- Home
- छत्तीसगढ़
- 0- 1,441 घरों में स्थापित हुए रूफटॉप सोलर संयंत्र, बिजली बिल में बड़ी राहत0- बिजली उपभोक्ता से ऊर्जादाता बने विनोद कुमार राय, अतिरिक्त बिजली ग्रिड को कर रहे उपलब्धरायपुर। प्रधानमंत्री सूर्य घर-मुफ्त बिजली योजना सरगुजा जिले में स्वच्छ ऊर्जा और ऊर्जा आत्मनिर्भरता की नई मिसाल बन रही है। केंद्र एवं राज्य सरकार की संयुक्त पहल से संचालित इस महत्वाकांक्षी योजना के माध्यम से जिले के हजारों परिवार बिजली बिल में उल्लेखनीय बचत कर रहे हैं। बड़ी संख्या में लोग अपने घरों की छतों पर रूफटॉप सोलर संयंत्र स्थापित कर न केवल घरेलू बिजली की आवश्यकता पूरी कर रहे हैं, बल्कि अतिरिक्त बिजली ग्रिड में भेजकर ऊर्जादाता भी बन रहे हैं।योजना के प्रभावी क्रियान्वयन के लिए विद्युत विभाग द्वारा व्यापक जनजागरूकता अभियान चलाया जा रहा है। पात्र हितग्राहियों को योजना की जानकारी देने, आवेदन प्रक्रिया को सरल बनाने तथा समयबद्ध ढंग से सोलर संयंत्र स्थापित कराने के लिए लगातार प्रयास किए जा रहे हैं।लक्ष्य से अधिक आवेदन, तेजी से बढ़ रहा सौर ऊर्जा का दायरा24 जुलाई 2026 तक की प्रगति के अनुसार जिले में वर्ष 2025-26 के लिए 2,000 रूफटॉप सोलर संयंत्र स्थापित करने का लक्ष्य निर्धारित किया गया था। योजना के प्रति लोगों के उत्साह का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि लक्ष्य के विरुद्ध 3,303 आवेदन प्राप्त हुए। इनमें से 3,185 आवेदनों में वेंडरों का चयन किया जा चुका है तथा 1,441 घरों में सफलतापूर्वक रूफटॉप सोलर संयंत्र स्थापित किए जा चुके हैं।अंबिकापुर शहरी क्षेत्र में 1,000 के लक्ष्य के विरुद्ध 2,021 आवेदन प्राप्त हुए, जिनमें 1,985 हितग्राहियों के लिए वेंडर चयनित किए गए तथा 1,136 घरों में सोलर संयंत्र स्थापित किए जा चुके हैं। वहीं अंबिकापुर ग्रामीण क्षेत्र में 1,000 के लक्ष्य के मुकाबले 1,282 आवेदन प्राप्त हुए, जिनमें 1,200 वेंडरों का चयन किया गया तथा 305 घरों में संयंत्र स्थापित किए जा चुके हैं।बिजली उपभोक्ता से ऊर्जादाता बने विनोद कुमार रायअंबिकापुर के राजेंद्र प्रसाद वार्ड, दर्रीपारा निवासी श्री विनोद कुमार राय प्रधानमंत्री सूर्य घर-मुफ्त बिजली योजना के सफल हितग्राहियों में शामिल हैं। उन्होंने बताया कि पहले उनके घर का मासिक बिजली बिल कई बार 4 से 5 हजार रुपये तक पहुंच जाता था, जिससे परिवार के बजट पर अतिरिक्त आर्थिक बोझ पड़ता था। योजना की जानकारी मिलने पर उन्होंने विद्युत विभाग के मार्गदर्शन में आवेदन कर अपने घर की छत पर रूफटॉप सोलर संयंत्र स्थापित कराया।1.08 लाख रुपये की सब्सिडी से आसान हुआ सोलर संयंत्र लगानाश्री राय ने बताया कि सोलर संयंत्र की स्थापना पर लगभग 2 लाख रुपये की लागत आई। योजना के अंतर्गत उन्हें केंद्र सरकार से 78 हजार रुपये तथा राज्य सरकार से 30 हजार रुपये की सब्सिडी प्राप्त हुई। इस प्रकार कुल 1 लाख 8 हजार रुपये की अनुदान राशि मिलने से सोलर संयंत्र लगाना काफी आसान हो गया।उन्होंने बताया कि सब्सिडी की राशि बैंक ऋण में जमा कर दी गई, जिससे अब लगभग 90 हजार रुपये का ऋण शेष है। इसकी अदायगी 10 वर्षों में मात्र 818 रुपये की मासिक किस्त के माध्यम से की जा रही है, जो पहले आने वाले बिजली बिल की तुलना में काफी कम है।अतिरिक्त बिजली से मिल रहा आर्थिक लाभश्री राय ने बताया कि सोलर संयंत्र स्थापित होने के बाद उनके घर का बिजली बिल लगभग शून्य हो गया है। कई बार संयंत्र से उत्पादित बिजली घरेलू खपत से अधिक होने पर अतिरिक्त बिजली ग्रिड में चली जाती है, जिससे उनका बिजली बिल माइनस में भी दर्ज होता है। उन्होंने कहा कि पहले वे बिजली विभाग से बिजली खरीदते थे, जबकि अब वे स्वयं बिजली उत्पादन कर विभाग को भी बिजली उपलब्ध करा रहे हैं। इससे उन्हें आर्थिक लाभ मिलने के साथ पर्यावरण संरक्षण में भी योगदान देने का अवसर मिल रहा है।स्मार्ट मीटर और 'मोर बिजली' ऐप से हो रही ऊर्जा की निगरानीश्री राय ने बताया कि घर में लगाए गए स्मार्ट मीटर और 'मोर बिजली' ऐप की सहायता से प्रतिदिन बिजली की खपत पर आसानी से नजर रखी जा सकती है। इससे परिवार आवश्यकता के अनुसार विद्युत उपकरणों का उपयोग करता है और अनावश्यक बिजली खपत से बचकर ऊर्जा संरक्षण में भी सहयोग दे रहा है।लोगों से योजना का लाभ लेने की अपीलश्री विनोद कुमार राय ने कहा कि प्रधानमंत्री सूर्य घर-मुफ्त बिजली योजना आम नागरिकों के लिए अत्यंत लाभकारी है। 50 प्रतिशत से अधिक सब्सिडी मिलने से अब सोलर संयंत्र स्थापित करना पहले की तुलना में कहीं अधिक आसान हो गया है। उन्होंने सभी पात्र परिवारों से इस योजना का लाभ उठाने और अपने घरों में रूफटॉप सोलर संयंत्र स्थापित कर बिजली खर्च में बचत के साथ स्वच्छ एवं हरित ऊर्जा को बढ़ावा देने की अपील की। उन्होंने इस जनहितकारी योजना के लिए केंद्र एवं राज्य सरकार के प्रति आभार भी व्यक्त किया।
- 0- सीईओ जिला पंचायत श्री कुमार बिश्वरंजन ने ली समीक्षा बैठक0- शेष 187 योजनाओं के लिए ग्रामवार समय सीमा निर्धारित करने के निर्देशरायपुर। जिले में जल जीवन मिशन के अंतर्गत शेष बचे कार्यों को समय सीमा में पूर्ण कराने के उद्देश्य से आज कलेक्टर सभाकक्ष में समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक की अध्यक्षता जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी श्री कुमार बिश्वरंजन ने की। उन्होंने कहा कि जल जीवन मिशन के अंतर्गत शेष बचे ग्रामों के सभी कार्य 31 दिसंबर 2026 तक पूर्ण कर संबंधित ग्राम पंचायतों को हस्तांतरित किए जाएं। इसके लिए ग्रामवार समय सीमा निर्धारित करने के निर्देश दिए गए। बैठक में कार्यपालन अभियंता, लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग ने बताया कि जल जीवन मिशन के अंतर्गत रायपुर जिले में कुल 521 योजनाएं स्वीकृत हुई थीं। इनमें से अब तक 334 नल जल योजनाएं पूर्ण कर ग्राम पंचायतों को हस्तांतरित की जा चुकी हैं।शेष बची 187 योजनाओं को दिसंबर 2026 तक हर हाल में पूर्ण किए जाने हेतु विस्तृत कार्ययोजना बनाने के निर्देश दिए गए। सीईओ श्री विश्वरंजन ने अधिकारियों को निर्देशित किया कि कार्य में तेजी लाते हुए गुणवत्ता का विशेष ध्यान रखा जाए, ताकि हर घर तक नल से जल की सुविधा समय पर पहुंच सके। बैठक में संबंधित विभाग के अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित थे।
- रायपुर. जनसंपर्क संचालनालय में पदस्थ सहायक ग्रेड-03 श्री गुलजारी लाल तम्बोली की आज सेवानिवृत्ति (अर्द्धवार्षिकी) पर उन्हें भावभीनी विदाई देकर उनके सुखद स्वस्थ एवं सुदीर्घ जीवन की कामना की गई।श्री तम्बोली ने अविभाजित मध्यप्रदेश के समय सन् 1990 में मध्यप्रदेश राज्य सड़क परिवहन निगम (एमपीआरएसटी) में अपनी सेवा की शुरूआत की थी। छत्तीसगढ़ राज्य गठन के बाद सन् 2008 में जनसंपर्क विभाग में प्रतिनियुक्ति पर पदस्थ होकर 18 वर्षों तक अपनी उत्कृष्ट सेवाएं दीं। उनकी सेवानिवृत्ति पर विदाई समारोह में जनसंपर्क संचालनालय के अपर सचालक श्री उमेश मिश्रा ने श्री तम्बोली की सेवा, समर्पण और कर्तव्यनिष्ठा की प्रशंसा की। उन्होंने श्री तम्बोली को शॉल, श्रीफल और स्मृति चिन्ह भेंट कर स्वस्थ, सुदीर्घ और उज्ज्वल भविष्य के लिए शुभकामनाएं दी। अपर संचालक श्री आलोक देव ने उनके साथ कार्य के अपने अनुभव साझा करते हुए कहा कि श्री तम्बोली की सरलता, मिलनसारिता और दायित्वों के प्रति समर्पण अनुकरणीय है।श्री तम्बोली ने विदाई समारोह में विभाग के सभी वरिष्ठ अधिकारियों से प्राप्त मार्गदर्शन और सहकर्मियों से मिले सहयोग के लिए आभार जताते हुए कहा कि सभी लोगों के सहयोग से ही वह अपने दायित्वों के निर्वहन में सफल रहे हैं। विदाई समारोह में जनसंपर्क संचालनालय के सभी अधिकारी-कर्मचारी मौजूद थे।
- 0- प्रधानमंत्री सूर्यघर मुफ्त बिजली योजना से श्रीमती मोनिका एक्का के घर का बिजली बिल हुआ शून्य0- जगमगा उठा भविष्य, योजना से मिला ऐसा लाभ कि लगवा लिए 3 किलोवाट के दो सोलर पैनलकोरबा। प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में भारत ऊर्जा आत्मनिर्भरता की दिशा में एक नए युग का सूत्रपात कर रहा है। इसी संकल्प को साकार करने के उद्देश्य से प्रारंभ की गई प्रधानमंत्री सूर्यघर मुफ्त बिजली योजना केवल एक योजना नहीं, बल्कि देश के लाखों परिवारों को स्वच्छ ऊर्जा, आर्थिक बचत और आत्मनिर्भरता से जोड़ने वाला जनआंदोलन बन चुकी है। यह योजना घर-घर सौर ऊर्जा पहुंचाकर बिजली बिल का बोझ कम करने, पर्यावरण संरक्षण को बढ़ावा देने और हरित भारत के निर्माण की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के नेतृत्व में छत्तीसगढ़ सरकार इस महत्वाकांक्षी योजना के प्रभावी क्रियान्वयन के लिए प्रतिबद्ध है। राज्य में हितग्राहियों को रूफटॉप सोलर संयंत्र स्थापित करने के लिए प्रोत्साहित किया जा रहा है, ताकि अधिक से अधिक परिवार स्वच्छ ऊर्जा अपनाकर बिजली के खर्च में बचत कर सकें। योजना के सफल क्रियान्वयन से प्रदेश में न केवल हरित ऊर्जा का विस्तार हो रहा है, बल्कि नागरिकों के जीवन में आर्थिक सशक्तिकरण और सतत विकास की नई संभावनाएं भी साकार हो रही हैं।कोरबा शहर के पोड़ीबहार क्षेत्र की निवासी श्रीमती मोनिका एक्का ने पीएम सूर्यघर मुफ्त बिजली योजना का लाभ उठाकर अपने घर में रूफटॉप सोलर संयंत्र स्थापित कराया है। योजना की जानकारी मिलने के बाद उन्होंने सितंबर 2025 में अपने निवास पर सोलर पैनल लगवाया। सोलर संयंत्र शुरू होने के बाद उनके घर का बिजली बिल लगभग शून्य हो गया। योजना से हुए प्रत्यक्ष लाभ और बचत को देखते हुए उन्होंने अपनी सौर ऊर्जा क्षमता का विस्तार करते हुए कुल 3 किलोवाट क्षमता के दो सोलर पैनल स्थापित करा लिए है। इसके परिणामस्वरूप अब उन्हें बिजली की खपत अथवा बिजली बिल के भुगतान से जुड़ी किसी प्रकार की परेशानी का सामना नहीं करना पड़ता।श्रीमती एक्का ने बताया कि सोलर संयंत्र की स्थापना के लिए उन्हें केंद्र एवं राज्य सरकार की ओर से सब्सिडी प्राप्त हुआ, जिससे संयंत्र स्थापित करने में आर्थिक बोझ महसूस नहीं हुआ। उन्होंने कहा कि योजना से न केवल बिजली बिल में उल्लेखनीय बचत हुई, बल्कि उनका परिवार पारंपरिक बिजली पर निर्भर रहने के बजाय स्वच्छ ऊर्जा के उपयोग की दिशा में अग्रसर हुआ है। अब वे केवल बिजली उपभोक्ता ही नहीं, बल्कि सौर ऊर्जा के माध्यम से बिजली उत्पादन में भी सहभागी बन रही हैं। उन्होंने कहा कि सूर्यघर योजना पर्यावरण संरक्षण की दिशा में भी एक महत्वपूर्ण पहल है। इससे हरित एवं स्वच्छ ऊर्जा को बढ़ावा मिल रहा है, कार्बन उत्सर्जन में कमी आ रही है तथा ऊर्जा आत्मनिर्भरता का लक्ष्य साकार हो रहा है।श्रीमती एक्का ने जिले के नागरिकों से इस योजना का अधिक से अधिक लाभ उठाने की अपील करते हुए कहा कि यह योजना आर्थिक बचत के साथ-साथ पर्यावरण संरक्षण का भी सशक्त माध्यम है। उन्होंने इस जनहितकारी योजना के लिए प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी तथा मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के प्रति आभार व्यक्त किया।
- बालोद. मुख्यमंत्री कौशल विकास योजना अंतर्गत प्रशिक्षण प्रदान करने हेतु जिले के इच्छुक हितग्राहियों से आवेदन आमंत्रित किए गए हैं। जिला परियोजना लाईलवीहुड काॅलेज के सहायक परियोजना अधिकारी ने बताया कि मुख्यमंत्री कौशल विकास योजना अंतर्गत जिले के इच्छुक हितग्राहियों के लिए फोर व्हीलर सर्विस असिस्टेंट, सिक्यूरिटी गार्ड, सोलर पैनल इंस्टालर (सूर्य मित्र) एवं मोबाईल फोन हार्डवेयर रिपेयरिंग संकाय के अंतर्गत निःशुल्क प्रशिक्षण का आयोजन किया जाएगा। उन्होेंने बताया कि इच्छुक हितग्राही जिला परियोजना लाईवलीहुड कॉलेज पाकुरभाट में कार्यालयीन समय में समस्त शैक्षणिक योग्यता, आधार कार्ड, जाति, निवासी प्रमाण पत्र की छायाप्रति एवं 02 पासपोर्ट साइज फोटो के साथ उपस्थित होकर आवेदन जमा कर सकते हैं।
- बालोद. कृषि उपज मंडी समिति के सचिव ने बताया कि कृषि उपज मंडी समिति बालोद क्षेत्र अंतर्गत गुंडरदेही विकासखंड के विभिन्न 06 स्थानों में सामुदायिक भवन, सी.सी. रोड एवं शेड निर्माण किए जाने हेतु मैन्युअल निविदा 23 मई 2026 को जारी की गई थी। जिसके अंतर्गत 02 निविदाकारों का आवेदन अपात्र किया गया था। जिसमें से 01 निविदाकार के आवेदन में संलग्न अभिलेख नोटरी से सत्यापित नहीं होने के कारण तथा 01 निविदाकार द्वारा वैध बैंक साल्वेंसी प्रस्तुत नही करने के कारण उक्त आवेदनों को अपात्र किया गया है।
- बालोद. भारत सरकार, गृह मंत्रालय, जनगणना कार्य निदेशालय के निर्देशानुसार जनगणना 2027 के अंतर्गत जिला जनगणना हस्त पुस्तिका हेतु ग्राम एवं नगर निर्देशिका के आंकड़ों के संकलन एवं संचन का कार्य जिले में चार्ज स्तर पर 01 अगस्त 2026 से 30 अगस्त 2026 तक किया जाएगा। अपर कलेक्टर एवं जिला जनगणना अधिकारी ने बताया कि इस कार्य के सुचारू संचालन और समन्वय के संबंध में संयुक्त जिला कार्यालय के ऑडिटोरियम कक्ष में 04 अगस्त 2026 को दोपहर 12 बजे से बैठक आयोजित की गई है। बैठक में संबंधितों को निर्धारित समय पर आवश्यक जानकारियों के साथ उपस्थित होने के निर्देश दिए गए हैं।
- बालोद. भारत सरकार के युवा कार्यक्रम एवं खेल मंत्रालय तथा माय भारत संयुक्त तत्वावधान में 02 अगस्त 2026 को प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी द्वारा ’नशामुक्ति युवा फॉर विकसित भारत’ अभियान का राष्ट्रीय शुभारंभ किया जाएगा। जिसके अंतर्गत जिले के युवाओं को नशामुक्ति की शपथ दिलाई जाएगी। खेल एवं युवा कल्याण विभाग के सहायक जिला खेल अधिकारी ने बताया कि इस राष्ट्रव्यापी अभियान के तहत देश के लगभग 10 हजार स्थानों पर कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। जिसमें 01 करोड़ से अधिक युवाओं की सहभागिता का लक्ष्य है। यह अभियान प्रत्येक रविवार को आगामी 100 सप्ताह तक चलेगा। इसी क्रम में जिला प्रशासन बालोद द्वारा जिले के समस्त विद्यालयों, महाविद्यालयों, खेल अकादमियों, एनएसएस, एनसीसी वालिंयटियर, युवा, कस्बों, नशा मुक्ति केन्द्रों एवं युवा संगठनों में 02 अगस्त 2026 को ’नशामुक्ति युवा फॉर विकसित भारत’ अभियान के शुभारंभ अवसर पर युवाओं को ’नशामुक्ति संकल्प’ दिलाया जाएगा।
- बालोद. स्वच्छ भारत मिशन ग्रामीण अंतर्गत ठोस एवं तरल अपशिष्ट प्रबंधन को सुदृढ़ बनाने के उद्देश्य से राज्य सलाहकार श्रीमती अभिलाषा आनंद द्वारा विकासखंड डौंडी की ग्राम पंचायत कामता का भ्रमण कर एसडब्ल्यूएम रूल 2026 के तहत संचालित विभिन्न गतिविधियों का निरीक्षण किया गया। निरीक्षण के दौरान उन्होंने ग्राम पंचायत में घर-घर कचरा संग्रहण व्यवस्था, स्त्रोत स्तर पर गीले एवं सूखे कचरे का पृथक्करण, प्लास्टिक अपशिष्ट प्रबंधन, स्वच्छता संबंधी जनजागरुकता गतिविधियों तथा ग्राम में निर्मित ठोस एवं तरल अपशिष्ट प्रबंधन संरचनाओं का अवलोकन किया। उन्होंने स्वच्छता दीदियों द्वारा किए जा रहे नियमित कचरा संग्रहण एवं ग्रामवासियों के सहयोग से संचालित स्वच्छता गतिविधियों की जानकारी प्राप्त की। राज्य सलाहकार ने ग्राम पंचायत में ग्रे. वॉटर प्रबंधन के लिए निर्मित मैजिक पिट, सोख्ता गड्ढों एवं अन्य जल निकासी संरचनाओं का निरीक्षण करते हुए इनके प्रभाव का मूल्यांकन किया। उन्होंने बताया कि ऐसे प्रयासों से अपशिष्ट जल का बेहतर प्रबंधन होने के साथ-साथ भूजल पुनर्भरण, जलभराव में कमी तथा स्वच्छ एवं स्वस्थ वातावरण के निर्माण में महत्वपूर्ण योगदान मिल रहा है।निरीक्षण के दौरान ग्राम में संचालित बायोगैस एवं प्लास्टिक अपशिष्ट प्रबंधन गतिविधियों का भी अवलोकन किया गया। उन्होंने प्लास्टिक कचरे के पृथक्करण, संग्रहण एवं सुरक्षित प्रबंधन की प्रक्रिया की जानकारी लेते हुए इसे और अधिक प्रभावी बनाने के लिए आवश्यक सुझाव दिए। साथ ही ग्रामवासियों से सिंगल यूज प्लास्टिक का उपयोग कम करने तथा स्वच्छता गतिविधियों में सक्रिय भागीदारी निभाने की अपील की। श्रीमती अभिलाषा आनंद द्वारा ग्राम औराटोला एवं पथराटोला का भी निरीक्षण किया गया। उन्होंने कहा कि एसडब्ल्यूएम रूल-2026 का उद्देश्य केवल कचरे का वैज्ञानिक प्रबंधन करना ही नहीं, बल्कि स्वच्छ स्वस्थ एवं पर्यावरण अनुकूल ग्रामों का निर्माण करना है। इसके लिए ग्रामीणों की सहभागिता अत्यंत आवश्यक है। उन्होंने ग्राम पंचायत कामता में किए जा रहे नवाचारों एवं स्वच्छता के प्रति ग्रामीणों की जागरूकता की सराहना करते हुए इसे अन्य ग्राम पंचायतों के लिए भी प्रेरणादायक बताया।
- 0- तेज हवा और बारिश से खराब हुआ था सोलर सिस्टम, क्रेडा की टीम ने तुरंत पहुंचकर किया दुरुस्त0- ग्रामीण छत्तर सिंह कुमेटी ने हेल्पलाइन की त्वरित सेवा के लिए मुख्यमंत्री विष्णु देव साय का जताया आभारबालोद. छत्तीसगढ़ शासन की प्राथमिकताओं में शामिल सीएम हेल्पलाइन 1076, दूरस्थ वनांचल क्षेत्रों के ग्रामीणों के लिए वरदान साबित हो रही है। बालोद जिले के डौण्डी विकासखण्ड अंतर्गत वनांचल में स्थित ग्राम देवपाण्डुम में सीएम हेल्पलाइन के माध्यम से पेयजल की गंभीर समस्या का समाधान महज 48 घंटे के भीतर कर दिया गया। उल्लेखनीय है कि 25 परिवारों वाले इस छोटे से वनांचल गांव में जल जीवन मिशन के तहत सोलर आधारित जल प्रदाय योजना स्थापित है, जिससे हर घर नल से जल की आपूर्ति की जाती है। लेकिन हाल ही में हुई मूसलाधार बारिश और तेज हवाओं के कारण गांव का सोलर सिस्टम खराब हो गया था, जिससे ग्रामीणों के सामने पेयजल का संकट खड़ा हो गया।ग्राम देव पाण्डुम के निवासी श्री छत्तर सिंह कुमेटी ने बताया कि उन्होंने सोशल मीडिया पर सीएम हेल्पलाइन 1076 के बारे में देखा था। जब गांव में पेयजल की समस्या आई, तो उन्होंने बिना देर किए 1076 पर कॉल कर अपनी शिकायत दर्ज कराई। शिकायत दर्ज होने के कुछ ही घंटों में क्रेडा विभाग के अधिकारियों ने शिकायतकर्ता से संपर्क किया। इसके बाद लगातार बारिश के बावजूद अगले ही दिन तकनीकी अधिकारियों और कर्मचारियों की टीम देवपाण्डुम पहुंची। टीम ने सोलर सिस्टम की खामियों को पहचानकर उसे दुरुस्त किया और पेयजल सप्लाई को पहले की तरह सुचारू रूप से शुरू कर दिया। समस्या का समाधान होने पर श्री छत्तर सिंह और पूरे गांव ने खुशी व्यक्त की है। छत्तर सिंह ने कहा, हमें उम्मीद नहीं थी कि इतनी जल्दी और वनांचल क्षेत्र में हमारी बात सुनी जाएगी। शिकायत दर्ज कराने के महज 48 घंटे के भीतर हमारे गांव में पानी की सप्लाई फिर से शुरू हो गई। ग्राम देवपाण्डुम के निवासियों ने जल जीवन मिशन के तहत निर्बाध जल आपूर्ति और सीएम हेल्पलाइन 1076 के त्वरित एवं प्रभावी संचालन के लिए मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय का हृदय से आभार व्यक्त किया है।
- 0- गुरूर विकासखण्ड के स्वास्थ्य विभाग के कार्यों की गहन समीक्षा की0- उत्कृष्ट कार्य करने वाले अधिकारी-कर्मचारियों को सम्मानित करने तथा कार्य में लापरवाही बरतने वालों के विरूद्ध कड़ी कार्रवाई के दिए निर्देशबालोद. कलेक्टर श्रीमती दिव्या उमेश मिश्रा ने कहा कि सभी नागरिकों को बेहतर स्वास्थ्य सुविधा उपलब्ध कराने शासन के सर्वोच्च प्राथमिकता में शामिल है। इसलिए स्वास्थ्य संबंधी कार्यों में किसी भी प्रकार की लापरवाही बिल्कुल भी बर्दाश्त नही की जाएगी। कलेक्टर श्रीमती मिश्रा आज विकासखण्ड मुख्यालय गुरूर में स्वास्थ्य विभाग के अधिकारी-कर्मचारियों की बैठक लेकर विभागीय कार्यों की गहन समीक्षा की। इस अवसर पर उन्होंने स्वास्थ्य विभाग के विभिन्न कार्यों की समीक्षा करते हुए गुरूर विकासखण्ड के विभिन्न प्राथमिक एवं उपस्वास्थ्य केन्द्रों में स्वास्थ्य योजनाओं के बेहतर प्रगति एवं उत्कृष्ट कार्यों की सराहना भी की। उन्होंने मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी तथा खण्ड चिकित्सा अधिकारी को बेहतर कार्य करने वाले स्वास्थ्य विभाग के अधिकारी-कर्मचारियों को 15 अगस्त को जिला मुख्यालय बालोद में आयोजित होने वाले जिला स्तरीय स्वतंत्रता दिवस समारोह में सम्मानित करने हेतु प्रस्ताव प्रेषित करने के निर्देश दिए। इसके अलावा उन्होंने कार्य में लापरवाही बरतने वाले अधिकारी-कर्मचारियों के विरूद्ध कड़ी कार्रवाई सुनिश्चित करने के भी निर्देश दिए। बैठक में जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी श्री सुनील चंद्रवंशी, मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डाॅ. जेएल उइके, जिला अस्पताल बालोद के मुख्य अस्पताल अधीक्षक डाॅ. आरके श्रीमाली, जिला कार्यक्रम प्रबंधक श्री अखिलेश शर्मा सहित अन्य अधिकारी-कर्मचारी उपस्थित थे।बैठक में श्रीमती मिश्रा ने गुरूर विकासखण्ड में टीबी मुक्त अभियान के कार्यों की विस्तृत समीक्षा की। उन्होंने स्वास्थ्य विभाग के अधिकारी-कर्मचारियों को गुरूर विकासखण्ड को टीबी मुक्त बनाने के पुख्ता उपाय सुनिश्चित करने के भी निर्देश दिए। इसके अंतर्गत उन्होंने संदेहस्पाद व्यक्तियों का सैम्पल कलेक्शन आदि कार्यों की जानकारी लेते हुए इसे शीघ्र पूरा करने के निर्देश दिए। बैठक में उन्होंने गुरूर विकासखण्ड के सभी सामुदायिक, प्राथमिक एवं उपस्वास्थ्य केन्द्रों में अधिकारी-कर्मचारियों के कुल स्वीकृत पद के विरूद्ध वर्तमान में कार्यरत अधिकारी-कर्मचारियों के संख्या के संबंध में भी जानकारी ली। बैठक में उन्होंने सभी स्वास्थ्य केन्द्रों में संस्थागत प्रसव की स्थिति के संबंध में विस्तारपूर्वक जानकारी ली। उन्होंने स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों को गर्भवती महिलाओं का शत प्रतिशत संस्थागत प्रसव सुनिश्चित कराने के निर्देश दिए। उन्होंने प्राथमिक एवं उपस्वास्थ्य केन्द्रवार संस्थागत प्रसव की समीक्षा करते हुए स्वास्थ्य केन्द्रों में जून 2026 की स्थिति में अब तक कराए गए कुल प्रसव के संबंध में जानकारी ली। उन्होंने गर्भवती माताओं को अन्य अस्पतालोें में रेफर किए जाने पर उसका कारण भी पूछा। उन्होंने बिना वाजिब कारणों से अन्य अस्पतालोें में बिल्कुल भी रेफर नही करने के निर्देश दिए। बैठक में श्रीमती मिश्रा ने उपस्वास्थ्य केन्द्र बड़भूम, सोंहपुर, खुदनी आदि स्वास्थ्य केन्द्रों में संस्थागत प्रसव की बेहतर स्थिति पर प्रसन्न्ता व्यक्त की। उन्होंने मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी को इन स्वास्थ्य केन्द्रों में पदस्थ अधिकारी-कर्मचारियों को स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर सम्मानित करने हेतु प्रस्ताव भी प्रस्तुत करने के निर्देश दिए। श्रीमती मिश्रा ने उपस्वास्थ्य केन्द्र बड़भूम में ग्रामीण स्वास्थ्य संयोजक के रूप में एक मात्र अधिकारी पदस्थ होने पर उनके सहयोगी स्टाफ की पदस्थापना करने के निर्देश दिए। बैठक में कलेक्टर ने संस्थागत प्रसव में अपेक्षित प्रगति नही लाने वाले अधिकारी-कर्मचारियों के विरूद्ध कड़ी कार्रवाई की भी चेतावनी दी।बैठक में श्रीमती मिश्रा ने गुरूर विकासखण्ड में 14 वर्ष की आयु पूर्ण कर चुके सभी बालिकाओं को सर्वाइकल कैंसर सेे बचाव हेतु टीकाकरण कार्य की प्रगति की भी समीक्षा की। उन्होंने स्वास्थ्य विभाग के सभी अधिकारी-कर्मचारियों को 14 वर्ष की आयु पूर्ण कर चुके सभी बालिकाओं को शत प्रतिशत सर्वाइकल कैंसर के बचाव हेतु टीका लगाने के निर्देश दिए। इस संबंध में उन्होेंने विकासखण्ड शिक्षा अधिकारी को गुरूर विकासखण्ड के सभी प्राचार्यों को पत्र जारी करने के भी निर्देश दिए। बैठक में श्रीमती मिश्रा ने कुष्ठ उन्मूलन कार्यक्रम के अलावा आम नागरिकों का मानसिक स्वास्थ्य, मुँह एवं ब्रेस्ट कैंसर की जांच के अलावा उच्च रक्तचाप, डायबिटिज आदि बीमारियों की जांच के संबंध में जानकारी ली। उन्होंने स्वास्थ्य विभाग के अधिकारी-कर्मचारियों को इसका नियमित रूप से जांच करने के निर्देश दिए। इसके अलावा उन्होंने वर्षा ऋतु के मद्देनजर मौसमी एवं जलजनित बीमारियों की रोकथाम हेतु पुख्ता उपाय सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने स्वास्थ्य विभाग के अधिकारी-कर्मचारियों को समझाईश देते हुए कहा कि आप लोगों का कार्य आम जनता के जीवन से सीधे जुड़े होने के कारण अत्यंत महत्वपूर्ण एवं आदर्श पेशा है। इसलिए स्वास्थ्य विभाग के सभी अधिकारी-कर्मचारियों को पूरे समय मुस्तैद रहकर अपने जिम्मेदारियों का निष्ठापूर्वक निर्वहन करना अत्यंत आवश्यक है। उन्होंने कहा कि शासन के मंशानुरूप जिले के स्वास्थ्य सुविधाओं को उत्कृष्ट बनाना मेरे भी प्राथमिकता में शामिल है। इसके लिए उन्होंने नियमित रूप से सभी विकासखण्डों में जाकर स्वास्थ्य विभाग के कार्यों की गहन समीक्षा करने की बात कही। जिससे कि समाज के अंतिम पंक्ति के लोगों को उत्तम स्वास्थ्य सुविधाओं का लाभ मिल सके। कलेक्टर ने कहा कि जिले के स्वास्थ्य सुविधाओं को बेहतर बनाने के लिए मैं हर समय स्वास्थ्य विभाग के अधिकारी-कर्मचारियों का सहयोग करने के लिए खड़ी हूँं। इस मौके पर जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी श्री सुनील चंद्रवंशी ने स्वास्थ्य विभाग के कार्यों की समीक्षा करते हुए व्यवस्था को बेहतर बनाने हेतु अधिकारी-कर्मचारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। इस अवसर पर गुरूर विकासखण्ड के स्वास्थ्य विभाग के अधिकारी-कर्मचारियों के द्वारा कलेक्टर श्रीमती मिश्रा एवं जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी श्री सुनील चंद्रवंशी को पौधे भेंटकर आत्मीय अभिनंदन किया गया।
- बालोद. प्रधानमंत्री मत्स्य संपदा योजना के तहत मत्स्य पालकों का निःशुल्क दुर्घटना बीमा के अंतर्गत जिले के मृतक श्री शंकरलाल के नामिनी श्रीमती सुरेखा बाई (पत्नी) को 05 लाख रूपए का बीमा भुगतान किया गया है। मछली पालन विभाग के सहायक संचालक ने बताया कि डौंडीलोहारा विकासखंड के ग्राम कोरगुड़ा निवासी स्व. श्री शंकरलाल का प्रधानमंत्री मत्स्य संपदा योजना के तहत बीमा किया गया था।विभागीय प्रक्रिया पूर्ण होने के पश्चात नॉमिनी श्रीमती सुरेखा बाई (पत्नी स्व. श्री शंकरलाल) के खाते में डी.बी.टी. के माध्यम से गो-डिजिट इंश्योरेंस कंपनी द्वारा 05 लाख रूपए का भुगतान किया गया, जिससे संकट की घड़ी में पीड़ित परिवार को बड़ा आर्थिक संबल मिला है। ज्ञातव्य हो कि प्रधानमंत्री मत्स्य संपदा योजना के तहत मत्स्य पालकों का निःशुल्क दुर्घटना बीमा किया जाता है। इस योजना का लाभ हितग्राहियों को एन.एफ.डी.बी. हैदराबाद से गो-डिजिट इंश्योरेंस कंपनी के माध्यम से भुगतान किया जाता है। बीमा के तहत मृत्यु होने पर 05 लाख रूपए, स्थायी, अस्थायी अपंगता पर 2.50 लाख एवं अस्पताल भर्ती में 25 हजार रूपये तक की सहायता बीमित व्यक्ति या नॉमिनी को भुगतान की जाती है। मत्स्य पालन विभाग की इस योजना का मुख्य उद्देश्य मत्स्य पालन से जुड़े परिवारों को संकट की स्थिति में सुरक्षा एवं सहायता उपलब्ध कराना है।
-
दुर्ग/ जिले में 1 जून 2026 से 31 जुलाई 2026 तक 488.2 मिमी औसत वर्षा दर्ज की गई है। कार्यालय कलेक्टर भू-अभिलेख शाखा से प्राप्त जानकारी के अनुसार 1 जून से अब तक सर्वाधिक वर्षा 620.0 मिमी तहसील पाटन में तथा न्यूनतम 318.4 मिमी. तहसील धमधा में दर्ज की गई है। इसके अलावा तहसील दुर्ग में 549.9 मिमी, तहसील बोरी में 556.1 मिमी, तहसील भिलाई-3 में 488.2 मिमी और तहसील अहिवारा में 395.6 मिमी वर्षा दर्ज की गई है। 31 जुलाई 2026 को तहसील दुर्ग में 4.7 मिमी, तहसील धमधा में 3.2 मिमी, तहसील पाटन में 5.7 मिमी, तहसील बोरी में 6.0 मिमी, तहसील भिलाई 3 में 5.7 मिमी और तहसील अहिवारा में 4.0 मिमी वर्षा दर्ज की गई है।
-
दुर्ग/ जिला योजना एवं सांख्यिकी कार्यालय दुर्ग में पदस्थ श्री झुमुक लाल यादव (भृत्य) 28 वर्षों की शासकीय सेवा पूर्ण करने के उपरांत आज सेवानिवृत्त हो गए। इस अवसर पर आयोजित विदाई समारोह में उपसंचालक श्रीमती कविता एंथोनी ने उन्हें पेंशन भुगतान आदेश प्रदान कर सम्मानित किया तथा उनके सुखद, स्वस्थ एवं उज्ज्वल भविष्य की कामना की।
-
दुर्ग/ सेवा सेतु केंद्र नागरिकों को शासकीय सेवाएं सरल, सुगम और पारदर्शी तरीके से उपलब्ध कराने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहा है। इसी क्रम में वैशाली नगर निवासी शुभम वर्मा को सेवा सेतु केंद्र के माध्यम से डिजिटल जाति प्रमाण पत्र प्राप्त हुआ।
शुभम वर्मा ने बताया कि उनके पास पहले से मैनुअल जाति प्रमाण पत्र उपलब्ध था, लेकिन दस्तावेज के फटने, खराब होने अथवा खो जाने की आशंका को देखते हुए उन्होंने सेवा सेतु के माध्यम से डिजिटल जाति प्रमाण पत्र बनवाया। डिजिटल प्रमाण पत्र कंप्यूटर जनित एवं सक्षम अधिकारी के डिजिटल हस्ताक्षर से प्रमाणित होने के साथ ही अधिक सुरक्षित और सुविधाजनक है। उन्होंने बताया कि सेवा सेतु केंद्र में निर्धारित आवश्यक दस्तावेज संलग्न कर आवेदन किया गया था। आवेदन के बाद एक माह के भीतर जाति प्रमाण पत्र जारी हो गया। सेवा सेतु केंद्र, जोन-2 भिलाई से उनके पिता ने प्रमाण पत्र प्राप्त किया। शुभम वर्मा सेवा सेतु की इस सुविधा की सराहना करते हुए कहा कि डिजिटल माध्यम से प्रमाण पत्र प्राप्त होने से समय की बचत हुई है और भविष्य में दस्तावेज के सुरक्षित रखरखाव में सुविधा भी मिलेगी। शुभम वर्मा ने कहा कि सेवा सेतु केंद्र के माध्यम से नागरिकों को विभिन्न शासकीय सेवाओं का लाभ एक ही स्थान पर उपलब्ध कराया जा रहा है। इससे आम नागरिकों का समय और श्रम दोनों बच रहे हैं तथा शासकीय सेवाएं अधिक सरल और सुलभ बनी हैं। उन्होंने इस जनहितकारी पहल के लिए मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय एवं जिला प्रशासन के प्रति आभार व्यक्त किया। - रायपुर - राष्ट्रकवि मैथिली शरण गुप्त की जयन्ती दिनांक 3 अगस्त 2026 सोमवार को क्रमशः प्रातः 11 बजे राजधानी शहर रायपुर के जलविहार कॉलोनी उद्यान परिसर में स्थित राष्ट्रकवि मैथिली शरण गुप्त की प्रतिमा के समक्ष उनका सादर ससम्मान नमन करने पुष्पांजलि कार्यक्रम का आयोजन रखा गया है।दिनांक 3 अगस्त 2026 सोमवार को प्रातः 11 बजे आयोजित राष्ट्र कवि मैथिली शरण गुप्त की जयन्ती पर पुष्पांजलि कार्यक्रम में उनके प्रतिमा स्थल और उसके आसपास की विशेष सफाई, स्थल की पुष्पसज्जा सहित अन्य आवश्यक प्रशासनिक व्यवस्थायें रायपुर नगर पालिक निगम के संस्कृति विभाग के तत्वावधान में रायपुर नगर पालिक निगम के सम्बंधित जोन क्रमांक 3 के सहयोग से की जावेंगी |
- -युवाओं को रोजगार देने हेतु 5,000 नए शिक्षकों की सीधी भर्ती की अनुमति-मुफ्त पाठ्यपुस्तक योजना के तहत हर छात्र तक ज्ञान का प्रकाश पहुँचाया जा रहा है-453 शिक्षक-विहीन स्कूलों में पहुँचे शिक्षक, एकल-शिक्षक स्कूलों की समस्या का हुआ अंत; युवाओं के लिए नई नौकरियों के खुले द्वाररायपुर। भारतीय जनता पार्टी के प्रदेश प्रवक्ता डॉ. विजयशंकर मिश्रा ने कहा है कि राज्य में सुशासन, पारदर्शिता और गुणवत्तापूर्ण शिक्षा की दिशा में एक ऐतिहासिक बदलाव देखने को मिल रहा है। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के नेतृत्व और शिक्षा मंत्री गजेंद्र यादव के दिशा-निर्देशों में राज्य सरकार ने बीते दो वर्षों में शिक्षा विभाग का व्यापक कायाकल्प किया है। डॉ. मिश्रा ने कहा कि वर्षों पुरानी अव्यवस्थाओं, दफ्तरों के चक्कर काटने की मजबूरी और शिक्षक-विहीन शालाओं जैसी चुनौतियों का अंत करते हुए सरकार ने तकनीक और न्यायसंगत फैसलों के जरिए हर वर्ग को सीधी राहत पहुँचाई है।भाजपा प्रदेश प्रवक्ता डॉ. मिश्रा ने शुक्रवार को यहाँ कुशाभाऊ ठाकरे परिसर स्थित प्रदेश कार्यालय में आहूत पत्रकार वार्ता में प्रदेश की भाजपा सरकार के सुशासन संकल्प और प्रशासनिक सुधार की प्रमुख उपलब्धियों की चर्चा करते हुए कहा कि डिजिटल गवर्नेंस से पारदर्शिता और अनुशासन का भाव बढ़ा है। वीएसके मोबाइल ऐप (डिजिटल उपस्थिति) के तहत प्रदेश के 1,77,126 शिक्षक अब प्रतिदिन ऑनलाइन हाजिरी लगा रहे हैं, जिससे शालाओं में प्रशासनिक अनुशासन और समयबद्धता सुदृढ़ हुई है। सिंगल पोर्टल व्यवस्था के ज़रिए छुट्टियों और सेवा संबंधी 30,19,439 आवेदनों का पारदर्शी ऑनलाइन निस्तारण किया गया, जिससे कर्मचारियों को दफ्तरों के चक्कर काटने से हमेशा के लिए मुक्ति मिली है। डॉ. मिश्रा ने कहा कि पदोन्नति प्रक्रिया की पुरानी मैनुअल व्यवस्था को पूरी तरह समाप्त कर ऑनलाइन सिस्टम लागू किया गया। पूरी निष्पक्षता से 1,335 टी-संवर्ग तथा 1,478 ई-संवर्ग के योग्य शिक्षकों को पदोन्नत कर प्राचार्य बनाया गया। इसके अलावा प्रधान पाठक व अन्य श्रेणियों के लगभग 7,000 पदों पर पारदर्शी तरीके से पदोन्नति दी गई।भाजपा प्रदेश प्रवक्ता डॉ. मिश्रा ने कहा कि शिक्षा के क्षेत्र में प्रदेश सरकार की तीसरी उपलब्धि वर्षों पुराने विवादों का संवेदनशील समाधान है। पुरानी व्यवस्था की कमियों और तकनीकी अड़चनों को दूर करते हुए सरकार ने 2,621 बी-एड धारक सहायक शिक्षकों को 'विज्ञान प्रयोगशाला' में सफलतापूर्वक समायोजित कर उनके हितों को सुरक्षित किया। इसी तरह ऐतिहासिक युक्ति-युक्तकरण से हर स्कूल में पर्याप्त शिक्षक हैं। पूर्व में प्रदेश की 453 शालाएँ पूरी तरह शिक्षक-विहीन थीं और 5,936 शालाएँ सिर्फ एक शिक्षक के भरोसे चल रही थीं। अब पारदर्शी युक्ति-युक्तकरण के तहत 15,165 शिक्षकों एवं प्राचार्यों का न्यायसंगत समायोजन किया गया। इसकी परिणाम यह हुआ है कि आज प्रदेश की सभी 453 शिक्षक-विहीन शालाओं में शिक्षकों की पदस्थापना हो चुकी है और एकल-शिक्षक स्कूलों की समस्या का भी स्थायी समाधान हो गया है। डॉ. मिश्रा ने बताया कि "आईजीओटी कर्मयोगी" पोर्टल के माध्यम से शिक्षकों को आधुनिक शिक्षण तकनीकों से जोड़ा गया है, जिसके तहत 1,95,818 शिक्षक व कर्मचारी पंजीकृत होकर डिजिटल प्रशिक्षण प्राप्त कर चुके हैं।भाजपा प्रदेश प्रवक्ता डॉ. मिश्रा ने कहा कि युवाओं के लिए रोजगार के नए अवसर एवं समावेशी शिक्षा और दिव्यांगजनों को प्रोत्साहन देते हुए उन्हें मुख्यधारा से जोड़ने के लिए 848 विशेष पदों को स्वीकृति दी गई है। इसी तरह शिक्षा व्यवस्था को और मजबूत करने तथा युवाओं को रोजगार देने हेतु 5,000 नए शिक्षकों की सीधी भर्ती की अनुमति दी गई है, जिसकी सम्भावित परीक्षा अक्टूबर-नवम्बर 2026 में आयोजित की जाएगी। डॉ. मिश्रा ने कहा कि मुफ्त पाठ्यपुस्तक योजना के तहत हर छात्र तक ज्ञान का प्रकाश पहुँचाया जा रहा है। सत्र 2024-25 में 144.55 करोड़ रुपए के प्रावधान से 52.00 लाख से अधिक विद्यार्थी लाभान्वित हुए। इसी प्रकार सत्र 2025-26 में 144.59 करोड़ रुपए के बजट से 45.35 लाख से अधिक छात्रों को समय पर नि:शुल्क पाठ्यपुस्तकें प्रदान की जा रही हैं। डॉ. मिश्रा ने मुफ्त गणवेश योजना के जरिए विद्यार्थियों में समानता और स्वाभिमान का भाव जागृत करते हुए पहली से आठवीं तक के सभी विद्यार्थियों को गुणवत्तापूर्ण नि:शुल्क यूनिफॉर्म दी जा रही है। सत्र 2024-25 में 65 करोड़ रुपए के बजट से 30.84 लाख से अधिक बच्चे लाभान्वित हुए। सत्र 2025-26 में भी 65 करोड़ रुपए का प्रावधान कर 28.63 लाख से अधिक विद्यार्थियों को लाभ पहुँचाया जा रहा है।पत्रकार वार्ता में भाजपा प्रदेश प्रवक्ता डॉ. किरण बघेल एवं प्रदेश मीडिया सह संयोजक राहुल राय उपस्थित रहे।
- -प्रदेश महामंत्री व जयंती कार्यक्रम के प्रदेश संयोजक अखिलेश सोनी ने बताया : संत शिरोमणि रविदास की 650वीं जयंती के उपलक्ष्य में भाजपा के 'समरसता संकल्प अभियान' को अपूर्व समर्थन-मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय, प्रदेश के साधु-संत एवं विभिन्न समाजों के समाज प्रमुख उपस्थिति में 4 अगस्त को पं. दीनदयाल ऑडिटोरियम में कलश वितरण का कार्यक्रम होगारायपुर। भारतीय जनता पार्टी द्वारा संत शिरोमणि रविदास की 650वीं जयंती के निमित्त आयोजित 'समरसता संकल्प अभियान' के तहत वाराणसी से पवित्र माटी युक्त कलश लेकर निकला भाजपा का प्रतिनिधिमण्डल शुक्रवार, 31 जुलाई को राजधानी पहुँचा। अम्बिकापुर में भव्य स्वागत के पश्चात यह यात्रा जगह-जगह जन-अभिनंदन स्वीकार करते हुए बिलासपुर पहुँची। शुक्रवार को यह यात्रा दोपहर राजधानी के बंजारी माता मंदिर पहुँची जहाँ से शहर के प्रमुख स्थानों से होते हुए श्री राम मंदिर पहुँची। श्रीराम मन्दिर में जहाँ पूज्य साधु-संतों की गरिमामय उपस्थिति में पवित्र कलश, वाराणसी की माटी का विधि-विधान एवं वैदिक मंत्रोच्चार के साथ पूजन कर कलश की स्थापना की गई।भाजपा प्रदेश महामंत्री एवं संत रविदास जयंती कार्यक्रम के प्रदेश संयोजक अखिलेश सोनी ने अभियान की जानकारी देते हुए बताया कि संत रविदास के समरस समाज के संदेश को जन-जन तक पहुँचाने के लिए यह माटी युक्त पवित्र कलश अगले चरण में प्रदेश के सभी जिलों में जाएगा। उनकी 650वीं जयंती के इस ऐतिहासिक अवसर पर वाराणसी से लाई गई पवित्र माटी युक्त कलश का स्वागत अभियान प्रदेश के प्रत्येक जिले में निरंतर चलाया जाएगा। श्री राम मन्दिर में पूजन के पश्चात यह पवित्र कलश प्रदेश भाजपा के सभी संगठन जिलों में दर्शन एवं पूजन हेतु पहुँचाया जाएगा, ताकि पूरे प्रदेश में समरसता और सद्भाव का वातावरण निर्मित हो सके। श्री सोनी ने बताया कि आगामी 4 अगस्त को पं. दीनदयाल ऑडिटोरियम में कलश वितरण का कार्यक्रम का आयोजन किया गया है जिसमें मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय, प्रदेश के साधु-संत एवं विभिन्न समाजों के समाज प्रमुख उपस्थित रहेंगे। ये कलश प्रदेश के 36 संगठन जिला के जिलाध्यक्षों को सौंपे जाएंगे, जिसके बाद प्रदेश के 479 मण्डलों के सभी गांवों में दर्शन के लिए जाएगा।इस दौरान श्री राम मंदिर में प्रदेश महामंत्री यशवंत जैन, डॉ. नवीन मार्कंडेय, उप मुख्यमंत्री अरुण साव,कैबिनेट मंत्री रामविचार नेताम, श्यामबिहारी जायसवाल, टंकराम वर्मा, गुरु खुशवंत साहेब, विधायक राजेश मूणत, पुरन्दर मिश्रा, सुनील सोनी, मोतीलाल साहू, भाजपा प्रदेश उपाध्यक्ष नंदन जैन, प्रदेश कोषाध्यक्ष राम गर्ग, समरसता संकल्प अभियान सह संयोजक शंकर अग्रवाल, सुरेंद्र पाटनी, रमेश सिंह ठाकुर, श्याम नारंग, संजय श्रीवास्तव, दीपक म्हस्के, गौरीशंकर श्रीवास, मोना सेन, अमित साहू, किशोर महानंद सहित प्रदेश के पूज्यनीय साधु-संत, भाजपा पदाधिकारी, सहित बड़ी संख्या में आम जन व भाजपा कार्यकर्ताओं ने पवित्र कलश का दर्शन किया।
- -कलेक्टर संजय अग्रवाल का जिला अस्पताल में औचक निरीक्षण-डॉक्टरों को समयपालन और बेहतर इलाज के दिए निर्देश-मरीजों से आत्मीय संवाद कर कलेक्टर ने जाना हाल-"अम्मा कैसे हो, क्या हो गया, सब ठीक हो जायेगा : कलेक्टर"बिलासपुर । कलेक्टर श्री संजय अग्रवाल ने आज जिला अस्पताल का औचक निरीक्षण कर स्वास्थ्य सेवाओं की गुणवत्ता, चिकित्सकीय व्यवस्थाओं और मरीजों को मिल रही सुविधाओं का विस्तृत जायजा लिया। लगभग डेढ़ घंटे तक चले निरीक्षण में उन्होंने ओपीडी, विभिन्न वार्डों, डायलिसिस यूनिट, धनवंतरी मेडिकल स्टोर, नशा मुक्ति केंद्र, जिला पुनर्वास केंद्र, किचन तथा निर्माणाधीन मॉड्यूलर ऑपरेशन थिएटर का निरीक्षण किया। मरीजों से सीधे संवाद कर उपचार की जानकारी ली और चिकित्सकों को सेवा की गुणवत्ता एवं मानवीय व्यवहार को सर्वोच्च प्राथमिकता देने के निर्देश दिए।निरीक्षण के दौरान सुबह लगभग सवा दस बजे तक तीन-चार चिकित्सक अनुपस्थित मिले। कलेक्टर ने तत्काल उनसे दूरभाष पर संपर्क कर अनुपस्थिति का कारण पूछा और भविष्य में समय पर उपस्थित रहने की कड़ी चेतावनी दी। उन्होंने कहा कि अस्पताल आने वाले प्रत्येक मरीज को समय पर उपचार और सम्मानजनक व्यवहार मिलना चाहिए।विभिन्न ओपीडी के निरीक्षण के दौरान कलेक्टर ने उपलब्ध संसाधनों के बावजूद अपेक्षाकृत कम मरीजों के जिला अस्पताल पहुंचने पर चिंता व्यक्त की। विशेष रूप से नेत्र एवं दंत रोग विभाग में प्रतिदिन केवल 30 से 35 मरीज आने की जानकारी मिलने पर उन्होंने दोनों विभागों को स्कूलों एवं महाविद्यालयों में विशेष जांच शिविर आयोजित कर अधिक से अधिक लोगों तक स्वास्थ्य सेवाएं पहुंचाने के निर्देश दिए।वार्ड निरीक्षण के दौरान कलेक्टर ने भर्ती मरीजों से आत्मीयता से चर्चा की। आपातकालीन वार्ड में भर्ती एक बुजुर्ग महिला का हालचाल पूछते हुए उन्होंने कहा, "अम्मा, कैसे हो... सब ठीक हो जाएगा।" कलेक्टर के आत्मीय व्यवहार से महिला भावुक हो गई और उसने अस्पताल में मिल रहे उपचार पर संतोष व्यक्त किया। कलेक्टर ने चिकित्सकों से कहा कि निजी अस्पतालों की तुलना में जिला अस्पताल में पर्याप्त संसाधन उपलब्ध हैं। आवश्यकता केवल इन संसाधनों का बेहतर उपयोग कर मरीजों का विश्वास जीतने की है। उन्होंने कहा कि प्रत्येक मरीज संतुष्ट होकर अस्पताल से लौटे, यही सभी का प्रयास होना चाहिए।उन्होंने आयुष्मान भारत योजना का अधिकतम लाभ पात्र मरीजों तक पहुंचाने के निर्देश दिए। जिन मरीजों के आयुष्मान कार्ड नहीं बने हैं, उनके कार्ड खाद्य विभाग के समन्वय से तत्काल बनवाने को कहा। अधिकारियों ने बताया कि वर्तमान में लगभग 30 मरीजों का उपचार आयुष्मान योजना के माध्यम से किया जा रहा है।अस्पताल में छोटे-मोटे मरम्मत एवं सुधार कार्यों में सीजीएमएससी स्तर पर हो रही देरी पर कलेक्टर ने नाराजगी व्यक्त करते हुए आवश्यक कार्य शीघ्र पूर्ण कराने के निर्देश दिए। धनवंतरी मेडिकल स्टोर के निरीक्षण के दौरान उन्हें बताया गया कि यहां प्रतिदिन औसतन 25 हजार रुपये की दवाओं की बिक्री होती है। उन्होंने अटल आरोग्य लैब की जांच सुविधाओं का भी जायज़ा लिया।कलेक्टर ने अस्पताल परिसर में संचालित नशा मुक्ति केंद्र एवं जिला पुनर्वास केंद्र का भी निरीक्षण किया। अधिकारियों ने बताया कि यहां लगभग 400 लोगों को नियमित दवा एवं परामर्श दिया जा रहा है तथा करीब 150 लोग उपचार एवं परामर्श के माध्यम से नशे की लत छोड़कर सामान्य जीवन जी रहे हैं। उन्होंने अस्पताल के किचन का निरीक्षण कर 115 भर्ती मरीजों के लिए तैयार किए जा रहे भोजन की गुणवत्ता की जानकारी ली तथा चिकित्सकों एवं अस्पताल स्टाफ को प्रतिदिन भोजन का स्वाद लेकर गुणवत्ता सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।निरीक्षण के दौरान कलेक्टर ने निःशुल्क डायलिसिस यूनिट का भी अवलोकन किया, जहां प्रतिदिन लगभग 30 मरीजों को निःशुल्क डायलिसिस की सुविधा दी जा रही है। उन्होंने नेत्र विभाग के लिए निर्माणाधीन मॉड्यूलर ऑपरेशन थिएटर का निरीक्षण कर कार्य शीघ्र पूर्ण करने तथा सिटी स्कैन कक्ष में सिम्स के साथ बेहतर समन्वय स्थापित कर मरीजों को त्वरित सेवाएं उपलब्ध कराने के निर्देश दिए। जिला अस्पताल में प्रतिदिन लगभग 500 मरीज ओपीडी सेवाओं का लाभ लेते हैं तथा वर्तमान में 115 मरीज भर्ती हैं। निरीक्षण के दौरान सिविल सर्जन डॉ. एस. कुजूर, कंसल्टेंट सुश्री शेफाली कुमावत सहित संबंधित अधिकारी एवं चिकित्सक उपस्थित थे।
- -हर घर तिरंगा तथा तिरंगा यात्रा अभियान से राष्ट्रीय एकता, सामाजिक समरसता एवं "एक भारत-श्रेष्ठ भारत" की भावना को सुदृढ़ किया जाएगारायपुर। भारतीय जनता पार्टी के प्रदेश महामंत्री और हर घर तिरंगा अभियान कार्यक्रम के प्रदेश संयोजक यशवन्त जैन ने कहा है कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के आह्वान पर प्रारंभ हुआ हर घर तिरंगा अभियान आज एक राष्ट्र भक्ति का जन आंदोलन का स्वरूप ग्रहण कर चुका है। श्री जैन ने बताया कि इस वर्ष भी राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन के निर्देशानुसार व प्रदेश अध्यक्ष किरण देव के आह्वान पर पार्टी के सभी कार्यकर्ता व्यापक भागीदारी करते हुये हर घर तिरंगा तथा तिरंगा यात्रा अभियान में 11 से 15 अगस्त, 2026 तक भाग लेंगे।भाजपा प्रदेश महामंत्री श्री जैन ने बताया कि इस दौरान प्रत्येक घर, सभी प्रतिष्ठानों एवं कार्यालयों पर राष्ट्रीय ध्वज फहराने हेतु जनजागरण किया जाएगा। युवाओं एवं विद्यार्थियों में राष्ट्रभक्ति एवं संवैधानिक कर्तव्यों के प्रति जागरूकता लाई जाएगी। स्वतंत्रता संग्राम सेनानियों एवं राष्ट्र निर्माताओं के योगदान का स्मरण करने के साथ-साथ समाज के प्रत्येक वर्ग को राष्ट्र के विकास एवं विकसित भारत-2047 के संकल्प से जोड़ा जाएगा और राष्ट्रीय एकता, सामाजिक समरसता एवं "एक भारत-श्रेष्ठ भारत" की भावना को सुदृढ़ किया जाएगा। श्री जैन ने कहा कि प्रत्येक मण्डल केन्द्र के अलावा उस मण्डल के पाँच बड़े गाँव या बाजार में भी तिरंगा यात्रा का आयोजन होगा। 10 अगस्त से 14 अगस्त, 2026 तक भव्य तिरंगा यात्रा का आयोजन कर पार्टी के कार्यकर्ता इसमें अधिक-से-अधिक जन भागीदारी सुनिश्चत करेंगे। इसमें भारतीय जनता युवा मोर्चा की भूमिका तिरंगा यात्रा में अग्रणी होगी।भाजपा प्रदेश महामंत्री श्री जैन ने कहा कि प्रत्येक जिले में भव्य तिरंगा यात्रा का बडे स्तर पर आयोजन होगा और देशभक्तिपूर्ण गीत एवं सजावट के साथ तिरंगा यात्रा निकाली जाएगी। समाज के प्रबुद्धजन, विशिष्टजन, सेवानिवृत्त सैनिक एवं सुरक्षा कर्मचारी, सेलिब्रेटी, सामाजिक संगठनों, युवा संगठनों एवं महिला संगठनों को कार्यक्रम में विशेष तौर पर आमंत्रित किया जाएगा। इसी तरह विद्यालय तथा महाविद्यालयों से संपर्क कर छात्रों द्वारा व्यापक स्तर पर तिरंगा यात्रा निकाली जाएगी। शहीद स्मारकों, वीर सपूतों एवं महापुरूषों की प्रतिमाओं के आस-पास स्वच्छता अभियान चलाया जाएगा तथा उसके उपरांत पुष्पांजलि एवं माल्यार्पण किया जाएगा। प्रत्येक मंडल में भारत माता के वीर सपूत सैनिकों तथा देश की सेवा में अपने प्राणों को न्योछावर करने वाले पुलिस कर्मियों के घरों पर जाकर के उनके परिवारों को सम्मानित किया जाएगा।भाजपा प्रदेश महामंत्री श्री जैन ने कहा कि देशभर के करोड़ो कार्यकर्ता देशवासियों के साथ मिलकर प्रत्येक घर एवं व्यावसायिक केन्द्रों पर 13 से 15 अगस्त, 2026 तक तिरंगा फहराएंगे। इन कार्यक्रमों में बच्चों तथा युवाओं की भागीदारी सुनिश्चित की जाय जिससे वह देश की एकता एवं अखण्डता की भावना से ओत-प्रोत रहने का संकल्प लें। सीमावर्ती क्षेत्रों में पार्टी के वरिष्ठ पदाधिकारी तथा जनप्रतिनिधि सीमा चौकियों का उचित अनुमति के साथ सैनिकों को सम्मानित करेंगे। श्री जैन ने आग्रह किया है कि इस दौरान प्लास्टिक के झण्डे के बजाय कपडे के झण्डे का उपयोग करें। तिरंगा फहराते हुए फोटो नमो ऐप, सरल पोर्टल, अधिकृत वेबसाइट तथा सोशल मीडिया पर प्रसारित हो।भाजपा प्रदेश महामंत्री श्री जैन ने अभियान की तैयारी को लेकर श्री जैन ने बताया कि प्रदेश स्तर पर 4 सदस्यों की समिति का गठन किया गया है तथा जिला स्तर पर भी इसी प्रकार से समिति का गठन 6 अगस्त, 2026 से पहले होगा। इस सिलसिले में प्रदेश की योजना बैठक के बाद जिला की बैठक 4 अगस्त से पहले तथा इसके बाद मंडल की बैठक होगी। पूरे अभियान में सभी जनप्रतिनिधियों तथा पदाधिकारियों की भूमिका प्रभावी रूप से सुनिश्चित की जाएगी। नक्सल प्रभावित रहे क्षेत्रों के लिए विशेष कार्यक्रम की जानकारी देते हुए श्री जैन ने बताया कि नक्सल मुक्त हुए सभी गाँवों में विशेष रूप से ध्यान देकर तिरंगा यात्रा आयोजित की जाएगी और नक्सल या अन्य शहीद परिवारों को तिरंगा भेंट किया जाएगा। प्रशासनिक अधिकारियों से समन्वय कर आत्मसमर्पित नक्सलियों का तिरंगा यात्रा कार्यक्रम में सहभागिता सुनिश्चित की जाएगी। जिला केन्द्रों पर युवा लड़कियों की बाइक तिरंगा यात्रा का कार्यकम किया जाएगा। जिला स्तर पर 1+3 सदस्यों व मंडल स्तर पर 1+2 सदस्यों की टोली बनाई जाएगी।भाजपा प्रदेश महामंत्री श्री जैन ने कहा कि विभाजन विभीषिका स्मृति दिवस पर 14 अगस्त को विभाजन विभीषिका स्मृति दिवस के रूप में कार्यक्रम होगा, सभी जिलों में बैनर व प्लेकार्ड के साथ मौन जुलूस निकाला जाएगा। विभाजन से प्रभावित परिवारजनों से भेंट कर उनकी स्मृति को संस्मरण किया जाएगा। प्रत्येक जिले में हॉल मीटिंग करते हुए विभाजन की विभीषिका पर चर्चा की जाएगी। श्री जैन ने प्रदेश स्तर पर इस कार्यक्रम के समन्वय हेतु गठित समिति की जानकारी देते हुए बताया कि समिति में भाजपा प्रदेश उपाध्यक्ष सतीश लाटिया, प्रदेश मंत्री द्वय जयंती पटेल व जितेन्द्र वर्मा, भाजयुमो प्रदेश अध्यक्ष राहुल टिकरिहा व महिला मोर्चा प्रदेश अध्यक्ष विभा अवस्थी को सदस्य बनाया गया है।
- रायपुर । खेल एवं युवा कल्याण विभाग, छत्तीसगढ़ शासन द्वारा वर्ष 2025-26 के लिए राज्य खेल अलंकरण, मुख्यमंत्री ट्रॉफी, नगद पुरस्कार, प्रेरणा निधि एवं खेलवृत्ति (डाइट मनी) के लिए पात्र खिलाड़ियों, प्रशिक्षकों एवं निर्णायकों से आवेदन आमंत्रित किए गए हैं। विभाग द्वारा प्रतिवर्ष उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले खिलाड़ियों, प्रशिक्षकों एवं निर्णायकों को विभिन्न राज्य स्तरीय पुरस्कारों से सम्मानित किया जाता है।राज्य खेल अलंकरण के अंतर्गत सीनियर वर्ग के उत्कृष्ट खिलाड़ियों को शहीद राजीव पाण्डेय पुरस्कार, जूनियर वर्ग के खिलाड़ियों को शहीद कौशल यादव पुरस्कार, प्रशिक्षकों एवं निर्णायकों को वीर हनुमान सिंह पुरस्कार, उत्कृष्ट खिलाड़ियों को शहीद पंकज विक्रम सम्मान तथा खेल क्षेत्र में उल्लेखनीय योगदान देने वाले 55 वर्ष या उससे अधिक आयु के व्यक्तियों को शहीद विनोद चौबे सम्मान प्रदान किया जाएगा। राष्ट्रीय प्रतियोगिताओं में पदक विजेता वरिष्ठ एवं जूनियर टीमों को मुख्यमंत्री ट्रॉफी से सम्मानित किया जाएगा।पुरस्कारों के अंतर्गत शहीद राजीव पाण्डेय पुरस्कार के लिए 3 लाख रुपये, शहीद कौशल यादव एवं वीर हनुमान सिंह पुरस्कार के लिए 1.50-1.50 लाख रुपये, जबकि शहीद पंकज विक्रम सम्मान एवं शहीद विनोद चौबे सम्मान के लिए 25-25 हजार रुपये की नगद राशि प्रदान की जाएगी। इसी प्रकार सीनियर एवं जूनियर वर्ग के दलीय खेलों के लिए मुख्यमंत्री ट्रॉफी प्रदान की जाएगी, जिसमें ऐसे दलीय खेल जिसके सदस्यों की संख्या 4 है उन्हें सीनियर वर्ग में 2 लाख रूपए एवं जूनियर वर्ग में 1 लाख रूपए का पुरस्कार तथा ऐसे दजीय खेल जिनमें सदस्यों की संख्या 4 से अधिक है उन्हें सीनियर वर्ग में 5 लाख रूपए एवं जूनियर वर्ग में 3 लाख रूपए का पुरस्कार प्रदान किया जाएगा। साथ ही पुरस्कार के साथ मानपत्र, अलंकरण फलक, ब्लेजर एवं टाई भी प्रदान की जाएगी।वर्ष 2025-26 (1 अप्रैल 2025 से 31 मार्च 2026) के दौरान वे खिलाड़ी जो सब जूनियर, जूनियर एवं सीनियर वर्ग की राष्ट्रीय प्रतियोगिता में पदक प्राप्त किया है वे खिलाड़ी जिला कार्यालय एवं अपने खेल संघों में आवेदन कर सकते हैं। साथ ही खेलवृत्ति (डाइट मनी) के लिए जिन खिलाड़ियों ने अधिकृत राज्य स्तरीय प्रतियोगिता में पदक प्राप्त किया हो या राष्ट्रीय प्रतियोगिता में प्रतिनिधित्व किया हो खेलवृत्ति हेतु आवेदन कर सकते हैं, खेलवृत्ति के लिए अधिकतम आयु 19 वर्ष निर्धारित है।पुरस्कार, नगद राशि, खेलवृत्ति एवं प्रेरणा निधि के आवेदन पत्र संचालनालय, खेल एवं युवा कल्याण, जिला कार्यालयों तथा राज्य खेल संघों से प्राप्त किए जा सकते हैं।राज्य खेल संघों की अनुशंसा सहित आवेदन जिला कार्यालय अथवा संचालनालय में जमा करने की अंतिम तिथि 5 अगस्त 2026 कार्यालयीन समय तक निर्धारित की गई है। आवेदन पत्रों का प्रारूप विभाग की वेबसाइट http//sportsyw.cg.gov.in पर उपलब्ध है तथा सभी पुरस्कारों के लिए आवेदन केवल ऑनलाइन माध्यम से ही मान्य होंगे।पुरस्कार नियमों के अनुसार जिन खिलाड़ियों की मान्यता प्राप्त खेल संघ द्वारा अनुशंसा नहीं की गई है, लेकिन उनकी उपलब्धियां तुलनात्मक रूप से अधिक हैं, वे निर्धारित प्रारूप में अपना व्यक्तिगत आवेदन एवं उपलब्धियों का विवरण 5 अगस्त 2026 तक संचालनालय, खेल एवं युवा कल्याण, सरदार वल्लभभाई पटेल अंतरराष्ट्रीय हॉकी स्टेडियम, जी.ई. रोड, रायपुर अथवा खेल विभाग के जिला कार्यालय में सीधे जमा कर सकते हैं।
- रायपुर - आज रायपुर नगर पालिक निगम की महापौर श्रीमती मीनल चौबे ने नगर निगम मुख्यालय नगर निवेश विभाग के अधिकारियों को महापौर कक्ष में बुलाकर उनसे विभिन्न विषयों की जानकारी लेकर कार्यों की समीक्षा करते हुए उन्हें आवश्यक निर्देश दिये।अधिकारियों से कहा कि कालोनी के निर्माण के समय पर ही साईट विसिट कर निर्माण कार्यों की समीक्षा करेंमहापौर श्रीमती मीनलं चौबे ने सख्त निर्देश दिये है कि नगर निगम मुख्यालय नगर निवेश विभाग के अधिकारीगण कालोनाईजर्स से कालोनी अनुमति का आवेदन नियमानुसार लेकर प्रक्रिया के तहत नियमानुकुल तरीके से उनकी 12.50 प्रतिशत संपत्ति का मार्गेज करने के बाद ही उन्हें कालोनी विकास अनुमति जारी करना सुनिश्चित करें। पार्ट पार्ट में बंधक संपत्ति को मुक्त करना निगम मुख्यालय नगर निवेश विभाग के अधिकारीगण तत्काल बंद करें।महापौर श्रीमती मीनल चौबे ने कालोनी पूर्णता पत्र चाहने वाले बिल्डरों को नियमानुसार प्रक्रिया के तहत स्वीकृति देने अथवा कमियों का उल्लेख कर नियमानुसार कारण बताकर आवेदन को निरस्त करने का निर्देश दिया.महापौर ने कहा कि कालोनी पूर्णता की अनुमति के आवेदनो को अकारण लटकाया नहीं जाना चाहिए। 2 माह के भीतर नियत अवधि में नियमानुसार या तो आवेदन स्वीकृत करें अथवा कमियां बतलाकर कारण सहित आवेदन निरस्त करने की कार्यवाही करें।महापौर श्रीमती मीनल चौबे ने निर्देशित किया कि जोनो से कालोनी पूर्णता प्रमाण पत्र के आवेदन प्रकरणो में नगर निगम मुख्यालय नगर निवेश विभाग को प्राप्त हुई अनुशंसा नियमानुसार सही नहीं मिलती है, तो संबंधित जोन कमिश्नर एवं जोन के नगर निवेश अभियंताओं को निगम अधिनियम के अंतर्गत कारण बताओ नोटिस जारी कर उनसे उनकी अनुशंसा को लेकर लिखित स्पष्टीकरण लिया जाये एवं नियमानुसार कार्यवाही प्रकरणवार की जाये। इस मामले में कोई लापरवाही या हीला हवाला कदापि सहन नहीं किया जायेगा।आज महापौर श्रीमती मीनल चौबे द्वारा ली गई बैठक में नगर निगम अपर आयुक्त नगर निवेश श्री पंकज के शर्मा, नगर निवेशक श्री आभास मिश्रा, सहायक नगर निवेशक कार्यपालन अभियंता श्री आशुतोष सिंह, सहायक अभियंता श्री नितिश झा, उपअभियंता श्री सोहन गुप्ता, श्री अमित सरकार की उपस्थिति रही।
- रायपुर । छत्तीसगढ़ कर्मचारी चयन मण्डल, रायपुर द्वारा आयोजित अनुरेख (सिविल) के रिक्त पदों पर लिखित भर्ती परीक्षा का आयोजन 2 अगस्त 2026 (रविवार) को जिले के 27 परीक्षा केंद्रों में किया जाएगा। परीक्षा प्रातः 10 बजे से 12:15 बजे तक आयोजित होगी। इस संबंध में कलेक्टर डॉ. गौरव सिंह के निर्देशानुसार कलेक्ट्रेट परिसर स्थित रेडक्रॉस सोसायटी सभाकक्ष में अपर कलेक्टर श्री नवीन ठाकुर ने ब्रीफिंग मीटिंग ली। परीक्षा के सुचारु एवं व्यवस्थित संचालन के लिए डिप्टी कलेक्टर श्री उत्तम प्रसाद रजक को नोडल अधिकारी तथा विशेष रोजगार कार्यालय, रायपुर के रोजगार अधिकारी श्री केदारनाथ पटेल को सहायक नोडल अधिकारी नियुक्त किया गया है।परीक्षा में कुल 8 हजार 821 अभ्यर्थी शामिल होंगे। परीक्षा से संबंधित गोपनीय सामग्री का वितरण 2 अगस्त 2026 को प्रातः 7 बजे जिला कोषालय, कलेक्टर परिसर, रायपुर से किया जाएगा।श्री ठाकुर ने परीक्षा के शांतिपूर्ण संचालन के लिए सभी पर्यवेक्षकों तथा संबंधित अधिकारियों को आवश्यक तैयारियां समय पर पूर्ण करने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने कहा कि प्रत्येक परीक्षा केंद्र पर पेयजल, विद्युत, बैठक व्यवस्था सहित सभी आवश्यक मूलभूत सुविधाएं पहले से सुनिश्चित की जाएं तथा आयोग द्वारा जारी सभी दिशा-निर्देशों का कड़ाई से पालन किया जाए। उन्होंने पर्यवेक्षकों को निर्देशित किया कि प्रत्येक परीक्षार्थी के परीक्षा केंद्र में प्रवेश से पूर्व फ्रिस्किंग की प्रक्रिया अनिवार्य रूप से पूर्ण कराई जाए, ताकि परीक्षा व्यवस्थित ढंग से संपन्न हो सके।
- रायपुर । डिप्लोमा पाठ्यक्रमों में प्रवेश के लिए राज्य स्तरीय ऑनलाइन काउंसिलिंग एवं प्रवेश प्रक्रिया के तीन चरण पूर्ण होने के बाद अब शासकीय सह-शिक्षा पॉलीटेक्निक, रायपुर (बैरन बाजार) में रिक्त सीटों पर संस्था स्तरीय अंतिम चरण की प्रवेश प्रक्रिया प्रारंभ की गई है। इसके लिए ऑनलाइन पंजीयन 31 जुलाई से 8 अगस्त 2026 तक किया जा सकेगा। शासकीय सह-शिक्षा पॉलीटेक्निक रायपुर में डिप्लोमा सिविल, इलेक्ट्रिकल एवं मैकेनिकल इंजीनियरिंग शाखाओं में उपलब्ध रिक्त सीटों पर प्रवेश दिया जाएगा। इच्छुक अभ्यर्थियों को निर्धारित अवधि में ऑनलाइन पंजीयन कराना अनिवार्य होगा।ऑनलाइन पंजीयन के बाद अभ्यर्थियों को 13 अगस्त 2026 को प्रातः 10 बजे शासकीय सह-शिक्षा पॉलीटेक्निक, रायपुर में उपस्थित होकर संस्था स्तरीय प्रवेश प्रक्रिया में भाग लेना होगा। प्रवेश हेतु इच्छुक अभ्यर्थी वेबसाइट https://cgdte.admissions.nic.in पर रजिस्ट्रेशन कर सकते हैं।
- रायपुर/ जिला रोजगार एवं स्वरोजगार मार्गदर्शन केंद्र, रायपुर द्वारा 5 अगस्त 2026 को लाइवलीहुड कॉलेज, धरमपुरा रोड, जोरा, रायपुर में सुबह 11 बजे से दोपहर 3 बजे तक रोजगार मेले का आयोजन किया जाएगा। रोजगार मेले में निजी क्षेत्र की प्रतिष्ठित कंपनियां शामिल होकर विभिन्न पदों पर योग्य अभ्यर्थियों का चयन करेंगी। रोजगार मेले में वंदना ग्लोबल लिमिटेड, सार्थक क्रेटिव ऑर्गनाईजेशन, अपडेट एजुकेशन टेक्नोलॉजी प्रा.लि., ईलमेक इंडस्ट्रीज, अलर्ट एसजीएस प्रा.लि. द्वारा कुल 137 पदों पर भर्ती की जाएगी।इन पदों के लिए 10वीं, 12वीं, स्नातक, स्नातकोत्तर, आईटीआई, डीजल मैकेनिक, ऑटोमोबाइल इंजीनियरिंग, कम्यूटर एप्लीकेशन, मैकेनिकल इंजीनियरिंग, कैमिकल इंजीनियरिंग, इलेक्ट्रिशियन, वेल्डिंग, फीटर के साथ नर्सिंग उत्तीर्ण आवेदक रोजगार मेले में शामिल हो सकते हैं। इच्छुक अभ्यर्थियों को छत्तीसगढ़ रोजगार पोर्टल http://erojgar.cg.gov.in या अपने मोबाइल पर छत्तीसगढ़ रोजगार एप के माध्यम से पूर्व पंजीयन कर ऑनलाइन आवेदन करना अनिवार्य है। इच्छुक अभ्यर्थी रोजगार मेले में अपने समस्त शैक्षणिक प्रमाण-पत्रों की मूल एवं छायाप्रति, रोजगार पंजीयन कार्ड, आधार कार्ड, पासपोर्ट आकार के फोटो तथा बायोडाटा के साथ उपस्थित होकर चयन प्रक्रिया में शामिल हो सकते हैं। जिला रोजगार एवं स्वरोजगार मार्गदर्शन केंद्र ने बताया है कि रोजगार मेले में प्रवेश पूर्णतः निःशुल्क रहेगा। अधिक जानकारी के लिए कार्यालयीन समय में दूरभाष क्रमांक 0771-4044081 पर संपर्क किया जा सकता है।













.jpeg)
.jpg)










.jpg)
.jpg)
