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- फेंगशुई चीनी वास्तु शास्त्र माना जाता है। फेंगशुई में ऐसे कई उपाय व तरीके बताए गए हैं, जिनकी मदद से वास्तु दोष तो दूर होता ही है साथ में घर को एक अच्छा लुक भी मिलता है। फेंगशुई में बताई गई चीजें पॉजिटिव एनर्जी का संचार करने के साथ खूबसूरती में भी चार चांद लगाती हैं। आइए जानते हैं ऐसी ही फेंगशुई वस्तुएं, जो आपकी आर्थिक स्थिति को बेहतर बना सकती हैं-घर में रखें ये चीजें, बढ़ेगा धन-धान्य1. बांस का पौधा- धन-धान्य बढ़ाने के लिए आप बांस का पौधा घर में रख सकते हैं। घर के लिए बेहद ही शुभ माना जाता है बैंबू ट्री। ईस्ट कॉर्नर में बैंबू ट्री लगाने से घर की सुख-समृद्धि बनी रहती है और पॉजिटिव एनर्जी का संचार होता है।2. लाफिंग बुद्धा- धन-धान्य बढ़ाने के लिए आप लाफिंग बुद्धा घर में रख सकते हैं। लाफिंग बुद्धा लाना चाहिए। दोनों हाथ ऊपर किए हुए लाफिंग बुद्धा के स्टैच्यू को अपने ऑफिस या घर में लगाने से सुख-समृद्धि बनी रहती है और तरक्की के मार्ग भी खुलते हैं।3. फेंगशुई मेंढक- धन-धान्य बढ़ाने के लिए आप फेंगशुई मेंढक घर में रख सकते हैं। अगर आप आर्थिक परेशानी से घिरे हुए हैं तो आज ही अपने घर फेंगशुई का मेंढक लाएं। फेंगशुई मेंढक बेहद ही लकी माना जाता है, जिससे रुपए पैसों की दिक्कतें दूर हो सकती हैं।4. चीनी सिक्के- फेंग शुई शस्त्र में चीनी सिक्कों का विशेष महत्व बताया गया है। लाल रंग या लाल धागे में इन सिक्कों को लपेटकर घर के मुख्य दरवाजे पर लटकाने से घर की बरकत बनी रहती है।5. विंड चाइम- धन-धान्य बढ़ाने के लिए आप विंड चाइम घर में लगा सकते हैं। घर में पॉजिटिविटी अट्रैक्ट करने के लिए और सुख-समृद्धि बढ़ाने के लिए आप विंड चाइम लगा सकते हैं।
- हर व्यक्ति किसी भी काम में सफल होने के लिए कड़ी मेहनत करता है। लेकिन तमाम कोशिशों के बाद भी कई बार कार्यों में सफलता प्राप्त नहीं हो पाती है। बार-बार कार्यों में अड़चनों का आना और सफलता नहीं मिल पाने के पीछे का एक कारण वास्तु दोष भी हो सकता है। वास्तु के अनुसार, कुछ बातों का ध्यान रखने से वास्तु दोष से मुक्ति मिलती है और कार्यों की विघ्न-बाधाएं खत्म होती हैं। जानें कार्यों की बाधाएं दूर करने के लिए वास्तु उपाय-उत्तर दिशा में लगाएं तस्वीरवास्तु के अनुसार, कार्यों की विघ्न-बाधा दूर करने के लिए घर की उत्तर दिशा में एक ऐसा चित्र लगाएं, जिसमें एक सड़क जा रही हो और दोनों ओर हरे पेड़ हों। ऐसा करने से कार्यों में सफलता प्राप्त होती है।उत्तर पूर्व दिशा में स्वर्ण मंदिर का चित्रवास्तु के अनुसार, घर की उत्तर पूर्व दिशा में स्वर्ण मंदिर का चित्र लगाएं, जिसमें सरोवर जरूर हो। ऐसा करने से कार्यों की अड़चनें दूर होती हैं।भैरों जी के करें दर्शनअगर आपको कार्यों में बार-बार असफलता प्राप्त हो रही है, तो 11 रविवार किसी भैरों के मंदिर में भैरों जी के दर्शन करें। वास्तु के अनुसार, ऐसा करने से जीवन में सफलता प्राप्त होती है।उत्तर-पश्चिम दिशा में प्रतिदिन अनुलोम-विलोमवास्तु के अनुसार, घर की उत्तर-पश्चिम दिशा में प्रतिदिन अनुलोम-विलोम करना चाहिए। इससे घर का वायु तत्व संतुलित होता है। वास्तु शास्त्र कहता है कि इससे कार्यों की बाधाएं दूर होती हैं।प्लानिंग किसी के साथ न करें शेयरवास्तु के अनुसार, जब जरूरी कार्य से निकलें, तब अपने कुल देवता एवं पितृ को प्रणाम करके निकलें। ध्यान रखें कि अपनी कोई भी प्लानिंग पहले से किसी को भी नहीं बताएं।
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-पंडित प्रकाश उपाध्याय
मेषमेष राशि के लोगों को आज के दिन सेहत पर थोड़ा ज्यादा ध्यान देना चाहिए। योग, जिम या आउटडोर स्पोर्ट्स में हिस्सा लें, ताकि ऊर्जा बनी रहे। प्रोटीन और फाइबर युक्त आहार लें। तनाव को दूर रखने के लिए आपको ध्यान का अभ्यास करने के साथ ही साथ जंक फूड्स खाने से बचना चाहिए। अनुशासित दिनचर्या बनाए रखना आपके लिए लाभकारी है।वृषभवृषभ राशि के लोगों का स्वास्थ्य आज के दिन सेहत के प्रति थोड़ा सतर्क रहना चाहिए। हल्की एक्सरसाइज जैसे वॉक या योग दिन की शुरुआत के लिए अच्छा है। आज के दिन आप लोगों को सुपरफूड्स को भोजन में शामिल करें। आज के दिन इस राशि के लोगों को माइंडफुलनेस और ध्यान से मानसिक संतुलन पाएं। मीठा और प्रोसेस्ड खाना टालें।मिथुनमिथुन राशि के लोगों को ऊर्जा से भरपूर दिन है। फिटनेस पर ध्यान देने का आपके लिए यह सही समय है। आज आपको योग या कार्डियो से शुरुआत करनी चाहिए। ताजे फल-सब्जियाँ और लीन प्रोटीन लें। ध्यान और डीप ब्रीदिंग से मन को शांत रखें।कर्ककर्क राशि के लोगों को आज के दिन स्वास्थ्य पर ध्यान देने की जरूरत है। मध्यम व्यायाम जैसे वॉक या योग करें। आहार में हरी सब्जियां और ड्राई फ्रूट्स को भी जोड़ना चाहिए। पुरानी स्वास्थ्य समस्याओं में सुधार संभव है। ध्यान और जर्नलिंग से मन को सुकून मिलेगा।सिंहसिंह राशि के लोगों को आज के दिन शारीरिक और मानसिक रूप से मजबूत महसूस करेंगे। एरोबिक या स्ट्रेंथ ट्रेनिंग फायदेमंद रहेगी। तनाव से राहत के लिए पसंदीदा शौक अपनाएं। आज के दिन आप लोगों को संतुलित आहार लेने के साथ ही साथ नींद को पूरा करने पर भी ध्यान देना चाहिए।कन्याकन्या राशि के लोगों को आज के दिन नई स्वास्थ्य आदतें शुरू करने का सही दिन है। योग या आउटडोर एक्टिविटी से दिन की शुरुआत करें। हरी सब्जियां, अनाज और प्रोटीन लें। ध्यान करें और पर्याप्त पानी पिएं। ऐसा करना सेहत के लिए फायदेमंद रहता है।तुलातुला राशि के लोगों को आज आप ऊर्जा से भरपूर रहेंगे। योग या जिम को दिनचर्या में शामिल करें। अगर आप अपनी डाइट में प्रोटीन बढ़ाते हैं तो ऐसे में माइंडफुलनेस का अभ्यास करना चाहिए। नींद और पानी की मात्रा संतुलित रखें।वृश्चिकवृश्चिक राशि के लोगों को आज के दिन स्वास्थ्य अच्छा रहेगा। योग, कार्डियो या स्ट्रेंथ ट्रेनिंग करें। आहार में फल, सब्जियां और साबुत अनाज लें। वजन घटाने या जीवनशैली में बदलाव की शुरुआत के लिए अच्छा दिन है।धनुधनु राशि के लोगों को आज के दिन सेहतमंद रहने पर ध्यान देना चाहिए। लेकिन लगातार ध्यान देना जरूरी है। नियमित योग या जॉगिंग करें। प्रोसेस्ड फूड से बचें और प्राकृतिक वातावरण में समय बिताएं। ध्यान आपके मानसिक स्वास्थ्य के लिए फायदेमंद रहेगा।मकरमकर राशि के लोगों को आज के दिन सेहत अच्छी है, लेकिन तनाव से बचें। ब्रिस्क वॉक या जिम आपकी दिनचर्या में होनी चाहिए। पौष्टिक आहार लें और शौक में समय बिताएं। खुद को थकाएं नहीं, नींद पूरी लें।कुंभकुंभ राशि के लोगों को आज के दिन तरोताज़ा महसूस कर सकते हैं। योग, स्ट्रेंथ ट्रेनिंग या कार्डियो फायदेमंद रहेगा। अनहेल्दी फूड से बचें और पोषक आहार लें। भरपूर नींद और पानी आपके स्वास्थ्य की कुंजी है।मीनमीन राशि के लोगों को आज के दिन फिटनेस पर ध्यान देना जरूरी है। योग या आउटडोर वर्कआउट करें। सुपरफूड्स और विटामिन से भरपूर आहार लें। तनाव से निपटने के लिए ध्यान या जर्नलिंग करें। अगर जरूरत हो, तो विशेषज्ञ की सलाह लें। - वास्तु के अनुसार, घर पर कुछ पौधों को रखना या लगाना अत्यंत शुभ माना गया है। मान्यता है कि ये पौधे जीवन में पॉजिटिव एनर्जी बढ़ाते हैं और सुख-समृद्धि लाते हैं।घर के लिए लकी होते हैं ये पौधेवास्तु शास्त्र में ऐसे पौधों के बारे में बताया गया है जिन्हें घर में लगाने से सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है और मानसिक शांति मिलती है। कहते हैं कि इन पौधों को लगाने से घर में पॉजिटिव व खुशनुमा एहसास होता है। यह पौधे घर की सकारात्मक ऊर्जा में वृद्धि करते हैं। जानें वास्तु के अनुसार, किन 5 पौधों को घर में लगाना माना जाता है शुभ-मनी प्लांटहिंदू धर्म में मनी प्लांट को मां लक्ष्मी का प्रतीक माना गया है। कहा जाता है कि यह पौधा घर में सुख-समृद्धि व खुशहाली लाता है। इस पौधे को घर में लगाने से सकारात्मक ऊर्जा आती है। रिश्तों में प्यार बढ़ता है। मनी प्लांट को उत्तर, उत्तर-पूर्व या पूर्व दिशा में लगाना अत्यंत शुभ व लाभकारी माना गया है। इस पौधे को दक्षिण दिशा में लगाने से बचना चाहिए।बैम्बू ट्रीबैम्बू ट्री को सुख, समृद्धि, शांति व सफलता का प्रतीक माना जाता है। कहते हैं कि इसे लगाने से धन में वृद्धि होती है। इसे घर या ऑफिस दोनों जगह रख सकते हैं। कहा जाता है कि यह पौधा सकारात्मक ऊर्जा को खींचता है और नकारात्मक ऊर्जा को घर से हटाता है। बैम्बू ट्री को लगाने के लिए पूर्व या दक्षिण-पूर्व दिशा शुभ मानी गई है।स्नेक प्लांटवास्तु में स्नेक प्लांट को लकी माना जाता है। कहते हैं कि इस पौधे को घर में लगाने से घर का नजर दोष दूर होता है। इसे लगाने की शुभ दिशा पूर्व, दक्षिण या दक्षिण-पूर्व दिशा होती है। इस पौधे को लिविंग रूम में भी रखा जा सकता है। यह पौधा रात को ऑक्सीजन देता है।एलोवेराएलोवेरा का पौधा औषधीय गुणों से भरा है। यह वास्तु, सौंदर्य, आयुर्वेद और स्वास्थ्य के नजरिए से काफी महत्वपूर्ण है। कहा जाता है कि ऐलोवेरा को घर में लगाने से नकारात्मक ऊर्जा दूर होती है। यह बालों व स्किन के लिए भी लाभकारी माना गया है।चमेलीचमेली का फूल मनमोहक खुशबू के लिए जाना जाता है। चमेली के फूल भगवान शिव, माता लक्ष्मी, भगवान विष्णु व श्रीकृष्ण को अर्पित किए जाते हैं। कहते हैं कि यह पौधा जीवन में मानसिक शांति लाता है। चमेली के पौधे को घर की उत्तर या उत्तर-पूर्व दिशा में लगाना शुभ माना गया है।
- फेंगशुई प्राचीन समय से चली आ रही चीनी कला है। फेंगशुई चीजों का प्रयोग घर में सुख- समृद्धि बनाएं रखने के लिए किया जाता है। ऐसा माना जाता है घर में फेंगशुई की चीजों को रखने से घर का वातावरण सकारात्मक होता है। लेकिन कुछ चीजें ऐसी भी हैं, जिन्हें घर में नहीं रखना चाहिए। आइए जानते हैं, फेंगशुई के अनुसार किन चीजों को घर में नहीं रखना चाहिए….फेगशुई के अनुसार घर में न करें ये चीजेंखराब या बंद घड़ी- समय की जानकारी रखने के लिए हर घर में घड़ी लगी रहती है। लेकिन अक्सर हम बहुत सी छोटी-छोटी बातों को नजरअंदाज कर देते हैं। जो घर और उसके वास्तु को प्रभावित करती है। फेंगशुई के अनुसार घर में कभी भी बंद या खराब घड़ी न लगाएं। यदि घड़ी खराब हो गई है तो उसे जल्द से जल्द ठीक करा लें।पीला मनी प्लांटघर की सजावट को बढ़ाने के लिए तरह-तरह के पौधे लगाएं जाते हैं। फेंगशुई के अनुसार बलकनी में लगा मनी प्लांट घर में सुख-समृद्धि लाता है। मनी प्लांट का पिला पड़ना आने वाकई वित्तीय संकट को प्रदर्शित करता है। अगर मनी प्लांट पीला पड़ रहा है तो उसे हटा दें।बेड के सामने शीशा न रखेंफेंगशुई के अनुसार बेड के सामने भूलकर भी शीशा नहीं लगाना चाहिए। ऐसा करने से पूरे कमरे का माहौल तनावपूर्ण हो जाता है।दुखी करने वाली पेंटिंगघर में युद्ध या मन को दुखी करने वाली कोई भी पेंटिंग या फोटो घर में न लगाएं।बोनसाई का पौधा न लगाएंघर के अंदर बोनसाई का पौधा नहीं लगाना चाहिए। यह पौधा परिवार के सदस्यों के करियर और बिजनेस को बुरी तरह प्रभावित करता है।
- मुख्य द्वार के पास जूता-चप्पलवास्तु शास्त्र में मुख्य द्वार को घर में धन, समृद्धि, और सकारात्मक ऊर्जा का प्रवेश द्वार माना जाता है। मुख्य द्वार के पास, विशेष रूप से बाहर या ठीक सामने, जूता-चप्पल रखने से यह ऊर्जा बाधित होती है। मान्यता है कि इससे माता लक्ष्मी का अपमान होता है, जिसके परिणामस्वरूप परिवार में धन हानि, आर्थिक परेशानियां, और गरीबी की स्थिति उत्पन्न हो सकती है। वास्तु के अनुसार, जूतों को मुख्य द्वार से दूर, एक ढके हुए जूता रैक में व्यवस्थित रखें ताकि घर में शुभता बनी रहे।पूजा कक्ष के आसपासपूजा कक्ष घर का सबसे पवित्र स्थान होता है। वास्तु शास्त्र में पूजा कक्ष के पास या नीचे जूता-चप्पल रखना अशुभ माना जाता है। इससे पवित्रता भंग होती है और परिवार में आर्थिक तंगी और मानसिक अशांति बढ़ सकती है। जूतों को हमेशा अलग स्थान पर रखें।रसोई में जूते-चप्पलरसोई घर की समृद्धि और स्वास्थ्य का प्रतीक है, जहां माता अन्नपूर्णा का वास माना जाता है। वास्तु शास्त्र में रसोई के पास, उसके अंदर, या आसपास जूता-चप्पल रखना अशुभ माना जाता है। जूते गंदगी और नकारात्मक ऊर्जा लाते हैं, जो रसोई की शुद्धता को प्रभावित करते हैं। इससे परिवार में धन की कमी, खाने की बर्बादी, और स्वास्थ्य संबंधी समस्याएं हो सकती हैं। जूता-चप्पल को रसोई से पूरी तरह दूर रखें और साफ-सुथरे स्थान पर व्यवस्थित करें।बेडरूम में जूता-चप्पलवास्तु शास्त्र में बेडरूम को शांति और विश्राम का स्थान माना जाता है। बेडरूम में या बिस्तर के नीचे जूता-चप्पल रखने से नकारात्मक ऊर्जा बढ़ती है, जिससे दांपत्य जीवन में तनाव और आर्थिक परेशानियां आ सकती हैं। जूतों को बाहर रैक में रखें।वास्तु उपायों से सुख-समृद्धिवास्तु शास्त्र के अनुसार, जूता-चप्पल को घर के दक्षिण-पश्चिम कोने में एक ढके हुए जूता रैक में रखना शुभ होता है। गंदे जूतों को नियमित रूप से साफ करें और घर के अंदर लाने से बचें। मुख्य द्वार, पूजा कक्ष, रसोई, और बेडरूम से जूते-चप्पल को दूर रखें। इन वास्तु नियमों का पालन करके नकारात्मक ऊर्जा को हटाएं और घर में सुख, समृद्धि और शांति लाएं।
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पंडित प्रकाश उपाध्याय
बुध का कर्क राशि में गोचर 22 जून, रविवार को रात 9 बजकर 33 मिनट पर होगा और यह गोचर 30 अगस्त तक जारी रहेगा। बुध का कर्क में प्रवेश विशेष रूप से करियर और व्यवसाय से जुड़े जातकों के लिए शुभ संकेत लेकर आता है। इस दौरान बुध की बुध्दिमत्ता और संवाद कौशल बढ़ेंगे, जिससे नौकरी में नए अवसर मिलेंगे और बिजनेस में तरक्की के रास्ते खुलेंगे।कर्क में बुध के इस गोचर से पांच राशियों के जातकों को सबसे अधिक लाभ होगा। ये राशियां करियर में उन्नति, आर्थिक स्थिति में सुधार और लव लाइफ में मधुरता के नए अध्याय की शुरुआत कर सकती हैं। विशेष तौर पर, ये राशि वाले अपने प्रयासों में सफलता और नए मुकाम हासिल कर सकते हैं, जिससे उनका जीवन सुखमय और समृद्ध होगा। इसलिए यह समय इन राशियों के लिए बेहद सकारात्मक और फलदायक साबित होगा।वृषभ राशिवृषभ राशि के जातकों के लिए यह गोचर खासकर यात्रा, शिक्षा और संचार के क्षेत्र में महत्वपूर्ण बदलाव लेकर आएगा। आपकी सोच और नजरिया विस्तृत होगा, जिससे आप नए ज्ञान को ग्रहण करने के लिए उत्साहित रहेंगे। यह समय आपकी बातों को प्रभावी ढंग से प्रस्तुत करने और दूसरों से बेहतर संवाद स्थापित करने का है। नौकरी या बिजनेस में आपके विचार और योजनाएं सकारात्मक परिणाम देंगी, जिससे सफलता के नए अवसर मिलेंगे।कन्या राशिकन्या राशि के जातकों के लिए यह समय सामाजिक जीवन में सक्रियता बढ़ाने वाला है। आप दोस्तों और जान-पहचान के लोगों के साथ नए संपर्क बनाएंगे और अपनी बातों को स्पष्टता एवं परिपक्वता के साथ व्यक्त करेंगे। सामाजिक नेटवर्क मजबूत होगा, जिससे करियर और व्यक्तिगत जीवन दोनों में लाभ होगा। संचार कौशल में सुधार से आपके रिश्ते और भी मधुर होंगे और आपको नई समझदारी मिलेगी।तुला राशितुला राशि के जातकों के लिए कर्क में बुध का गोचर करियर और पेशेवर जीवन में एक नया मोड़ लेकर आएगा। आप अपने काम में ज्यादा ध्यान केंद्रित करेंगे और वरिष्ठ अधिकारियों से बेहतर तालमेल बनाएंगे। आपकी योजनाओं को व्यावहारिक रूप देने का यह समय है, जिससे आपके प्रयास सफल होंगे। नौकरी या व्यवसाय में नई जिम्मेदारियां मिलने की संभावना है, जो आपकी उन्नति के लिए महत्वपूर्ण होंगी।वृश्चिक राशिवृश्चिक राशि वालों के लिए यह समय शिक्षा, उच्च अध्ययन और लंबी यात्रा पर फोकस करने का रहेगा। बुध का गोचर आपकी सोच को व्यापक बनाएगा और नए ज्ञान को अपनाने के लिए प्रेरित करेगा। आप अपने दृष्टिकोण को निखारेंगे और आत्म-संवर्धन की दिशा में कदम बढ़ाएंगे। यह अवधि आपको मानसिक रूप से मजबूत बनाएगी और भविष्य के लिए बेहतर योजनाएं बनाने में मदद करेगी।मीन राशिमीन राशि के जातकों के लिए बुध का यह गोचर प्रेम, रचनात्मकता और मनोरंजन के क्षेत्र में सक्रियता लेकर आएगा। आपकी भावनाएं अधिक खुलकर व्यक्त होंगी और आप अपने प्रेम संबंधों में नए रोमांटिक पहलुओं का अनुभव करेंगे। साथ ही, यह समय आपकी कल्पनाशक्ति और कला के क्षेत्र में भी प्रगति का होगा। आप अपने अंदर छुपी हुई प्रतिभाओं को सामने लाने में सफल रहेंगे। -
नेपाल की राजधानी काठमांडू से 3-4 किमी की दूरी पर स्थित श्री गुह्येश्वरी शक्तिपीठ। इस मंदिर को गुहेश्वरी और गुजेश्वरी के नाम से भी जाना जाता है। ये शक्तिपीठ वनकाली जंगल में बागमती नदी के किनारे पर पशुपतिनाथ क्षेत्र में स्थित है।नेपाल में गुह्येश्वरी मंदिर से जुड़ी कई मान्यताएं प्रचलित हैं। एक मान्यता के मुताबिक, इस जगह पर देवी सती के घुटने गिरे थे। महाशिरा और महामाया भी देवी के नाम हैं। यहां के भैरव कपाली हैं।
सभी शक्ति पीठ पीठों में माता सती के शरीर का कोई ना कोई अंग स्थित होता है, अतः गुह्येश्वरी मंदिर में माता के दोनों घुटने गिरे होने के कारण यह श्री गुह्येश्वरी शक्तिपीठ कहलाया जाता है। यह मंदिर गुह्येश्वरी (गुप्त ईश्वरी) को समर्पित है, देवी को गुह्यकाली भी कहा जाता है। गुह्येश्वरी शक्तिपीठ के भैरव कपाली हैं।नेपाल के प्रसिद्ध श्री पशुपतिनाथ मन्दिर दर्शन से पहले माता गुह्येश्वरी के दर्शन करना अनिवार्य माना जाता है। इस परंपरा का पालन वहाँ के शाही परिवार के सदस्यों द्वारा अभी भी किया जाता है। अर्थात पहले गुह्येश्वरी मंदिर की पूजा की जाती है उसके उपरांत ही अन्य मंदिरों के दर्शन किए जाते हैं। यह हिंदू और विशेष रूप से तांत्रिक उपासकों के लिए एक महत्वपूर्ण तीर्थ स्थल है। गर्भग्रह की लगभग सभी मूर्तियां सोने एवं चांदी से बनी हुई हैं। मंदिर के गर्भगृह में एक छिद्र है। ये पूरी तरह से प्राकृतिक है। इस छिद्र से जल की धारा बहती रहती है। ये चांदी के कलश से ढंका हुआ है।श्री पशुपतिनाथ मंदिर ही की तरह, भारतीय एवं तिब्बती मूल के हिंदुओं तथा बौद्धों को ही मुख्य मंदिर में प्रवेश की अनुमति है। पूजा-आरती के दौरान उपयोग किए जाने वाले कई वाद्य यंत्र राजा राणा बहादुर द्वारा भेंट स्वरूप दिए गए थे।मंदिर की वास्तुकला भूटानी पगोडा वास्तुकला शैली में बनाई गई है। प्रसिद्ध मृगस्थली वन के निकट एवं बागमती नदी के तट पर स्थित होने के कारण गुह्येश्वरी मंदिर का वातावरण हरियाली एवं फूलों से सजाया गया लगता है। अगर आप श्री गुह्येश्वरी शक्तिपीठ से वन के रास्ते श्री पशुपतिनाथ मन्दिर जा रहे हैं तो, रास्ते में आने वाले शरारती बानरों से थोड़ा सावधान रहें।दशईं एवं नवरात्रि यहाँ मनाए जाने वाले प्रमुख त्यौहार हैं, श्री पशुपतिनाथ मन्दिर निकट होने के कारण शिवरात्रि एवं सोमवार के दिन यहाँ भी अत्यधिक श्रद्धालु दर्शन हेतु आते हैं।नवरात्रि के दिनों में यहां कई तरह की तांत्रिक पूजाएं की जाती हैं। सप्तमी, अष्टमी, नवमी, दशमी, एकादशी पर विशेष आयोजन होते हैं।-सप्तमी पर पुजारी अपना सिर मुंडवाते हैं। देवी-देवताओं को पूजा के लिए आमंत्रित करते हैं।-अष्टमी तिथि पर यहां बलि दी जाती है। इस तिथि पर पूरी रात अनुष्ठान होते हैं।-नवमी तिथि पर कुमारी पूजा होती है।-दशमी पर पुजारी मंदिर में और अपने घरों में नित्य पूजा करते हैं।-एकादशी पर बकरे और बत्तख की बलि दी जाती है।-देवी को शाकाहारी भोग भी लगाया जाता है। -
-पंडित प्रकाश उपाध्याय
मेषमेष राशि के लोगों को आज के दिन सेहत पर विशेषतौर पर ध्यान देने की जरूरत है। खासकर अगर आपने संतुलित जीवनशैली को नजरअंदाज किया है। आज के दिन आप को घरेलू कारणों से तनाव हो सकता है। लेकिन ध्यान या टहलने जैसी गतिविधियां करने से आपको राहत मिल सकती है। अगर आप बेहतर आहार और व्यायाम की शुरुआत टालते आ रहे हैं, तो आज शुरुआत करने का अच्छा दिन है।वृषभवृषभ राशि के लोग अगर आज के दिन किसी बीमारी से उबरे हैं, तो आज आपको सुधार देखने को मिल सकता है। ऊर्जा का स्तर बढ़ेगा, लेकिन खुद को बहुत ज्यादा थकाएं नहीं। हल्का व्यायाम जैसे स्ट्रेचिंग या वॉक करना लाभकारी रहेगा। आराम और जल सेवन को प्राथमिकता दें। मानसिक शांति के लिए माइंडफुलनेस भी आज आपके लिए मददगार साबित हो सकता है।मिथुनमिथुन राशि के लोगों द्वारा की गई लापरवाही आज के दिन सेहत को प्रभावित कर सकती है।विशेष रूप से अगर आप दवाओं को नजरअंदाज करते हैं या लक्षणों को हल्के में लेते हैं। आज के दिन आपको अपनी शारीरिक ऊर्जा को बढ़ाने पर भी ध्यान देना चाहिए साथ ही पौष्टिक आहार पर भी ध्यान दें।कर्ककर्क राशि के लोगों को आज के दिन स्वास्थ्य-संबंधी कोशिशें करनी चाहिए। बेहतर खानपान, व्यायाम करने के साथ ही डॉक्टर की सलाह लेना फायदेमंद रहेगी। घर का सकारात्मक माहौल मानसिक संतुलन बनाए रखने में सहायक होगा।सिंहसिंह राशि के लोगों को स्वस्थ जीवनशैली अपनाने का परिणाम आज आपको साफ दिखाई दे सकता है। आपका शारीरिक स्वास्थ्य अच्छा रहेगा, लेकिन यात्रा के दौरान थकावट से सावधान रहें। भोजन न छोड़ें और पर्याप्त पानी पिएं। आपका सक्रिय जीवन ही आज आपकी सबसे बड़ी ताकत है।कन्याकन्या राशि के लोगों को आज के दिन सेहत मजबूत बनी रहेगी, क्योंकि आप अपने शरीर की जरूरतों के प्रति जागरूक रहेंगे। नियमित एक्सरसाइज करने के साथ ही संतुलित आहार और पर्याप्त विश्राम करने पर ध्यान देना चाहिए। इससे आपकी रोग प्रतिरोधक क्षमता अच्छी रह सकती है। आपको यह ध्यान रखना है कि अपनी सीमाओं से आगे न बढ़ें।तुलातुला राशि के लोगों को अपने स्वास्थ्य पर ध्यान देना चाहिए। हालांकि, यह सुधार तभी स्थायी रहेगा जब आप नियमितता बनाए रखें। पर्याप्त नींद, हाइड्रेशन और भावनात्मक शांति बनाए रखें। आज के दिन आपको हल्की टहल, संगीत या किताब पढ़ना भी आपको संतुलन में रखने में मदद करेगा।वृश्चिकवृश्चिक राशि के लोगों को नियमित रूप से फिटनेस पर ध्यान दे रहे हैं, तो उसका फल आज मिल रहा है। ऊर्जा और नियंत्रण की भावना आपके स्वास्थ्य को नई दिशा देगी। आज आप अपने फिटनेस लक्ष्यों को और आगे बढ़ा सकते हैं।धनुधनु राशि के जातकों को आज मानसिक बेचैनी या चिंता आपकी सेहत पर असर डाल सकती है। भले ही शरीर स्वस्थ हो, मानसिक तनाव आपकी नींद या भूख को प्रभावित कर सकता है। आज आपको ध्यान और मेडिटेशन का भी अभ्यास करना चाहिए ताकि मेंटल हेल्थ अच्छी बनी रहे।मकरमकर राशि के लोगों को आज के दिन व्यायाम से थोड़ा ब्रेक लेना आपके लिए फायदेमंद रहेगा। जरूरत से ज्यादा मेहनत करने से आपको थकावट हो सकती है, इसलिए शरीर को आराम दें। हल्की गतिविधियां जैसे टहलना या स्ट्रेचिंग अपनाएं। यह रुकावट आपको अपने स्वास्थ्य लक्ष्यों पर पुनर्विचार का अवसर भी देगी।कुंभकुंभ राशि के लोग अगर लंबे समय से किसी बीमारी से जूझ रहे थे, तो आज राहत के संकेत मिलेंगे। आज के दिन आपको इलाज कराने से सही लाभ मिल सकता है। आज के दिन आपको लापरवाही न करें स्वस्थ आहार, नींद और सकारात्मक माहौल को बनाए रखें।मीनमीन राशि के जातकों को आज के दिन थकान महसूस हो सकती है। आज आपको तनाव, समय पर नींद, जल सेवन और स्क्रीन टाइम को कम करना जैसे छोटे कदम भी मददगार होंगे। अगर किसी समस्या का समाधान नहीं मिल रहा, तो विशेषज्ञ की सलाह लें। -
-पंडित प्रकाश उपाध्याय
मेषआज के दिन मेष राशि के लोगों को सेहत को लेकर विशेष सतर्कता बरतने की जरूरत है। अगर आप संतुलित जीवनशैली को नजरअंदाज कर रहे हैं, तो अब उसमें बदलाव लाने का समय है। घरेलू तनाव का असर मानसिक स्वास्थ्य पर पड़ सकता है, जिसे ध्यान या वॉक जैसे उपायों से दूर किया जा सकता है। आज के दिन आपको छोटे-छोटे सकारात्मक बदलाव करने की जरूरत है।वृषभवृषभ राशि के लोगों को आज के दिन हाल ही में हुई बीमारियों पर ध्यान देना चाहिए। आज के दिन आपको स्वास्थ्य में स्पष्ट सुधार नजर आएगा। ऊर्जा में वृद्धि होगी, लेकिन अधिक मेहनत करने से बचें। हल्की एक्सरसाइज़ जैसे स्ट्रेचिंग या वॉक लाभकारी रहेंगी। मानसिक शांति बनाए रखने के लिए आराम करना चाहिए। किसी माइंडफुलनेस अभ्यास को दिनचर्या में जोड़ना मानसिक संतुलन में मदद करेगा।मिथुनमिथुन राशि के लोगों को आज के दिन लापरवाही नहीं करनी चाहिए। लापरवाही करना आज के दिन आपके स्वास्थ्य पर भारी पड़ सकती है, खासकर अगर आपने दवाइयों को टाल दिया या लक्षणों की अनदेखी की। आज के दिन ऊर्जा बढ़ाने वाले उपायों की बजाय पूर्ण विश्राम और पोषक आहार को प्राथमिकता दें।कर्ककर्क राशि के लोगों को आज के दिन सक्रिय रूप से अपने स्वास्थ्य को बेहतर बनाने की दिशा में कदम उठाना चाहिए। आज के दिन आपको वह व्यायाम हो, आहार में बदलाव या डॉक्टर की सलाह लेनी चाहिए। आज के दिन आपको सही रूटीन बनाकर रखना चाहिए। तनाव या थकावट से उबरने में अनुशासित जीवनशैली मदद करेगी। आर्थिक तनाव से सावधान रहें, ताकि वह स्वास्थ्य पर असर न डाले।सिंहसिंह राशि के लोगों की आज के दिन सेहत अच्छी बनी रहेगी, खासकर अगर आप हाल में हेल्दी डाइट और एक्टिव रूटीन अपना रहे हैं। वॉक, योग या जिम जैसे रूटीन को अपनाना चाहिए। अगर यात्रा कर रहे हैं, तो थकावट से बचने के लिए भोजन और जल सेवन नियमित रखें। आपकी सक्रियता ही आज आपकी सबसे बड़ी ताकत है।कन्याकन्या राशि के लोगों को आज के दिन स्वास्थ्य पर ध्यान देने की जरूरत है। आज बेहतर बना रहेगा, खासकर क्योंकि आप खुद को लेकर सजग हैं। संतुलित आहार, नियमित वर्कआउट और पर्याप्त नींद लेने की जरूरत है। इससे आपकी प्रतिरोधक क्षमता को मजबूत बनेगी। शारीरिक और मानसिक दोनों स्वास्थ्य का समन्वय बनाए रखें।तुलातुला राशि के लोग अगर पिछले कुछ समय से अस्वस्थ महसूस कर रहे थे, तो आज सुधार की शुरुआत हो सकती है। लेकिन, सुधार बनाए रखने के लिए नियमित दिनचर्या और अनुशासन जरूरी है। हाइड्रेशन, नींद और डाइट में संतुलन आपको ऊर्जा देगा।वृश्चिकवृश्चिक राशि के लोगों कोफिटनेस रूटीन में नियमित रहने के साथ ही साथ स्वास्थ्य सावधानियों पर ध्यान देना चाहिए। ऊर्जा, संतुलन और आत्म-नियंत्रण आपके स्वास्थ्य को मजबूती देंगे। आलस के साथ-साथ छोटे लालचों को रूटीन में बाधा न बनने दें। आज का दिन नए स्वास्थ्य लक्ष्य तय करने या वर्तमान योजना में थोड़े सुधार करने के लिए अनुकूल है।धनुधनु राशि के लोगों को मानसिक चिंता या किसी मुद्दे को लेकर थोड़ी सी बेचैनी हो सकती है। आज के दिन आपकी नींद या भूख को प्रभावित कर सकती है। हालांकि, शारीरिक रूप से कोई विशेष दिक्कत नहीं है, लेकिन मानसिक अशांति संपूर्ण स्वास्थ्य को प्रभावित कर सकती है। ध्यान, लेखन या किसी भरोसेमंद व्यक्ति से बातचीत आपको राहत दे सकती है।मकरमकर राशि के लोगों को आज के दिन सेहत को थोड़े विश्राम की जरूरत है। अगर आप नियमित रूप से एक्सरसाइज कर रहे हैं, तो आज थोड़ा विराम लेना बेहतर रहेगा। यह समय मांसपेशियों को रिकवरी देने और अपने फिटनेस लक्ष्यों की समीक्षा करने का है।कुंभकुंभ राशि के लोगों को आप लंबे समय से किसी बीमारी या परेशानी से जूझ रहे थे, तो आज राहत मिलने की संभावना है। शरीर नई जीवनशैली या इलाज के प्रति सकारात्मक प्रतिक्रिया दे रहा है। दवाओं, थेरेपी या एक्सरसाइज़ में नियमितता बनाए रखें।मीनआज के दिन इस राशि के लोगों की सेहत आपका मुख्य फोकस बनेगा। अगर हाल ही में थकावट, तनाव या किसी बीमारी की अनुभूति हो रही है, तो अब उपचार की दिशा में ठोस कदम उठाने का समय है। स्क्रीन टाइम कम करें, समय पर सोएं और पानी भरपूर पिएं। - -पंडित प्रकाश उपाध्यायमेषमेष राशि के लोगों की शारीरिक ऊर्जा आज के दिन उच्च स्तर पर रहेगी और सेहत भी काफी अच्छी बनी रहेगी। नए वर्कआउट या आउटडोर एक्टिविटीज में हिस्सा लेने के लिए यह एक अच्छा समय है। अगर आप पहले से नियमित रूप से व्यायाम कर रहे हैं, तो आज सकारात्मक असर आपकी सेहत पर दिखेगा। आत्मविश्वास में वृद्धि होगी और आप अधिक प्रेरित महसूस करेंगे।वृषभइस राशि के लोगों को आज कोई नई एक्सरसाइज रूटीन या जिम ज्वॉइन करना चाहिए। ऐसा करना आपके लिए लाभकारी साबित होगा। आप लोग मानसिक रूप से भी संतुलन और सकारात्मकता महसूस करेंगे। हालांकि, अगर आप यात्रा कर रहे हैं तो खानपान, आराम और स्वच्छता का विशेष ध्यान रखें।मिथुनमिथुन राशि के लोगों को आज के दिन डाइट, वर्कआउट या दिनचर्या में बदलाव करना चाहिए। आज के दिन मानसिक रूप से भी आप अधिक स्पष्ट और उत्साही महसूस करेंगे। अपनी फिटनेस को और बेहतर बनाने के लिए आपको जल्दी उठने का प्रयास करना चाहिए।कर्ककर्क राशि के लोगों को आज शारीरिक गतिविधियों के महत्व को गहराई से समझना चाहिए। वॉक, डांस या जिम जैसी शारीरिक गतिविधियों में हिस्सा लेना आपके लिए फायदेमंद साबित हो सकता है। तनाव हल्का बना रह सकता है, लेकिन एक्टिव रहने से आप उसे आसानी से संभाल लेंगे। जो रूटीन आप टालते रहे हैं, उसे आज से अपनाने का उत्तम समय है।सिंहसिंह राशि के जातकों को आज के दिन नियमित वर्कआउट पर ध्यान देने की जरूरत है। शरीर में ऊर्जा, सहनशक्ति और लचीलापन बढ़ा रहेगा। इस सुधार से न केवल सेहत में मनोबल बढ़ेगा बल्कि, इससे सेहत और अच्छी रहेगी। आज के दिन आपको हाइड्रेटेड रहने के साथ और संतुलन बनाए रखें।कन्याकन्या राशि के लोग अगर भोजन के खाने के समय को लेकर अनदेखी कर रहे हैं तो, उसका असर आज सेहत पर देखने को मिल सकता है। नियमित, संतुलित आहार और हल्की एक्सरसाइज से शरीर को फिर से संतुलन में लाएं।तुलातुला राशि के लोगों का स्वास्थ्य आज के दिन शानदार रहेगा, खासकर अगर आपने हाल में डाइट में अनुशासन रखा है। आप लोगों को हल्कापन, ऊर्जा और मानसिक स्पष्टता महसूस हो सकती है।वृश्चिकवृश्चिक राशि के लोगों ने अगर हाल में थकान या तनाव के संकेतों को नजरअंदाज किया है, तो आज सावधानी बरतना बेहद जरूरी है। भले ही आप ठीक महसूस कर रहे हों, लेकिन खानपान और नींद के पर भी आपको उतना ही ध्यान देना चाहिए। चरम डाइट या अनहेल्दी भोजन से दूर रहें। आज का दिन आपको संतुलन, हाइड्रेशन और आराम दे सकता है।धनुधनु राशि के लोगों को आज अपने खानपान की आदतों की समीक्षा करने पर ध्यान देना चाहिए। आज के दिन आपको घर के बने पोषणयुक्त भोजन की ओर लौटने का। अनुशासन के साथ खाना और हाइड्रेटेड रहना आपकी ऊर्जा को बनाए रखेगा।मकरमकर राशि के लोग आज शारीरिक रूप से फुर्तीले, लचीले और आत्मविश्वासी महसूस करेंगे। अगर आप कोई नई आउटडोर गतिविधि या ग्रुप फिटनेस ट्राय करना चाहते हैं, तो यह सही समय है। आपकी स्टैमिना उच्च स्तर पर है, लेकिन अधिक मेहनत से बचें।कुंभकुंभ राशि के लोगों को आज अपनी वर्तमान फिटनेस स्थिति को बनाए रखना आपकी प्राथमिकता रहेगी। अगर हाल में थोड़ी लापरवाही हुई है, तो आज से दोबारा शुरुआत करें। मानसिक स्वास्थ्य के लिए मेडिटेशन या माइंडफुलनेस जोड़ें।मीनमीन राशि के लोगों के लिए आज का दिन सामाजिक रूप से सक्रिय रहेगा, लेकिन उसमें सेहत को नजरअंदाज न करें। घटनाओं और बातचीत में लिप्त रहकर हाइड्रेशन, विश्राम और भोजन न भूलें। बीच-बीच में गहरी सांसें लें, टहलें या थोड़ी देर शांति में बैठें।
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-पंडित प्रकाश उपाध्याय
मेषमेष राशि के जातक आज के दिन शारीरिक रूप से थोड़े असहज या थके हुए महसूस कर सकते हैं। मौसम के बदलाव या हल्की-फुल्की स्वास्थ्य समस्याएं जैसे सर्दी-जुकाम होने की आशंका है। शरीर जो संकेत दे रहा है, उन्हें नजरअंदाज करना आपके लिए हानिकारक हो सकता है। दिनभर हाइड्रेटेड रहना और हल्का, पोषक आहार लेना जरूरी है।वृषभवृषभ राशि के लोगों को आज के दिन अपने स्वास्थ्य और फिटनेस को लेकर नया जोश महसूस हो सकता है। आज के दिन आप जिम शुरू करने, योग क्लास जॉइन करने या घर पर वर्कआउट करने का संकल्प ले सकते हैं। हेल्दी लाइफस्टाइल की ओर बढ़ा यह कदम आपको लंबे समय तक लाभ दे सकता है।मिथुनमिथुन राशि के लोग आज सेहतमंद और ऊर्जावान महसूस करेंगे। आपके द्वारा की गई पहले की कोशिशें जैसे संतुलित आहार, व्यायाम या मेडिटेशन अब असर दिखा रहे हैं। रोग-प्रतिरोधक क्षमता अच्छी बनी हुई है। आज के दिन डाइट में कोई हल्का बदलाव करना या हेल्थ चेकअप करवाना अच्छा हो सकता है। नियमित नींद और तनाव को मैनेज करें।कर्ककर्क राशि वालों ने अगर हाल ही में एक्सरसाइज़ या किसी हेल्दी आदत को छोड़ दिया था, तो आज दोबारा शुरू करने के लिए अच्छा दिन है। आप दोबारा से उसपर ध्यान दे सकते हैं। व्यायाम के साथ-साथ मानसिक शांति भी जरूरी है।सिंहसिंह राशि के लोग आज ऊर्जावान और आत्मविश्वासी महसूस करेंगे। आपकी मेहनत जैसे जिम, रनिंग, या अन्य खेल अब असर दिखा रहे हैं। शरीर पूरी तरह से आपके फिटनेस लक्ष्यों के साथ तालमेल में है। हाइड्रेशन और संतुलित आहार आपके स्वास्थ्य प्रयासों को और मजबूती देंगे।कन्याकन्या राशि के लोगों को पिछले कुछ दिनों में जो भी बदलाव किए हैं, जैसे बेहतर नींद, डाइट या नियमित योग उनका असर आज आपको देखने को मिल सकता है। मानसिक रूप से भी आप अधिक स्पष्टता और स्थिरता का अनुभव करेंगे। कुछ नया जैसे माइंडफुलनेस या ब्रीदिंग एक्सरसाइज आज से शुरू करें।तुलातुला राशि के लोगों का हेल्थ रूटीन का असर अब दिखाई दे सकता है। आज खुद को ज्यादा थकाने से बचें। शरीर को रीकवरी का भी समय देना आपके लिए जरूरी हो सकता है। आज का दिन संतुलन, विश्राम और निरंतरता के लिए अनुकूल है।वृश्चिकवृश्चिक राशि के लोगों को आज के दिन डाइट में बदलाव करना चाहिए। आज के दिन आपको किसी पुराने लक्षण को नजरअंदाज नहीं करना चाहिए। थोड़ी-सी सावधानी से आप भविष्य की बड़ी समस्याओं से बच सकते हैं।धनुधनु राशि के लोगों को कोई पुरानी या लंबे समय से चली आ रही स्वास्थ्य समस्या में आज के दिन राहत महसूस हो सकती है। जल्दबाजी में कोई भारी शारीरिक गतिविधि करने से आपको बचना चाहिए। डॉक्टर या थैरेपिस्ट से फॉलोअप के लिए आज का दिन अच्छा है।मकरमकर राशि वाले लोग आज हेल्दी खाने की ओर प्रेरित होंगे और जंक फूड से दूरी बनाना आसान लगेगा। अपने स्वास्थ्य लक्ष्यों को धीरे-धीरे प्राप्त करें। इससे स्वास्थ्य में फायदा मिलेगा।कुंभकुंभ राशि वालों को आज स्वास्थ्य को लेकर विशेष सतर्कता बरतने की जरूरत है। आलस्य के कारण भोजन छोडऩा नुकसानदायक हो सकता है। आज के दिन आपको थकावट, सिरदर्द या कमजोरी महसूस हो सकती है। आज अपने शरीर को प्राथमिकता दें।मीनमीन राशि के लोगों को फिटनेस जर्नी शुरू करने की प्रेरणा मिल सकती है। कोई छोटी शुरुआत जैसे वॉक, स्ट्रेचिंग या योग आज से शुरू करें। डाइट और हाइड्रेशन पर विशेष ध्यान दें। - वास्तु शास्त्र में घर की बनावट से लेकर उसकी सजावट के सभी नियमों का उल्लेख है। इनके आधार पर चीजों को रखने से परिवार में सकारात्मकता का संचार होता है। इसके अलावा वास्तु शास्त्र घर की ऊर्जाओं को संतुलित भी करता है, जिसके प्रभाव से परिवार में खुशहाली और बरकत होती हैं। परंतु जाने अनजाने में की गई कुछ गलतियां घर में वास्तु दोष और कलह का कारण बन सकती हैं। दरअसल, कुछ लोग घर की छतों पर कुछ ऐसे सामानों को रख देते हैं, जिससे परिवार में तनाव, कर्ज व लड़ाई की स्थिति बनी रहती हैं। इतना ही नहीं ये सभी आर्थिक समस्याओं को भी बढ़ावा देती हैं। आइए इसके बारे में जानते हैं।खराब फर्नीचरअक्सर लोग घर की छतों पर टूटी हुई कुर्सी, पलंग, टेबल व खराब फर्नीचर रख देते हैं। लेकिन ऐसा करना सही नहीं हैं। वास्तु के अनुसार छत पर रखी ये खराब चीजें घर की बरकत को प्रभावित करती हैं। इसलिए आप इन्हें घर से बाहर निकाल दें।सूखे पौधेलगभग हर व्यक्ति घर की सुंदरता के लिए पौधे लगाता है। इसे सकारात्मक ऊर्जा का सबसे बड़ा स्रोत माना जाता है। इसके प्रभाव से परिवार में खुशियां भी बनी रहती हैं। परंतु छतों पर सूखे पौधे रखना उचित नहीं है। वास्तु के अनुसार सूखे पौधे स्वास्थ्य को प्रभावित करते हैं और इससे नकारात्मकता भी आती हैं।जंग लगा हुआ सामानवास्तु के अनुसार घर की छतों पर कभी भी जंग लगा हुआ सामान न रखें। यह घर में वास्तु दोष का कारण बनता है। इसके अलावा जंग लगे बर्तन भी घर से हटा दें। यह आर्थिक तंगी, कार्यों में बाधाएं व रिश्तों में खटास ला सकता है। आप झाड़ू, बांस, टूट-फूटे बर्तन भी छत पर न रखें।
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पंडित प्रकाश उपाध्याय
मेषमेष राशि के लोगों को एक सेहतमंद जीवनशैली को अपनाने की जरूरत है। आज का दिन शारीरिक और मानसिक स्वास्थ्य की दिशा में पहला कदम उठाने के लिए आदर्श है। शरीर जो संकेत दे रहा है, उसे नजरअंदाज न करें। तनावमुक्त जीवन और पर्याप्त आराम दीर्घकालिक ऊर्जा का आधार बनेंगे।वृषभआज के दिन वृषभ राशि के लोगों को किसी पुरानी बीमारी या स्वास्थ्य समस्या से उबरने के संकेत हैं। अगर आप कुछ दिनों से अस्वस्थ महसूस कर रहे थे, तो अब सुधार दिखाई देगा। शरीर विश्राम, उपचार और जीवनशैली में बदलाव का सकारात्मक जवाब दे रहा है। संतुलित आहार और समय पर भोजन फायदेमंद रहेगा। पानी की कमी न होने दें।मिथुनमिथुन राशि के कुछ लोग को लापरवाही के चलते कई बार दवा छोड़ सकते हैं या डॉक्टर की सलाह की भी अनदेखी कर सकते हैं, जो आपकी सेहत को नुकसान पहुंचा सकता है। आज के दिन आपको संतुलित आहार, समय पर आराम और निर्देशों का पालन जरूरी है। रोग प्रतिरोधक खाद्य पदार्थों को शामिल करें और मानसिक तनाव से बचें।कर्कआज के दिन आप स्वास्थ्य के प्रति सकारात्मक कदम उठाएंगे और यह गति आपके पक्ष में काम करेगी। पहले दिन से ही ज्यादा मेहनत न करें, धीरे-धीरे रफ्तार पकड़ें। अगर हाल ही में आपको तनाव रहा हो, तो आज ध्यान, सैर या शांत वातावरण में समय बिताना बहुत लाभदायक रहेगा। अच्छी नींद और पर्याप्त पानी पीना न भूलें।सिंहसिंह राशि के लोगों की सेहत अच्छी बनी रहेगी, बशर्ते आप खानपान और एक्टिव रहने की अपनी आदतों को जारी रखें। अगर हाल में नींद या पानी की मात्रा में कमी रही है, तो आज से संतुलन बहाल करें।कन्याकन्या राशि के लोगों की सेहत आज शानदार बनी रहेगी, और इसका श्रेय आपकी बढ़ी हुई फिटनेस सजगता को जाता है। यह दिन आपकी हेल्थ हैबिट्स में नियमितता लाने के लिए अच्छा हो सकता है। आपकी रोग प्रतिरोधक क्षमता मजबूत दिख रही है और पहले की हल्की समस्याएं पीछे छूट रही हैं। माइंडफुलनेस तकनीकों को अपनाना आपके लिए काफी लाभकारी रहेगा।तुलातुला राशि के जो लोग हाल में बीमार रहे हैं, उनके लिए आज रिकवरी के संकेत हैं। आप स्वयं को पहले से अधिक ऊर्जावान और सशक्त महसूस करेंगे। संतुलित आहार और हल्की फिजिकल एक्टिविटी इस सुधार को आगे बढ़ाएंगी।वृश्चिकअगर आप वर्कआउट में नियमित हैं, तो आज का दिन आपके लिए अत्यंत अनुकूल रहेगा। शारीरिक ऊर्जा और आत्मविश्वास दोनों में वृद्धि होगी। हाइड्रेशन और आराम को नजरअंदाज न करें। ऐसा करने से रिकवरी और मानसिक स्पष्टता के लिए जरूरी हैं।धनुधनु राशि के लोगों को स्वास्थ्य समस्या को लेकर चिंता हो सकती है, लेकिन यह अस्थायी है। मानसिक तनाव शरीर पर असर डाल सकता है, इसलिए तनाव लेने या ज्यादा सोचने से बचें। योग, जर्नलिंग या प्रकृति में समय बिताना राहत देगा।मकरमकर राशि के लोगों को आज अपने व्यायाम रूटीन से थोड़ा ब्रेक लेना फायदेमंद हो सकता है। शरीर को आराम और रिकवरी की जरूरत है। निरंतरता रखना आपके लिए बेहद जरूरी है, लेकिन ओवरएक्सरसाइज थकावट या चोट का कारण बन सकती है। पौष्टिक आहार पर ध्यान दें और जंक फूड से दूरी बनाए रखें।कुंभकुंभ राशि के लोगों को, जो लोग पुरानी बीमारी से जूझ रहे हैं, उन्हें आज स्वास्थ्य में चमत्कारिक सुधार महसूस हो सकता है। लेकिन इस प्रगति को बनाए रखने के लिए सजग रहें। साफ भोजन, पर्याप्त नींद और तनाव प्रबंधन अब ज्यादा महत्वपूर्ण है।मीनमीन राशि के लोगों को आज स्वास्थ्य आपका सबसे महत्वपूर्ण क्षेत्र बना रहेगा। डॉक्टर से अपॉइंटमेंट लें या आहार में प्राकृतिक, उपचारात्मक चीज़ों को शामिल करें। - -पंडित प्रकाश उपाध्यायहस्तरेखा शास्त्र के अनुसार, हथेली पर बनने वाले कुछ निशान या चिन्ह व्यक्ति के भूत, भविष्य व वर्तमान से जुड़े संकेत देते हैं। ये चिन्ह व्यक्ति के स्वभाव व व्यक्तित्व के बारे में भी बताते हैं। हथेली पर बनाने वाले निशानों में से एक है कलश का चिन्ह। हथेली में कलश का निशान बनना शुभ माना गया है। जानें हथेली पर कलश का निशान बनने का क्या अर्थ है और इससे जुड़े संकेत-1. हथेली में कलश का निशान शुभ माना गया है। हस्तरेखा शास्त्र के अनुसार, हाथ में कलश का चिन्ह सुख-समृद्धि की प्रतीक होता है। ऐसे लोगों का समाज में खूब मान-सम्मान प्राप्त करते हैं। कार्यक्षेत्र में भी नई पहचान बनाने में सफल होते हैं।2. हस्तरेखा शास्त्र के अनुसार, हथेली पर कलश का निशान अगर स्पष्ट यानी साफ तौर पर दिखता है, तो ऐसे लोग धार्मिक व आध्यात्मिक स्वभाव के होते हैं। ऐसे लोगों का मन पूजा-पाठ में काफी लगता है। कहते हैं कि इन लोगों को अध्यात्म के क्षेत्र में मान-सम्मान की प्राप्ति होती है।3. हस्तरेखा शास्त्र के अनुसार, ऐसे लोग विनम्र व वाणी से लोगों का दिल जीतने वाले होते हैं। कहते हैं कि ऐसे लोग मुश्किलों में भी सकारात्मक सोच के साथ आगे बढ़ते हैं। ऐसे लोग अनुशासन वाली जीवनशैली जीते हैं।4. हस्तरेखा शास्त्र के अनुसार, अगर हथेली में कलश का निशान अधूरा हो या कोई रेखा उसे काट रही होती है, तो अशुभ माना जाता है। कहते हैं कि ऐसे लोगों को जीवन में मुश्किलों का सामना करना पड़ता है। ये कार्यों में सफलता काफी संघर्षों के बाद प्राप्त करते हैं।
- -पंडित प्रकाश उपाध्यायहर व्यक्ति अपना भविष्य जानना चाहता है। हस्तरेखा शास्त्र एक ऐसा विज्ञान है जो व्यक्ति के भूत, भविष्य व वर्तमान की जानकारी देता है। हर व्यक्ति के हाथ की हथेली की बनावट व आकार अलग-अलग होता है। इसके साथ ही हाथ की रेखाएं भी अलग-अलग होती हैं। हस्तरेखा शास्त्र के जानकारों के अनुसार, व्यक्ति की हाथ की रेखाएं और हथेली के आकार को देखकर उसका भविष्य व स्वभाव का पता लगाया जा सकता है। जानें आप भी-1. कठोर हथेली के जातक- हस्तरेखा शास्त्र के अनुसार, जिन लोगों की हथेली कठोर होती है, उन्हें जीवन में ज्यादा मेहनत व संघर्षों का सामना करना पड़ता है। ऐसे लोगों को दिन-रात एक करने के बाद ही भौतिक सुखों की प्राप्ति होती है। लेकिन ये लोग हमेशा अपनी ईमानदारी का परिचय देते हैं।2. छोटी हथेली के जातक- हस्तरेखा शास्त्र के अनुसार, जिन लोगों की हथेली छोटी होती है, ऐसे लोग दिल के साफ होते हैं। ऐसे लोग क्रिएटिव कार्यों में रूचि रखते हैं। ये चीजों को जानने की इच्छा रखते हैं। कहते हैं कि इन लोगों का जीवन सुखमय बीतता है।3. बड़ी हथेली के जातक- हस्तरेखा शास्त्र के अनुसार, जिन लोगों की हथेली का आकार बड़ा होता है, वे अपनी जिम्मेदारियों को अच्छी तरह से निभाते हैं। ये धर्म-कर्म के कार्यों में रुचि रखते है। इन्हें जीवन में मनचाही सफलता प्राप्त होती है।4. कोमल हथेली के लोग- हस्तरेखा शास्त्र के अनुसार, जिन लोगों की हथेलियां कोमल होती हैं, वे भाग्यशाली माने गए हैं। इन लोगों को जीवन में अपार सफलता प्राप्त होती है। कहते हैं कि इन लोगों को धन संबंधी परेशानियों का कम सामना करना पड़ता है।
- -पंडित प्रकाश उपाध्याय00 घर के ऊपर किसी मंदिर, पेड़, या किसी मकान की छाया पड़ती है तो इसे छाया वेध माना जाता है। छाया वेध के कारण संतान न होना, विवाह में देरी, व्यवसाय में नुकसान या परिवार में कलह हो सकती है। मंदिर की ध्वजा की छाया भी न पड़े।00 घर के बाहर पीपल का पेड़ तो क्या करें, घर के सामने पेड़ होना शुभ या अशुभ, घर के आगे मंदिर होना शुभ या अशुभ, वास्तु टिप्स,वास्तु दोष खत्म करने के लिए क्या करना चाहिए, घर में बरकत के उपाय, जीवन में खुशहाली के लिए वास्तु उपाय00 घर के सामने कोई पेड़, किसी भवन का कोना, कोई दीवार, लंबी गली या कुआं होना शुभ नहीं होता। घर के सामने शिवजी या शनि मंदिर होना शुभ नहीं माना जाता है।00 घर की ऊंचाई से दोगुनी दूरी तक कोई मंदिर या देवस्थान होना अच्छा नहीं माना जाता। ऐसा कहा जाता है कि इससे घर की सकात्मक ऊर्जा मंदिर में चली जाती है और नेगेटिव एनर्जी घर में आती है।
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पंडित प्रकाश उपाध्याय से जानें आज का स्वास्थ्य राशिफल
मेषआज के दिन मेष राशि के लोगों का स्वास्थ्य सामान्य रहेगा और आप खुद को संतुलित महसूस कर सकते हैं। आज के दिन आपको अपने पाचन तंत्र का खासतौर पर ध्यान रखना चाहिए। अगर आप किसी मेडिकल समस्या से जूझ रहे हैं तो ऐसे में टेस्ट कराना जरूरी है।वृषभवृषभ राशि के जातकों के लिए आज का दिन खुद को ऊर्जावान बनाए रखने का है। आज के दिन आप ताजगी और ऊर्जा से भरपूर महसूस करेंगे। योग और ध्यान का अभ्यास आपको मानसिक रूप से संतुलित कर सकेगा।मिथुनआज का दिन आपके स्वास्थ्य के लिए लाभकारी हो सकता है। शरीर में हल्कापन और ऊर्जा आपके लिए लाभकारी होगी। अगर आप बाहर खाना खा रहे हैं, तो ऐसे में यह ध्यान रखें कि आप ओवरईटिंग तो नहीं कर रहे हैं।कर्कआज के दिन कर्क राशि के लोगों की सेहत स्थिर और अच्छी बनी रह सकती है। आज के दिन आपको सीमित मात्रा में खाना खाने के साथ ही खुद को ऊर्जावान बनाए रखने पर भी ध्यान देने की जरूरत है।सिंहआज के दिन स्वास्थ्य को लेकर थोड़ी सावधानी बरतना आपके लिए लॉन्ग टर्म में अच्छा साबित हो सकता है। बाहर का तला-भुना खाना खाने से आपको परहेज करने की आवश्यकता है। समय पर भोजन और पोषणयुक्त आहार से स्वास्थ्य में सुधार आएगा।कन्याकन्या राशि के लोगो को आज के दिन फिटनेस के लिहाज़ से अपने स्वास्थ्य को लेकर थोड़ा सक्रिय रहने की जरूरत है। खुद को मानसिक रूप से अच्छा बनाए रखने के लिए आपको योग करने के साथ-साथ माइंडफुलनेस का भी अभ्यास करना चाहिए।तुलाआज के दिन आप लोगों को डिहाइड्रेशन से खासतौर पर बचने की जरूरत है। अगर आप किसी भी प्रकार की समस्या जैसे सिरदर्द, थकान और सुस्ती आदि महसूस कर रहे हैं तो ऐसे में पानी की मात्रा बढ़ाएं।वृश्चिकआज आपका स्वास्थ्य संतुलित रह सकता है। आज के दिन आपको ध्यान और प्राणायाम का अभ्यास करने के साथ-साथ खुद को शारीरिक और मानसिक रूप से भी फिट रखने पर ध्यान देना चाहिए।धनुआज के दिन आपकी सेहत अच्छी और फिट रह सकती है। आज के दिन बाहर का खाना खाने से परहेज करें साथ ही साथ फाइबर से भरपूर आहार भी लेने पर ध्यान देना चाहिए।मकरआज के दिन आप लोगों को प्रोटीन युक्त आहार खाने पर ध्यान देना चाहिए। इससे न केवल आपकी मांसपेशियों को ताकत मिलेगी बल्कि, आपकी मसल ग्रोथ में भी यह मददगार साबित होगी।कुंभआज आपकी फिटनेस बेहतर रह सकती है। ध्यान का अभ्यास आपको मानसिक शांति और शक्ति देगा। आज के दिन खुद को गलत शारीरिक गतिविधियों में डालने से बचें।मीनआज के दिन आप लोग अपनी स्वास्थ्य समस्याओं को अगर नजरअंदाज कर रहे हैं तो हो सकता है इससे आपकी समस्या और ज्यादा बढ़ जाए। स्वस्थ रहने के लिए विश्राम करने के साथ ही एक्सरसाइज पर भी ध्यान दें। - -पंडित प्रकाश उपाध्यायजन्मदिन हो, गृह प्रवेश हो या फिर हो एनिवर्सरी, अक्सर हम अपनों को खास मौके पर गिफ्ट या उपहार देते रहते हैं। लेकिन क्या आप जानते हैं कि आपके द्वारा भेंट की गईं कुछ चीजों का आपके जीवन पर ही बुरा प्रभाव पड़ता है। वास्तु के अनुसार, व्यक्ति को कुछ चीजें उपहार के तौर पर देने से बचना चाहिए। मान्यता है कि इन चीजों को गिफ्ट के रूप में देने से परिवार में अशांति व जीवन में मुश्किलें आती हैं। जानें वास्तु के अनुसार, किन चीजों को गिफ्ट नहीं करना चाहिए।वास्तु अनुसार, किसी को भी भगवान की फोटो, मूर्ति आदि भी उपहार में नहीं देनी चाहिए। मान्यता है कि ऐसा करने से घर में दुर्भाग्य का आगमन होता है।काले रंग के वस्त्र नहीं देंवास्तु शास्त्र के अनुसार, किसी भी व्यक्ति को उपहार में काले वस्त्र भी देने से बचना चाहिए। हिंदू धर्म में काला रंग शुभता का प्रतीक नहीं माना गया है।वास्तु के अनुसार गिफ्ट में क्या नहीं देना चाहिएवास्तु के अनुसार, धारदार, नुकीली चीजें जैसे चाकू, छुरी, कांटा आदि उपहार में नहीं देने चाहिए, इससे संबंध खराब होते हैं।उपहार में वास्तु के अनुसार क्या नहीं देना चाहिएवास्तु के अनुसार, गैस का चूल्हा, स्टोव आदि उपहार में नहीं देना चाहिए। मान्यता है कि इन चीजों को गिफ्ट करने से घर में नकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।वास्तु के अनुसार किसी को क्या नहीं गिफ्ट करेंवास्तु के अनुसार किसी को भी घड़ी, परफ्यूम, पर्स उपहार में देने से बचना चाहिए। मान्यता है कि इन चीजों को गिफ्ट देना अशुभ होता है।
- -पंडित प्रकाश उपाध्यायहर व्यक्ति सुख-सुविधाओं व ऐशोआराम भरा जीवन बिताना चाहता है। कई बार कड़ी मेहनत करने के बाद भी व्यक्ति को न तो सफलता मिलती है और न ही जीवन में खुशहाली आती है। वास्तु शास्त्र में जीवन में खुशहाली व तरक्की को पाने के लिए कुछ उपाय बताए गए हैं। जानें वास्तु एक्सपर्ट मुकुल रस्तोगी से जीवन में शुभता, उन्नति खुशहाली पाने के वास्तु उपाय-जीवन में खुशहाली के लिए वास्तु उपायवास्तु के अनुसार, घर के पश्चिम उत्तर पश्चिम में एक फिनायल की बोतल रखनी चाहिए। मान्यता है कि ऐसा करने से जीवन में खुशहाली आती है व मां लक्ष्मी का आगमन होता है।शुभता के लिए वास्तु उपायवास्तु के अनुसार, नहाते समय पानी में कॉफी व समुद्री नमक डालकर नहाना चाहिए। मान्यता है कि ऐसा करने से वास्तु दोष दूर होता है और घर में शुभता व बरकत आती है।वास्तु के अनुसार पॉजिटिविटी कैसे बढ़ाएंवास्तु के अनुसार, पूर्व की दीवार पर आसमान में उड़ती हुई चिड़ियों का चित्र लगाना चाहिए। मान्यता है कि ऐसा करने से जीवन में पॉजिटिविटी बढ़ती है।शुभता के लिए वास्तु उपायवास्तु के अनुसार, अपने कमरे के अग्नि कोण में प्रेरणात्मक स्लोगन, पोस्टर आदि लगाना चाहिए। मान्यता है कि ऐसा करने से शुभता का घर में आगमन होता है।सकारात्मक ऊर्जा के लिए वास्तु उपायवास्तु के अनुसार, घर में एक रंग-बिरंगे फूलों का गुलदस्ता रखना चाहिए या चित्र लगाना चाहिए। मान्यता है कि ऐसा करने से घर में सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।
- हाथ की रेखाओं के जरिए लव, करियर, सेहत, नौकरी व आर्थिक स्थिति के साथ-साथ लव लाइफ से जुड़ी जानकारी भी प्राप्त की जा सकती है। हस्तरेखा शास्त्र के अनुसार, हाथ की रेखाओं से करियर में किस क्षेत्र में और कहां सफलता मिलेगी, इसका पता लगा सकते हैं। जानें हथेली देखकर कैसे करियर से जुड़ी जानकारी प्राप्त होती है-1. हस्तरेखा शास्त्र के अनुसार, अगर किसी व्यक्ति की हथेली में चंद्र पर्वत यानी अंगूठे के दूसरे भाग का हिस्सा उभरा हुआ है तो, ऐसे लोग कला, साहित्य व लेखन क्षेत्र में नाम कमाते हैं।2. हथेली में बुध पर्वत यानी छोटी उंगली जहां से निकलती है और सूर्य पर्वत यानी जहां से अनामिका उंगली निकलती है वह स्थान साथ में मंगल पर्वत उभार लिए हो, तो ऐसे व्यक्ति को मेडिकल के क्षेत्र में खूब सफलता हासिल होती है।3. हस्तरेखा शास्त्र के अनुसार, अगर हथेली में शुक्र पर्वत पूरी तरह से उभरा हुआ होता है, तो ऐसे जातक फैशन या ग्मैलर इंडस्ट्री में तरक्की प्राप्त करते हैं।4. अगर किसी व्यक्ति के हाथ में सूर्य पर्वत अच्छी तरह से विकसित होता है, तो ऐसे व्यक्ति सरकारी क्षेत्र में सफलता प्राप्त करते हैं। हस्तरेखा शास्त्र के अनुसार,ऐसे जातकों को सरकारी नौकरी मिलने के पूर्ण योग रहते हैं। अगर ऐसा व्यक्ति बिजनेस करता है, तो उसे सरकारी कामों में आर्थिक लाभ होता है।5. हस्तरेखा शास्त्र के अनुसार, अगर हाथ में मणिबंध से निकलकर कोई सीधी रेखा शनि पर्वत तक जाती है, तो ऐसे लोग उच्च पद पर आसीन होते हैं। आपको बता दें कि हाथ की कलाई में कुछ घेरे होते हैं उन्हें मणिबंध कहा जाता है।
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महर्षि कश्यप ने प्रजापति दक्ष की 17 कन्याओं से विवाह किया जिनसे 17 प्रमुख जातियों की उत्पति हुई। इसी कारण महर्षि कश्यप प्रजापति के नाम से भी जाने जाते हैं। इनकी दो-दो पत्नियों से जो पुत्र हुए उनके बीच की शत्रुता प्रसिद्ध है। महर्षि और अदिति से आदित्यों (देवताओं) का जन्म हुआ और दिति से दैत्यों का। इन दोनों के बीच की प्रतिद्वंदिता के विषय में तो हम सभी जानते हैं किन्तु इस विषय में विस्तार से कभी और बात करेंगे। आज बार करते हैं महर्षि कश्यप और कुद्रू से उत्पन्न नागों और महर्षि कश्यप और विनता से उत्पन्न गरुड़ के बीच की शत्रुता के विषय में। आखिर क्या कारण था कि ये दोनों जातियां चिर शत्रु हुई? एक बार महर्षि कश्यप की दोनों पत्नियां - दक्षपुत्री कुद्रू एवं विनता अपने पति के पास संतान की कामना लेकर पहुँची। महर्षि का मन उस समय बड़ा प्रसन्न था इसीलिए उन्होंने दोनों से पूछा कि उन्हें कैसी संतान की कामना है? तब कुद्रू ने कहा कि उन्हें अति बलशाली और पराक्रमी 1000 पुत्रों की प्राप्ति हो। विनता ने कहा कि उन्हें केवल दो ऐसे पुत्र चाहिए जो कुद्रू के 1000 पुत्रों पर भारी पड़ें। महर्षि कश्यप ने उन्हें वो वरदान दे दिया।
समय आया और कुद्रू ने 1000 अण्डों का और विनता ने 2 अण्डों का प्रसव किया। कुद्रू के पुत्र पहले जन्में। 1000 अण्डों से1000 महान नागों की उत्पत्ति हुई। इनमें से शेषनाग सबसे ज्येष्ठ एवं वासुकि दूसरे पुत्र थे। इन 1000 पुत्रों से 1000 नागकुल चले जिनमें से 8 नागकुल सर्वाधिक प्रसिद्ध हुए। उन आठ महान नागों के बारे में आ यहाँ देख सकते हैं। विनता ने कुद्रू को माता बनने पर बधाई दी और अपने अण्डों से बच्चों के बाहर आने की प्रतीक्षा करने लगी। बहुत काल बीत गया और कुद्रू के पुत्र बड़े भी हो गए किन्तु विनता के अण्डों से प्रसव नहीं हुआ। अधीर होकर विनता ने स्वयं समय से पहले ही उनमें से एक अंडे को तोड़ दिया। उसमें से अरुण की उत्पत्ति हुई जिनका आधा शरीर तो विकसित हो गया था किन्तु आधा शरीर समय से पहले अंडे को फोड़े जाने के कारण अपूर्ण रह गया। स्वयं को इस प्रकार अपूर्ण देख कर अरुण बड़े दुखी हुए और उन्होंने अपनी माता विनता को श्राप दे दिया कि आपने केवल माता कुद्रू से ईर्ष्या के कारण मुझे समय से पहले ही अंडे से बाहर आने को विवश कर दिया इसी कारण आपको भी उन्ही कुद्रू की दासी बनना पड़ेगा।एक तो विनता अपने पुत्र की ऐसी दशा देख कर वैसे ही दुखी थी, उस पर से श्राप मिलने से वो और दुखी हो गयी। उन्होंने अपने पुत्र से क्षमा मांगते हुए कहा कि वे उन्हें उस श्राप से मुक्त कर दें। अपनी माता को श्राप देकर अरुण वैसे ही अपराधबोध से ग्रस्त थे। उन्होंने कहा कि आप चिंता ना करें। समय आने पर इस दूसरे अंडे से आपको एक और पुत्र की प्राप्ति होगी जो अतुल बलशाली होगा। वही आपको दासत्व से मुक्त करवाएगा। ये कहकर अरुण एकांत में जाकर सूर्यदेव की तपस्या में रत हो गए और आगे चल कर वे उनके सारथि बनें।
उधर समय आने पर दूसरे अंडे से महापराक्रमी गरुड़ का जन्म हुआ। उसे देखकर विनता की प्रसन्नता का ठिकाना ना रहा। किन्तु अरुण का श्राप तो फलीभूत होना ही था। एक दिन कुद्रू एवं विनता भ्रमण कर रही थी कि उनकी दृष्टि आकाश मार्ग से जाते हुए उच्चैश्रवा अश्व पर पड़ी। उसका रंग पूर्ण श्वेत था जिसे विनता ने कुद्रू को बताया। इस पर कुद्रू ने कहा कि उसकी पूछ काली थी। इसी बात पर दोनों में शर्त लग गयी कि हारने वाली को जीतने वाली की दासी बनना पड़ेगा। दोनों कल पुनः उच्चैश्रवा को देखने को कह कर चली गयी। कुद्रू को ये पता था कि उच्चैःश्रवा की पूछ काली नहीं है इसीलिए उसने अपने पुत्रों से कहा कि वे उस अश्व की पूछ से लिपट जाएँ। दूर से विनता को कुछ समझ नहीं आएगा और कुद्रू शर्त जीत जाएगी। किन्तु शेषनाग, वासुकि और कुछ और नागों ने ऐसा छल करने से मना कर दिया। तब कुद्रू ने अपने पुत्रों को ही श्राप दे दिया कि जो उसकी बात नहीं मानेगा वो भविष्य में जन्मेजय के सर्पयज्ञ में भस्म हो जाएगा। शेषनाग, वासुकि और कुछ अन्य नागों ने उस श्राप के बाद भी माता के छल का साथ देना स्वीकार नहीं किया पर कुछ पुत्रों ने डर से उनकी बात मन ली। अगले दिन कुद्रू के पुत्र उच्चैःश्रवा की पूछ से लिपट गए और दूर से विनता को ऐसा लगा कि उसकी पूछ काली है। विनता ने अपने हार स्वीकार कर ली और कुद्रू की दासी बन गयी। कुद्रू भी प्रसन्नतापूर्वक उससे दसियों जैसा ही आचरण करना आरम्भ कर दिया। जब गरुड़ ने अपनी माता की ऐसी दशा देखी तो बड़े दुखी हुए। उन्होंने अपनी माता से इसका उपाय पूछा। तब विनता ने कहा कि जब तक कुद्रू स्वयं उसे दासत्व से मुक्त ना कर दे तब तक वो उसकी दासी बनने के लिए विवश है।
तब गरुड़ अपनी विमाता कुद्रू के पास गए और उनसे प्रार्थना की कि वे उनकी माता को दासत्व से मुक्त कर दें। कुद्रू ने सोचा कि अपने पुत्रों को अमर बनाने का यही मौका है। उसने गरुड़ से कहा कि यदि वो उनके पुत्रों के लिए अमृत ले आएं तो वो उसकी माता को दासत्व से मुक्त कर देगी। ये सुनकर गरुड़ ने उनकी बात मान ली और अपने पिता के पास जाकर पूछा कि अमृत कहाँ मिलेगा। तब महर्षि कश्यप ने उन्हें बताया कि अमृत देवलोक में है किन्तु उसे लाना अत्यंत दुष्कर है। इस पर भी गरुड़ अमृत लाने देवलोक को चल दिए। वहां पहुंच कर उन्होंने देखा कि अमृत को कड़े पहरे में रखा गया है। उन्होंने सभी देवताओं को युद्ध के लिए ललकारा और सबको परास्त कर अमृत कलश को लेकर उड़ चले। उधर जब देवराज इंद्र को ये सूचना मिली तो उन्होंने मार्ग में ही गरुड़ को रोका। दोनों में घोर युद्ध हुआ और अंत में इंद्रदेव ने गरुड़ पर अपने वज्र से प्रहार किया। किन्तु महाबलशाली गरुड़ ने उस प्रहार को भी सह लिया। ये देख कर इंद्र बड़े प्रसन्न हुए और उन्होंने गरुड़ से मित्रता कर ली।इंद्र ने गरुड़ से पूछा कि उन्हें अमृत क्यों चाहिए? इस पर गरुड़ ने उन्हें पूरी बात बताई। तब इंद्र ने कहा कि कुद्रू के पुत्र दुराचारी हैं। यदि अमृत उनके हाथ लग गया तो वे इसका दुरूपयोग करेंगे। तब गरुड़ ने कहा कि हे इंद्रदेव। मुझे अमृत उन्हें देकर अपनी माता को दासत्व से मुक्त करा लेने दीजिये। फिर आप अमृत लेकर वापस स्वर्गलोग आ जाइएगा। इस बात से प्रसन्न होकर इंद्र ने उन्हें वो अमृत कलश ले जाने की स्वीकृति दे दी।गरुड़ अमृत लेकर आये और उस कलश को कुश के एक आसन पर रख दिया। ये देख कर कुद्रू ने विनता को दासत्व से मुक्त कर दिया। जब नाग अमृत पान के लिए बढे तो गरुड़ ने कहा कि उन्हें इस पवित्र अमृत का पान करने से पहले स्नान करना चाहिए। नागों को ये बात जचीं और वे स्नान करने चले गए। इंद्र देव इसी मौके की प्रतीक्षा में थे, उन्होंने अमृत कलश उठा लिया और वापस स्वर्गलोक आ गए।गरुड़ की चतुराई देख कर इंद्र ने उनसे वरदान मांगने को कहा तो गरुड़ ने उनसे वरदान माँगा कि आज से नाग ही उनका भोजन हो। उधर जब नाग स्नान कर वापस आये तो अमृत को ना देख कर बड़ा पछताए। वे समझ गए कि उनकी माता के छल के कारण ही उनके साथ भी छल हो गया है। ये सोच कर कि कदाचित कुश पर अमृत की कुछ बूंदें गिर गयी हो, नाग उसे चाटने लगे। कुश की धार से उनकी जीभ के दो टुकड़े हो गए। यही कारण है कि आज भी नागों की जीभ दो भागों में विभक्त होती है।बस यहीं से नागों और गरुड़ में घोर शत्रुता उत्पन्न हो गयी। नागों ने गरुड़ को युद्ध में भी परास्त करना चाहा किन्तु इंद्र के वरदान के कारण वे उनका भोजन बनने लगे। तब नाग अपने प्राण बचाने के लिए पृथ्वी और पाताल में इधर-उधर छिप गए। शेषनाग और वासुकि जैसे कुछ सात्विक नाग पहले ही श्रीहरि और महादेव की शरण में चले गए थे। वासुकि के नागराज बनने के बाद उन्होंने गरुड़ से इस परस्पर विरोध को समाप्त किया किन्तु बांकी नागों से साथ तो गरुड़ की शत्रुता पूर्ववत बनी रही।
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पंडित प्रकाश उपाध्याय
जन्मतिथि के अनुसार अगर आप अपने पर्स में कुछ खास चीजें रखते हैं, तो यह न केवल धन को आकर्षित करेगा, बल्कि खर्चों पर भी नियंत्रण रखेगा। अंक ज्योतिष के अनुसार हर मूलांक के लिए कुछ विशेष चीजें होती हैं, जिन्हें पर्स में रखना आर्थिक समृद्धि और बरकत को बढ़ा सकता है। आइए जानते हैं कि कौन से मूलांक वाले जातकों को अपने पर्स में कौन सी चीजें रखनी चाहिए।मूलांक 1अगर आपका जन्म 1, 10, 19 या 28 तारीख को हुआ है, तो आपका मूलांक 1 होगा। ऐसे जातकों को अपने पर्स में तांबे का सिक्का रखना चाहिए। यह सिक्का सम्मान, सफलता और समृद्धि को बढ़ाता है और धन को स्थिर रखने में मदद करता है।मूलांक 2मूलांक 2 वाले जातकों के लिए अपने पर्स में चांदी का सिक्का रखना शुभ माना जाता है। चांदी का सिक्का रखने से आर्थिक स्थिरता बनी रहती है और बिना कारण के खर्च कम होते हैं।मूलांक 3मूलांक 3 वाले जातकों को अपने पर्स में केसर रखना चाहिए। केसर गुरु ग्रह से जुड़ा होता है, जो धन और ज्ञान को बढ़ाता है। इसे पीले कागज में लपेटकर रखने से धन और बरकत में वृद्धि होती है।मूलांक 4जिनका जन्म 4, 13, 22 या 31 तारीख को हुआ है उनका मूलांक 4 है, उन्हें पर्स में जौ रखना चाहिए। जौ राहु ग्रह की नकारात्मकता को दूर करता है और अप्रत्याशित खर्चों से बचाता है। इसे हरे कपड़े में लपेटकर रखने से आर्थिक लाभ होता है।मूलांक 5मूलांक 5 वाले जातकों को अपने पर्स में तुलसी के पत्ते रखने चाहिए। तुलसी बुध ग्रह से जुड़ी होती है, जो आर्थिक स्थिति को सुधारने के साथ-साथ बुद्धि को तेज करती है। पत्तों को समय-समय पर बदलते रहें ताकि उनकी सकारात्मक ऊर्जा बनी रहे।मूलांक 6मूलांक 6 वाले जातकों को अपने पर्स में सूखे गुलाब के फूल रखने चाहिए। गुलाब के फूल से धन की प्राप्ति और समृद्धि में वृद्धि होती है।मूलांक 7जिनका जन्म 7, 16 या 25 तारीख को हुआ है उनका मूलांक 7 है, उन्हें अपने पर्स में प्रिय व्यक्ति की फोटो रखनी चाहिए। यह पर्स में सकारात्मक ऊर्जा लाता है और धन संबंधी समस्याओं से बचाता है।मूलांक 8मूलांक 8 वाले जातकों को अपने पर्स में सिक्का रखना चाहिए। यह सिक्का शनि ग्रह को मजबूत करता है, जिससे करियर और धन में प्रगति होती है।मूलांक 9मूलांक 9 वाले जातकों को पर्स में लाल रंग की मौली या कलावा रखना चाहिए। इसे पर्स में रखने से पहले नौ गांठें बांध लें। यह मंगल ग्रह की ऊर्जा को बढ़ाता है और आपके प्रयासों में सफलता लाता है। - बालोद से पंडित प्रकाश उपाध्यायपुरातन काल से यह माना जाता है कि दक्षिण दिशा में मुंह करके भोजन करना इंसान को अकाल मृत्यु की ओर ले जाता है। माना जाता है कि ये दिशा मरे हुए लोगों की है और इस दिशा में ऐसी ही ऊर्जा रहती है। जब आप इस दिशा में खाना खाते हैं तो ये नकारात्मक ऊर्जा आपके खाने में मिल जाती है या फिर आपके खाने का एक भाग इन्हें भी जाने लगता हैफिर लगातार ये काम करना इनके साथ संपर्क बढ़ाता है और मृत्यु की दिशा क्रियाशील हो जाती है और आप या आपका कोई विशेष अचानक से अकाल मृत्यु की ओर चला जाता है।खाने की सही दिशा क्या है?भोजन करने की सही दिशा है पूर्व। वास्तव में, इस दिशा में भोजन करना मानसिक तनाव को दूर करता है और इंसान की पाचन क्रिया को सही करता है। इसके अलावा इस दिशा में भोजन करने से आप स्वस्थ्य रहते हैं। इतना ही नहीं इस दिशा में खाना खाने से माता-पिता का भी स्वास्थ्य उत्तम रहता है।-माना जाता है कि पूर्व की ओर मुख करके भोजन करने से आयु बढ़ती है।-उत्तर की ओर मुख करके भोजन करने से आयु तथा धन की प्राप्ति होती है।-दक्षिण की ओर मुख करके भोजन करने से प्रेतत्व की प्राप्ति होती है।-पश्चिम की ओर मुख करके भोजन करने से व्यक्ति रोगी होता है।भोजन सदा एकान्त में ही करना चाहिये। यदि पत्नी भोजन कर रही हो, तो पति को उसे नहीं देखना चाहिये। बालक और वृद्ध को भोजन करने के बाद स्वयं भोजन ग्रहण करें। बिना स्नान, पूजन, हवन किये बिना भोजन न करें।- बिना स्नान ईख, जल, दूध, फल एवं औषध का सेवन कर सकते हैं।-किसी के साथ एक बर्तन मे भोजन न करें। पत्नी के साथ तो कदापि नहीं।-अपना जूठा किसी को ना दें, ना स्वयं किसी का जबठा खायें।- काँसे के बर्तन में भोजन करने से (रविवार छोडक़र) आयु, बुद्धि, यश और बल की वृद्धि होती है।सनातन धर्म के अनुसार खाने से पूर्व अन्नपूर्णा माता की स्तुति करके उनका धन्यवाद देते हुये, तथा सभी भूखों को भोजन प्राप्त हो इश्र्वर से ऐसी प्रार्थना करके भोजन करना चाहिये। गृहस्थ के लिये प्रात: और सायं (दो समय) ही भोजन का विधान है। दोनों हाथ, दोनों पैर और मुख, इन पाँच अंगों को धोकर भोजन करने वाला दीर्घजीवी होता है। भीगे पैर भोजन करने से आयु की वृद्धि होती है।-वहीं सूखे पैर, जूते पहने हुये, खड़े होकर, सोते हुये, चलते फिरते, बिछावन पर बैठकर, गोद में रखकर, हाथ मे लेकर, टूटे हुये बर्तन में, बायें हाथ से, मंदिर में, संध्या के समय, मध्य रात्रि या अंधेरे में भोजन नहीं करना चाहिये।- रात्रि में भरपेट भोजन नहीं करना चाहिये। रात्रि के समय दही, सत्तु एवं तिल का सेवन नहीं करना चाहिये। हँसते हुये, रोते हुये, बोलते हुये, बिना इच्छा के, सूर्यग्रहण या चन्द्रग्रहण के समय भोजन नहीं करना चाहिये।
- -पंडित प्रकाश उपाध्यायहोली का त्योहार प्रमुख त्योहारों में से एक है। यह पर्व हिंदू पंचांग के अनुसार, फाल्गुन मास की पूर्णिमा तिथि को मनाया जाता है। होली का पर्व बुराई पर अच्छाई के जीत का प्रतीक है। इस साल होली 14 मार्च 2025 को है। होली से ठीक एक दिन पहले रात में होलिका दहन किया जाता है। मान्यता है कि होलिका दहन के दिन कुछ उपायों को करने से जीवन में सुख-समृद्धि व शांति का आगमन होता है। जानें होलिका दहन के उपाय-होलिका दहन के दिन क्या उपाय करेंमान्यता है कि होलिका दहन के दिन शरीर से उतारा उबटन होलिका में जलाने से नकारात्मक शक्तियां दूर होती हैं और जीवन में खुशहाली का आगमन होता है।सुख-समृद्धि के लिए होलिका उपायहिंदू धर्म की मान्यताओं के अनुसार, होलिका दहन की राख को माथे पर लगाने से बुरी नजर से मुक्ति मिलती है और सुख-समृद्धि की प्राप्ति होती है।होलिका दहन के दिन करें दानहोलिका दहन के दिन अन्न, वस्त्र व धन का दान करने से आर्थिक परेशानियों से छुटकारा मिलता है और मां लक्ष्मी की कृपा होने की मान्यता है।होलिका दहन के उपाय इन हिंदीहिंदू धर्म की मान्यताओं के अनुसार, होलिका दहन की राख को माथे पर लगाने से बुरी नजर से मुक्ति मिलती है और सुख-समृद्धि की प्राप्ति होती है।होलिका की राख से जुड़ा उपायहोलिका दहन की राख अगले दिन लाल कपड़े में बांधकर रखने से धन का आवक बढ़ता है और बरकत का घर में वास होता है।








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