एशियन गेम्स : प्रणवी उर्स ने रचा इतिहास, गोल्फ में भारत को दिलाया ऐतिहासिक गोल्ड; महिला टीम ने जीता सिल्वर
नई दिल्ली। एशियन गेम्स 2026 में भारतीय गोल्फर प्रणवी उर्स ने ऐतिहासिक उपलब्धि हासिल करते हुए महिला व्यक्तिगत स्ट्रोक प्ले में भारत के लिए गोल्ड मेडल जीत लिया। कासुगाई कंट्री क्लब ईस्ट कोर्स में चार दिन तक चले मुकाबले में प्रणवी ने कुल 15-अंडर 265 के स्कोर के साथ शीर्ष स्थान हासिल किया। उनकी शानदार प्रदर्शन की बदौलत भारतीय महिला टीम ने भी 14-अंडर 546 के कुल स्कोर के साथ सिल्वर मेडल अपने नाम किया। प्रणवी उर्स एशियन गेम्स के महिला व्यक्तिगत स्ट्रोक प्ले में गोल्ड मेडल जीतने वाली पहली भारतीय महिला गोल्फर बन गई हैं। अंतिम दौर में उन्होंने ईवन पार 70 का स्कोर किया और पूरे टूर्नामेंट में लगातार शानदार प्रदर्शन करते हुए ऐतिहासिक स्वर्ण पदक अपने नाम किया।
अंतिम दौर की शुरुआत में प्रणवी के पास दूसरे स्थान पर चल रही सिंगापुर की शैनन टैन पर तीन स्ट्रोक की बढ़त थी। तीसरे होल पर ट्रिपल बोगी के कारण वह कुछ समय के लिए दूसरे स्थान पर खिसक गईं, लेकिन उन्होंने दबाव में शानदार वापसी की। छठे, 10वें और 13वें होल पर तीन बर्डी लगाकर प्रणवी ने फिर बढ़त हासिल कर ली।
प्रणवी ने अंतिम 18वें होल पर ईवन पार स्कोर करते हुए अपनी बढ़त बरकरार रखी और 15-अंडर 265 के कुल स्कोर के साथ गोल्ड मेडल पक्का किया। अंतिम दौर से पहले भी वह मजबूत स्थिति में थीं और हांगकांग की चौथे स्थान पर चल रही सोफी हान से नौ स्ट्रोक आगे थीं। प्रणवी के शानदार प्रदर्शन का असर भारतीय महिला टीम के प्रदर्शन पर भी पड़ा। भारत ने चार दिनों में 14-अंडर 546 के कुल स्कोर के साथ सिल्वर मेडल जीता। महिला टीम स्पर्धा में यह एशियन गेम्स के गोल्फ इतिहास में भारत का पहला मेडल है, जिससे भारतीय गोल्फ के लिए यह प्रतियोगिता ऐतिहासिक बन गई।
भारत की अनुभवी गोल्फर अदिति अशोक ने अंतिम दौर में 3-अंडर 67 का स्कोर किया। हालांकि, उनका कुल स्कोर 2-ओवर 282 रहा और वह 14वें स्थान पर रहीं। पिछले एशियन गेम्स में अदिति तीसरे दौर के बाद शीर्ष पर थीं, लेकिन अंतिम दिन बढ़त बरकरार नहीं रख सकीं और उन्हें गोल्ड की जगह सिल्वर मेडल से संतोष करना पड़ा था।
दीक्षा डागर का अंतिम दौर उम्मीद के मुताबिक नहीं रहा। उन्होंने चौथे दिन 7-ओवर पार का स्कोर किया, जिससे उनका कुल स्कोर 12-ओवर हो गया। वह संयुक्त रूप से 23वें स्थान पर रहीं।
चीन की यिन रुओनिंग और सिंगापुर की शैनन टैन ने 14-अंडर पार के समान स्कोर के साथ संयुक्त रूप से सिल्वर मेडल हासिल किया। प्रणवी की अंतिम दौर की चुनौती के बावजूद दोनों खिलाड़ियों ने पूरे मुकाबले में मजबूत प्रदर्शन किया। अंतिम दौर से पहले भारत को प्रणवी और महिला टीम से दो मेडल की उम्मीद थी। प्रणवी ने व्यक्तिगत स्पर्धा में गोल्ड और भारतीय महिला टीम ने सिल्वर जीतकर इन उम्मीदों को ऐतिहासिक उपलब्धि में बदल दिया। इस प्रदर्शन ने एशियन गेम्स 2026 में भारतीय गोल्फ के लिए एक यादगार अध्याय जोड़ दिया।










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