- Home
- छत्तीसगढ़
- बिलासपुर ।उप मुख्यमंत्री तथा लोक निर्माण मंत्री श्री अरुण साव ने आज लोरमी से गोंडखाम्ही नहर तक लगभग 10 किलोमीटर निर्माणाधीन सड़क का जायजा लिया। उन्होंने पोल शिफ्टिंग सहित सड़क निर्माण से जुड़े सभी कार्यों को समय पर पूरा करने के निर्देश दिए। श्री साव ने निरीक्षण के दौरान अधिकारियों से सड़क निर्माण की प्रगति की विस्तृत जानकारी ली और गुणवत्ता के साथ निर्धारित समय-सीमा में कार्य पूर्ण करने के निर्देश दिए। उन्होंने निर्माण में किसी प्रकार की लापरवाही नहीं बरतने और कार्यों की नियमित मॉनिटरिंग करने के निर्देश दिए।
- -प्रदेश प्रवक्ता शताब्दी पाण्डेय पीसीसी अध्यक्ष बैज के बयान पर जमकर बरसीं, कहा : भूपेश सरकार में अपराधियों को मिलता था 'शाही संरक्षण'-'कांग्रेस के शासनकाल में शांत प्रदेश बन गया था अपराध गढ़, भाजपा सरकार कड़ा अभियान चलाकर कायम कर रही है कानून का राज'रायपुर। भारतीय जनता पार्टी की प्रदेश प्रवक्ता शताब्दी पाण्डेय ने प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष दीपक बैज के बयान पर तीखा पलटवार करते हुए इसे पूरी तरह से हास्यास्पद और 'खिसियानी बिल्ली खम्भा नोचे' जैसा व्यवहार बताया है। श्रीमती पाण्डेय ने कहा कि जिस दल ने अपने 5 साल के शासनकाल में छत्तीसगढ़ को अपराधियों, जुआरियों, सटोरियों और माफियाओं का 'सुरक्षित गढ़' बना दिया था, आज वही कांग्रेस कानून-व्यवस्था पर उपदेश दे रही है। छत्तीसगढ़ की जनता कांग्रेस शासनकाल के उस काले दौर को भूली नहीं है जब अपराध और भ्रष्टाचार को सरकार का खुला संरक्षण प्राप्त था।भाजपा प्रदेश प्रवक्ता श्रीमती पाण्डेय ने कहा कि बैज को अपनी याददाश्त दुरुस्त करनी चाहिए। कांग्रेस के शासनकाल में कोयला माफिया, रेत माफिया और शराब माफिया की मुख्यमंत्री निवास तक सीधी पहुँच होती थी। हजारों करोड़ का शराब घोटाला, कोयला घोटाला और महादेव सट्टा ऐप का काला कारोबार कांग्रेस के शीर्ष नेतृत्व के आशीर्वाद से फला-फूला, जिसके आरोपी और अधिकारी आज भी जेल की हवा खा रहे हैं। श्रीमती पाण्डेय ने कहा कि राजधानी रायपुर समेत पूरे प्रदेश में सरेआम गैंगवार, फिरौती और अपहरण की घटनाएं रोज की बात बन चुकी थीं। बिलासपुर में सरेआम गोलीबारी और दुर्ग-भिलाई में गैंगस्टर्स का खुलेआम घूमना कांग्रेस राज की 'कानून व्यवस्था' का असली चेहरा था। बैज द्वारा पुलिस और प्रशासन के दुरुपयोग के आरोप पर कड़ा प्रहार करते हुए श्रीमती पाण्डेय ने कहा कि कांग्रेस सरकार के 5 साल राजनैतिक प्रतिशोध की पराकाष्ठा थे। भाजपा कार्यकर्ताओं पर झूठे मुकदमे दर्ज करना, उन्हें जेलों में ठूँसना और असहमति की आवाज को दबाना भूपेश बघेल सरकार का एकमात्र एजेंडा था। यहाँ तक कि कांग्रेस ने अपने ही दल के वरिष्ठ नेताओं और झीरम घाटी के शहीदों के परिवारों के साथ न्याय नहीं किया और जांँच को दबाए रखा।भाजपा प्रदेश प्रवक्ता श्रीमती पाण्डेय ने कहा कि मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के नेतृत्व में प्रदेश की भाजपा सरकार अपराधियों के प्रति 'जीरो टॉलरेंस' की नीति अपना रही है। पेंड्रा, रायपुर और देवभोग सहित जहाँ भी अप्रिय घटनाएँ हुई हैं, पुलिस ने बिना किसी राजनैतिक दबाव के तत्परता से काम करते हुए आरोपियों को सलाखों के पीछे भेजा है। सोशल मीडिया पर हथियार लहराने वाले और दहशत फैलाने वाले बदमाशों के खिलाफ हमारी पुलिस लगातार 'बुलडोजर' और धरपकड़ की कार्रवाई कर रही है। नशे के सौदागरों के खिलाफ प्रदेशव्यापी अभियान चलाकर उनके नेटवर्क को ध्वस्त किया जा रहा है। पूर्ववर्ती सरकार में जो जुआ, सट्टा और अवैध रेत उत्खनन सत्ता के संरक्षण में चलता था, आज उस पर पूरी तरह से रोक लगा दी गई है। श्रीमती पाण्डेय ने कहा कि दरअसल कांग्रेस अपनी खोई हुई राजनीतिक जमीन तलाश रही है। छत्तीसगढ़ में जब से भाजपा की सुशासन वाली सरकार आई है, जनता ने राहत की साँस ली है। कांग्रेस अपनी नाकामियों को छिपाने के लिए हर घटना को लेकर ओछी राजनीति करने का कुत्सित प्रयास कर रही है। बैज को झूठी बयानबाजी करने के बजाय पहले अपनी पार्टी के उस अतीत के लिए छत्तीसगढ़ की जनता से माफी मांगनी चाहिए, जिसमें उन्होंने शांत प्रदेश को अपराध का टापू बना दिया था।
- -1.21 करोड़ की लागत से बनेगा सर्वसुविधायुक्त स्कूलरायपुर। उप मुख्यमंत्री श्री अरुण साव ने आज लोरमी में हायर सेकंडरी स्कूल भवन के निर्माण कार्य का भूमिपूजन किया। उन्होंने बताया कि स्कूल भवन के निर्माण के लिए 1 करोड़ 21 लाख रुपए की प्रशासकीय स्वीकृति दी गई है। आज से निर्माण कार्य की औपचारिक शुरुआत हो गई है। उप मुख्यमंत्री श्री साव ने कहा कि अनुबंध के अनुसार स्कूल भवन का 8 महीने में पूरा किया जाना है। उन्होंने ठेकेदार को निर्देश दिए हैं कि निर्माण कार्य समय से पहले और पूरी गुणवत्ता के साथ हो, जिससे विद्यार्थियों को बेहतर शैक्षणिक वातावरण मिल सके। उन्होंने कहा कि जहां बच्चों का भविष्य तैयार होता है, उस स्कूल का अच्छा भवन बनना क्षेत्र के लिए बड़ी उपलब्धि है।
-
- पुराने हास्पिटल के बीएमओ कार्यालय का अछोली स्थित नए कार्यालय में शिफ्ट करने के निर्देश
- नवनिर्मित सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र में एक्स-रे मशीन शिफ्ट करने के लिए कहा
- ग्रीष्म ऋतु के मद्देनजर हास्पिटल में मरीजों के लिए कूलर एवं पंखे की व्यवस्था करने के दिए निर्देश
राजनांदगांव । संभागायुक्त श्री सत्यनारायण राठौर एवं कलेक्टर श्री जितेन्द्र यादव ने संयुक्त रूप से सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र डोंगरगढ़, प्रस्तावित परिक्रमा पथ तथा माँ बम्लेश्वरी मंदिर डोंगरगढ़ ट्रस्ट पार्किंग स्थल का औचक निरीक्षण किया। संभागायुक्त श्री सत्यनारायण राठौर ने पुराने हास्पिटल के बीएमओ कार्यालय को अछोली स्थित नए कार्यालय में शिफ्ट करने के निर्देश दिए। उन्होंने ग्रीष्म ऋतु के मद्देनजर हास्पिटल में मरीजों के लिए कूलर एवं पंखे की व्यवस्था करने के लिए कहा। नवनिर्मित सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र में एक्स-रे मशीन शिफ्ट करने के लिए कहा। संभागायुक्त ने गर्मी को ध्यान में रखते हुए सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र में पेयजल, ओआरएस की व्यवस्था करने कहा। उन्होंने सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र में व्यवस्था दुरूस्त करने के निर्देश दिए।
संभागायुक्त श्री सत्यनारायण राठौर ने प्रस्तावित परिक्रमा पथ का निरीक्षण किया तथा आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। उन्होंने माँ बम्लेश्वरी मंदिर डोंगरगढ़ ट्रस्ट पार्किंग स्थल का जायजा लिया तथा वहां मल्टी पार्किंग के लिए प्रस्ताव प्रस्तुत करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि मल्टी पार्किंग की व्यवस्था होने से वाहनों को व्यवस्थित रखने में सुविधा होगी। इस दौरान वनमंडलाधिकारी श्री आयुष जैन, एसडीएम डोंगरगढ़ श्री एम भार्गव एवं अन्य अधिकारी उपस्थित रहे। -
राजनांदगांव । कलेक्टर श्री जितेन्द्र यादव के निर्देशानुसार खनिज विभाग द्वारा जिले में खनिज का अवैध उत्खनन, भण्डारण एवं परिवहन करने वालों पर लगातार कार्रवाई की जा रही है। इसी कड़ी में खनिज विभाग की टीम द्वारा डोंगरगांव, बरगांव, मटिया, सुरगी, सोमनी, तुमड़ीबोड़, सुकुलदैहान, डुमरडीहकला सहित अन्य क्षेत्रों का आकस्मिक निरीक्षण किया गया। निरीक्षण के दौरान अवैध रूप में रेत खनिज का परिवहन करने पर 3 हाईवा को जप्त किया गया। इसके तहत ग्राम बेलगांव निवासी लेखराम साहू के स्वामित्व के हाईवा सीजी 07 सीएन 9026 से वाहन चालक रोशन साहू द्वारा रेत का अवैध परिवहन करने पर कार्रवाई करते हुए जप्त कर थाना तुमड़ीबोड़ को सुपुर्द किया गया। इसी तरह गठुला निवासी लोमेश देवांगन के स्वामित्व के हाईवा सीजी 08 बीएफ 4572 से वाहन चालक धनसिंग कंवर एवं ग्राम मुसराकला निवासी उत्तम साहू के स्वामित्व के हाईवा सीजी 08 एजेड 4197 से वाहन चालक हुमेश वर्मा द्वारा रेत का अवैध परिवहन करने पर कार्रवाई करते हुए जप्त कर थाना सुकुलदैहान को सुपुर्द किया गया। प्रकरणों में खान एवं खनिज (विकास एवं विनियमन) अधिनियम के तहत कार्रवाई की जा रही है। खनिजों के अवैध उत्खनन, परिवहन, भण्डारण के रोकथाम के लिए लगातार गस्त व निगरानी की जा रही है।
- -छत्तीसगढ़ की वास्तविक सुंदरता और सांस्कृतिक समृद्धि को दुनिया के सामने लाना हमारा उद्देश्य: मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय-हॉस्पिटैलिटी सेक्टर में निवेश से युवाओं के लिए रोजगार के नए अवसर बनेंगे : मुख्यमंत्री-मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय की पहल से पर्यटन एवं हॉस्पिटैलिटी सेक्टर में निवेश को मिल रही नई गति-500 करोड़ रुपये से अधिक निवेश के साथ छत्तीसगढ़ के पर्यटन क्षेत्र में नई संभावनाएं: हॉस्पिटैलिटी सेक्टर में निवेश को लेकर इंडियन होटल्स कंपनी लिमिटेड ने दिखाई रुचिरायपुर /मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय के नेतृत्व में छत्तीसगढ़ अब देश के पर्यटन मानचित्र पर अपनी नई पहचान गढ़ने की दिशा में तेजी से आगे बढ़ रहा है। पर्यटन को उद्योग का दर्जा मिलने, निवेश अनुकूल नीतियों और राज्य सरकार की दृढ़ इच्छाशक्ति के कारण प्रदेश में पर्यटन एवं हॉस्पिटैलिटी सेक्टर में निवेश की संभावनाएं लगातार मजबूत हो रही हैं। इसी कड़ी में मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय आज अपने निवास कार्यालय में पर्यटन को बढ़ावा देने, पर्यटक सुविधाओं के विकास एवं विस्तार तथा हॉस्पिटैलिटी सेक्टर में निवेश को लेकर आयोजित उच्चस्तरीय बैठक में शामिल हुए। बैठक में देश की प्रतिष्ठित इंडियन होटल्स कंपनी लिमिटेड के प्रतिनिधियों सहित शासन के वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे।मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय ने बैठक में कहा कि छत्तीसगढ़ उत्तर से दक्षिण तक नैसर्गिक विरासत की अमूल्य धरा है, जहां नदियां, पहाड़, घने जंगल, जलप्रपात, समृद्ध आदिवासी संस्कृति और जनजातीय परंपराएं छत्तीसगढ़ को विशिष्ट पहचान प्रदान करती हैं।मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि राज्य सरकार का उद्देश्य दुनिया को छत्तीसगढ़ की वास्तविक सुंदरता, सांस्कृतिक समृद्धि और प्राकृतिक विविधता से परिचित कराना है। उन्होंने कहा कि पर्यटन को उद्योग का दर्जा दिए जाने से हॉस्पिटैलिटी सेक्टर में निवेश की संभावनाएं तेजी से बढ़ी हैं और पर्यटकों के लिए बेहतर ठहराव, परिवहन तथा आधुनिक सुविधाओं के विकास के माध्यम से छत्तीसगढ़ को आकर्षक पर्यटन गंतव्य बनाया जा सकता है।मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय ने कहा कि राज्य में लगातार निवेश प्रस्ताव प्राप्त हो रहे हैं और इसी क्रम में इंडियन होटल्स कंपनी लिमिटेड द्वारा छत्तीसगढ़ में निवेश की इच्छा जताई गई है, जो प्रदेश के पर्यटन क्षेत्र के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण साबित होगी। उन्होंने कहा कि इस प्रकार के निवेश से पर्यटन अधोसंरचना मजबूत होगी और स्थानीय युवाओं के लिए रोजगार एवं स्वरोजगार के नए अवसर निर्मित होंगे।बैठक के दौरान इंडियन होटल्स कंपनी लिमिटेड के प्रतिनिधियों ने मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय के समक्ष अपने निवेश प्रस्ताव के महत्वपूर्ण बिंदु साझा किए और बताया कि कंपनी छत्तीसगढ़ में हॉस्पिटैलिटी सेक्टर में लगभग 500 करोड़ रुपये से अधिक निवेश की योजना पर कार्य कर रही है, जिसे शीघ्र आगे बढ़ाया जाएगा। कंपनी के प्रतिनिधियों ने कहा कि इस निवेश से प्रदेश में पर्यटन अधोसंरचना मजबूत होगी और रोजगार के नए अवसरों का सृजन होगा।वित्त मंत्री श्री ओ पी चौधरी ने कहा कि राज्य सरकार ने निवेश के लिए अनुकूल वातावरण तैयार किया है तथा सभी आवश्यक अनुमतियों की प्रक्रिया को सरल, पारदर्शी और समयबद्ध बनाया गया है।बैठक में यह भी बताया गया कि पर्यटन को उद्योग का दर्जा मिलने के बाद हॉस्पिटैलिटी सेक्टर में निवेश के रास्ते व्यापक रूप से खुले हैं। राज्य सरकार पर्यटन क्षेत्र को आधुनिक अधोसंरचना, उच्चस्तरीय सुविधाओं और निवेश प्रोत्साहन नीतियों के माध्यम से विकसित करने की दिशा में विशेष पहल कर रही है। प्रदेश की बेहतर मानसूनी परिस्थितियां, समृद्ध प्राकृतिक संपदा और निवेश अनुकूल नीति पर्यटन विकास के लिए मजबूत आधार तैयार कर रही हैं।बैठक में उद्योग विभाग के अधिकारियों ने निवेश प्रोत्साहन नीति तथा उपलब्ध इंसेंटिव्स की विस्तृत जानकारी देते हुए बताया कि यदि कोई निवेशक 500 करोड़ रुपये से अधिक निवेश करता है अथवा 1000 से अधिक लोगों को रोजगार उपलब्ध कराता है, तो उसे ‘बी-स्पोक पॉलिसी’ के तहत अतिरिक्त प्रोत्साहन एवं विशेष लाभ प्रदान किए जाएंगे। साथ ही पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए आधारभूत संरचना, सड़क संपर्क, आवासीय सुविधाओं तथा पर्यटक सेवाओं को मजबूत करने पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है।बैठक में छत्तीसगढ़ पर्यटन मंडल के अध्यक्ष नीलू शर्मा, मुख्य सचिव विकास शील, मुख्यमंत्री के प्रमुख सचिव सुबोध कुमार सिंह, वित्त सचिव डॉ. रोहित यादव, निवेश आयुक्त ऋतु सेन, मुख्यमंत्री के सचिव राहुल भगत, उद्योग सचिव रजत कुमार, पर्यटन विभाग सचिव डॉ. एस. भारतीदासन सहित अन्य वरिष्ठ अधिकारीगण उपस्थित थे।
-
राजनांदगांव । मुख्य कार्यपालन अधिकारी जिला पंचायत सुश्री सुरूचि सिंह ने आज जिला पंचायत सभाकक्ष से वीडियो कान्फ्रेंसिंग के माध्यम से पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग द्वारा संचालित विभिन्न योजनाओं एवं विकास कार्यों के प्रगति की समीक्षा की। सीईओ जिला पंचायत ने प्रधानमंत्री आवास योजना एवं मनरेगा अंतर्गत चल रहे कार्यों को निर्धारित लक्ष्य के अनुरूप पूर्ण करने कहा। उन्होंने निर्माण कार्य पूर्ण हो चुके आवासों का तत्काल सीसी लगाने निर्देशित किया। नोडल अधिकारियों को अधिक से अधिक ग्रामों में पहुंचकर आवास निर्माण कार्य में प्रगति लाने के निर्देश दिए। उन्होंने मुख्यमंत्री आवास योजना के पूर्ण कार्यों का तत्काल सीसी लगाने कहा। सुशासन तिहार अंतर्गत आयोजित जनसमस्या निवारण शिविर में हितग्राहियों को जल्द से जल्द आवास निर्माण कार्य पूर्ण करने प्रेरित करने कहा। उन्होंने शासन के दिशा-निर्देशों के तहत सामाजिक सहायता योजना की जानकारी निर्धारित प्रपत्र में प्रस्तुत करने के निर्देश दिए। उन्होंने योजना के तहत हितग्राहियों का आधार रजिस्ट्रेशन कार्य को प्राथमिकता से पूर्ण करने कहा।
सीईओ जिला पंचायत ने हर घर सोख्ता गड्ढा अभियान अंतर्गत ग्रामीण क्षेत्रों में मिशन मोड में कार्य करने कहा। उन्होंने बताया कि शासन द्वारा ग्राम पंचायत वार सोख्ता गड्ढा निर्माण का लक्ष्य दिया गया है। उन्होंने अभियान के बेहतरीन क्रियान्वयन के लिए इन्जेक्शन वेल, वाटर रिचार्ज शॉफ्ट, रैन वाटर हार्वेस्टिंग, सोखता गड्ढा, फिल्डर मीडिया की साफ-सफाई के कार्य को गंभीरतापूर्वक करने कहा। ईडब्लूएम सेंटरों का अनुबंध कराकर मशीन चालू कराने निर्देशित किया गया। बैठक में यूजर चार्ज कलेक्शन की धीमी प्रगति पर असंतोष व्यक्त किया गया तथा इस कार्य में आवश्यक सुधार व प्रगति लाने के निर्देश दिए गए। उन्होंने बताया कि शाासन के नवीन निर्देश के तहत अब चार प्रकार का कचरा संग्रहित किया जाएगा। बैठक में पिछड़ा वर्ग क्षेत्र विकास प्राधिकरण, मुख्यमंत्री समग्र विकास योजना के अन्तर्गत चल रहे कार्यों को शाीघ्रता से पूर्ण कर यूसी, सीसी लगाने निर्देशित किया गया। बैठक में राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन, स्वच्छ भारत मिशन, समर्थ पोर्टल, हर घर जल, अटल डिजीटल सुविधा केन्द्र, डीफ एकाउन्ट, अटल मॉनिटरिंग पोर्टल एवं पंचायत सेक्टर के कार्यों एवं महिला एवं बाल विकास विभाग के कार्यों, एनआरएलएम डीएआर एन्ट्री के कार्यों की समीक्षा की गयी। - -अधिकारियों की बैठक लेकर काम में तेजी लाने के दिए निर्देश, कहा गुणवत्ता और समय-सीमा में पूर्णता सर्वोच्च प्राथमिकतारायपुर। लोक निर्माण विभाग के सचिव श्री मुकेश कुमार बंसल ने आज बिलासपुर में नेहरू चौक से दर्रीघाट तक बन रहे 10 किमी फोरलेन सड़क के कार्यों का निरीक्षण किया। उन्होंने मौके पर मौजूद वरिष्ठ विभागीय अधिकारियों और ठेकेदार को कार्यों में तेजी लाते हुए इसे जल्द पूर्ण करने के निर्देश दिए। उन्होंने अधिकारियों की बैठक लेकर बिलासपुर जिले में महत्वपूर्ण सड़कों और भवनों के निर्माण की प्रगति की भी समीक्षा की।लोक निर्माण विभाग के सचिव ने बिलासपुर परिक्षेत्र के मुख्य अभियंता, अधीक्षण अभियंता, कार्यपालन अभियंताओं और अनुविभागीय अधिकारियों से कहा कि हर कार्य के विभिन्न चरणों के लिए समय-सीमा निर्धारित कर कार्यों में तेजी लाएं। कार्यों की रोज मॉनिटरिंग कर तथा ठेकेदारों से समन्वय बनाकर समय-सीमा में काम पूरा कराएं। उन्होंने निविदा स्वीकृति के एक माह के भीतर हर हाल में काम प्रारंभ कराने के निर्देश दिए। बिलासपुर के कलेक्टर श्री संजय अग्रवाल, जिला पंचायत के सीईओ श्री संदीप अग्रवाल, लोक निर्माण विभाग के प्रमुख अभियंता श्री वी.के. भतपहरी, मुख्य अभियंता श्री आर.के. रात्रे और अधीक्षण अभियंता श्री के.पी. संत भी बैठक में मौजूद थे।श्री बंसल ने कहा कि विभाग के कार्यों में गुणवत्ता और समय-सीमा सुनिश्चित करना सर्वोच्च प्राथमिकता है। उन्होंने बैठक में कोनी-मोपका बायपास, जयरामनगर रेलवे ओवरब्रिज, जयरामनगर-सीपत रोड बायपास, उच्च न्यायालय में ऑडिटोरियम, नए जेल भवन और बोदरी में न्यायालयीन प्रकरणों में ओआईसी के लिए बनने वाले विश्राम भवन की प्रगति की समीक्षा की। उन्होंने राष्ट्रीय राजमार्गों के कार्यों की भी जानकारी ली। विभागीय सचिव ने नेहरू चौक से दर्रीघाट सड़क के निरीक्षण के दौरान अधिकारियों को सड़कों को साफ, सुंदर और सुव्यवस्थित रखने के निर्देश दिए। उन्होंने डिवाइडर्स के दीवारों और ग्रिल्स का रंग-रोगन कराने को कहा।
- -स्वीकृत कार्यों के जल्द निविदा कर काम शुरू करने के निर्देश, बरसात से पहले पेच रिपेयर पूरा करने कहारायपुर। लोक निर्माण विभाग के सचिव श्री मुकेश कुमार बंसल ने आज अपने जांजगीर-चांपा जिले के प्रवास के दौरान सड़कों और भवनों के निर्माण कार्यों की प्रगति की समीक्षा की। उन्होंने जांजगीर विश्राम गृह में हुई बैठक में अधिकारियों को स्वीकृत कार्यों के जल्द निविदा प्रक्रिया पूर्ण कर काम शुरू करने के निर्देश दिए। उन्होंने बरसात से पहले सड़कों में पेच रिपेयर का काम पूरा करने को कहा। उन्होंने ठेकेदारों द्वारा किए गए कार्यों का परीक्षण कर हर महीने भुगतान करने के भी निर्देश दिए। कलेक्टर श्री जन्मेजय महोबे और लोक निर्माण विभाग के प्रमुख अभियंता श्री वी.के. भतपहरी भी बैठक में मौजूद थे।लोक निर्माण विभाग के सचिव ने बैठक में सक्ती के नया जिला बन जाने के बाद काम की सहूलियत और प्रशासनिक कसावट की दृष्टि से विभाग के पुराने संभागों का पुनर्गठन कर जांजगीर-चांपा और सक्ती जिले में दो-दो संभाग रखने को कहा। उन्होंने अधिकारियों को चालू वित्तीय वर्ष 2026-27 और पिछले वित्तीय वर्ष 2025-26 के कार्यों की प्राथमिकता सूची तैयार कर 31 जुलाई तक प्राक्कलन भेजने के निर्देश दिए। उन्होंने समय-सीमा से पीछे चल रहे कार्यों की जानकारी लेकर उनके कार्यों में तेजी लाने को कहा।श्री बंसल ने जांजगीर कलेक्टोरेट के नए भवन के कार्यों में तेजी लाते हुए जल्द काम पूरा करने के निर्देश दिए। उन्होंने समुचित कार्ययोजना बनाकर पूरे परिसर को अच्छे से विकसित करने को कहा। उन्होंने ऑडिटोरियम रिनोवेशन वर्क की प्रगति की भी जानकारी ली।विभागीय सचिव ने पामगढ़-डोंगाकोर बायपास को प्राथमिकता में रखकर काम शुरू कराने के निर्देश दिए। उन्होंने जिले में प्रस्तावित द्रुतगामी सड़कों के प्राक्कलन 30 जून तक भेजने को कहा। उन्होंने काम में ढिलाई करने वाले ठेकेदारों पर सख्ती करते हुए नियमानुसार ब्लैक-लिस्टेड और टर्मिनेट करने की कार्रवाई के निर्देश दिए। लोक निर्माण विभाग के बिलासपुर परिक्षेत्र के मुख्य अभियंता भी आर.के. रात्रे और श्री जी.एस. मंडावी, अधीक्षण अभियंता श्री के.पी. संत, श्री एन.के. लाल और श्री जे.पी. तिग्गा सहित जांजगीर-चांपा और सक्ती जिले के सभी कार्यपालन अभियंता एवं अनुविभागीय अधिकारी भी बैठक में मौजूद थे।
-
-विभागीय अधिकारियों की बैठक लेकर सड़क और भवन निर्माण कार्यों की समीक्षा की
रायपुर । लोक निर्माण विभाग के सचिव श्री मुकेश कुमार बंसल ने आज रायगढ़ में केलो नदी पर निर्माणाधीन कयाघाट ब्रिज और मरीन ड्राइव का निरीक्षण किया। उन्होंने कलेक्टर श्री मयंक चतुर्वेदी तथा विभागीय अधिकारियों से दोनों कार्यों की प्रगति की जानकारी ली और आवश्यक निर्देश दिए। उन्होंने पूर्ण गुणवत्ता के साथ कार्यों में तेजी लाते हुए इन दोनों महत्वाकांक्षी परियोजनाओं को समय-सीमा में पूरा करने को कहा।लोक निर्माण विभाग के सचिव ने रायगढ़ सर्किट हाउस में विभागीय अधिकारियों की बैठक लेकर जिले में चल रहे सड़क और भवन निर्माण कार्यों की समीक्षा भी की। उन्होंने सभी निर्माण कार्यों की पूर्ण उपयोगिता (Functionality) और टिकाऊपन (Sustainability) सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने सभी कार्यों में गुणवत्ता और समय-सीमा को सर्वोच्च प्राथमिकता देने को कहा।श्री बंसल ने रायगढ़ जिले में लोक निर्माण विभाग के सभी उप संभागों में प्रगतिरत सड़कों और पुलों की समीक्षा के बाद नवीन भवनों के कार्यों की समीक्षा की। उन्होंने ट्रांजिट हॉस्टल, मेडिकल कॉलेज अस्पताल भवन, प्रयास आवासीय स्कूल भवन, कामकाजी महिला छात्रावास और स्पोर्ट्स कॉम्प्लेक्स के निर्माण की कार्ययोजनाओं की जानकारी लेकर शीघ्र कार्य प्रारंभ करने को कहा। रायगढ़ के कलेक्टर श्री मयंक चतुर्वेदी, जिला पंचायत के सीईओ श्री अभिजीत बबन पठारे, लोक निर्माण विभाग के प्रमुख अभियंता श्री वी.के. भतपहरी, बिलासपुर परिक्षेत्र के मुख्य अभियंता श्री आर.के. रात्रे और श्री जी.एस. मंडावी, अधीक्षण अभियंता श्री के.पी. संत, श्री एन.के. लाल और श्री जे.पी. तिग्गा सहित कार्यपालन अभियंता एवं सभी अनुविभागीय अधिकारी भी बैठक में मौजूद थे। - -राज्यपाल रमेन डेका 29 मई को आम महोत्सव का शुभांरभ करेंगे-शुभारंभ समारोह में मुख्यमंत्री, कृषि मंत्री, सांसद एवं विधायक भी होंगे शामिलरायपुर /इंदिरा गांधी कृषि विश्वविद्यालय परिसर में कल से अगले तीन दिनों तक आमों की बहार रहेगी और समूचा माहौल आममय रहेगा। इंदिरा गांधी कृषि विश्वविद्यालय, रायपुर तथा संचालनालय उद्यानिकी एवं प्रक्षेत्र वानिकी, छत्तीसगढ़ शासन तथा प्रकृति की ओर सोसायटी के संयुक्त तत्वावधान में 29 से 31 मई, 2026 तक तीन दिवसीय राष्ट्रीय आम महोत्सव का आयोजन किया जा रहा है। कृषि महाविद्यालय परिसर में आयोजित राष्ट्रीय आम महोत्सव का शुभांरभ राज्यपाल श्री रमेन डेका कल 29 मई को अपरान्ह 4 बजे करेंगे। उद्घाटन समारोह की अध्यक्षता मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय करेंगे। कृषि मंत्री श्री रामविचार नेताम तथा रायपुर सांसद श्री बृजमोहन अग्रवाल अति विशिष्ट अतिथि के रूप में मौजूद रहेंगे। रायपुर ग्रामीण विधायक श्री मोतीलाल साहू, धरसींवा विधायक श्री अनुज शर्मा, छत्तीसगढ़ राज्य बीज एवं कृषि विकास निगम के अध्यक्ष श्री चन्द्रहास चन्द्राकर, छत्तीसगढ़ राज्य कृषक कल्याण परिषद के अध्यक्ष श्री सुरेश चंन्द्रवंशी तथा इंदिरा गांधी कृषि विश्वविद्यालय के कुलपति डाॅ. गिरीश चंदेल विशिष्ट अतिथि के रूप में उपस्थित रहेंगे। राष्ट्रीय आम महोत्सव में आम की 250 से अधिक किस्मों का प्रदर्शन किया जायेगा। यहां आम की उन्नत किस्मों के पौधे तथा फल विक्रय हेतु आमजनों के लिए उपलब्ध रहेंगे।आम की देशी-विदेशी 250 से अधिक किस्में देखने को मिलेंगीराष्ट्रीय आम महोत्सव में 29 से 31 मई, 2026 तक विभिन्न श्रेणियों में प्रतियोगिताओं का आयोजन किया जाएगा जिसमें किसानों द्वारा उत्पादित आम की व्यावसायिक किस्मों के अंतर्गत दशहरी, लंगडा, बाम्बे ग्रीन, चैसा, मालदा, हिमसागर, सुन्दरजा, केसर, अलफान्सो, तोतापरी, नीलम, बैगनफल्ली, पैरी, सिन्दूरी, फज़ली आदि किस्मों की प्रतियोगिता आयोजित की जाएगी। संकर किस्मों की प्रतियोगिता के अंतर्गत मल्लिका, आम्रपाली, पूसा अरूणिमा, अम्बिका, रत्ना, सिंधु, अर्का पुनीत किस्मों को शामिल किया गया है। विशिष्ट किस्मों की प्रतियोगिता के अंतर्गत हाथीझुल, नूरजहां, लड्डु, गुलाब खास किस्मों के उत्पादक भाग ले सकते हैं। एक्जोटिक (आयातित किस्म) की प्रतियोगिता में मियाजाकी, टाॅमी एटकिन्स एवं गोल्डन नगेट्स किस्मों को शमिल किया गया है।राष्ट्रीय आम महोत्सव में आम पर केंद्रित विभिन्न प्रतियोगिताएं होंगी आयोजितआम महोत्सव में आम की विभिन्न किस्मों की प्रतियोगिताएं आयोजित की जा रही है जिसमें छत्तीसगढ़ एवं देश के विभिन्न राज्यों के आम उत्पादक शामिल होंगे। यहां छत्तीसगढ़ सहित देश के विभिन्न राज्यों से आए आम उत्पादक किसान उनके द्वारा उत्पादित आमों की विभिन्न किस्मों का प्रदर्शन करेंगे। इस अवसर पर आम से बने विभिन्न व्यंजनों की प्रतियोगिताएं भी आयोजित हैं। आम की सजावट प्रतियोगिता भी आयोजित की जा रही है जिसमें विद्यालयीन एवं महाविद्यालयीन विद्यार्थी, महिलाएं तथा अन्य सामान्यजन भी पंजीयन कर भागीदारी कर सकते है। इस महोत्सव में पंजीयन एवं प्रवेश पूर्णतया निःशुल्क है। राष्ट्रीय आम महोत्सव में संस्थागत एवं व्यक्तिगत प्रतियोगी भी सहभागी हो सकते हैं। आम महोत्सव के दौरान आम पर केंद्रित मैंगो क्विज़ मैंगो, फैंसी ड्रेस आदि प्रतियोगिताएं भी अयोजित की जाएगी। इसके अलावा प्रतिदिन सांस्कृतिक संध्या का भी आयोजन किया जाएगा। इस अवसर पर आम से निर्मित उत्पादों की प्रतियोगिता का भी आयोजन किया जाएगा जिसमें प्रतिभागी आम से निर्मित उत्पाद - नेक्टर/आर.टी.एस., शर्बत, पना, आम के अचार, आम की चटनी, आम पापड़, आमरस, जैम एवं मिठाई आदि व्यंजनों के साथ प्रतियोगिता में भाग ले सकते हैं। इसके अतिरिक्त राष्ट्रीय आम महोत्सव में प्रतिभागियों हेतु आम आधारित माॅडल एवं बोनसाई, आम आधरित सजावट प्रतियोगिता का भी आयोजन किया जाएगा। इस अवसर पर प्रकृति की ओर सोसायटी की ओर से आम की ग्यारह गुठलियाँ लाने वाले व्यक्तियों को एक उन्नत किस्म के आम का पौधा दिया जाएगा। प्रसिद्ध शेफ आकांक्षा राॅय आम के व्यंजन बनाना भी सिखाएंगी।आम उत्पादन, प्रसंस्करण तथा समस्या समाधान पर तकनीकी सत्र भी आयोजित होंगेआयोजन के प्रथम दिवस 29 मई को प्रातः 9 बजे से 12 बजे तक प्रविष्टियों का पंजीयन किया जाएगा। इसके पश्चात सामान्यजनों के लिए प्रदर्शनी अवलोकनार्थ तीनों दिन सायः 9 बजे तक खुली रहेगी। प्रदर्शनी में आम की विभिन्न किस्मों के फल, आम के विभिन्न उत्पाद एवं आम के पौधे भी विक्रय के लिए उपलब्ध रहेंगे। द्वितीय दिवस 30 मई को आम उगाने वाले कृषकों एवं जिज्ञासुओं के लिए 12 बजे से 4 बजे तक ‘‘आम उत्पादन समस्या एवं समाधान’’ विषय पर तकनीकी मार्गदर्शन एवं परिचर्चा का आयोजन किया गया है, जिसमें छत्तीसगढ़ में उच्च गुणवत्ता के आम की विभिन्न किस्मों का उत्पादन, आम के विभिन्न उत्पाद एवं उनके विपणन के साथ ही आम उत्पादन हेतु छत्तीसगढ़ शासन की योजनाओं की भी जानकारी प्रदान की जायेगी, जिससे नयी पीढ़ी के लोग आम उत्पादन की ओर आकृष्ट हो सकें । आम उत्पादन को पर्यावरण के संरक्षण के साथ एक स्वास्थ्यवर्धक व्यवसाय के रूप में अपनाने की जानकारी आम लोगों को प्रदान की जा जाएगी। तृतीय दिवस 31 मई को आम उत्पादक कृषकों एवं उद्यमियों की सफलता की कहानी उन्हीं की जुबानी 12 से 4 बजे तक आयोजित होगा।राष्ट्रीय आम महोत्सव के अंतिम दिन प्रदर्शनी के अवलोकन के साथ ही प्रतिभागियों के लिए पुरस्कार वितरण एवं सम्मान समारोह का आयोजन भी किया जायेगा। इस आयोजन का मुख्य उद्देश्य राष्ट्रीय फल ‘‘आम’’ जो कि आम जनता का प्रिय फल है उसकी समस्त सामान्य एवं खास किस्मों, विशिष्ट उत्पादों एवं भविष्य में अधिक उत्पादन के लिए रोजगार के साधनों की जानकारी नागरिकों, महिलाओं, विद्यार्थियों, नव उद्यमियों एवं कृषकों को प्रदान करना है। राष्ट्रीय आम महोत्सव के अवसर पर आयोजित प्रतियोगिता में प्रतिभागी न्यूनतम 5 से 10 आम प्रति किस्म के साथ भाग ले सकते हैं। आम से बने विभिन्न व्यंजनों की प्रतियोगिता में न्यूनतम 250 ग्राम आम के उत्पाद के साथ पंजीयन कर इस प्रतियोगिता में शामिल हो सकते हैं। इस आयोजन में पंजीयन एवं प्रवेश निःशुल्क है अतः इस अवसर का लाभ प्राप्त करने हेतु सहभागी बनें।
- -सरकारी योजनाओं से लाभान्वित होकर ग्रामीणों ने जताई खुशीरायपुर ।मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के नेतृत्व में जशपुर जिले में सुशासन तिहार 2026 के अंतर्गत जिला स्तरीय जनसमस्या निवारण शिविरों का प्रभावी संचालन किया जा रहा है। इसी क्रम में जशपुर जिले में दुलदुला विकासखंड के ग्राम कस्तूरा में आयोजित शिविर में विभिन्न योजनाओं के तहत हितग्राहियों को लाभान्वित किया गया।शिविर में जिला पंचायत उपाध्यक्ष श्री शौर्य प्रताप सिंह जूदेव ने मुख्यमंत्री पेंशन योजना के अंतर्गत 6 हितग्राहियों को पेंशन स्वीकृति आदेश प्रदान किए। इनमें ग्राम जामपानी के मोहन प्यारे, रामकृष्ण, लालमोहन राम, रामेश्वर राम, सुखदेव राम एवं तेजू राम शामिल हैं। वहीं हितग्राही मनीष कुमार राम को सामाजिक सुरक्षा पेंशन योजना से लाभान्वित किया गया।इसी प्रकार श्रम विभाग द्वारा 8 हितग्राहियों को श्रम कार्ड वितरित किए गए। लाभान्वित हितग्राहियों में ग्राम रायडीह की लक्ष्मी बाई, विनीता खाखा, कमला बाई, देवनाथ यादव, ग्राम कोरना की मंदिका तथा रायडीह के सुमन एक्का, मुक्ति खाखा एवं मनपति बाई शामिल हैं। हितग्राहियों ने योजनाओं का लाभ मिलने पर मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय एवं जिला प्रशासन के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहा कि सुशासन तिहार के माध्यम से अब शासन की सुविधाएं गांव स्तर पर ही उपलब्ध हो रही हैं। इससे लोगों को कार्यालयों के चक्कर लगाने से राहत मिल रही है और समय पर योजनाओं का लाभ प्राप्त हो रहा है।
- -केंद्रीय कैबिनेट ने SARTHAK-PDS योजना को दी मंजूरी, राशन वितरण व्यवस्था होगी और अधिक पारदर्शी एवं आधुनिकरायपुर । वित्त मंत्री श्री ओपी चौधरी ने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में केंद्र सरकार गरीब कल्याण और सुशासन को मजबूत करने की दिशा में लगातार ऐतिहासिक निर्णय ले रही है। इसी क्रम में केंद्रीय कैबिनेट ने राशन परिवहन, हैंडलिंग एवं पीडीएस ऑटोमेशन सहायता योजना (SARTHAK-PDS) को एकीकृत अम्ब्रेला योजना के रूप में जारी रखने की मंजूरी दी है।वित्त मंत्री श्री चौधरी ने इस महत्वपूर्ण निर्णय के लिए प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि यह योजना देश की सार्वजनिक वितरण प्रणाली (PDS) को और अधिक पारदर्शी, तकनीक-सक्षम एवं प्रभावी बनाएगी। अगले पांच वर्षों में इस योजना पर लगभग 25,530 करोड़ रुपये खर्च किए जाएंगे।श्री चौधरी ने कहा कि AI, GPS, QR कोड जैसी आधुनिक तकनीकों के उपयोग से राशन वितरण प्रणाली में पारदर्शिता बढ़ेगी और पात्र हितग्राहियों तक खाद्यान्न एवं जनकल्याणकारी योजनाओं का लाभ तेजी और सुगमता से पहुंचेगा। इससे भ्रष्टाचार पर अंकुश लगेगा और जरूरतमंद लोगों को समय पर लाभ मिलना सुनिश्चित होगा।वित्त मंत्री ने कहा कि डबल इंजन सरकार का लक्ष्य अंतिम व्यक्ति तक योजनाओं का लाभ पहुंचाना है और SARTHAK- PDS योजना इस दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम साबित होगी।
- -नियम विरुद्ध उत्खनन में संलिप्त चौन माउंटेड मशीन जब्त, अवैध खनन पर लगातार सख्तीरायपुर। बलरामपुर जिले में अवैध रेत उत्खनन और परिवहन के खिलाफ प्रशासन लगातार सख्त कार्रवाई कर रहा है।कलेक्टर श्रीमती चंदन संजय त्रिपाठी के निर्देशन में खनिज विभाग द्वारा जिलेभर में विशेष अभियान चलाकर अवैध गतिविधियों पर निगरानी रखी जा रही है। इसी क्रम में विकासखंड रामचंद्रपुर के ग्राम पंचायत धौली लिबरा स्थित रेत खदान का औचक निरीक्षण किया गया, जहां कन्हर नदी किनारे नियम विरुद्ध रेत उत्खनन में संलिप्त एक चौन माउंटेड मशीन को जब्त किया गया।खनिज अधिकारी श्री राहुल गुलाटी ने बताया कि रामचंद्रपुर विकासखंड अंतर्गत ग्राम पचावल स्थित पांगन नदी में वर्तमान में तीन रेत खदानें स्वीकृत एवं संचालित हैं। विभिन्न माध्यमों से प्राप्त शिकायतों के आधार पर निरीक्षण के दौरान नदी किनारे पोकलेन मशीन से अवैध उत्खनन किए जाने की पुष्टि हुई, जिसके बाद मशीन को तत्काल जब्त कर नियमानुसार कार्रवाई की गई।उन्होंने बताया कि इससे पूर्व भी ग्राम पचावल क्षेत्र में अवैध खनन एवं परिवहन के मामलों में कार्रवाई की जा चुकी है। पांगन नदी में अवैध रूप से रैम्प और रास्ता निर्माण करते पाए जाने पर एक जेसीबी वाहन जब्त किया गया था तथा एक लाख रुपये की शास्ति राशि शासकीय कोष में जमा कराई गई। वहीं अवैध रेत भंडारण के मामले में एक जेसीबी और हाइवा वाहन जब्त कर 42 हजार 850 रुपये की वसूली की गई।खनिज विभाग की टीम ने मई 2026 के दौरान राजपुर, बरियों और शंकरगढ़ क्षेत्र में महान नदी एवं गलफूला नदी से अवैध रेत परिवहन करते हुए 19 वाहनों को भी जब्त किया है। इन वाहनों को सुरक्षार्थ संबंधित थाना और पुलिस सहायता केंद्रों में रखा गया है।जिले में अवैध खनन, परिवहन और भंडारण के विरुद्ध चल रही कार्रवाई का प्रभाव लगातार दिखाई दे रहा है। वित्तीय वर्ष 2025-26 में कुल 152 प्रकरण दर्ज किए गए, जिनमें से 142 प्रकरणों का निराकरण करते हुए 35 लाख 2 हजार 524 रुपये की वसूली की गई। वहीं शेष मामलों में नोटिस जारी कर कार्रवाई प्रक्रिया जारी है। वित्तीय वर्ष 2026-27 में अब तक 12 प्रकरण दर्ज किए जा चुके हैं, जिनमें 1 लाख 78 हजार 880 रुपये की वसूली की गई है।खनिज विभाग ने स्पष्ट किया है कि जिले में अवैध उत्खनन, परिवहन एवं भंडारण के खिलाफ अभियान आगे भी निरंतर जारी रहेगा तथा नियमों का उल्लंघन करने वालों पर कठोर कार्रवाई की जाएगी।
- -ऑनलाइन आवेदन करने की अंतिम तिथि 21 जून 2026 तक-नीट यूजी (NEET UG) के जरिए मिलेगा प्रवेश, श्रम विभाग ने पात्र छात्रों से की आवेदन की अपीलरायपुर । छत्तीसगढ़ के संगठित क्षेत्र में काम करने वाले बीमित श्रमिकों के बच्चों के लिए मेडिकल शिक्षा (MBBS/ BDS) के क्षेत्र में करियर बनाने का एक बड़ा और सुनहरा अवसर सामने आया है। भारत सरकार के श्रम एवं रोजगार मंत्रालय के अंतर्गत आने वाले कर्मचारी राज्य बीमा निगम (ESIC) ने देशभर के अपने 20 प्रतिष्ठित मेडिकल कॉलेजों में बीमित श्रमिकों के बच्चों के लिए 700 सीटें आरक्षित की हैं। ऑनलाइन आवेदन करने की अंतिम तिथि 31 मई थी , जिसे बढ़ाकर 21 जून 2026 तक निर्धारित की गई है।श्रमायुक्त कार्यालय से प्राप्त आधिकारिक जानकारी के अनुसार, इन आरक्षित सीटों पर योग्य उम्मीदवारों का चयन नीट यूजी (NEET) परीक्षा के माध्यम से किया जाएगा। इसके लिए ऑनलाइन आवेदन करने की अंतिम तिथि 21 जून 2026 निर्धारित की गई है। जो भी विद्यार्थी इस पात्रता के दायरे में आते हैं, वे बिना देरी किए कर्मचारी राज्य बीमा निगम की आधिकारिक वेबसाइट ESIC Official Website पर जाकर अपना आवेदन जमा कर सकते हैं।श्रम विभाग के अधिकारियों ने बताया कि इस विशेष आरक्षण नीति का मुख्य उद्देश्य संगठित क्षेत्र के श्रमिक परिवारों के प्रतिभावान बच्चों को उच्च और गुणवत्तापूर्ण मेडिकल शिक्षा के बेहतर अवसर देना है। इससे आर्थिक रूप से कमजोर या सामान्य पृष्ठभूमि से आने वाले छात्र भी बिना किसी वित्तीय बाधा के डॉक्टर बनने का अपना सपना पूरा कर सकेंगे। कुल आरक्षित सीटें 700 (देशभर के 20 ESIC मेडिकल कॉलेजों में), चयन का आधार नीट यूजी (NEET UG) मेरिट के आधार पर, आवेदन की अंतिम तिथि 21 जून 2026 है। कर्मचारी राज्य बीमा निगम की आधिकारिक वेबसाइटesic.nic.in का अवलोकन किया जा सकता है। किसी भी प्रकार की शंका या विस्तृत जानकारी के लिए विद्यार्थी और अभिभावक टोल फ्री नंबर 1800-11-2526 पर संपर्क कर सकते हैं। इसके अलावा नजदीकी ESIC शाखा या राज्य स्तरीय क्षेत्रीय कार्यालय से भी मार्गदर्शन लिया जा सकता है। श्रमायुक्त कार्यालय ने प्रदेश के सभी श्रमिक साथियों से विशेष अपील की है कि वे समय रहते इस महत्वाकांक्षी योजना की जानकारी अपने योग्य व इच्छुक बच्चों तक पहुंचाएं और अंतिम तिथि से पहले अधिक से अधिक आवेदन करवाकर इस सुनहरे अवसर का लाभ उठाएं।
- रायपुर। मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय ने आज यहां अपने निवास कार्यालय में महान क्रांतिकारी, प्रखर राष्ट्रवादी चिंतक और स्वतंत्रता संग्राम सेनानी विनायक दामोदर सावरकर की जयंती पर उन्हें पुष्पांजलि अर्पित कर श्रद्धापूर्वक नमन किया। इस अवसर पर मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि वीर सावरकर केवल स्वतंत्रता संग्राम के सेनानी ही नहीं बल्कि राष्ट्रचेतना, साहस और सामाजिक जागरण के प्रखर प्रतीक थे। उन्होंने मातृभूमि की स्वतंत्रता और राष्ट्रीय स्वाभिमान के लिए अपना संपूर्ण जीवन संघर्ष और तपस्या में समर्पित किया। कठिन परिस्थितियों और यातनाओं के बावजूद उनका राष्ट्रभक्ति से ओतप्रोत संकल्प कभी डगमगाया नहीं।मुख्यमंत्री ने कहा कि वीर सावरकर ने समाज में व्याप्त छुआछूत और भेदभाव जैसी कुरीतियों के खिलाफ भी मुखर होकर आवाज उठाई और सामाजिक समरसता तथा राष्ट्रीय एकता को मजबूत करने का सतत प्रयास किया। उनकी लेखनी, विचार और कर्म आज भी देशवासियों को राष्ट्रहित, आत्मगौरव और सामाजिक सद्भाव की प्रेरणा देते हैं।मुख्यमंत्री ने कहा कि वीर सावरकर अपने विचारों से आज भी हमारी युवा पीढ़ी को राष्ट्र निर्माण के लिए प्रेरित करते हैं। हमें उनके आदर्श पथ पर अग्रसर होते हुए एक सशक्त, समृद्ध और आत्मनिर्भर भारत के निर्माण के लिए निरंतर प्रयासरत रहना चाहिए। इस अवसर पर वित्तमंत्री श्री ओपी चौधरी, छत्तीसगढ़ पर्यटन मंडल के अध्यक्ष श्री नीलू शर्मा भी उपस्थित थे।
- - गंगालूर जैसे रिमोट एरिया में कुपोषण मुक्त अभियान की बड़ी सफलता-महिला एवं बाल विकास विभाग, स्वास्थ्य अमले और आंगनबाड़ी टीम के समन्वित प्रयासों से कुपोषण को मात देकर सामान्य श्रेणी में लौटा ढाई वर्षीय अरुणरायपुर । मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय के नेतृत्व में प्रदेश सरकार द्वारा संचालित “कुपोषण मुक्त छत्तीसगढ़” के संकल्प को बीजापुर जिले में लगातार जमीन पर उतारा जा रहा है। महिला एवं बाल विकास विभाग, स्वास्थ्य विभाग तथा जिला प्रशासन के समन्वित प्रयासों से अब दूरस्थ अंचलों में भी बच्चों के स्वास्थ्य में सकारात्मक बदलाव देखने को मिल रहा है। इसी का प्रेरणादायी उदाहरण है बीजापुर जिले के गंगालूर क्षेत्र के आंगनबाड़ी केंद्र कोटिया पारा का ढाई वर्षीय बालक अरुण हेमला, जिसने सतत देखभाल, सही पोषण और सामुदायिक सहयोग से कुपोषण को मात देकर सामान्य श्रेणी में वापसी की है।यह कहानी केवल एक बच्चे के स्वस्थ होने की नहीं, बल्कि शासन की योजनाओं, विभागीय प्रतिबद्धता और सामुदायिक सहभागिता की जीवंत मिसाल है। अरुण हेमला, पिता मंगू हेमला एवं माता शर्मीला हेमला का जन्म 21 दिसंबर 2023 को हुआ था। जन्म के समय उसका वजन 2.500 किलोग्राम था। बार-बार बीमार पड़ने तथा घर में पर्याप्त भोजन नहीं कर पाने के कारण उसका वजन लगातार कम बना रहा। अप्रैल 2025 में स्थिति गंभीर होने पर उसे पोषण पुनर्वास केंद्र बीजापुर में भर्ती कराया गया, जहां भर्ती के समय उसका वजन मात्र 8.600 किलोग्राम था, जो उसकी उम्र के अनुसार अत्यंत कम माना गया।पोषण पुनर्वास केंद्र से डिस्चार्ज होने के बाद महिला एवं बाल विकास विभाग की टीम ने अरुण के स्वास्थ्य सुधार को मिशन की तरह लिया। पर्यवेक्षक श्रीमती उषा वर्मा के मार्गदर्शन में आंगनबाड़ी कार्यकर्ता श्रीमती मुमीता सोरी, सहायिका श्रीमती सोनिया माज्जी, मितानिन श्रीमती देवली वाचम एवं ए.एन.एम. श्रीमती शोभा किरण मिंज ने लगातार समन्वित प्रयास किए। टीम ने घर-घर जाकर न केवल बच्चे की निगरानी की, बल्कि परिवार को पोषण, स्वच्छता और संतुलित आहार के प्रति जागरूक भी किया।निरीक्षण के दौरान टीम ने पाया कि अरुण घर पर अकेले भोजन नहीं करता था, लेकिन आंगनबाड़ी केंद्र में अन्य बच्चों के साथ बैठकर पूरा भोजन कर लेता था। इसके बाद माता-पिता को नियमित रूप से बच्चे को आंगनबाड़ी केंद्र भेजने के लिए प्रेरित किया गया। आंगनबाड़ी कार्यकर्ता द्वारा हर सप्ताह बच्चे का वजन लिया गया तथा परिवार को भोजन की थाली में अनाज, दाल, सब्जी और फल जैसे चार रंगों को शामिल करने की जानकारी दी गई। केंद्र में प्रतिदिन गर्म पका भोजन एवं रेडी-टू-ईट पोषण आहार उपलब्ध कराया गया। साथ ही मितानिन द्वारा दस्त एवं निमोनिया जैसी बीमारियों से बचाव के उपाय भी बताए गए।लगातार 13 महीनों तक चले इन प्रयासों का सकारात्मक परिणाम सामने आया और मई 2026 में अरुण का वजन बढ़कर 10.600 किलोग्राम पहुंच गया। अब वह अपनी उम्र के अनुसार सामान्य श्रेणी में शामिल हो चुका है। उसके चेहरे पर लौटी मुस्कान और आंखों की चमक इस बात का प्रमाण है कि सही समय पर सही देखभाल से कुपोषण जैसी समस्या पर प्रभावी नियंत्रण पाया जा सकता है।अरुण की मां शर्मीला हेमला बताती हैं कि पहले उन्हें अपने बेटे की हालत देखकर हमेशा डर लगा रहता था, लेकिन आंगनबाड़ी और स्वास्थ्य विभाग की टीम ने लगातार घर पहुंचकर समझाइश दी और बच्चे की देखभाल में सहयोग किया। अब अरुण स्वयं भोजन मांगकर खाता है और पहले से कहीं अधिक सक्रिय एवं स्वस्थ है। पर्यवेक्षक श्रीमती उषा वर्मा ने कहा कि अरुण की सफलता यह साबित करती है कि यदि आंगनबाड़ी, स्वास्थ्य विभाग और मितानिन मिलकर कार्य करें तथा परिवार का सहयोग मिले, तो हर बच्चे को कुपोषण से बाहर निकाला जा सकता है। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार द्वारा संचालित पोषण अभियान और कुपोषण मुक्त छत्तीसगढ़ अभियान के तहत जिले में लगातार प्रभावी कार्य किए जा रहे हैं, जिनका सकारात्मक परिणाम अब सामने आने लगा है।बीजापुर जिला प्रशासन और महिला एवं बाल विकास विभाग की यह सफलता दर्शाती है कि शासन की योजनाएं जब संवेदनशीलता और समर्पण के साथ धरातल पर लागू होती हैं, तब दूरस्थ क्षेत्रों के बच्चों का भविष्य भी सुरक्षित और स्वस्थ बनाया जा सकता है। अरुण हेमला की कहानी आज अन्य परिवारों के लिए भी प्रेरणा बन रही है कि सतत निगरानी, संतुलित पोषण और सामुदायिक सहभागिता से स्वस्थ बचपन का सपना साकार किया जा सकता है।
- -दूरस्थ वनांचल में पहुंची विकास की रोशनी : मंत्री लक्ष्मी राजवाड़े के निर्देश पर सुधरा सोलर पम्प, ग्रामीणों के चेहरों पर लौटी मुस्कानरायपुर। शासन की संवेदनशील पहल और जनसेवा के प्रति प्रतिबद्धता का एक प्रेरणादायक उदाहरण सूरजपुर जिले के अत्यंत दूरस्थ वनांचल ग्राम बेलामी, पंचायत घुईडीह, विकासखंड ओड़गी में देखने को मिला, जहां लंबे समय से प्रभावित सोलर पम्प का सुधार कार्य मंत्री श्रीमती लक्ष्मी राजवाड़े के निर्देश पर त्वरित रूप से पूरा कराया गया।वनांचल क्षेत्र के ग्रामीणों के लिए पेयजल और दैनिक उपयोग के पानी की समस्या किसी चुनौती से कम नहीं थी। ऐसे में मंत्री श्रीमती लक्ष्मी राजवाड़े ने ग्रामीणों की परेशानी को गंभीरता से लेते हुए तत्काल क्रेडा विभाग को आवश्यक कार्रवाई के निर्देश दिए। मंत्री के निर्देश के बाद विभागीय टीम ने मौके पर पहुंचकर सोलर पम्प का सुधार कार्य पूर्ण किया, जिससे गांव में फिर से पानी की सुविधा सुचारु हो गई।सोलर पम्प के चालू होते ही ग्रामीणों के चेहरे खिल उठे। गांव के लोगों ने इसे केवल तकनीकी सुधार नहीं, बल्कि संवेदनशील जनप्रतिनिधित्व और ग्रामीण हितों के प्रति जिम्मेदारी का प्रतीक बताया। क्रेडा विभाग के जिला प्रभारी श्री सुजीत श्रीवास्तव की उपस्थिति में सुधार कार्य सम्पन्न हुआ। इस दौरान श्री विजय प्रजापति सहित अन्य मोहल्लेवासियों ने मंत्री श्रीमती लक्ष्मी राजवाड़े के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहा कि दूरस्थ वनांचल क्षेत्र की समस्याओं के समाधान के लिए उनका लगातार सक्रिय रहना ग्रामीणों में विश्वास और नई उम्मीद जगा रहा है।
- अम्बिकापुर। आबकारी आयुक्त श्री पी.एस. एल्मा एवं कलेक्टर श्री अजित वसंत के निर्देश पर जिला आबकारी अधिकारी श्री एल.के. गायकवाड के मार्गदर्शन में अवैध मदिरा निर्माण एवं विक्रय के विरुद्ध लगातार कार्रवाई की जा रही है। इसी क्रम में सहायक जिला आबकारी अधिकारी श्रीमती शीला बड़ा तथा आबकारी उप निरीक्षक श्री अनिल कुमार गुप्ता के नेतृत्व में 27 मई 2026 को मुखबिर से प्राप्त सूचना के आधार पर कार्रवाई की गई। आबकारी वृत्त अम्बिकापुर अंतर्गत ठनगन पारा, अम्बिकापुर निवासी श्रीमती पार्वती देवी, पति स्वर्गीय छन्नुराम, उम्र 50 वर्ष, जाति चेरवा के कब्जे से कुल 31 लीटर महुआ शराब एवं लगभग 500 किलो महुआ लाहान जप्त किया गया। प्रकरण में छत्तीसगढ़ आबकारी अधिनियम 1915 की धारा 34(1)(ख)(च), 34(2) एवं 59(क) के तहत गैर जमानती अपराध पाए जाने पर आरोपी के विरुद्ध प्रकरण कायम कर गिरफ्तार किया गया तथा न्यायिक रिमांड पर जेल भेजा गया। उक्त कार्रवाई में आबकारी मुख्य आरक्षक अयोध्या प्रसाद, गंभीर साय, चन्द्रिका प्रसाद पटेल, आरक्षक सौरभ जायसवाल एवं महिला नगर सैनिक गीता सिंह का विशेष योगदान रहा।
- -धान की फर्जी खरीदी मामले में समिति प्रबंधक व ऑपरेटर पर एफआईआर की तैयारी-कलेक्टर गोपाल वर्मा के निर्देश पर उपार्जन केंद्रों में जांच तेजकवर्धा । कलेक्टर श्री गोपाल वर्मा के निर्देश पर जिले के उपार्जन केंद्रों में धान खरीदी एवं भंडारण व्यवस्था की सघन जांच लगातार जारी है। इसी क्रम में खाद्य विभाग द्वारा धरमगढ़ सेवा सहकारी समिति में जांच के दौरान बड़े पैमाने पर अनियमितता सामने आई है। प्रारंभिक जांच में लगभग 1200 क्विंटल धान, जिसकी अनुमानित कीमत करीब 37 लाख रुपए है, का कागजों में अवैध खरीदी किया जाना पाया गया है। मामले को गंभीर वित्तीय अनियमितता मानते हुए संबंधितों के विरुद्ध एफआईआर दर्ज करने की तैयारी की जा रही है।कलेक्टर श्री गोपाल वर्मा ने धान खरीदी प्रक्रिया में किसी भी प्रकार की लापरवाही एवं गड़बड़ी पर कड़ी कार्रवाई के निर्देश दिए हैं। उन्होंने स्पष्ट कहा है कि शासन की खरीदी व्यवस्था में पारदर्शिता बनाए रखना सर्वाेच्च प्राथमिकता है तथा अनियमितता पाए जाने पर संबंधितों के विरुद्ध कड़ी कार्रवाई की जाएगी। जांच के दौरान समिति प्रबंधक ललित सेंगर एवं ऑपरेटर राजकुमार ठाकुर की उपस्थिति में धान के बोरे का भौतिक सत्यापन किया गया। इस दौरान एक बोरे का वजन मात्र 24.800 किलोग्राम पाया गया, जबकि निर्धारित मानक के अनुसार वजन अधिक होना चाहिए था। इससे धान खरीदी, तौल एवं भंडारण प्रक्रिया में गंभीर गड़बड़ी की पुष्टि हुई।जांच टीम द्वारा रिकॉर्ड एवं भौतिक भंडारण का मिलान करने पर दस्तावेजों और वास्तविक उपलब्धता में अंतर पाया गया। अधिकारियों ने मौके पर विस्तृत जांच कर प्रतिवेदन तैयार किया है। मामले में समिति प्रबंधक ललित सेंगर तथा ऑपरेटर राजकुमार ठाकुर के विरुद्ध वैधानिक कार्रवाई प्रारंभ कर दी गई है। जांच दल में खाद्य अधिकारी चन्द्रशेखर देवांगन, सहायक खाद्य अधिकारी दलेश्वर साहू, खाद्य निरीक्षक अमित द्विवेदी, अनामिका ठाकुर, निधि वर्मा, सहकारिता निरीक्षक प्रवेश तिवारी सहित अन्य अधिकारी शामिल रहे। प्रशासन द्वारा जिले के अन्य उपार्जन केंद्रों में भी जांच अभियान जारी रखने की बात कही गई है।
- 0- तिल्दा एसडीएम ने ग्रामीणों को सौंपे अधिकार अभिलेख, कलेक्टर के निर्देश पर हो रहा वितरणरायपुर। तिल्दा विकासखंड के ग्राम केवराडीह, ग्राम पंचायत मांठ, ग्राम पंचायत सिर्री तहसील खरोरा में स्वामित्व योजना के अंतर्गत हितग्राहियों को संपत्ति का पट्टा वितरित किया गया। तिल्दा एसडीएम श्री आशुतोष देवांगन ने ग्रामीणों को अधिकार अभिलेख प्रदान किए। कलेक्टर डॉ. गौरव सिंह के निर्देशानुसार जिले में प्रधानमंत्री स्वामित्व योजना के अंतर्गत पात्र हितग्राहियों को चरणबद्ध तरीके से पट्टा प्रदान किया जा रहा है। इस योजना से ग्रामीणों को उनकी आवासीय भूमि का मालिकाना हक मिल रहा है।प्रधानमंत्री स्वामित्व योजना का उद्देश्य ग्रामीण आबादी वाले क्षेत्रों में घरों के मालिकों को 'अधिकार अभिलेख' प्रदान करना है। इसके तहत ड्रोन तकनीक से गांव की आबादी भूमि का सर्वे कर संपत्ति कार्ड तैयार किए जाते हैं। इस योजना से ग्रामीणों को संपत्ति पर कानूनी अधिकार मिलता है, जिससे वे बैंक से ऋण ले सकते हैं और संपत्ति संबंधी विवादों में कमी आती है। यह योजना ग्रामीणों को आर्थिक रूप से सशक्त बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है। इस अवसर पर तहसीलदार श्री शेखर मडई सहित ग्रामीणजन उपस्थित रहे।
- 0- ब्राम्ही की जैविक खेती से आत्मनिर्भर बनी श्रीमती गीता वर्मा0- रासायनिक खाद को त्यागकर किया वर्मी खाद का उपयोगरायपुर. प्रोजेक्ट औषधि के तहत ब्राम्ही औषधि की खेती कर श्रीमती गीता वर्मा ने आत्मनिर्भरता एवं महिला सशक्तिकरण की नई मिसाल प्रस्तुत की है। खास बात यह है कि उन्होंने इस खेती में रासायनिक खाद का उपयोग न कर वर्मी खाद के जरिए औषधि का उत्पादन किया है। श्रीमती वर्मा आरंग विकासखण्ड के ग्राम चटौद के वैभव महिला स्व-सहायता समूह की एक सक्रीय सदस्य हैं। उनके द्वारा जुलाई माह में ब्राम्ही खेती का कार्य प्रारंभ किया गया, जिसकी जुताई, बुवाई एवं कटाई में उन्हें लगभग 20 हजार रुपए की लागत आई, जबकि प्रथम कटाई में ही उन्हें 25 हजार रुपए की आय प्राप्त हुई। श्रीमती वर्मा की यह पहल क्षेत्र की अन्य महिलाओं के लिए प्रेरणा बन रही है। वे कम लागत एवं जैविक पद्धति से औषधीय ब्राम्ही की खेती कर बेहतर लाभ प्राप्त कर रही हैं।उल्लेखनीय है कि जिले में प्रोजेक्ट औषधि के अंतर्गत औषधीय पौधरोपण को बढ़ावा दिया जा रहा है। इसके तहत जिले में कुल 153.86 एकड़ भूमि चिन्हांकित की गई है, जिसमें से वर्तमान में 42.21 एकड़ क्षेत्र में औषधीय पौधरोपण पूर्ण किया जा चुका है। यह कार्य स्व-सहायता समूहों के माध्यम से किया जा रहा है, जिसमें विशेष रूप से बच एवं ब्राम्ही जैसे औषधीय पौधों का रोपण किया गया है।
- रायपुर. महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी योजना, किसान श्री तिरिथ तारक के जीवन में बदलाव का कारण बनी है। योजना के तहत बने आजीविका डबरी से अब श्री तारक अपने खेत में वर्षा जल संरक्षण और मछली पालन कर सकेंगे।श्री तारक विकासखंड अभनपुर अंतर्गत ग्राम पंचायत जवईबांधा के एक किसान हैं एवं उनके पास लगभग 1 एकड़ खेत है। गांव में बोर की सुविधा न होने पर वे साल में केवल एक ही फसल की खेती कर पाते थे। हर वर्ष बारिश का पानी खेतों से बहकर निकल जाता था, जिसे रोकने की उनकी इच्छा तो थी, लेकिन पानी रोकने के लिए उनके पास कोई उपाय नहीं था। इसी दौरान ग्राम पंचायत के सरपंच एवं रोजगार सहायक ने उन्हें महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी योजना अंतर्गत आजीविका डबरी निर्माण योजना की जानकारी दी। उन्हें बताया गया कि डबरी निर्माण से भू-जल स्तर बढ़ेगा, खेतों में नमी बनी रहेगी तथा बारिश के बाद सिंचाई की सुविधा भी उपलब्ध होगी। साथ ही मछली पालन एवं सिंघाड़ा खेती से अतिरिक्त आय अर्जित की जा सकेगी।जनवरी 2026 को कार्य का ले-आउट प्रदान किया गया। 22 मीटर लंबाई एवं 18 मीटर चौड़ाई की डबरी निर्माण हेतु मस्टर रोल जारी कर 27 श्रमिकों के साथ कार्य प्रारंभ किया गया। यह कार्य मार्च 2026 को पूर्ण हो गया।अब वर्षा ऋतु में बारिश का पानी डबरी में एकत्रित होगा, जिससे श्री तारक मछली पालन के साथ-साथ रवि फसल की सिंचाई भी कर सकेंगे। इससे उनकी आय में वृद्धि होगी तथा आर्थिक स्थिति मजबूत बनेगी।
- 0- शैलेन्द्री धीवर कर रहीं हर महीने 25 से 30 हजार की आय अर्जितरायपुर. कुछ करने का जज़्बा हो और शासन की योजना का साथ मिल जाए तो कोई मुश्किल नहीं रोक सकती। इसी कथन का सच कर दिखाया है श्रीमती शैलेन्द्री धीवन ने। श्रीमती धीवर बिहान योजना के स्व-सहायता समूह से जुड़कर स्वयं का व्यवसाय शुरू कर आत्मनिर्भरता की मिसाल प्रस्तुत की है।श्रीमती धीवर ने सीमित संसाधनों के साथ सिलाई का कार्य शुरू किया। प्रारंभ में उन्हें छोटे ऑर्डर मिलते थे लेकिन धीरे-धीरे लोग उनके काम को पसंद करने लगे। इसके पश्चात् उन्होंने गन्ना जूस का व्यवसाय प्रारंभ किया, जिससे उनकी आय में वृद्धि हुई। अपनी बढ़ती आय को देखते हुए उन्होंने कपड़ों का एक छोटा व्यवसाय शुरू किया। शुरूआत मे कभी ग्राहकों की कमी तो कभी पूजीं की दिक्कत जैसी समस्याएं उनके सामने आई, लेकित मेहनत और अच्छी सेवा से उनकी दुकान चल पड़ी और आज उन्होंने सफल व्यवसायी के रूप में अपनी पहचान बनाई है। आज शैलेन्द्री हर महीने 25 से 30 हजार की आय अर्जित कर रही हैं, और अन्य महिलाओं के लिए प्ररणास्त्रोत भी बनी हैं।
- 0- पं. शुक्ला को कलेक्टर डॉ. गौरव सिंह ने प्रशस्ति पत्र देकर किया सम्मानितरायपुर। विकासखंड तिल्दा निवासी पण्डित श्री राम कृष्ण शुक्ला जी द्वारा संरक्षित दुर्लभ पांडुलिपियों को ज्ञानभारतम् पोर्टल में दर्ज किया गया है। कलेक्टर डॉ. गौरव सिंह ने रेडक्रॉस सभा कक्ष में पण्डित श्री राम कृष्ण शुक्ला को प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया।उनके पूर्वजों द्वारा संरक्षित एवं सुरक्षित रखी गई लगभग 80 वर्ष पुरानी हस्तलिखित भागवत कथा तथा भजन गीतों की दुर्लभ पांडुलिपिया प्राप्त हुई। दोनों पांडुलिपियां ऐतिहासिक एवं सांस्कृतिक दृष्टि से अत्यंत महत्वपूर्ण मानी जा रही हैं।कलेक्टर डॉ. गौरव सिंह ने कहा कि प्राचीन पांडुलिपियों का संरक्षण हमारी समृद्ध विरासत को बचाने जैसा है। प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी एवं मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय के आह्वान पर ज्ञानभारतम मिशन के अंतर्गत जिले में सर्वेक्षण का कार्य किया जा रहा है। इस अवसर पर जिला पंचायत सीईओ श्री कुमार बिश्वरंजन सहित अन्य अधिकारी उपस्थित रहे।



























