उदारता पर आधारित सामाजिक व्यवस्था को सुदृढ़ किया। श्रीमंत शंकर देव द्वारा रचित साहित्य अंकिया नाट और बोरगीत आज भारतीय सांस्कृतिक विरासत की अमूल्य धरोहर हैं। उनके विचारों ने असमिया समाज को एक सूत्र में पिरोया और सामाजिक चेतना को नई दिशा दी।इस अवसर पर मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने कहा कि पूज्य शंकरदेव जी का कार्यक्षेत्र भले ही असम था, लेकिन उनके द्वारा सामाजिक जागरण का जो कार्य किया गया, उसका प्रभाव संपूर्ण देश पर पड़ा। श्रीमंत शंकर देव जी द्वारा रचित साहित्य, नाटक, भजन में भारतीय संस्कृति का उद्घोष है।. हमारा देश अपनी एकता और अखंडता के लिए जाना जाता है। इसके पीछे श्री शंकरदेव जी जैसे भारत माता के सपूत हैं, जिन्होंने अपना पूरा जीवन देश की संस्कृति को समर्पित किया। वर्तमान और नई पीढ़ी को अपने पूर्वजों के योगदान को बताकर हम एक सक्षम और समृद्ध भारत बना सकते हैं। इससे लोगों में देशभक्ति की भावना का संचार होता है। श्री शंकर देव जी ने अपनी एक रचना में कहा कि भारत भूमि में जन्म लेना सबसे सौभाग्य की बात है। उन्होंने 500 वर्ष पहले एक भारत का जो संदेश दिया, उसे आज हमारे यशस्वी प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी जी ‘एक भारत-श्रेष्ठ भारत‘ का नारा देकर साकार कर रहे हैं।मुख्य वक्ता डॉ कृष्ण गोपाल जी ने कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कहा असम राज्य विविधताओं से भरा हुआ है। यहां विविध प्रकार की जनजाति भौगालिक, नदी, पहाड़, जंगल, घने वन उपस्थित है। जिस कारण यहां हजारों वर्षों से दूर दूर विविध जनजाति निवास करते है। इन जनजातियों को एक सूत्र में बांधने का महत्वपूर्व कार्य श्रीमंत शंकर देव ने किया। उन्होंने श्री कृष्ण भक्ति के माध्यम से किया लोगो को जोड़ा। वे भक्ति आंदोलन के प्रमुख व्यक्तिव है उन्होंने भक्ति के साहित्य का लेखन किया, नाट्य, गायन खड़े प्रशिक्षण दिया। गांव गांव में नाम घर की स्थापना किए। आज असम के हर गांव है जिसे नाम स्थापित है। भक्ति, संस्कृति एवं सामाजिक सद्भाव का घर कहलाता है। उन्होंने श्रीमंत शंकर देव के योगदान पर विस्तृत प्रकाश डाला।उच्च शिक्षा मंत्री श्री टंक राम वर्मा ने कहा कि श्रीमंत शंकरदेव ने शिक्षा को केवल साक्षरता तक सीमित न रखकर उसे संस्कार और संस्कृति से जोड़ा। यह शोध संस्थान केवल भवन नहीं, बल्कि विचारों की कार्यशाला बनकर उभरेगा। यहाँ से निकलने वाले शोध पत्र राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भारतीय ज्ञान परंपरा को नई पहचान दिलाएंगे।कार्यक्रम के अंत में संस्थान की स्थापना से जुड़े सभी सहयोगियों और प्रबंधन समिति को बधाई देते हुए आशा व्यक्त की गई कि यह केंद्र भविष्य में ज्ञान, नवाचार और सत्य की खोज का प्रमुख केंद्र बनेगा तथा वसुधैव कुटुम्बकम् के संदेश को विश्व पटल पर स्थापित करेगा।गौरतलब है श्रीमंत शंकरदेव शोध पीठ की स्थापना का मुख्य उद्देश्य उत्तरपूर्वी भारत तथा मध्य भारत के भक्ति आन्दोलन से जुड़े महान संतों के योगदान एवं व्यापक प्रभाव को भारतीय जनमानस के समक्ष लेकर आना साथ ही दोनों ही क्षेत्रों के जनजातीय सांस्कृतिक विरासत की मौखिक परंपरा को लेखबद्ध करना है। शोधपीठ के द्वारा शोधवृत्ति भी शोधार्थियों को प्रदान किया जाएगा। शोधपीठ में भाषा, साहित्य, इतिहास, प्राचीन भारतीय इतिहास, क्षेत्रीय अध्ययन, समाजशास्त्र एवं समाजकार्य के विषय के शोधार्थी शोधकार्य कर सकते हैं।
- बलौदाबाजार, / कलेक्टर दीपक सोनी के निर्देश पर अवैध धान के परिवहन और भंडारण के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत राजस्व, मंडी और पुलिस की संयुक्त टीम ने बड़ी कार्रवाई की है। संयुक्त जांच टीम के द्वारा विभिन्न स्थानों से 655 कट्टा अवैध धान जब्त किया गया। प्राप्त जानकारी के अनुसार खरतोरा चेक पोस्ट पर जांच के दौरान दो ट्रैक्टरों से अवैध रूप से ले जाया जा रहा 250 कट्टा धान जब्त किया गया। यह धान बरौदा (रायपुर) से लाकर बलौदी खरीदी केंद्र में खपाने की तैयारी थी, जिसे जब्त कर खरतोरा समिति प्रबंधक की सुपुर्दगी में सौंप दिया गया है। लवन तहसील के ग्राम अमलीडीह में तहसीलदार पलारी के नेतृत्व में दबिश दी गई, जहाँ व्यापारी नीलकंठ पटेल के प्रतिष्ठान से अवैध रूप से भंडारित 360 बोरी धान और 62 बोरी चावल बरामद कर गोदाम को सील कर दिया गया है। इसके अलावा, ग्राम चिखली निवासी धनेश्वर यादव के वाहन से 45 कट्टा अवैध धान जब्त कर थाना गिधपुरी के सुपुर्द किया गया। इसी कड़ी में भाटापारा ब्लॉक के ग्राम गोढ़ी में रामेश्वर यादव के पास से 12.80 क्विंटल अवैध धान जब्त किया गया है।
- -मेला आयोजन समिति की बैठक में तैयारी हेतु लिये गए महत्वपूर्ण निर्णयबलौदाबाजार /संत शिरोमणी गुरू घासीदास ज़ी की जन्मस्थली एवं तपोभूमि गिरौदपुरी धाम में प्रति वर्ष की भांति इस वर्ष भी विशाल गुरू दर्शन एवं संत समागम मेला का आयोजन होग़ा। तीन दिवसीय भव्य मेला 22 से 24 फ़रवरी 2026 तक आयोजित होग़ा। राजागुरु धर्मगुरु गुरुबालदास साहेब की अध्यक्षता में बुधवार को जिला पंचायत के सभागार में मेला आयोजन समिति की बैठक संपन्न हुई, जिसमें मेले की तैयारियों और श्रद्धालुओं के लिए सुविधाओं व सुरक्षा व्यवस्था के संबंध में विस्तार से चर्चा कर महत्वपूर्ण निर्णय लिये गए। बैठक में तकनीकी शिक्षा मंत्री गुरू खुशवंत साहेब,गुरु सोमेश बाबा, गुरू सौरभ साहेब, कलेक्टर दीपक सोनी, एसपी भावना गुप्ता, पूर्व सांसद गुहा राम अजगले,पूर्व विधायक डॉ. सनम जांगड़े सहित अन्य वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे।धर्मगुरु गुरुबालदास साहेब ने बैठक में कहा कि बाबा गुरु घासीदास जी के सम्मान में आयोजित गिरौदपुरी मेला सबकी भागीदारी से शांतिपूर्ण और सुव्यवस्थित तरीके से संपन्न किया जाएगा। उन्होंने मेले में व्यवस्थाओं और सुविधाओं को पिछले वर्ष की तुलना में और बेहतर बनाने पर जोर दिया। उन्होंने प्रशासन द्वारा की जा रही तैयारियों को समय पर पूरा कराने तथा फिल्ड पर भी तैयारी मौजूद हो इसके लिये स्पॉट निरीक्षण करने के भी सुझाव दिये। उन्होंने मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय की घोषणा अनुरूप मेला समिति की राशि 25 लाख से बढाकर 50 लाख करने तथा 50 लाख रुपये का आवंटन मेला समिति को प्राप्त होने पर समिति की ओर से मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के प्रति आभार व्यक्त किया।तकनीकी शिक्षा मंत्री गुरू खुशवंत साहेब ने कहा कि जिला प्रशासन द्वारा गिरौदपुरी मेला में सुविधाओं को पिछले वर्षो की तुलना में दुगुना किया गया है। विगत वर्ष भी बेहतर ढंग से मेला सम्पन्न हुआ था। इस बार पिछले वर्ष की कुछ कमियों को दुरुस्त कर लिया जाए। उन्होंने जैतखाम में सीसीटीवी कैमरा स्थापित करने कहा ताकि जैतखाम की सुरक्षा ब्यास्था पुख्ता रहे।बैठक का संचालन कर रहे कलेक्टर दीपक सोनी ने बताया कि इस वर्ष मेले के लिए कसडोल एसडीएम आर.आर. दुबे को मेला अधिकारी नियुक्त किया गया है। राज्य स्तर से लगभग 26प्रशासनिक अधिकारियों की तैनाती की तैयारी जा रही है। सभी सम्बधित विभागों को मेला की तैयारी हेतु जिम्मेदारी दी गई है।श् मेला स्थल पर जलापूर्ति की व्यवस्था के लिए 30 लाख, 8 लाख और 75 हजार लीटर क्षमता के टंकियां हैं। मंदिर परिसर, महराजी, छाता पहाड़ और पंचकुंडीय स्थानों पर पृथक से पेयजल टंकियों की व्यवस्था की गई है। इस बार मेला परिसर में 250 टेप नल, 30 टैंकर,100 स्नानघर एवं शौचालय,20 चलित शौचालय, 10 जनरेटर, 24 घण्टे सफाई व्यवस्था हेतु लगभग 400 कर्मचारी एवं स्वच्छग्रही, 80 स्थायी शौचालय, 24 घण्टे मेडिकल टीम, मेला परिसर में 7 स्थानों पर 24 घण्टे चिकित्सा शिविर, 10 एम्बुलेंस की व्यवस्था की जा रही है। प्राथमिक स्वास्थ्य केन्द्र गिरौदपुरी में 6 बेड भी तैयार रहेगा।सीएचसी कसडोल को 24 घंटे अलर्ट मोड में रखा गया है।मेला परिसर और आसपास10 किलोमीटर की परिधि में मांस-मदिरा की बिक्री पूरी तरह प्रतिबंधित होगी।मेला में उपलब्ध सुविधाओं की जानकारी के लिये बड़े होर्डिंगस लगाए जाएंगे। इसके साथ ही पिछले वर्ष के वेब साईट को सक्रिय किया जाएगा एवं बार कोड भी होग़ा।पुलिस अधीक्षक भावना गुप्ता ने बताया कि मेले के दौरान तीन लेयर की सुरक्षा व्यवस्था रहेगी जिसमें लगभग 1182 पुलिस कर्मी तैनात रहेंगे।30 स्थानों पर पार्किंग की व्यवस्था होगी। सीसीटीवी कैमरा पिछले वर्ष से अधिक होगी। मुख्य कंट्रोल रूम के अलावा 4 अन्य कंट्रोल रूम बनाए जायेंगे। उन्होने बताया कि मेला के दौरान पुलिस हेल्पलाईन नंबर 94792-20392 सक्रिय रहेगा जिस पर शिकायत की जा सकती है।सात जगहों पर दमकल वाहन तैनात किए जाएंगे। ट्रेफिक व्यवस्था हेतु पर्याप्त टीम लगाई जाएगी।बैठक में मेला आयोजन समिति के सदस्य सहित सीईओ जिला पंचायत सुश्री दिव्या अग्रवाल, अपर कलेक्टर सुश्री दीप्ति गौते, अवध राम टंडन एवं विभागीय अन्य अधिकारी उपस्थित थे।
- बलौदाबाजार, / वनमंडलाधिकारी गणवीर धम्मशील के निर्देशानुसार वन परिक्षेत्र अर्जुनी विभागीय टीम के निरीक्षण के दौरान अवैध रूप से निर्मित ईंटों को तथा उन्हें पकाने के लिए वन क्षेत्र से लाई गई अवैध जलाऊ लकड़ी को जब्त कर पीओआर जारी किया गया है। प्राप्त जानकारी के अनुसार अंतर्गत वन विभाग की टीम द्वारा गिण्डोला परिवृत्त का औचक निरीक्षण के दौरान रूपसिंह पैंकरा एवं मंगलराम पैंकरा के द्वारा वनाधिकार क्षेत्र में अवैध उत्खनन कर ईंटों का निर्माण किया जा रहा था, जो वनाधिकार प्रावधानों के स्पष्ट उल्लंघन की श्रेणी में आता है।उक्त प्रकरण में भारतीय वन अधिनियम 1927 की धारा 26 एवं वन संरक्षण अधिनियम 1980 की धारा 2 के तहत तत्काल कार्यवाही की गई। विभागीय टीम द्वारा मौके से निर्मित ईंटों को तथा उन्हें पकाने के लिए वन क्षेत्र से लाई गई अवैध जलाऊ लकड़ी को जब्त कर पीओआर जारी किया गया है। वनमंडलाधिकारी ने नागरिकों से अपील की है कि वे वन एवं पर्यावरण संरक्षण में सहयोग करें। उन्होंने कहा है कि अवैध उत्खनन जैसी गतिविधियाँ पर्यावरणीय असंतुलन उत्पन्न करती हैं तथा वन संसाधनों को नुकसान पहुँचाती हैं। विभाग द्वारा आगे भी ऐसे मामलों पर सतत निगरानी रखते हुए आवश्यक कार्यवाही जारी रखी जाएगी।
- -व्यापम द्वारा परीक्षार्थियों के लिए आवश्यक दिशा निर्देशमहासमुंद / छत्तीसगढ़ व्यावसायिक परीक्षा मंडल, रायपुर द्वारा आयोजित छत्तीसगढ़ शिक्षक पात्रता परीक्षा का आयोजन रविवार, 01 फरवरी 2026 को दो पालियों में किया जाएगा। प्रथम पाली में परीक्षा प्रातः 09ः30 बजे से दोपहर 12ः15 बजे तक आयोजित होगा। जिसमें 10 निर्धारित परीक्षा केंद्रों में 2524 परीक्षार्थी शामिल होंगे। इसी तरह द्वितीय पाली में परीक्षा दोपहर 03ः00 बजे से शाम 05ः45 बजे तक आयोजित होगा। जिसमें निर्धारित 17 परीक्षा केंद्रों में 4428 परीक्षार्थी शामिल होंगे।व्यापम द्वारा जारी दिशा निर्देशों का पालन करते हुए परीक्षार्थियों को परीक्षा प्रारंभ होने से कम से कम दो घंटे पहले परीक्षा केन्द्रों में पहुंचने की सलाह दी गई है। ताकि फ्रिस्किंग तथा फोटो युक्त मूल पहचान पत्र से सत्यापन की प्रक्रिया पूर्ण की जा सके। परीक्षा प्रारंभ होने के 30 मिनट पूर्व परीक्षा केन्द्र का मुख्य द्वार बंद कर दिया जाएगा। चूंकि परीक्षा दो पालियों में आयोजित है, प्रथम पाली में प्रातः 09ः30 बजे से शुरू होगी, इसलिए प्रवेश द्वार सुबह 09ः00 बजे एवं द्वितीय पाली में दोपहर 03ः00 बजे से परीक्षा प्रारम्भ होगी, इसलिए प्रवेश द्वार दोपहर 02ः30 बजे बंद कर दिया जाएगा। इसके बाद किसी भी अभ्यर्थी को प्रवेश नहीं मिलेगा। अभ्यर्थियों को हल्के रंग के आधी बाँह वाले कपड़े पहनकर आने के निर्देश दिए हैं। काले, गहरे नीले, गहरे हरे, जामुनी, मैरून, बैगनी, तथा गहरे चॉकलेटी रंग के कपड़े पूरी तरह वर्जित होंगे। सामान्य बिना पॉकेट स्वेटर की अनुमति है, जिसे सुरक्षा जांच के दौरान उतारकर दिखाना आवश्यक होगा। ऐसे अभ्यर्थियों को सामान्य समय से पहले रिपोर्ट करने कहा गया है। अतिरिक्त सुरक्षा जांच के उपरांत ही उन्हें परीक्षा में सम्मिलित होने की अनुमति होगी। अभ्यर्थी परीक्षा केन्द्र में केवल चप्पल पहनकर आएं। कान में किसी भी प्रकार के आभूषण पहनना वर्जित है। सुरक्षा जांच के दौरान कोई छूट नहीं दी जाएगी। परीक्षा कक्ष में मोबाइल फोन, संचार उपकरण, इलेक्ट्रॉनिक गैजेट, इलेक्ट्रॉनिक घड़ी, पर्स, पाउच, स्कार्फ, बेल्ट, टोपी आदि ले जाना प्रतिबंधित है। किसी भी प्रकार की नकल या अनुचित साधनों का प्रयोग करने पर कठोर कार्रवाई की जाएगी तथा उसकी अभ्यर्थिता समाप्त कर दी जाएगी। परीक्षार्थियों को परीक्षा केन्द्र में केवल काले या नीले रंग के बॉल प्वाइंट पेन लाने की अनुमति होगी।
- -कलेक्टर ने पीएम सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना की प्रगति हेतु ली समीक्षा बैठकबलौदाबाजार / कलेक्टर दीपक सोनी ने मंगलवार को सीएसपीड़ीसीएल के अधिकारियों एवं वेंडरो की बैठक लेकर जिले में पीएम सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना की प्रगति की समीक्षा की। उन्होंने जिले के लिये निर्धारित लक्ष्य समय पर हासिल करने बैंकर्स एवं वेंडरो से बेहतर समन्वय करने के निर्देश अधिकारियों को दिये।कलेक्टर श्री सोनी ने कहा कि तीनों डिवीजन के लिये निर्धारित लक्ष्य अनुसार वेंडर और बैकर्स की साप्ताहिक ओपन बैठक में बैंकवार एवं वेंडरवार आवेदनों की स्थिति तथा समस्याओं पर चर्चा कर निरकारण कराएं। बैठक में सरपंच, सचिव सहित स्थानीय जनप्रतिनिधियों को भी आमंत्रित करें और योजना अंतर्गत सोलर पैनल लगवाने आग्रह करें ताकि वे आमजनों को भी प्रोत्साहित कर सकें। उन्होंने विभाग के कनिष्ठ अभियंताओ के लिये निर्धारित लक्ष्य में कमजोर प्रदर्शन वालों पर कड़ी निगरानी और कार्यवाही करने के. भी निर्देश दिये।बताया गया कि प्रधानमंत्री सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना अंतर्गत अब तक जिले को कुल 9915 आवेदन प्राप्त हुएहै जिसमें से 5254 हितग्राहियो ने वेंडर चयन कर लिया है। अब तक 1925 हितग्राहियों ने सोलर पैनल लगवा लिया है।
- बालोद। बालोद पुलिस ने ग्राम झलमला में हुई दो घरेलू चोरियों का खुलासा करते हुए मुख्य आरोपी को मात्र 24 घंटे के अंदर गिरफ्तार कर लिया है।आरोपी लक्ष्मण सिंह ठाकुर, उम्र 30 वर्ष, निवासी खैरतराई बीचपारा, हाल डौण्डीलोहारा को हिरासत में लेकर पूछताछ की। आरोपी ने कबूल किया कि 19 जनवरी को उसने मोटरसाइकिल और लोहे की हथौड़ी लेकर झलमला पहुंचा।उसने पहले एक मकान की दीवार फांदकर चैनल गेट और दरवाजे का ताला तोड़ा, अंदर रखी नकदी 4 हजार रुपये चुराई। इसके बाद पड़ोस के दूसरे मकान में घुसकर सोने-चांदी के जेवरात चुराए, जिनकी कुल कीमत 7 लाख 91 हजार रुपये बताई गई।आरोपी के कब्जे से चोरी का पूरा माल, नकदी 4 हजार रुपये, मोटरसाइकिल और हथौड़ी बरामद की गई। कुल जप्त माल की कीमत 8 लाख 52 हजार 450 रुपये है।ये दोनों मामले थाना बालोद में दर्ज थे, जिसमें धारा 331(3), 305 बीएनएस लगाई गई है। आरोपी को 21 जनवरी 2026 को न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया गया है।आरोपी का पहले भी आपराधिक रिकॉर्ड है—2010 में धारा 457 और 2023 में धारा 454, 380 के तहत मामले दर्ज हैं।बालोद पुलिस क्षेत्र में लगातार हो रही चोरियों पर लगाम कसने के लिए सक्रिय है।
- -‘टचलेस टेंपल’ मॉडल देश के टॉप–30 में चयनित, कलेक्टर ने किया सम्मानितधमतरी। धमतरी जिले की होनहार छात्राओं ने नवाचार और तकनीकी प्रतिभा के बल पर राष्ट्रीय स्तर पर जिले का नाम रोशन किया है। शिवसिंह वर्मा आदर्श शासकीय स्कूल की छात्रा बबीता सिन्हा और जान्हवी देवांगन द्वारा तैयार किया गया अनूठा ‘टचलेस टेंपल’ मॉडल देश के शीर्ष 30 नवाचारी मॉडलों में चयनित हुआ है। इस उपलब्धि पर कलेक्टर अबिनाश मिश्रा ने कलेक्ट्रेट सभाकक्ष में दोनों छात्राओं को सम्मानित कर उनका उत्साहवर्धन किया। कलेक्टर ने कहा कि यह उपलब्धि धमतरी के लिए गर्व का विषय है। बच्चों की सोच, मेहनत और तकनीकी कौशल को राष्ट्रीय मंच पर पहचान मिलना आने वाली पीढ़ी के विद्यार्थियों के लिए प्रेरणास्रोत बनेगा। अटल टिंकरिंग लैब में तैयार इस मॉडल की खासियत यह है कि इसमें मंदिर की घंटी को बिना छुए ही बजाया जा सकता है। स्वच्छता और आधुनिक तकनीक को ध्यान में रखकर बनाए गए इस मॉडल ने निर्णायकों को खासा प्रभावित किया।उल्लेखनीय है कि नीति आयोग द्वारा आयोजित स्कूल इनोवेशन मैराथन में देशभर से प्राप्त लगभग डेढ़ लाख मॉडलों में से इस मॉडल ने कड़ी प्रतिस्पर्धा के बीच पहले टॉप 1000, फिर टॉप 100 और अंततः टॉप 30 में जगह बनाई। इस ऐतिहासिक सफलता के चलते 26 जनवरी को दिल्ली के कर्तव्य पथ पर आयोजित गणतंत्र दिवस समारोह में विद्यालय के प्राचार्य बी. मैथ्यु और एटीएल प्रभारी डॉ. विजय लक्ष्मी सिंह को विशिष्ट अतिथि के रूप में आमंत्रित किया गया है। छात्राएं अपने शिक्षकों के साथ दिल्ली जाकर यह प्रतिष्ठित सम्मान प्राप्त करेंगी।धमतरी की बेटियों की यह सफलता न केवल जिले बल्कि पूरे प्रदेश के लिए प्रेरणादायक उपलब्धि मानी जा रही है।
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नारायणपुर ।वीर स्मृति पुलिस प्रीमियर लीग क्रिकेट कप–2026 के अंतर्गत 20 जनवरी को क्रीड़ा परिसर खेल मैदान, नारायणपुर में सुपर लीग नॉकआउट राउंड के रोमांचक मुकाबले खेले गए। सभी मैचों में खिलाड़ियों द्वारा उत्कृष्ट खेल भावना, अनुशासन एवं प्रतिस्पर्धात्मक क्रिकेट का प्रदर्शन किया गया।
कल खेले गए प्रथम सुपर लीग नॉकआउट मुकाबले में नारायणपुर उपखंड एवं 44वीं वाहिनी आईटीबीपी के मध्य मुकाबला खेला गया। नारायणपुर उपखंड की टीम ने पहले बल्लेबाजी करते हुए निर्धारित 10 ओवर में 8 विकेट खोकर 34 रन बनाए। लक्ष्य का पीछा करते हुए 44वीं वाहिनी आईटीबीपी ने मात्र 3.1 ओवर में 1 विकेट के नुकसान पर लक्ष्य हासिल कर यह मुकाबला 9 विकेट से जीत लिया।इस मैच में 44वीं वाहिनी आईटीबीपी के श्री धनुज को मैन ऑफ द मैच घोषित किया गया। उन्होंने हरफनमौला प्रदर्शन करते हुए गेंदबाजी में निर्धारित 2 ओवर में 1 मेडन सहित 7 रन देकर 2 विकेट झटके, वहीं बल्लेबाजी में 2 गेंदों में 1 चौका एवं 1 छक्का लगाकर 10 रन बनाते हुए टीम की जीत में निर्णायक भूमिका निभाई।इसके पश्चात खेले गए द्वितीय सुपर लीग नॉकआउट मुकाबले में 133वीं वाहिनी बीएसएफ एवं 38वीं वाहिनी आईटीबीपी आमने-सामने रहीं। 133वीं वाहिनी बीएसएफ की टीम 9.1 ओवर में 60 रन पर सिमट गई। जवाब में 38वीं वाहिनी आईटीबीपी ने मात्र 4.5 ओवर में 1 विकेट के नुकसान पर लक्ष्य हासिल कर यह मुकाबला 9 विकेट से अपने नाम किया।इस मैच में उत्कृष्ट बल्लेबाजी प्रदर्शन के लिए 38वीं वाहिनी आईटीबीपी के श्री सुमित कुमार को मैन ऑफ द मैच चुना गया, जिन्होंने 20 गेंदों में 4 चौके एवं 5 छक्कों की मदद से 52 रनों की विस्फोटक पारी खेली।इसके उपरांत खेले गए अंतिम सुपर लीग नॉकआउट मुकाबले में 53वीं वाहिनी आईटीबीपी एवं आयरन XI छोटेडोंगर उपखंड के मध्य मुकाबला खेला गया। 53वीं वाहिनी आईटीबीपी ने पहले बल्लेबाजी करते हुए निर्धारित 10 ओवर में 8 विकेट खोकर 91 रन बनाए। लक्ष्य का पीछा करते हुए आयरन XI छोटेडोंगर उपखंड की टीम 10 ओवर में 9 विकेट खोकर 62 रन ही बना सकी। इस प्रकार 53वीं वाहिनी आईटीबीपी ने यह मुकाबला 29 रनों से जीत लिया।इस मैच में शानदार गेंदबाजी प्रदर्शन के लिए 53वीं वाहिनी आईटीबीपी के श्री प्रदीप को मैन ऑफ द मैच घोषित किया गया। उन्होंने निर्धारित 2 ओवर में 1 मेडन सहित मात्र 2 रन देकर 3 महत्वपूर्ण विकेट झटके।वीर स्मृति पुलिस प्रीमियर लीग क्रिकेट कप–2026 के अंतर्गत सुपर लीग नॉकआउट राउंड के आज अंतिम दिन क्रीड़ा परिसर खेल मैदान, नारायणपुर में निम्नलिखित तीन मुकाबले खेले जाएंगे—प्रथम मुकाबला — बेनूर उपखंड बनाम एसटीएफ???? समय : शाम 6:00 बजेद्वितीय मुकाबला — डीआरजी बनाम 45वीं वाहिनी आईटीबीपी???? समय : शाम 7:00 बजेअंतिम मुकाबला — पुलिस अधीक्षक कार्यालय बनाम जेल नारायणपुर???? समय : रात 8:00 बजेइन मुकाबलों को देखने एवं खेल भावना का आनंद लेने हेतु अधिक संख्या में खेल प्रेमी उपस्थित होकर इस रोमांचक क्रिकेट प्रतियोगिता का लुत्फ उठा सकते हैं।वीर स्मृति पुलिस प्रीमियर लीग–2026 का आयोजन पुलिस, अर्द्धसैनिक बलों एवं प्रशासनिक इकाइयों के बीच आपसी सौहार्द, टीम भावना, अनुशासन तथा शारीरिक एवं मानसिक सुदृढ़ता को बढ़ावा देने के उद्देश्य से किया जा रहा है। -
बालोद।कलेक्टर दिव्या उमेश मिश्रा ने आज संयुक्त जिला कार्यालय परिसर में सुबह 10 बजे हरी झंडी दिखाकर बालोद टेक्नोफेस्ट में भाग लेने वाले छात्र-छात्राओं को शैक्षणिक भ्रमण के लिए रवाना किया।
कलेक्टर ने बस को हरी झंडी दिखाई और छात्र-छात्राओं के उज्ज्वल भविष्य की कामना की। साथ ही उन्हें बधाई और शुभकामनाएं दीं।समग्र शिक्षा के जिला मिशन समन्वयक के अनुसार, राष्ट्रीय आविष्कार अभियान के तहत यह शैक्षणिक भ्रमण आयोजित किया गया है। जिले के कक्षा 6वीं से 8वीं तक के टेक्नोफेस्ट प्रतिभागी छात्र-छात्रा आज भिलाई में भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थान, भारतीय विश्वविद्यालय और भिलाई स्टील प्लांट के मैत्री गार्डन का दौरा करेंगे।इस अवसर पर जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी सुनील चंद्रवंशी, जिला शिक्षा अधिकारी मधुलिका तिवारी, एपीसी समग्र शिक्षा सहित अन्य अधिकारी, कर्मचारी और शिक्षक उपस्थित थे। - -जूते-मोजे और घड़ी पर बैन, आधे घंटे पहले ही बंद हो जाएंगे गेटजगदलपुर। छत्तीसगढ़ व्यावसायिक परीक्षा मण्डल (व्यापमं) द्वारा आगामी 1 फरवरी 2026 को आयोजित की जाने वाली राज्य स्तरीय शिक्षक पात्रता परीक्षा इस बार सामान्य परीक्षाओं से काफी अलग होगी। जिला मुख्यालय जगदलपुर में 14,174 अभ्यर्थियों के लिए आयोजित इस महापरीक्षा में प्रशासन ने सुरक्षा और अनुशासन को सर्वोच्च प्राथमिकता दी है। नकल और अनुचित साधनों को रोकने के लिए व्यापमं ने कड़े दिशा-निर्देश जारी किए हैं, जिसके तहत अभ्यर्थियों को एक विशेष ड्रेस कोड और समय-सीमा का पालन करना अनिवार्य होगा।परीक्षा की शुचिता बनाए रखने के लिए लागू किए गए इन सख्त नियमों के मुताबिक परीक्षार्थियों को केंद्र के भीतर जूते-मोजे पहनकर जाने की अनुमति नहीं होगी। परीक्षार्थियों को केवल चप्पल पहनकर ही आना होगा। इसके अलावा, गहरे रंग के कपड़े पहनने पर भी रोक लगाई गई है। अभ्यर्थियों को केवल हल्के रंग के आधी बांह वाले कपड़े पहनकर आने के निर्देश दिए गए हैं ताकि फ्रिस्किंग की प्रक्रिया सुगमता से पूरी की जा सके। सुरक्षा जांच इतनी कड़ी होगी कि साधारण स्वेटर को भी जाँच के लिए उतरवाया जाएगा। इसके साथ ही कान में किसी भी प्रकार के आभूषण, पर्स, बेल्ट, टोपी, घड़ी और किसी भी तरह के इलेक्ट्रॉनिक उपकरण को परीक्षा कक्ष में ले जाना पूर्णतः वर्जित किया गया है।प्रशासन ने समय की पाबंदी को लेकर भी जीरो टॉलरेंस की नीति अपनाई है। अभ्यर्थियों को विशेष रूप से सतर्क किया गया है कि परीक्षा शुरू होने के निर्धारित समय से ठीक 30 मिनट पहले केंद्रों के मुख्य द्वार स्थायी रूप से बंद कर दिए जाएंगे। सुबह 9.30 बजे शुरू होने वाली प्रथम पाली के लिए गेट सुबह 9 बजे और दोपहर 3 बजे शुरू होने वाली द्वितीय पाली के लिए गेट दोपहर 2.30 बजे बंद हो जाएंगे। किसी भी कारण से इस समय सीमा के बाद पहुँचने वाले किसी भी अभ्यर्थी को प्रवेश नहीं दिया जाएगा। इसीलिए सभी को परीक्षा से कम से कम दो घंटे पूर्व केंद्र पर पहुँचने की सलाह दी गई है ताकि उनकी पहचान और सुरक्षा जाँच समय पर पूरी हो सके।इन कड़े इंतजामों के बीच जगदलपुर शहर में परीक्षा दो पालियों में संपन्न होगी। सुबह की पाली में प्राथमिक स्तर के लिए 5,599 डीएड धारी अभ्यर्थी 15 केंद्रों पर परीक्षा देंगे। वहीं दोपहर की पाली में उच्च प्राथमिक स्तर के 8,575 बीएड धारी अभ्यर्थियों की ज्यादा संख्या के मद्देनजर केंद्रों की संख्या बढ़ाकर 24 कर दी गई है। अभ्यर्थियों को अपना प्रवेश पत्र और मूल पहचान पत्र (जैसे आधार कार्ड) साथ लाना अनिवार्य होगा। किसी भी दुविधा की स्थिति में सहायता के लिए हेल्पलाइन नंबर 0771-2972780 और मोबाईल नंबर +91-82698-01982 जारी किया गया है। इस हेल्पलाइन नंबर पर सुबह 10 बजे से शाम 5.30 बजे तक संपर्क किया जा सकता है।
- -आकाश चंदेल ने 03 किलोवाट का सोलर पैनल लगवाया, ऊर्जा के क्षेत्र में हुए आत्मनिर्भररायपुर। पीएम सूर्यघर मुफ्त बिजली योजना के तहत प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी की मंशानुरूप प्रत्येक घरों में छत पर सोलर रूफटॉप सिस्टम लगाकर ऊर्जा के लिए आत्मनिर्भर बनाना है। जिले में ऊर्जा आत्मनिर्भरता की दिशा में बड़ा कदम साबित हो रही है। यह योजना न केवल आम लोगों को बिजली बिल के बोझ से राहत दिला रही है, बल्कि स्वच्छ और हरित ऊर्जा को बढ़ावा देकर पर्यावरण संरक्षण में भी अहम भूमिका निभा रही है। इसी क्रम में रामगोपाल तिवारी वार्ड के आकाश चंदेल ने अपने घर पर 03 किलोवाट का सोलर पैनल लगवाया और अपने परिवार को ऊर्जा के क्षेत्र में आत्मनिर्भर बनाया। बढ़ते बिजली बिल, ऊर्जा की बढ़ती मांग और पर्यावरण संरक्षण की चिंता ने उन्हें वैकल्पिक ऊर्जा की ओर सोचने के लिए प्रेरित किया।आकाश चंदेल ने बताया कि सौर ऊर्जा एक ऐसी अक्षय शक्ति है जो न केवल किफायती है, बल्कि आने वाली पीढ़ियों के लिए स्वच्छ पर्यावरण भी सुनिश्चित करती है। इसी सोच के साथ उन्होंने अपने घर की छत को ऊर्जा उत्पादन का माध्यम बनाने का निर्णय लिया। उनके घर की घर की छत पर स्थापित 03 किलोवाट सोलर रूफटॉप सिस्टम आज उनके घर की दैनिक बिजली आवश्यकताओं को प्रभावी रूप से पूरा कर रहा है। इस प्रणाली से प्रतिमाह पर्याप्त बिजली उत्पादन हो रहा है, जिससे उनका बिजली बिल उल्लेखनीय रूप से कम हुआ है। अतिरिक्त ऊर्जा ग्रिड में प्रवाहित होने से उन्हें आर्थिक लाभ भी प्राप्त हो रहा है। इस सोलर प्लांट की स्थापना से वे परोक्ष रूप से कार्बन उत्सर्जन को कम करने में भी योगदान दे रहे हैं।गौरतलब है कि सोलर रूफटॉप लगवाने के लिए केन्द्र और राज्य सरकार द्वारा अनुदान भी प्रदान किया जा रहा है। आमजनों को योजना के लिए प्रोत्साहित करने शासन के निर्देशानुसार बैंकों द्वारा कम ब्याज दर पर आसान किश्तों में ऋण की सुविधा प्रदान की जा रही है। योजना के तहत उपभोक्ताओं को रूफटॉप सोलर सिस्टम लगाने पर केन्द्र और राज्य शासन द्वारा 30 हजार रूपए से 78 हजार रुपये तक की सब्सिडी प्रदान की जा रही है। 01 किलोवाट का रूफटॉप लगवाने पर 45 हजार रूपए, 02 किलोवाट में 90 हजार रूपए और 03 किलोवाट का रूफटॉप लगवाने पर 01 लाख 08 हजार रूपए की सब्सिडी प्रदान की जाती है।
- रायपुर। छत्तीसगढ़ शासन लोक निर्माण विभाग द्वारा छत्तीसगढ़ के रजत जयंती महोत्सव के विशेष अवसर पर राज्य के विभिन्न जिलो में महत्वपूर्ण सड़क निर्माण के कार्यों को कराने के लिए स्वीकृति जारी की जा रही है।इसी कड़ी में रजत जयंती के विशेष मौके पर क्षेत्रीय लोगों का आवागमन सुगम करने सरगुजा जिले के तीन महत्वपूर्ण मार्गों के कार्यों के लिए 95 करोड़ 59 लाख रूपए स्वीकृत किए गए है। स्वीकृत सड़क मार्ग के कार्यों में जिला सरगुजा सोनतराई मैनपाट मार्ग के मजबूतीकरण एवं सौन्दर्यकरण कार्य लम्बाई 28 किलोमीटर के लिए 26 करोड़ 33 लाख रूपए स्वीकृत किए गए है। अम्बिकापुर के गांधी चौक से रेल्वे स्टेशन तक 4 लेन चौड़ीकरण निर्माण कार्य लम्बाई 5 किलोमीटर के लिए 61 करोड़ 34 लाख 7 हजार रूपए स्वीकृत किए गए है। इसी तरह से सरगुजा के कोरंधा से पसेना तक 4 किलोमीटर सड़क निर्माण कार्य के लिए 7 करोड़ 92 लाख रूपए स्वीकृत किए गए है। क्षेत्र में इन महत्वपूर्ण सड़कों के कार्यों की स्वीकृति मिलने से लोगो का आवागमन और सुविधा जनक हो जाएगा। इन मार्गों के कार्य क्षेत्रीय लोगो के आवागमन के लिए अति महत्वपूर्ण है। इन कार्यों की स्वीकृति मिलने से सड़क निर्माण कार्य शीघ्र होने से लोगो को सुविधा होगी।
- -मक्का एवं दलहन प्रोत्साहन के लिए मिली 30.42 करोड़ की स्वीकृति-राज्य में मक्का एवं दलहन उत्पादन को मिलेगा बढ़ावारायपुर। छत्तीसगढ़ के कृषि विकास एवं किसान कल्याण मंत्री ने मंगलवार को नई दिल्ली में केन्द्रीय कृषि मंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान से उनके शासकीय निवास कार्यालय में सौजन्य मुलाकात की। मंत्री श्री नेताम ने राज्य में दलहन एवं तिलहन फसलों के विकास से जुड़ी प्रमुख मांगों को रखा। बैठक में छत्तीसगढ़ सरकार द्वारा प्रस्तुत प्रस्तावों पर केन्द्रीय स्तर से स्वीकृति प्रदान की गई, जिससे राज्य के कृषि क्षेत्र को नई मजबूती मिलेगी। कृषि मंत्री श्री नेताम ने इसे राज्य के किसानों के हित में एक महत्वपूर्ण उपलब्धि बताते हुए कहा कि केन्द्र-राज्य के समन्वय से राज्य में मक्का एवं दलहन-तिलहन उत्पादन को बढ़ावा मिलेगा।मंत्री श्री नेताम ने इस मौके पर केन्द्रीय मंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान से कृषि विकास, आधुनिक कृषि उपकरणों सहित विभिन्न प्रस्ताव रखें। केन्द्रीय मंत्री श्री चौहान ने राज्य में मक्का फसल प्रोत्साहन हेतु 6 करोड़ 32 लाख 50 हजार और दलहन-तिलहन फसलों के प्रोत्साहन के लिए 24 करोड़ 10 लाख रूपए की स्वीकृति प्रदान की है। इससे राज्य में 55 हजार हेक्टेयर में मक्का फसल का प्रदर्शन होगा, जिससे लगभग 7 हजार किसान लाभान्वित होंगे। इसी प्रकार दलहन फसलों के अंतर्गत उड़द एवं मूंग के प्रोत्साहन के लिए 24 हजार 100 हेक्टेयर में फसल प्रदर्शन हो सकेगा, जिससे राज्य के लगभग 28 हजार तक के किसान लाभान्वित होंगे।यहां यह उल्लेखनीय है कि मंत्री श्री रामविचार नेताम ने केन्द्रीय मंत्री से मुलाकात के दौरान जानकारी दी कि राज्य में परंपरागत कृषि विकास योजना के तहत वर्ष 2025-26 के लिए 27 करोड़ 68 लाख का प्रस्ताव कृषि मंत्रालय भारत सरकार को स्वीकृति के लिए भेजा गया है। मंत्री श्री नेताम ने केन्द्रीय मंत्री से उक्त लंबित की स्वीकृति का आग्रह किया।
- -ग्रामीणों ने की शासकीय हैण्डपंप के निजी उपयोग की शिकायतबिलासपुर /कलेक्टर श्री संजय अग्रवाल एवं एसएसपी श्री रजनेश सिंह ने साप्ताहिक जनदर्शन में मंगलवार को दूर-दराज से पहुंचे ग्रामीणों की फरियाद सुनी। उन्होंने एक-एक कर प्रत्येक व्यक्ति से मुलाकात कर उनका आवेदन लिया और आवश्यक कार्रवाई के लिए अधिकारियों को निर्देशित किया। लोगों ने जनदर्शन में व्यक्तिगत एवं सामुदायिक हित से जुड़े विषयों को लेकर जिला प्रशासन का ध्यान आकृष्ट करते हुए आवेदन दिया। जनदर्शन में आज लगभग 70 से 80 आवेदन प्राप्त हुए। नगर निगम कमिश्नर प्रकाश कुमार सर्वे और सीईओ जिला पंचायत श्री संदीप अग्रवाल ने भी लोगों की समस्याओं को सुना।जनदर्शन में आज ग्राम पंचायत विद्याहीह के ग्रामीणों ने कलेक्टर को ज्ञापन सौंपते हुए बताया कि ग्राम पंचायत में लगे शासकीय हैण्डपंप पर ओम पटेल द्वारा अवैध कब्जा कर निजी उपयोग किया जा रहा है। कलेक्टर ने पीएचई विभाग के कार्यपालन अभियंता को मामले की जांच कर निराकरण के निर्देश दिए है। ग्राम पंचायत ओखर की सरपंच ने ग्राम पंचायत में सचिव की नियुक्ति के लिए कलेक्टर से मुलाकात की। उन्होंने बताया कि सचिव नहीं होने से गांव के विकास कार्य प्रभावित हो रहे है। कलेक्टर ने जनपद पंचायत सीईओ को मामले को सौंपा। शहर के वसुंधरा नगर वार्ड क्रमांक 19 के निवासियों ने कॉलोनी में सड़क एवं नाली निर्माण की मांग की है। उन्होंने बताया कि खराब सड़क की वजह से बुजुर्गाें एवं छात्रों को स्कूल आने जाने में समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है। नाली नहीं होने के कारण घरों का गंदा पानी सड़क पर आ रहा है। कलेक्टर ने नगर निगम आयुक्त को आवश्यक कार्यवाही के निर्देश दिए। उसलापुर की दिव्यांग महिला संतोषी मंगेशकर ने ई-रिक्शा दिलाने आवेदन दिया। उन्होंने शासन की योजनांतर्गत ई-रिक्शा दिलाने की मांग की है जिससे वे अपने परिवार का भरण-पोषण कर सके। मामले को समाज कल्याण के संयुक्त संचालक देखेंगे। तारबहार के सत्यनारायण धनकर ने भू अर्जन के आवेदन के निराकरण के संबंध में अपना ज्ञापन दिया। कलेक्टर ने अनुविभागीय अधिकारी (राजस्व) को जांच कर निराकरण के निर्देश दिए।
- -टीएल बैठक में कलेक्टर ने की तैयारियों एवं लंबित प्रकरणों की समीक्षाबिलासपुर /कलेक्टर श्री संजय अग्रवाल ने समय-सीमा की बैठक लेकर जिले में संचालित शासन की फ्लैगशीप योजनाओं, आगामी गणतंत्र दिवस समारोह की तैयारियों एवं जनदर्शन के लंबित मामलों की विस्तार से समीक्षा की। बैठक में कलेक्टर ने बताया कि इस वर्ष गणतंत्र दिवस के अवसर पर जिले में पहली बार मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय द्वारा ध्वजारोहण किया जाना संभावित है। कलेक्टर ने कहा कि गणतंत्र दिवस समारोह को गरिमामय, सुव्यवस्थित एवं भव्य स्वरूप में मनाया जाएगा। इसके लिए उन्होंने अधिकारियों की जिम्मेदारी तय की। बैठक में एसएसपी श्री रजनेश सिंह, नगर निगम आयुक्त श्री प्रकाश कुमार सर्वे, जिला पंचायत सीईओ श्री संदीप अग्रवाल, वनमण्डलाधिकारी श्री नीरज सिंह, सहायक कलेक्टर अरविंथ कुमारन, एडीएम कलेक्टर श्री शिवकुमार बनर्जी, मौजूद थे।बैठक में कलेक्टर ने गणतंत्र दिवस पर जिले के विकास कार्यों एवं शासन की जनकल्याणकारी योजनाओं पर आधारित आकर्षक झांकियां तैयार करने के निर्देश दिए, जिससे आम नागरिकों को जिले की उपलब्धियों की जानकारी मिल सके। उन्होंने कहा कि स्कूली बच्चों द्वारा प्रस्तुत किए जाने वाले सांस्कृतिक कार्यक्रमों की गुणवत्ता पर विशेष ध्यान दिया जाए तथा कार्यक्रमों की पूर्व तैयारी समयबद्ध रूप से पूर्ण की जाए। कलेक्टर ने बताया कि 19 जनवरी से वंदे मातरम अभियान का द्वितीय चरण प्रारंभ हो रहा है, जिसके अंतर्गत जिले में विभिन्न राष्ट्रभक्ति गतिविधियों का आयोजन किया जाएगा। गणतंत्र दिवस के अवसर पर पुलिस परेड ग्राउंड में सामूहिक वंदे मातरम गायन किया जाएगा। बैठक में कलेक्टर ने चावल उत्सव का आयोजन सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। इसके साथ ही प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना के अंतर्गत पात्र किसानों को समय पर लाभ दिलाने के लिए आवश्यक कार्रवाई करने के निर्देश भी दिए गए। कलेक्टर ने जनदर्शन एवं समय-सीमा के लंबित प्रकरणों की समीक्षा करते हुए संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया कि प्रकरणों का जल्द निराकरण करें।
- -राजस्व मंत्री टंकराम वर्मा एवं तकनीकी शिक्षा मंत्री गुरु खुशवंत साहेब ने किया लोकार्पणरायपुर। बलौदाबाजार नगर को एक नई शहरी पहचान देते हुए राजधानी रायपुर के मरीन ड्राइव की तर्ज पर विकसित बलौदाबाजार चौपाटी का मंगलवार को विधिवत शुभारंभ किया गया। चौपाटी का लोकार्पण छत्तीसगढ़ शासन के राजस्व मंत्री श्री टंकराम वर्मा एवं तकनीकी शिक्षा मंत्री श्री गुरु खुशवंत साहेब द्वारा पूजा-अर्चना एवं फीता काटकर किया गया। लोकार्पण के साथ ही चौपाटी आम नागरिकों के लिए खोल दी गई।नगर पालिका परिषद बलौदाबाजार द्वारा शहर के हृदय स्थल स्वामी विवेकानंद सरोवर के किनारे सुंदर एवं आकर्षक चौपाटी का विकास किया गया है। इसके साथ ही सरोवर का सौंदर्यीकरण एवं अन्य विकास कार्य भी पूर्ण किए गए हैं।कार्यक्रम को संबोधित करते हुए राजस्व मंत्री श्री टंकराम वर्मा ने कहा कि सकारात्मक सोच के साथ विकसित यह चौपाटी बलौदाबाजार शहर के लिए एक बड़ी उपलब्धि है। यहां शहरवासी मनोरंजन के साथ-साथ स्वादिष्ट व्यंजनों का आनंद ले सकेंगे। उन्होंने चौपाटी की सुंदरता बनाए रखने के लिए स्वच्छता पर विशेष ध्यान देने की अपील की। उन्होंने कहा कि बलौदाबाजार तेजी से विकास के पथ पर अग्रसर है और शासन विकास कार्यों में कोई कसर नहीं छोड़ेगा। इस अवसर पर मंत्री श्री वर्मा ने अपने चिर-परिचित अंदाज में प्रसिद्ध छत्तीसगढ़ी गीत गाकर उपस्थित जनसमूह को मंत्रमुग्ध किया।तकनीकी शिक्षा मंत्री श्री गुरु खुशवंत साहेब ने कहा कि रायपुर की तर्ज पर एक ही स्थान पर मनोरंजन एवं विविध व्यंजनों की सुविधा उपलब्ध कराने वाली यह चौपाटी नगरवासियों के लिए विशेष आकर्षण का केंद्र बनेगी। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी के 2047 तक विकसित भारत के संकल्प एवं मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के नेतृत्व में छत्तीसगढ़ को विकसित प्रदेश बनाने के लिए सभी का सहयोग आवश्यक है।चौपाटी में एक आधुनिक फूड जोन विकसित किया गया है, जिसमें एक दर्जन से अधिक फूड स्टॉल एवं रेस्टोरेंट शामिल हैं। इसके अतिरिक्त बच्चों के लिए चिल्ड्रन प्ले एरिया, झूले एवं अन्य मनोरंजन साधन उपलब्ध कराए गए हैं। सुरक्षा एवं सुव्यवस्था के लिए पार्किंग व्यवस्था, फ्लोटिंग फाउंटेन, सेल्फी प्वाइंट, फ्लोटिंग जेट्टी, कांक्रीट सड़क एवं लॉन जैसी सुविधाएं भी विकसित की गई हैं।चौपाटी के शुभारंभ से शहरवासियों को मनोरंजन का एक नया केंद्र प्राप्त हुआ है। जहां युवा और बच्चे मनोरंजन का आनंद ले सकेंगे, वहीं बुजुर्ग नागरिक सरोवर के चारों ओर बने पाथ-वे पर वॉकिंग कर सकेंगे।इस अवसर पर नगर पालिका अध्यक्ष श्री अशोक जैन, जनपद अध्यक्ष श्रीमती सुलोचना यादव, पूर्व विधायक डॉ. सनम जांगड़े, प्रमोद शर्मा, लक्ष्मी बघेल, जिला अध्यक्ष आनंद यादव, भारत स्काउट गाइड के राज्य उपाध्यक्ष श्री विजय केशरवानी, नगर पालिका उपाध्यक्ष श्री जितेंद्र महाले, पार्षदगण एवं बड़ी संख्या में नगरवासी उपस्थित थे।
- -क्षतिग्रस्त हिस्से को जेसीबी से पूरी तरह निकालकर कराया जा रहा है डामरीकरण-वर्ष 2018 में हुए इस सड़क के डामरीकरण कार्य की परफार्मेंस गारंटी पांच साल पहले ही हो चुकी थी खत्मरायपुर ।लोक निर्माण संभाग क्रमांक-01 रायपुर के अंतर्गत फुंडहर से देवपुरी सड़क, जिसकी लंबाई 2 किलोमीटर है, इसके क्षतिग्रस्त हिस्से को जेसीबी से पूरी तरह हटाने के बाद पुरानी सड़क को रफ करके नया डामरीकरण कराया जा रहा है, ताकि नये डामरीकरण के परत की पकड़ अच्छी हो और कार्य की गुणवत्ता बेहतर बनी रहे। इस सड़क मरम्मत पेच वर्क के कार्य में घोटाला और गड़बड़ी को लेकर कतिपय इलेक्ट्रॉनिक एवं प्रिंट मीडिया में प्रसारित खबर को कार्यपालन अभियंता लोक निर्माण में पूरी तरह भ्रामक और तथ्यहीन बताया है।कार्यपालन अभियंता ने बताया कि विभाग द्वारा क्षतिग्रस्त सड़कों को चिन्हांकित कर उनके मरम्मत एवं पेच वर्क की कार्ययोजना तैयार की जाती है। इसी कार्ययोजना के अनुरूप उक्त सड़क की मरम्मत का कार्य कराया जा रहा है। उन्होंने बताया कि फुंडहर-देवपुरी मार्ग के दो किलोमीटर हिस्से के डामरीकरण का कार्य वर्ष 2018 में कराया गया था। इसके डामरीकरण कार्य की परफार्मेंस गारंटी की अवधि वर्ष 2021 तक थी। वर्ष 2018 में यह दो किलोमीटर लंबी और डिवाईडर के दोनों ओर 10.50 मीटर औसत चौड़ाई में डामरीकरण का कार्य एक करोड़ 46 लाख रूपए की लागत से कराया गया था। उक्त सड़क के मरम्मत हेतु पेच वर्क के लिए दो करोड़ से अधिक की राशि खर्च किए जाने की बात पूरी तरह बेबुनियाद और भ्रामक है।कार्यपालन अभियंता ने बताया कि वर्ष 2018 में निर्मित इस सड़क के कुछ हिस्से के स्कीड होने के कारण कहीं-कहीं यह सड़क क्षतिग्रस्त हो गई थी। विभाग की अनुमोदित कार्ययोजना के अनुसार इस सड़क के क्षतिग्रस्त हिस्से को जेसीबी से पूर्णतः निकालकर पुरानी सड़क के सरफेस को रफ करके डामरीकरण का कार्य पूरी गुणवत्ता के साथ कराया जा रहा है।
- -छात्राओं एवं अध्यापिकाओं को कार्यस्थल पर यौन उत्पीड़न से बचने दी गई कानूनी जानकारीमहासमुंद / महिलाओं का कार्यस्थल पर लैंगिक उत्पीड़न (निवारण, प्रतिषेध और प्रतितोष) अधिनियम 2013 के प्रावधानों के विषय में जिले में 19 जनवरी को महाविद्यालयों में जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम शासकीय महाप्रभु वल्लभाचार्य महाविद्यालय मचेवा एवं शासकीय माता कर्मा कन्या महाविद्यालय मचेवा में आयोजित हुआ। जिसमें क्रमशः प्रभारी प्राचार्य डॉ मालती तिवारी एवं प्राचार्य डॉ शीलभद्र कुमार उपस्थित थे।कार्यक्रम में She-Box पोर्टल एवं महिलाओं का कार्यस्थल पर लैगिंक उत्पीड़न (निवारण, प्रतिषेध और प्रतितोष) अधिनियम 2013 के संबंध में जानकारी दी गई। जिसमें बताया गया कि महिलाओं को कार्यस्थल पर यौन उत्पीड़न से बचने के लिए 9 दिसंबर 2013 को कानून लागू किया गया है जिसका उद्देश्य यौन उत्पीड़न रोकथाम, निषेध एवं निवारण करना है, कानून के अनुसार जहां 10 से अधिक कर्मचारी कार्य करते है वहां आंतरिक शिकायत समिति का गठन किया जाना है और जहां 10 से कम कर्मचारी कार्य कर रहे है वहां स्थानीय शिकायत समिति के अंतर्गत होंगे, जिसमें पीड़िता को राहत व मुआवजा का प्रावधान किया गया है, यह अधिनियम संगठित और असंगठित क्षेत्रों में काम करने वाले महिलाओ के ऊपर कार्य स्थलों में यौन उत्पीड़न को रोकथाम करना है, उक्त अधिनियम के अंतर्गत पीड़िताएं अपने ऊपर घटित घटना का शिकायत 3 माह के भीतर समिति के समक्ष कर सकते है, घटना के संबंध में समिति के द्वारा जांच की जाएगी। दोषी पाए जाने पर दोषी व्यक्ति को समिति द्वारा लागू सेवा नियमों के उपबंधों के अनुसार कदाचार के रूप में या जहां ऐसे सेवा नियम नहीं बनाए गए है वहां ऐसे रीति से जो विहित की जाये लैगिंक उत्पीड़न के लिए कार्यवाही करने जिसके अंतर्गत दोषी व्यक्ति के वेतन या मजदूरी की कटौती कर पीड़िता को दे सकते है। समिति द्वारा दोषी व्यक्ति के विरुद्ध कार्यवाही करने के लिए थाना को अनुशंसा के साथ भेज सकता है साथ ही न्यायालय में परिवाद भी दायर कर सकता है कि जानकारी दी गई। अधिनियम में स्पष्ट प्रावधान है कि जहां संगठित या असंगठित कार्य क्षेत्रों पर जहां 10 से अधिक कर्मचारी है वहां आंतरिक शिकायत समिति गठन किया जाना अनिवार्य है यदि समिति का गठन नहीं किया जाता तो नियोजक को पचास हजार रूपए तक की अर्थदंड से दंडित करने का प्रावधान है। कार्यक्रम में सुश्री पूनम केसरिया संरक्षण अधिकारी (घरेलू हिंसा), सुश्री झलक साहू केंद्र प्रशासक सखी वन स्टॉप सेंटर, सुश्री खिलेश्वरी चक्रधारी मिशन समन्वयक महिला सशक्तिकरण केंद्र, श्रीमती जागेश्वरी सोनवानी चाइल्ड लाइन मिशन वात्सल्य का विशेष सहयोग रहा। कार्यक्रम में कॉलेज के समस्त स्टाफ एवं छात्र छात्राएं अधिक संख्या में उपस्थित रहे। इस दौरान अधिनियम की प्रावधानों के जानकारी प्रदाय कर फ्लेक्स, ब्रोशर एवं पम्पलेट का वितरण किया गया।
- - जनदर्शन में प्राप्त आवेदनों का प्राथमिकता के साथ निराकरण करने के दिए निर्देशराजनांदगांव । कलेक्टर श्री जितेन्द्र यादव ने मंगलवार को जिला कार्यालय के कलेक्टर कक्ष में आयोजित साप्ताहिक जनदर्शन में जिले के विभिन्न स्थानों से पहुंचे नागरिकों की शिकायत एवं समस्याओं को संवेदनशीलतापूर्वक सुनी। कलेक्टर श्री जितेन्द्र यादव ने संबंधित विभागीय अधिकारियों को प्राप्त सभी आवेदनों को प्राथमिकता के साथ शीघ्र निराकरण करने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने नागरिकों की समस्याओं का निराकरण करते हुए उन्हें शासन की विभिन्न योजनाओं से लाभान्वित करने कहा। आवेदनों का अवलोकन कर नियमानुसार पात्र हितग्राहियों को शासकीय योजनाओं से लाभान्वित करने के लिए निर्देश दिए। कलेक्टर ने अधिकारियों से कहा कि जनमानस उम्मीद लेकर जनदर्शन में आते है। उनकी समस्याओं का प्राथमिकता देते हुए समाधान करें। जनदर्शन में प्रधानमंत्री आवास योजना से लाभान्वित करने, आधार कार्ड बनवाने, सीमांकन, अतिक्रमण हटाने, पट्टा, भू-अर्जन सहित विभिन्न शासकीय योजनाओं से लाभ दिलाने जैसे आवेदन प्राप्त हुए। कलेक्टर ने जनदर्शन में प्राप्त आवेदनों का प्राथमिकता के साथ निराकरण के लिए निर्देश दिए। इस अवसर पर सीईओ जिला पंचायत सुश्री सुरूचि सिंह सहित अन्य अधिकारी उपस्थित थे।
- - 25 जनवरी को नि:शुल्क कैंसर जांच एवं परामर्श शिविर के समापन कार्यक्रम की तैयारी करने के दिए निर्देश- बच्चों के लिए घर में पढ़ाई का होना चाहिए कोनाराजनांदगांव । कलेक्टर श्री जितेन्द्र यादव ने मंगलवार को कलेक्टोरेट सभाकक्ष में साप्ताहिक समय-सीमा की बैठक ली। कलेक्टर ने गणतंत्र दिवस की तैयारी के लिए सभी अधिकारियों को दायित्व सौंपा। उन्होंने झांकी, सांस्कृतिक कार्यक्रम सहित अन्य व्यवस्था करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री सूर्यघर मुफ्त बिजली योजना शाासन की महती योजना है। जनमानस को इस योजना के संबंध में जानकारी देने एवं लाभान्वित करने के लिए सूर्यसभा का आयोजन किया जा रहा है। उन्होंने आवासीय कालोनी में सोलर पैनल लगवाने तथा प्रधानमंत्री सूर्यघर मुफ्त बिजली योजना के फायदे बताने के लिए कहा। उन्होंने कहा कि 25 जनवरी 2026 तक शासकीय चिकित्सा महाविद्यालय पेण्ड्री राजनांदगांव में सुरक्षा चक्र के तहत नि:शुल्क कैंसर जांच एवं परामर्श शिविर का आयोजन किया जा रहा है। शिविर के समापन कार्यक्रम की तैयारी करने के लिए आवश्यक निर्देश दिए। उन्होंने आयुष्मान योजना अंतर्गत शेष छूटे हुए हितग्राहियों के लिए शिविर लगाकर आयुष्मान कार्ड बनाने के निर्देश दिए। कलेक्टर ने कहा कि बच्चों के लिए घर में पढ़ाई का कोना होना चाहिए, ताकि बच्चों में अपने निर्धारित जगह पर पढऩे की आदत बनी रहे।मुख्य कार्यपालन अधिकारी जिला पंचायत सुश्री सुरूचि सिंह ने कहा कि पालक चौपाल में आने वाली उच्च जोखिम वाली गर्भवती महिलाओं के स्वास्थ्य की निरंतर जांच के लिए समन्वय करते हुए कार्य करें। पोषण पुनर्वास केन्द्र के माध्यम बच्चों के स्वास्थ्य पर विशेष ध्यान देने की जरूरत है। इस अवसर पर वन मंडलाधिकारी श्री आयुष जैन, अपर कलेक्टर श्री सीएल मारकण्डेय, अपर कलेक्टर श्री प्रेम प्रकाश शर्मा, नगर निगम आयुक्त श्री अतुल विश्वकर्मा सहित अन्य अधिकारी उपस्थित रहे। इस दौरान सभी एसडीएम एवं तहसीलदार वीडियो कान्फ्रेंसिंग के माध्यम से जुड़े रहे।



























