ब्रेकिंग न्यूज़

अकादमिक सशक्तिकरण, रोजगार सृजन और कर्मचारी हितों के साथ आगे बढ़ता छत्तीसगढ़

 -362 सहायक प्राध्यापक बने प्रोफेसर, 152 प्रोफ़ेसर हुए प्राचार्य पदोन्नति,  शैक्षणिक नेतृत्व को मिली नई मजबूती
-595 पदों पर भर्ती प्रक्रिया शुरू, 700 नए पदों की मंजूरी, युवाओं के लिए सरकारी सेवा के बड़े अवसर
-​72 सहायक प्राध्यापकों को 37.23 करोड़ रुपये एरियर्स, 935 की परिवीक्षा अवधि समाप्त
-​सेवा सुरक्षा को मिला मजबूत आधार, 34 अनुकंपा नियुक्तियां, 118 कर्मचारियों को उच्चतर समयमान वेतनमान,  कर्मचारी कल्याण को मिली संवेदनशील दिशा
 विशेष लेख - विष्णु प्रसाद वर्मा, सहायक संचालक
  ​किसी भी राज्य की प्रगति का वास्तविक पैमाना उसकी शिक्षा व्यवस्था होती है और इसकी गुणवत्ता केंद्र में खड़े शिक्षक, अधिकारी और कर्मचारियों की सक्षमता, सुरक्षा और सम्मान पर निर्भर करती है। जब उच्च शिक्षा व्यवस्था में कार्यरत मानव संसाधन को पदोन्नति, सेवा सुरक्षा, वित्तीय सम्मान और शोध के अवसर एक साथ मिलते हैं, तब शिक्षा राज्य के सामाजिक-आर्थिक परिवर्तन की सबसे मजबूत धुरी बन जाती है। छत्तीसगढ़ का उच्च शिक्षा विभाग इन दिनों इसी व्यापक और समग्र परिवर्तन के दौर से गुजर रहा है।
 राज्य सरकार ने उच्च शिक्षा विभाग को केवल भवनों, पाठ्यक्रमों और परीक्षाओं तक सीमित न रखकर उसे अकादमिक गुणवत्ता, प्रशासनिक दक्षता, रोजगार सृजन, शोध संवर्धन और कर्मचारी कल्याण से जोड़ा है। हाल के महीनों में लिए गए निर्णय इस बात के प्रमाण हैं कि सरकार उच्च शिक्षा संस्थानों को भविष्य के ज्ञान-केंद्रों के रूप में विकसित करने के लिए प्रतिबद्ध है। पदोन्नतियों की लंबित फाइलों को गति देना, नई भर्तियां, वेतनमान व एरियर्स का निराकरण, तकनीकी स्टाफ की नियुक्ति, शोध को प्रोत्साहन और अनुकंपा नियुक्ति जैसे कदमों से विभाग ने हर मोर्चे पर ठोस और संवेदनशील पहल की है।
  ​उच्च शिक्षा संस्थानों की गुणवत्ता का एक बड़ा आधार उनका नेतृत्व होता है। जब कॉलेजों और विश्वविद्यालयों में योग्य और अनुभवी शिक्षकों को समय पर पदोन्नति मिलती है, तो उसका सीधा असर संस्थान की कार्यसंस्कृति और प्रशासनिक क्षमता पर दिखाई देता है। लंबित पदोन्नति प्रक्रियाओं को गति देकर राज्य सरकार ने एक निर्णायक पहल की है।
   ​वर्ष 2025 में रिकॉर्ड 362 सहायक प्राध्यापकों को पदोन्नत कर प्राध्यापक (प्रोफेसर) बनाया गया है। इसके साथ ही 152 पदोन्नत प्राध्यापकों को स्नातक प्राचार्य तथा 07 स्नातक प्राचार्यों को स्नातकोत्तर (PG) प्राचार्य के पद पर पदोंन्नत किया गया है। इन निर्णयों से महाविद्यालयों की कमान अनुभवी हाथों में पहुँची है, जिससे संस्थागत निर्णय क्षमता, शैक्षणिक अनुशासन और प्रशासनिक जवाबदेही मजबूत होगी।
  ​गुणवत्तापूर्ण शिक्षण व्यवस्था के लिए संस्थानों में पर्याप्त संख्या में शिक्षक और विशेषज्ञ अनिवार्य हैं। राज्य सरकार ने रिक्त पदों को भरने की प्रक्रिया शुरू कर युवाओं के लिए सरकारी सेवा में प्रवेश के बड़े अवसर निर्मित किए हैं। शासकीय महाविद्यालयों में प्राध्यापकों के 595 पदों पर सीधी भर्ती की प्रक्रिया आधिकारिक रूप से प्रारंभ हो चुकी है।
  ​इसके अतिरिक्त, विभागीय संरचना को सशक्त बनाने के लिए कुल 700 पदों पर सीधी भर्ती को मंजूरी दी गई है। इनमें 625 पद सहायक प्राध्यापक, 50 पद ग्रंथपाल और 25 पद क्रीड़ाधिकारी के शामिल हैं। सहायक प्राध्यापकों की भर्ती से विषयवार अध्यापन की गुणवत्ता बेहतर होगी, ग्रंथपालों से पुस्तकालय अकादमिक संसाधनों के प्रभावी केंद्र बनेंगे और क्रीड़ाधिकारियों से विद्यार्थियों का सर्वांगीण विकास होगा। यह अभियान प्रदेश के योग्य युवाओं को सम्मानजनक रोजगार उपलब्ध कराने का सशक्त माध्यम बनने जा रहा है।
   ​राज्य में सहायक प्राध्यापक बनने की आकांक्षा रखने वाले हजारों युवाओं के लिए राज्य पात्रता परीक्षा (CG-SET) एक महत्वपूर्ण अवसर है। विभाग द्वारा CG-SET का आयोजन 04 अक्टूबर 2026 को प्रस्तावित है l सरकार नई पीढ़ी की प्रतिभाओं को अकादमिक करियर में आगे बढ़ाने के लिए गंभीर है। यह परीक्षा छत्तीसगढ़ के युवाओं को प्रतिस्पर्धी शैक्षणिक परिदृश्य और ज्ञान-आधारित अर्थव्यवस्था में अपनी जगह बनाने का अवसर देती है।
   ​विज्ञान, प्रौद्योगिकी और व्यावसायिक विषयों के लिए प्रयोगशालाएं, उपकरण और प्रशिक्षित तकनीकी स्टाफ उतने ही आवश्यक हैं जितने कक्षा और कक्ष। वर्ष 2025-26 के दौरान प्रयोगशाला तकनीशियन के 260 रिक्त पदों के विरुद्ध 247 अभ्यर्थियों तथा प्रयोगशाला परिचारक के 429 रिक्त पदों के विरुद्ध 399 अभ्यर्थियों को नियुक्ति आदेश जारी किए जा चुके हैं। तकनीकी स्टाफ की उपलब्धता से प्रयोगशालाओं का नियमित संचालन और विद्यार्थियों को व्यवहारिक प्रशिक्षण देने की प्रक्रिया अधिक प्रभावी होगी।
 विभागीय मजबूती का सबसे बड़ा आधार कर्मचारियों की सेवा सुरक्षा, न्यायपूर्ण वेतन संरचना और लंबित मामलों का समयबद्ध समाधान है। आपातकालीन रूप से अचयनित रहे 72 सहायक प्राध्यापकों को उनकी प्रथम नियुक्ति तिथि से वरिष्ठ, प्रवर श्रेणी और पे-बैंड-4 की स्वीकृति देकर 37.23 करोड़ रुपये की एरियर्स राशि उनके खातों में अंतरित की गई है, जो संस्थागत न्याय का प्रतीक है।
  ​इसी तरह, वर्ष 2021 और 2022 में नियुक्त लगभग 1168 सहायक प्राध्यापकों में से रिकॉर्ड 935 नवनियुक्त प्राध्यापकों की परिवीक्षा अवधि समाप्त करने के आदेश जारी किए गए हैं। परिवीक्षा समाप्त होना कर्मचारियों के लिए स्थायित्व और पेशेवर सुरक्षा का महत्वपूर्ण पड़ाव है, जिससे विभाग के भीतर प्रतिबद्ध शैक्षणिक कार्यबल तैयार हुआ है।
 ​उच्च शिक्षा व्यवस्था में शोध और नवाचार की भूमिका को देखते हुए राज्य सरकार द्वारा 577 सहायक प्राध्यापकों को पीएचडी करने की अनुमति देना एक दूरदर्शी निर्णय है। अधिक शिक्षक जब शोध से जुड़ेंगे, तो कक्षा में अद्यतन ज्ञान पहुंचेगा और महाविद्यालयों में बौद्धिक विमर्श का स्तर ऊपर उठेगा।   ​शिक्षकों के साथ-साथ तृतीय और चतुर्थ श्रेणी के कर्मचारी भी व्यवस्था की रीढ़ हैं। दिसंबर 2023 से अब तक दिवंगत कर्मचारियों के 34 आश्रितों को अनुकंपा नियुक्ति प्रदान की गई है, जो संकटग्रस्त परिवारों को जीवन संभालने का संबल देती है। इसके अतिरिक्त, 324 कर्मचारियों को उच्चतर समयमान वेतनमान प्रदान किया गया है और वर्ष 2024-25 की पदोन्नति संबंधी समस्त कार्यवाहियां समय सीमा में पूर्ण कर ली गई हैं।
 उच्च शिक्षा विभाग के ये फैसले मिलकर एक व्यापक परिवर्तनकारी मॉडल की रचना करते हैं, जहां नेतृत्व सुदृढ़ीकरण, नई भर्ती, सेवा सुरक्षा, कर्मचारी कल्याण, तकनीकी संसाधन और शोध संवर्धन एक साथ आगे बढ़ते हैं। छत्तीसगढ़ में उच्च शिक्षा के क्षेत्र में जो परिवर्तन आज दिखाई दे रहे हैं, वे केवल विभागीय उपलब्धियों की सूची नहीं, बल्कि एक ऐसी नीति-दृष्टि हैं जिसमें शिक्षा को राज्य के भविष्य निर्माण का केंद्रीय माध्यम माना गया है। आने वाले समय में ये प्रयास छत्तीसगढ़ के कॉलेजों और विश्वविद्यालयों को ज्ञान, शोध, नेतृत्व और सामाजिक परिवर्तन के सशक्त केंद्र के रूप में स्थापित करेंगे।

Related Post

Leave A Comment

Don’t worry ! Your email address will not be published. Required fields are marked (*).

Chhattisgarh Aaj

Chhattisgarh Aaj News

Today News

Today News Hindi

Latest News India

Today Breaking News Headlines News
the news in hindi
Latest News, Breaking News Today
breaking news in india today live, latest news today, india news, breaking news in india today in english