- Home
- बिजनेस
- -पिछले नवरात्रि की तुलना में इस साल ज्यादा बिके ट्रेक्टर और मोटर काररायपुर। मुख्यमंत्री भूपेश बघेल के नेतृत्व में छत्तीसगढ़ सरकार द्वारा कोरोना काल में आर्थिक विकास को सुचारू रूप से जारी रखने के लिए अपनाई गई रणनीति के उत्साहजनक परिणाम सामने आए हैं। संकट के बावजूद प्रदेश के त्यौहारी बाजार में अच्छी रौनक दिख रही है। वाहन बाजार से मिले आंकड़ों के अनुसार पिछले नवरात्रि की तुलना में इस बार की नवरात्रि में ग्रामीण और शहरी दोनों ही क्षेत्र के लोगों ने जमकर वाहनों की खरीदी की है।वर्ष 2019 में नवरात्र के दौरान जहां 417 एग्रीकल्चर ट्रेक्टर बिके थे, वहीं इस साल 679 ट्रेक्टरों की बिक्री हुई। इसी तरह कमर्शियल ट्रेक्टर पिछले साल 28 बिके थे, जबकि इस साल यह संख्या 35 रही। यह आंकड़ा ग्रामीण क्षेत्रों में आ रही समृद्धि तथा किसानों में बढ़ते आत्मविश्वास को दर्शाता है। इसी तरह मोटर कार की बिक्री में भी वृद्धि दर्ज की गई है। पिछली नवरात्र को जहां 2426 मोटर कार लोगों ने खरीदी थीं, वहीं इस बार 2795 मोटर कारों की बिक्री हुई। यदि हार्वेस्टर की बात करें तो पिछले नवरात्रि में मात्र एक हार्वेस्टर की बिक्री हुई थी, जबकि इस नवरात्रि में 24 लोगों ने हार्वेस्टर की खरीदी की है। गांवों की तरह शहरी क्षेत्रों में भी लोगों में उत्साह और आत्मविश्वास का वातावरण बना हुआ है। कोरोनाकाल के बाद तेजी से छत्तीसगढ़ की अर्थव्यवस्था संवर रही है। छत्तीसगढ़ सरकार द्वारा किसानों की जेब में पैसा डालने इसे असर माना जा सकता है।एक ओर जहां पूरे देश में आर्थिक मंदी और बेरोजगारी का माहौल देखा जा सकता है वहीं छत्तीसगढ़ राज्य में मुख्यमंत्री श्री भूपेश बघेल के द्वारा कोरोनाकाल में लिए गए सकारात्मक और दूरदर्शी निर्णय का परिणाम उपलब्धियों के रुप में देश में सुर्खियां बटोर रहा है। किसानों के खाते में संकट के समय पैसा डालने, लॉकडाउन में उद्योग का संचालन सुचारू रखकर रोजगार के अवसर को बनाए रखने, मनरेगा के माध्यम से सर्वाधिक रोजगार देने जैसे अभिनव प्रयासों का ही यह असर है कि छत्तीसगढ़ की अर्थव्यवस्था पूरी रफतार से गतिमान रही। राज्य में मंदी का असर नहीं पड़ा। अनलॉक होने के बाद जब बाजार खुले तो व्यवसाय में भी तेजी से रौनक आई और त्योहार का सीजन आने के साथ खरीददारी भी बढ़ गई। इस नवरात्रि में गत नवरात्रि की अपेक्षा अधिक संख्या में कृषि कार्य के लिए ट्रैक्टर, कार और हार्वेस्टर की बिक्री से इसे देखा जा सकता है।
- नयी दिल्ली। ई-कॉमर्स कंपनियों ने 15 से 21 अक्टूबर के बीच अपनी त्योहारी सेल के पहले हफ्ते में 4.1 अरब डॉलर यानी करीब 29,000 करोड़ रुपये का सामान बेचा है। यह पिछले साल के मुकाबले 55 प्रतिशत अधिक है। बाजार आंकड़े जुटाने वाली कंपनी रेडसीर ने मंगलवार को एक रिपोर्ट में यह जानकारी दी। पिछले साल कंपनियों ने अपनी त्योहारी सेल के दौरान पहले हफ्ते में 2.7 अरब डॉलर का सामान बेचा था।रेडसीर ने इस साल त्योहार से पहले वाली सेल में ई-कॉमर्स कंपनियों के चार अरब डॉलर का सामान बेचने का अनुमान जताया था। रिपोर्ट के मुताबिक कंपनियों की कुल त्योहारी बिक्री में स्मार्टफोन की हिस्सेदारी सबसे अधिक यानी 47 प्रतिशत रही। इसकी वजह ज्यादा से ज्यादा नए मॉडलों या सस्ते स्मार्टफोन को बाजार में उतारना रहा। फ्लिपकार्ट, अमेजन, स्नैपडील इत्यादि समेत विभिन्न ई-वाणिज्य मंचों पर सेल के पहले हफ्ते में हर मिनट करीब 1.5 करोड़ रुपये मूल्य के स्मार्टफोन की बिक्री हई। रेडसीर ने कहा कि त्योहारी बिक्री में फ्लिपकार्ट और अमेजन की कुल भागीदारी 90 प्रतिशत रही और इसमें वालमॉर्ट समूह की फ्लिपकार्ट ने बाजी मारी। दोनों की कुल बिक्री में से 68 प्रतिशत हिस्सेदारी फ्लिपकार्ट के पास रही।रेडसीर कंसल्टिंग के निदेशक मृगांक गुटगुटिया ने कहा, ई-कॉमर्स कंपनियों ने हमारे कुछ हफ्ते पहले के अनुमान से अधिक बिक्री की। यह देश में ग्राहकों की खरीद धारणा में फिर से सुधार को दिखाता है।'' क्षेत्र के आधार पर दूसरे दर्जे के शहरों की हिस्सेदारी सेल के दौरान अधिक रही और उम्मीद से ज्यादा ग्राहक इन शहरों से मिले। रिपोर्ट के मुताबिक इस साल त्योहारी सेल के दौरान खरीदारी करने वाले ग्राहकों की संख्या 5.2 करोड़ तक पहुंच गयी जो पिछले साल की 2.8 करोड़ के मुकाबले 85 प्रतिशत अधिक है। इसमें से करीब 55 प्रतिशत ग्राहक आसनसोल, लुधियाना, धनबाद, राजकोट, जैसे दूसरे दर्जे के शहरों से मिले।
- मुंबई। बीएसई सेंसेक्स मंगलवार को 377 अंक मजबूत हुआ। कोटक महिंद्रा बैंक के बेहतर तिमाही परिणाम के बाद उसके शेयर में जोरदार लिवाली का बाजार पर सकारात्मक प्रभाव पड़ा। तीस शेयरों पर आधारित बीएसई सेंसेक्स 376.60 अंक यानी 0.94 प्रतिशत की बढ़त के साथ 40,522.10 अंक पर बंद हुआ। इसी प्रकार, नेश्नल स्टॉक एक्सचेंज का निफ्टी 121.65 अंक या 1.03 प्रतिशत मजबूत होकर 11,889.40 अंक पर पहुंच गया।कोटक महिंद्रा बैंक का जुलाई-सितंबर तिमाही में एकीकृत शुद्ध लाभ 22 प्रतिशत उछलकर 2,947 करोड़ रुपये रहने के बाद बैंक का शेयर करीब 12 प्रतिशत उछला। बैंक ने इंडसइंड बैंक के विलय को लेकर अटकलों को खारिज नहीं किया है। निजी क्षेत्र के बैंक ने कहा कि हाल में जुटाए गए 7,000 करोड़ रुपये का उपयोग अधिग्रहण समेत अन्य कार्यों में सोच-समझकर किया जाएगा। एमके ग्लोबल फाइनेंशियल सर्विसेज के अनुसार कर्ज में हल्की वृद्धि के बावजूद कोटक बैंक को अच्छा लाभ हुआ है। इसका कारण ट्रेजरी लाभ (इक्विटी समेत) बेहतर रहना है। लाभ में रहने वाले अन्य प्रमुख शेयरों में नेस्ले इंडिया, एशियन पेंट्स, बजाज फाइनेंस, एनटीपीसी, एलएंडटी, एक्सिस बैंक और बजाज ऑटो शामिल हैं।दूसरी तरफ जिन प्रमुख शेयरों में गिरावट दर्ज की गयी, उनमें टीसीएस, ओएनजीसी, इन्फोसिस, एचडीएफसी और एसबीआई शामिल हैं। वैश्विक मोर्चे पर हांगकांग, सियोल और तोक्यो बाजार गिरावट के साथ बंद हुए। हालांकि चीन के शंघाई में तेजी रही। यूरोप के प्रमुख बाजारों में भी शुरुआती कारोबार में गिरावट का रुख रहा। इसका प्रमुख कारण कोविड-19 संक्रमण के बढ़ते मामलों के कारण स्पेन और इटली जैसे देशों में आर्थिक गतिविधियों पर पाबंदी है। इस बीच, अंतरराष्ट्रीय तेल मानक ब्रेंट क्रूड 0.76 प्रतिशत बढ़त के साथ 41.12 डॉलर प्रति बैरल पर कारोबार कर रहा था। अंतरबैंक विदेशी मुद्रा विनिमय बाजार में अमेरिकी डॉलर के मुकाबले रुपया 13 पैसे बढ़त के साथ 73.71 पर बंद हुआ।
- नयी दिल्ली। वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने मंगलवार को कहा कि अर्थव्यवस्था में अब सुधार के संकेत दिखने लगे हैं। हालांकि, इसके साथ ही उन्होंने कहा कि चालू वित्त वर्ष में सकल घरेलू उत्पाद (जीडीपी) की वृद्धि दर में गिरावट होगी या फिर शून्य के करीब रहेगी। उन्होंने कहा कि 2020-21 की पहली तिमाही में अर्थव्यवस्था में 23.9 प्रतिशत की जबर्दस्त गिरावट आई है, जिससे पूरे वित्त वर्ष के दौरान जीडीपी की वृद्धि दर नकारात्मक या शून्य के करीब रहेगी। सेरा वीक के भारत ऊर्जा मंच को संबोधित करते हुए वित्त मंत्री ने कहा कि सरकार ने कोरोना वायरस महामारी की वजह से 25 मार्च से सख्त ‘लॉकडाउन' लगाया था क्योंकि लोगों के जीवन को बचाना ज्यादा जरूरी था। उन्होंने कहा कि लॉकडाउन की वजह से ही हम महामारी से निपटने के लिए तैयारियां कर सके। वित्त मंत्री ने कहा कि आर्थिक गतिविधियों को खोले जाने के साथ वृहद आर्थिक संकेतकों में सुधार दिखाई दे रहा है। सीतारमण ने कहा कि त्योहारी सीजन से अर्थव्यवस्था को और रफ्तार मिलने की उम्मीद है। ‘‘इससे चालू वित्त वर्ष की तीसरी और चौथी तिमाही में वृद्धि दर सकारात्मक रहने की उम्मीद है।'' उन्होंने कहा कि कुल मिलाकर 2020-21 में जीडीपी की वृद्धि दर नकारात्मक या शून्य के करीब रहेगी। वित्त मंत्री ने कहा कि अगले वित्त वर्ष से वृद्धि दर में सुधार होगा। उन्होंने कहा कि सरकार का जोर सार्वजनिक खर्च के जरिये आर्थिक गतिविधियां बढ़ाने पर है।
- -फुल चार्ज होने पर देगा 200 किमी से अधिक माइलेजनई दिल्ली। हीरो इलेक्ट्रिक ने बाजार में अपना नया स्कूटर पेश किया है, जो एक बार चार्ज होने के बाद 200 किमी से ज्यादा चल सकता है। ये है Hero Nyx-HX और इसकी कीमत है करीब 64 हजार 640 रुपये। आइये देखें इस स्कूटर में और क्या खासियत है।कंपनी के अनुसार इस स्कूटर में रनिंग कॉस्ट बेहद कम है, साथ ही भारी सामान भी आसानी से ले जा सकते हैं। एक प्रकार से ये एक कमर्शियल इलेक्ट्रिक स्कूटर है जिसे खासतौर पर खाने-पीने की चीजों की डिलिवरी के लिए डिजाइन किया गया है। हीरो के इस नए इलेक्ट्रिक स्कूटर की रेंज एक बार फुल चार्ज में 82 किलोमीटर से 210 किलोमीटर है, यानि स्कूटर का शुरुआती वैरिएंट फुल चार्ल पर 82 किलोमीटर तक चलेगा, जबकि टॉप वैरिएंट 210 किलोमीटर तक चलेगा।हीरो के मुताबिक इस नए इलेक्ट्रिक स्कूटर को यूजर्स अपनी बिजनेस जरूरत के हिसाब से कस्टमाइज करा सकते हैं। स्कूटर को कस्टमाइज कराने के लिए आइस बॉक्स और स्प्लिट सीट्स जैसे कई ऑप्शन मिलेंगे। हीरो इलेक्ट्रिक ने नई सीरीज के स्कूटर बिजनेस-टु-बिजनेस सॉल्यूशन के लिए लॉन्च किए हैं।इस इलेक्ट्रिक स्कूटर में कई फीचर्स हैं, जैसे कि यह ब्लूटूथ इंटरफेस से ऑन-डिमांड कनेक्टिविटी के लिए चार लेवल के साथ आता है। इस इलेक्ट्रिक स्कूटर को ट्रैक करने की सुविधा भी इसमें दी गई है।हीरो इलेक्ट्रिक के इस नए ई-स्कूटर में 0.6 kW इलेक्ट्रिक मोटर लगा है। स्कूटर की टॉप स्पीड 42 किलोमीटर प्रति घंटा है। इसमें 1.536 केडब्ल्यूएच का बैटरी पैक दिया गया है। यह इलेक्ट्रिक स्कूटर कम्बाइंड ब्रेकिंग सिस्टम और रिजेनरेटिव ब्रेकिंग के साथ आता है।
-
नई दिल्ली। सरकार ने तुअर दाल के आयात के लाइसेंस की वैधता को इस साल 31 दिसंबर तक बढ़ाने का फैसला किया है। विदेश व्यापार महानिदेशालय (डीजीएफटी) ने सार्वजनिक सूचना में कहा कि आयात के लिए अपरिवर्तनीय वाणिज्यिक साख पत्र (आईसीएलसी) की कट-ऑफ तिथि अब एक दिसंबर, 2020 होगी। इसमें कहा गया है कि पात्र और सत्यापित आवेदक जिन्हें लाइसेंस जारी किया गया है, उन्हें यह सुनिश्चित करना होगा कि तुअर की आयात खेप 31 दिसंबर से पहले भारतीय बंदरगाहों पर पहुंच जाए। डीजीएफटी ने कहा, तुअर के आयात के लिए लाइसेंस की वैधता को 15 नवंबर से बढ़ाकर 31 दिसंबर, 2020 करने का फैसला किया गया है। - नयी दिल्ली। निर्यातकों ने ढुलाई शुल्क में बढ़ोतरी तथा कंटेनरों की कमी को लेकर चिंता जताई है। निर्यातकों का कहना है कि इससे निर्यात पर असर पड़ सकता है। निर्यातकों ने इस मामले में वाणिज्य मंत्रालय से हस्तक्षेप की अपील की है। वाणिज्य एवं उद्योग मंत्री पीयूष गोयल के साथ बैठक के दौरान निर्यातकों ने इन मुद्दों को उठाया। इस बैठक में विभिन्न निर्यात संवर्द्धन परिषदों के प्रतिनिधि शामिल हुए। निर्यातकों के प्रमुख संगठन फेडरेशन ऑफ इंडियन एक्सपोर्ट ऑर्गेनाइजेशन (फियो) के अध्यक्ष एसके सर्राफ ने कहा कि गंतव्य के हिसाब से ढुलाई की दरों में करीब 35 से 40 प्रतिशत का इजाफा हुआ है। उन्होंने कहा कि पंजाब जैसे राज्यों में किसानों के विरोध-प्रदर्शन की वजह से कंटेनरों की आवाजाही प्रभावित हुई है। उन्होंने कहा, ‘‘हमने बैठक में इन मुद्दों को उठाया। ये निर्यातकों के लिए बड़ी चुनौती है।'' उन्होंने कहा कि करीब 10,000 कंटेनर रुके हुए हैं। इससे निर्यात और आयात के लिए असंतुलन पैदा हुआ है। बैठक में निर्यातकों ने भारत से वस्तुओं के निर्यात की योजना (एमईआईएस) कोष और सीमा शुल्क अधिकारियों द्वारा फेसलेस आकलन का भी मुद्दा उठाया।
- मुंबई । निजी क्षेत्र की विमानन कंपनी स्पाइसजेट पांच नवंबर से भारत और बांग्लादेश के बीच आठ नयी उड़ानें शुरू करेगी। कंपनी इनकी शुरुआत दोनों देशों के बीच विशेष द्विपक्षीय उड़ान समझौते (एयर बबल पैक्ट) के तहत करेगी। कंपनी ने एक विज्ञप्ति में कहा कि वह सप्ताह में चार दिन कोलकाता से चटगांव के बीच सीधी उड़ान सेवा का परिचालन करेगी। चटगांव उसके सेवा नेटवर्क में 11वां अंतरराष्ट्रीय स्थान होगा। इसके अलावा दिल्ली, कोलकाता और चेन्नई से ढाका को भी जोड़ेगी। सभी नयी उड़ानें पांच नवंबर से शुरू होंगी। कंपनी की मुख्य वाणिज्य अधिकारी शिल्पा भाटिया ने कहा कि बांग्लादेश से हमें हमेशा मजबूत मांग मिली है। हमें भरोसा है कि नयी उड़ानें इन मार्गों पर यात्रियों को बेहतर कनेक्टिविटी उपलब्ध कराएंगी। नागर विमानन मंत्री हरदीप सिंह पुरी ने 17 अक्टूबर को ट्वीट कर घोषणा की थी कि भारत-बांग्लादेश के बीच हर हफ्ते 28 उड़ानों का परिचालन होगा। कोविड-19 के दौर में अंतरराष्ट्रीय उड़ानों पर विभिन्न तरह के प्रतिबंध हैं। ऐसे में कई देशों ने अपनी सुविधा और आवश्यकतानुसार द्विपक्षीय विशेष उड़ान समझौते किए हैं।
- मुंबई । वैश्विक स्तर पर कमजोर रुख के बीच बीएसई सेंसेक्स सोमवार को 540 अंक लुढ़क गया। सूचकांक में मजबूत स्थिति रखने वाली रिलायंस इंडस्ट्रीज में नुकसान के साथ बाजार में गिरावट आयी। मुकेश अंबानी के अगुवाई वाली रिलायंस इंडस्ट्रीज के फ्यूचर ग्रुप के खुदरा कारोबार के अधिग्रहण को लेकर अमेजन के पक्ष में अंतरिम मध्यस्थता आदेश आने के बाद कंपनी का शेयर नीचे आया। अमेरिकी डॉलर के मुकाबले रुपये में तीव्र गिरावट का भी निवेशकों की धारणा पर असर पड़ा। तीस शेयरों पर आधारित सेंसेक्स एक समय 737 अंक नीचे चला गया था। बाद में इसमें कुछ सुधार आया और अंत में 540 अंक यानी 1.33 प्रतिशत की गिरावट के साथ 40,145.50 अंक पर बंद हुआ था। नेशनल स्टॉक एक्सचेंज का निफ्टी भी 162.60 अंक यानी 1.36 प्रतिशत टूटकर 11,767.75 अंक पर बंद हुआ। सेंसेक्स के शेयरों में सर्वाधिक नुकसान में बजाज ऑटो रही। इसमें 6.10 प्रतिशत की गिरावट आयी। जिन अन्य प्रमुख शेयरों में गिरावट रही, उनमें महिंद्रा एंड महिंद्रा, रिलायंस इंडस्ट्रीज, टाटा स्टील, टेक महिंद्रा, भारतीय स्टेट बैंक, एक्सिस बैंक और आईसीआईसीआई बैंक शामिल हैं। आरआईएल का शेयर 3.97 प्रतिशत नीचे आ गया। इसका कारण फ्यूचर ग्रुप के रिलायंस इंडस्ट्रीज को खुदरा कारोबार 24,713 करोड़ रुपये में बेचने के मामले में अमेजन डॉट कॉम के पक्ष में अंतरिम मध्स्थता आदेश का आना है। अमेजन पिछले साल खुदरा और फैशन समूह में अल्पांश हिस्सेदारी हासिल की थी। उसका कहना है कि फ्यूचर का अपना खुदरा, थोक, लॉजिस्टिक और गोदाम कारोबार रिलायंस को बेचना उसके साथ किये गये गये अनुबंध का उल्लंघन है। अनुबंध में यह प्रावधान शामिल था कि इस प्रकार की पेशकश सबसे पहले उसे की जानी थी। सिंगापुर अंतरराष्ट्रीय मध्यस्थता केंद्र ने रविवार को फ्यूचर रिटेल और उसके संस्थापकों पर अंतिम आदेश आने तक बिक्री के लिये आगे कदम बढ़ाये जाने पर रोक लगा दी। लाभ में रहने वाले शेयरों में नेस्ले इंडिया, कोटक बैंक, इंडसइंड बैंक, पावरग्रिड और एचयूएल शामिल हैं। इसमें 2.48 प्रतिशत तक की तेजी आयी। उधर, यूरोप और अन्य क्षेत्रों में कोविड-19 के बढ़ते मामलों और ताजा प्रोत्साहन उपायों का लेकर अनिश्चितता की वजह से रुख कमजोर रहा। जियोजीत फाइनेंशियल सर्विसेज के शोध प्रमुख विनोद नायर ने कहा, ‘‘बाजार में उतार-चढ़ाव उम्मीद के अनुरूप है। इसका कारण अमेरिका में चुनाव की तारीख का करीब आना है। कीमतें ऊंची है, इसके कारण अनिश्चितता को झेलने की बाजार की क्षमता सीमित हुई है। हालांकि चुनाव के परिणाम से दीर्घकलीन रुझान में बदलाव की संभावना कम है। अमेरिका तथा यूरोप में कोविड-19 के बढ़ते मामले तथा अमेरिका में प्रोत्साहन पैकेज की घोषणा में देरी से निवेशकों में चिंता बढ़ी है।'' उन्होंने कहा, ‘‘हाल में आयी तेजी के बाद भारतीय बाजार में सुधार आ रह है। तेजी का कारण कंपनियों के दूसरी तिमाही के वित्तीय परिणाम का बेहतर होना है। निकट भविष्य में घरेलू शेयर बाजारों में कमजोर रुख रहने की आशंका है। इस पर दूसरी तिमाही के अन्य कंपनियों के वित्तीय परिणामों और अमेरिका की गतिविधियों का असर पड़ने की संभावना है। हालांकि 11,500 का स्तर निफ्टी-50 के लिये मजबूत आधार है, ऐसे में अभी कोई बड़े सुधार की संभावना नहीं है।'' वैश्विक मोर्चे पर चीन का शंघाई, जापान में तोक्यो और दक्षिण कोरिया में सोल नुकसान में रहे।
- नई दिल्ली। रिलायंस जियो, भारती एयरटेल और वीआई (वोडाफोन आइडिया) अपने उपभोक्ताओं के लिए 84 दिन की वैलिडिटी वाले आकर्षक प्यान्स पेश किए हैं। इनमें यूजर्स को हाई-स्पीड डेली डेटा के साथ फ्री कॉलिंग-एसएमएस और कई अतिरिक्त लाभ भी मिलेंगे। .ये सभी प्यान 6 सौ रुपए से भी कम के हैं। आइये देखते हैं कौन सी कंपनी ने क्या ऑफर किया है-जियो - यदि आपको रोजाना 2 जीबी डेटा चाहिए तो जियो ने 84 दिन की वैलिडिटी के साथ रोजाना 100 फ्री एमएमएस का प्लान ऑफर किया है। इसके अलावा जियो से जियो नंबर पर अनलिमिटेड कॉलिंग और बाकी नेटवक्र्स पर कॉलिंग के लिए 3000 मिनट मिलेंगे। इस प्लान के साथ जियो ऐप्स का सब्सक्रिप्शन भी फ्री है।वहीं जियो के 555 रुपए के प्लान में यूजर्स को रोज 1.5 जीबी डेटा मिलेंगे और साथ में 100 एसएमएस फ्री। इस तरह कुल 126 जीबी डेटा ऑफर करने वाला यह प्लान जियो से जियो पर अनलिमिटेड कॉलिंग भी देता है। बाकी नेटवक्र्स पर कॉलिंग के लिए इसमें 3000 मिनट्स मिलते हैं। इस प्लान के साथ जियो ऐप्स का फ्री सब्सक्रिप्शन भी मिलता है।एयरटेल- भारती एयरटेल यूजर्स को 598 रुपये के प्लान में रोज 1.5 जीबी डेटा मिलेगा और सभी नेटवक्र्स पर अनलिमिटेड कॉलिंग का फायदा भी है। रोज 100 फ्री एसमएस वाले इस प्लान की वैलिडिटी 84 दिन की है। अडिशनल बेनिफिट्स के तौर पर प्लान में एयरटेल एक्सट्रीम ऐप, Wynk Music का ऐक्सेस, फ्री हेलोट्यून्स, फ्री में Wynk Music का 1 साल का ऑनलाइन कोर्स और फास्टटैग पर 150 रुपये का कैशबैक मिलता है।वहीं इस कंपनी के 379 रुपये वाले प्लान में 84 दिन की वैलिडिटी और कुल 6 जीबी डेटा मिलता है। सभी नेटवक्र्स पर अनलिमिटेड कॉलिंग के अलावा इसमें 900 एसएमएस भी फ्री मिलते हैं। पिछले प्लान की तरह इसमें भी एयरटेल एक्सट्रीम ऐप, Wynk Music का ऐक्सेस, फ्री हेलोट्यून्स, फ्री में Shaw Academy का 1 साल का ऑनलाइन कोर्स और फास्टटैग पर 150 रुपये का कैशबैक जैसे बेनिफिट्स मिलते हैं।वीआई (वोडाफोन आइडिया)- यह कंपनी 599 रुपये के प्लान में रोजाना 1.5 जीबी, सभी नेटवक्र्स पर अनलिमिटेड कॉलिंग की सुविधा दे रही है। रोज 100 फ्री एसएमएस देने वाला यह प्लान 84 दिन की वैलिडिटी के साथ आता है। इसमें डेटा-रोलओवर फैसेलिटी और एक्स्ट्रा ऐप-ओनली 5 जीबी डेटा मिलता है। प्लान एमपीएल पर 125 रुपये का बोनस कैश और जोमैटो ऑर्डर्स पर 75 रुपये का डिस्काउंट का भी ऑफर है।
- हैदराबाद। तेलंगाना सरकार ने शनिवार को किसान बाजारों के जरिए 35 रुपये प्रति किलो की दर से प्याज बेचने का फैसला किया। गौरतलब है कि खुले बाजारों में प्याज की कीमतों में तेजी से इजाफा हुआ है। एक आधिकारिक प्रेस विज्ञप्ति के मुताबिक सरकार द्वारा संचालित 11 रायतु (किसान) बाजारों में आज से सस्ती दरों पर प्याज मिलने लगा है। राज्य की राजधानी में स्थित रायतु बाजारों में छोटे किसान सीधे उपभोक्ताओं को सब्जियां बेच सकते हैं। विज्ञप्ति के मुताबिक एक व्यक्ति को सिर्फ दो किलो प्याज ही बेचा जाएगा और प्याज खरीदने के लिए ग्राहक के पास पहचान पत्र भी होगा चाहिए।
- नयी दिल्ली। पारंपरिक परिधानों की डिजाइन और बिक्री करने वाले स्टार्टअप त्रिस्वरा ने अगले एक साल में पांच नए आउटलेट खोलने की योजना बनाई है। कंपनी मुख्य रूप से पुरुषों और महिलाओं के लिए हाथ से बुने रेशम के कपड़े से तैयार परिधान बनाती है और इस समय उसका दिल्ली के शाहपुर जाट में एक स्टोर है। त्रिस्वरा की संस्थापक एवं निदेशक अपराजिता प्रसाद ने कहा कि कोविड-19 महामारी के चलते लागू किए गए लॉकडाउन के बाद मांग धीमे-धीमे वापस आ रही है। कंपनी अगले एक साल में पांच नए आउटलेट खोलने की योजना बना रही है।
- नई दिल्ली। व्यक्तिगत करदाताओं के लिये वित्त वर्ष 2019-20 का आयकर रिटर्न (आईटीआर) दाखिल करने की समय-सीमा एक महीने बढ़ाकर 31 दिसंबर कर दी गई है।वित्त मंत्रालय ने शनिवार को इसकी घोषणा की। मंत्रालय ने कहा कि जिन करदाताओं के खाताओं की ऑडिट करने की जरूरत है, उनके लिये आईटीआर दाखिल करने की समय-सीमा दो महीने बढ़ाकर 31 जनवरी 2021 कर दी गयी है। सरकार ने इससे पहले मई में भी करदाताओं को अनुपालन में राहत देते हुए वित्त वर्ष 2019-20 के आईटीआर भरने की समय-सीमा 31 जुलाई से बढ़ाकर 30 नवंबर कर दी थी। केंद्रीय प्रत्यक्ष कर बोर्ड (सीबीडीटी) ने एक बयान में कहा, जिन करदाताओं के लिये आयकर रिटर्न भरने की समय-सीमा विस्तार से पहले 31 जुलाई 2020 थी, उनके लिये समय-सीमा 31 दिसंबर 2020 तक बढ़ा दी गयी है। इसी तरह जिन करदाताओं के खाताओं की ऑडिट किये जाने की जरूरत है और जिनकी समयसीमा पहले 31 अक्टूबर 2020 थी, वे अब 31 जनवरी 2021 तक आईटीआर भर सकते हैं। सीबीडीटी ने कहा कि करदाताओं को आईटीआर भरने में अधिक समय देने के लिए समय-सीमा बढ़ाई गई है।
-
नयी दिल्ली। प्रमुख ऑटो कंपनी टाटा मोटर्स ने शनिवार को कहा कि उसकी यात्री वाहन शाखा ने कुल उत्पादन के लिहाज से 40 लाख के आंकड़े को पार किया है। कंपनी ने करीब तीन दशक पहले 1991 में इस खंड में अपना पहला मॉडल टाटा सिएरा एसयूवी पेश किया था।
टाटा मोटर्स ने इस दौरान इंडिका, सिएरा, सूमो, सफारी और नैनो जैसे मॉडल पेश किए और इससे पहले यात्री वाहनों के उत्पादन के लिहाज से 2005-06 में 10 लाख और 2015 में 30 लाख के आंकड़े को पार किया था। टाटा मोटर्स के अध्यक्ष (यात्री वाहन कारोबार इकाई) शैलेश चंद्र ने बताया, ‘टाटा मोटर्स के लिए यह बेहद महत्वपूर्ण मील का पत्थर है। उद्योग में बहुत कम कंपनियां इस मुकाम को हासिल कर सकी हैं। 1991 में टाटा सिएरा को पेश करने के बाद यह एक लंबा सफर रहा है। उन्होंने कहा कि कंपनी अपने वाहनों के सुरक्षा पहलुओं पर खासतौर से ध्यान केंद्रित करने के साथ ही देश में इलेक्ट्रिक वाहनों को बढ़ावा दे रही है। उन्हें उम्मीद है कि कंपनी की कारों को अब बाजार में पहले से ज्यादा पसंद किया जा रहा और इससे अगली दस लाख बिक्री का आंकड़ा अपेक्षाकृत कम समय में हासिल होगा। टाटा मोटर के कारखाने पुणे में चिखली और गुजरात में साणंद में है। इसका फीएट के साझे में एक कारखाना पुणे में ही रंजनगांव में है। - नई दिल्ली। केंद्र सरकार ने वित्त वर्ष 2020-2021 के दौरान जीएसटी संग्रह की कमी के समाधान के लिए एक विशेष उधार खिड़की (स्पेशल बोर्रोविंग विंडो) विकसित की है। 21 राज्यों और 2 केंद्र शासित प्रदेशों ने इस विशेष खिड़की का विकल्प चुना है, जिसमें वित्त मंत्रालय के समन्वय से उधार की लगातार दो किस्तें शामिल हैं।इनमें से पांच राज्यों को जीएसटी मुआवजे में कमी नहीं हुई थी। केंद्र सरकार ने 6 हजार करोड़ रुपये उधार लिए और इस धनराशि को शुक्रवार को 16 राज्यों को पहली कि़स्त के रूप में हस्तांतरित कर दिए। ये राज्य हैं - आंध्र प्रदेश, असम, बिहार, गोवा, गुजरात, हरियाणा, हिमाचल प्रदेश, कर्नाटक, मध्य प्रदेश, महाराष्ट्र, मेघालय, ओडिशा, तमिलनाडु, त्रिपुरा, उत्तर प्रदेश और उत्तराखंड तथा 2 केंद्र-शासित प्रदेश- दिल्ली केंद्र शासित प्रदेश व जम्मू और कश्मीर केंद्र शासित प्रदेश।वित्त मंत्रालय ने एक वक्तव्य में कहा है कि सरकार ने यह पैसा 5.19 प्रतिशत के ब्याज पर उधार लिया है। इसे राज्यों को साप्ताहिक आधार पर दिया जाएगा। राज्यों को यह उधार तीन से पांच साल में चुकता करना होगा।केंद्र सरकार ने वर्ष 2020-2021 के दौरान जीएसटी वसूली में गिरावट की भरपाई करने के लिए उधार की विशेष व्यवस्था की है। 21 राज्यों और दो केंद्र शासित प्रदेशों ने ि
- - माह अक्टूबर के बीते पखवाड़े में टूटा गतवर्ष का रिकार्डरायपुर। छत्तीसगढ़ स्टेट पॉवर जनरेशन कंपनी की जल विद्युत गृहों ने अपने पिछले वर्ष के रिकार्ड को तोड़ते हुए अधिकतम विद्युत उत्पादन का कीर्तिमान रचा है। चालू सत्र के माह अक्टूबर के प्रथम पखवाड़े में जनरेशन कंपनी की कुल चार जल विद्युत परियेाजनाओं द्वारा अब तक 345.42 मिलीयन यूनिट से अधिक बिजली का उत्पादन किया गया, जबकि पिछले साल इसी अवधि में 180.04 मिलीयन यूनिट बिजली का ही उत्पादन हुआ था।जनरेशन कंपनी के प्रबंध निदेशक एन.के.बिजौरा ने बताया कि कोरबा जिला में संचालित हसदेव बांगो प्रदेश की सबसे बड़ी जल विद्युत गृह है, जिसमें 40-40 मेगावाट क्षमता की 3 विद्युत इकाईंयों ने पानी की भरपूर उपलब्धता के कारण अपनी उत्पादन क्षमता का उत्कृष्ट प्रदर्शन किया है। इनके द्वारा 318.2 मिलीयन यूनिट बिजली का उत्पादन किया गया, जोकि बीते 12 वर्षो की तुलना में सर्वाधिक विद्युत उत्पादन की मिसाल है। प्रदेश में इस वर्ष लगातार हुई अच्छी बारिश के फलस्वरूप जनरेशन कंपनी के जल विद्युत गृहों को अधिकतम विद्युत उत्पादन करने के साथ-साथ सतत रूप से संचालित होने का अवसर प्रदान किया।चालू माह के बीते पखवाड़े में जनरेशन कंपनी के 4 जल विद्युत गृहों में शामिल हसदेव बांगो जल विद्युत गृह, माचाडोली बांगों के अलावा जल विद्युत गृह, गंगरेल जिला धमतरी में 16 यूनिट, जल विद्युत गृह, सिकासार, जिला गरियाबंद में 8 मिलीयन यूनिट और हसदेव लघुध्लघुत्तम जल विद्युत गृह कोरबा पश्चिम जिला कोरबा 3.1 मिलीयन यूनिट विद्युत उत्पादन किया गया। जनरेशन कंपनी के प्रबंध निदेशक श्री बिजौरा ने उम्मीद जताई है कि पानी की पर्याप्त उपलब्धता के कारण कंपनी के जल विद्युत गृह अपनी कार्य निष्पत्ति का बेहतर प्रदर्शन करेंगे।
- नयी दिल्ली। सार्वजनिक क्षेत्र की एनटीपीसी ने बृहस्पतिवार को कहा कि वह फोर्ब्स की विश्व के बेहतरीन नियोक्ताओं की सूची, 2020 में भारतीय सार्वजनिक उपक्रमों में शीर्ष पर रही है। बिजली उत्पादक कंपनी ने एक बयान में कहा कि यह पहचान एनटीपीसी की सोच-विचार कर और मजबूती के साथ अपने कामकाज में लागू की जाने वाली बेहतर गतिविधियों के प्रति प्रतिबद्धता का सबूत है। उसने कहा कि ‘लॉकडाउन' और धीरे-धीरे पाबंदियों में ढील दिये जाने के दौरान एनटीपीसी की शिक्षण-प्रशिक्षण और विकास रणनीति के तौर-तरीके कर्मचारियों के लिये वर्तमान परिदृश्य की आवश्यकता के अनुसार आगे बढ़ने में मददगार साबित हुये हैं। बयान के अनुसार उसके प्रशिक्षण के तौर-तरीकों ने हजारों कर्मचारियों के जीवन को बेहतर और समृद्ध बनाया। डिजिटलीकरण और ऑनलाइन प्रशिक्षण से वे दूर-दराज के क्षेत्रों से भी सेवाएं प्राप्त करने में सक्षम हो सके। इन तौर-तरीकों से एनटीपीसी के हजारों कर्मचारियों को आगे बढ़ने और पेशेवर क्षेत्र से भी आगे बढ़कर सोचने में मदद की। एनटीपीसी ने नियुक्ति, कामकाज, आपस में जुड़ाव, सम्मान और पहचान के क्षेत्र में अनूठी और लोगों के अनूकूल गतिविधियों को सफलतापूर्वक अपनाया। हाल में कंपनी ने कर्मचारियों की आधिकारिक कामकाज से इतर उनकी उपलब्धियों पर एक श्रृंखला चलायी। इसमें आधिकारिक कामकाज के अलावा दूसरे क्षेत्रों में महत्वकांक्षा, विकास और सफलता को दर्शाया गया। कुल 58 देशों के 1,60,000 पूर्णकालिक और अंशकालिक कर्मचारियों को सर्वे में शामिल किया गया। विभिन्न देशों या क्षेत्रों में काम करने वाले इन कर्मचारियों ने अपने नियोक्ताओं की उनके कामगारों के प्रति अपनायी जाने वाली गतिविधियों के आधार पर मूल्यांकन किया। इसमें कोविड-19 को लेकर प्रतिक्रिया, छवि, आर्थिक पहचान, प्रतिभा विकास, स्त्री-पुरूष समानता और सामाजिक जिम्मेदारी से जुड़े पहलुओं के आधार पर नियोक्ताओं का आकलन किया गया। अंतिम सूची में 750 बहुराष्ट्रीय और बड़ी कंपनियां शामिल हैं।
- नयी दिल्ली। सार्वजनिक क्षेत्र के इंडियन बैंक ने चालू वित्त वर्ष की सितंबर में समाप्त दूसरी तिमाही में 412 करोड़ रुपये का एकल शुद्ध लाभ कमाया है। शुल्क आय बढ़ने और डूबा कर्ज घटने से बैंक ने अच्छा मुनाफा अर्जित किया है। इंडियन बैंक में एक अप्रैल 2020 से इलाहाबाद बैंक का विलय हुआ है।एक साल पहले समान तिमाही में विलय वाली इकाई को 1,755 करोड़ रुपये का शुद्ध घाटा हुआ था। हालांकि विलय से पहले पिछले वित्त वर्ष की इसी तिमाही में बैंक ने 358.56 करोड़ रुपये का शुद्ध लाभ कमाया था। इंडियन बैंक की प्रबंध निदेशक एवं मुख्य कार्यपालक अधिकारी (सीईओ) पद्मजा चुंदुरू ने कहा, तिमाही के दौरान हमने सभी प्रमुख मापदंडों पर सुधार दर्ज किया है। संपत्ति की गुणवत्ता से लेकर पूंजी तथा अन्य अनुपात मसलन संपत्ति पर रिटर्न बेहतर रहा। दूसरी तिमाही में बैंक की स्थिति काफी अच्छी रही।'' उन्होंने कहा कि दोनों बैंकों के विलय से कई लाभ हुए है। इलाहाबाद बैंक का सांविधिक तरलता अनुपात (एचएलआर) पोर्टफोलियो काफी बड़ा है। इसके अलावा उनका चालू खाता बचत खाता (कासा) अनुपात भी काफी ऊंचा है। इनसे ब्याज खर्च के मोर्चे पर लाभ हुआ है। तिमाही के दौरान बैंक की शुद्ध ब्याज आय (ब्याज आय में से ब्याज खर्च को घटाकर) 32 प्रतिशत बढ़कर 4,144 करोड़ रुपये पर पहुंच गई। इससे पिछले वित्त वर्ष की समान तिमाही में यह 3,139 करोड़ रुपये थी। इसी तरह बैंक का घरेलू शुद्ध ब्याज मार्जिन 0.39 प्रतिशत बढ़कर 3.06 प्रतिशत हो गया, जो एक साल पहले 2.67 प्रतिशत था। दूसरी तिमाही में बैंक की गैर-ब्याज आय 29 प्रतिशत बढ़कर 1,611 करोड़ रुपये पर पहुंच गई। शुल्क आय 29 प्रतिशत की वृद्धि के साथ 516 करोड़ से 665 करोड़ रुपये पर पहुंच गई। तिमाही के दौरान कुल ऋण पर बैंक की सकल गैर-निष्पादित आस्तियां (एनपीए) 9.89 प्रतिशत रहीं। इस दौरान बैंक शुद्ध एनपीए सुधरकर 2.96 प्रतिशत रह गया। चुंदुरू ने कहा कि उन्हें उम्मीद है कि चालू वित्त वर्ष में सकल एनपीए 10 प्रतिशत से कम और शुद्ध एनपीए तीन प्रतिशत से कम रहेगा। तिमाही के दौरान डूबे कर्ज और अन्य आकस्मिक खर्च के लिए बैंक का प्रावधान 2,583 करोड़ रुपये रहा, जो एक साल पहले समान तिमाही में 3,890 करोड़ रुपये था।
- नई दिल्ली। जर्मनी की दिग्गज ऑटो कंपनी बीएमडब्ल्यू ने भारत में अपनी बीएमडब्ल्यू 2 सीरीज के ग्रैन कूप मॉडल लांच कर दिया है। कंपनी ने फिलहाल अभी डीजल वैरिएंट उतारा है, जिसकी कीमत 39.3 लाख रुपये और 41.4 लाख रुपये है। कंपनी के अनुसार इसके पेट्रोल संस्करण को कुछ समय बाद लांच किया जाएगा।क्या है खासियतकार में 7 इंच का वर्चुअल इंस्ट्रूमेंट क्लस्टर है। कार में 12.25 इंच टचस्क्रीन इंफोटेनमेंट सिस्टम दिया गया है। यह 2 सीरीज ग्रांड कूप है. इसमें 2 लीटर का डीजल इंजन है। इसका व्हीलबेस 2670 एमएम का है। इसका इंटीरियर डुअल टोन में दिया गया है। इस कार में 190 बीएचपी पावर और 400 एनएम टॉर्क दिया गया है। इसका माइलेज 18.6 किमी प्रति घंटा है और यह 7.5 सेकंड में 100 किमी की रफ्तार पकड़ सकती है। इसमें 8 स्पीड स्टेप टॉनिक ट्रांसमिशन है।कंपनी ने ग्रैन कूप मॉडल को कंपनी के चेन्नई स्थित संयंत्र में तैयार किया है।
- मुंबई। शेयर बाजारों में पिछले चार कारोबारी सत्रों से जारी तेजी पर बृहस्पतिवार को विराम लग गया। वैश्विक बाजारों से कमजोर रुख के बीच निवेशकों ने आईटी, बैंक और ऊर्जा कंपनियों के शेयरों में बिकवाली की जिससे शेयर बाजार नीचे आया।बीएसई का तीस कंपनियों के शेयरों पर आधारित सेंसेक्स 148.82 अंक यानी 0.37 प्रतिशत की गिरावट के साथ 40,558.49 पर बंद हुआ। इसी प्रकार, नेशनल स्टॉक एक्सचेंज का निफ्टी 41.20 अंक यानी 0.35 प्रतिशत की गिरावट के साथ 11,896.45 अंक पर बंद हुआ। सेंसेक्स में शामिल शेयरों में सर्वाधिक नुकसान में इंडसइंड बैंक रहा। इसमें 3.10 प्रतिशत की गिरावट आयी। जिन अन्य प्रमुख शेयरों में गिरावट दर्ज की गयी, उनमें आईसीआईसीआई बैंक, टाइटन, इन्फोसिस, एचडीएफसी बैंक, नेस्ले इंडिया, टेक महिंद्रा और मारुति शामिल हैं। दूसरी तरफ लाभ में रहने वाले शेयरों में एनटीपीसी, भारती एयरटेल, बजाज फाइनेंस और एक्सिस बैंक शामिल हैं। इनमें 3.10 प्रतिशत तक की तेजी रही। वैश्विक स्तर पर ज्यादातर शेयर बाजारों में गिरावट का रुख रहा। इसका कारण कोविड-19 के बढ़ते मामले और अमेरिकी प्रोत्साहन को लेकर बातचीत लंबी खींचने से निवेशकों की धारणा पर असर पड़ा। रिलायंस सिक्योरिटीज के संस्थागत कारोबार प्रमुख अर्जुन यश ने कहा, वैश्विक स्तर पर मिले-जुले रुख के बीच घरेलू शेयर बाजारों में लगातार चार दिन की तेजी के बाद गिरावट रही ... ऐसी संभावना है कि बाजार इस स्तर पर खुद को सुदृढ़ करेगा। दूसरी तिमाही के परिणाम अब तक अच्छे रहे हैं। निवेशकों की नजर आने वाले दिनों में बड़ी कंपनियों के वित्तीय नतीजों और प्रबंधन की टिप्प्णियों पर हो सकती हैं। उन्होंने कहा, इसके अलावा अमेरिका में राजकोषीय प्रोत्साहन पर प्रगति भी भारत समेत वैश्विक बाजारों के लिहाज से महत्वपूर्ण होगी।'' वैश्विक स्तर पर एशिया के अन्य बाजारों में चीन में शंघाई, जापान का तोक्यो और दक्षिण कोरिया का सोल नुकसान के साथ बंद हुए। वहीं, हांगकांग में तेजी रही। यूरोप के प्रमुख बाजारों में भी शुरूआती कारोबार में गिरावट का रुख रहा। इस बीच, अंतरराष्ट्रीय तेल मानक ब्रेंट क्रूड का भाव 0.22 प्रतिशत की बढ़त के साथ 41.82 डॉलर प्रति बैरल पर कारोबार कर रहा था। विदेशी विनिमय बाजार में अमेरिकी डॉलर के मुकाबले रुपया 4 पैसे मजबूत होकर 73.54 पर बंद हुआ।-
- नई दिल्ली। कमजोर वैश्विक रुख और रुपये के मूल्य में सुधार आने के बीच सर्राफा बाजार में गुरुवार को सोना 95 रुपये की हानि के साथ 51,405 रुपये प्रति 10 ग्राम पर बंद हुआ।एचडीएफसी सिक्योरिटीज ने यह जानकारी दी है। इससे पिछले कारोबारी सत्र में सोना 51,500 रुपये प्रति 10 ग्राम पर बंद हुआ था। चांदी की कीमत भी 504 रुपये की गिरावट के साथ 63 हजार 425 रुपये प्रति किलोग्राम पर बंद हुई। पिछले दिन बंद भाव 63 हजार 929 रुपये था। एचडीएफसी सिक्योरिटीज वरिष्ठ विश्लेषक (जिंस) तपन पटेल ने कहा, दिल्ली में 24 कैरेट सोने की हाजिर कीमत में 95 रुपये की गिरावट आई जिसका कारण अंतरराष्ट्रीय बाजार में सर्राफा की कमजोर कीमत तथा रुपये के मूल्य में सुधार आना था। अमेरिकी डॉलर के मुकाबले रुपया चार पैसे की तेजी के साथ 73.54 रुपये प्रति डॉलर पर बंद हुआ। अंतरराष्ट्रीय बाजार में सोना टूटकर 1,918 डॉलर प्रति औंस रह गया जबकि चांदी 24.89 डॉलर प्रति औंस पर लगभग पूर्ववत ही रहा।-----
- नयी दिल्ली फॉक्सवैगन पैसेंजर कार्स इंडिया ने बृहस्पतिवार को कहा कि उसने भारतीय परिचालन के लिये आशीष गुप्ता को ब्रांड निदेशक नियुक्त किया है। उनकी नियुक्ति एक नवंबर से प्रभावी होगी। कंपनी ने कहा कि गुप्ता स्टीफन नैप की जगह लेंगे, जो अगस्त 2017 से भारतीय परिचालन का नेतृत्व कर रहे थे। कंपनी ने एक बयान में कहा, नैप एक नवंबर 2020 को भारतीय परिचालन के निदेशक का कार्यकाल पूरा कर रहे हैं। फॉक्सवैगन पैसेंजर कार्स इंडिया के बिक्री परिचालन के प्रमुख आशीष गुप्ता उनकी जगह लेंगे।'' कंपनी ने कहा कि नैप ने अपने कार्यकाल के दौरान भारत में फॉक्सवैगन ब्रांड को मजबूत बनाने की दिशा में अथक कार्य किया। वह अब फॉक्सवैगन समूह में अंतरराष्ट्रीय भूमिका का कोई पद संभालेंगे।
- नयी दिल्ली। सुजुकी मोटर गुजरात प्राइवेट लिमिटेड (एसएमजी) ने बृहस्पतिवार को कहा कि उसने 10 लाख वाहनों के उत्पादन के आंकड़े को पार कर लिया है। एसएमजी भारत में जापान की कंपनी सुजुकी मोटर कॉरपोरेशन के लिये वाहन बनाती है। एसएमजी ने एक बयान में कहा कि उसने इस साल 21 अक्टूबर को यह आंकड़ा प्राप्त किया। कंपनी ने कहा कि यह सुजुकी की किसी भी उत्पादन इकाई के लिये 10 लाख का आंकड़ा प्राप्त करने का सबसे तेज मामला है। एसएमजी ने फरवरी 2017 में उत्पादन शुरू किया था। इस तरह उसने महज तीन साल नौ महीने में यह आंकड़ा प्राप्त कर लिया है। एसएमजी मारुति सुजुकी इंडिया को वाहनों की आपूर्ति करती है। उसने गुजरात के हंसलपुर में स्थित संयंत्र में बलेनो के साथ उत्पादन की शुरुआत की थी। इसके बाद संयंत्र ने जनवरी 2018 में स्विफ्ट का उत्पादन शुरू किया था। संयंत्र ने मार्च 2018 से निर्यात की भी शुरुआत कर दी। बयान में कहा गया कि सुजुकी के द्वारा वित्त वर्ष 2018-19 में भारत में 15.8 लाख वाहनों का उत्पादन किया गया था, जिसमें एसएमजी की हिस्सेदारी 25 प्रतिशत (4.10 लाख वाहनों) की रही। कंपनी ने कहा, ‘‘सुजुकी कोविड-19 महामारी के प्रसार को रोकने के उपायों के साथ-साथ पूरी तरह से सुरक्षा प्रदान करके ग्राहकों की जरूरतों को पूरा करने के लिये अपनी उत्पादन गतिविधियों को जारी रखेगी।
- मुंबई। वैश्विक बाजारों में गिरावट के साथ आज घरेलू बाजार में भी सोने और चांदी की वायदा कीमत गिर गई। इससे पहले पिछले तीन दिनों से सोने की कीमत में इजाफा हो रहा था। एमसीएक्स पर दिसंबर का सोना वायदा 0.45 फीसदी गिरकर 51 हजार 100 रुपये प्रति 10 ग्राम हो गया, जबकि चांदी वायदा 1.2 फीसदी घटकर 62 हजार 847 रुपये प्रति किलोग्राम पर आ गई। पिछले सत्र में, सोने में 0.7 फीसदी की वृद्धि हुई थी। वहीं कल एमसीएक्स पर चांदी की दर 0.7 फीसदी बढ़ी थी।पिछले सत्र में एक सप्ताह के उच्च स्तर 1,931.01 डॉलर पर पहुंचने के बाद आज हाजिर सोना 0.2 फीसदी गिरकर 1,920.86 डॉलर प्रति औंस हो गया। स्थिर डॉलर का भी सोने पर दबाव डला। अन्य मुद्रा धारकों की तुलना में डॉलर इंडेक्स 0.21 फीसदी उछल गया। अन्य कीमती धातुओं में चांदी 0.4 फीसदी गिरकर 24.96 डॉलर प्रति औंस पर आ गई, जबकि प्लैटिनम 0.2 फीसदी बढ़कर 887.74 डॉलर हो गया।वैश्विक बाजारों में, इस साल अगस्त में सोना 2,072.50 डॉलर के सर्वकालिक शिखर पर पहुंच गया था, क्योंकि केंद्रीय बैंकों ने आर्थिक मंदी और बढ़ते कोरोना वायरस मामलों के मद्देनजर ब्याज दरों में कटौती की थी। भारत में सोना सात अगस्त को 56 हजार 200 रुपये प्रति 10 ग्राम के उच्च स्तर पर पहुंच गया था। दुनिया के सबसे बड़े स्वर्ण समर्थित एक्सचेंज ट्रेडेड फंड, एसपीडीआर गोल्ड ट्रस्ट की होल्डिंग मंगलवार के 1,269.93 टन के मुकाबले बुधवार को 0.1 फीसदी गिरकर 1,269.35 टन रही।भारत में इस साल वैश्विक स्तर के अनुरूप सोने की कीमतें 25 फीसदी बढ़ी हैं। विश्लेषकों को उम्मीद है कि अमेरिकी डॉलर और सामान्य बाजार जोखिम धारणा में तेजी के आधार पर सोने की कीमत में गिरावट बनी रहेगी। विश्लेषकों के उम्मीद जताई कि भारत में सोने की मांग त्योहारी सीजन में बढ़ेगी।
- नई दिल्ली। सरकार ने देश में प्याज की महंगाई के बीच इसकी आपूर्ति बढ़ाने और के मकसद से इसके आयात के आयात को सुगम करने के लिए नियमों में ढील दी है। यह ढील 15 दिसंबर तक रहेगी। केंद्रीय उपभोक्ता मामलों के मंत्रालय ने एक बयान में यह भी कहा कि कीमतों पर अंकुश के लिए वह खुले बाजार में बफर स्टॉक से और अधिक मात्रा में प्याज उतारी जाएगी। इसमें कहा गया है कि 37 लाख टन की खरीफ की प्याज मंडियों में पहुंचने की संभावना है। इससे बाजार शांत करने में मदद मिलेगी। मंत्रालय के अनुसार, पिछले 10 दिनों में प्याज की कीमतों में 11.56 रुपये प्रति किलोग्राम की तेज बढ़ोतरी हुई है। इससे इसका औसत राष्ट्रीय खुदरा भाव 51.95 रुपये प्रति किलोग्राम पर पहुंच गया है। पिछले साल इसी समय प्याज 46.33 रुपये चल रहा था। प्याज के खुदरा मूल्य में वर्ष 2020 के अगस्त-अंत से उल्लेखनीय वृद्धि देखी गई है, हालांकि मूल्य का स्तर पिछले साल 18 अक्टूबर तक नीचे ही था।प्याज के आयात को सुविधाजनक बनाने के लिए, मंत्रालय ने कहा, "सरकार ने 21 अक्टूबर को पौध संगरोध आदेश (पीक्यू), 2003 के तहत 15 दिसंबर, 2020 तक आयात के लिए धूम्रशोधन तथा फायटोसेनेटरी प्रमाण (पीएससी) के बारे में अतिरिक्त सूचना की शर्तों में ढील दी है।" भारतीय उच्च आयोगों को निर्देश दिया गया है कि वे संबंधित देशों में व्यापारियों से संपर्क कर भारत को अधिक प्याज की खेप भेजने के लिए प्रेरित करें। आयातित प्याज की ऐसी खेपों को भारत में एक मान्यता प्राप्त उपचार प्रदाता के माध्यम से आयातकों के द्वारा धुम्रशोधन किया जाएगा। मंत्रालय ने कहा, "आयातकों से एक वचन लिया जाएगा कि प्याज का उपयोग केवल उपभोग के लिए किया जाएगा न कि खेती के लिए।" मंत्रालय ने कहा कि कीमतों को नरम बनाने के लिए, बफर स्टॉक से प्याज सितंबर 2020 के उत्तरार्द्ध से प्रमुख मंडियों, सफल, केन्द्रीय भंडार, और एनसीसीएफ जैसे खुदरा विक्रेताओं के साथ-साथ राज्य सरकारों को एक सुनिश्चित तरीके से जारी किया जा रहा है। सितंबर में, सरकार ने कहा कि उसने खरीफ प्याज के आने से पहले कम उत्पादन वाले मौसम के दौरान घरेलू उपभोक्ताओं को उचित दरों पर उपलब्धता सुनिश्चित करने के लिए प्याज के निर्यात पर प्रतिबंध लगाया था।















.jpg)




.jpg)
.jpg)





.jpg)